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March 23, 2026

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IPL 2026: धोनी ने किया वर्ल्ड चैंपियंस का सम्मान, चेपॉक में गूंजा संजू का नाम

Highlights धोनी ने तीन वर्ल्ड चैंपियंस का बढ़ाया मान  टी20 वर्ल्ड कप में संजू और दुबे का शानदार स्पोर्ट्स  अंडर-19 के हीरो आयुष म्हात्रे को मिला सम्मान  चेपॉक स्टेडियम में दिग्गजों का जमावडा  आईपीएल 2026 में चेन्नई टीम का शेड्यूल  आईपीएल 2026 (IPL 2026) का नया सीजन 28 मार्च से शुरू होने जा रहा है. टूर्नामेंट के आगाज से पहले 22 मार्च को चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) ने अपने घरेलू मैदान चेपॉक स्टेडियम में ‘रोर 2026’ नाम से एक मीट एंड ग्रीट इवेंट आयोजित किया. इस कार्यक्रम में टीम के पूर्व कप्तान एमएस धोनी ने तीन युवा प्लेयर्स को खास मोमेंटो देकर सम्मानित किया. ये तीन प्लेयर संजू सैमसन, शिवम दुबे और आयुष म्हात्रे हैं. इन तीनों ने हाल ही में हिंदुस्तानीय टीम को वर्ल्ड कप जिताने में अपना अहम रोल निभाया है. धोनी ने तीन वर्ल्ड चैंपियंस का बढ़ाया मान  चेन्नई सुपर किंग्स के कैंप में इस बार तीन ऐसे प्लेयर मौजूद हैं, जिन्होंने हाल ही में हिंदुस्तान को वर्ल्ड चैंपियन बनाया है. संजू सैमसन और शिवम दुबे ने टी20 वर्ल्ड कप की ट्रॉफी उठाई है. वही आयुष म्हात्रे ने हिंदुस्तान को अंडर-19 वर्ल्ड कप जिताया है. रविवार को चेपॉक स्टेडियम में आयोजित इवेंट में क्रिकेट के दिग्गज एमएस धोनी ने अपने हाथ से इन तीनों प्लेयर्स को मोमेंटो दिया. चेन्नई फ्रेंचाइजी ने सोशल मीडिया पर इनकी तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा कि महान प्लेयर ने वर्ल्ड चैंपियंस का सम्मान किया. View this post on Instagram A post shared by Chennai Super Kings (@chennaiipl) टी20 वर्ल्ड कप में संजू और दुबे का शानदार स्पोर्ट्स  इसी महीने 8 मार्च को अहमदाबाद में हिंदुस्तान ने टी20 वर्ल्ड कप का फाइनल जीता था. इस टूर्नामेंट में संजू सैमसन और शिवम दुबे ने कमाल का स्पोर्ट्स दिखाया. हिंदुस्तान ने फाइनल मैच में न्यूजीलैंड को 96 रन से मात दी थी. शुरुआती मैच ना स्पोर्ट्स पाने के बाद संजू सैमसन ने जोरदार वापसी की और फाइनल मैच में 89 रन की शानदार पारी स्पोर्ट्सी. उनको प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट भी चुना गया. शिवम दुबे ने भी बीच के ओवर्स में जल्दी रन बनाकर कप्तान सूर्यकुमार यादव की टीम को बेहद मजबूत किया. अंडर-19 के हीरो आयुष म्हात्रे को मिला सम्मान  युवा बल्लेबाज आयुष म्हात्रे ने अपनी कप्तानी में हिंदुस्तान को अंडर-19 वर्ल्ड कप का चैंपियन बनाया है. फरवरी 2026 में स्पोर्ट्से गए इस टूर्नामेंट के फाइनल में हिंदुस्तान ने इंग्लैंड को 100 रन के बडे अंतर से हराया था. यह हिंदुस्तान का छठा अंडर-19 वर्ल्ड कप टाइटल था. हरारे में स्पोर्ट्से गए खिताबी मैच में आयुष ने आगे से टीम को लीड करते हुए शानदार हाफ सेंचुरी लगाई थी. उनके इस बेहतरीन प्रदर्शन के लिए चेन्नई फ्रेंचाइजी ने उन्हें यह सम्मान दिया. चेपॉक स्टेडियम में दिग्गजों का जमावडा  आईपीएल के नए सीजन से पहले चेन्नई की टीम ने फैंस के लिए यह खास कार्यक्रम रखा. इस इवेंट में टीम के मौजूदा प्लेयर्स के साथ कई पुराने दिग्गज भी शामिल हुए. धोनी के अलावा इस कार्यक्रम में अंबाती रायडू, मैथ्यू हेडन, माइकल हसी, हरभजन सिंह, सुरेश रैना, लक्ष्मीपति बालाजी और मुथैया मुरलीधरन मौजूद थे. इन सभी पूर्व प्लेयर्स ने आपस में खूब मस्ती मजाक किया. इस यादगार पल का वीडियो इंटरनेट पर काफी वायरल हो रहा है. View this post on Instagram A post shared by Chennai Super Kings (@chennaiipl) आईपीएल 2026 में चेन्नई टीम का शेड्यूल  आईपीएल 2025 में चेन्नई का प्रदर्शन काफी निराशाजनक रहा था. टीम 14 में से केवल 4 मैच ही जीत पाई थी और पॉइंट्स टेबल में सबसे नीचे रहकर सीजन का अंत किया था. अब नए सीजन में टीम शानदार वापसी करना चाहेगी. चेन्नई की टीम अपना पहला मैच 30 मार्च को राजस्थान रॉयल्स के खिलाफ गुवाहाटी में स्पोर्ट्सेगी. इसके बाद 3 अप्रैल को पंजाब किंग्स और 5 अप्रैल को पिछली बार की चैंपियन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) से मुकाबला होगा. वही 11 अप्रैल को टीम दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मैदान में उतरेगी. ये भी पढ़ें- पलक झपकते ही स्पोर्ट्स खत्म! धोनी की बिजली जैसी फुर्ती ने फिर जीता दिल, क्या आपने देखा यह वीडियो? माही की एक झलक पाने को पागल हुए फैंस, चेन्नई में बस धोनी-धोनी की गूंज The post IPL 2026: धोनी ने किया वर्ल्ड चैंपियंस का सम्मान, चेपॉक में गूंजा संजू का नाम appeared first on Naya Vichar.

