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Author name: Vinod Jha

nayavichar.com पर संपादक हैं। पटना स्थित स्वतंत्र पत्रकार और लेखक व एक दशक से अधिक का व्यापक अनुभव है। पत्रकारिता, प्रकाशन और विज्ञापन में अनुभव सभी प्रकार की सामग्री के साथ काम करने में सक्षम बनाता है: ब्लॉग पोस्ट, सोशल मीडिया सामग्री अच्छी तरह से शोध किए गए लेख और साथ ही प्रेस विज्ञप्तियाँ। यदि आप उच्च-गुणवत्ता वाली सामग्री की तलाश में हैं, तो nayavicharnews@gmail.com पर संपर्क करें। विशेषताएँ: रिपोर्टिंग, पत्रकारिता, लेखन और संचार, सोशल मीडिया

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आठ साल बाद आमने-सामने आएंगे अरमान और अभीरा, बढ़ेगा इमोशनल ड्रामा

Yeh Rishta Kya Kehlata Hai: स्टार प्लस का चर्चित शो ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ इन दिनों भावनाओं और टकराव के दौर से गुजर रहा है. कहानी एक बार फिर उस मोड़ पर पहुंच रही है, जहां पुराने जख्म ताजा होने वाले हैं. आने वाले एपिसोड में दर्शकों को आठ साल बाद अरमान और अभीरा के आमने-सामने आने के संकेत साफ नजर आ रहे हैं. मायरा के पहले स्कूल डे पर भावुक हुआ अरमान एपिसोड की शुरुआत अरमान से होती है, जो बेटी मायरा के पहले स्कूल डे को लेकर बेहद सतर्क नजर आता है. वह उसके टिफिन तक की जांच करता है और फलों की किस्मों को लेकर भी खास निर्देश देता है. अरमान की यह चिंता देखकर विद्या, काजल और संजय हैरान रह जाते हैं. विद्या भावुक होकर कहती हैं कि कब मायरा नन्ही बच्ची से 11वीं की छात्रा बन गई, पता ही नहीं चला. घर में बढ़ता तनाव, माधव का ताना जहां एक ओर घर में मायरा को प्यार और दुलार मिल रहा है, वहीं दूसरी ओर माधव और अरमान के बीच तनाव साफ झलकता है. नाश्ते के दौरान जब अरमान से गलती से गिलास टूट जाता है, तो माधव ताना मारते हैं कि अरमान को सिर्फ चीजें तोड़ना आता है, चाहे वह गिलास हो, भरोसा हो या रिश्ते. यह बात अरमान को अंदर तक झकझोर देती है. अभीरा की जंग, दर्द के बावजूद मजबूत फैसले दूसरी तरफ, अभीरा अपनी जिंदगी की कठिन लड़ाई अकेले लड़ रही है. राधेश्याम की कड़वी बातों से आहत अभिरा के हाथ में चोट लग जाती है, लेकिन वह अपनी जिम्मेदारियों से पीछे नहीं हटती. वह कर्मचारियों को सैलरी देती है और गैराज को 24 घंटे खोलने का बड़ा फैसला लेती है. साथ ही साफ कहती है कि किसी पर कोई दबाव नहीं होगा. अभीरा की इस सोच से पूरा स्टाफ उसका साथ देने का भरोसा दिलाता है. कावेरी को मिली नई कार, तान्या के नाम हुई खुशी इस बीच मनोज और मनीषा कावेरी को नई कार गिफ्ट करते हैं, लेकिन कावेरी चाहती हैं कि यह कार तान्या को मिले. शुरुआत में तान्या मना करती है, मगर परिवार के आग्रह पर वह कार स्वीकार कर लेती है और सबको ड्राइव पर ले जाने का फैसला करती है. प्रीकैप में बड़ा ट्विस्ट प्रीकैप में कहानी नया मोड़ लेती है, जब अभीरा अपनी जगह रिडेवलपमेंट के लिए देने से इनकार कर देती है. यह मामला अरमान तक पहुंचता है और वह खुद उस “स्त्री” से निपटने की बात कहता है. इससे साफ है कि अरमान और अभिरा की बहुप्रतीक्षित मुलाकात अब बेहद करीब है. यह भी पढ़ें: ‘अब देखिए भौकाल बड़े पर्दे पर’, मिर्जापुर द मूवी की रिलीज डेट आई सामने The post आठ साल बाद आमने-सामने आएंगे अरमान और अभीरा, बढ़ेगा इमोशनल ड्रामा appeared first on Naya Vichar.

