Hot News

October 29, 2025

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Methi Paratha Recipe: मेथी पराठा कैसे बनाएं? जानिए ब्रेकफास्ट के लिए हेल्दी और स्वादिष्ट रेसिपी

Methi Paratha Recipe: मेथी पराठा उत्तर हिंदुस्तान का एक प्रसिद्ध पारंपरिक व्यंजन है, जिसे स्वाद और सेहत दोनों के लिए जाना जाता है. यह गेहूं के आटे में ताज़ी मेथी की पत्तियां, हल्के मसाले और थोड़ा सा तेल मिलाकर तैयार किया जाता है. मेथी की हल्की कड़वाहट और मसालों का मेल इस पराठे को खास स्वाद देता है. यह पराठा न केवल स्वादिष्ट और पौष्टिक होता है, बल्कि इसमें मौजूद आयरन, फाइबर और विटामिन K शरीर को ऊर्जा प्रदान करते हैं और पाचन को बेहतर बनाते हैं. सर्दियों के मौसम में मेथी पराठा खासतौर पर लाभदायक माना जाता है क्योंकि यह शरीर को गर्म रखता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है. मेथी पराठा को नाश्ते, लंच या डिनर में आसानी से खाया जा सकता है और इसे दही, अचार या मक्खन के साथ परोसने पर इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है. मेथी पराठा क्या होता है? मेथी पराठा एक पारंपरिक उत्तर हिंदुस्तानीय व्यंजन है जिसे गेहूं के आटे में ताजी मेथी की पत्तियां, मसाले और थोड़ा तेल मिलाकर बनाया जाता है. यह स्वादिष्ट, पौष्टिक और नाश्ते के लिए बेहतरीन विकल्प है. मेथी पराठा बनाने में किन चीजों की जरूरत होती है? मेथी पराठा के लिए मुख्य सामग्री हैं –गेहूं का आटा – 2 कपताजी मेथी की पत्तियां – 1 कप (बारीक कटी हुई)हरी मिर्च – 1 (बारीक कटी)अदरक का पेस्ट – 1 चम्मचनमक – स्वादानुसारहल्दी पाउडर – ¼ चम्मचलाल मिर्च पाउडर – ¼ चम्मचजीरा – ½ चम्मचतेल या घी – पराठा सेंकने के लिए मेथी पराठा बनाने का क्या तरीका होता है? एक बाउल में आटा लें, उसमें मेथी की पत्तियां और सभी मसाले डालें.धीरे-धीरे पानी डालकर नरम आटा गूंध लें.आटे को 10–15 मिनट ढककर रख दें.अब आटे की लोइयां बनाकर बेलेंतवे पर थोड़ा तेल या घी लगाकर पराठा दोनों तरफ से सुनहरा सेकें. मेथी पराठा कब खाना चाहिए? मेथी पराठा सुबह के नाश्ते या शाम के हल्के भोजन में खाना सबसे अच्छा माना जाता है. यह ऊर्जा से भरपूर और पाचन के लिए फायदेमंद होता है. मेथी पराठा किस चीज के साथ परोस सकते हैं? मेथी पराठा को दही, अचार, चटनी या आलू की सब्जी के साथ परोस सकते हैं. यह चाय के साथ भी स्वादिष्ट लगता है. क्या मेथी पराठा हेल्दी होता है? हां, मेथी पराठा बहुत हेल्दी होता है क्योंकि इसमें फाइबर, आयरन, कैल्शियम और विटामिन K जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं जो पाचन सुधारते हैं और शरीर को ताकत देते हैं. यह भी पढ़ें: Mushroom Achar: बोरिंग खाने में डालिए नया तड़का, ट्राय करें स्वादिष्ट मशरूम अचार रेसिपी यह भी पढ़ें: Paneer Schezwan Finger Fries: दिवाली पार्टी के लिए बनाएं झटपट पनीर शेजवान फिंगर फ्राइज, स्वाद और क्रंच का परफेक्ट कॉम्बो यह भी पढ़ें: Desi Style Macaroni: देसी तड़के वाली मैकरोनी कैसे बनाएं? जानिए स्टेप बाय स्टेप आसान रेसिपी The post Methi Paratha Recipe: मेथी पराठा कैसे बनाएं? जानिए ब्रेकफास्ट के लिए हेल्दी और स्वादिष्ट रेसिपी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

रणजी ट्रॉफी में Ruturaj Gaikwad ने पेश की मिसाल, पृथ्वी शॉ के साथ शेयर किया अवर्ड, Video देखें

Ruturaj Gaikwad Shares POTM Award: रणजी ट्रॉफी (Ranji Trophy) ग्रुप बी के रोमांचक मुकाबले में महाराष्ट्र ने मंगलवार को चंडीगढ़ को 144 रनों से हरा दिया. तेज गेंदबाजों मुकेश चौधरी और रामकृष्ण शेखर घोष की घातक गेंदबाजी और पृथ्वी शॉ (Prithvi Shaw) की तूफानी पारी की बदौलत महाराष्ट्र ने यह जीत हासिल की. इस मैच में रुतुराज गायकवाड़ (Ruturaj Gaikwad) और पृथ्वी शॉ दोनों ने शानदार प्रदर्शन किया, और गायकवाड़ ने स्पोर्ट्समैनशिप दिखाते हुए प्लेयर ऑफ द मैच (Player of the match) का अवॉर्ड शॉ के साथ साझा किया. पृथ्वी शॉ की डबल सेंचुरी महाराष्ट्र के ओपनर पृथ्वी शॉ ने दूसरी पारी में रनों की झड़ी लगा दी. उन्होंने सिर्फ 141 गेंदों में दोहरा शतक ठोक दिया, जो रणजी ट्रॉफी के इतिहास का तीसरा