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सिर्फ 3 स्टेप में स्किन टैनिंग हटाएं, फॉलो करें क्रिएटर हर्षिता के टिप्स 

Skin Tanning Removal Tips: गर्मियों में धूप में बाहर जाने के बाद हमारी त्वचा पर टैन होना आम बात है. तेज धूप, धूल-मिट्टी और प्रदूषण मिलकर हमारी त्वचा को डल और थकी हुई बना देता है. कितना भी स्किन केयर कर लेने से कई बार टैनिंग जल्दी नहीं हटती. ऐसे में अब आपको परेशान होने की जरूरत नहीं, आप स्किन टैनिंग को घर पर ही हटाकर अपनी त्वचा को फिर से निखार सकते हैं. इसके लिए बस आपको इस आर्टिकल के मदद से सिर्फ 3 स्टेप टैन रिमूवल टिप्स को फॉलो करना पड़ेगा.  स्टेप 1 क्लींजिंग इसके लिए आप दूध में 1 चुटकी हल्दी मिलाएं, फिर इसे धीरे-धीरे कॉटन पेड की मदद से अपनी त्वचा पर लगभग 20 सेकंड तक पोंछें. दूध स्किन को गहराई से साफ करेगा और हल्दी स्किन को मुलायम बनाने में मदद करेगी.  स्टेप 2 टैन रिपेयर पैक इसके लिए आप 1 बड़ा चम्मच बेसन, एक चुटकी हल्दी, 1 बड़ा चम्मच टमाटर का पल्प और ½ छोटी चम्मच कॉफी मिलाएं. इसमें दूध या दही मिलाकर एक चिकना पेस्ट बना लें और टैनिंग वाले जगह पर लगाएं. इसे 5-7 मिनट लगाकर कुछ देर के लिए छोड़ दें. बेसन त्वचा को अच्छे तरीके से साफ करता है, टमाटर से डलनेस कम होती है और कॉफी डेड स्किन को धीरे-धीरे कम करती हैं.   स्टेप 3: जेंटल एक्सफोलिएशन इसे आप लगाकर 15-20 मिनट बाद हल्के से रब करते हुए वॉश करें. जिससे डेड स्किन सेल्स रिमूव हो जाए. इसके बाद आप त्वचा को हाइड्रेटेड रखने के लिए मॉइस्चराइजर या नारियल तेल की कुछ बूंदें लगा लें. अच्छे रिजल्ट के लिए इस रूटीन को हफ्ते में 1-2 बार अपनाएं.  View this post on Instagram A post shared by Harshita Choudhary (@yummy_tummy25) यह भी पढ़ें: Skin Care Tips: गर्मी में चेहरे की चिपचिपाहट का पक्का इलाज, अपनाएं ये कूल टिप्स, स्किन रहेगी फ्रेश यह भी पढ़ें- Skincare Tips: सोने सा चमकेगा आपका चेहरा, बस हल्दी और बेसन का करें इस तरह इस्तेमाल Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारी घरेलू नुस्खों और सामान्य जानकारियों पर आधारित है. यह किसी भी तरह से चिकित्सा सलाह (Medical Advice) का विकल्प नहीं है. बालों या त्वचा से जुड़ी किसी भी समस्या के लिए विशेषज्ञ डॉक्टर या डर्मेटोलॉजिस्ट की सलाह अवश्य लें. किसी भी घरेलू नुस्खे को अपनाने से पहले अपनी सुविधा और एलर्जी की स्थिति को ध्यान में रखें. The post सिर्फ 3 स्टेप में स्किन टैनिंग हटाएं, फॉलो करें क्रिएटर हर्षिता के टिप्स  appeared first on Naya Vichar.

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23 मार्च की टॉप 20 खबरें: खतरनाक मोड़ पर मिडिल ईस्ट जंग, होर्मुज स्ट्रेज पर ईरान ने दी राहत

