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भारत की मदद से मिली थी बांग्लादेश को आजादी, PM मोदी की चिट्ठी ने यूनुस को फिर दिलाई याद

PM Modi letter to Muhammad Yunus: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बांग्लादेश के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस को 26 मार्च को एक खास पत्र भेजा है. यह चिट्ठी बांग्लादेश के स्वतंत्रता दिवस के मौके पर प्रधानमंत्री द्वारा भेजी गई है. यह दिन बांग्लादेश के लिए एक ऐतिहासिक दिन माना जाता है. इसी दिन 1971 में हिंदुस्तानीय सेना की मदद से बांग्लादेश को पूर्वी पाकिस्तान से मुक्त कर एक स्वतंत्र देश बनाया गया था. इस पत्र में उन्होंने बांग्लादेश के स्वतंत्रता संग्राम के बारे में लिखा. साथ ही उस समय हिंदुस्तान और बांग्लादेश के गहरे रिश्तों के बारे में भी पत्र में जिक्र किया. साधारण भाषा में बोलते हुए बांग्लादेश की स्वतंत्रता में हिंदुस्तान द्वारा निभाई गई अहम भूमिका के बारे में पीएम मोदी ने यूनुस को याद दिलाया. पीएम मोदी का पत्र बांग्लादेश में स्थित हिंदुस्तानीय उच्चायोग द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, पीएम मोदी ने पत्र में लिखा, “बांग्लादेश का यह स्वतंत्रता का दिन हमारे संयुक्त इतिहास और बलिदान का साक्षी है, जिसके द्वारा इन दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय साझेदारी की नींव रखी गई है.” आगे उन्होंने पत्र में लिखा, “बांग्लादेश के स्वतंत्रता संग्राम की भावना दोनों देशों के संबंधों के लिए मार्गदर्शक बनी है, जो कि विभिन्न क्षेत्रों में फल-फूल रही है. हम शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए हमारी साझा आकांक्षाओं और एक-दूसरे के हितों के प्रति पारस्परिक संवेदनशीलता के आधार पर आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं.” पीएम मोदी और यूनुस क्या BIMSTEC समिट में मुलाकात करेंगे थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में 3 और 4 अप्रैल को BIMSTEC की समिट होने वाली है. आमतौर पर लगाया जा रहा है कि पीएम मोदी और यूनुस इस समिट में एक-दूसरे से मुलाकात कर सकते हैं. हालांकि, अभी तक हिंदुस्तान की तरफ से इसे आधिकारिक तौर पर कुछ नहीं कहा गया है. हिंदुस्तान के विदेश मंत्री ने बयान देते हुए कहा था कि बांग्लादेश की तरफ से बहुत दिनों से आ रही मुलाकात की अपील पर अभी विचार किया जा रहा है. यह भी पढ़े: Donald Trump Impose Tariff on Car: अमेरिका में विदेशी कारों पर 25% टैक्स का हथौड़ा, डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा ऐलान The post हिंदुस्तान की मदद से मिली थी बांग्लादेश को आजादी, PM मोदी की चिट्ठी ने यूनुस को फिर दिलाई याद appeared first on Naya Vichar.

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बिहार के अररिया में जदयू विधानसभा प्रभारी के घर भीषण चोरी, इफ्तार के लिए परिजनों के घर गए थे JDU नेता

मृगेंद्र मणि सिंह, अररिया: बिहार के अररिया में जदयू विधानसभा प्रभारी के घर में भीषण चोरी हुई है. बदमाशों ने नकदी, गहने समेत अन्य सामान चुरा लिए. पीड़ित गृहस्वामी सफाकुर्र रहमान उर्फ लड्डू हैं जो जेडीयू के नेता हैं. घटना के वक्त वो अपने घर में मौजूद नहीं थे. कुछ ही दिनों के बाद उनके नये प्रतिष्ठान का शुभारंभ होना था लेकिन उससे ठीक पहले बदमाशों ने इस घटना को अंजाम देकर उन्हें भारी नुकसान पहुंचाया है. घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच में जुटी है. जदयू नेता के घर में भीषण चोरी नगर थाना क्षेत्र रैहिका टोला वार्ड संख्या 17 में अररिया पनार होटल के मालिक व जदयू के विधानसभा प्रभारी के घर में बुधवार की देर रात को भीषण चोरी हुई. पीड़ित गृहस्वामी सफाकुर्र रहमान उर्फ लड्डू ने बताया कि वे बुधवार को अपने चंद्रदेई स्थित निवास पर परिजनों के साथ गये थे. उन्होंने कहा कि रमजान को लेकर इफ्तार सारे परिवार के लोग एक साथ करते हैं, इसलिए वो गए थे. इस दौरान डकैती उनके घर में हो गयी. उन्होंने बताया कि नगद 04 से 05 लाख रुपये व जेवरात समेत कुल मिलाकर करीब 20-25 लाख रुपये का नुकसान पहुंचाया गया है. जदयू नेता के घर में चोरी जदयू नेता के घर में चोरी जदयू नेता के घर में चोरी ALSO READ: बिहार में जहां कन्हैया कुमार बोले उस जगह को गंगाजल से धोया गया, पीछा नहीं छोड़ रहा JNU विवाद एएसपी दलबल के साथ मौके पर पहुंचे वहीं इस घटना की सूचना पाकर 112 की पुलिस गश्ती दल आवास पर पहुंची. इसके बाद एएसपी रामपुकार सिंह, नगर थाना अध्यक्ष मनीष कुमार, दलबल के साथ जदयू नेता के आवास पर पहुंचे और जांच की . जदयू नेता के नये प्रतिष्ठान का होना था उद्घाटन 01 अप्रैल को जदयू नेता के नये प्रतिष्ठान का भी शुभारंभ होना था. डेयरी से जुड़े इस प्रतिष्ठान के लिए उन्होंने काफी तैयारियां की थी. जदयू नेता के रुप में काफी रसूख रखने वाले सफाकुर्ररहमान के घर हुई भीषण डकैती ने लोगों को सकते में डाल दिया है. The post बिहार के अररिया में जदयू विधानसभा प्रभारी के घर भीषण चोरी, इफ्तार के लिए परिजनों के घर गए थे JDU नेता appeared first on Naya Vichar.