सबसे तेज दोहरा शतक है. शॉ ने कुल 156 गेंदों पर 222 रन बनाए, जिसमें 29 चौके और 5 छक्के शामिल थे. उनकी इस पारी ने मैच का रुख ही बदल दिया. शॉ की बल्लेबाजी देखकर दर्शकों के साथ-साथ टीम के साथी खिलाड़ी भी रोमांचित हो उठे. उनकी इस तूफानी पारी के चलते महाराष्ट्र ने चंडीगढ़ के सामने 464 रनों का बड़ा लक्ष्य रखा. रुतुराज गायकवाड़ बने मिसाल टीम के कप्तान रुतुराज गायकवाड़ ने पहली पारी में शानदार शतक जड़कर महाराष्ट्र को मजबूत शुरुआत दिलाई. उनके शांत स्वभाव और जिम्मेदार बल्लेबाजी ने टीम को आगे बढ़ाया. हालांकि उन्हें मैच का प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया, लेकिन उन्होंने यह अवॉर्ड पृथ्वी शॉ के साथ साझा किया. गायकवाड़ का यह कदम स्पोर्ट्स भावना का बेहतरीन उदाहरण बना. सोशल मीडिया पर भी फैंस ने उनके इस जेस्चर की खूब तारीफ की. गायकवाड़ ने कहा कि शॉ की पारी इस जीत की असली नींव थी, इसलिए यह अवॉर्ड उनका भी उतना ही हक है. Ruturaj Gaikwad shared his POTM award with Prithvi Shaw. ❤️ pic.twitter.com/CJa8T5g6qB — Unkar (@I_am_Unkar_006) October 29, 2025 मुकेश और घोष की घातक गेंदबाजी चौथे दिन महाराष्ट्र की जीत में तेज गेंदबाजों की भूमिका अहम रही. मुकेश चौधरी ने 34 रन देकर 4 विकेट चटकाए, जबकि रामकृष्ण शेखर घोष ने 71 रन देकर 4 बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा. दोनों गेंदबाजों ने लगातार दबाव बनाया, जिसकी वजह से चंडीगढ़ की टीम 94.1 ओवर में 319 रन पर ऑल आउट हो गई. इन दोनों की सटीक लाइन और लेंथ ने विपक्षी बल्लेबाजों को परेशान किया और टीम को जीत दिलाई. इस शानदार प्रदर्शन के लिए महाराष्ट्र को छह अंक मिले. अर्जुन आजाद की जुझारू पारी हालांकि चंडीगढ़ की टीम यह मुकाबला हार गई, लेकिन अर्जुन आजाद ने अपनी बल्लेबाजी से सबका दिल जीत लिया. सिर्फ अपने दूसरे प्रथम श्रेणी मैच में स्पोर्ट्सते हुए उन्होंने 168 रन (236 गेंद) की शानदार पारी स्पोर्ट्सी. इससे पहले अपने डेब्यू मैच में उन्होंने गोवा के खिलाफ 141 रन बनाए थे. इसके अलावा कप्तान मनन वोहरा ने 58 रन, और युवा बल्लेबाज राज बावा ने 42 रन का योगदान दिया. मगर बाकी बल्लेबाज दोहरे अंक तक नहीं पहुंच पाए, जिसके चलते टीम लक्ष्य तक नहीं पहुंच सकी. महाराष्ट्र टीम का आत्मविश्वास बढ़ा इस जीत से महाराष्ट्र का आत्मविश्वास और मजबूत हुआ है. टीम के बल्लेबाज और गेंदबाज दोनों फॉर्म में नजर आए. जहां बल्लेबाजी में गायकवाड़ और शॉ ने कमाल किया, वहीं गेंदबाजी में चौधरी और घोष ने अपनी काबिलियत दिखाई. टीम का मनोबल अब और ऊंचा हो गया है, और आने वाले मुकाबलों में महाराष्ट्र से शानदार प्रदर्शन की उम्मीद की जा सकती है. ये भी पढ़ें- IPL 2026 से पहले क्या रोहित शर्मा छोड़ रहे हैं MI का साथ? आखिर कौनसी फ्रेंचाइजी दिखा रही हिटमैन में इंटरेस्ट पाकिस्तान में बगावत! मोहम्मद रिजवान ने PCB के नए कॉन्ट्रैक्ट पर साइन करने से किया इनकार, डिमोशन से नाराज IND W vs AUS W सेमीफाइनल में बारिश बन सकती है विलन! मैच से पहले टीम इंडिया पर संकट के बादल The post रणजी ट्रॉफी में Ruturaj Gaikwad ने पेश की मिसाल, पृथ्वी शॉ के साथ शेयर किया अवर्ड, Video देखें appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Cyclone Montha के प्रभाव से राजधानी रांची सहित झारखंड के कई इलाकों में बारिश, जानिए अगले दो दिनों तक कैसा रहेगा मौसम

Heavy Rainfall Alert : चक्रवाती तूफान मोंथा का प्रभाव झारखंड में भी दिखने लगा है. बुधवार सुबह से ही झारखंड की राजधानी रांची, खूंटी, सिमडेगा, गुमला और पश्चिमी सिंहभूम में बारिश हो रही है. झारखंड में मोंथा का प्रभाव 28 अक्टूबर से ही दिखने लगा था और दोपहर बाद से प्रदेश में बारिश शुरू हो गई थी. मौसम विभाग के अनुसार मोंथा का प्रभाव झारखंड में 31 अक्टूबर तक दिखेगा और कई जिलों में बारिश होगी. कमजोर पड़ा चक्रवाती तूफान मोंथा चक्रवाती तूफान मोंथा 28 अक्टूबर को आंध्र प्रदेश के तट से टकराने के बाद लगातार कमजोर पड़ रहा है और उत्तर-पश्चिम की दिशा में आगे बढ़ रहा है. अगले 6 घंटों में यह तूफान डीप डिप्रेशन में बदल जाएगा. इसके प्रभाव से झारखंड की राजधानी