1. खतरनाक मोड़ पर मिडिल ईस्ट जंग, ईरान के हमलों से टूटा ट्रंप का सब्र, आर-पार के मूड में अमेरिका मिडिल ईस्ट की जंग खतरनाक मोड़ पर पहुंच गई है. इजराइल के मुख्य परमाणु अनुसंधान केंद्र के पास ईरान के हमले से अमेरिका का सब्र का बांध टूट गया है. उसने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर दो दिनों के अंदर ईरान स्ट्रेट ऑफ हार्मुज नहीं खोलता है तो अमेरिका कड़ी कार्रवाई करेगा. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 2. ट्रंप की 48 घंटे की धमकी पर ईरान का दोटूक जवाब, राष्ट्रपति बोले- हम डरने वाले नहीं स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की ओर से दिए गए 48 घंटे के अल्टीमेटम पर ईरान ने कड़ा जवाब दिया है. ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान ने कहा कि यह ईरान को मिटाने की बातें करने वाले विरोधियों की बौखलाहट हैं. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सभी देशों के लिए खुला है, लेकिन उन ताकतों के लिए नहीं जो ईरान के खिलाफ हैं. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 3. सऊदी अरब का ईरान पर एक्शन, डिप्लोमेट्स और स्टाफ को 24 घंटे में देश छोड़ने का अल्टीमेटम मिडिल ईस्ट में हालात बिगड़ते जा रहे हैं. सऊदी अरब ने अपने देश और पड़ोसी देशों पर हो रहे लगातार हवाई हमलों के बाद ईरान के खिलाफ कड़ा कदम उठाया है. गल्फ न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक, सऊदी विदेश मंत्रालय ने ईरान की इन हरकतों की कड़ी निंदा की है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 4. मिडिल ईस्ट संकट के बीच हिंदुस्तान को डबल डोज, अमेरिका से LPG और रूस से ऑयल टैंकर पहुंचा मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और वैश्विक आपूर्ति संकट के बीच हिंदुस्तान के लिए डबल राहत की समाचार है. रविवार को अमेरिका से LPG और रूस से कच्चे तेल का टैंकर सुरक्षित रूप से हिंदुस्तान पहुंच गया है. इन आपूर्ति के कारण घरेलू पेट्रोल, डीजल और गैस की कीमतों को स्थिर रखने में मदद मिलेगी. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 5. ट्रंप की धमकी के बाद ईरान का आश्वासन, दुश्मनों के अलावा सभी देशों के जहाज होर्मुज स्ट्रेज से गुजरेंगे ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही को लेकर अपने रुख में थोड़ी नरमी दिखाई है, जिससे यह प्रतीत हो रहा है कि संभवत: विश्व पर मंडरा रहा ऊर्जा संकट कुछ कम होगा. हालांकि अभी यह निश्चत तौर पर नहीं कहा जा सकता है क्योंकि ईरान ने यह कहा है कि वह दुश्मन देश के अलावा अन्य सभी देशों के जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करेगा. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 6. जहाजों पर काम करने वाले कर्मचारियों के यूनियन का दावा–होर्मुज स्ट्रेट में फंसे हैं 23 हजार हिंदुस्तानीय ईरान युद्ध छिड़ने के बाद से खाड़ी क्षेत्र में रहने वाले हजारों हिंदुस्तानीय सुरक्षा के दृष्टिकोण से अपने देश लौट आए हैं. जो लोग जहाजों पर हैं और होर्मुज स्ट्रेट से गुजर कर हिंदुस्तान आने वाले हैं, उनके सामने युद्ध की वजह से गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है. प्रशासन उनकी सुरक्षित वापसी की कोशिश कर रही है, लेकिन अभी सबकुछ सामान्य नहीं है. फाॅरवर्ड सीमेन यूनियन ऑफ इंडिया का दावा है कि खाड़ी क्षेत्र में सऊदी अरब से लेकर होर्मुज स्ट्रेट तक लगभग 23 हजार लोग फंसे हैं. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 7. हिंदुस्तान में सबसे लंबे समय तक प्रशासन चलाने वाले नेता बने पीएम मोदी, 2001 में शुरू हुआ था सफर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश में सबसे लंबे समय तक प्रशासन चलाने वाले नेता बन गए हैं. उन्होंने गुजरात के मुख्यमंत्री और देश के प्रधानमंत्री के तौर पर सबसे लंबे समय तक यानी लगभग 24 साल 5 महीने तक प्रशासन चलाई है और अभी भी वे प्रधानमंत्री हैं. पीएम मोदी ने सिक्किम के मुख्यमंत्री पवन कुमार चामलिंग को प्रशासन चलाने के मामले में पीछे छोड़ दिया है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 8. ग्लोबल टेररिज्म इंडेक्स में पाकिस्तान नंबर वन, 2025 में हुईं 1139 मौतें, हिंदुस्तान का नंबर देखें ग्लोबल टेररिज्म इंडेक्स में पाकिस्तान पहले स्थान पर पहुंच गया है. यह पहली बार है, जब पाकिस्तान आतंकवाद से जुड़ी मौतों के मामले में नंबर वन बना है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 9. युद्ध के बीच ईरान का सबसे बड़ा नोट लांच, कीमत 1 करोड़ रियाल, लेकिन रुपये के सामने बौनी ईरान ने 1,00,00,000 रियाल का नोट जारी किया है. इतनी बड़े डिनॉमिनेशन वाला नोट उसके इतिहास का सबसे बड़ा करेंसी नोट है. इससे पहले 50 लाख रियाल नोट जारी किया गया था. इजरायल और अमेरिका के साथ युद्ध में फंसे ईरान ने आर्थिक संकट से निकलने का एक और दांव चला है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 10. असम चुनाव : कांग्रेस ने 7 उम्मीदवारों की अंतिम सूची जारी की, देखें किसे कहां से मैदान पर उतारा कांग्रेस ने असम विधानसभा चुनाव के लिए रविवार को 7 उम्मीदवारों की पांचवीं और अंतिम सूची जारी की. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 11. कोलकाता से पहले सिलीगुड़ी में PM मोदी का मेगा रोड शो, उत्तर बंगाल फतह का ये है BJP प्लान बंगाल चुनाव 2026 के लिए पीएम मोदी 7 या 8 अप्रैल को सिलीगुड़ी में रोड शो करेंगे. भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन बंगाल के 10 जोन में बैठक कर संगठन को मजबूत करेंगे. जानें भाजपा का पूरा चुनावी प्लान. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 12. बंगाल चुनाव 2026: ममता बनर्जी के चुनावी शंखनाद पर कुदरत का पहरा, अलीपुरदुआर की जनसभा टली उत्तर बंगाल में भारी बारिश और आंधी के अलर्ट के चलते पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का मंगलवार का अलीपुरदुआर दौरा रद्द कर दिया गया है. जानें क्या है नया शेड्यूल और मौसम का हाल. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 13. कहीं मछली लेकर प्रचार, तो कहीं प्रत्याशी ने बना दी रोटी, बाली में बजरंगबली के दर पर दिखा अनोखा भाईचारा पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दौरान उम्मीदवारों के प्रचार के अनोखे रंग. विधाननगर में भाजपा की ‘मछली वाली नेतृत्व’, बीरभूम में दाढ़ी बनाते उम्मीदवार और बाली में टीएमसी-भाजपा प्रत्याशी का गले मिलना. पढ़ें पूरी रिपोर्ट. 14. एक्शन मोड में चुनाव आयोग, थानों में बड़े अफसर, वोटिंग से पहले ‘खौफ का स्पोर्ट्स’ खत्म! पश्चिम बंगाल चुनाव 2026 के लिए निर्वाचन आयोग ने निगरानी बढ़ा दी है. पुलिस के बड़े अधिकारियों ने थानों का दौरा शुरू

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गोवा मुक्ति आंदोलन के नायक थे डॉ लोहिया, पढ़ें केसी त्यागी का आलेख