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TMKOC: टप्पू के बाल विवाह से भूतनी के प्रकोप तक, इन 6 मजेदार किस्सों ने बनाया शो को यादगार

TMKOC: सीरियल ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ कई सालों से अपने अनोखे कहानियों और समाज के कई पहलुओं को मनोरंजक तरीके से दिखाता आ रहा है. बाल विवाह से लेकर पैसे के प्रलोभन तक, हर तरह की गंभीर समस्याओं को इस शो में हास्यपूर्ण ढंग से दर्शकों के सामने पेश किया है. इसके अलावा गोकुलधाम सोसाइटी में कई ऐसे किस्से भी हुए, जिसने ऑडियंस को पेट पकड़कर हंसने पर मजबूर कर दिया है. साथ ही हमारी यादों में इन किस्सों ने खास जगह बना ली है. सही मायने में अब यह शो दर्शकों के लिए एक भावना बन गया है. ऐसे में आइये बताते हैं गोकुलधाम सोसाइटी के 6 मजेदार किस्से. चंपक चाचाजी से सोढ़ी की मुलाकात चंपक चाचाजी के गोकुलधाम आने के बाद सोढ़ी के साथ हुए गलतफहमी को दिखाया गया था. यह किस्सा हास्यपूर्ण तरीके से समाज में होने वाली विविधता और दूसरों के प्रति सम्मान की भावना को उजागर करता है. महाबलेश्वर में होली उत्सव होली के लिए सोसाइटी के सभी लोग महाबलेश्वर जाते हैं और त्योहार को सभी के साथ खुशी से मनाते है. इस एपिसोड में हंसी के ठहाकों के साथ हर समुदाय के एकता को भी केंद्रित किया गया है. सपने में टप्पू का बाल विवाह जेठालाल अपने सपने में बापूजी की जिद के बाद बेटे टप्पू की शादी होते हुए देखता है, जो अनोखे तरीके से हमें बहुत हंसाता है. साथ ही यह एपिसोड में बाल विवाह के मुद्दों को उजागर करता है और यह सीख देता है कि बच्चों को बिना किसी दबाव और परेशानी के अपने बचपन को जीना चाहिए. गोकुलधाम में पानी की समस्या सोसाइटी में पानी की कमी हो जाती है, तब सभी गोकुलधाम परिवार के लोग एक साथ इस समस्या का समाधान करते है. इसमें जल संरक्षण, जीवन की समस्या और अलग–अलग समुदायों के बीच एकता को दर्शाया गया है. भिड़े की लगी लॉटरी गोकुलधाम सोसाइटी के एकमेव सेक्रेटरी ‘आत्माराम भिड़े’ परेशानी में पड़ जाते हैं, जब उनकी 1 करोड़ की लॉटरी लग जाती है. इस एपिसोड में एक शिक्षक के सिद्धांत और पैसे की लालच के बीच संघर्ष को दिखाया गया है. भूतनी का प्रकोप जेठालाल और चंपकलाल एक भूत को अपने सोसाइटी में देखते हैं. सोसाइटी में डर तब पैदा होता है, जब कई सदस्य उसका सामना कर लेते है. सस्पेंस के साथ इस एपिसोड को बहुत दिलचस्प बनाया गया था. अंत में टप्पू सेना उस भूतनी और उसके साथियों का रीटा रिपोर्टर के साथ खुलासा करते है. यह भी पढ़े: Upcoming South Movies: मोहनलाल से डेविड वार्नर तक, ‘सिकंदर’ से भिड़ेगी इन स्टार्स की साउथ फिल्में The post TMKOC: टप्पू के बाल विवाह से भूतनी के प्रकोप तक, इन 6 मजेदार किस्सों ने बनाया शो को यादगार appeared first on Naya Vichar.