रांची, खूंटी, गुमला, पश्चिमी सिंहभूम, लोहरदगा और लातेहार में बारिश होगी. कहीं-कहीं भारी बारिश की भी आशंका मौसम विभाग ने जताई है. इन जिलों के लिए आईएमडी ने येलो अलर्ट जारी किया है. मोंथा के प्रभाव से पूरे प्रदेश में ही बारिश की संभावना मौसम विभाग ने जतायी है. राज्य के उत्तर पूर्वी और दक्षिण-पश्चिम इलाके में कहीं-कहीं भारी बारिश की भी संभावना जताई गई है. मौसम विभाग ने पूर्वानुमान में बताया है कि 30 तारीख को भी प्रदेश के उत्तर-पूर्वी और मध्य भागों में बारिश होगी. रांची में रूक-रूक कर हो रही बारिश चक्रवाती तूफान मोंथा की वजह से राजधानी रांची में बुधवार सुबह से ही रूक-रूककर बारिश हो रही है. घने बादल छाया हुए हैं और बारिश दिन भर होने की आशंका है. तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है. संभव है कि बुधवार को न्यूनतम तापमान में भी गिरावट दर्ज की जाएगी. 30 अक्टूबर को भी रांची में मध्यम दर्जे की बारिश होने और बादल छाए रहने की आशंका है. ये भी पढ़ें : Cyclone Montha : कमजोर पड़ा चक्रवाती तूफान मोंथा, आंध्रप्रदेश, ओडिशा में भारी बारिश, अगले 24 घंटे तक हाई अलर्ट Afghanistan vs Pakistan War : डूरंड लाइन को लेकर अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच क्या है विवाद? The post Cyclone Montha के प्रभाव से राजधानी रांची सहित झारखंड के कई इलाकों में बारिश, जानिए अगले दो दिनों तक कैसा रहेगा मौसम appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Baby Girl Names: आपकी नन्ही परी के लिए चुनें सबसे खूबसूरत और ट्रेंडिंग नाम, जो हर किसी का दिल जीत लें

Baby Girl Names: हर माता-पिता के जीवन में अपनी नन्ही परी का नाम चुनना सबसे खूबसूरत और यादगार पल होता है. एक ऐसा नाम जो सिर्फ प्यारा ही नहीं बल्कि अर्थपूर्ण, मॉडर्न और आकर्षक भी हो. यही तो हर मां-बाप की ख्वाहिश होती है. अगर आप भी अपनी लाडली के लिए ऐसा नाम तलाश रहे हैं जो सुनते ही सबका दिल जीत ले, तो यह आर्टिकल आपके लिए ही है. यहां जानिए सबसे खूबसूरत, यूनिक और ट्रेंडिंग बेबी गर्ल नेम्स जो आपकी नन्ही राजकुमारी को बनाएंगे सबसे खास और सबकी चहेती. आपकी लाडली के लिए कौन-सा नाम होगा सबसे खूबसूरत और ट्रेंडिंग? आध्या (Aadhya) – आरंभ, देवी दुर्गा का एक नामअन्वी (Anvi) – देवी लक्ष्मी, शांत और कोमलआव्या (Aavya) – पवित्र, निर्मलइरा (Ira) – सरस्वती देवी, ज्ञान की देवीकियारा (Kiara) – रोशनी, उजालातृषा (Trisha) – इच्छा, महत्वाकांक्षामायरा (Mayra) – प्रिय, अद्भुतसान्वी (Saanvi) – देवी लक्ष्मीरिद्या (Ridhya) – हृदय से जुड़ी हुई, पवित्रआहना (Aahana) – पहली किरण, उजालाचार्वी (Charvi) – सुंदर, मनमोहकमिश्का (Mishka) – प्रेम का उपहारनायरा (Naira) – चमकती हुई, उज्जवलतनिष्का (Tanishka) – देवी लक्ष्मी, शक्ति का प्रतीकवियारा (Viara) – बहादुर, आत्मविश्वासीआर्या (Aarya) – महान, कुलीनपिहू (Pihu) – मधुर ध्वनि, चंचलदिया (Diya) – दीपक, उजालारिया (Riya) – गायक, कोमल स्वभाव वालीनव्या (Navya) – नई, आधुनिक ये भी पढ़ें: Modern Baby Boy Names: नन्हे राजकुमार को दें एक ऐसा नाम, जो हर दिल में बस जाए ये भी पढ़ें: Modern Baby Names: अपने शिशु के लिए चुनें मॉडर्न और स्टाइलिश नाम, यहां देखें अर्थ सहित पूरी लिस्ट ये भी पढ़ें: Baby Boy Names 2025: जानिए खास, अनोखे और अर्थपूर्ण नाम जो आपके छोटे राजकुमार के लिए लाएंगे खुशियां और शुभता Disclaimer: यह आर्टिकल सामान्य जानकारियों और मान्यताओं पर आधारित है. नया विचार इसकी पुष्टि नहीं करता है. The post Baby Girl Names: आपकी नन्ही परी के लिए चुनें सबसे खूबसूरत और ट्रेंडिंग नाम, जो हर किसी का दिल जीत लें appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Akshaya Navami 2025: अक्षय नवमी पर करें इन चीजों का दान, जानें इस दिन कैसा रहेगा ग्रहों की स्थिति