Dr Ram Manohar Lohia: जब समूचा देश आजादी के जश्न में डूबा था, तब पुर्तगाली तानाशाही के चंगुल से त्रस्त गोवावासी परिवर्तन की बयार की प्रतीक्षा में थे. इसके मूल में दो बातें मुख्य थीं. एक तो पुर्तगाल स्वयं डॉ सालाजार की फासिस्ट तानाशाही में जकड़ा हुआ था. इसके साथ ही सालाजार शाही का यह विश्वास था कि गोवा और अन्य उपनिवेशों में पुर्तगाल ‘ईश्वर और धर्म’ की खातिर टिका हुआ है. गोवा में लंबे समय तक पुर्तगाली शासन के बने रहने का बड़ा कारण स्वतंत्र हिंदुस्तान प्रशासन की यह धारणा भी थी कि गोवा की मुक्ति में प्रशासन किसी प्रकार का बल प्रयोग नहीं करेगी. गांधी जी के समर्थन के बाद भी दिग्गज कांग्रेसियों ने गोवा की आजादी का मुद्दा नहीं उठाया था. स्वयं पंडित नेहरू का वह बयान काफी निराशाजनक था, कि जब कांग्रेस हिंदुस्तान की आजादी के मोर्चे पर अपनी सारी शक्ति केंद्रित किए हुए है, तब हमें छोटी लड़ाइयों पर ध्यान देने की जरूरत नहीं है. सितंबर, 1946 तक हिंदुस्तान में अंतरिम प्रशासन बन चुकी थी और पं. नेहरू प्रधानमंत्री बने. जनता को आशा थी कि अंतरिम प्रशासन गोवा के मामले में कुछ फैसलाकुन कदम उठाएगी, पर वैसा कुछ नहीं हुआ. तब यह भी कहा जाने लगा कि हिंदुस्तान अगर यूरोप के सबसे कमजोर देश पुर्तगाल तक के विरुद्ध आवाज नहीं उठा सकता, तो उससे वैश्विक सम्मेलनों में जनतंत्र की शक्ति के रूप में काम करने की उम्मीद छोड़ देनी चाहिए. वर्ष 1928 में गोवा कांग्रेस कमेटी का गठन हुआ था. कई वर्षों तक गोवा कांग्रेस कमेटी राष्ट्रीय कांग्रेस से संबद्ध थी, पर 1935 के गवर्नर ऑफ इंडिया एक्ट के तहत किये गये संवैधानिक सुधारों के फलस्वरुप राष्ट्रीय कांग्रेस ने ब्रिटिश हिंदुस्तान के अलावा अपनी अन्य शाखों से संबंध तोड़ लिया. लिहाजा गोवा कांग्रेस का भी राष्ट्रीय कांग्रेस से संबंध समाप्त हो गया. इससे गोवा के राष्ट्रवादियों का मनोबल टूट गया. नेताजी सुभाष चंद्र बोस तब कांग्रेस अध्यक्ष थे और उनसे मिलकर डॉ कुन्हा की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित हुई, जिसका मुख्य जोर गोवा में कार्यकर्ताओं से संपर्क कर वहां नागरिक स्वतंत्रता की बहाली और पुर्तगाल के हिंदुस्तानीय उपनिवेशों में उत्तरदायी शासन की स्थापना के लिए आंदोलन चलाना था. गांधी, नेहरू और पटेल हिंदुस्तान छोड़ो आंदोलन में गिरफ्तार हो चुके थे, पर तरुण समाजवादियों ने भूमिगत होकर सत्याग्रह आंदोलन का सफल नेतृत्व किया. डॉ लोहिया काफी अस्वस्थ थे. वह अपने मित्र डॉ जूलियाओ मेनेजेस के पास चिकित्सा जांच हेतु मुंबई पहुंचे, तो डॉ ने उन्हें गोवा स्थित अपने आवास पर आने का निमंत्रण दिया. डॉ लोहिया के गोवा पहुंचने की समाचार जंगल की आग की तरह फैल गयी. उनसे मिलने वालों का तांता लग गया, जिनमें अधिकांश अध्यापक, कामकाजी लोग, छोटे व्यवसायी और मिस्त्री थे. गोवा के इतिहास में 18 जून, 1946 परिवर्तन का साक्षी बना, जब कामगारों द्वारा एक सभा आयोजित की गयी. जब लोहिया अपने साथी के साथ सभास्थल पर पहुंचे, तो प्रशासक कैप्टन मिरांडा ने उनके पास पहुंचकर उनसे विक्टोरिया से न उतरने का आग्रह किया. पर डॉ लोहिया ने उस पर ध्यान नहीं दिया. क्रोधित मिरांडा ने रिवाल्वर निकालकर लोगों पर तान दिया. डॉ लोहिया ने मिरांडा के रिवॉल्वर वाले हाथ को कसकर पकड़ लिया और सभा को संबोधित करने लगे. गोवा आंदोलन में वह पहला प्रतिरोध था. हालांकि डॉ लोहिया और उनके साथियों को गिरफ्तार कर लिया गया. अधिकारी निरंतर प्रयास करते रहे कि डॉ लोहिया गोवा छोड़कर बेलगांव चले जायें अथवा अधिकारियों द्वारा स्वीकृति प्राप्त करने के बाद ही सभा आयोजित करें. डॉ लोहिया ने जनसमूह को संबोधित कर लंबी लड़ाई के लिए आवाहन किया. लिहाजा प्रशासन द्वारा उन्हें सड़क मार्ग पणजी ले जाया गया, हालांकि उन्नादी भीड़ से रास्ता बनाने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा. डॉ लोहिया के गोवा से बाहर जाने के बाद भी आंदोलन रुका नहीं. गोवा के स्थानीय दलों के साथ राष्ट्रीय स्तर के दल और नेता संघर्ष में भागीदार बनने लगे. हजारों कार्यकर्ता वर्षों तक कारागार में रहे. नेताओं-कार्यकर्ताओं को दी जा रही यातनाओं ने विरोध के स्वर और तेज कर दिये. जन भावनाओं के उभार ने आखिरकार केंद्र प्रशासन को दखल देने के लिए मजबूर कर दिया. दिसंबर, 1961 में हिंदुस्तानीय शस्त्र सेवा के दखल के बाद गोवा को पुर्तगाली शासन से मुक्त कराया गया. गोवा मुक्ति आंदोलन से जुड़े घटनास्थल आज खंडहरों की शक्ल में हैं. मडगांव स्थित एक सुनसान पार्क में डॉ लोहिया की आदमकद मूर्ति लगी है. जिस अगुआड़ा जेल में डॉ लोहिया समेत सभी वरिष्ठ नेता रहे थे, उसके रखरखाव का कोई प्रबंध नहीं है. (ये लेखक के निजी विचार हैं.) The post गोवा मुक्ति आंदोलन के नायक थे डॉ लोहिया, पढ़ें केसी त्यागी का आलेख appeared first on Naya Vichar.