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Anupama: पराग नहीं जानता मोहित है ख्याति का बेटा, राघव करेगा अपनी जान लेने की कोशिश, ये शख्स बनेगा मसीहा

Anupama: अनुपमा के लेटेस्ट एपिसोड में दिखाया जाएगा कि राघव की मां अनु को उसके अतीत के बारे में बताती है. वह कहती है कि राघव की शादी एक अमीर औरत से हुई थी. वह औरत राघव से हमेशा लड़ती थी और उसका भाई उसके साथ बुरा बर्ताव करता था. एक दिन वह औरत अचानक गायब हो गई और राघव पर उसकी हत्या का आरोप लग गया. इसकी वजह से उसे जेल जाना पड़ा. दूसरी तरफ राघव जेल से बाहर निकलने की तैयारी करता है. वह कार्तिक से कहता है कि बाहर उसका कोई इंतजार नहीं कर रहा है. अपनी जान लेने की कोशिश करेगी राघव अनुपमा में दिखाया जाएगा कि जेल से रिहा होने के बाद राघव को कुछ समझ नहीं आता कि वह कहां जाए. अनु, राघव को खोजती है और कहती है वह उसे उसकी मां से मिलवा कर रहेगी. दूसरी तरफ राघव को रास्ते पर चलते हुए पराग की आवाज सुनाई देती है. राघव उसकी आवाज सुनकर चौंक जाता है, लेकिन वह उसकी झलक नहीं देख पाता. राघव अपनी जान लेने की कोशिश करता है और तभी अनु आकर उसे रोक लेती है. राघव को वह बताती है कि उसे उसकी मां मिल गई है. राघव ये जानकर चौंक जाता है कि उसकी मां अभी तक जिंदा है. वह राघव को लेकर उसकी मां के पास जाती है. मोहित को देख चौंक गई ख्याति सीरियल में दिखाया जाएगा कि राही को कुछ बदमाश परेशान करते हैं. मोहित उसे बचाने के लिए आता है. तभी प्रेम भी वहां पहुंच जाता है. मोहित घायल हो जाता है और प्रेम और राही उसे कोठारी निवास लेकर जाता है. ख्याति, मोहित को घर में देखकर चौंक जाती है. दूसरी तरफ राघव 20 साल बाद अपनी मां से मिलता है. अनुपमा के अपकमिंग एपिसोड में दिखाया जाएगा कि ख्याति, मोहित के घर आने से काफी परेशान हो जाती है. ऐसा लगता है पराग, मोहित के बारे में नहीं जानता है. राही और अनुपमा को प्रेम बताता है कि राही पर जिसने हमला किया था, पुलिस ने उसे पकड़ लिया है. यह भी पढ़ें- Empuraan Review: मोहनलाल की फिल्म एम्पुरान के क्लाइमेक्स की हो रही रही चर्चा, देखने से पहले जान लें क्या कह रही पब्लिक The post Anupama: पराग नहीं जानता मोहित है ख्याति का बेटा, राघव करेगा अपनी जान लेने की कोशिश, ये शख्स बनेगा मसीहा appeared first on Naya Vichar.

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Mahakumbh 2025 : महाकुंभ में हुई ये खास चीज, बजा सनातन का डंका

