Hot News

ढाका में भारतीय दूतावास पर हमला करने पहुंची कट्टरपंथी भीड़, MEA ने बांग्लादेश के उच्चायुक्त को किया तलब, सीमा तक बढ़ा अलर्ट

Indian Embassy Attack Bangladesh: बांग्लादेश की राजधानी ढाका में हालात तेजी से बिगड़ते नजर आ रहे हैं. हिंदुस्तान के खिलाफ गुस्सा, सड़कों पर नारे और अब सीधे हिंदुस्तानीय उच्चायोग को घेरने की कोशिश. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो और बयानों से साफ है कि कट्टरपंथी इस्लामी संगठन हिंदुस्तान को निशाने पर ले रहे हैं. सवाल बड़ा है कि क्या बांग्लादेश में हिंदुस्तानीय दूतावास अब सुरक्षित है?

हिंदुस्तानीय उच्चायोग पर हमले की कोशिश, X पर वायरल हुए वीडियो

एक्स पर वायरल वीडियो में देखा गया कि कट्टरपंथी भीड़ ने ढाका स्थित हिंदुस्तानीय उच्चायोग की ओर मार्च किया. प्रदर्शनकारियों ने दूतावास के बाहर लगाए गए बैरिकेड्स को तोड़ने की कोशिश की और अंदर घुसने का प्रयास भी किया. यह पूरी घटना बांग्लादेश में जुलाई महीने की हिंसा से जुड़े संगठनों से जुड़ी बताई जा रही है.

पत्रकार आदित्य राज कौल ने एक्स पर वीडियो साझा करते हुए बताया कि जुलाई में हुई हिंसा में शामिल कट्टरपंथी इस्लामी संगठन इस समय हिंदुस्तानीय उच्चायोग की ओर लॉन्ग मार्च कर रहे हैं. उनके अनुसार, पिछले कई दिनों से हिंदुस्तान और हिंदुस्तानीय राजनयिकों के खिलाफ धमकियां दी जा रही थीं, जिसके बाद यह मार्च निकाला गया. (Indian Embassy Attack Bangladesh Radical Mob Dhaka in Hindi)

हिंदुस्तानीय उच्चायोग की सुरक्षा बढ़ी, बांग्लादेशी बल तैनात

स्थिति को देखते हुए बांग्लादेशी सुरक्षा बलों ने हिंदुस्तानीय उच्चायोग के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी. प्रदर्शनकारियों को दूतावास से कुछ दूरी पर ही रोक दिया गया. हालांकि, हिंदुस्तान की ओर से यह साफ किया गया कि हिंदुस्तानीय मिशन और राजनयिकों की सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी बांग्लादेश की अंतरिम प्रशासन, यानी मोहम्मद यूनुस प्रशासन, की है.

Indian Embassy Attack Bangladesh in Hindi: किस बात को लेकर भड़का विरोध 

कट्टरपंथी संगठन जुलाई ओइक्यो मंच ने बुधवार, 17 दिसंबर 2025 को ढाका के रामपुरा ब्रिज से हिंदुस्तानीय उच्चायोग तक मार्च का ऐलान किया था. संगठन का आरोप था कि हिंदुस्तान बांग्लादेश की नेतृत्व में दखल दे रहा है. प्रदर्शनकारियों ने शेख हसीना, अवामी लीग और हिंदुस्तान समर्थित ताकतों के खिलाफ नारे लगाए.

