Hot News

July 1, 2025

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Bihar Bhumi: जमीन सर्वेक्षण के लिए ETS मशीन से सीमा सत्यापन का काम शुरू, पूरा होकर रहेगा सर्वे का काम

Bihar Bhumi: भोजपुर के तरारी प्रखंड के तीन मौजा में भूमि सर्वे के अधिकारियों और कर्मियों ने इटीएस मशीन से सीमा का सत्यापन का काम शुरू कर दिया है. सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी रूपक कुमार, कानूनगो अभिनंदन कुमार की मौजूदगी में तरारी अंचल के गोपालपुर, बगसंडा और डीपनडीह मौजा में सीमाना सत्यापन इटीएस मशीन से किया गया. रोज चलेगा यह काम बिहार प्रशासन के द्वारा भूमि सर्वे के लिए नियुक्त अमीन आशीष कुमार, गजेंद्र कुमार और राजमोहन के द्वारा भूमि सत्यापन के काम शुरू करने से अब लोगों में उम्मीद जाग चुकी है. कानूनगो ने बतलाया कि आज से अंचल में भूमि सर्वे के लिए भूमि सत्यापन का काम शुरू हो गया है, जो प्रतिदिन चलेगा. इस कार्य में लगे अधिकारी और कर्मी अपने कार्यों का निर्वहन ईमानदारी पूर्वक करेंगे. सभी मौजा के लिए अमीन नियुक्त प्रखंड की 19 पंचायतों में 115 राजस्व ग्राम में कुल 144159 खेसरा हैं. इन सभी राजस्व ग्रामों से लोगों द्वारा ऑनलाइन और ऑफलाइन 95970 आवेदन भूमि सर्वे कार्यालय में जमा किये गये हैं. विशेष सर्वेक्षण अधिनियम 2011 और नियमावली 2012 के तहत द्वितीय चरण में जिले के तरारी अंचल में भूमि सर्वे का काम शुरू किया गया है. सभी मौजा के लिए अमीन नियुक्त किये गये हैं. बिहार चुनाव की ताजा समाचारों के लिए क्लिक करें दोनों तरीके से चल रहा काम भूमि सर्वे के लिए प्रखंड के कई लोगों द्वारा कागजात तो जमा कर दिया गया है, पर कई लोग अभी भी अपना कागजात जमा नहीं कर पाये हैं. ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीके से भूमि सर्वे के लिए कागजात जमा करने की प्रक्रिया चल रही है. वैसे लोगों के मन में कई भ्रम चल रहे थे की भूमि सर्वे का काम होगा कि नहीं होगा. इसे भी पढ़ें: ‘बिना गलती से सजा दी गई, इस पर…’, परिवार और पार्टी से बेदखल होने के सवाल पर भावुक हुए तेज प्रताप The post Bihar Bhumi: जमीन सर्वेक्षण के लिए ETS मशीन से सीमा सत्यापन का काम शुरू, पूरा होकर रहेगा सर्वे का काम appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

सावन में जन्मे बच्चे क्यों होते हैं भगवान शिव के खास? जानें स्वभाव से जुड़ी बातें

