नया विचार न्यूज़ सरायरंजन । जवाहर ज्योति बाल विकास केन्द्र, अख्तियारपुर, समस्तीपुर के संयुक्त तत्वावधान में किसनपुर युसूफ पंचायत के अल्पसंख्यक टोला में स्त्री बीड़ी श्रमिकों के साथ वैकल्पिक रोजगार एवं उनके बच्चों के शिक्षा सुरक्षा विषय पर एक बैठक हुई। बैठक में अहमदपुर और खालिसपुर गांव के स्त्री बीड़ी श्रमिकों ने भाग लिया। बैठक को संबोधित करते हुए सचिव सुरेंद्र कुमार ने कहा कि अल्पसंख्यक समाज में गरीबी एवं भूमि हिनता की बड़ी समस्या है। इस समुदाय के शिशु शिक्षा से वंचित हैं। जो शिशु स्कूल में नामांकित है वे भी नियमित स्कूल नहीं जाते हैं। खासकर मुस्लिम बालिकाओं में शिक्षा का अभाव है। अधिकतर शिशु बाल विवाह और बाल श्रम के शिकार हैं। बीड़ी श्रमिकों के आजीविका और रोजगार संवर्धन के लिए कार्यरत फैसिलिटेटर विभा कुमारी ने मजबूत संगठन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जब तक हम संगठित होकर आजीविका का तलाश नहीं करेंगे तब तक आजीविका विहिन बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि स्त्री बीड़ी श्रमिकों को आजीविका से जोड़ने के लिए पैरवी, नई दिल्ली के सहयोग से दो टोला यथा अहमदपुर और खालिसपुर में आजीविका से जोड़ने के लिए सिलाई-कढ़ाई प्रशिक्षण दिया जाएगा। बीड़ी श्रमिकों के सोच के आधार पर रोजगार खड़ा करने का प्रयास किया जा रहा है। समस्तीपुर जिले के सरायरंजन में दो गांव चिन्हित किया गया है जहां तीस स्त्रीओं को तीन माह का सिलाई-कढ़ाई प्रशिक्षण दिया जाएगा। बैठक में किरण कुमारी, ललिता कुमारी, प्रवीण कुमार, रामप्रीत चौरसिया, माजदा खातून, उजाला खातून, हलीमा खातून, कनीज फातिमा, जेवा प्रवीण, सहाना खातून, गुलशन खातून, मदीना खातून, अख्तरी खातून, सैरुल मौजूद थे।