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होंडा डियो 125 एक्स और शाइन 125 एक्स लिमिटेड एडिशन लॉन्च

अगर आप 125cc सेगमेंट में नया टू-व्हीलर लेने की सोच रहे हैं और चाहते हैं कि बाइक या स्कूटर स्टाइल में थोड़ा हटकर दिखे, तो Honda आपके लिए नया ऑप्शन लेकर आया है. Honda Motorcycle & Scooter India ने हिंदुस्तान में Dio 125 X Edition और Shine 125 Limited Edition लॉन्च कर दिए हैं. ये दोनों ही मॉडल स्पेशल एडिशन हैं, जिनमें नया लुक दिया गया है, जबकि इंजन और परफॉर्मेंस पहले जैसे ही रखे गए हैं. Honda Dio 125 X Edition: स्पोर्टी लुक के साथ नया अंदाज Honda Dio 125 X Edition की एक्स-शोरूम कीमत 87,733 रुपये रखी गई है. इस स्कूटर की सबसे बड़ी खासियत इसका नया ड्यूल-टोन डिजाइन है, जिसमें ग्रे और डार्क ब्लू कलर का इस्तेमाल किया गया है. बॉडी पर X Edition डीकल्स और नए ग्राफिक्स इसे स्टैंडर्ड मॉडल से अलग पहचान देते हैं. इसके ब्राइट ऑरेंज अलॉय व्हील्स डिजाइन को और खास बनाते हैं, जो इसे काफी स्पोर्टी लुक देते हैं. फीचर्स और इंजन के मामले में यह स्कूटर Dio 125 के H-Smart वेरिएंट जैसा ही है. इसमें 123.92cc का सिंगल-सिलेंडर, फोर-स्ट्रोक इंजन दिया गया है, जो 8.1 hp की पावर और 10.5 Nm का टॉर्क जेनरेट करता है. फ्यूल टैंक की कैपेसिटी 5.3 लीटर है और स्कूटर का वजन 105 किलो है. Honda Shine 125 Limited Edition: सिंपल बाइक में प्रीमियम टच Honda Shine 125 Limited Edition की कीमत 86,211 रुपये एक्स-शोरूम दिल्ली रखी गई है. यह बाइक नए Pearl Siren Blue कलर में आती है, जिसमें डार्क ब्लू बॉडी पैनल और खास Shine ग्राफिक्स दिए गए हैं. फ्रंट वाइजर, साइड कवर और रियर काउल में भी हल्के डिजाइन बदलाव किए गए हैं. इसके अलावा, ब्राउन फिनिश अलॉय व्हील्स इसे रेगुलर Shine 125 से अलग और ज्यादा प्रीमियम बनाते हैं. इंजन कि बात करें, तो इसमें 123.94cc का BS6 एयर-कूल्ड इंजन मिलता है, जो 10.6 hp की पावर और 11 Nm का टॉर्क जेनरेट करता है. बाइक में 5-स्पीड गियरबॉक्स दिया गया है, जो स्मूद राइडिंग और बेहतर माइलेज के लिए जाना जाता है. बुकिंग और डिलीवरी की जानकारी Dio 125 X Edition और Shine 125 Limited Edition की बुकिंग Honda की वेबसाइट और डीलरशिप दोनों जगह शुरू हो चुकी है. कंपनी के मुताबिक, इनकी डिलीवरी फरवरी 2026 के दूसरे हफ्ते से शुरू कर दी जाएगी. यह भी पढ़ें: ₹50,000 से कम कीमत वाले इलेक्ट्रिक स्कूटर: खरीदने से पहले क्या जानना जरूरी है? The post होंडा डियो 125 एक्स और शाइन 125 एक्स लिमिटेड एडिशन लॉन्च appeared first on Naya Vichar.

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मर्दानी 3 को छठे दिन बॉक्स ऑफिस पर झटका, क्या बजट निकाल पाएगी फिल्म?

