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June 14, 2026

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IND vs PAK: भारत ने जीता टॉस, पाकिस्तान के खिलाफ पहले करेगी बल्लेबाजी; देखें प्लेइंग-11

IND vs PAK, Womens T20 World Cup: आईसीसी स्त्री टी20 वर्ल्ड कप 2026 का छठा मुकाबला हिंदुस्तान और पाकिस्तान के बीच स्पोर्ट्सा जा रहा है. बर्मिंघम के एजबेस्टन मैदान पर स्पोर्ट्से जा रहे मुकाबले में हिंदुस्तानीय टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया. ऐसी है दोनों टीमों की प्लेइंग-11 हिंदुस्तानीय स्त्री टीम: स्मृति मांधना, शेफाली वर्मा, जेमिमा रॉड्रिग्स, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), हिंदुस्तानी फुलमाली, ऋचा घोष (विकेटकीपर), दीप्ति शर्मा, अरुंधति रेड्डी, श्रेयंका पाटिल, श्री चरणी, क्रांति गौड़. पाकिस्तान स्त्री टीम: गुल फ़िरोजा, मुनीबा अली, आयशा जफर, सायरा जबीन, आलिया रियाज, नतालिया परवेज, फातिमा सना, रमीन शमीम, नाशरा सुंधु, तस्मिया रुबाब, सादिया इकबाल. 🚨 Toss 🚨#TeamIndia have won the toss and elected to bat in our 1️⃣st match of the #T20WorldCup Updates ▶️ https://t.co/1tfRc3jcrX#WomenInBlue pic.twitter.com/Pwu7j5LCPU — BCCI Women (@BCCIWomen) June 14, 2026 टॉस जीतने के बाद हरमनप्रीत कौर ने क्या कहा? हिंदुस्तानीय स्त्री टीम की कप्तानी हरमनप्रीत कौर ने टॉस जीतरने के बाद बल्लेबाजी का फैसला करते हुए कहा कि यह पिच बल्लेबाजी के लिए अच्छी है. हम पहले बल्लेबाजी करते हुए अच्छा स्कोर बनाना चाहते हैं. पिछला वर्ल्ड कप जीतने से हमें काफी आत्मविश्वास मिला है और हम इस आत्मविश्वास को बरकरार रखना चाहते हैं. हिंदुस्तानी (फुलमाली) स्पोर्ट्स रही हैं और यास्तिक नहीं स्पोर्ट्स रही हैं. हम तीन स्पिनर और तो तेज़ गेंदबाज़ों के साथ उतरेंगे. हेड टू हेड रिकार्ड में हिंदुस्तान का पलड़ा भारी स्त्री टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में हिंदुस्तान और पाकिस्तान अब तक 16 बार आमने-सामने आए हैं. इनमें से 13 मुकाबलों में हिंदुस्तानीय टीम ने जीत हासिल की है, जबकि पाकिस्तान को सिर्फ तीन बार सफलता मिली है. ऐसे में हरमनप्रीत कौर की अगुवाई वाली टीम इंडिया जीत के साथ टूर्नामेंट का आगाज करने के इरादे से मैदान पर उतरेगी. यह भी पढ़ें: हरमनप्रीत कौर के निशाने पर बड़ा रिकॉर्ड, 1 रन बनाते ही स्त्री टी20 वर्ल्ड कप में रचेंगी नया कीर्तिमान The post IND vs PAK: हिंदुस्तान ने जीता टॉस, पाकिस्तान के खिलाफ पहले करेगी बल्लेबाजी; देखें प्लेइंग-11 appeared first on Naya Vichar.

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ओमान तट के पास जहाज पर कैसे हुई भारतीय नागरिक की मौत? परिजनों ने शिपिंग कंपनी पर लगाया गंभीर आरोप