Akshaya Navami 2025: अक्षय नवमी का मतलब होता है — “जिसका कभी क्षय न हो”, यानी जो हमेशा शुभ और फलदायी रहे. यह पर्व कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को मनाया जाता है. कार्तिक महीना वैसे भी हिंदू धर्म में सबसे पवित्र माना गया है. इस महीने में स्नान, दान और पूजा करने से मोक्ष की प्राप्ति होती है. विशेष रूप से कार्तिक नवमी के दिन किया गया दान और पुण्य कई गुना फल देता है. यह दिन भगवान विष्णु को समर्पित होता है और इस दिन किया गया हर कार्य शुभ परिणाम देने वाला माना जाता है. अक्षय नवमी की धार्मिक मान्यताएं पौराणिक कथा के अनुसार, अक्षय नवमी के दिन भगवान विष्णु ने कूष्मांडक नामक राक्षस का वध किया था. इस वजह से इस दिन कूष्मांडा दान करने की परंपरा है. कहा जाता है कि अक्षय नवमी को ब्राह्मण को सोना, चांदी या वस्त्र दान करने से अश्वमेध यज्ञ के समान फल प्राप्त होता है. यह दिन पापों के नाश और सौभाग्य की प्राप्ति का प्रतीक है. अक्षय नवमी को धात्री पूजा, कूष्मांडा पूजा और आंवला पूजा के नाम से भी जाना जाता है. धार्मिक मान्यता के अनुसार, सतयुग की शुरुआत भी कार्तिक शुक्ल नवमी से ही हुई थी. इस दिन से लेकर कार्तिक पूर्णिमा तक भगवान विष्णु का निवास आंवले के वृक्ष के पास माना जाता है. ये भी देखें:  इस दिन मनाई जाएगी अक्षय नवमी, जानें शुभ मुहूर्त और इसका धार्मिक महत्व आंवला पूजन का महत्व अक्षय नवमी के दिन स्त्रीएं आंवले के पेड़ की पूजा करती हैं, उसके नीचे बैठकर भोजन बनाती हैं और ब्राह्मणों को भोजन करवाती हैं. यह परंपरा बहुत प्राचीन है. कहा जाता है कि मां लक्ष्मी ने भी आंवले के पेड़ की पूजा की थी, और भगवान विष्णु व शिव को उसी के नीचे भोजन कराया था. इस वजह से आंवले के वृक्ष को विष्णु और शिव दोनों का प्रतीक माना जाता है. अगर कोई व्यक्ति आंवले के पेड़ के नीचे पूजा या भोजन नहीं कर पाता, तो भी आंवले का सेवन करना शुभ माना गया है. चरक संहिता के अनुसार, इस दिन आंवला खाने से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और स्वास्थ्य अच्छा रहता है. मौसम के बदलाव के समय आंवले का सेवन शरीर को मजबूत बनाता है. अक्षय नवमी 2025: तिथि और समय पंचांग के अनुसार, अक्षय नवमी 30 अक्टूबर 2025, गुरुवार को मनाई जाएगी. नवमी तिथि का आरंभ: 30 अक्टूबर सुबह 4:50 बजे नवमी तिथि की समाप्ति: 31 अक्टूबर सुबह 4:49 बजे इस दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान, पूजा और दान करने का विशेष महत्व रहेगा. प्रकृति पूजन का संदेश हिंदू धर्म में हर पूजा-पाठ में प्रकृति के सम्मान का विशेष महत्व होता है. पेड़-पौधे, नदियाँ, पर्वत और जीव-जंतु हमारे जीवन के आधार हैं. अक्षय नवमी का पर्व भी प्रकृति पूजन का प्रतीक है. इस दिन आंवले के पेड़ की पूजा कर हम प्रकृति और स्वास्थ्य दोनों की रक्षा का संदेश देते हैं. आंवला न केवल धार्मिक दृष्टि से बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी बहुत लाभकारी है. यह शरीर को ताकत देता है और बीमारियों से बचाता है. अक्षय नवमी पर ग्रहों की स्थिति अक्षय नवमी के दिन सूर्य तुला राशि में रहेंगे, जबकि मंगल और बुध वृश्चिक राशि में युति करेंगे. शुक्र कन्या में, चंद्रमा मकर में, गुरु कर्क में, और शनि गुरु की राशि में रहेंगे. वहीं राहु कुंभ में और केतु सिंह राशि में संचरण करेंगे. यह ग्रह स्थिति धर्म, दान और पूजन के लिए अत्यंत शुभ मानी जा रही है. अक्षय नवमी केवल एक धार्मिक पर्व नहीं, बल्कि धर्म, दान और प्रकृति के सम्मान का प्रतीक है. इस दिन किया गया हर शुभ कार्य कभी व्यर्थ नहीं जाता. भगवान विष्णु और आंवले के वृक्ष की पूजा करने से जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और स्वास्थ्य बना रहता है. जन्मकुंडली, वास्तु, तथा व्रत त्यौहार से सम्बंधित किसी भी तरह से जानकारी प्राप्त करने हेतु दिए गए नंबर पर फोन करके जानकारी प्राप्त कर सकते है . ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्राज्योतिष वास्तु एवं रत्न विशेषज्ञ8080426594/9545290847 The post Akshaya Navami 2025: अक्षय नवमी पर करें इन चीजों का दान, जानें इस दिन कैसा रहेगा ग्रहों की स्थिति appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Harshvardhan Rane: ‘एक दीवाने की दीवानियत’ के बाद फिर साथ आयेंगे मिलाप जवेरी और हर्षवर्धन राणे? इंस्टाग्राम पोस्ट कर दिया बड़ा हिंट