Mardaani 3 Box Office Day 6: बॉलीवुड में जब भी किसी फ्रेंचाइजी की नई फिल्म आती है, तो दर्शकों की उम्मीदें अपने आप काफी बढ़ जाती हैं. मर्दानी 3 के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ. फिल्म में एक बार फिर रानी मुखर्जी ने दबंग पुलिस अफसर शिवानी शिवाजी रॉय का किरदार निभाया है. फिल्म ने ओपनिंग वीकेंड पर ठीक-ठाक प्रदर्शन किया, लेकिन जैसे ही वीकडेज शुरू हुए, इसकी रफ्तार धीमी पड़ने लगी. फिल्म की कमाई छठे दिन बहुत कम हुई है. आइए आपको टोटल कलेक्शन बताते हैं. बॉक्स ऑफिस पर कमजोर पड़ती दिखी फिल्म Sacnilk की रिपोर्ट के मुताबिक, मर्दानी 3 ने छठे दिन (पहले बुधवार) सिर्फ 2 करोड़ रुपये की कमाई की. फिल्म का नेट कलेक्शन अब 25.90 करोड़ रुपये हो गया है. मर्दानी 3 को छठे दिन बॉक्स ऑफिस पर झटका, क्या बजट निकाल पाएगी फिल्म? 2 जानिए किस दिन मूवी ने कितना कमाया Mardaani 3 Box Office Day 1 (पहला शुक्रवार): 4 करोड़ Mardaani 3 Box Office Day 2 (पहला शनिवार): 6.25 करोड़ Mardaani 3 Box Office Day 3 (पहला रविवार): 7.25 करोड़ Mardaani 3 Box Office Day 4 (पहला सोमवार): 2.25 करोड़ Mardaani 3 Box Office Day 5 (पहला मंगलवार): 2.6 करोड़ Mardaani 3 Box Office Day 6 (पहला बुधवार): 2 करोड़ मर्दानी 3 का बजट बताया जा रहा है कि मर्दानी 3 का बजट करीब 60 करोड़ रुपये है. मौजूदा कलेक्शन को देखते हुए फिल्म के लिए थिएटर में अपना बजट निकालना थोड़ा मुश्किल नजर आ रहा है. रिपोर्ट्स के अनुसार, रानी मुखर्जी ने इस फिल्म के लिए 7 करोड़ रुपये फीस ली है. अम्मा के रोल में खतरनाक दिखी मल्लिका प्रसाद मर्दानी 3 एक गंभीर सामाजिक मुद्दे, लड़कियों की तस्करी पर आधारित फिल्म है. रिलीज के बाद इसे दर्शकों और समीक्षकों से मिली-जुली प्रतिक्रिया मिली है। फिल्म में रानी मुखर्जी एक बार फिर दमदार पुलिस अफसर शिवानी शिवाजी रॉय के किरदार में नजर आ रही हैं. वहीं मल्लिका प्रसाद फिल्म में खतरनाक विलेन ‘अम्मा’ की भूमिका निभा रही हैं, जबकि जानकी बोदीवाला एक अहम किरदार में दिखाई देती हैं. यह भी पढ़ें– बॉर्डर 2 का जलवा कायम, 300 करोड़ से बस एक कदम दूर The post मर्दानी 3 को छठे दिन बॉक्स ऑफिस पर झटका, क्या बजट निकाल पाएगी फिल्म? appeared first on Naya Vichar.

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राजनीतिक कुनबा बढ़ाने में जुटे झारखंड के दिग्गज! पति, पत्नी, बेटा मैदान में

