Hot News

May 27, 2025

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

IPL 2025: कोहली-जितेश की तूफानी पारी, आरसीबी ने लखनऊ को 6 विकेट से हराया, 29 को पंजाब के साथ जंग

IPL 2025: विरोट कोहली (54 रन) और जितेश शर्मा (नाबाद 85 रन) की अर्धशतकीय पारी के दम पर रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (Royal Challengers Bengaluru) ने लखनऊ सुपर जायंट्स (Lucknow Super Giants ) को 6 विकेट से हरा दिया. लखनऊ ने 20 ओवर में 3 विकेट खोकर 227 रन का स्कोर खड़ा किया था. आरसीबी ने 18.4 ओवर में केवल 4 विकेट खोकर 230 बनाकर मुकाबले अपने नाम कर लिया. इस जीत से आरसीबी 19 अंक लेकर प्वाइंट्स टेबल में नंबर दो पर पहुंच गई. पहले स्थान पर पंजाब की टीम, तीसरे नंबर पर गुजरात और चौथे नंबर पर मुंबई की टीम मौजूद है. जितेश शर्मा ने स्पोर्ट्सी विस्फोटक पारी आरसीबी की ओर से विराट कोहली, जितेश शर्मा और मयंक अग्रवाल ने विस्फोटक पारी स्पोर्ट्सी. विराट ने 30 गेंदों में 10 चौकों की मदद से 54 रन की पारी स्पोर्ट्सी. जबकि जितेश ने 33 गेंदों में 8 चौकों और 6 छक्कों की मदद से नाबाद 85 रन बनाए. मयंक अग्रवाल 23 गेंदों में 5 चौकों की मदद से 41 रन बनाकर नाबाद रहे. विराट कोहली के साथ ओपनिंग करने वाले फिलिप साल्ट ने भी 19 गेंदों में 6 चौकों की मदद से 30 रनों की तूफानी पारी स्पोर्ट्सी. ऋषभ पंत की शतकीय पारी बेकार गई लखनऊ सुपर जायंट्स के कप्तान ऋषभ पंत ने 118 रनों की नाबाद शतकीय पारी स्पोर्ट्सी. उन्होंने 61 गेंदों का सामना किया, जिसमें 11 चौके और 8 छक्के जमाए. पंत की तूफानी पारी के दम पर लखनऊ ने 227 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया. लेकिन कोहली, जितेश शर्मा, साल्ट और मयंक की तूफानी पारी के आगे पंत की शतकीय पारी नाकाम साबित हुई. प्वाइंट्स टेबल में नंबर 7 पर रहते हुए लखनऊ का सफर समाप्त हो गया. लखनऊ ने 14 में केवल 6 मैच में जीत दर्ज करने में सफल रहा. पहले क्वालीफायर में 29 को आरसीबी और पंजाब के बीच टक्कर आईपीएल 2025 का पहला क्वालीफायर मुकाबला 29 मई को चंडीगढ़ में स्पोर्ट्सा जाएगा. आमने-सामने आरसीबी और पंजाब किंग्स की टीम होगी. इस मुकाबले को जीतने वाली टीम सीधे फाइनल में जाएगी. जबकि हारने वाली टीम एलिमिनेटर में मुंबई और गुजरात में जीत दर्ज करने वाली टीम से दूसरे क्वलीफायर में 1 जून को भिड़ेगी. उस मैच को जीतने वाली टीम फाइनल में पहुंचेगी. The post IPL 2025: कोहली-जितेश की तूफानी पारी, आरसीबी ने लखनऊ को 6 विकेट से हराया, 29 को पंजाब के साथ जंग appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

रविशंकर प्रसाद ने फ्रांस में पाक को किया बेनकाब, कहा- ‘पाकिस्तान और आतंकवाद के बीच मिट गया भेद’

