नया विचार न्यूज़ सरायरंजन । ग्रामीण स्त्रीओं को उनके हक और अधिकारों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से राज्य स्त्री आयोग ने सरायरंजन प्रखंड से “स्त्री आयोग आपके द्वार, जानिए अपने हक और अधिकार” अभियान की शुरुआत की। मेयारी सलेमपुर स्थित एक निजी विद्यालय परिसर में आयोजित उद्घाटन समारोह में बड़ी संख्या में स्त्रीएं, जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए राज्य स्त्री आयोग की अध्यक्ष श्रीमती अप्सरा ने कहा कि यह अभियान विशेष रूप से उन स्त्रीओं तक पहुंचने के लिए शुरू किया गया है, जो अब तक अपने संवैधानिक और कानूनी अधिकारों से अनभिज्ञ हैं। उन्होंने बताया कि आयोग अब ग्रामीण क्षेत्रों में कैंप लगाकर स्त्रीओं को न केवल उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करेगा, बल्कि मौके पर ही उनकी शिकायतों का समाधान भी किया जाएगा। इससे स्त्रीओं को न्याय के लिए भटकना नहीं पड़ेगा।
जदयू विधायक एवं राज्य स्त्री आयोग की पूर्व अध्यक्ष अश्वमेध देवी ने अपने संबोधन में कहा कि आज भी गांवों में कई स्त्रीएं आयोग की भूमिका से परिचित नहीं हैं। ऐसे में यह पहल बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि आयोग की टीम घर-घर जाकर स्त्रीओं को जागरूक करेगी, ताकि वे अपने अधिकारों को पहचानें और किसी भी प्रकार के शोषण के खिलाफ आवाज उठा सकें।
वहीं पूर्व मंत्री और फूलपरास विधायक शीला मंडल ने कहा कि इस अभियान के तहत स्त्रीओं को संपत्ति के अधिकार, घरेलू हिंसा से संरक्षण और कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न के खिलाफ कानूनों की जानकारी दी जाएगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि अब पीड़ित स्त्रीएं सीधे इन कैंपों में अपनी शिकायत दर्ज कर सकेंगी, जिससे त्वरित कार्रवाई संभव होगी।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. ध्रुव कुमार ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ. रंधीर कुमार मिश्र ने किया। समारोह में एक दर्जन अतिथियों को चादर, माला, पाग और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर स्त्री आयोग की सदस्य साधना देवी, जिला अधिकारी रोशन कुशवाहा, विमेंस कॉलेज समस्तीपुर के प्राचार्य डॉ. आदित्य चरण झा, जिला परियोजना पदाधिकारी सुनीता सहित कई गणमान्य लोगों ने अपने विचार रखे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आंगनबाड़ी सेविकाएं, पंचायत प्रतिनिधि, बीमा सखी, दुग्ध उत्पादन समिति की संचालिकाएं और ग्रामीण स्त्रीएं उपस्थित