Sawan Special, Personality Traits: बच्चों का स्वाभाव और व्यक्तित्व में उनके जन्म के माह का अहम रोल होता है. क्योंकि एस्ट्रोलॉजी के मुताबिक कौन बच्चा कैसा है इसके बारे में उसके डेट ऑफ मंथ के माध्यम से काफी हद तक आसानी पता लगा सकते हैं. ऐसे में सवाल उठता है कि सावन के माह में जन्मे शिशु कैसे होते हैं. यह महीना इसलिए भी खास होता है क्योंकि यह महीना भगवान शिव को समर्पित होता है. इसलिए इस माह में जन्में बच्चों का व्यक्तित्व भी बेहद प्रभावशाली और खास होता है. तो आइए जानते हैं कि सावन में जन्मे बच्चों की कौन-सी खूबियां उन्हें भीड़ से अलग बनाती हैं. भावुक लेकिन मजबूत इमोशनल इंटेलिजेंस सावन के जन्में बच्चों की सबसे बड़ी खासियत होती है उनका भावनात्मक जुड़ाव. ये शिशु दूसरों की भावनाओं को जल्दी समझ लेते हैं और बहुत केयरिंग स्वभाव के होते हैं. भले ही इस माह में जन्में कई लोग बाहर से सख्त दिखें, लेकिन अंदर से बेहद कोमल हृदय के होते हैं. Also Read: मृत परिजन जब सपने में दें दर्शन तो हल्के में न लें, इन संकेतों को समझे तो बदल जाएगी आपकी जिंदगी तेज दिमाग और गहरी सोच सावन में जन्म लेने वाले शिशु कल्पनाशील और विश्लेषणात्मक सोच वाले होते हैं. इनका ऑब्जर्वेशन पॉवर गजब का होता है. पढ़ाई-लिखाई में ये तेज होते हैं और नई चीजों को जल्दी सीख लेते हैं. आध्यात्म की ओर होता है अधिक झुकाव हिंदू घर्मग्रंथों में सावन के महीने को बेहद पवित्र माना गया है. इसलिए इस समय जन्म लेने वाले बच्चों का रुझान बचपन से ही आध्यात्मिकता की ओर होता है. ये इश्वर पर अट्टू विश्वास होता है. जिम्मेदार और भरोसेमंद सावन में जन्मे शिशु बचपन से ही जिम्मेदारी निभाने वाले होते हैं. वे परिवार और दोस्तों के प्रति वफादार होते हैं और जब भी किसी को मदद की जरूरत हो, ये पीछे नहीं हटते. मूडी लेकिन बेहद रचनात्मक सावन के माह में मौसम बदलता रहता है. कब तेज बारिश हो जाए और कब मौसम सुहाना हो जाए कहना मुश्किल होता है. बदलते मौसम के तरह ही इनका स्वाभाव भी होता है. ऐसे ही ये शिशु भी होते हैं. कभी ये बहुत खुश तो कभी अचानक गहरे सोच में डूब जाते हैं. लेकिन इनका रचनात्मक पहलू बहुत मजबूत होता है- कला, संगीत, लेखन, या डिजाइनिंग में इनका हाथ अच्छा होता है. Also Read: Name Personality: आपस में खूब लड़ते हैं इन दो नाम अक्षर के लोग, छोटी-छोटी बातों पर हो जाती है बहस The post सावन में जन्मे शिशु क्यों होते हैं भगवान शिव के खास? जानें स्वभाव से जुड़ी बातें appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Heavy Rain Alert: 6 से 7 दिनों तक बहुत भारी बारिश का अनुमान, आईएमडी ने जारी किया अलर्ट

Heavy Rain Alert: हिंदुस्तान मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अनुमान जाहिर किया है कि अगले छह से सात दिन में हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है. मौसम विभाग ने कहा कि इस दौरान उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी हिंदुस्तान के कई हिस्सों में मानसून सक्रिय रहेगा. Heavy rain alert मौसम विभाग के अनुसार मध्य प्रदेश, विदर्भ, छत्तीसगढ़, बिहार, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और झारखंड में भी भारी बारिश का पूर्वानुमान है जबकि झारखंड और ओडिशा में कुछ दिनों में भारी बारिश हो सकती है. Heavy rain alert आईएमडी ने बताया कि कोंकण और गोवा, मध्य महाराष्ट्र और गुजरात में कुछ स्थान पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है. विभाग ने कहा कि सौराष्ट्र और कच्छ में भी अगले सात दिन में भारी बारिश हो सकती है जबकि इस अवधि के दौरान पूर्वोत्तर हिंदुस्तान में अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी स्तर की बारिश होने का पूर्वानुमान है. Very heavy rainfall alert आईएमडी का अनुमान है कि तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, केरल और कर्नाटक में सप्ताह के कुछ दिन में भारी बारिश हो सकती है. मौसम विभाग ने सोमवार को, जुलाई में देश में सामान्य से अधिक बारिश होने का अनुमान जताया था और बाढ़ के खतरे के कारण मध्य हिंदुस्तान, उत्तराखंड और हरियाणा के अधिकारियों और लोगों को सतर्क रहने की हिदायत दी है. Heavy rain alert विभाग ने कहा कि पूर्वोत्तर के बड़े हिस्से, पूर्वी हिंदुस्तान के कई इलाकों और दक्षिणी प्रायद्वीपीय हिंदुस्तान में बारिश सामान्य से कम होने का पूर्वानुमान है. Heavy rain alert, symbolic आईएमडी के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने एक ऑनलाइन प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि मध्य हिंदुस्तान और उससे सटे दक्षिणी प्रायद्वीप में भारी बारिश का पूर्वानुमान है. उन्होंने कहा कि इसमें पूर्वी मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, ओडिशा, विदर्भ और तेलंगाना के आसपास के इलाके और गुजरात और महाराष्ट्र के कुछ हिस्से शामिल हैं. Heavy rain alert आईएमडी के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने कहा कि गोदावरी, महानदी और कृष्णा जैसी नदियों का जलस्तर बढ़ सकती है. मौसम विभाग का अनुमान है कि ऊपरी महानदी जलग्रहण क्षेत्र में सामान्य से अधिक बारिश की संभावना है. Heavy rain alert आईएमडी के मुताबिक उत्तराखंड और हरियाणा में आगामी दिनों में अच्छी बारिश की उम्मीद है. दिल्ली समेत कई अन्य शहरों में भारी बारिश हो सकती है. Heavy rain alert The post Heavy Rain Alert: 6 से 7 दिनों तक बहुत भारी बारिश का अनुमान, आईएमडी ने जारी किया अलर्ट appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Best BTech Branch 2025: कंप्यूटर साइंस का घट रहा क्रेज, इन BTech ब्रांच से पाएं बड़ा प्लेसमेंट पैकेज