Action Against Pakistan: बीजेपी नेता और सांसद रविशंकर प्रसाद ने मंगलवार को फ्रांस में पाकिस्तान को बेनकाब कर दिया. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान और आतंकवाद के बीच भेद अब मिट चुका है. उन्होंने यह भी साफ किया कि प्रशासन की नीति के रूप में आतंकवाद पड़ोसी देश पाकिस्तान के सैन्य शासन का हिस्सा है. फ्रांस गये सर्वदलीय संसदीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे रविशंकर प्रसाद ने फ्रांस की मीडिया के साथ बातचीत में कहा कि पाकिस्तान से उपजे आतंकवाद को हिंदुस्तान कतई बर्दाश्त नहीं करेगा. मीडिया के सामने दिखाया सबूत फ्रांस में हिंदुस्तानीय राजदूत के आवास पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रतिनिधिमंडल ने आतंकवादियों को दफनाये जाने के दौरान पाकिस्तानी सैन्य अधिकारियों की मौजूदगी की तस्वीरें साक्ष्य के तौर पर पेश की. उन्होंने बताया कि किस तरह संयुक्त राष्ट्र की ओर से प्रतिबंधित 52 आतंकवादी संगठनों को पाकिस्तान में पनाह मिली हुई है. रविशंकर प्रसाद ने मीडिया से कहा “पाकिस्तान और आतंकवाद के बीच भेद अब मिट गया है.” उन्होंने कहा “आतंकवाद पाकिस्तानी प्रशासन की नीति का एक औजार है, जो उनके सैन्य शासन का एक हिस्सा है. वहां कोई लोकतंत्र नहीं है और सबसे हास्यास्पद बात यह है कि जिस जनरल की सेना को हिंदुस्तान से मुंह की खानी पड़ी, उसे फील्ड मार्शल के रूप में पदोन्नत कर दिया गया. यह उसकी हमेशा से ही इनकार की स्थिति रही है.” हिंदुस्तान का एक भी विमान पाकिस्तानी क्षेत्र में नहीं घुसा- रविशंकर हिंदुस्तान और पाकिस्तान संघर्ष में सैन्य साजो-सामान के प्रदर्शन को पेरिस में मीडिया ने उठाया, इस पर प्रतिनिधिमंडल ने डिजिटल सबूतों के साथ रक्षा मंत्रालय की ओर से की गई कई ब्रीफिंग को दिखाया. रविशंकर प्रसाद ने कहा “हिंदुस्तान का एक भी विमान पाकिस्तानी क्षेत्र में नहीं घुसा.” उन्होंने कहा “अभियान के विवरण के बारे में पाकिस्तान झूठ बोलता रहता है, लेकिन आज हमारे सैन्य प्रतिष्ठान ने डिजिटल सबूत के साथ सब कुछ स्पष्ट कर दिया है.” ऑपरेशन सिंदूर की सफलती की दी जानकारी बीजेपी सांसद डी पुरंदेश्वरी ने 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले के बाद चलाये गए ऑपरेशन सिंदूर की शानदार सफलता के बारे में बताया. उन्होंने कहा “आखिरकार लक्ष्य ही मायने रखता है. हमारा पूरा ध्यान इस बात पर था कि हम आतंकी ठिकानों को कैसे नष्ट करें. साथ ही हमारे सैनिकों और हमारे हथियार प्रणालियों ने बखूबी यह किया. और, हमने एक भी सैनिक नहीं खोया. वे सभी सुरक्षित वापस आ गए.” पूर्व केंद्रीय मंत्री एम जे अकबर ने परमाणु हथियारों पर हिंदुस्तान के स्पष्ट और पहले इस्तेमाल नहीं करने के सिद्धांत पर जोर दिया. The post रविशंकर प्रसाद ने फ्रांस में पाक को किया बेनकाब, कहा- ‘पाकिस्तान और आतंकवाद के बीच मिट गया भेद’ appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

प्रयागराज में विकास की रफ्तार तेज़: मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने दिए पारदर्शिता, समयबद्धता और सख्ती के निर्देश