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सुंदरबन में मौत से महायुद्ध : बाघ ने जबड़े में दबोच लिया मछुआरे का सिर, 5 साथियों ने ऐसे बचायी जान

Sundarban Tiger Attack: सुंदरबन के घने जंगलों में रोजी-रोटी की तलाश मौत के करीब ले गयी, लेकिन दोस्तों ने बहादुरी का परिचय दिया और उसे मौत के मुंह से निकाल लाये. शनिवार शाम को दक्षिण 24 परगना के शमशेरनगर के एक मछुआरे निखिल मंडल पर आदमखोर बाघ ने उस वक्त जानलेवा हमला कर दिया, जब वह अपने साथियों के साथ केंकड़ा पकड़ रहा था. 10 मिनट तक जारी रहा बाघ से संघर्ष बाघ निखिल को खींचकर गहरे जंगल में ले जाने ही वाला था कि उसके 5 साथियों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए बाघ पर लाठियों और बांस से धावा बोल दिया. करीब 10 मिनट तक चले इस रोंगटे खड़े कर देने वाले संघर्ष के बाद बाघ को पीछे हटना पड़ा. फिलहाल, निखिल बशीरहाट जिला अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहा है. नाव पर छलांग और सीधा गर्दन पर वार घटना सुंदरबन के बड़ीतला जंगल क्षेत्र की है. निखिल मंडल अपने 5 साथियों के साथ नाव पर सवार होकर केंकड़ा पकड़ने निकला था. प्रत्यक्षदर्शी गोविंद मंडल ने बताया कि वे सभी काम में व्यस्त थे. तभी अचानक झाड़ियों से निकलकर एक विशालकाय बाघ ने सीधे नाव पर छलांग लगा दी. बाघ ने बिजली की फुर्ती से निखिल की गर्दन को अपने जबड़ों में जकड़ लिया और उसे पानी में खींचने लगा. बंगाल की समाचारें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें बाघ की गर्दन पर वार कर बचायी दोस्त की जान अचानक हुए हमले से एक पल के लिए सभी सन्न रह गये, लेकिन गोविंद और अन्य साथियों ने तुरंत मोर्चा संभाला. गोविंद ने बताया- बाघ निखिल को जंगल की ओर खींच रहा था. मैंने पूरी ताकत से बांस उठाकर बाघ की गर्दन और सिर पर वार करना शुरू किया. हमारे शोर और लगातार हमलों से बाघ सकपका गया और निखिल को छोड़कर वापस जंगल में भाग गया. बशीरहाट जिला अस्पताल में भर्ती निखिल की हालत नाजुक बाघ के हमले में निखिल के सिर और गर्दन पर गहरे जख्म आये हैं. खून से लथपथ हालत में साथी उसे तुरंत योगेशगंज अस्पताल ले गये, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसे बशीरहाट जिला अस्पताल रेफर कर दिया. अस्पताल में निखिल की हालत काफी चिंताजनक बनी हुई है. उसे कड़ी निगरानी में रखा गया है. सुंदरबन की कड़वी हकीकत सुंदरबन में यह कोई पहली घटना नहीं है. यहां के मछुआरे अपनी जान जोखिम में डालकर मछली और केंकड़ा पकड़ने जंगल के प्रतिबंधित कोर एरिया के पास जाने को मजबूर हैं. वन विभाग बार-बार चेतावनी देता है, लेकिन जीविका का कोई दूसरा साधन न होने के कारण ग्रामीण हर दिन ‘यमराज’ के इलाके में कदम रखते हैं. इसे भी पढ़ें सुंदरबन में बाघ से जंग जारी : 5 साल में 21 मौतें, आंकड़े घटे लेकिन खतरा बरकरार सुंदरबन के लोगों तक नहीं पहुंच पायेंगे बाघ, लग रहे 300 फिशिंग सेंसर लाइट सुंदरबन दुनिया का सुंदर क्षेत्र, बंगाल प्रशासन ने नहीं किया इसका विकास, बोले भूपेंद्र यादव सुंदरवन में हर दो महीने पर होगी मगरमच्छों की गणना The post सुंदरबन में मौत से महायुद्ध : बाघ ने जबड़े में दबोच लिया मछुआरे का सिर, 5 साथियों ने ऐसे बचायी जान appeared first on Naya Vichar.