Best BTech Branch 2025: इंजीनियरिंग का क्षेत्र बहुत बड़ा है और इसमें करियर की अपार संभावनाएं मौजूद हैं. अगर आप साल 2025 में इंजीनियरिंग में एडमिशन लेने की सोच रहे हैं तो सबसे पहले यह जानना जरूरी है कि कौन सी ब्रांच आपके लिए सही रहेगी. हर स्टूडेंट का इंटरेस्ट, स्किल और करियर गोल अलग होता है. इसी वजह से इंजीनियरिंग में ब्रांच का चुनाव बहुत सोच-समझकर करना चाहिए. इंजीनियरिंग की हर ब्रांच का अपना एक अलग स्कोप और डिमांड है. कुछ ब्रांच हिंदुस्तान में ज्यादा लोकप्रिय हैं तो कुछ की ग्लोबल लेवल पर काफी मांग है. कई यूनिवर्सिटी और कॉलेज भी अब अपने कोर्सेस में इंडस्ट्री के लेटेस्ट ट्रेंड्स को शामिल कर रहे हैं ताकि स्टूडेंट्स मार्केट के हिसाब से तैयार हो सकें. Best BTech Branch 2025: इंजीनियरिंग का ट्रेंड साल 2025 की शुरुआत हो चुकी है और इस नए साल में कई सेक्टर में बड़े बदलाव देखने को मिल रहे हैं. खासतौर पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, ग्रीन एनर्जी और ऑटोमेशन जैसे फील्ड में नई टेक्नॉलॉजी का तेजी से विस्तार हो रहा है. इसका सीधा असर इंजीनियरिंग की पढ़ाई और करियर पर भी पड़ेगा. जॉब मार्केट में डिमांड अगर बात करें जॉब मार्केट की, तो आने वाले समय में जिन इंजीनियरिंग ब्रांच की सबसे ज्यादा डिमांड रहेगी उनमें डेटा साइंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन, और इन्फॉर्मेशन टेक्नॉलॉजी प्रमुख हैं. इसके अलावा सिविल इंजीनियरिंग और मैकेनिकल इंजीनियरिंग जैसे ट्रेडिशनल ब्रांच की भी जरूरत बनी रहेगी क्योंकि इंफ्रास्ट्रक्चर और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में लगातार काम होता रहेगा. इसलिए स्टूडेंट्स को करियर चुनने से पहले जॉब मार्केट का एनालिसिस जरूर कर लेना चाहिए. हरियाणा के टॉप इंजीनियरिंग कॉलेज नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी कुरुक्षेत्र (NIT Kurukshetra) के प्लेसमेंट सेशन 2021-25 बैच का रिकॉर्ड जारी हो गया है. इस कॉलेज में प्लेसमेंट सेशन में BTech Computer Science से ज्यादा बेहतर प्लेसमेंट बीटेक आईटी ब्रांच का रहा है. नीचे दिए टेबल में इसकी डिटेल्स देख सकते हैं. Sr. No. Programme Avg. Package (in lakh) 1 Civil Engineering 7.71 2 Computer Engineering 17.62 3 Information Technology 17.96 4 Electronics & Communication Engineering 14.46 5 Electrical Engineering 10.62 6 Mechanical Engineering 10.68 7 Production & Industrial Engineering 10.15 BTech IT (इन्फॉर्मेशन टेक्नॉलॉजी) अगर आपको कंप्यूटर नेटवर्किंग, साइबर सिक्योरिटी, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट में इंटरेस्ट है तो BTech IT आपके लिए एक अच्छा विकल्प हो सकता है. इस ब्रांच में प्रोग्रामिंग लैंग्वेज, डेटा बेस मैनेजमेंट, वेब टेक्नॉलॉजी और क्लाउड कंप्यूटिंग जैसे विषय पढ़ाए जाते हैं. IT सेक्टर की ग्रोथ लगातार बढ़ रही है और नए साल में भी इसके और तेज बढ़ने की संभावना है. 2025 में आईटी कंपनियां एआई, ब्लॉकचेन और इंटरनेट ऑफ थिंग्स के प्रोजेक्ट पर ज्यादा निवेश कर रही हैं, जिससे IT इंजीनियर्स की डिमांड भी तेजी से बढ़ेगी. BTech ECE (इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन) BTech ECE यानी इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग की भी मार्केट में काफी डिमांड बनी हुई है. 