रांची से सतीश कुमार की रिपोर्ट Jharkhand Civic Polls: झारखंड में नगर निकाय चुनाव औपचारिक रूप से भले ही गैर-दलीय आधार पर कराए जा रहे हों, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग नजर आ रही है. चुनावी मैदान में उतरे कई प्रत्याशियों की नेतृत्वक पहचान सीधे तौर पर बड़े दलों और दिग्गज नेताओं से जुड़ी हुई है. इस बार शहरी प्रशासन की कमान संभालने की होड़ में दो पूर्व मंत्रियों की पत्नी और बेटी के साथ एक मौजूदा विधायक के पति उतर चुके हैं. ऐसे में परिवारवाद का मुद्दा एक बार फिर राज्य की नेतृत्व में चर्चा के केंद्र में आ गया है. मानगो नगर निगम में सुधा गुप्ता की एंट्री मानगो नगर निगम से कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री बन्ना गुप्ता की पत्नी सुधा गुप्ता मेयर पद के लिए चुनावी मैदान में हैं. बन्ना गुप्ता हेमंत सोरेन प्रशासन में स्वास्थ्य मंत्री रह चुके हैं और कोल्हान क्षेत्र में कांग्रेस के सबसे प्रभावशाली नेताओं में गिने जाते हैं. सुधा गुप्ता की उम्मीदवारी को केवल एक व्यक्तिगत नेतृत्वक कदम नहीं, बल्कि कांग्रेस की रणनीतिक चाल के रूप में देखा जा रहा है. पार्टी के भीतर इसे नेतृत्वक विरासत को आगे बढ़ाने और संगठनात्मक पकड़ मजबूत करने का प्रयास माना जा रहा है. कोल्हान में कांग्रेस की सियासी रणनीति नेतृत्वक जानकारों का कहना है कि कोल्हान क्षेत्र में कांग्रेस की पकड़ हाल के वर्षों में कमजोर हुई है. ऐसे में बन्ना गुप्ता के नेतृत्वक प्रभाव और नेटवर्क का इस्तेमाल कर पार्टी नगर निगम स्तर पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराना चाहती है. सुधा गुप्ता के चुनावी मैदान में उतरने से कांग्रेस समर्थकों में उत्साह जरूर बढ़ा है, लेकिन विपक्ष इसे खुलकर परिवारवाद का उदाहरण बता रहा है. मेदिनीनगर से नम्रता त्रिपाठी का सियासी डेब्यू मेदिनीनगर नगर निगम से कांग्रेस के पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी की बेटी नम्रता त्रिपाठी मेयर पद के लिए किस्मत आजमा रही हैं. केएन त्रिपाठी लंबे समय तक पलामू की नेतृत्व में प्रभावशाली भूमिका निभाते रहे हैं. वर्ष 2009 में उन्होंने डालटनगंज विधानसभा सीट से जीत दर्ज कर विधायक बनने के बाद ग्रामीण विकास मंत्री का पद संभाला था. उनकी बेटी की उम्मीदवारी के जरिए कांग्रेस पारंपरिक वोट बैंक को साधने के साथ-साथ युवा मतदाताओं को आकर्षित करने की कोशिश कर रही है. युवा चेहरे के सहारे नई सियासत नम्रता त्रिपाठी को अपेक्षाकृत नया चेहरा माना जा रहा है. पार्टी को उम्मीद है कि युवा नेतृत्व और पारिवारिक पहचान का संयोजन चुनावी समीकरण को उनके पक्ष में मोड़ सकता है. कांग्रेस का मानना है कि शहरी मतदाता अब अनुभव के साथ-साथ नई सोच और ऊर्जा को भी महत्व दे रहे हैं. हालांकि, विपक्ष का आरोप है कि यह भी परिवारवाद की ही एक कड़ी है, जहां सत्ता और प्रभाव पीढ़ी दर पीढ़ी हस्तांतरित किया जा रहा है. धनबाद में संजीव सिंह की वापसी धनबाद नगर निगम चुनाव में भी नेतृत्वक सरगर्मी तेज हो गई है. झरिया से भाजपा विधायक रागिनी सिंह के पति और पूर्व विधायक संजीव सिंह धनबाद से मेयर पद की दौड़ में उतर चुके हैं. संजीव सिंह झरिया क्षेत्र में लंबे समय तक प्रभावशाली नेता रहे हैं और संगठन में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है. वर्ष 2014 में वे झरिया विधानसभा से चुनाव जीतकर विधायक बने थे. भाजपा का संगठनात्मक दांव भाजपा खेमे में संजीव सिंह की उम्मीदवारी को संगठनात्मक मजबूती का प्रतीक माना जा रहा है. पार्टी के रणनीतिकारों का मानना है कि धनबाद जैसे औद्योगिक और शहरी क्षेत्र में अनुभवी नेतृत्व मतदाताओं को आकर्षित कर सकता है. हालांकि, यहां भी परिवारवाद का सवाल उठ रहा है, क्योंकि मौजूदा विधायक की पारिवारिक पृष्ठभूमि से जुड़ा उम्मीदवार मैदान में है. परिवारवाद बनाम अनुभव की बहस नगर निकाय चुनावों में नेताओं के परिजनों की बढ़ती भागीदारी ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या गैर-दलीय चुनाव वास्तव में नेतृत्व से मुक्त रह पाते हैं. नेतृत्वक विश्लेषकों का कहना है कि भले ही चुनाव चिन्ह पार्टी के न हों, लेकिन उम्मीदवारों की पहचान, संसाधन और जनसंपर्क पूरी तरह से दलीय ढांचे से जुड़े रहते हैं. ऐसे में परिवारवाद और अनुभव के बीच की बहस और गहरी होती जा रही है. इसे भी पढ़ें: जमशेदपुर के आदित्यपुर स्टेशन से खुलेंगी आठ एक्सप्रेस ट्रेनें, आज से शुरुआत मतदाताओं के फैसले पर टिकी निगाहें अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि शहरी मतदाता किस आधार पर फैसला करेंगे. क्या नेतृत्वक विरासत और बड़े नामों का असर चलेगा या फिर स्थानीय मुद्दे, विकास के वादे और प्रशासनिक क्षमता निर्णायक साबित होंगे. झारखंड के नगर निकाय चुनाव इस मायने में अहम हैं कि ये आने वाले विधानसभा चुनावों से पहले नेतृत्वक दलों की जमीनी ताकत का संकेत भी देंगे. इसे भी पढ़ें: रमा खलखो से ज्यादा अमीर रोशनी खलखो, किस पर कितना केस? The post नेतृत्वक कुनबा बढ़ाने में जुटे झारखंड के दिग्गज! पति, पत्नी, बेटा मैदान में appeared first on Naya Vichar.