Harshvardhan Rane: हर्षवर्धन राणे इन दिनों अपनी फिल्म ‘एक दीवाने की दीवानियत’ की सफलता को लेकर खूब चर्चा में हैं. मिलाप जवेरी के निर्देशन में बनी इस फिल्म ने करीब 8 दिनों में 49.34 करोड़ रुपए की कमाई कर ली है. सोनम बाजवा और हर्षवर्धन राणे की ऑन स्क्रीन केमिस्ट्री को भी फैंस ने बहुत पसंद किया है. इसी बीच यह समाचार सामने आई है कि हर्षवर्धन अपने फैंस को एक्शन से भरपूर तोहफा देने वाले हैं. वह जल्द ही डायरेक्टर मिलाप जवेरी के साथ एक नए प्रोजेक्ट में नजर आने वाले हैं. View this post on Instagram A post shared by Harshvardhan Rane (@harshvardhanrane) इंस्टाग्राम पर दिया हिंट हर्षवर्धन राणे ने सोशल मीडिया पर अपनी एक तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, “मुझे मिलाप सर की स्क्रिप्ट पर पूरा भरोसा है, अगर वो कोई कहानी देंगे तो मैं बिना सोचे साइन कर दूंगा.” इस पर मिलाप जवेरी ने भी तुरंत रिप्लाई किया – “मैंने तो ऑफर दे दिया है मेरे दोस्त! और जवाब तो ‘हां’ ही रहेगा.” दोनों के बीच यह बातचीत देखकर फैंस काफी एक्साइटेड हैं. माना जा रहा है कि यह पोस्ट दरअसल उनकी नई फिल्म की घोषणा थी. रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस फिल्म का नाम ‘मेसी’ हो सकता है. हर्षवर्धन की आने वाली फिल्में ‘एक दीवाने की दीवानियत’ के बाद, इन दोनों की यह दूसरी फिल्म होगी. अब नई फिल्म में वह एक्शन अवतार में दिखाई देंगे. हर्षवर्धन के पास कई और बड़े प्रोजेक्ट्स की लाइन लगी हुई है. सूत्रों के मुताबिक, उन्हें एकता कपूर की आने वाली गैंगस्टर ड्रामा फिल्म के लिए भी अप्रोच किया गया है. यह फिल्म एक ऐसे क्राइम यूनिवर्स का हिस्सा होगी. इसके अलावा, हर्षवर्धन ने हाल ही में निर्देशक ओमंग कुमार की फिल्म ‘सिला’ की शूटिंग पूरी की है. यह फिल्म वियतनाम में शूट की गई है और इसमें उनके साथ सादिया खातिब नजर आएंगी. ये भी पढ़ें: Trending Movies on Netflix: एक्शन से लेकर हॉरर तक, नेटफ्लिक्स पर कई हफ्तों से बवाल काट रही ये धमाकेदार फिल्में, देखें लिस्ट ये भी पढ़ें: Baahubali The Epic Advance Booking: ‘बाहुबली द एपिक’ ने मचाया धमाल, रिलीज से पहले ही थिएटर्स में लगी भीड़, एडवांस बुकिंग में हुई करोड़ों की बारिश The post Harshvardhan Rane: ‘एक दीवाने की दीवानियत’ के बाद फिर साथ आयेंगे मिलाप जवेरी और हर्षवर्धन राणे? इंस्टाग्राम पोस्ट कर दिया बड़ा हिंट appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Mushroom Paratha Recipe for Weight Loss: वजन घटाने वालों के लिए हेल्दी और टेस्टी ब्रेकफास्ट – मशरूम पराठा रेसिपी फॉर वेट लॉस  

Mushroom Paratha Recipe for Weight Loss: अगर आप वजन कम करने की कोशिश में हैं, लेकिन खाने में स्वाद से समझौता नहीं करना चाहते, तो मशरूम पराठा आपके लिए एक परफेक्ट ऑप्शन है. ये पराठा न केवल कम तेल में बनता है, बल्कि इसमें फाइबर और प्रोटीन की मात्रा भी भरपूर होती है जो लंबे समय तक पेट भरा रखती है. इसे आप ब्रेकफास्ट या लंच में शामिल कर सकते हैं. चलिए जानते हैं कैसे बनाएं हेल्दी मशरूम पराठा जो आपके वजन घटाने के सफर को और स्वादिष्ट बना देगा. Mushroom Paratha Recipe for Weight Loss: वेट लॉस डाइट के लिए परफेक्ट ब्रेकफास्ट रेसिपी Mushroom paratha recipe for weight loss: वजन घटाने वालों के लिए हेल्दी और टेस्टी ब्रेकफास्ट – मशरूम पराठा रेसिपी फॉर वेट लॉस   2 मशरूम पराठा बनाने के लिए आवश्यक सामग्री लिस्ट (2 लोगों के लिए) गेहूं का आटा – 1 कप मशरूम – 1 कप (बारीक कटे हुए) प्याज – 1 (बारीक कटी) हरी मिर्च – 1 (बारीक कटी) अदरक-लहसुन का पेस्ट – 1 छोटी चम्मच धनिया पत्ती – 2 टेबलस्पून (बारीक कटी) नमक – स्वादानुसार काली मिर्च पाउडर – ¼ छोटी चम्मच जीरा पाउडर – ¼ छोटी चम्मच ओट्स पाउडर या बेसन – 1 टेबलस्पून (फाइबर के लिए वैकल्पिक) जैतून तेल या देसी घी – 1 छोटी चम्मच (तवे पर सेंकने के लिए) Mashroom Paratha Recipe for Weight Loss: मशरूम पराठा बनाने के लिए फॉलो करें ये आसान स्टेप्स सबसे पहले स्टफिंग तैयार करें:एक पैन में ½ छोटी चम्मच तेल डालकर प्याज, हरी मिर्च और अदरक-लहसुन का पेस्ट हल्का सुनहरा होने तक भूनें. अब इसमें कटे हुए मशरूम डालें और 4-5 मिनट तक