5G, IOT, स्मार्ट डिवाइस और ऑटोमेशन सेक्टर में तेजी से हो रहे बदलाव के चलते ECE इंजीनियर्स की जरूरत हर साल बढ़ रही है. इसमें इलेक्ट्रॉनिक्स डिवाइस, सिग्नल प्रोसेसिंग, माइक्रोप्रोसेसर, कम्युनिकेशन नेटवर्क जैसे सब्जेक्ट शामिल होते हैं. इस ब्रांच में करियर बनाने पर प्रशासनी और प्राइवेट दोनों सेक्टर में अच्छा स्कोप रहता है. Best btech branch 2025: कंप्यूटर साइंस का घट रहा क्रेज, इन btech ब्रांच से पाएं बड़ा प्लेसमेंट पैकेज 2 BTech Chemical Engineering केमिकल इंजीनियरिंग भी इंजीनियरिंग की एक लोकप्रिय ब्रांच है, खासकर उन छात्रों के लिए जो रसायन विज्ञान और प्रोसेस इंडस्ट्री में काम करना चाहते हैं. BTech Chemical Engineering करने के बाद फार्मा, पेट्रोकेमिकल, फूड प्रोसेसिंग, एनवायरमेंटल सेफ्टी और ऑयल-गैस सेक्टर में जॉब मिलती है. विदेशों में भी केमिकल इंजीनियर्स की डिमांड बहुत ज्यादा रहती है और लाखों के पैकेज पर आसानी से जॉब ऑफर हो जाता है. BTech Data Science डेटा साइंस आज के जमाने की सबसे तेजी से बढ़ती हुई ब्रांच है. BTech Data Science में आपको डेटा एनालिटिक्स, मशीन लर्निंग, बिग डेटा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे एडवांस्ड सब्जेक्ट पढ़ने को मिलते हैं. देश के टॉप IITs, NITs और IIITs में यह कोर्स कराया जा रहा है. आने वाले समय में डेटा साइंटिस्ट्स की जरूरत हर इंडस्ट्री में बढ़ने वाली है, चाहे वह हेल्थकेयर हो, फाइनेंस, मार्केटिंग या फिर एजुकेशन. इस ब्रांच में करियर बनाने पर हाई सैलरी पैकेज और इंटरनेशनल जॉब्स के मौके भी मिल सकते हैं. ये भी पढ़ें: Best BTech College: कंप्यूटर साइंस वाले रह गए पीछे, NIT जमशेदपुर में इस ब्रांच को मिला 100% प्लेसमेंट ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग में करियर का स्कोप 2025 में भी काफी मजबूत है. इलेक्ट्रिक व्हीकल, ऑटोनॉमस कार, ग्रीन मोबिलिटी और स्मार्ट ट्रांसपोर्ट सिस्टम के बढ़ते चलन से इस सेक्टर में नए मौके तेजी से बन रहे हैं. ऑटोमोबाइल इंजीनियर्स डिजाइन, मैन्युफैक्चरिंग, रिसर्च और डेवलपमेंट जैसे कई फील्ड में काम कर सकते हैं. हिंदुस्तान समेत दुनिया भर की बड़ी कंपनियां ऑटोमोटिव टेक्नोलॉजी पर इनोवेशन कर रही हैं, जिससे इस ब्रांच में जॉब और ग्रोथ की संभावनाएं लगातार बढ़ रही हैं. अन्य प्रमुख इंजीनियरिंग ब्रांच इसके अलावा सिविल इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग, एयरोनॉटिकल इंजीनियरिंग, बायोटेक्नॉलॉजी, ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग जैसी ब्रांच भी अपने-अपने फील्ड में मजबूत स्थिति बनाए हुए हैं. ग्रीन एनर्जी, इलेक्ट्रिक व्हीकल, सस्टेनेबल इन्फ्रास्ट्रक्चर जैसे सेक्टर के चलते इन ट्रेडिशनल ब्रांच में भी आगे अच्छे मौके बने रहेंगे. कुल मिलाकर कहा जा सकता है कि इंजीनियरिंग के हर ब्रांच में करियर की अच्छी संभावनाएं हैं, बस जरूरी है कि आप अपनी रुचि, स्किल और भविष्य के ट्रेंड्स को समझकर सही ब्रांच चुनें. साल 2025 में टेक्नॉलॉजी का रोल और ज्यादा बढ़ेगा, ऐसे में लगातार सीखते रहना और स्किल अपडेट करना ही आपको बेहतर करियर दिला सकता है. ये भी पढ़ें: आधा हिंदुस्तान नहीं जानता BTech की ये ब्रांच हैं सबसे बेस्ट, जान जाएगा तो इंजीनियरों की लग जाएगी लाइन  The post Best BTech Branch 2025: कंप्यूटर साइंस का घट रहा क्रेज, इन BTech ब्रांच से पाएं बड़ा प्लेसमेंट पैकेज appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Viral Video: मछली फ्राई करने चला था शख्स, खुद फ्राई होते-होते बचा, वीडियो देख आ जाएगी हंसी

