बैठक में आये लोग उस समय हंगामा करने लगे, जब बैठक से प्रखंड के कई विभागों के अधिकारी बैठक में नहीं दिखे. विधायक डॉ मंजू कुमारी ने लोगों को शांत कराते हुए कहा कि जमुआ के अधिकारी झारखंड प्रशासन के एजेंट बनकर रह गये हैं. यही कारण है कि आज जनता की समस्या सुनने के लिए वे अपने कार्यालय में नहीं रहते हैं. अधिकारी एजेंट के माध्यम से लोगों से मुद्रामोचन करवाते हैं. उन्होंने पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि जिस विभाग से संबंधित आवेदन लेकर लोग जनता दरबार में आयें, उन्हें लोग ब्लॉक का चक्कर लगाने को बाध्य नहीं करें. जनता दरबार में सबसे अधिक मामले जमीन से संबंधित आये.
छात्रवृत्ति का लाभ लेने को चार माह से चक्कर लगा रहे छात्र
धारासिंहटांड़ विद्यालय की छात्र यशोदा कुमारी, पूजा कुमारी, नंदिनी व सोनी ने शिकायत की कि पिछले चार माह से छात्रवृत्ति राशि की भुगतान नहीं हो रही है. वह बराबर अपने शिक्षक से इसकी मांग करती हैं. उन्हें कहा जाता है कि राशि आज-कल में मिल जायेगी. छात्राओं ने जल्द छात्रवृत्ति भुगतान करवाने की मांग की बैठक में राजेंद्र प्रसाद राय, परमेश्वर यादव, विवेक आनंद, साहेब महतो, दशरथ वर्मा, राहुल सिंह, संतोष सिंह, भूदेव सिंह, अशोक सिंह, जयप्रकाश सिंह, विनय राय, उमेश राय, अनंत साव, सोनू मोदी, प्यारी राणा, सुधीर राय आदि मौजूद थे.
डिस्क्लेमर: यह नया विचार समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे नया विचार डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
The post Giridih News :विधायक के जनता दरबार में नहीं पहुंचे अधिकारी, हंगामा appeared first on Naya Vichar.