Mahakumbh 2025 : सीएम योगी आदित्यनाथ बुधवार को आगरा में दिवंगत संत योगी सिद्धनाथ जी के शंखाढाल एवं भंडारा कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे. उन्होंने राजा की मंडी स्थित प्राचीन दरिया नाथ मंदिर में पूजा- अर्चना भी की. सीएम योगी ने यहां संतों की धर्म सभा को संबोधित भी किया. अपने संबोधन में सीएम योगी ने कहा कि महाकुंभ के बाद संतों का सबसे बड़ा जमावड़ा ब्रज की भूमि पर हो रहा है. महाकुंभ की भव्यता और दिव्यता सभी ने देखी. यह संतों का आशीर्वाद था, उनका संकल्प था. पूरी देश और दुनिया ने देखा कि 45 दिनों में 66 करोड़ से अधिक लोग प्रयागराज पहुंचे थे. यह सनातन धर्म की ताकत है. उन्होंने कहा कि हम लोग प्रयास कर रहे हैं कि सनातन धर्म/ नाथ संप्रदाय का एक म्यूजियम बनाया जाए। सीएम योगी आदित्यनाथ नाथ संप्रदाय के राष्ट्रीय अध्यक्ष गोरक्ष पीठाधीश्वर के रूप में कार्यक्रम में शामिल हुए. इस दौरान पूरे देश से आए 1000 से अधिक साधु- संत मौजूद रहे. अयोध्या में 500 वर्षों के बाद राम मंदिर का बनना संभव हुआ: सीएम योगी सीएम योगी ने कहा कि अयोध्या में 500 वर्षों के बाद राम मंदिर का बनना संभव हुआ है, तो देश के अन्य जगहों पर भी संभावना बनी हैं. अयोध्या में राम मंदिर का बनना और महाकुंभ का आयोजन, दोनों संतों के संकल्प से पूरा हुआ. पहले माना जाता था कि महाकुंभ का आयोजन केवल संतों का है. लेकिन, संतों ने पूरे भाव के साथ समाज को जोड़ने का काम किया तो देखते ही देखते 66 करोड़ श्रद्धालुओं के पहुंचने का आंकड़ा पार कर गया. इनमें साधु- संत करीब 50 लाख थे. सनातन का दौर अब दुनिया के अंदर बढ़ा: सीएम योगी सीएम योगी ने कहा कि सनातन का दौर अब दुनिया के अंदर बढ़ा है. उन्होंने कहा कि संतों की साधना की सिद्धि है. उनके संकल्पों का मूर्तरूप है. महाकुंभ के अवसर पर पूरे देश और दुनिया ने देखा है. 45 दिनों में 66 करोड़ों से अधिक संत और श्रद्धालुजन प्रयागराज आए. इतना बड़ा समागम दुनिया के अंदर कहीं नहीं हुआ. ये ताकत सिर्फ सनातन धर्म में ही है. हिंदुस्तान की संयुक्त परंपरा के प्रमुख पंत के रूप में नाथपंती का महत्वपूर्ण स्थान है. संतो को संबोधित करते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा कि संतों को संसार के उत्कर्ष के लिए कार्य करना होगा. विरासत और विकास को जोड़ने की एक सेतु के रूप में संत को आगे बढ़ना चाहिए, जो समाज को जोड़ सके, उसके कल्याण का मार्ग प्रशस्त करें. सनातन सुरक्षित रहेगा, तो ही देश सुरक्षित रहेगा: योगी आदित्यनाथ योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सनातन सुरक्षित रहेगा, तो ही देश सुरक्षित रहेगा. उन्होंने साधु संतों से अपील की है कि आप किसी भी पंथ और संप्रदाय से जुड़े हुए हों, लेकिन राष्ट्र और समाज निर्माण के लिए ही कार्य करना चाहिए. उन्होंने साधु- संतों से मोबाइल का उपयोग कम करने की भी सीख दी. सीएम ने कहा कि मोबाइल पर जो आपको दिखता है या सुनते हैं, वह जरूरी नहीं सच हो. ऐसे में साधु संतों को साधना में लीन होकर के समाज को एक करने के लिए कार्य करना चाहिए.  उन्होंने कहा कि जो आप अपने साधन से अर्जित करेंगे. जो लोक कल्याण का माध्यम आपको बना सके. जिसमें जनता जनार्दन का अपार श्रद्धा और सम्मान आपको प्राप्त हो. जो कुछ भी आपके पास है लोक कल्याण के लिए समर्पित करिए. राष्ट्र कल्याण के लिए समर्पित करिए और याद रखना हम सभी संतों को इस बात का स्मरण रखना होगा हमारा पंथ कोई भी हो, संप्रदाय हो भी कोई भी हो, मठ हो कोई भी उपासना विधि हो वह तब ही सुरक्षित है जब सनातन धर्म सुरक्षित है. जो कुछ भी हो सनातन धर्म के लिए समर्पण का भाव हो. देश की सुरक्षा के लिए अपना सब कुछ समर्पित करना होगा. उन्होंने कहा कि हम लोग प्रयास कर रहे हैं कि सनातन धर्म/ नाथ संप्रदाय का एक म्यूजियम बनाया जाए. अपने देश के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले योगी सिद्धनाथ जी उस परंपरा के योगी थे. The post Mahakumbh 2025 : महाकुंभ में हुई ये खास चीज, बजा सनातन का डंका appeared first on Naya Vichar.

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Bihar Teacher: बिहार के सरकारी स्कूल में गाय और बकरी बने टीचर, ऑनलाइन हाजिरी देख शिक्षा विभाग सकते में