Viral Video: सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में एक शख्स बड़ी मछली को फ्राई करने की तैयारी करता है. मछली के ऊपर मशाला लगाकर बंदा खौलते हुए तेल में डालता है. लेकिन ये क्या जैसे ही बंदा मछली को कढ़ाही में खौलते हुए तेल में डालता है, आग की तेज लपट उठती है. जिससे वो झुलसने से बाल-बाल बच जाता है. View this post on Instagram A post shared by roniel Souza 21 (@ronielsouza21) झील में कूदकर बंदे ने बचायी अपनी जान मछली फ्राई करने वाले शख्स ने झील में कूदकर अपनी जान बचाई. वीडियो में आप देख सकते हैं कि मछली फ्राई करते समय जब अचानक आग की लपट उठती है, तो बंदा बिना देर किए पानी में छलांग लगा देता है. जिससे उसकी जान बच गई. पानी से निकलने के बाद शख्स अपने शरीर को दिखा रहा है और कह रहा है कि आग से उसके शरीर बूरी तरह से झुलस गया है. वीडियो पर कमेंट्स की बाढ़ वायरल वीडियो को ronielsouza21 नाम के यूजर ने अपने इंस्टाग्राम पेज पर शेयर किया है. वीडियो को अब तक लाखों लोगों ने देख लिया है. अब तक 1.7 मिलियन लोगों ने वीडियो को लाइक किया है और जमकर कमेंट्स कर रहे हैं. एक यूजर ने लिखा, भगवान की कृपा है कि वहां पर पानी था. The post Viral Video: मछली फ्राई करने चला था शख्स, खुद फ्राई होते-होते बचा, वीडियो देख आ जाएगी हंसी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