PRAYAGRAJ NEWS: उत्तर प्रदेश प्रशासन के जल शक्ति विभाग के मंत्री एवं जनपद प्रयागराज के प्रभारी मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने मंगलवार को सर्किट हाउस सभागार में जिले के विकास कार्यों की गहन समीक्षा की. इस दौरान उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समयबद्धता, पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ योजनाओं के क्रियान्वयन के सख्त निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि प्रशासन की मंशा है कि कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे और कोई भी अपात्र व्यक्ति इसका अनुचित लाभ न उठा सके. निर्माण कार्य समय से हों पूर्ण, योजनाओं का प्रचार-प्रसार हो प्रभावीमा. मंत्री जी ने निर्माणाधीन परियोजनाओं को निर्धारित समयसीमा में पूर्ण कराने पर विशेष बल दिया. उन्होंने कहा कि सभी योजनाएं पारदर्शी तरीके से संचालित की जाएं और पात्र लाभार्थियों तक उनका लाभ सुनिश्चित हो. उन्होंने पीएम सूर्यघर योजना के अंतर्गत सोलर पैनल स्थापना की प्रगति की समीक्षा करते हुए पीओ नेडा को लक्ष्यों के अनुसार शत-प्रतिशत उपलब्धि सुनिश्चित करने के निर्देश दिए. उन्होंने इस योजना का अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार कराने की बात कही ताकि लोग प्रशासनी सब्सिडी का लाभ उठाकर सौर ऊर्जा से जुड़ सकें. ऊर्जा, स्वास्थ्य और कृषि क्षेत्रों पर भी विशेष ध्यान ऊर्जा विभाग की समीक्षा करते हुए मंत्री जी ने कहा कि जले या खराब ट्रांसफार्मर को समय से बदला जाए और रोस्टर के अनुसार विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो. आंधी-तूफान से क्षतिग्रस्त पोल व तारों की तत्काल मरम्मत कराई जाए. उन्होंने जनप्रतिनिधियों की शिकायतों के त्वरित निस्तारण को प्राथमिकता देने को भी कहा. कृषि क्षेत्र में सोलर पावर प्रोजेक्ट्स और सोलर पंप स्थापना की प्रगति पर संतोष जताते हुए मंत्री जी ने समयबद्धता से किसानों को लाभ दिलाने के निर्देश दिए. स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान उन्होंने कोरोना को लेकर सतर्कता बरतने, एंबुलेंस सेवाएं दुरुस्त रखने, और रेडियोलॉजी, एक्स-रे जैसी सभी स्वास्थ्य सुविधाओं की कार्यशीलता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए. प्रयागराज में विकास की रफ्तार तेज़: मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने दिए पारदर्शिता, समयबद्धता और सख्ती के निर्देश 2 मनरेगा, जल जीवन मिशन और वृक्षारोपण पर सख्त रुख मनरेगा के अंतर्गत लंबित भुगतानों की समीक्षा करते हुए मंत्री जी ने निर्देश दिया कि श्रमिकों को समय पर भुगतान हो और किसी भी तरह की अनियमितता पाए जाने पर सचिव, प्रधान और एडीओ पंचायत के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए. जल जीवन मिशन की प्रगति पर बात करते हुए उन्होंने टैंकर से जलापूर्ति वाले क्षेत्रों में स्थायी समाधान हेतु पेयजल परियोजनाएं शीघ्र लागू करने को कहा. वृक्षारोपण को लेकर भी उन्होंने सभी विभागों को गड्ढों की खुदाई और पौधरोपण की पूरी तैयारी समय पर पूर्ण करने को कहा. पौधों की न्यूनतम ऊंचाई 5 फीट रखने की बात कहते हुए उन्होंने पौधों की गुणवत्ता पर जोर दिया और नर्सरियों के सत्यापन की भी बात कही. उन्होंने कहा कि जल संचयन, स्वच्छता और वृक्षारोपण सीधे जनजीवन से जुड़े विषय हैं, इन पर किसी भी प्रकार की लापरवाही सहन नहीं की जाएगी. गौवंश संरक्षण और सड़क निर्माण में गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश पशुपालन विभाग की समीक्षा में उन्होंने निराश्रित गोवंशों को गौशालाओं में समुचित देखरेख के साथ रखने और वहां साफ-सफाई, चारा-पानी एवं प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए. पीडब्लूडी विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए मंत्री जी ने कहा कि सड़कों को गड्ढा मुक्त किया जाए और नई सड़कों व सेतुओं के लिए जनप्रतिनिधियों से प्रस्ताव अनिवार्य रूप से लिए जाएं. बाढ़ से पूर्व तैयारियों पर विशेष बल बरसात को देखते हुए मंत्री जी ने कहा कि 7 जून तक सभी बाढ़ से संबंधित कार्य पूर्ण कर लिए जाएं. तालाबों की सफाई कर स्वच्छ वर्षा जल के संचयन की व्यवस्था की जाए और किसी भी स्थिति में सीवर का पानी तालाबों में न जाने पाए. बैठक में शिक्षा, मत्स्य, माध्यमिक शिक्षा सहित अन्य विभागों की भी समीक्षा की गई, जिसमें मंत्री जी ने लक्ष्यों के अनुसार शत-प्रतिशत प्रगति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. अंत में जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मांदड़ ने मंत्री जी को आश्वस्त किया कि दिए गए सभी निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन कराया जाएगा और सभी अधिकारी पूरी निष्ठा, मेहनत और ईमानदारी के साथ कार्य करेंगे. शासन की योजनाएं आमजन तक पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ पहुंचे मा. मंत्री स्वतंत्र देव सिंह जी की इस समीक्षा बैठक में प्रयागराज के विकास कार्यों को गति देने के उद्देश्य से व्यापक निर्देश दिए गए. उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि शासन की योजनाएं आमजन तक पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ पहुंचे यही प्रशासन की प्राथमिकता है. The post प्रयागराज में विकास की रफ्तार तेज़: मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने दिए पारदर्शिता, समयबद्धता और सख्ती के निर्देश appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

जिंदगी को करना है बेहतर तो गीता के इन 7 उपदेशों को फॉलो करना शुरू कर दें, खुशियां ही खुशियां होगी जीवन में