Oman Indian Death: मस्कट स्थित हिंदुस्तानीय दूतावास ने बताया- स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं के कारण हिंदुस्तानीय नागरिक निशांत उर्थनाथन की मौत हो गई. उनका शव अभी डुक्म पोर्ट पर एमटी सेलेस्टियल जहाज पर है. दूतावास ने कहा कि हिंदुस्तानीय नागरिक के शव को हिंदुस्तान लाने के प्रयास शुरू कर दिए गए हैं. हिंदुस्तानीय नागरिक के परिवार, क्रू और अधिकारियों के संपर्क में है दूतावास ओमान में हिंदुस्तानीय दूतावास ने ट्वीट किया, दूतावास, हिंदुस्तानीय नागरिक निशांत उर्थनाथन (जिनकी मेडिकल दिक्कतों के कारण दुर्भाग्यपूर्ण मौत हो गई) के परिवार वालों, जहाज के क्रू सदस्यों और संबंधित अधिकारियों के लगातार संपर्क में है. दूतावास ने कहा, उनके शव को जल्द से जल्द पोत से उतारने और हिंदुस्तान भेजने के प्रयास किए जा रहे हैं. Thoothukudi, Tamil Nadu | Indian seafarer Nishanth Uirthanathan’s father says, “My son has been working on the ship for the past 10 months. The shipping company did not inform us about his death. Instead, they told us that my son was suffering from a health issue and then… https://t.co/BiBsuoey27 pic.twitter.com/1P9nrL9W7X — ANI (@ANI) June 14, 2026 परिवार वालों ने शिपिंग कंपनी पर लगाया गंभीर आरोप, जांच की मांग हिंदुस्तानीय नाविक निशांत उर्थनाथन के पिता ने न्यूज एजेंसी एएनआई के साथ बातचीत में कहा, मेरा बेटा पिछले 10 महीनों से जहाज पर काम कर रहा था. शिपिंग कंपनी ने हमें उसकी मौत के बारे में कोई जानकारी नहीं दी. इसके बजाय, उन्होंने हमें बताया कि मेरा बेटा किसी बीमारी से जूझ रहा है और फिर उसका फोन बंद कर दिया. उसके बाद कंपनी की तरफ से कोई संपर्क नहीं हुआ, और न ही जहाज पर मौजूद किसी व्यक्ति ने हमसे बात की. मेरे बेटे की मौत को 3 दिन से ज्यादा हो चुके हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है. जब मेरे बेटे की हालत गंभीर हो गई, तो जहाज पर मौजूद लोगों ने मेडिकल मदद के लिए हेलीकॉप्टर की मांग की थी. लेकिन कंपनी के ऑफिस से कोई जवाब नहीं मिला. जिस जहाज पर मेरा बेटा काम कर रहा था, उसे कथित तौर पर काम से हटाकर खड़ा कर दिया गया था (laid up), इसलिए उसे कोई सही मेडिकल मदद नहीं मिल पाई. मौत की सूचना देने के बाद भी, कंपनी कथित तौर पर मेरे बेटे के शव को रेफ्रिजरेटेड सुविधा में ठीक से सुरक्षित रखने में नाकाम रही है. हम अधिकारियों से गुजारिश करते हैं कि वे तुरंत उसके शव को वापस लाएं और उसकी मौत के हालात की पूरी जांच करें. मेरे बेटे की दो छोटी बेटियां हैं. हमें नहीं पता कि आगे क्या होगा. हमारा परिवार गहरे सदमे में है. यूएस सेंट्रल कमांड ने होर्मुज पार कर रहे एमटी सेलेस्टियल को रोका था यूएस सेंट्रल कमांड ने 20 मई को एक बयान में कहा था कि अमेरिकी मरीन ने होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिकी नाकेबंदी का उल्लंघन करने की संदिग्ध कोशिश को लेकर एमटी सेलेस्टियल को रोका था, लेकिन तलाशी अभियान के बाद उसे छोड़ दिया गया. पोत के चालक दल से अपना मार्ग बदलने को कहा गया था. ये भी पढ़ें: इजराइल ने हिज्बुल्ला के ठिकानों पर किया हमला, नेतन्याहू ने बताया जवाबी कार्रवाई The post ओमान तट के पास जहाज पर कैसे हुई हिंदुस्तानीय नागरिक की मौत? परिजनों ने शिपिंग कंपनी पर लगाया गंभीर आरोप appeared first on Naya Vichar.

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रात 11 बजे होटल में बिगड़ी थी प्रिंस की तबीयत, कमरे से मिली दवा और तीन डाक्यूमेंट्स से सच आया सामने

Prince Yadav Postmortem Report: पटना के खान सर कोचिंग सेंटर और ज्ञान बिंदु कोचिंग विवाद मामले में नामजद आरोपी प्रिंस यादव की नेपाल में हुई मौत के बाद एक बड़ा खुलासा हुआ है. सहरसा के रहने वाले 24 साल के प्रिंस कुमार की नेपाल के विराटनगर में हुई मौत को लेकर वहां की पुलिस के तीन महत्वपूर्ण कानूनी दस्तावेज अब सामने आ गए हैं. इन तीनों दस्तावेजों से यह पूरी तरह साफ हो गया है कि उस रात आखिर क्या हुआ था और पुलिस ने क्या-क्या कानूनी कदम उठाए. रात 11 बजे अचानक बिगड़ी थी तबीयत नेपाल पुलिस के तीनों दस्तावेजों से घटना की पूरी टाइमलाइन सामने आई है. 13 जून की रात करीब 11:00 बजे विराटनगर-10 में स्थित शुभ होटल के एक कमरे में ठहरे प्रिंस कुमार की तबीयत अचानक बहुत ज्यादा खराब हो गई. उन्हें तुरंत इलाज के लिए विराटनगर के श्री कोशी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में प्रिंस ने दम तोड़ दिया. अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें ही मृत घोषित कर दिया. इसके बाद पुलिस ने कोशी अस्पताल के शवगृह से शव को बाहर निकाला और वहां मौजूद गवाहों के सामने स्ट्रेचर पर रखे शव के कपड़ों और बाहरी स्थिति की बारीकी से जांच करके यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट तैयार की. बिहार की ताजा समाचारों के लिए क्लिक करें कमरे में क्या मिला प्रिंस कुमार की मौत के बाद नेपाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी. मौत की असली वजह जानने के लिए पुलिस ने विराटनगर के श्री कोशी अस्पताल को पत्र भेजकर शव को सुरक्षित रखने और पोस्टमार्टम कराने का अनुरोध किया. जांच के दौरान पुलिस को प्रिंस के होटल के कमरे से एपिलेप्सी की दवा भी मिली. नेपाल पुलिस के अनुसार, प्रिंस पहले से एपिलेप्सी की दवा का सेवन करते थे. मौत के सही कारण की पुष्टि के लिए पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की गई और मामले की जांच की गई. रौशन सर के भाई प्रिंस यादव की नेपाल में हुई मौत के बाद ज्ञान बिंदु कोचिंग संस्थान में क्लासें बंद कर दी गई हैं. घटना के बाद पूरे कोचिंग परिसर में शोक और गम का माहौल है. छात्रों और स्टाफ के बीच भी भारी दुख और तनाव है. इसे भी पढ़ें:  ‘एक भाई जेल में, दूसरे की मौत’, प्रिंस यादव की मौत पर भड़के पप्पू यादव, बोले- हत्यारों पर तुरंत हो कार्रवाई The post रात 11 बजे होटल में बिगड़ी थी प्रिंस की तबीयत, कमरे से मिली दवा और तीन डाक्यूमेंट्स से सच आया सामने appeared first on Naya Vichar.