भूनें ताकि उनका पानी सूख जाए. इसमें नमक, काली मिर्च, जीरा पाउडर और धनिया पत्ती डालकर अच्छी तरह मिलाएं. स्टफिंग को ठंडा होने के लिए रख दें. अब पराठे के लिए आटा गूंथेंगेहूं के आटे में थोड़ा नमक और ओट्स पाउडर मिलाकर गूंथ लें. अगर चाहें तो थोड़ा दही मिलाकर इसे और सॉफ्ट बना सकते हैं. आटे की लोई बेलें, बीच में मशरूम की स्टफिंग रखें और चारों ओर से बंद करें. फिर धीरे-धीरे बेलकर पराठा बनाएं. नॉन-स्टिक तवे पर हल्का जैतून तेल या देसी घी लगाकर दोनों तरफ से सेकें वेट लॉस के लिए टिप्स पराठा तलने में कम से कम तेल का उपयोग करें. इसे हरी चटनी या लो-फैट दही के साथ सर्व करें. सुबह के नाश्ते में खाने से दिनभर एनर्जी बनी रहती है और ओवरईटिंग से बचाव होता है. मशरूम पराठा एक Weight Loss Paratha Recipe है इसमें मौजूद प्रोटीन और फाइबर आपके मेटाबॉलिज्म को बढ़ाते हैं और वजन घटाने में मदद करते हैं. आप अपनी डाइट में जरूर ऐड करें. Also Read: Healthy Paneer Lunch Recipe: लंच टाइम को बनाएं खास पनीर परांठा, पनीर मखनी और पनीर टिक्का मसाला के साथ Also Read: Mordhan Appe Recipe: सिर्फ 10 मिनट में बनाएं स्वादिष्ट व्रत वाले मोरधन अप्पे The post Mushroom Paratha Recipe for Weight Loss: वजन घटाने वालों के लिए हेल्दी और टेस्टी ब्रेकफास्ट – मशरूम पराठा रेसिपी फॉर वेट लॉस   appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Chhath Puja Tragedy: छठ पर्व की छाया में मातम,बिहार में डूबने से 102 लोगों की मौत,कई अब भी लापता

Chhath Puja Tragedy: छठ पर्व के दौरान जहां एक ओर श्रद्धा और उल्लास की लहर थी, वहीं दूसरी ओर नदियों और तालाबों से बार-बार आती मौत की समाचारों ने पूरे बिहार को दहला दिया. हादसे नहाय-खाय, घाट की सफाई और अर्घ्य के दौरान हुए. कहीं तेज बहाव ने किसी को खींच लिया, तो कहीं गहरे पानी ने श्रद्धालुओं को अपनी लहरों में समा लिया.राज्य के जिन जिलों में सबसे ज्यादा हादसे हुए, उनमें पटना, नालंदा, भागलपुर, खगड़िया, मधुबनी, सीतामढ़ी, जमुई, कैमूर, रोहतास, वैशाली और मुजफ्फरपुर शामिल हैं. जिला प्रशासन ने इन सभी घटनाओं की पुष्टि की है. पटना में सबसे ज्यादा 13 मौतें, भाई-बहन की दर्दनाक कहानी राजधानी पटना जिले में सबसे ज्यादा 13 लोगों की मौत हुई. मोकामा, बिहटा, खगौल, मनेर और नौबतपुर इलाकों में डूबने की घटनाएं सामने आईं. मोकामा में तो एक ही परिवार पर दोहरी मार पड़ी, भाई के डूबने की समाचार सुनकर बहन ने सदमे में दम तोड़ दिया.मरांची थाना क्षेत्र के बादपुर गांव में हुई यह घटना पूरे इलाके को झकझोर गई. मृतक रॉकी पासवान (21) और सपना कुमारी (23) भाई-बहन थे. दोनों लोक आस्था के इस पर्व में स्नान करने गए थे, पर लौटे नहीं. गांव के लोग अब तक उस दृश्य को याद कर सिहर उठते हैं. छठ की रोशनी में अंधेरा: 48 घंटे में बिहार में 102 लोग डूबे, सूरज को अर्घ्य देने गए, लौटे नहीं, श्रद्धा और भीड़ की असावधानी ने ली मासूम जानें. #ChhathTragedy #Bihar #BiharNews #BREAKING #prabhatkhabar pic.twitter.com/ukbZG2rwRx — Naya Vichar (@prabhatkhabar) October 29, 2025 उत्तर बिहार में 26 की मौत, मासूमों की जान गई उत्तर बिहार के मुजफ्फरपुर, मधुबनी, सीतामढ़ी, दरभंगा, पूर्वी चंपारण और समस्तीपुर जिलों से डूबने के कुल 26 मामलों की पुष्टि हुई है. इनमें अधिकतर शिशु और किशोर शामिल हैं, जो घाटों पर परिजनों के साथ पूजा के लिए गए थे.कई जगहों पर घाट की सफाई करते वक्त या दीपदान के दौरान शिशु फिसलकर गहरे पानी में चले गए. कोसी-सीमांचल और पूर्वी बिहार में 32 मौतें छठ के दौरान सबसे ज्यादा हृदयविदारक दृश्य कोसी और सीमांचल इलाके में देखने को मिले. सहरसा, मधेपुरा, सुपौल, अररिया, पूर्णिया, बांका, खगड़िया और भागलपुर जिलों से कुल 32 मौतों की समाचारें आई हैं. मधेपुरा और भागलपुर में सबसे ज्यादा सात-सात लोगों की जान गई. वहीं पूर्णिया में चार, सहरसा में तीन और सुपौल में दो लोगों की मौत की पुष्टि हुई. कई गांवों में छठ के अर्घ्य के बाद भी परिजन अपने लापता सदस्यों को ढूंढ़ते रहे. स्थानीय गोताखोरों और प्रशासन की टीमें देर रात तक खोज अभियान में जुटी रहीं. नालंदा और वैशाली