Gita Updesh: भगवद्गीता भगवान श्रीकृष्ण द्वारा दिया गया ऐसा ज्ञान है, जो हमें सही रास्ता दिखाता है. यह सिर्फ एक धार्मिक किताब नहीं है, बल्कि यह जीवन को समझने और बेहतर ढंग से जीने की कला सिखाती है. आज के समय में जब हर कोई तनाव और दौड़-भाग से परेशान है, गीता के उपदेश और भी जरूरी हो गए हैं. अगर आप इन 7 खास बातों को अपने जीवन में अपनाते हैं, तो आपको सफलता जरूर मिलेगी. साथ ही अंदर से भी शांति और संतोष का एहसास कराएगा. Also Read: अगर आप भी घर में कर रहे हैं ये 7 गलतियां तो अभी करें ठीक, वरना पानी की तरह बहेगा पैसा गीता के 7 सरल और प्रभावशाली उपदेश कर्म करते रहो, फल की चिंता मत करोभगवान श्रीकृष्ण कहते हैं कि हमें बस मेहनत करते रहना चाहिए. फल मिलेगा या नहीं, इसकी चिंता नहीं करनी चाहिए. जब हम बिना किसी लालच के काम करते हैं, तो सफलता अपने आप मिलने लगती है. सच्चा ज्ञान ही हमें सही रास्ता दिखाता हैज्ञान से हमें सही और गलत में फर्क करना आता है. जब हमारे पास सही जानकारी होती है, तो हम अच्छे फैसले ले पाते हैं और अपने लक्ष्य तक पहुंचते हैं. भगवान पर भरोसा रखोअगर हम भगवान पर विश्वास रखते हैं, तो हम हर मुश्किल से लड़ने की ताकत पा सकते हैं. आस्था हमारे अंदर पॉजिटिव एनर्जी लाती है, जिससे सुख और सफलता भी आने लगते हैं. बिना स्वार्थ के काम करोजो काम हम दूसरों के भले के लिए करते हैं, वह हमेशा फलदायक होता है. गीता सिखाती है कि हमें काम करते समय खुद के फायदे की नहीं, बल्कि सेवा की भावना रखनी चाहिए. जो है, उसी में संतुष्ट रहोभगवान श्रीकृष्ण कहते हैं कि संतोष सबसे बड़ी दौलत है. जब हम लालच नहीं करते और जो मिला है उसमें खुश रहते हैं, तब असली सुख मिलता है. धैर्य रखो, सफलता समय लेती हैहर चीज एक ही दिन में नहीं मिलती. अगर हम धैर्य के साथ चलते हैं, तो धीरे-धीरे हमें अपने लक्ष्य जरूर मिलते हैं. हमेशा अच्छा सोचोहम जैसा सोचते हैं, वैसा ही हमारा जीवन बनता है. अगर हम हमेशा अच्छा और पॉजिटिव सोचते हैं, तो हमारी जिंदगी भी वैसी ही खुशहाल बन जाती है. Also Read: कहीं हार्ट फेल न हो जाए! इन 3 स्थानों पर जाने से थर-थर कांपते हैं लोग, आपने देखा है क्या? The post जिंदगी को करना है बेहतर तो गीता के इन 7 उपदेशों को फॉलो करना शुरू कर दें, खुशियां ही खुशियां होगी जीवन में appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

चाणक्य को छोड़ो ओशो के इन 5 बातों में छुपा है गूढ़ रहस्य, जानने पर जाग जाएगा सिकंदर

Osho Quotes: इस दुनिया में लोग जीवन, मृत्यु, प्रेम और धर्म पर मन में आने वाले विचारों के कारण डरते रहते हैं. यह आज भी प्रासंगिक और रहस्यमयी हैं और आने वाले समय में भी रहेगा. इन विचारों से दूर रहने के लिए अक्सर चाणक्य (Chanakya Niti) के विचारों को आत्मसात करते हैं. लेकिन अगर किसी ने ओशो के जीवन, मृत्यु, प्रेम, धर्म और सत्ता पर उनके विचार जान लिये तो वह आगे की जिंदगी जीने के लिए कभी नहीं डरेगा और उनकी जीवन की दिशा ही बदल सकती है. “धर्म एक व्यक्तिगत खोज है, संस्था नहीं” ओशो मानते थे कि सच्चा धर्म किसी संस्था, ग्रंथ या परंपरा में नहीं, बल्कि व्यक्ति की अंतरात्मा में होता है. उनके अनुसार, मंदिर और मस्जिदों में नहीं, बल्कि मौन और ध्यान में ईश्वर मिलता है. उनके अनुसार “धर्म कोई मान्यता नहीं, बल्कि अनुभव है. जो अनुभव करे वही धार्मिक, बाकी सिर्फ अनुयायी हैं.” Also Read: कहीं हार्ट फेल न हो जाए! इन 3 स्थानों पर जाने से थर-थर कांपते हैं लोग, आपने देखा है क्या? “प्रेम ही एकमात्र धर्म है” ओशो का प्रेम पर दृष्टिकोण पारंपरिक सोच से अलग था. वे कहते थे कि प्रेम बिना शर्त और स्वार्थ के होना चाहिए. वह कहते थे कि जब प्रेम स्वार्थ रहित हो जाए, तो वही ईश्वर बन जाता है. उनका मानना था कि जहां प्रेम है वहां कोई और धर्म की जरूरत नहीं.” “मृत्यु अंत नहीं, उत्सव है” ओशो ने जीवन के सबसे बड़े भय-मृत्यु को भी एक उत्सव की तरह देखने की बात की. वे मानते थे कि मृत्यु कोई डरावनी चीज नहीं, बल्कि एक बदलाव है. उन्होंने कहा था कि मृत्यु का मतलब खत्म होना नहीं, यह रूपांतरण है. इसे स्वीकारो जैसे तुम जीवन को स्वीकारते हो.” “तुम खुद भगवान हो, बस भूल गए हो” ओशो का मानना था कि हर इंसान के भीतर दिव्यता छिपी होती है, लेकिन समाज, शिक्षा और धर्म ने उसे भुला दिया है. ध्यान और जागरूकता से ही व्यक्ति अपनी उस दिव्यता को पहचान सकता है. उन्होंने कहा था कि तुम्हारे बाहर कोई भगवान नहीं. वही तुम्हारे भीतर है.” “जियो ऐसे जैसे यह आखिरी क्षण हो” वर्तमान में जीना ओशो के संदेशों का मूल था. उन्होंने कहा था कि भविष्य की चिंता और अतीत की स्मृति ही दुःख का कारण हैं. उन्होंने साफ तौर कहा था कि अतीत गया, भविष्य आया नहीं-सिर्फ यह क्षण है, इसमें पूरी तरह जियो.” ओशो की बातें क्यों हैं आज भी प्रासंगिक? आज के तनावपूर्ण और प्रतियोगिता के दौर में ओशो की बातें किसी आत्मिक मरहम से कम नहीं. आज जहां हर कोई अपनी चाहत को पाने के लिए दौड़ रहा है तो वहीं, ओशो इसके उलट ठहरने की बात करते हैं. जहां हर कोई बाहर जवाब ढूंढ रहा है, ओशो भीतर झांकने को कहते हैं. Also Read: Premanand Ji Maharaj: क्यों पहनते हैं प्रेमानंद जी महाराज हमेशा पीले वस्त्र? जानें क्या है इसके पीछे की वजह  The post चाणक्य को छोड़ो ओशो के इन 5 बातों में छुपा है गूढ़ रहस्य, जानने पर जाग जाएगा सिकंदर appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