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AI को बेहतर बनाने के लिए हिंसक और आपत्तिजनक कंटेंट देखने को मजबूर हैं ये महिलाएं, झारखंडी लड़कियां भी शामिल

AI Trainer Women :अपने घर के बरामदे में दीवार में बनी मिट्टी की एक स्लैब पर अपना लैपटॉप बैलेंस कर मोनसुमी मुर्मू काम करती है. उसके साथ समस्या मोबाइल सिग्नल की भी है, इसी वजह से वह उस जगह को तलाशती है, जहां सिग्नल आसानी से आ जाए. उसके घर के अंदर से घरेलू कामकाज की आवाजें सुनाई पड़ती हैं, मसलन बर्तनों की खनक, कदमों की आहट इत्यादि. मोनसुमी मुर्मू के लैपटाॅप की स्क्रीन पर एक बहुत ही अलग सीन चलता है- एक स्त्री को आदमियों के एक ग्रुप ने पकड़ रखा है, कैमरा हिलता है, चिल्लाने और सांस लेने की आवाज आती है. वीडियो बहुत परेशान करने वाला है इसलिए मोनसुमी उसे देखने से बचना चाहती है और उसकी स्पीड बढ़ा देती है, लेकिन उसकी मजबूरी ऐसी है कि उसे ना चाहते हुए भी वीडियो आखिर तक देखना पड़ता है. 26 साल की मोनसुमी एक ग्लोबल टेक कंपनी में कंटेंट मॉडरेटर हैं,उनका काम उन इमेज, वीडियो और टेक्स्ट की जांच करना है जिन्हें ऑटोमेटेड सिस्टम ने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर नियमों के संभावित उल्लंघन के तौर पर फ़्लैग किया है. जब कंप्यूटर सिस्टम को लगता है कि कोई कंटेंट हिंसा, अश्लीलता, नफरत फैलाने वाली भाषा या किसी अन्य नियम का उल्लंघन कर सकता है, तो वह उसे फ्लैग कर देता है. फ्लैग करने का अर्थ होता है उसकी जांच करना, ताकि यह पता किया जा सके वह कंटेंट वास्तव में नियमों के खिलाफ है या नहीं. जांच के बाद यह तय किया जाता है कि उस कंटेंट को सीमित करना है या प्लेटफॉर्म पर रहने देना है. एक दिन में 800 वीडियो और इमेज की जांच करती है मोनसुमी मोनसुमी बताती हैं कि वह एक आम दिन में 800 तक वीडियो और इमेज देखती हैं. उसके बाद ऐसे फ़ैसले लेती हैं जो एल्गोरिदम को हिंसा, गलत व्यवहार और नुकसान को पहचानने के लिए ट्रेन करते हैं.यह काम मशीन लर्निंग की हालिया सफलताओं का आधार है, जो इस बात पर आधारित है कि एआई उतना ही अच्छा है, जितने अच्छे डेटा पर उसे ट्रेन किया जाता है. एआई के काम को बेहतर बनाने के लिए डेटा वेरिफिकेशन के इस काम में हिंदुस्तान की काफी स्त्रीएं कार्यरत हैं. इस वर्कफोर्स को घोस्ट वर्कर कहा जाता है. मोनसुनी बताती हैं कि जब उन्होंने काम शुरू किया था तब उन्हें कुछ महीनों तक नींद नहीं आती थी. मैं अपनी आंखें बंद कर लेती थी, फिर भी स्क्रीन लोड होती दिखती थी. तस्वीरें उसके सपनों में भी उसका पीछा करती थीं. जानलेवा हादसों की, परिवार के सदस्यों को खोने की, यौन हिंसा की जिसे वह रोक नहीं सकती थी या जिससे बच नहीं सकती थी. वह बताती हैं कि उन रातों में उनकी मां जागती और उसके साथ बैठती थी. मोनसुनी मुर्मू को डर था कि अगर उनके परिवार ने उनके काम को समझ लिया, तो उन्हें गांव की दूसरी लड़कियों की तरह नौकरी छोड़कर शादी करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा.उनके कॉन्ट्रैक्ट में सिर्फ चार महीने बचे हैं, जिसमें उन्हें हर महीने लगभग £260 मिलते हैं, बेरोज़गारी का डर उन्हें अपनी मेंटल हेल्थ के बारे में चिंता जताने से रोकता है. वह कहती हैं कि मुझे काम से अधिक दूसरी नौकरी ढूंढने की चिंता है. उसने इस परेशानी के साथ जीने के तरीके ढूंढ लिए हैं. वह बताती है कि मैं जंगल में लंबी सैर पर जाती हूं, खुले आसमान के नीचे बैठती हूं और अपने आस-पास की शांति में खो जाती हूं. अब तस्वीरें पहले की तरह नहीं चौंकाती हैं मोनसुमी कहती हैं कि कई महीने काम करने के बाद तस्वीरें अब उन्हें पहले की तरह चौंकाती नहीं हैं, लेकिन अभी भी कुछ रातें ऐसी होती हैं, जब सपने वापस आते हैं. यह स्थिति यह बताने के लिए काफी है कि आपके काम ने आपके साथ क्या किया है. कंटेंट माॅडरेशन के काम में जुटी स्त्रीओं पर रिसर्च करने वाले रिसर्चर्स का कहना है कि यह भावनात्मक सुन्नपन की स्थिति है, जिसके दीर्घकालिक मनोवैज्ञानिक असर होते हैं. कंटेंट मॉडरेशन के काम की एक खास बात है कि हो सकता है कि कुछ मॉडरेटर साइकोलॉजिकल नुकसान से बच जाएं, लेकिन मुझे अभी तक इसका सबूत नहीं मिला है. डेटा वर्कर्स इंक्वायरी को लीड करने वाले सोशियोलॉजिस्ट मिलाग्रोस मिसेली कहते हैं, यह एक प्रोजेक्ट है जो AI में वर्कर्स की भूमिकाओं की जांच करता है. खतरनाक काम की कैटेगरी में आता है कंटेंट मॉडरेशन मिलाग्रोस मिसेली कहती हैं कि रिस्क के मामले में, कंटेंट मॉडरेशन खतरनाक काम की कैटेगरी में आता है, जिसकी तुलना किसी भी जानलेवा इंडस्ट्री से की जा सकती है. स्टडीज से पता चलता है कि कंटेंट मॉडरेशन का काम करने वालों में लंबे समय तक सोचने-समझने में परेशानी और भावनात्मक तनाव रहता है, जिसकी वजह से उनका व्यवहार बदल जाता है. मसलन अत्यधिक सावधानी बरतना. चिंता और नींद में गड़बड़ी की समस्या भी नजर आती है. दिसंबर 2025 में पब्लिश हुई कंटेंट मॉडरेटर्स की एक स्टडी, जिसमें हिंदुस्तान के वर्कर्स भी शामिल थे, ने ट्रॉमेटिक स्ट्रेस को सबसे बड़ा साइकोलॉजिकल रिस्क बताया. स्टडी में पाया गया कि जहां वर्कप्लेस पर दखल और सपोर्ट के तरीके मौजूद थे, वहां भी सेकेंडरी ट्रॉमा काफी अधिक बना रहा. AI को ट्रेंड करने में हिंदुस्तान में 70 हजार से अधिक लोग जुटे हिंदुस्तान में हजारों लोग एआई को सिखाने का काम करते हैं. उनका काम फोटो, वीडियो, टेक्स्ट और दूसरे डेटा को देखकर यह बताना होता है कि उसमें क्या है. इसे डेटा एनोटेशन और कंटेंट मॉडरेशन कहा जाता है. आईटी उद्योग संगठन नैसकॉम के अनुसार, 2021 में हिंदुस्तान में करीब 70,000 लोग यह काम कर रहे थे. इस उद्योग का आकार लगभग 25 करोड़ डॉलर था. इसमें सबसे ज्यादा काम अमेरिका की कंपनियों के लिए किया जाता था. इस काम में लगे लगभग 80% लोग गांवों, छोटे शहरों या आर्थिक रूप से कमजोर समुदायों से आते हैं. कंपनियां जानबूझकर ऐसे इलाकों में काम कराती हैं क्योंकि वहां ऑफिस का खर्च और कर्मचारियों की लागत कम होती है. इंटरनेट की बेहतर सुविधा के कारण अब लोगों को बड़े शहरों में जाने की जरूरत नहीं पड़ती. वे अपने गांव या कस्बे से ही दुनिया की बड़ी एआई कंपनियों के लिए काम कर सकते हैं. डेटा

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Gadar 3 की शूटिंग कब शुरू होगी और कैसी होगी कहानी? डायरेक्टर अनिल शर्मा बोले- ‘न्यूक्लियर बम’ जैसा होगा प्लॉट