Bihar Teacher: पटना. बिहार के बांका जिले में ई-शिक्षा कोष के तहत शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी में लगातार गड़बड़ी हो रही है. अधिकारी सख्ती कर रहे हैं, लेकिन शिक्षक हाजिरी प्रणाली को धोखा देने के नए-नए तरीके ढूंढ रहे हैं. धोरैया के एक प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका पूनम कुमारी ने तो हाजिरी के दौरान ऐसी हरकत की, जिसने सभी को चौंका दिया. उन्होंने हाजिरी में गाय और बकरी की फोटो लगाई, जिससे शिक्षा विभाग सकते में है. शिक्षिका पूनम कुमारी की गड़बड़ी धोरैया के बगरोईया विद्यालय की शिक्षिका पूनम कुमारी ने 20 मार्च को सुबह 9 बजकर 28 मिनट पर ऑनलाइन हाजिरी में गाय और बछड़े की तस्वीर अपलोड की थी. इसके बाद 21 मार्च को उन्होंने आलमारी की फोटो लगाई. इतना ही नहीं 23 मार्च को तो उन्होंने हाजिरी में बकरी के बच्चों की तस्वीर डाल दी. यह हरकत शिक्षिका की हाजिरी प्रक्रिया में गड़बड़ी की हदों को पार करने का उदाहरण है. इसके अलावा, 18 मार्च को शिक्षिका ने खाली कुर्सी की तस्वीर अपलोड कर अपनी हाजिरी दर्ज कराई थी. इन गड़बड़ियों के बाद, शिक्षा विभाग के अधिकारी इस मामले को गंभीरता से ले रहे हैं और कार्रवाई के संकेत दिए गए हैं. ई-शिक्षा कोष में अन्य गड़बड़ियां शिक्षिका पूनम कुमारी का मामला अकेला नहीं है. बांका जिले में कई और शिक्षकों द्वारा ई-शिक्षा कोष के तहत हाजिरी में गड़बड़ियां सामने आ रही हैं. कुछ शिक्षक स्कूल से बाहर होने के बावजूद ऑनलाइन हाजिरी दर्ज कर रहे हैं. स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कुछ शिक्षक जमशेदपुर, नवादा, भागलपुर, पटना जैसे जिलों से हाजिरी लगा रहे हैं. कुछ मामलों में शिक्षक ऑटो, रिक्शा या बस में सफर करते हुए भी अपनी हाजिरी दर्ज कर देते हैं. इस मामले के उजागर होने के बाद, डीपीओ (जिला कार्यक्रम पदाधिकारी) ने शिक्षिका पूनम कुमारी से स्पष्टीकरण मांगा है. डीपीओ ने सवाल किया है कि आखिर क्यों उन्होंने गाय, बकरी और दीवार की तस्वीरें हाजिरी में लगाई. इसके साथ ही, कुछ और शिक्षकों से भी जवाब तलब किया गया है. शिक्षा विभाग को चिंता में डाला पीएस नयाडीह सिकानपुर रजौन के प्रधान बिंदेश्वरी यादव, बगरोईया की प्रभारी फूल कुमारी और एनपीएस ढोढियाटीकर फुल्लीडुमर के संजय कुमार दास से भी जवाब मांगा गया है. इन स्कूलों में किसी भी शिक्षक की ऑनलाइन हाजिरी दर्ज नहीं हो रही है, जो एक बड़ी समस्या बन गई है. बांका जिले में ई-शिक्षा कोष के तहत हो रही हाजिरी गड़बड़ियों ने शिक्षा विभाग को चिंता में डाल दिया है. शिक्षकों की ऐसी हरकतें न केवल नियमों का उल्लंघन हैं, बल्कि शिक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर भी सवाल खड़े करती हैं. अधिकारियों द्वारा दोषी शिक्षकों पर कार्रवाई की जा रही है और ऐसी गड़बड़ियों को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे. Also Read: अगले तीन माह में नक्सलमुक्त होगा बिहार, पुलिस मुख्यालय ने तैयार किया एक्शन प्लान The post Bihar Teacher: बिहार के प्रशासनी स्कूल में गाय और बकरी बने टीचर, ऑनलाइन हाजिरी देख शिक्षा विभाग सकते में appeared first on Naya Vichar.

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Share Market: अमेरिकी ऑटो टैरिफ का असर, भारतीय बाजारों में गिरावट, निफ्टी-सेंसेक्स दबाव में

