नया विचार न्यूज़ समस्तीपुर: जन-समस्याओं के समाधान और प्रशासन की जवाबदेही सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आज समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में जिलाधिकारी श्री रोशन कुशवाहा द्वारा ‘जनता दरबार’ का आयोजन किया गया। इस बैठक में जिले के विभिन्न प्रखंडों से आए फरियादियों ने अपनी समस्याओं को जिलाधिकारी के समक्ष रखा।
विभिन्न विभागों से संबंधित मामलों की हुई सुनवाई
जनता दरबार में मुख्य रूप से राजस्व, पेंशन, स्वास्थ्य, शिक्षा और पुलिस प्रशासन से संबंधित कुल [संख्या डालें, जैसे: 100+] आवेदन प्राप्त हुए। जिलाधिकारी ने एक-एक कर सभी परिवादियों की समस्याओं को गंभीरतापूर्वक सुना और संबंधित विभागीय अधिकारियों को ऑन-स्पॉट समाधान हेतु दिशा-निर्देश दिए।
मुख्य मामले निम्नलिखित रहे:
राजस्व एवं भूमि सुधार: भूमि विवाद, अवैध कब्जा, और दाखिल-खारिज में हो रही देरी से जुड़े सबसे अधिक आवेदन प्राप्त हुए। जिलाधिकारी ने अंचलाधिकारियों (CO) को पारदर्शिता के साथ नियत समय में कार्य पूर्ण करने का आदेश दिया।
सामाजिक सुरक्षा: वृद्धावस्था और विधवा पेंशन के लंबित मामलों पर जिलाधिकारी ने सहायक निदेशक, सामाजिक सुरक्षा को निर्देश दिया कि पात्रता की जाँच कर अविलंब भुगतान सुनिश्चित करें।
स्वास्थ्य सेवाएँ: जिले के विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों पर चिकित्सकों की उपलब्धता और बुनियादी सुविधाओं से जुड़े परिवादों पर सिविल सर्जन को आवश्यक कार्रवाई हेतु निर्देशित किया गया।
अधिकारियों को कड़ी चेतावनी
बैठक के दौरान जिलाधिकारी श्री रोशन कुशवाहा ने स्पष्ट रूप से कहा कि आम जनता को अपने छोटे-छोटे कार्यों के लिए बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। उन्होंने सख्त लहजे में कहा, “जनता की समस्याओं के समाधान में कोताही बरतने वाले पदाधिकारियों और कर्मियों की जवाबदेही तय की जाएगी तथा उन पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।”
सभी जिला स्तरीय अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर उप विकास आयुक्त (DDC), अपर समाहर्ता (Revenue), सिविल सर्जन, जिला शिक्षा पदाधिकारी सहित सभी प्रमुख जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय स्थापित कर जटिल मामलों का त्वरित निस्तारण करने का निर्देश दिया।