Gadar 3: सनी देओल की सुपरहिट फिल्म ‘गदर: एक प्रेम कथा’ को रिलीज हुए 25 साल पूरे हो गए हैं. यह फिल्म साल 2001 में रिलीज हुई थी और उस समय इसने बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त सफलता हासिल की थी. इसी खास मौके पर फिल्म के डायरेक्टर अनिल शर्मा ने फ्रेंचाइजी की तीसरी फिल्म ‘गदर 3’ को लेकर बड़ा अपडेट दिया है. अनिल शर्मा ने बताया ‘गदर’ क्यों बनी इतनी बड़ी हिट HT को दिए इंटरव्यू में डायरेक्टर अनिल शर्मा ने बताया कि जब उन्होंने पहली बार इस फिल्म की कहानी सुनी थी, तभी उन्हें अंदाजा हो गया था कि यह हिंदुस्तान की सबसे बड़ी हिट फिल्मों में से एक बनेगी. उन्होंने यह भी कहा कि ‘गदर’ ने करीब 10 करोड़ लोगों की थिएटर में उपस्थिति (फुटफॉल) दर्ज की थी, जो आज तक कोई भी फिल्म नहीं तोड़ पाई है. यहां तक कि साल 2023 में आई ‘गदर 2’ भी इसके करीब आधे आंकड़े तक ही पहुंच पाई. अनिल शर्मा खुद को बेहद भाग्यशाली मानते हैं कि आज भी लोग तारा सिंह और सकीना की कहानी को उतना ही प्यार देते हैं. आमिर खान की ‘लगान’ से टक्कर पर क्या बोले डायरेक्टर? जब 15 जून 2001 को ‘गदर’ रिलीज हुई थी, उसी दिन आमिर खान की फिल्म ‘लगान’ भी रिलीज हुई थी. दोनों फिल्मों के बीच बहुत बड़ा मुकाबला माना जाता था. लेकिन अनिल शर्मा ने कहा, “उस जमाने में कोई मुकाबला नहीं था. तब दो-तीन बड़ी फिल्में एक साथ रिलीज होती थीं और दोनों ही सुपरहिट हो जाती थीं. लोग एक शो ‘गदर’ का देखते थे, तो अगला शो ‘लगान’ का देखने पहुंच जाते थे. वह मार्केटिंग का नहीं, बल्कि दिल का दौर था.” ‘गदर 3’ की शूटिंग कब शुरू होगी और कैसी होगी कहानी? फैंस लंबे समय से ‘गदर 3’ का इंतजार कर रहे हैं. इस पर अपडेट देते हुए डायरेक्टर ने कहा, “‘गदर’ की कहानी एक बम की तरह थी, तो ‘गदर 2’ के लिए हम एटम बम जैसी कहानी लाए जिसने इतिहास रच दिया. अब ‘गदर 3’ तभी बनेगी जब हमें न्यूक्लियर बम कहानी मिलेगी. हम अभी इसकी स्क्रिप्ट पर काम कर रहे हैं और अगर सब कुछ ठीक रहा, तो अगले साल यानी 2027 में ‘गदर 3’ की शूटिंग शुरू हो जाएगी.” ‘गदर’ की कहानी क्यों खास थी? ‘गदर’ एक इमोशनल लव स्टोरी है जो हिंदुस्तान-पाकिस्तान बंटवारे के समय पर आधारित है. इसमें सनी देओल ने तारा सिंह का किरदार निभाया था, जो अपनी पत्नी सकीना को वापस लाने के लिए बॉर्डर पार जाता है. फिल्म के गाने और इमोशनल कहानी ने इसे सुपरहिट बना दिया था. यह भी पढ़ें: 25 Years Of Lagaan: 25 साल बाद भी वैसी ही दिखती हैं ‘लगान’ की ‘गौरी’, लेटेस्ट वीडियो देख लोग बोले- बहुत प्यारी हैं ये The post Gadar 3 की शूटिंग कब शुरू होगी और कैसी होगी कहानी? डायरेक्टर अनिल शर्मा बोले- ‘न्यूक्लियर बम’ जैसा होगा प्लॉट appeared first on Naya Vichar.

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AI रोबोट्स को ट्रेन करने के लिए ये महिला रिकॉर्ड करती है अपने घरेलू काम, हर घंटे मिलते हैं 250 रुपये