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राहु-सूर्य की युति से बनेगा ग्रहण योग, देश-दुनिया पर दिखेगा असर

Surya Rahu Yuti 2026: आने वाले 13 फरवरी को सूर्य कुंभ राशि में प्रवेश करेंगे. कुंभ राशि सूर्य के पुत्र शनि की राशि मानी जाती है, इसलिए यहां सूर्य का जाना सामान्य नहीं माना जाता. इस राशि में पहले से ही राहु मौजूद हैं. सूर्य और राहु की युति से ग्रहण योग बन रहा है, जो मार्च के मध्य तक रहेगा. ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्रा ने बताया कि यह युति ग्रहण योग बनाती है, जो सामाजिक और वैश्विक स्तर पर असंतुलन पैदा कर सकती है. नेतृत्व और प्रशासन पर प्रभाव इस युति के दौरान देश की नेतृत्व में उथल-पुथल देखी जा सकती है. प्रशासनों के फैसलों पर सवाल उठ सकते हैं. नेताओं के बयान विवादों में फँस सकते हैं. सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव बढ़ सकता है. कई बार झूठी समाचारें या अधूरी जानकारी जनता को भ्रमित कर सकती हैं, जिससे अस्थिरता का माहौल बनता है. वित्तीय स्थिति और बाजार पर असर राहु अचानक बदलाव लाने वाला ग्रह है, इसलिए इस समय शेयर बाजार, व्यापार और वित्तीय स्थिति में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है. निवेशकों में असमंजस बना रह सकता है. विदेशी निवेश, आयात-निर्यात और टेक्नोलॉजी सेक्टर पर विशेष असर पड़ता है. कुछ देशों में आर्थिक फैसलों को लेकर असंतोष भी बढ़ सकता है. अंतरराष्ट्रीय संबंध और सुरक्षा राहु विदेशी तत्वों का कारक है, इसलिए इस युति के दौरान देशों के बीच तनाव बढ़ सकता है. सीमाओं से जुड़े विवाद, साइबर अटैक, जासूसी या गुप्त समझौतों की समाचारें सामने आ सकती हैं. कुछ क्षेत्रों में अचानक हिंसा, विरोध प्रदर्शन या सुरक्षा संबंधी चिंताएँ बढ़ सकती हैं. प्राकृतिक आपदाएं और मौसम राहु-सूर्य की युति के समय मौसम में असामान्य बदलाव देखे जा सकते हैं. तेज गर्मी, तूफान, आगजनी, भूकंप या तकनीकी कारणों से होने वाली आपदाएँ बढ़ सकती हैं. सूर्य अग्नि तत्व का प्रतीक है और राहु असंतुलन लाता है, इसलिए प्राकृतिक घटनाएँ उग्र हो सकती हैं. आम जनता पर प्रभाव इस समय लोगों में भ्रम, डर और गुस्सा बढ़ सकता है. अफवाहें तेजी से फैलती हैं. मानसिक तनाव, अविश्वास और असंतोष का माहौल बन सकता है. इसलिए जरूरी है कि लोग सच-झूठ की पहचान करें और धैर्य रखें. ये भी पढ़ें: कुंभ राशि में बुध राहु की युति से बना जड़तत्व योग, तीन राशि का लिए परेशानी क्या सावधानी रखें इस अवधि में पारदर्शिता, संयम और जागरूकता बहुत जरूरी है. प्रशासनों को स्पष्ट संवाद रखना चाहिए और आम लोगों को अफवाहों से दूर रहना चाहिए. सही जानकारी और समझदारी ही इस योग के नकारात्मक प्रभाव को कम कर सकती है. The post राहु-सूर्य की युति से बनेगा ग्रहण योग, देश-दुनिया पर दिखेगा असर appeared first on Naya Vichar.

