बोकारो से रंजीत कुमार की रिपोर्ट
Bokaro News: झारखंड के बोकारो में एनसीडी विभाग (नन कम्यूनिकेबल डिजीज डिपार्टमेंट) बिना डॉक्टर के ही संचालित किया जा रहा है. इस विभाग की जिम्मेदारी ओरल, ब्रेस्ट और सर्वाइकल कैंसर की जांच करने की है. लेकिन, इस विभाग में कैंसर की स्क्रीनिंग करने के लिए सदर अस्पताल से डॉक्टरों को बुलाया जाता है. इस विभाग में ले-देकर ए-ग्रेड की एक नर्स सुजाता कुमारी हैं, जिनके भरोसे पूरा डिपार्टमेंट चल रहा है. स्क्रीनिंग के बाद कैंसर के संदेहास्पद मरीजों को हायर सेंटर रेफर कर दिया जाता है.
12 साल पहले शुरू हुई एनसीडी विभाग
वर्ष 2014 के दौरान बोकारो में एनसीडी विभाग की शुरुआत की गयी. 12 साल पहले कैंसर एक्सपर्ट के तौर पर डॉक्टर का एक पद स्वीकृत किया गया. इसके बाद भी बहाली नहीं हुई. वर्तमान में एनसीडी में तीन डॉक्टर और 40 पारा कर्मी (एएनएम, जीएनएम, काउंसेलिंग सहित अन्य) कार्यरत हैं. एनसीडी में योगदान देने के बाद भी उन्हें स्वास्थ्य विभाग में प्रतिनियुक्त करके दूसरे कामों में लगा दिया गया है.
एक नर्स के भरोसे चल रहा एनसीडी विभाग
सदर अस्पताल में जीएनएम और एएनएम को इमजरेंसी सेवा (एक नर्स सुजाता कुमारी को छोड़ कर) और ओपीडी सेवा में तैनात कर दिया गया. एनसीडी के डाटा इंट्री ऑपरेटर असीम कुमार को सीएस कार्यालय के काम पर तैनात कर दिया गया. सदर अस्पताल के एक कमरे में ओरल, ब्रेस्ट और सर्वाइकिल स्क्रीनिंग सेंटर की व्यवस्था शुरू की गयी. इसमें चिकित्सक के बजाय केवल एक ए ग्रेड नर्स सुजाता को तैनात किया गया है. हालांकि, इस काम के लिए कम से कम 15 डॉक्टर और 60 पैरा-मेडिकल कर्मचारियों की जरूरत है.
2,35,710 मरीजों की स्क्रिनिंग, 548 संदेह में
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी आंकडों में बताया गया है कि सत्र 2025-26 (अप्रैल 2025 से जनवरी 2026) में कुल 235710 मरीजों की स्क्रिनिंग की गयी. इस दौरान 548 लोगों को संदेह के दायरे में रखा गया है. सर्वाइकल कैंसर के 30865 मरीजों की स्क्रिनिंग हुई. इसमें 132 पर संदेह है. ब्रेस्ट कैंसर के 59570 मरीजें की स्क्रिनिंग हुई. इसमें 140 पर संदेह है. ओरल कैंसर के 145275 मरीजों की स्क्रिनिंग हुई. इसमें 276 मरीजों को संदेह के दायरे में रखा गया है.
इसे भी पढ़ें: 18 साल से पति-पत्नी के हाथ में सत्ता, सरायकेला में बनते रहे पार्षद
क्या कहते हैं सिविल सर्जन
बोकारो के सिविल सर्जन डॉ अभय भूषण प्रसाद ने कहा कि मुख्यालय को डॉक्टरों और पैरा-मेडिकल कर्मचारियों की कमी की जानकारी लगातार दी जा रही है. जल्द ही कैंसर के एक्सपर्ट डॉक्टर की नियुक्ति की जाएगी. स्क्रीनिंग में अभी तक कोई परेशानी नहीं हुई है. नर्स को ट्रेंड कर दिया गया है.
इसे भी पढ़ें: रांची सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, पुलिस अलर्ट
The post बोकारो के एनसीडी विभाग में डॉक्टर नदारद, सदर अस्पताल के भरोसे कैंसर स्क्रीनिंग appeared first on Naya Vichar.