झारखंड में 109 साल पुरानी खदान क्यों पूरी तरह कर दी गयी बंद? प्रबंधक का छलका दर्द

Jeetpur Coal Mine: जोड़ापोखर (धनबाद)- सेल प्रबंधन ने सुरक्षा के दृष्टिकोण से 109 वर्ष पुरानी जीतपुर खदान को मंगलवार को पूरी तरह से बंद कर दिया. इसे लेकर महाप्रबंधक मनीष कुमार ने नोटिस चिपका दी है. यह कोलियरी 23 अप्रैल 2024 को ही बंद कर दी गयी थी, लेकिन आवश्यक सेवाएं जारी थीं. मंगलवार से सभी सेवाएं बंद कर दी गयीं. बताया जाता है कि टाटा स्टील द्वारा जामाडोबा 6/7 पिट्स एवं 2 पिट्स कोलियरी को पानी भरने के कारण बंद करा दिया गया है. जिसके कारण वहां पंपिंग नहीं होती है. उससे पानी का रिसाव जीतपुर कोलियरी में लगातार हो रहा था. डीजीएमएस व सिंफर के आदेशानुसार सेल निदेशक ने जीतपुर कोलियरी में 23 अप्रैल 24 को ही मजदूरों को नहीं भेजने का निर्देश दिया था. वहां पंपिंग के लिए 12 मजदूर खदान जाते थे, अब वे भी नहीं जायेंगे. कोलियरी में 145 कर्मी कार्यरत थे, जिन्हें तबादला किये जाने की संभावना है. जीतपुर कोलियरी बंद होने से नोनिकडीह, जीतपुर सहित जामाडोबा बाजार पर असर पड़ेगा. स्थापना काल से ही सेल जीतपुर कोलियरी में स्टील ग्रेड का कोयला उत्पादन होता था. सुरक्षा कारणों से एक अच्छी खदान बंद करनी पड़ी : प्रबंधक इस संबंध में कोलियरी प्रबंधक राघवेंद्र कुमार ने बताया कि 1916 में उक्त कोलियरी खोली गयी थी. 1920 से कोयले का उत्पादन शुरू हो गया था. कोलियरी में आठ से नौ हजार मजदूर कार्यरत थे. 1977 में जीतपुर से मासिक 35 से 40 टन कोयला प्रतिदन उत्पादन होता था. कोलियरी की एशिया महादेश में आधुनिक माइंस की श्रेणी में गिनती की जाती थी, लेकिन सुरक्षा के दृष्टिकोण से बंद करना पड़ा. ये भी पढ़ें: Dhanbad News: फिजिशियन की कमी से जूझ रहा धनबाद सदर अस्पताल, गंभीर मरीजों का इलाज बंद सोमवार को जीएम बना और मंगलवार को खदान बंद हो गयी, यह मेरा दुर्भाग्य : मनीष कुमार जीएम मनीष कुमार ने बताया कि सहायक प्रबंधक से लेकर महाप्रबंधक तक का सफर उक्त कोलियरी में ही किया. सेल ने सोमवार को महाप्रबंधक बनाया. मंगलवार को ही कोलियरी बंद कर दी. उससे मजदूरों एवं अधिकारियों में मायूसी छा गयी है. यह मेरा भी दुर्भाग्य है. संयुक्त मोर्चा ने खदान बंदी के फैसले का किया विरोध जीतपुर कोलियरी संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों ने खदान बंदी की निंदा की है. सेल प्रबंधन के खिलाफ धरना देते हुए कहा कि बिना किसी सूचना के कोलियरी बंद करना दुर्भाग्यपूर्ण है. कोलियरी बंद होने से मजदूरों में स्थानांतरण का खतरा मंडरा रहा है. कोलियरी को चालू करने के लिए एक प्रतिनिधिमंडल जल्द वरीय अधिकारियों से भेंट करेगा. धरना में सचिन सिंह, विकास सिंह, अमरजीत पासवान, प्रह्लाद दुबे,र मन मिश्रा, मो इस्लाम आदि थे. ये भी पढ़ें: झारखंड के भोगनाडीह में हूल दिवस पर झड़प मामले में पुलिस का एक्शन, गोड्डा से हथियार के साथ दो अरेस्ट The post झारखंड में 109 साल पुरानी खदान क्यों पूरी तरह कर दी गयी बंद? प्रबंधक का छलका दर्द appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

रविशंकर प्रसाद ने RJD पर किया हमला, बोलें- वोट के लिए लालू की पार्टी कहां तक ​​जाएगी