‘सेवन सिस्टर्स’ को लेकर भड़काऊ बयान

इससे पहले बांग्लादेश की नेशनल सिटिजन पार्टी (NCP) के नेता हसनत अब्दुल्ला ने एक रैली में हिंदुस्तान के खिलाफ बेहद भड़काऊ बयान दिया. उन्होंने कहा कि हिंदुस्तान के उत्तर-पूर्वी राज्यों, जिन्हें सेवन सिस्टर्स कहा जाता है, को हिंदुस्तान से अलग किया जाएगा. हिंदुस्तान ने इन बयानों को गंभीर और उकसाने वाला बताया है. छात्र नेता महफुज आलम, जो हाल ही तक बांग्लादेश की अंतरिम प्रशासन का हिस्सा थे, ने कहा कि अगर हिंदुस्तान से आतंकवाद आएगा, तो हमारे दुश्मन सुरक्षित नहीं रहेंगे. इन बयानों ने दोनों देशों के बीच तनाव को और बढ़ा दिया. 12 दिसंबर 2025 को दक्षिणपंथी छात्र नेता शरीफ उस्मान हादी पर जानलेवा हमला हुआ था. इस हमले के बाद वह लाइफ सपोर्ट पर हैं. बांग्लादेश के विदेश मंत्रालय ने इस हमले के लिए शेख हसीना और अवामी लीग पर आरोप लगाए, जिस पर हिंदुस्तान ने कड़ा विरोध दर्ज कराया.

MEA ने बांग्लादेश के उच्चायुक्त को किया तलब

मार्च की घोषणा के कुछ ही घंटों बाद हिंदुस्तान के विदेश मंत्रालय (MEA) ने नई दिल्ली में बांग्लादेश के उच्चायुक्त मोहम्मद रियाज हमीदुल्लाह को तलब किया. MEA ने साफ कहा कि हिंदुस्तानीय मिशन और वीजा केंद्रों की सुरक्षा बांग्लादेश की जिम्मेदारी है. MEA के अनुसार, कट्टरपंथी तत्वों द्वारा हिंदुस्तान के खिलाफ जो कहानी फैलाई जा रही है, वह पूरी तरह गलत है.

साथ ही यह भी कहा गया कि बांग्लादेश प्रशासन ने अब तक किसी भी घटना की ठोस जांच रिपोर्ट या सबूत हिंदुस्तान के साथ साझा नहीं किए हैं. हालात को देखते हुए ढाका में हिंदुस्तानीय वीजा प्रोसेसिंग सेंटर ने 17 दिसंबर को दोपहर 2 बजे से सभी सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दीं. MEA ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय नियमों के तहत किसी भी देश की जिम्मेदारी होती है कि वह विदेशी दूतावासों की सुरक्षा सुनिश्चित करे.

हिंदुस्तान का साफ संदेश- दोस्ती चाहते हैं, लेकिन सुरक्षा जरूरी

MEA के मुताबिक, हिंदुस्तान और बांग्लादेश के रिश्ते 1971 के मुक्ति संग्राम से जुड़े हैं. हिंदुस्तान बांग्लादेश में शांति, स्थिरता और निष्पक्ष चुनावों का समर्थन करता है, लेकिन हिंदुस्तानीय दूतावास और राजनयिकों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा. शेख हसीना के सत्ता से हटने के बाद बांग्लादेश में हालात बदलते दिख रहे हैं. कट्टरपंथी ताकतें मजबूत हो रही हैं, हिंदुस्तान विरोध बढ़ रहा है और पाकिस्तान के प्रति नरमी के संकेत भी सामने आ रहे हैं. 1971 के मुक्ति संग्राम की विरासत को कमजोर करने की कोशिशों की भी चर्चा हो रही है. हालात को देखते हुए हिंदुस्तान ने असम के कछार जिले में हिंदुस्तान-बांग्लादेश सीमा पर निषेधाज्ञा लागू कर दी है. प्रशासन को आशंका है कि कट्टरपंथी तत्व सीमा पार कर शांति भंग कर सकते हैं.

व्हाइट हाउस की चीफ सुसि वाइल्स ने खोला राज, ट्रंप को कहा ‘एल्कोहॉलिक पर्सनैलिटी’, वेंस पर भी साधा निशाना

जबरन अंग निकालने के खिलाफ दुनिया में हाहाकार, 5 लाख से ज्यादा लोगों ने चीन के खिलाफ फूंका बिगुल, G7 और हिंदुस्तान से सख्त कार्रवाई की मांग

The post ढाका में हिंदुस्तानीय दूतावास पर हमला करने पहुंची कट्टरपंथी भीड़, MEA ने बांग्लादेश के उच्चायुक्त को किया तलब, सीमा तक बढ़ा अलर्ट appeared first on Naya Vichar.

Spread the love

विनोद झा
संपादक नया विचार

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top