में 15 की गई जान नालंदा और वैशाली जिलों में डूबने की घटनाओं ने प्रशासन को झकझोर दिया. नालंदा के हिलसा थाना क्षेत्र के सिपारा गांव के पास लोकाइन नदी में नहाने के दौरान दो स्त्रीओं समेत तीन लोगों की मौत हुई, जबकि एक व्यक्ति लापता है. वहीं वैशाली में आठ लोगों की मौत दर्ज की गई. राघोपुर में तीन और बिदुपुर, महनार, देसरी व भगवानपुर में एक-एक व्यक्ति की डूबने से जान चली गई. गोपालगंज के दुबे जिगना गांव में तालाब में डूबकर दो चचेरे भाइयों की मौत हो गई, जबकि गया जिले के नदौरा गांव में एक युवक की डूबने से जान चली गई. प्रशासन अलर्ट, लेकिन सवाल बाकी राज्य प्रशासन ने जिला प्रशासन को सतर्क रहने और घाटों पर सुरक्षा बढ़ाने के निर्देश पहले ही जारी किए थे, बावजूद इसके इतनी बड़ी संख्या में हादसे होना गंभीर सवाल खड़ा करता है. अक्सर असुरक्षित घाट, पर्याप्त रोशनी की कमी, नावों पर तैनात कम कर्मी और लोगों की असावधानी इन दुर्घटनाओं की वजह बनते हैं.पटना से लेकर सीमांचल तक हर जिले में प्रशासनिक अमला अब हादसों की समीक्षा में जुटा है. हालांकि पीड़ित परिवारों का कहना है कि छठ जैसे विशाल पर्व पर केवल कुछ नाव और अस्थायी बैरिकेड पर्याप्त नहीं होते. छठ के घाटों पर अब भी वह दृश्य ताजा है. डूबते सूरज को अर्घ्य देने के बाद रोते-बिलखते परिजन, शवों की तलाश में तैरते गोताखोर और घाटों पर पसरा सन्नाटा जहां एक ओर व्रती स्त्रीओं ने “उग ह सुरज देव…” गाकर आस्था का दीप जलाया, वहीं दूसरी ओर कई घरों के दीए हमेशा के लिए बुझ गए. Also Read: Special Trains from Patna: छठ के बाद घर वापसी की रेल,पटना समेत बिहार से चलेंगी 74 स्पेशल ट्रेनें,टिकट काउंटरों पर उमड़ी भीड़ The post Chhath Puja Tragedy: छठ पर्व की छाया में मातम,बिहार में डूबने से 102 लोगों की मौत,कई अब भी लापता appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

IPL 2026 से पहले क्या रोहित शर्मा छोड़ रहे हैं MI का साथ? आखिर कौनसी फ्रेंचाइजी दिखा रही हिटमैन में इंटरेस्ट

Rohit Sharma: IPL के अगले सीजन का खुमार शुरु हो चुका है. आईपीएल 2026 के लिए दिसंबर 2025 में ऑक्शन होना है लेकिन उससे पहले कई तरह की चर्चाएं तेज हो गई है. इस बार जो मामला सामने आया है वो मुंबई इंडियंस (Mumbai Indians) के फैंस के काफी चौकाने वाला होने वाला है. मुंबई को पांच बार चैंपियन बनाने वाले स्टार प्लेयर रोहित शर्मा (Rohit Sharma) टीम का साथ छोड़ सकते हैं. सुत्रों के अनुसार MI रोहित को छोड़ सकती है. वहीं कई और फ्रेंचाइजी इसको लेकर मुंबई के साथ डील भी कर सकती हैं. इस वक्त यह चर्चा तेज होने के पीछे एक और बड़ा कारण है अभिषेक नायर का. जल्द ही नायर KKR के साथ बतौर हेड कोच जुड सकते हैं. जिसके बाद इस बात की संभावना जताई जा रही है की रोहित भी कोलकाता के साथ अगले सीजन में स्पोर्ट्सते दिखें. कप्तानी का सवाल रोहित शर्मा ने लंबे समय तक MI का नेतृत्व दिया है और उनकी तुलना में वे उस फ्रेंचाइजी के प्रतीक बन चुके हैं. यदि वे KKR में जाते हैं, तो मुंबई में उनका स्थान खाली होगा और KKR में अपने नए रोल की शुरुआत करनी होगी. लेकिन इस पूरे मामले में चुनौती यही है कि मुंबई इंडियंस रोहित शर्मा को छोड़ने से पहले कई पहलुओं पर सोचेगी. MI ने हिटमैन को साल 2024 में कप्तानी से हटा दिया था और गुजरात टाइटंस से हार्दिक पांड्या को ट्रेड कर कप्तानी सौंपी थी. तब से पांड्या ही टीम की कमान संभाल रहे है. वहीं कोलकाता नाइट राइडर्स को एक कप्तानी भी जरूरत है. KKR के लिए रणनीतिक बदलाव KKR ने पिछले सीजन (IPL 2025) में सिर्फ पांच जीत दर्ज की थीं और प्लेऑफ तक पहुंचने में नाकाम रहे थे. ऐसे में कोचिंग स्टाफ में बदलाव के साथ टीम में नया जोश लाने की कोशिश कर रही है. जिसके चलते अभिषेक नायर को हेड कोच बनाया जा सकता है. अभिषेक और रोहित काफी अच्छे दोस्त भी है तो यह क्यास लगाए जा रहे हैं कि रोहित KKR में आ सकते हैं. क्योकि रोहित शर्मा जैसे सीनियर और अनुभवी खिलाड़ी के आने से टीम की बल्लेबाजी व लीडरशिप दोनों में मजबूती आ सकती है. नायर के दृष्टिकोण से भी रोहित की मानसिकता, फिटनेस और मैदान पर उनका अनुभव टीम के लिए अमूल्य हो सकता है. फैसले