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बजट 2026: इनकम टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं, जानिए क्या रहेगा असर

बजट 2026: हर साल जब बजट पेश होता है, तो सबसे ज्यादा चर्चा इनकम टैक्स स्लैब को लेकर होती है. आम नौकरीपेशा लोगों से लेकर बिजनेस करने वालों तक सभी को उम्मीद रहती है कि प्रशासन टैक्स की दरों में बदलाव करेगी और राहत देगी. बजट 2026 से भी लोगों की यही उम्मीद थी. हालांकि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने फाइनेंशियल ईयर 2026–27 के लिए न तो पुराने टैक्स रिजीम में कोई बदलाव किया और न ही नए टैक्स रिजीम में. यानी टैक्स स्लैब, दरें और इनकम लिमिट पहले की तरह ही लागू रहेंगी. इसका मतलब है कि इस साल टैक्सपेयर्स को किसी नई छूट या बड़े बदलाव का फायदा नहीं मिलने वाला है और उन्हें पहले के नियमों के अनुसार ही टैक्स प्लानिंग करनी होगी. नया टैक्स रिजीम (FY 2026–27) स्लैब और टैक्स दरें नए टैक्स रिजीम में उम्र के आधार पर कोई अलग स्लैब नहीं है। सभी टैक्सपेयर्स के लिए एक ही स्ट्रक्चर लागू रहेगा. टैक्सेबल इनकम टैक्स रेट ₹4,00,000 तक 0% ₹4,00,001 – ₹8,00,000 5% ₹8,00,001 – ₹12,00,000 10% ₹12,00,001 – ₹16,00,000 15% ₹16,00,001 – ₹20,00,000 20% ₹20,00,001 – ₹24,00,000 25% ₹24,00,000 से ऊपर 30% नया रिजीम में बड़ी राहत सेक्शन 87A के तहत ₹60,000 तक का टैक्स रिबेट मिलता है. इससे ₹12 लाख तक की इनकम टैक्स-फ्री हो सकती है. सैलरीड लोगों को ₹75,000 का स्टैंडर्ड डिडक्शन मिलता है. यानी सैलरी ₹12.75 लाख तक टैक्स-फ्री हो सकती है. पुराना टैक्स रिजीम – उम्र के हिसाब से स्लैब 1) 60 साल से कम उम्र के टैक्सपेयर्स टैक्सेबल इनकम टैक्स रेट ₹2,50,000 तक 0% ₹2,50,001 – ₹5,00,000 5% ₹5,00,001 – ₹10,00,000 20% ₹10,00,000 से ऊपर 30% 2) सीनियर सिटीजन (60–80 साल) टैक्सेबल इनकम टैक्स रेट ₹3,00,000 तक 0% ₹3,00,001 – ₹5,00,000 5% ₹5,00,001 – ₹10,00,000 20% ₹10,00,000 से ऊपर 30% 3) सुपर सीनियर सिटीजन (80 साल से ऊपर) टैक्सेबल इनकम टैक्स रेट ₹5,00,000 तक 0% ₹5,00,001 – ₹10,00,000 20% ₹10,00,000 से ऊपर 30% सरचार्ज (अतिरिक्त टैक्स) – दोनों रिजीम कुल इनकम नया रिजीम पुराना रिजीम ₹50 लाख तक 0% 0% ₹50 लाख – ₹1 करोड़ 10% 10% ₹1 करोड़ – ₹2 करोड़ 15% 15% ₹2 करोड़ – ₹5 करोड़ 25% 25% ₹5 करोड़ से ऊपर 25% 37% आम टैक्सपेयर्स के लिए इसका मतलब इस साल टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं हुआ. इसलिए पुराने नियमों के अनुसार ही टैक्स देना होगा. हर व्यक्ति को अपनी इनकम, निवेश और छूट (deductions) देखकर तय करना होगा किपुराना टैक्स रिजीम सही है या नया. Also Read : विश्व कैंसर दिवस: अस्पताल के बिल से 3 गुना ज्यादा होता है कैंसर का खर्च, ऐसे करें सही प्लानिंग The post बजट 2026: इनकम टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं, जानिए क्या रहेगा असर appeared first on Naya Vichar.

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‘अब देखिए भौकाल बड़े पर्दे पर’, मिर्जापुर द मूवी की रिलीज डेट आई सामने