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दिल्ली में होगी बारिश, जानें यूपी-बिहार सहित अन्य राज्यों के मौसम का हाल

Weather Forecast : मौसम विभाग ने प्रेस रिलीज जारी करके बताया कि मौजूदा पश्चिमी विक्षोभ के असर से 23 मार्च को हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में कुछ जगहों पर हल्की बारिश या बर्फबारी हो सकती है. इसके साथ गरज-चमक और 30–50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चलने के आसार हैं. 23 से 24 और फिर 27-28 तारीख के बीच उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल (दार्जिलिंग, कालिम्पोंग, जलपाईगुड़ी वाला इलाका) और सिक्किम में मौसम बदल सकता है. वहीं 24, 27 और 28 को गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल (कोलकाता, हावड़ा, हुगली वाला इलाका) में भी असर दिखेगा. इसके अलावा 24 से 28 मार्च के दौरान बिहार और ओडिशा में गरज-चमक के आसार हैं. यहां 30–50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं के साथ कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. झारखंड का कैसा रहेगा मौसम झारखंड में 23 से 26 मार्च के बीच मौसम मिलाजुला रहने वाला है. हल्के से मध्यम बादल छाए रहेंगे और मौसम शुष्क रहेगा. 23 मार्च से तापमान में 5-6 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है. 24-25 मार्च को आंशिक बादल रहेंगे, लेकिन बारिश के आसार कम हैं. वहीं 26 मार्च को दक्षिणी हिस्सों में कहीं-कहीं गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. Jharkhand weather उत्तर प्रदेश का कैसा रहेगा मौसम उत्तर प्रदेश में 23 से 25 मार्च तक मौसम ज्यादातर शुष्क रहने की संभावना है. प्रदेश के दोनों हिस्सों (पूर्वी व पश्चिमी यूपी) में खास बदलाव नहीं दिखेगा. 26 मार्च से मौसम करवट ले सकता है. कुछ जगहों पर गरज-चमक के साथ बारिश और ओले गिरने की संभावना है. खासकर पश्चिमी यूपी में मौसम बदल सकता है. 27 मार्च को पूर्वी यूपी में भी कहीं-कहीं बारिश और ओलावृष्टि हो सकती है. Up weather दिल्ली में बारिश के आसार दिल्ली में 23 से 28 मार्च के बीच मौसम ज्यादातर बदलता हुआ नजर आएगा. इस दौरान आसमान आमतौर पर आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहेगा, जबकि 23 मार्च को हल्की बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की भी संभावना है. Delhi weather राजस्थान का मौसम कैसा रहेगा? 25 मार्च को पश्चिमी राजस्थान में और 23 व 25 मार्च को पूर्वी राजस्थान के कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. वहीं 26 मार्च को पूर्वी राजस्थान में कहीं-कहीं बिजली गिरने की भी संभावना है. पूरा प्रेस रिलीज देखने के लिए यहां क्लिक करें The post दिल्ली में होगी बारिश, जानें यूपी-बिहार सहित अन्य राज्यों के मौसम का हाल appeared first on Naya Vichar.

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तृणमूल कांग्रेस ने असम के लिए उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी की, मांडिया से लड़ेंगे शेरमन अली अहमद

TMC Candidate List Assam: तृणमूल कांग्रेस ने रविवार को असम विधानसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की अपनी दूसरी सूची की घोषणा की, जिसमें कांग्रेस विधायक शेरमन अली अहमद को मांडिया निर्वाचन क्षेत्र से उम्मीदवार बनाया गया है, जबकि पार्टी की राज्य इकाई के वरिष्ठ उपाध्यक्ष डुलू अहमद की उम्मीदवारी वापस ले ली गयी. नवीनतम सूची में पार्टी के सात उम्मीदवारों के नाम हैं, जबकि पहली सूची में 11 उम्मीदवार थे. अब तक 17 उम्मीदवार घोषित चमारिया निर्वाचन क्षेत्र से पार्टी उम्मीदवार डुलू अहमद की उम्मीदवारी वापस लेने के बाद, तृणमूल ने अब तक 17 सीट के लिए अपने उम्मीदवारों की घोषणा की है. शेरमन अली अहमद, जो पार्टी अनुशासन का बार-बार उल्लंघन करने के कारण विधायक के रूप में अपने वर्तमान कार्यकाल के अधिकांश समय तक कांग्रेस से निलंबित रहे, इस महीने की शुरुआत में एक अन्य विपक्षी पार्टी, रायजोर दल में शामिल हो गये थे. 3 बार के विधायक कांग्रेस छोड़ टीएमसी में शामिल चूंकि, रायजोर दल अब कांग्रेस सहित 6 दलों के विपक्षी गठबंधन का हिस्सा है, इसलिए शनिवार देर रात प्रकाशित अपनी अंतिम सूची में उसने शेरमन अली अहमद को टिकट देने से इनकार कर दिया, जिसके बाद 3 बार के विधायक अहमद टीएमसी में शामिल हो गये और उन्हें मांडिया से तृणमूल का उम्मीदवार बनाया गया है. बंगाल की समाचारें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें सेकेंड लिस्ट में इन लोगों को बनाया गया उम्मीदवार हाजो-सुआलकुची से रोजी अहमद गुवाहाटी सेंट्रल से अभिजीत मजूमदार चाबुआ-लाहोवाल से इनुस कुमार कंदन मरियानी से परेश बोरा करीमगंज उत्तर से परिमल रंजन रॉय करीमगंज दक्षिण से अजीज अहमद खान चमारिया से पार्टी ने वापस लिया उम्मीदवार पार्टी ने कहा है कि पहली सूची (क्रम संख्या 6) में संशोधन. चमारिया विधानसभा क्षेत्र (एलएसी संख्या 27) से उम्मीदवारी वापस ले ली गयी है. पहली सूची में घोषित प्रमुख उम्मीदवारों के नाम कोकराझार से उदंगश्री नरजारी बिलासीपारा से मोमिनुर इस्लाम अभयपुरी से कौशिक रंजन दास बजाली से कल्याणी कलिता गोरेश्वर से राजन चौहान मंगलदाई से हरे कृष्ण डेका काटीगोरा से फजीउर रहमान लस्कर सोनाई से शाहजहां लस्कर 9 अप्रैल को 126 सीट पर चुनाव असम विधानसभा की 126 सीट के लिए 9 अप्रैल को चुनाव कराये जायेंगे. असम में इस बार एक ही दिन में सभी सीटों पर वोटिंग होगी. मतगणना 4 मई को होगी और उसी दिन तय हो जायेगा कि प्रदेश में किसकी प्रशासन बनेगी. इसे भी पढ़ें बंगाल चुनाव 2026: ममता बनर्जी के चुनावी शंखनाद पर कुदरत का पहरा, अलीपुरदुआर की जनसभा टली कहीं मछली लेकर प्रचार, तो कहीं प्रत्याशी ने बना दी रोटी, बाली में बजरंगबली के दर पर दिखा अनोखा भाईचारा कोलकाता से पहले सिलीगुड़ी में PM मोदी का मेगा रोड शो, उत्तर बंगाल फतह का ये है BJP प्लान एक्शन मोड में चुनाव आयोग, थानों में बड़े अफसर, वोटिंग से पहले ‘खौफ का स्पोर्ट्स’ खत्म! The post तृणमूल कांग्रेस ने असम के लिए उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी की, मांडिया से लड़ेंगे शेरमन अली अहमद appeared first on Naya Vichar.