पर होंगी सबकी निगाहें हालांकि यह पूरी तरह तय नहीं है कि रोहित शर्मा KKR में आएंगे, लेकिन यह संभावना खुली है. यह प्रक्रिया काफी कठिन होगी मुंबई इंडियंस और रोहित के बीच बातचीत, KKR की रणनीति, और कोच-खिलाड़ी की पसंद सब मिलकर तय करेंगे कि यह बदलाव संभव है या नहीं. रोहित के करियर के इस पड़ाव पर उनका निर्णय यकीनन उनका भविष्य तय करेगा क्या वह मौजूदा टीम में बने रहेंगे या नए वातावरण में नई भूमिका निभाएंगे? ये भी पढ़ें- पाकिस्तान में बगावत! मोहम्मद रिजवान ने PCB के नए कॉन्ट्रैक्ट पर साइन करने से किया इनकार, डिमोशन से नाराज IND W vs AUS W सेमीफाइनल में बारिश बन सकती है विलन! मैच से पहले टीम इंडिया पर संकट के बादल Ranji Trophy में गुजरात के खिलाफ शमी का शानदार प्रदर्शन, 8 विकेट लेकर सेलेक्टर्स पर साधा निशाना The post IPL 2026 से पहले क्या रोहित शर्मा छोड़ रहे हैं MI का साथ? आखिर कौनसी फ्रेंचाइजी दिखा रही हिटमैन में इंटरेस्ट appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Akshaya Navami Puja Vidhi 2025: अक्षय नवमी के दिन इस विधि से करें पूजा, जानिए आंवले के पेड़ का महत्त्व

Akshaya Navami Puja Vidhi 2025: अक्षय नवमी हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण व्रत और पूजा का दिन है. मान्यता है कि इस दिन किए गए पुण्य कर्म, दान और पूजा कभी क्षीण नहीं होते. इसलिए इसे ‘अक्षय’ यानी कभी न समाप्त होने वाला और लाभ देने वाला पर्व कहा जाता है. व्रती भगवान विष्णु और आंवले के वृक्ष की पूजा कर परिवार की सुख-समृद्धि और स्वास्थ्य की कामना करते हैं. अक्षय नवमी कब और क्यों मनाई जाती है? कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को अक्षय नवमी मनाई जाती है. पुराणों के अनुसार इस दिन भगवान विष्णु ने धात्री (आंवला) वृक्ष में निवास किया था. इसलिए इस तिथि को आंवला पूजा का विशेष महत्व प्राप्त है. इसे ‘आंवला नवमी’ भी कहा जाता है. 2025 में कब है अक्षय नवमी पंचांग के अनुसार इस साल अक्षय नवमी 31 अक्टूबर को मनाई जाएगी कैसे करें अक्षय नवमी पूजन? सुबह स्नान के बाद व्रत का संकल्प लें पूजा स्थल को शुद्ध कर आंवला वृक्ष का जल से अभिषेक करें भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की तस्वीर/प्रतिमा स्थापित करें दीप, धूप, पुष्प और चावल से पूजा कर पीले वस्त्र और पीले भोजन का उपयोग शुभ माना जाता है  आंवले से प्रसाद बनाकर अर्पित करें  व्रत कथा और विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करें  जरूरतमंदों और ब्राह्मणों को दान करने का विशेष महत्व आंवले के पेड़ की पूजा क्यों? धार्मिक मान्यता है कि आंवले के पेड़ में भगवान विष्णु का वास होता है. ऐसा माना जाता है कि इस पेड़ की पूजा करने पर शारीरिक और आध्यात्मिक दोनों रूप से लाभ मिलता है. आयुर्वेद में आंवला स्वास्थ्य का स्रोत माना गया है इसलिए इसे दीर्घायु का प्रतीक भी कहा जाता है. अक्षय नवमी का धार्मिक महत्व इस दिन किए गए पुण्य कर्म अक्षय फल प्रदान करते हैं परिवार में धन एवं समृद्धि बनी रहती है दांपत्य जीवन में प्रेम और सौभाग्य बढ़ता है संतान के स्वास्थ्य और प्रगति के लिए शुभ पितृ दोष और कष्टों में कमी आने की मान्यता अक्षय नवमी को आंवला नवमी क्यों कहा जाता है? क्योंकि इस दिन आंवले के वृक्ष की विशेष पूजा की जाती है. मान्यता है कि आंवले में स्वयं भगवान विष्णु निवास करते हैं. अक्षय नवमी के दिन किस दिशा में पूजा करना शुभ माना जाता है? पूर्व दिशा की ओर मुख करके पूजा करना विशेष शुभ माना गया है. क्या अक्षय नवमी के दिन पेड़ लगाना शुभ है? हाँ, विशेषकर आंवला का पेड़ लगाना अत्यंत पुण्यदायी माना गया है. अक्षय नवमी पर किन कार्यों से बचना चाहिए? किसी भी पवित्र वृक्ष को नुकसान न पहुँचाएँझूठ, क्रोध और अपशब्दों से बचेंअनाज या भोजन को व्यर्थ न करें ये भी पढ़ें: Akshaya Navami 2025: इस दिन मनाई जाएगी अक्षय नवमी, जानें शुभ मुहूर्त और इसका धार्मिक महत्व The post Akshaya Navami Puja Vidhi 2025: अक्षय नवमी के दिन इस विधि से करें पूजा, जानिए आंवले के पेड़ का महत्त्व appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top