Mirzapur The Movie release Date Out: OTT की दुनिया में धमाल मचाने वाली वेब सीरीज ‘मिर्जापुर’ अब अपने आखिरी पड़ाव पर बड़े पर्दे की ओर बढ़ रही है. लंबे समय से जिस सवाल का इंतजार फैंस कर रहे थे, उसका जवाब आखिरकार मिल गया है. Mirzapur The Movie 4 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होगी. इस फिल्म के साथ गुड्डू पंडित और कालीन भैया की दुश्मनी एक नए और ज्यादा खतरनाक मोड़ पर पहुंचने वाली है. View this post on Instagram A post shared by Excel Entertainment (@excelmovies) गुरुवार सुबह Amazon MGM Studios और Excel Entertainment ने फिल्म का पोस्टर शेयर कर रिलीज डेट का ऐलान किया। पोस्टर में कई SUVs एक घुमावदार सड़क पर दौड़ती नजर आती हैं, जो आने वाले बड़े टकराव की ओर इशारा करती हैं. कैप्शन में लिखा गया- “अब देखिए भौकाल बड़े पर्दे पर”, जिसने फैंस का उत्साह और बढ़ा दिया है. सीरीज के बाद आगे बढ़ेगी कहानी Mirzapur The Movie की कहानी सीजन 3 के बाद की घटनाओं को दिखाएगी. फिल्म में एक बार फिर पंकज त्रिपाठी कालीन भैया और अली फजल गुड्डू पंडित के दमदार किरदार में नजर आएंगे. खास बात यह है कि फिल्म में दिव्येंदु शर्मा का किरदार मुन्ना त्रिपाठी भी लौट रहा है, जिसकी वापसी कहानी में नया ट्विस्ट लाने वाली है. फिल्म में रवि किशन, अभिषेक बनर्जी, रसिका दुग्गल, श्वेता त्रिपाठी, श्रीया पिलगांवकर, हर्षिता गौर समेत कई पुराने और नए चेहरे नजर आएंगे. हालांकि, पहले सीजन में बाब्लू पंडित का किरदार निभाने वाले विक्रांत मैसी फिल्म का हिस्सा नहीं हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक, उनकी जगह जितेंद्र कुमार की एंट्री हुई है पोस्ट-प्रोडक्शन में है फिल्म फिल्म की शूटिंग पूरी हो चुकी है और फिलहाल पोस्ट-प्रोडक्शन का काम चल रहा है. यूपी के मिर्जापुर शहर की पृष्ठभूमि पर बनी यह कहानी सत्ता, बदले और खून-खराबे के इर्द-गिर्द घूमती है. यही वजह है कि मिर्जापुर को हिंदुस्तान की सबसे चर्चित OTT फ्रेंचाइजी में गिना जाता है. गुरमीत सिंह के निर्देशन में बनी इस फिल्म की कहानी पुनीत कृष्णा ने लिखी है. अब देखना दिलचस्प होगा कि बड़े पर्दे पर मिर्जापुर का भौकाल कितना जोरदार साबित होता है. यह भी पढ़ें: 50 साल के हुए अभिषेक बच्चन, ओटीटी पर देखें उनके करियर की ये 5 बेहतरीन फिल्में The post ‘अब देखिए भौकाल बड़े पर्दे पर’, मिर्जापुर द मूवी की रिलीज डेट आई सामने appeared first on Naya Vichar.

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वॉशिंगटन पोस्ट की छंटनी में शशि थरूर के बेटे ईशान की नौकरी गई

Washington Post Lays Off : कांग्रेस सांसद शशि थरूर के बेटे ईशान थरूर भी वॉशिंगटन पोस्ट में हुई बड़े पैमाने की छंटनी से प्रभावित हुए हैं. बताया जा रहा है कि इस हफ्ते अखबार ने अपने न्यूजरूम के करीब एक-तिहाई कर्मचारियों को निकाल दिया. अमेजन के संस्थापक जेफ बेजोस के स्वामित्व वाले इस अखबार ने स्पोर्ट्स डेस्क बंद कर दिया है, कई विदेशी ब्यूरो समेट दिए हैं. साथ ही किताबों की कवरेज भी खत्म कर दी है. इससे अखबार का कामकाज काफी घट गया है. A bad day pic.twitter.com/cIX8rIjJPu — Ishaan Tharoor (@ishaantharoor) February 4, 2026 अंतरराष्ट्रीय मामलों पर वरिष्ठ कॉलम लिखने वाले ईशान थरूर ने सोशल मीडिया के जरिए वॉशिंगटन पोस्ट से अपनी विदाई की पुष्टि की है. न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, इस छंटनी में पोस्ट के करीब 800 पत्रकारों में से 300 से ज्यादा को नौकरी से हटाया गया. एक पोस्ट में ईशान ने न्यूजरूम की एक तस्वीर साझा की, जिसमें अखबार का मशहूर स्लोगन “Democracy Dies in Darkness” दिखाई दे रहा है. उन्होंने इसके साथ बस इतना लिखा, “आज का दिन बुरा है.” बाद में इस पोस्ट को उनके पिता ने भी रीशेयर किया. I have been laid off today from the @washingtonpost, along with most of the International staff and so many other wonderful colleagues. I’m heartbroken for our newsroom and especially for the peerless journalists who served the Post internationally — editors and correspondents… — Ishaan Tharoor (@ishaantharoor) February 4, 2026 इसके बाद ईशान ने खुद छंटनी पर प्रतिक्रिया देते हुए एक्स पर लिखा- उन्हें वॉशिंगटन पोस्ट से आज नौकरी से हटा दिया गया है. उन्होंने बताया कि इंटरनेशनल डेस्क के ज्यादातर स्टाफ और कई शानदार साथी भी इस फैसले से प्रभावित हुए हैं. इसे निजी तौर पर बहुत दुखद बताते हुए ईशान ने कहा कि उन्हें अपने न्यूजरूम और खासकर पोस्ट के लिए दुनिया भर में काम करने वाले बेहतरीन पत्रकारों के लिए गहरा दुख है. The post वॉशिंगटन पोस्ट की छंटनी में शशि थरूर के बेटे ईशान की नौकरी गई appeared first on Naya Vichar.

