समस्तीपुर . गर्मी की छुट्टियां यानी बच्चों के लिए मौज-मस्ती और सीखने-सिखाने के दिन. समर क्लासेज से लेकर ऐसे बहुत से तरीके हैं जिनके जरिए आप अपने बच्चों की क्रिएटिविटी को बढ़ा सकती हैं और उनकी प्रतिभा को तराश सकती हैं. इसी उद्देश्य से शिक्षा विभाग ने प्रशासनी स्कूलों में पहली बार स्कूली बच्चों को गर्मी छुट्टी में असाइनमेंट देने का निर्देश दिया है. इसके साथ ही प्रशासनी स्कूलों में कक्षा तीन से आठ के लिए सभी विषयों का बदले पाठ्यक्रम पर नया क्वेश्चन बैंक बन रहा है. इस सत्र से 6 से 8वीं का सिलेबस बदला है. पहली से पांचवीं तक के सिलेबस में भी 40-50 फीसदी बदलाव किया गया है. ऐसे में नये पैटर्न पर बच्चों के लिए क्वेश्चन बैंक बनाये जा रहे हैं. एससीईआरटी नया क्वेश्चन बैंक तैयार करा रहा है. दो दर्जन से अधिक एक्सपर्ट इसे बना रहे हैं. जिले से भी इसमें एक्सपर्ट शामिल हैं. क्रिटिकल थिंकिंग, आई क्यू विकास पर आधारित असाइनमेंट और क्वेश्चन बैंक बनाया जा रहा है. डीपीओ एसएसए मानवेंद्र कुमार राय ने बताया कि गर्मी की छुट्टियों में प्रशासनी स्कूल के शिशु असाइनमेंट बनायेंगे. एक शिशु को पांच असाइनमेंट दिया जा रहा है. यह असाइनमेंट इस तरह है जिसमें शिशु अपने आसपास की चीजों से जुड़ेंगे और उसे खोजकर बनायेंगे. उदाहरण के लिए एक असाइनमेंट इस तरह बनाया जा रहा है, जिसमें अभी शादी ब्याह के सीजन में शिशु क्या नया देख रहे हैं, उसपर प्रोजेक्ट बनायेंगे. इसके साथ ही मासिक, त्रैमासिक परीक्षा के लिए भी प्रश्नपत्र बनवाया जा रहा है. इस बार पाठ नहीं बल्कि टॉपिक के हिसाब से क्वेश्चन बैंक तैयार किया जा रहा है. इसमें इस तरह के सवाल दिए जा रहे हैं जिसका लर्निंग आउटकम भी हो.
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