Share Market: डोनाल्ड ट्रंप के  2 अप्रैल 2025 से अमेरिकी ऑटो आयात पर 25 प्रतिशत का फ्लैट टैरिफ लगाने की घोषणा की वजह से गुरुवार को हिंदुस्तानीय शेयर बाजार दबाव में खुले. निफ्टी 50 इंडेक्स 23,422.45 पर खुला, जिसमें 64.40 अंकों यानी -0.27 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई. वहीं, बीएसई सेंसेक्स 77,089.12 पर खुला, जो 199.38 अंक या -0.26 प्रतिशत नीचे था. डोनाल्ड ट्रंप द्वारा घोषित यह नया टैरिफ उनके व्यापार युद्ध को एक नए स्तर पर ले जाता है. इस फैसले का सबसे ज्यादा असर कनाडा, मैक्सिको, जर्मनी, दक्षिण कोरिया और जापान पर पड़ने की संभावना है. विशेषज्ञों का मानना है कि इन टैरिफ्स के कारण व्यापार में रुकावट और प्रमुख बाजारों में अस्थिरता के चलते हिंदुस्तानीय बाजारों में भी आज उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा. बैंकिंग और बाजार विशेषज्ञ अजय बग्गा ने कहा, “25 प्रतिशत अमेरिकी ऑटो टैरिफ आज सुबह का सबसे बड़ा मुद्दा है. अमेरिकी ऑटो कंपनियों के शेयर पोस्ट-ट्रेडिंग घंटों में 2 प्रतिशत से 6 प्रतिशत तक गिरे हैं. जापानी और दक्षिण कोरियाई ऑटो कंपनियों के शेयर एशियाई बाजारों में इसी तरह 2 प्रतिशत से 4 प्रतिशत तक नीचे हैं. व्यापक बाजार इस समाचार के साथ-साथ 2 अप्रैल को घोषित होने वाले संभावित वैश्विक जवाबी टैरिफ और फार्मास्युटिकल तथा सेमीकंडक्टर क्षेत्र पर विशेष टैरिफ की आशंका को पचा रहे हैं.” उन्होंने आगे कहा कि हिंदुस्तानीय बाजारों में वैश्विक व्यापार व्यवधान के साथ-साथ घरेलू मासिक एक्सपायरी से जुड़ी अस्थिरता भी देखने को मिलेगी. उन्होंने कहा, “2 अप्रैल की घोषणाओं को देखते हुए बाजार सतर्क रहेगा. सावधानी बरतने की जरूरत है.” Also Read: Dream 11: करोड़पति बना आदिवासी किसान का बेटा, ड्रीम इलेवन पर जीते 1 करोड़, गांव में जश्न का माहौल The post Share Market: अमेरिकी ऑटो टैरिफ का असर, हिंदुस्तानीय बाजारों में गिरावट, निफ्टी-सेंसेक्स दबाव में appeared first on Naya Vichar.

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Alternative to Silver Bowl in Annaprashan Ritual: चांदी की कटोरी ना हो तो अन्नप्राशन में किस पत्ते का करें उपयोग