AI Robot Training: क्या आपने कभी सोचा है कि रोजमर्रा के घर के काम भी कमाई का जरिया बन सकते हैं? चेन्नई की 25 वर्षीय हाउसवाइफ नागिरेड्डी श्रीराम्यचंद्रा के साथ कुछ ऐसा ही हो रहा है. वह अपने सिर पर स्मार्टफोन लगाकर अपने दिनभर के घरेलू कामों की वीडियो रिकॉर्ड करती हैं. कॉफी बनाना, फल काटना, कपड़े तह करना या घर के दूसरे नॉर्मल काम को वह अपने नजरिए से कैमरे में कैद करती हैं. इसके बाद ये वीडियो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कंपनियों को दिए जाते हैं. कंपनियां इन वीडियो की मदद से ह्यूमनॉइड रोबोट्स को सिखाती हैं कि इंसान घर में चीजों का यूज कैसे करते हैं और रोजमर्रा के काम किस तरह करते हैं. यानी जिन कामों को हम नॉर्मल और सिंपल समझते हैं, वही अब भविष्य के स्मार्ट रोबोट्स को ट्रेन करने में अहम भूमिका निभा रहे हैं. देखें वीडियो एक पोस्ट के मुताबिक, श्रीराम्याचंद्रा हर दिन 90 से ज्यादा छोटे-छोटे वीडियो रिकॉर्ड करती हैं और इसके बदले उन्हें करीब 250 रुपये प्रति घंटे की कमाई होती है. दिलचस्प बात यह है कि इन वीडियो में वह कोई खास काम नहीं करतीं, बल्कि रोजमर्रा के घरेलू कामकाज को कैमरे में रिकॉर्ड करती हैं. इस अनोखे काम के बारे में बात करते हुए उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा, “घर का काम करने के लिए भला और कौन 250 रुपये प्रति घंटा देगा?” A 25-year-old housewife in Chennai earns ₹250/hour ($3) just by doing her normal housework. She wears a phone on her head and records herself making coffee, cutting fruit, folding laundry. These first-person videos get sent to AI companies training humanoid robots to handle… pic.twitter.com/mDOEQwPibV — Vaibhav Sisinty (@VaibhavSisinty) June 12, 2026 क्या है इगोसेंट्रिक डेटा और रोबोट्स को क्यों पड़ती है इसकी जरूरत? AI चैटबॉट्स और इमेज जनरेटर्स को काम करने के लिए इंटरनेट पर मौजूद भारी मात्रा में डिजिटल डेटा की जरूरत होती है. लेकिन जब बात ऐसे रोबोट्स की आती है जो घरों, फैक्ट्रियों या ऑफिसों में इंसानों की तरह काम कर सकें, तो सिर्फ डिजिटल जानकारी काफी नहीं होती. उन्हें यह भी समझना पड़ता है कि लोग रोजमर्रा के काम कैसे करते हैं, चीजों को कैसे पकड़ते हैं और अपने आसपास की दुनिया के साथ कैसे इंटरैक्ट करते हैं. इसी कमी को दूर करने के लिए टेक कंपनियां अब ‘इगोसेंट्रिक डेटा’ का सहारा ले रही हैं. यानी ऐसे वीडियो जो किसी व्यक्ति की नजर से रिकॉर्ड किए जाते हैं. इससे रोबोट्स को इंसानी व्यवहार और गतिविधियों को बेहतर ढंग से समझने में मदद मिलती है. AI ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल होते हैं ये हाई-टेक डिवाइस AFP की रिपोर्ट के मुताबिक, इस काम में लगे लोग AI को ट्रेन करने के लिए कई तरह के हाई-टेक डिवाइस का यूज करते हैं. इनमें सिर पर पहनने वाले कैमरे, मोशन सेंसर और स्मार्ट ग्लासेज शामिल हैं. श्रीराम्याचंद्रा बताती हैं कि उनका रिकॉर्डिंग सिस्टम इतना एडवांस है कि अगर वीडियो में उनके हाथ ठीक से दिखाई नहीं देते, तो उन्हें तुरंत अलर्ट मिल जाता है. इसके बाद वह यह रिकॉर्ड की गई फुटेज एक खास ऐप के जरिए एक AI डेटा कंपनी को भेजती हैं, जिसके ऑफिस हिंदुस्तान और अमेरिका दोनों में हैं. यह भी पढ़ें: AI की बढ़ती भूख से हिंदुस्तान में शुरू होगी मेमोरी चिप्स की नई रेस; प्रशासन का इशारा किधर? The post AI रोबोट्स को ट्रेन करने के लिए ये स्त्री रिकॉर्ड करती है अपने घरेलू काम, हर घंटे मिलते हैं 250 रुपये appeared first on Naya Vichar.

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इजराइल ने हिज्बुल्ला के ठिकानों पर किया हमला, नेतन्याहू ने बताया जवाबी कार्रवाई

Israel Attacked Hezbollah: इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय ने कहा कि ये हमले उत्तरी इजराइल में हिज्बुल्ला के हमलों के जवाब में किये गये. इजराइल ने जब एक सप्ताह पहले आखिरी बार बेरूत के उपनगरों पर हमला किया था, तो ईरान ने इसके जवाब में इजराइल पर हमले किये थे. हिज्बुल्ला ने दो मार्च को इजराइल पर किया था मिसाइल हमला हिज्बुल्ला का मुख्य समर्थक माने जाने वाले ईरान ने कहा है कि अमेरिका-ईरान युद्धविराम समझौते में लेबनान में किसी भी तरह के इजराइली हमलों को भी रोका जाना शामिल होना चाहिए. हिज्बुल्ला ने दो मार्च को इजराइल पर मिसाइलें दागी थीं. इन हमलों को अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर किए गए हमले के दो दिन बाद अंजाम दिया गया था. अमेरिका और ईरान युद्ध खत्म करने के लिए सहमत हुए इजराइल और हिज्बुल्ला के बीच जारी जंग के बीच पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने दावा किया कि अमेरिका और ईरान पश्चिम एशिया में युद्ध समाप्त करने के लिए एक समझौते की शर्तों पर सहमत हो गए हैं. शरीफ ने कहा कि अमेरिका और ईरान एक अंतिम, आपसी सहमति वाले मसौदे की शर्तों पर राजी हो गए हैं. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ने मध्यस्थता की कोशिशों में पहल की है और वह इन दोनों देशों के साथ मिलकर अगले कदमों पर काम कर रहा है. अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान के खिलाफ 28 फरवरी को शुरू किए गए युद्ध ने पश्चिम एशिया में उथल-पुथल मचा दी है और फारस की खाड़ी से तेल और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति लगभग बंद हो गई है. सात अप्रैल से दोनों पक्षों में युद्धविराम लागू है. The post इजराइल ने हिज्बुल्ला के ठिकानों पर किया हमला, नेतन्याहू ने बताया जवाबी कार्रवाई appeared first on Naya Vichar.

