ECI TMC Controversy: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के मतदान से पहले दिल्ली में नेतृत्व का पारा सातवें आसमान पर है. बुधवार को हिंदुस्तान निर्वाचन आयोग (ECI) की पूर्ण पीठ और तृणमूल कांग्रेस (TMC) के प्रतिनिधिमंडल की बैठक बेहद तनावपूर्ण और कड़वाहट भरे माहौल में खत्म हुई. दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर बदसलूकी और चिल्लाने के गंभीर आरोप लगाये हैं.
महज 7 मिनट चली बैठक और मच गया बवाल
टीएमसी के प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि बैठक के अंत में मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार ने उनसे बेहद रूखे अंदाज में कहा- यहां से चले जाइए. दूसरी ओर, निर्वाचन आयोग के सूत्रों ने दावा किया कि टीएमसी नेता डेरेक ओब्रायन चुनाव आयुक्तों पर चिल्ला रहे थे. उन्होंने मुख्य निर्वाचन आयुक्त को बात न करने तक की चेतावनी दे दी.
ECI TMC Controversy: डेरेक ओब्रायन बोले- इतिहास के पहले ऐसे CEC
बैठक के बाद टीएमसी सांसद डेरेक ओब्रायन ने मीडिया को बताया कि उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के पत्र आयोग को सौंपे थे. उन्होंने चुनाव अधिकारियों के भाजपा से मिले होने के सबूत भी दिये. डेरेक ने कहा- हमने आयोग के साथ कई बैठकें की हैं, लेकिन कभी ऐसा व्यवहार नहीं देखा. जब हम बाहर निकल रहे थे, तब मैंने ज्ञानेश कुमार को बधाई दी कि वे एकमात्र ऐसे CEC हैं, जिन्हें हटाने के लिए संसद के दोनों सदनों में नोटिस दिया गया है.
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भयमुक्त, हिंसामुक्त, धमकीमुक्त और प्रलोभनमुक्त होंगे बंगाल चुनाव : CEC
निर्वाचन आयोग के सूत्रों ने टीएमसी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि आयोग के प्रमुख ने केवल ‘सीधी बात’ की थी. आयोग ने स्पष्ट संदेश दिया है कि पश्चिम बंगाल में आगामी चुनाव ‘भयमुक्त, हिंसामुक्त, धमकीमुक्त और प्रलोभनमुक्त’ होंगे. आयोग ने यह भी संकेत दिया कि वे किसी भी दल के दबाव में आये बिना निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं. बंगाल चुनाव की तारीखें नजदीक आते ही चुनाव आयोग और सत्तारूढ़ दल के बीच यह टकराव आने वाले दिनों में और बढ़ने के संकेत दे रहा है.
हंगामे के बाद TMC ने सोशल मीडिया पर किया पोस्ट
दिल्ली में हाई वोल्टेज ड्रामा के बाद ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (AITC) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट लिखा. इसमें कहा- हम चुनाव आयोग से साफ कह रहे हैं. यह चुनाव होगा. दिल्ली के नियंत्रण के बगैर, बिना नेतृत्वक पूर्वाग्रह के, जान-बूझकर किसी को निशाना बनाये बगैर और डबल स्टैंडर्ड से मुक्त. निर्वाचन सदन में मुख्य चुनाव आयुक्त से मिलने वाले डेलीगेशन में डेरेक ओ ब्रायन के अलावा सागरिका घोष, साकेत गोखले और मेनका गुरुस्वामी शामिल थीं.
আমরাও নির্বাচন কমিশনকে সোজা কথা সোজাভাবেই বলছি।
এবারের নির্বাচন হতে হবে:
দিল্লির নিয়ন্ত্রণমুক্ত,
রাজনৈতিক পক্ষপাতহীন,
উদ্দেশ্যপ্রণোদিতভাবে কাউকে নিশানা করা থেকে মুক্ত
এবং অবশ্যই দ্বিচারিতামুক্ত।Our straight-talk to @ECISVEEP.
This time, the Elections must be:Free from… pic.twitter.com/TpWxZv5yWr
— All India Trinamool Congress (@AITCofficial) April 8, 2026
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