Alternative to Silver Bowl in Annaprashan Ritual: अन्नप्राशन संस्कार शिशु को पहली बार ठोस भोजन खिलाने की रस्म है, जिसे हिंदू धर्म में बेहद शुभ माना जाता है.  परंपरागत रूप से इस संस्कार में चांदी या कांसे की कटोरी और चम्मच का उपयोग किया जाता है, लेकिन अगर ये उपलब्ध न हो तो प्राचीन ग्रंथों के अनुसार पीपल, आम, केले और पान के पत्तों का भी उपयोग किया जा सकता है.  ये पत्ते न सिर्फ धार्मिक दृष्टि से बल्कि स्वास्थ्य के लिहाज से भी बेहद लाभकारी माने जाते हैं.  आइए जानते हैं किस पत्ते का उपयोग अन्नप्राशन में करना शुभ होता है और इनके फायदे क्या हैं. 1. पीपल के पत्ते (Peepal Leaves) Peepal Patte Se Annaprashan Kaise Karein धार्मिक महत्व: पीपल के पेड़ को देवताओं का वास माना जाता है और इसे अत्यंत पवित्र माना गया है. स्वास्थ्य लाभ: पीपल के पत्ते में एंटीऑक्सीडेंट और औषधीय गुण होते हैं, जो पाचन को बेहतर बनाते हैं और शरीर को शुद्ध करते हैं. अन्नप्राशन में उपयोग: पीपल के पत्ते का उपयोग भोजन परोसने और प्रसाद चढ़ाने में किया जा सकता है.  यदि कटोरी उपलब्ध न हो, तो पीपल का पत्ता पवित्र विकल्प है. 2. आम के पत्ते (Mango Leaves) Mango Leaves for Baby Annaprashan धार्मिक महत्व: आम के पत्तों का उपयोग देवी-देवताओं की पूजा में होता है और इसे शुभ और मंगलकारी माना जाता है. स्वास्थ्य लाभ: आम के पत्ते में एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-माइक्रोबियल गुण होते हैं, जो शिशु को संक्रमण से बचाते हैं. अन्नप्राशन में उपयोग: आम के पत्ते को थाली के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है और इसका उपयोग भोजन परोसने के लिए किया जा सकता है. 3. केले के पत्ते (Banana Leaves) Banana Leaf for Annaprashan Benefits धार्मिक महत्व: केले के पत्ते को देवी लक्ष्मी का प्रतीक माना जाता है और इसे सौभाग्य और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है. स्वास्थ्य लाभ: केले के पत्तों में प्राकृतिक एंटीऑक्सीडेंट होते हैं जो भोजन को सुरक्षित और पौष्टिक बनाए रखते हैं. अन्नप्राशन में उपयोग: केले के पत्ते का उपयोग भोजन परोसने और शुद्धता बनाए रखने के लिए किया जा सकता है.  यह गर्म भोजन के संपर्क में आने पर भी हानिकारक रसायन नहीं छोड़ता. 4. पान के पत्ते (Betel Leaves) Betel leaves vastu tips धार्मिक महत्व: पान के पत्ते को पूजा-पाठ में शुभ माना जाता है और इसे देवी-देवताओं को अर्पित किया जाता है. स्वास्थ्य लाभ: पान के पत्तों में औषधीय गुण होते हैं जो पाचन तंत्र को मजबूत करते हैं और शरीर को डिटॉक्सिफाई करते हैं. अन्नप्राशन में उपयोग: यदि चांदी या कांसे की कटोरी उपलब्ध न हो, तो पान के पत्ते पर भी भोजन परोसा जा सकता है. Also Read: Chaitra Navratri Bhog List 2025: नवरात्रि में देवी मां को अर्पित करें ये नौ पावन प्रसाद Religious Importance of Leaves in Annaprashan: किस पत्ते का करें चयन? Alternative to silver bowl in annaprashan ritual: चांदी की कटोरी ना हो तो अन्नप्राशन में किस पत्ते का करें उपयोग 7 धार्मिक दृष्टि: यदि धार्मिक शुद्धता और सकारात्मक ऊर्जा को प्राथमिकता देनी हो, तो पीपल, आम और पान के पत्ते का उपयोग शुभ माना जाता है. स्वास्थ्य दृष्टि: यदि स्वास्थ्य और स्वच्छता को ध्यान में रखा जाए, तो केले और पान के पत्ते सबसे सुरक्षित और उपयुक्त होते हैं. विशेष अवसर पर: अन्नप्राशन में शुभता बढ़ाने के लिए केले और पान के पत्ते को प्राथमिकता दी जाती है, क्योंकि ये प्राकृतिक, शुद्ध और शिशु के लिए सुरक्षित हैं. अन्नप्राशन में पत्तों के उपयोग के नियम Alternative to silver bowl in annaprashan ritual: चांदी की कटोरी ना हो तो अन्नप्राशन में किस पत्ते का करें उपयोग पत्तों को अच्छी तरह से धोकर और पवित्र जल से शुद्ध कर लें. पत्तों पर भोजन रखने से पहले घी या हल्का तेल लगाएं ताकि भोजन का स्वाद बेहतर हो. पूजा-पाठ में उपयोग किए गए पत्तों को बाद में बहते जल में प्रवाहित कर दें. यदि अन्नप्राशन के समय चांदी या कांसे की कटोरी उपलब्ध न हो, तो पीपल, आम, केले और पान के पत्तों का उपयोग किया जा सकता है.  ये पत्ते न सिर्फ धार्मिक दृष्टि से शुभ माने जाते हैं, बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी फायदेमंद होते हैं.  केले और पान के पत्ते सबसे बेहतर विकल्प हैं क्योंकि ये प्राकृतिक, शुद्ध और शिशु के लिए सुरक्षित हैं. Also Read: 5 Must Things you should by for Toddlers: छोटे बच्चों के लिए जरूर खरीदें ये 5 चीजें, नहीं होगा पछतावा Also Read: Baby Toys Cleansing Tips: बच्चों के खिलौने को ऐसे करें साफ, जानें आसान टिप्स The post Alternative to Silver Bowl in Annaprashan Ritual: चांदी की कटोरी ना हो तो अन्नप्राशन में किस पत्ते का करें उपयोग appeared first on Naya Vichar.

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मुजफ्फरपुर को एक और बड़ी सौगात! 13.67 करोड़ की लागत से तैयार होगा न्यू आम्रपाली ऑडिटोरियम

Muzaffarpur News: मुजफ्फरपुर को स्मार्ट सिटी बनाने की प्रक्रिया जारी है. इसी क्रम में घिरनी पोखर के सौंदर्यीकरण के बाद, शहर को एक और बड़ी खुशसमाचारी मिली है. मिठनपुरा स्थित जुब्बा सहनी पार्क के पास बने आम्रपाली ऑडिटोरियम का नये सिरे से निर्माण होगा. राज्य प्रशासन ने इसके लिए 13.67 करोड़ रुपये की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) को मंजूरी दे दी गई है. इस महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट के लिए नगर विकास और आवास विभाग ने वित्तीय वर्ष के अंत में सब्सिडी के रूप में एक करोड़ रुपये आवंटित किये हैं. अब नगर निगम तेजी से ऑडिटोरियम के पुनर्निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू करेगा. नये सिरे से निर्माण होने वाले आम्रपाली ऑडिटोरियम में 750-800 लोगों के बैठने की क्षमता होगी और यह सभी आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा. यह पूरी तरह से एयर कंडिशन्ड होगा और इसमें नये ऑडियो-विजुअल सिस्टम, आरामदायक सीटें और अन्य आधुनिक सुविधाएं शामिल होंगी.  शहर में एक आधुनिक ऑडिटोरियम की कमी थी आम्रपाली ऑडिटोरियम का पुनर्निर्माण जिले के लिए एक महत्वपूर्ण विकास है. लंबे समय से, शहर में एक आधुनिक और सुसज्जित ऑडिटोरियम की कमी थी, जिससे बड़े कार्यक्रमों और सांस्कृतिक आयोजनों का आयोजन करना मुश्किल हो गया था. यह नया ऑडिटोरियम न केवल सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देगा, बल्कि शहर में अलग-अलग प्रकार के कार्यक्रमों की मेजबानी के लिए भी मददगार साबित होगा.  मंत्री ने पूरा किया अपना वादा  तत्कालीन मंत्री नितिन नवीन ने अपने मुजफ्फरपुर दौरे के दौरान महापौर निर्मला साहू और नगर आयुक्त विक्रम विरकर के अनुरोध पर ऑडिटोरियम के पुनर्निर्माण और घिरनी पोखर के सौंदर्यीकरण का वादा किया था. अब प्रशासन ने दोनों परियोजनाओं को मंजूरी दे दी है, जो मुजफ्फरपुर के विकास के लिए प्रशासन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है. बता दें, ये दोनों प्रोजेक्ट काफी समय से लंबित था. ALSO READ: इंसान बना हैवान! नाबालिग के साथ 10 लोगों ने की दरिंदगी, नग्न अवस्था में पड़ी मिली पीड़िता The post मुजफ्फरपुर को एक और बड़ी सौगात! 13.67 करोड़ की लागत से तैयार होगा न्यू आम्रपाली ऑडिटोरियम appeared first on Naya Vichar.