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‘आप 140 करोड़…’ हरमन एंड कंपनी का भारतीय पुरुष टीम ने बढ़ाया हौसला; रोहित-गंभीर ने दिया जीत का मंत्र

Womens T20 World Cup 2026: स्त्री टी20 वर्ल्ड कप 2026 में हिंदुस्तानीय स्त्री टीम रविवार को पाकिस्तान के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी. बर्मिंघम के एजबेस्टन स्टेडियम में होने वाले इस बड़े मुकाबले से पहले हिंदुस्तानीय पुरुष टीम के खिलाड़ियों और हेड कोच गौतम गंभीर ने स्त्री टीम को शुभकामनाएं दी हैं. बीसीसीआई द्वारा शेयर किए गए एक वीडियो में रोहित शर्मा, शुभमन गिल, श्रेयस अय्यर, ईशान किशन और गौतम गंभीर ने टीम इंडिया का हौसला बढ़ाया. सभी ने खिलाड़ियों को निडर होकर स्पोर्ट्सने, अपने स्पोर्ट्स पर भरोसा रखने और किसी भी तरह का दबाव महसूस किए बिना मैदान पर उतरने की सलाह दी. From #MenInBlue to #WomenInBlue 💙🏆 A special message as #TeamIndia gears up for the ICC Women’s #T20WorldCup 2026 in England ✉️ pic.twitter.com/P0WkRI320f — BCCI (@BCCI) June 14, 2026 स्त्री टीम के पास खिताब जीतने का बेहतरीन मौका रोहित शर्मा ने कहा कि हिंदुस्तानीय स्त्री टीम पिछले कुछ वर्षों से शानदार क्रिकेट स्पोर्ट्स रही है और इस बार उनके पास खिताब जीतने का बेहतरीन मौका है. उन्होंने उम्मीद जताई कि टीम इंग्लैंड की परिस्थितियों का फायदा उठाकर शानदार प्रदर्शन करेगी. गंभीर ने क्या मैसेज दिया? हेड कोच गौतम गंभीर ने खिलाड़ियों से निडर होकर स्पोर्ट्सने की अपील की. उन्होंने कहा कि विश्व कप जैसा मंच हर किसी को नहीं मिलता, इसलिए इस मौके का आनंद लें और पूरे आत्मविश्वास के साथ मैदान पर उतरें. गंभीर ने कहा कि उन्हें भरोसा है कि टीम देश का नाम रोशन करेगी. गिल और अय्यर ने दिया खास संदेश? शुभमन गिल ने कहा कि हिंदुस्तानीय स्त्री टीम के पास एक बार फिर इतिहास रचने का मौका है और वह ट्रॉफी जीतकर देश को गौरवान्वित कर सकती है. वहीं, श्रेयस अय्यर ने खिलाड़ियों को पूरे टूर्नामेंट में आक्रामक और आत्मविश्वास से भरा क्रिकेट स्पोर्ट्सने की सलाह दी. ईशान किशन ने क्या कहा? ईशान किशन ने कहा कि टीम को कोई अतिरिक्त दबाव लेने की जरूरत नहीं है. उन्होंने खिलाड़ियों से पूरे सीजन की तरह अपना स्वाभाविक स्पोर्ट्स स्पोर्ट्सने और अपनी प्रक्रिया पर भरोसा रखने को कहा. ईशान ने उम्मीद जताई कि हिंदुस्तानीय स्त्री टीम इस बार विश्व कप ट्रॉफी जीतने में सफल होगी. यह भी पढ़ें: हरमनप्रीत कौर के निशाने पर बड़ा रिकॉर्ड, 1 रन बनाते ही स्त्री टी20 वर्ल्ड कप में रचेंगी नया कीर्तिमान The post ‘आप 140 करोड़…’ हरमन एंड कंपनी का हिंदुस्तानीय पुरुष टीम ने बढ़ाया हौसला; रोहित-गंभीर ने दिया जीत का मंत्र appeared first on Naya Vichar.