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TVS Ronin के सभी वेरिएंट्स की कीमत में कितना फर्क? खरीदने से पहले जरूर देखें

TVS Ronin कोई नॉर्मल कम्यूटर बाइक नहीं है. ये क्रूजर, स्क्रैम्बलर और रोडस्टर का एक मिक्स है. यानी स्टाइल और यूनिक लुक का पूरा पैकेज आपको मिलता है. इसकी शुरूआती कीमत सिर्फ ₹1.26 लाख (ex-showroom) है. ये खासतौर पर उन यंग राइडर्स और बिगिनर्स के लिए है जो सिर्फ परफॉर्मेंस नहीं बल्कि स्टाइल के साथ प्रैक्टिकलिटी भी चाहते हैं. Ronin की वेरिएंट्स SS (Base Variant): यह बेसिक वर्जन है. इसमें single-channel ABS और नॉर्मल कलर ऑप्शन्स मिलते हैं. DS (Mid Variant): इस वर्जन में बेहतर कलर स्कीम और स्टाइलिंग के साथ single-channel ABS की सुविधा बनी रहती है. थोड़ा स्टाइलिश और अपग्रेडेड. TD (Top Variant): टॉप वर्जन वो है जिसमें dual-channel ABS, Bluetooth connectivity, navigation और प्रीमियम फिनिश जैसे सभी शानदार फीचर्स मिलते हैं. इसके अलावा, Agonda Edition भी है, जो गोवा की खूबसूरत वाइब से प्रेरित है और एक अलग ही कलर थीम में आता है. वेरिएंट्स एक्स-शोरूम प्राइस TVS Ronin – Base Lightning Black ₹1,26,690 TVS Ronin – Base Magma Red ₹1,28,990 TVS Ronin – Agonda Edition ₹1,30,990 TVS Ronin – Mid Glacier Silver ₹1,48,040 TVS Ronin – Mid Charcoal Ember ₹1,49,340 TVS Ronin – Top Nimbus Grey ₹1,60,140 TVS Ronin – Top Midnight Blue ₹1,60,140 TVS Ronin का डिजाइन  Ronin की neo-retro डिजाइन इसे बाकी बाइक्स से अलग बनाती है. गोल LED headlamp के साथ T-shaped light signature, चौड़े हैंडलबार और chunky tyres इसे एक bold और modern लुक देते हैं. इंजन और परफॉरमेंस Ronin में 225.9cc का ऑयल-कूल्ड इंजन है, जो 20.4 PS की पावर और 19.93 Nm का टॉर्क देता है. सुनने में ये नंबर बहुत जोरदार नहीं लगते, लेकिन इसका असली मजा स्मूथ और रिलैक्स राइडिंग relaxed riding में है. शहर के ट्रैफिक में Ronin को हैंडल करना बहुत आसान लगता है, इसकी हल्की वजन (लगभग 160 किग्रा) और मजबूत लो स्ट्रंग LED टॉर्क की वजह से है. और हां, इसमें Glide Through Technology (GTT) भी है, यानी ट्रैफिक में बिना throttle के भी बाइक धीरे-धीरे चल सकती है. TVS Ronin के फीचर्स  फीचर्स और टेक्नोलॉजी की बात करें तो TVS ने Ronin में काफी कुछ खास दिया है. इसमें मिलती है फुल डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर और SmartXonnect Bluetooth कनेक्टिविटी (हाई वेरिएंट्स में). इसका मतलब? अब आप नेविगेशन, कॉल अलर्ट्स, और वॉइस असिस्टेंट का मजा ले सकते हैं. इसके अलावा, फुल LED लाइटिंग, USB चार्जिंग पोर्ट, और दो राइडिंग मोड्स Rain और Urban भी हैं. ये मोड्स ब्रेकिंग रिस्पॉन्स को मौसम और सड़क की स्थिति के हिसाब से एडजस्ट करते हैं. यह भी पढ़ें: Suzuki Access 125 के सभी वेरिएंट्स की कीमत में कितना फर्क? खरीदने से पहले जरूर देखें The post TVS Ronin के सभी वेरिएंट्स की कीमत में कितना फर्क? खरीदने से पहले जरूर देखें appeared first on Naya Vichar.

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₹20,000 से कम के स्मार्टफोन्स में कौन है ऑल-राउंडर?