अनहोनी को होनी कर देगी Modi-Trump की जोड़ी! अमेरिका-भारत व्यापार समझौते से निर्यात को मिलेगी उड़ान

Modi-Trump: मोदी-ट्रंप की जोड़ी से हिंदुस्तान-अमेरिका के व्यापार संबंधों को नई उड़ान मिलने की उम्मीद दिखाई दे रही है. अमेरिकी-हिंदुस्तान के बीच सफल द्विपक्षीय व्यापार समझौता मौजूदा प्रतिकूल परिस्थितियों को अनुकूल बना सकता है. इससे नए बाजारों तक पहुंच खुल सकती है और निर्यात को बढ़ावा मिल सकता है. वित्त मंत्रालय की मासिक आर्थिक समीक्षा में हिंदुस्तान और अमेरिका के बीच संभावित व्यापार समझौते को लेकर सकारात्मक रुख जाहिर किया गया है. रिपोर्ट के अनुसार, यह समझौता मौजूदा वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच हिंदुस्तान को नए बाजारों तक पहुंच दिलाकर निर्यात को गति दे सकता है. दोनों देश 8 जुलाई से पहले एक अंतरिम समझौते को अंतिम रूप दे सकते हैं. अमेरिका से जवाबी शुल्क में पूरी छूट मांग रहा हिंदुस्तान हिंदुस्तान इस समझौते के तहत घरेलू वस्तुओं पर लगाए गए 26% के जवाबी शुल्क से पूरी छूट की मांग कर रहा है. अमेरिका ने 2 अप्रैल को यह शुल्क लगाया था, जिसे 90 दिनों के लिए 9 जुलाई तक निलंबित किया गया है. हालांकि, 10% मूल शुल्क अभी भी लागू है. निवेश के लिए हिंदुस्तान बना आकर्षक गंतव्य रिपोर्ट में बताया गया है कि हिंदुस्तान वैश्विक अनिश्चितता के बावजूद, विदेशी निवेशकों के लिए एक आकर्षक गंतव्य बना हुआ है. इसमें कहा गया कि देश की मध्यम अवधि की आर्थिक संभावनाएं, नीतियों की स्थिरता और युवा कार्यबल की दक्षता निवेश को बढ़ाने में सहायक होंगी. प्रशासन की प्राथमिकता उन नीतियों पर है जो कौशल विकास, उत्पादकता और सेवा क्षेत्र के विस्तार को बढ़ावा दें. इससे निवेश और आर्थिक वृद्धि का एक मजबूत चक्र बन सकता है. हिंदुस्तानीय वित्तीय स्थिति की मजबूती अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) की अप्रैल 2025 की रिपोर्ट के अनुसार, हिंदुस्तान की 2025-26 की जीडीपी वृद्धि दर 6.2% रहने का अनुमान है. हालांकि, यह आंकड़ा जनवरी 2025 के अनुमान से 0.3% कम है. फिर भी, यह वैश्विक औसत से कहीं बेहतर है. कई वैश्विक एजेंसियों ने हिंदुस्तान की विकास दर 6.3% से 6.7% के बीच रहने का अनुमान जताया है. इसका श्रेय मजबूत घरेलू मांग, स्थिर आर्थिक नीतियों और प्रशासनी पूंजीगत खर्च में वृद्धि को दिया गया है. मुद्रास्फीति और रुपया बने रहेंगे नियंत्रित रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि खाद्य मुद्रास्फीति में कमी आने की उम्मीद है. रबी फसल की अच्छी पैदावार, गर्मी की फसलों में बढ़ोतरी और बफर स्टॉक की उपलब्धता इस दिशा में मददगार होंगी. इसके अलावा, हिंदुस्तानीय रुपया अपेक्षाकृत स्थिर है और देश का विदेशी मुद्रा भंडार किसी भी बाहरी झटके को सहने में सक्षम है. कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और सामान्य से अधिक वर्षा का अनुमान महंगाई को नियंत्रित रखने में मदद करेंगे. इसे भी पढ़ें: ओवैसी की दौलत जानकर बिलबिलाएगा बिलावल, कटोरा लेकर दौड़ेंगे शाहबाज-मुनीर सेवा क्षेत्र देगा वित्तीय स्थिति को रफ्तार वित्त मंत्रालय की रिपोर्ट में सेवा क्षेत्र को हिंदुस्तानीय वित्तीय स्थिति का मजबूत स्तंभ बताया गया है. सेवा क्षेत्र का सतत विस्तार वस्तु निर्यात में आई थोड़ी गिरावट की भरपाई कर रहा है. ग्रामीण क्षेत्रों में खपत में सुधार भी आर्थिक वृद्धि का प्रमुख इंजन बन रहा है. इस तरह मोदी-ट्रंप की संभावित व्यापार साझेदारी हिंदुस्तान को वैश्विक मंदी और व्यापार तनाव के बीच मजबूती से खड़ा कर सकती है. इसे भी पढ़ें: प्रशासनी कर्मचारी हुए बर्खास्त तो रिटायरमेंट का नहीं मिलेगा फायदा, बदल गया पेंशन नियम The post अनहोनी को होनी कर देगी Modi-Trump की जोड़ी! अमेरिका-हिंदुस्तान व्यापार समझौते से निर्यात को मिलेगी उड़ान appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