बिहार विधानसभा नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के वक्फ कानून को लेकर दिए बयान के बाद बिहार की नेतृत्वक सरगर्मी बढ़ गई है. भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी और गौरव भाटिया के बाद अब भाजपा सांसद रविशंकर प्रसाद सिन्हा ने राष्ट्रीय जनता दल (RJD) पर निशाना साधा है.  रविशंकर प्रसाद सिन्हा ने क्या कहा ?  भाजपा सांसद रविशंकर प्रसाद ने राजद नेता तेजस्वी यादव के बयान पर कहा, “कल तेजस्वी यादव ने वक्फ को लेकर जो कहा वह बहुत निंदनीय है. संसद ने कानून पारित किया है और सुप्रीम कोर्ट इस मामले की सुनवाई कर रहा है, सुप्रीम कोर्ट ने कोई स्टे नहीं दिया है और आप कहते हैं कि आप इसे उखाड़ कर फेंक देंगे, इसका क्या मतलब है? वोट के लिए लालू जी की पार्टी कहां तक ​​जाएगी? आपकी पार्टी पहले भी हारी है और फिर से हारेगी” Also Read: भाजपा ने RJD नेता तेजस्वी यादव को बताया ‘मौलाना’,  पूछा- संविधान कभी पढ़े हैं ?   तेजस्वी यादव ने कहा क्या है ?  बिहार विधानसभा नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने रविवार को वक्फ बचाओ, संविधान बचाओ रैली के दौरान बड़ा बयान दिया. तेजस्वी ने कहा कि अगर उनकी प्रशासन बनी तो वे इस बिल को प्रदेश में लागू नहीं होने देंगे और कूड़ेदान में फेंक देंगे. तेजस्वी यादव के इस बयान के बाद एनडीए अलायंस लगातार सवाल पूछ रहा है. The post रविशंकर प्रसाद ने RJD पर किया हमला, बोलें- वोट के लिए लालू की पार्टी कहां तक ​​जाएगी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

समाज ने किया हुक्का-पानी बंद

पत्थलगड्डा. पत्थलगड्डा की एक स्त्री राधिका देवी (पति-रंजीत मिस्त्री) ने गांव के कुछ लोगों पर हुक्का पानी बंद कराने का आरोप लगाते हुए प्रखंड प्रशासन से न्याय की गुहार लगायी है. स्त्री ने आवेदन देते हुए कहा है कि गांव के राजेंद्र प्रसाद उर्फ राजू, रूद्रनाथ दांगी, विनय दांगी आदि ने मुहल्ले के सभी दुकानदारों से उसे खाद्य सामग्री समेत किसी भी सामान को देने से मना कर दिया है. वहीं सामान देने पर दुकानदारों को गांव से बाहर कर देने की धमकी दी गयी है. पीड़िता के अनुसार उसके शिशु को चेचक हो गया था. वह पास की दुकान से सामान लाने गयी, तो दुकानदार ने सामान देने से मना कर दिया. दवा व खाद्य सामग्री नहीं मिलने से वह काफी परेशान है. स्त्री के अनुसार उसे पीएम आवास मिला है, लेकिन मजदूर व मिस्त्री ने कार्य करने से मना कर दिया है. ऐसे में वह घर में घुट-घुटकर जिंदगी जी रही है. यदि उसे न्याय नहीं मिला, तो वह आत्मदाह करने पर को विवश हो जायेगी. वहीं राजेंद्र उर्फ राजू ने कहा कि पंचायत के माध्यम से उसका सामाजिक बहिष्कार किया गया है. उस पर लगाया गया आरोप निराधार है. अन्य ने भी स्त्री के आरोप को गलत कहा है. इधर, मुखिया राधिका देवी ने कहा कि मामला काफी गंभीर है. मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई जरूरी है. बीडीओ व थाना प्रभारी ने कहा बीडीओ सह सीओ उदल राम व थाना प्रभारी राकेश कुमार ने कहा कि मामले की जानकारी मिली है. मामले की छानबीन की जा रही है. घटना सही पाये जाने पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जायेगी. डिस्क्लेमर: यह नया विचार समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे नया विचार डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है The post समाज ने किया हुक्का-पानी बंद appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

