नया विचार न्यूज़ समस्तीपुर: जिलाधिकारी श्री रोशन कुशवाहा की अध्यक्षता में आज समाहरणालय सभागार में मुख्य सचिव, बिहार के निर्देशों के आलोक में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य आम जनमानस की शिकायतों का त्वरित और प्रभावी निवारण सुनिश्चित करना था।
जनता से मिलने का समय निर्धारित:
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिले के सभी जिला स्तरीय, अनुमंडल स्तरीय, प्रखंड स्तरीय एवं पंचायत स्तरीय पदाधिकारी प्रत्येक सोमवार एवं शुक्रवार को अनिवार्य रूप से अपने कार्यालय में उपस्थित रहेंगे और जनता की समस्याओं को सुनेंगे। जिलाधिकारी ने आदेश दिया कि इस समय-सारणी का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि दूर-दराज से आने वाले ग्रामीणों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
शिकायत पंजी और जवाबदेही:
बैठक के दौरान जिलाधिकारी द्वारा निर्देश दिया गया कि प्रत्येक कार्यालय में एक ‘शिकायत पंजी’ का संधारण अनिवार्य रूप से किया जाएगा। इस पंजी में प्राप्त शिकायतों का विवरण और उन पर की गई कार्रवाई की अद्यतन स्थिति दर्ज की जाएगी। समय-समय पर वरीय अधिकारियों द्वारा इस पंजी की जांच की जाएगी ताकि जवाबदेही तय की जा सके।
प्रभार वाले पदाधिकारियों के लिए विशेष व्यवस्था:
ऐसे पदाधिकारी जो एक से अधिक विभागों या क्षेत्रों के प्रभार में हैं, उनके लिए जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि वे अपना रोस्टर तैयार करेंगे। इस रोस्टर के माध्यम से आम जनता को यह स्पष्ट जानकारी दी जाएगी कि पदाधिकारी किस दिन किस कार्यालय में उपलब्ध रहेंगे। इस सूचना को कार्यालय के सूचना पट्ट (Notice Board) एवं अन्य माध्यमों से सार्वजनिक किया जाएगा।
बैठक में उपस्थिति:
सभागार में आयोजित इस बैठक में मुख्य रूप से अपर समाहर्त्ता श्री ब्रजेश कुमार, उप विकास आयुक्त श्री सूर्य प्रताप सिंह सहित सभी जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे। इसके अतिरिक्त, सभी क्षेत्रीय पदाधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) के माध्यम से अपने-अपने कार्यालयों से जुड़े रहे।
जिलाधिकारी ने अंत में सभी पदाधिकारियों को चेताया कि जनसुनवाई में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और निर्देशों का उल्लंघन करने वालों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