SNMMCH Dhanbad: झारखंड के तीसरे सबसे बड़े सरकारी अस्पताल का हाल बेहाल, गंदे बेड पर हो रहा मरीजों का इलाज

SNMMCH Dhanbad: धनबाद, विक्की प्रसाद-अस्पताल में मरीजों के इलाज के साथ उनके स्वास्थ्य की देखभाल के लिए स्वच्छता का ख्याल रखना आवश्यक है. अस्पताल में सफाई के साथ मरीजों के बेड पर बिछी चादरों को हर दिन बदलने का नियम है. राज्य के तीसरे सबसे बड़े प्रशासनी अस्पताल शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (एसएनएमएमसीएच) में कुव्यवस्था का आलम यह हैं कि मरीजों का इलाज गंदे चादरों पर किया जा रहा है. ऐसा इसलिए कि एसएनएमएमसीएच के लॉन्ड्री में चादरों की सफाई की व्यवस्था 15 वर्ष पुरानी तीन मशीनों पर निर्भर हैं. समय के साथ मशीनें पुरानी होने के साथ जर्जर भी हो चुकी हैं. ये चलते-चलते बंद हो जाती हैं. मशीनों का कंप्रेशर भी कम है. इस वजह से कपड़ों की सफाइ में घंटों समय लगता है. कई बार तो ठोक-पीट कर इनसे कपड़ों की सफाई की जाती है. हर दिन नहीं बदली जाती है मरीजों के बेड की चादर एसएनएमएमसीएच के लॉन्ड्री में चादरों की धुलाई के लिए तीन मशीनें उपलब्ध है. एक मशीन की क्षमता 50 चादर धोने की है. वहीं दूसरे की 25 व तीसरे मशीन की क्षमता 35 चादरों की धोने की है. कुल मिलाकर तीनों मशीन से 110 चादरों की धुलाई हो सकती है. जबकि अस्पताल में कुल बेड की संख्या 570 है. 400 से ज्यादा मरीजों के बेड पर रोजाना चादर नहीं बदली जाती है. चादरों को सुखाने में निकल जाता है पूरा दिन लॉन्ड्री के कर्मियों के अनुसार मशीनें पुरानी होने की वजह से उसका कंप्रेशर कमजोर हो गया है. इस वजह से मशीनों में कपड़े डालने के बाद धीरे-धीरे सफाइ होती है. चादरों की सफाई के बाद इसे सुखाने में भी समय लगता है. इस प्रक्रिया में ही पूरा दिन निकल जाता है. कई वार्डों में तीन-चार दिनों में बदले जाते हैं मरीज के बेड पर चादर एसएनएमएमसीएच में बेड के अनुसार चादरों की संख्या पर्याप्त है. लॉन्ड्री में कपड़ों की धुलाई की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण कई वार्डों में तीन से चार दिन पर मरीज के बेड की चादरों को बदला जाता है. यह वैसे वार्ड है, जहां अस्पताल के वरीय अधिकारियों का आना-जाना कम होता है. खासकर सर्जरी, बर्न वार्ड समेत अन्य जगहों पर मरीजों के बेड पर चादर दिया ही नहीं जाता. मरीजों द्वारा चादर मांगने पर ही उपलब्ध कराया जाता है. अस्पताल के कई वार्ड में मजबूरी में मरीज अपने घर से चादर लाकर काम चलाते हैं. पुरानी हैं लॉन्ड्री की मशीनें-वरीय प्रबंधक लॉन्ड्री की मशीनें पुरानी हैं. इसकी जानकारी वरीय अधिकारियों को है. लॉन्ड्री के कर्मियों से मशीनों के साथ मैनुअल तरीके से कपड़ों की सफाइ का निर्देश दिया गया है. प्रबंधन नयी मशीन खरीदने पर विचार कर रहा है. जल्द ही इसका प्रस्ताव तैयार कर मुख्यालय को भेजा जायेगा.-डॉ चंद्रशेखर सुमन, वरीय प्रबंधक, एसएनएमएमसीएच ये भी पढ़ें: झारखंड में दोस्तों को बचाने में खरकई नदी में बह गया नौवीं कक्षा का सूरज, नहीं मिला सुराग The post SNMMCH Dhanbad: झारखंड के तीसरे सबसे बड़े प्रशासनी अस्पताल का हाल बेहाल, गंदे बेड पर हो रहा मरीजों का इलाज appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