देसी राइफल के साथ अपराधी गिरफ्तार, तीन फरार

चतरा. चतरा पुलिस ने .315 बोर की एक देसी राइफल के साथ एक अपराधी को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार अपराधी की पहचान टंडवा थाना क्षेत्र के मिश्रौल गांव खिखिर कोडा टोला निवासी सिकेंद्र राम उर्फ जगदीश राम (पिता-द्वारिका राम) के रूप में की है. उसके पास से देसी राइफल के अलावा राइफल की टूटा हुई लकड़ी का बट एवं बॉडी, एक बाइक (जेएच-02एक्यू-9546) व एक मोबाइल बरामद हुआ है. यह जानकारी एसपी सुमित कुमार अग्रवाल ने मंगलवार को समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय कक्ष में प्रेस कांफ्रेंस कर दी. उन्होंने बताया कि 30 जून को सूचना मिली की खिखिर कोड़ा टोला में ग्रामीणों के साथ मारपीट की गयी है. मारपीट करनेवालों के पास हथियार भी है. इस संबंध में तेलियाडीह गांव निवासी धनेश्वर साव ने मामला दर्ज कराया था. सूचना के आलोक में टंडवा एसडीपीओ प्रभात रंजन बरवार के नेतृत्व में छापेमारी टीम का गठन किया गया. टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए प्राथमिक अभियुक्त सिकेंद्र राम के घर पर छापेमारी की और उसे गिरफ्तार कर लिया. उसकी निशानदेही पर घटनास्थल के पास झाड़ी से हथियार बरामद किये गये. सिकेंद्र के साथ तीन और लोग थे, जिसमें एक टीएसपीसी उग्रवादी कबीर गंझू भी शामिल था. तीनों की गिरफ्तारी को लेकर छापेमारी की जा रही है. पुलिस के अनुसार गिरफ्तार सिकेंद्र राम का आपराधिक इतिहास रहा है. वह हत्या के मामले में जेल जा चुका है. ग्रामीणों के साथ मारपीट करने का मामला स्पष्ट नहीं हो पाया. लोग उक्त रास्ते से जा रहे थे. संभवत: लूट के कारण मारपीट की गयी होगी. छापेमारी टीम में टंडवा एसडीपीओ के अलावा थाना प्रभारी उमेश राम, पुलिस अवर निरीक्षक सुनील सिंह, अनंत कुमार दुबे व कई जवान शामिल थे. डिस्क्लेमर: यह नया विचार समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे नया विचार डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है The post देसी राइफल के साथ अपराधी गिरफ्तार, तीन फरार appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

डायवर्सन नहीं बनने पर दी आंदोलन की चेतावनी

टंडवा. मिश्रौल बस्ती के सोती नाला पर पुल निर्माण में संवेदक की मनमानी से ग्रामीणों को बरसात में फजीहत झेलनी पड़ रही है. इसे लेकर पूर्व मुखिया प्रयाग राम के नेतृत्व में ग्रामीणों ने बीडीओ देवलाल उरांव को ज्ञापन सौंपा है. कहा है कि पुल निर्माण को लेकर संवेदक की ओर से गड्ढा खोद दिया है, लेकिन ग्रामीणों के आवागमन के लिए डायवर्सन का निर्माण नहीं कराया गया. इससे बस्ती के लोगों का मुख्य बाजार से संपर्क टूट गया है. ग्रामीण पानी व कीचड़ से भरे खेतों की पगडंडी से जान जोखिम में डाल आवागमन कर रहे हैं. सड़क से उत्क्रमित मध्य विद्यालय मिश्रौल, स्वास्थ्य केंद्र, आंगनबाड़ी और पंचायत सचिवालय में कार्यों के लिए ग्रामीण आवागमन करते हैं. बीडीओ से संवेदक के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए डायवर्सन बनाने की मांग की है. साथ ही चेतावनी दी कि डायवर्सन का निर्माण नहीं हुआ, तो लोग सड़क पर आंदोलन करेंगे. ज्ञापन सौंपनेवालों में सुरेश साव, गुलशन आरा, सुनीता देवी, मेराज अंसारी, संजीदा खातून, आमीन अंसारी, अंजुम खातून, मोहन साव, रामसेवक राणा, भीम साव, गोविंद साव, शबनम परवीन, तुलसी ठाकुर, मो हफीज, प्रेम कुमार आदि उपस्थित थे. डिस्क्लेमर: यह नया विचार समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे नया विचार डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है The post डायवर्सन नहीं बनने पर दी आंदोलन की चेतावनी appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top