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Amit Shah: दरभंगा में खुलेगा मखाना प्रोसेसिंग सेंटर, गृह मंत्री अमित शाह इस दिन करेंगे उद्घाटन

Amit Shah: पटना. हिंदुस्तान प्रशासन के गृह मंत्री सह सहकारिता मंत्री अमित शाह 29-30 मार्च को दो दिवसीय दौरे पर बिहार आ रहे हैं. वे 29 मार्च की शाम में ही पटना आएंगे. जानकारी के अनुसार, बिहार में संचालित समेकित सहकारी विकास परियोजना के तहत दरभंगा में मखाना प्रोसेसिंग सेंटर का उद्घाटन किया जाएगा. साथ ही 11 गोदामों का भी लोकार्पण किया जाएगा. प्रोसेसिंग सेंटरों से मखाना उत्पादक किसान मखाना का मूल्य संवर्धन कर सकेंगे, जो स्थायी बाजार और उचित मूल्य पर उपलब्ध कराएगा. बापू सभागार में करेंगे कई योजनाओं का उद्घाटन 30 मार्च को पटना के बापू सभागार में सहकारिता विभाग की कई योजनाओं का उद्घाटन करेंगे. बापू सभागार में बिहार के 5350 पैक्सों, मत्स्यजीवी सहयोग समितियां और बुनकर सहयोग समितियों, एक हजार दुग्ध उत्पादक सहयोग समितियां, 300 प्रखंडस्तरीय सब्जी उत्पादक सहयोग समितियां तथा 300 हैंडलूम वीवर्स समितियों केप्रतिनिधिगण उपस्थित रहेंगे. गृह मंत्री बिहार राज्य सहकारी बैंक द्वारा बैंक मित्र के रूप में समितियों को माइक्रो एटीएम वितरित करेंगे. इससे ग्रामीण क्षेत्रों में डोर स्टोप बैंकिंग सुविधा सहकारी समितियों के माध्यम से मिलेगी. गोदाम निर्माण का शिलान्यास किया जाएगा नवनिबंधित दुग्ध सहकारी समिति को निबंधन प्रमाण पत्र वितरण, एफपीओ को ऋण वितरण का प्रमाण पत्र दिया जाएगा. जनऔषधि केंद्र का शुभारम्भ, कॉमन सर्विस सेंटरों को क्रियाशील होनेका प्रशस्ति पत्र दिया जाएगा. पीएम कृषक समृद्धि केंद्र का शुभारम्भ, दीप नारायण सिंह क्षेत्रीय सहकारी प्रबंध संस्थान पटना के नवनिर्मित छात्रावास का भी उद्घाटन होगा. 500 पैक्सों को कार्यकलाप आरंभ करनेपर ई-पैक्स घोषित किया जाएगा और प्रमाण पत्र भी वितरित किया जाएगा. राज्य के दो पैक्सों मेंविश्व की सबसे बड़ी अन्न भंडारण योजना के तहत गोदाम निर्माण का शिलान्यास किया जाएगा. बिहार में संचालित एवं केंद्र संचालित विभिन्न योजनाएं चलाई जा रही है. इससे बिहार के पैक्सों को बहुउद्देश्यीय बनाया जा रहा है. Also Read: बिहार की 4 नदियों पर बनेंगे 12 नए पुल, इन शहरों से लोग अब तीन घंटे में पहुंचेंगे पटना The post Amit Shah: दरभंगा में खुलेगा मखाना प्रोसेसिंग सेंटर, गृह मंत्री अमित शाह इस दिन करेंगे उद्घाटन appeared first on Naya Vichar.

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