पीएमश्री उच्च विद्यालय की पूनम बनी डंडई टॉपर

डंडई. डंडई प्रखंड में सात उच्च विद्यालय है. इनमेें से पांच विद्यालयों में लड़कियां टॉप पर रही. जबकि दो विद्यालय में लड़के टॉप पर रहे. डंडई प्रखंड क्षेत्र के सोनेहारा गांव स्थित पीएमश्री उत्क्रमित उच्च विद्यालय की छात्रा पूनम कुमारी मैट्रिक की परीक्षा में 95 प्रतिशत अंक लाकर प्रखंड टॉपर बनी है. पूनम ने कहा कि उसका सपना आइएएस बनने का है. वह प्राथमिक कक्षाओं से ही मेधावी रही है. प्रखंड टॉपर बनने पर छात्रा के माता-पिता और विद्यालय के शिक्षकों ने उसे बधाई दी है. छात्रा के पिता शिवकुमार यादव व माता मीना देवी पेशे से किसान हैं. इधर प्रखंड मुख्यालय स्थित किसान उच्च विद्यालय डंडई की छात्रा सोनाक्षी कुमारी, पिता विवेकानंद प्रसाद 93 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय टॉपर बनी. उसी स्कूल की छात्रा सुसाधना कुमारी, पिता मनोज प्रसाद गुप्ता 91.20 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय के दूसरी टॉपर रही. लावाहीकलां स्थित उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय का छात्र चंद्र प्रकाश मिश्रा, पिता सतेंद्र मिश्रा ने 91 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय में टॉप किया है. वहीं उत्क्रमित उच्च विद्यालय तसरार के छात्र आसिफ रजा, पिता जहांगीर अंसारी ने विद्यालय में सर्वाधिक 92.40 प्रतिशत अंक लाया है. इधर उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय जरही की छात्रा शोभा कुमारी, पिता नंदलाल शाह 90.80 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय टॉपर बनी. प्रखंड के सुदूरवर्ती इलाके के उत्क्रमित उच्च विद्यालय पचौर की छात्रा सुगंधी कुमारी 86.80 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय का टॉपर बनी, डंडई कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय उच्च विद्यालय की छात्रा सुप्रिया कुमारी ने 71.80 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय की टॉपर रही. अन्य टॉपर्स ने कहा : किसान उच्च विद्यालय की टॉपर रही छात्रा सोनाक्षी कुमारी ने कहा कि आधुनिक समय में छात्र-छात्राओं को पढ़ना काफी आसान है. पढ़ाई के कई स्त्रोत उपलब्ध हैं, वैसे यदि स्कूल की पढ़ाई का घर पर रिवीजन कर अध्ययन किया जाये, तो पाठ्यक्रम की कोर्स निश्चित रूप से पूरा होती है. उसने बताया कि उसका डॉक्टर बनने की सपना है. सोनाक्षी के पिता विवेकानंद प्रसाद पेशे से पारा शिक्षक है माता गृहिणी है. वहीं दूसरी टॉपर रही सुसाधना कुमारी का कहना है कि वह पढ़ कर आइएएस बनेगी. उसके पिता मनोज प्रसाद गुप्ता कृषक हैं. पिता का कहना है कि सुसाधना को पढ़ाने में पुरी ताकत लगायेंगे. डिस्क्लेमर: यह नया विचार समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे नया विचार डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है The post पीएमश्री उच्च विद्यालय की पूनम बनी डंडई टॉपर appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