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जहानाबाद: शहीद फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार को अंतिम श्रद्धांजलि देने उमड़ा जनसैलाब

घोसी (जहानाबाद) से सुनील शर्मा की रिपोर्टJahanabad News: हुलासगंज प्रखंड के बनवरिया गांव निवासी हिंदुस्तानीय वायुसेना के वीर सपूत फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार के पार्थिव शरीर के घोसी से गुजरने के दौरान भावुक दृश्य देखने को मिला. असम के जोरहाट एयरबेस में एएन-32 विमान दुर्घटना में शहीद हुए शुभम कुमार के अंतिम दर्शन के लिए ग्रामीणों की भारी भीड़ सड़क किनारे घंटों इंतजार करती रही. जैसे ही शहीद का पार्थिव शरीर घोसी पहुंचा, लोगों ने नम आंखों से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की. अंतिम दर्शन के लिए बेताख दिखे लोग सड़क के दोनों ओर बड़ी संख्या में स्त्री, पुरुष, बुजुर्ग और युवा खड़े होकर अपने वीर सपूत की एक झलक पाने को बेताब दिखे. कई लोगों के हाथों में तिरंगा था, जबकि कुछ लोग हिंदुस्तान माता की जय और शहीद शुभम कुमार अमर रहें के नारे लगा रहे थे. माहौल पूरी तरह देशभक्ति और भावनाओं से ओत-प्रोत था. लोगों ने कहा- शुभम के शौर्य व समर्पण को नहीं भूल सकते ग्रामीणों ने कहा कि शुभम कुमार ने देश की सेवा करते हुए सर्वोच्च बलिदान दिया है, जिस पर पूरे क्षेत्र को गर्व है. उनके शौर्य और समर्पण को कभी भुलाया नहीं जा सकेगा. पार्थिव शरीर के गुजरने के दौरान लोगों ने पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी तथा ईश्वर से उनकी आत्मा की शांति और परिजनों को इस दुख की घड़ी में संबल प्रदान करने की प्रार्थना की. शहीद के सम्मान में पूरे क्षेत्र में शोक और गर्व का माहौल देखा गया. Also Read: असम विमान हादसे में बिहार के दो लाल शहीद, वीडियो कॉल के दो घंटे बाद ही आ गई मौत की समाचार The post जहानाबाद: शहीद फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार को अंतिम श्रद्धांजलि देने उमड़ा जनसैलाब appeared first on Naya Vichar.

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बक्सर में जमीन मापी के दौरान खूनी संघर्ष, पुलिस ने 4 लोगों को किया गिरफ्तार, 44 पर FIR

डुमरांव से सुजीत कुमार ओझा की रिपोर्ट :Buxar News : पुराना भोजपुर में शनिवार दोपहर जमीन की मापी के दौरान हुए हिंसक विवाद में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है. पुलिस ने दोनों पक्षों के दो-दो लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. इस खूनी संघर्ष को लेकर दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे के खिलाफ कुल 44 नामजद एवं अज्ञात लोगों पर प्राथमिकी दर्ज कराई गई है. घटना के बाद से इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस मुस्तैद है. दोनों पक्षों की ओर से दर्ज कराई गई FIR, 4 आरोपी भेजे गए जेल थाने से मिली जानकारी के अनुसार, दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कराया है. एक पक्ष के अजय यादव ने 28 लोगों को नामजद करते हुए मामला दर्ज कराया है, जबकि दूसरे पक्ष के रामाकांत राम ने 16 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की. पुलिस ने एक पक्ष के पिंटू राम और रामाकांत राम तथा दूसरे पक्ष के दिलवर यादव और अमीर यादव को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. गिरफ्तार सभी आरोपी पुराना भोजपुर के ही निवासी हैं. अमीन कर रहे थे जमीन की मापी, तभी भड़क उठी हिंसा जानकारी के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच विवादित जमीन के मालिकाना हक को लेकर लंबे समय से तनाव बना हुआ था. इस विवाद के स्थाई समाधान के लिए अंचल कार्यालय द्वारा प्रशासनी अमीन की नियुक्ति की गई थी. शनिवार को अमीन की मौजूदगी में जमीन की मापी कराई जा रही थी. इसी दौरान किसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई, जो देखते ही देखते लाठी-डंडे और मारपीट में बदल गई. झड़प में कई लोग घायल, मौके पर पहुंचे थानाध्यक्ष इस हिंसक झड़प में दोनों पक्षों के कई लोग घायल हो गए, जिन्हें तत्काल इलाज के लिए स्थानीय अस्पताल पहुंचाया गया. घटना की सूचना मिलते ही नया भोजपुर थाना के थानाध्यक्ष चंदन कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया. इलाके में दोबारा कोई अप्रिय घटना न हो, इसके लिए क्षेत्र में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है. बाकी बचे आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज नया भोजपुर थानाध्यक्ष चंदन कुमार ने बताया कि मामले में दर्ज प्राथमिकी के आधार पर अन्य नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी शांति व्यवस्था भंग करने की अनुमति नहीं दी जाएगी. Also Read: बक्सर में सिपाही भर्ती परीक्षा से पहले पुलिस का सघन जांच अभियान, संदिग्ध अभ्यर्थियों और सॉल्वर गैंग पर नजर The post बक्सर में जमीन मापी के दौरान खूनी संघर्ष, पुलिस ने 4 लोगों को किया गिरफ्तार, 44 पर FIR appeared first on Naya Vichar.

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