हिंदुस्तान में स्मार्टफोन की कीमतें मेमोरी चिप की कमी के चलते बढ़ रही हैं, लेकिन ₹20,000 के अंदर अब भी कई दमदार विकल्प मौजूद हैं. इस सेगमेंट में मोटोरोला, रियलमी, इनफिनिक्स, वीवो और पोको जैसी कंपनियां अपने नये मॉडल्स लेकर आयी हैं. अगर आप बैटरी, कैमरा, डिजाइन या ऑल-राउंड परफॉर्मेंस को प्राथमिकता देते हैं, तो यह लिस्ट आपके लिए सही चुनाव आसान बना देगी. ऑल-राउंडर: Motorola Edge 60 Fusion मोटोरोला का Edge 60 Fusion इस लिस्ट का सबसे बैलेंस्ड फोन है. इसमें 6.7-इंच FHD+ OLED डिस्प्ले, 50MP OIS कैमरा और मिलिट्री-ग्रेड ड्यूरेबिलिटी मिलती है. IP68+IP69 रेटिंग के साथ यह पानी और धूल से सुरक्षित है. 5,500mAh बैटरी और 68W फास्ट चार्जिंग इसे लंबे समय तक भरोसेमंद बनाती है. बैटरी और चार्जिंग: realme P4 5G अगर आप पावर यूजर हैं तो रियलमी P4 5G आपके लिए है. इसमें 7,000mAh की विशाल बैटरी और 80W फास्ट चार्जिंग दी गई है. 4,500 निट्स ब्राइटनेस वाला AMOLED डिस्प्ले और UFS 3.1 स्टोरेज इसे मीडिया और गेमिंग के लिए बेहतरीन बनाते हैं. स्टाइलिश डिजाइन: Infinix NOTE Edge 5G इनफिनिक्स NOTE Edge 5G अपने 3D कर्व्ड 1.5K AMOLED डिस्प्ले और प्रीमियम डिजाइन के कारण सबसे अलग दिखता है. इसमें 6,500mAh बैटरी और IP65 रेटिंग दी गई है. यह उन यूजर्स के लिए है, जो फोन के लुक्स और स्टाइल को प्राथमिकता देते हैं. डिस्प्ले और मीडिया: POCO X7 पोको X7 में 6.67-इंच 1.5K OLED डिस्प्ले और Gorilla Glass Victus 2 प्रोटेक्शन है. यह फोन मीडिया कंजम्प्शन के लिए सबसे अच्छा विकल्प है. 5,500mAh बैटरी और 45W चार्जिंग इसे बैलेंस्ड बनाते हैं. बैटरी मॉन्स्टर: Vivo T5x 5G वीवो T5x 5G में 7,200mAh की बैटरी है, जो इस लिस्ट में सबसे बड़ी है. 50MP कैमरा और 32MP सेल्फी शूटर के साथ यह लंबे समय तक चलने वाला फोन है. Android 16 और OriginOS 6 इसे फ्यूचर-प्रूफ बनाते हैं. किसे चुनें? अगर आप ऑल-राउंड परफॉर्मेंस चाहते हैं तो Motorola Edge 60 Fusion सही रहेगा. बैटरी और चार्जिंग के लिए realme P4 5G सबसे बेहतर है. स्टाइलिश डिजाइन चाहने वालों के लिए Infinix NOTE Edge 5G, जबकि मीडिया यूजर्स के लिए POCO X7 और बैटरी हैवी यूजर्स के लिए Vivo T5x 5G सबसे उपयुक्त विकल्प हैं. यह भी पढ़ें: Redmi 15A 5G लॉन्च डेट कन्फर्म, डिजाइन और फीचर्स की झलक आई सामने यह भी पढ़ें: हिंदुस्तान में Samsung Galaxy M17e की बिक्री हुई शुरू, खरीदने से पहले जानें क्या है खास The post ₹20,000 से कम के स्मार्टफोन्स में कौन है ऑल-राउंडर? appeared first on Naya Vichar.

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टिकट रिफंड के लिए एयरलाइंस नहीं थोप सकेंगी क्रेडिट शेल, जानें कितने दिनों में आएगा खाते में पैसा

Flight Ticket Refund Rules 2026: अक्सर फ्लाइट टिकट कैंसिल होने पर एयरलाइंस यात्रियों को पैसे वापस करने के बजाय क्रेडिट शेल या वाउचर थमा देती थीं, जिसका इस्तेमाल अगली यात्रा में ही किया जा सकता था. लेकिन अब DGCA के नए नियमों ने यात्रियों को अपना हक वापस दिला दिया है. आपकी मर्जी, आपका पैसा नए नियमों के अनुसार, अब रिफंड का पैसा ‘क्रेडिट शेल’ (वाउचर) में रखना है या बैंक अकाउंट में वापस लेना है, यह पूरी तरह यात्री का फैसला होगा. एयरलाइन अपनी मर्जी से आपको वाउचर लेने के लिए मजबूर नहीं कर सकती. अगर आप नकद पैसा वापस चाहते हैं, तो कंपनी को हर हाल में रिफंड देना होगा. पाई-पाई का देना होगा हिसाब अब एयरलाइंस को टिकट कैंसिल होने पर कटने वाले चार्ज और वापस मिलने वाली राशि का पूरा ब्योरा देना होगा. यह जानकारी टिकट या अलग फॉर्म पर साफ-साफ लिखी होनी चाहिए. एयरलाइन को अपनी वेबसाइट पर भी रिफंड का पूरा गणित दिखाना होगा.इससे यात्रियों को पहले से पता रहेगा कि कैंसिलेशन के बाद उन्हें असल में कितना रिफंड मिलेगा. रिफंड के लिए तय हुई समयसीमा DGCA ने रिफंड मिलने की डेडलाइन भी तय कर दी है ताकि यात्रियों को हफ्तों इंतजार न करना पड़े: अगर पेमेंट क्रेडिट कार्ड से हुई है, तो 7 वर्किंग डेज के अंदर पैसा वापस करना होगा. अगर टिकट किसी एजेंट के जरिए बुक है, तो भी जिम्मेदारी एयरलाइन की होगी और 14 वर्किंग डेज में रिफंड पूरा करना होगा. नकद भुगतान की स्थिति में उसी दफ्तर से तुरंत रिफंड मिलेगा, जहाँ से टिकट लिया गया था. यात्रियों को क्या होगा फायदा? 26 मार्च से लागू होने वाले इन नियमों से एयरलाइंस की मनमानी खत्म होगी. अब यात्री रिफंड के रूप में अपनी मेहनत की कमाई वापस पा सकेंगे, न कि उन्हें मजबूरी में भविष्य के वाउचर लेने पड़ेंगे. यह कदम हवाई सफर को और भी ज्यादा पैसेंजर-फ्रेंडली बनाएगा. Also Read: क्या होगा अगर आप बैंक लॉकर का किराया देना भूल जाएं? जानें सामान जब्त होने से लेकर लॉकर तोड़ने तक के नियम The post टिकट रिफंड के लिए एयरलाइंस नहीं थोप सकेंगी क्रेडिट शेल, जानें कितने दिनों में आएगा खाते में पैसा appeared first on Naya Vichar.

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