विपुल बना भवनाथपुर प्रखंड का टॉपर

भवनाथपुर. जैक बोर्ड की मैट्रिक परीक्षा में भवनाथपुर के राजकीयकृत पलस-टू विद्यालय का छात्र विपुल कुमार 94.8 प्रतिशत अंक लाकर प्रखंड का टॉपर बना है. जबकि इसी विद्यालय का हर्षित कुमार 94.4 प्रतिशत अंक लाकर दूसरे स्थान पर रहा है. वहीं सुमित कुमार को 92.4, रितेश कुमार सिंह को 91 प्रतिशत व रोहित कुमार को 85 प्रतिशत अंक प्राप्त हुआ है. विद्यालय में कुल 301 छात्र-छात्राओं ने परीक्षा दी थी. इनमें से 15 छात्र फेल हो गये हैं. परियोजना बालिका उच्च विद्यालय : उधर परियोजना बालिका उच्च विद्यालय में अमिता कुमारी, सुषमा कुमारी 82.6 अंक प्राप्त कर संयुक्त रूप से विद्यालय की टॉपर बनी है. जबकी प्रियंका कुमारी को 79.2, खुशी कुमारी को 77.8, गुलशन खातून को 77 प्रतिशत, मदीना प्रवीण को 75.8, नेहा कुमारी को 74.8, नसरीना खातून को 74 प्रतिशत,चंदा कुमारी को 73.4, प्रिया कुमारी को 70.8, सोनम कुमारी को 70.2 अंक प्राप्त हुआ है. इस विद्यालय से 310 छात्राएं परिक्षा में शामिल हुई थीं. इनमें से 13 छात्राएं फेल हो गयीं. कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय : कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय में रितु कुमारी 65.6 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय में टॉपर रही. जबकि जितनी कुमारी को 62.6, कंचन कुमारी को 62.4 अंक प्राप्त हुआ. इस विद्यालय से 50 छात्राओं ने दसवीं की परीक्षा दी थी. उत्क्रमित उच्च विद्यालय बनखेता : इसी तरह से उत्क्रमित उच्च विद्यालय बनखेता में सुमित कुमार यादव 70 प्रतिशत अंक प्राप्त विद्यालय का टॉपर रहा. जबकि किरण कुमारी को 68.6, सुरज कुमार राम 68, फुजैल अंसारी 67.6, दिव्या कुमारी, अंकित कुमार यादव 67 प्रतिशत अंक प्राप्त हुआ. राजकीयकृत उच्च विद्यालय झगराखांड के आयुश कुमार पाठक 84.80 प्रतिशत अंक लाकर विद्यालय का टॉपर रहा. जबकि साजन कुमारी 84.40,सौरभ रंजन 82.20, सुदामा कुमार ,अमबिकेश मिश्रा व नविन कुमार पासवान 77.60, को अंक प्राप्त हुआ है. डिस्क्लेमर: यह नया विचार समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे नया विचार डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है The post विपुल बना भवनाथपुर प्रखंड का टॉपर appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

गढ़वा जिले के चार छात्र राज्य के टॉप टेन में

गढ़वा. झारखंड अधिविद्य परिषद द्वारा मंगलवार को जारी किये गये मैट्रिक के परीक्षा परिणाम में गढ़वा जिले के चार छात्रों ने राज्य के टॉप टेन में अपना जगह बनायी है. लोहिया समता उच्च विद्यालय केतार की साक्षी यादव 485 अंक लाकर जिले की टॉपर बनी है. सरस्वती शिशु विद्या मंदिर के आशुतोष कुमार चौबे 483 अंक लाकर जिले में सेकंड टॉपर रहा है. उसी विद्यालय के सुमित कुमार ने 482 अंक लाकर जिले में तीसरा स्थान प्राप्त किया है. जिले के टॉप 10 में सरस्वती विद्या मंदिर नगर के 11 छात्र शामिल हैं. सरस्वती विद्या मंदिर के रोहित कुमार और प्रवीण कुमार ने 480 अंक लाकर तृतीय स्थान प्राप्त किया है. सरस्वती विद्या मंदिर के सागर कुमार ने 479 अंक लाकर चौथे स्थान, इसी विद्यालय के आशुतोष कुमार ने 478 अंक लाकर जिले में पांचवा स्थान, सरस्वती विद्या मंदिर के ओम कुमार ने 477 अंक लाकर जिले में छठा स्थान, मुखदेव हाई स्कूल मझिआव के राखी कुमारी संत एन्थोनिस हाई स्कूल कंजिया के आदर्श रोशन अपग्रेड हाई स्कूल बीरबल की नेहा यादव ने 476 अंक लाकर संयुक्त रूप से जिले में सातवां स्थान प्राप्त किया है. जबकि सरस्वती विद्या मंदिर नगर उंटारी के उत्तम कुमार, अपग्रेड हाई स्कूल सोनेहारा की पूनम कुमारी, अपग्रेड हाई स्कूल बीरबल के आशीष कुमार और इसी विद्यालय की मधु कुमारी ने 475 अंक लाकर संयुक्त रूप से आठवां स्थान प्राप्त किया है. इसी तरह 474 अंक लाकर विपुल कुमार, एसबीएम नगर उंटारी के अंकित विश्वकर्मा, उत्क्रमित उच्च विद्यालय सोनेहारा की ज्योति कुमारी, उत्क्रमित उच्च विद्यालय कुटेरिया के सचिन कुमार यादव और प्रश्नोत्तरी हाई स्कूल जटपुरा के अमन राज ने संयुक्त रूप से 9वां स्थान प्राप्त किया है. वहीं अंबालाल बालिका उवि की एकता कुमारी ने 458 अंक लाकर 10वां स्थान प्राप्त किया है. बच्चों की इस सफलता पर उनके माता-पिता के अलावे विद्यालय परिवार काफी हर्षित है. बच्चों की सफलता पर पूरा जिला गौरवान्वित हुआ है. डिस्क्लेमर: यह नया विचार समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे नया विचार डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है The post गढ़वा जिले के चार छात्र राज्य के टॉप टेन में appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top