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बिना ज्यादा मेहनत के तैयार करें टेस्टी सूजी पनीर चीला

Suji Paneer Chilla: अगर आप रोज के नाश्ते में वही पुराने पराठे या ब्रेड खाकर बोर हो चुके हैं और कुछ नया, हल्का और स्वादिष्ठ ट्राई करना चाहते हैं, तो सूजी पनीर चीला बेस्ट ऑप्शन है. ये टेस्टी रेसिपी न सिर्फ बनाने में आसान है, बल्कि कम समय में आसानी से तैयार भी हो जाती है. इसे शिशु से लेकर बड़े बहुत शौक से खाते हैं. खास बात यह भी है कि इसे आप घरवालों से लेकर मेहमानों को नाश्ते में परोस सकते हैं. तो आइए जानते हैं इस आर्टिकल के मदद से घर पर सूजी पनीर चीला बनाने की रेसिपी.  सूजी पनीर चीला बनाने के लिए क्या सामग्री चाहिए? सूजी – 1 कप  कद्दूकस किया पनीर – आधा कप  दही – आधा कप  बारीक कटा हुआ प्याज – 1  हरी मिर्च – 1 (बारीक कटी) नमक – स्वादानुसार  जीरा – आधा छोटा चम्मच पानी – जरूरत अनुसार तेल – सेंकने के लिए सूजी पनीर चीला बनाने की विधि क्या है? सबसे पहले एक बड़े बर्तन में सूजी और दही डालें. अब इसमें थोड़ा-थोड़ा पानी मिलाते हुए गाढ़ा घोल तैयार करें. घोल ज्यादा न पतला करें.   इसके बाद इसमें कद्दूकस किया पनीर, बारीक कटा हुआ और हरी मिर्च डालें. अब आप स्वादानुसार नमक और सारे मसाले डालकर सभी चीजों को अच्छी तरह मिला लें, जिससे मसाले पूरे घोल में बराबर फैल जाए.  अब इस घोल को ढककर 1 लिए मिनट के लिए छोड़ दें, जिससे सूजी अच्छे से फूल जाए.  अब तवा गर्म करें, तवा गर्म हो जाने के बाद थोड़ा सा तेल लगाकर चारों तरफ फेला दें. अब एक बड़े चम्मच से घोल लेकर तवे पर गोल-गोल घुमाते हुए पतला फैलाएं.   इसी तरह आप सारे बैटर से चीला बना लें. चीला पक जाने के बाद इसे निकालकर एक प्लेट में रखें और सब्जी या चटनी के साथ गरमा-गरम सर्व करें.  यह भी पढ़ें: Aloo Palak Paneer Paratha: घरवालों को खिलाना है कुछ खास, बनाएं गरमा-गरम टेस्टी आलू पालक पनीर पराठा  यह भी पढ़ें: Moong Palak Appe: ब्रेकफास्ट के लिए आसानी से तैयार करें मूंग पालक अप्पे, नोट करें स्टेप-बाय-स्टेप रेसिपी The post बिना ज्यादा मेहनत के तैयार करें टेस्टी सूजी पनीर चीला appeared first on Naya Vichar.

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गुप्तेश्वर नाथ दुबे की दो पुस्तकों का विमोचन, राज्यपाल ने किया लोकार्पण

Book Release: लोक भवन में आयोजित एक गरिमामय कार्यक्रम में महामहिम राज्यपाल महोदय ने अवकाश प्राप्त सैनिक एवं लेखक गुप्तेश्वर नाथ दुबे द्वारा लिखित दो आध्यात्मिक एवं दार्शनिक पुस्तकों का लोकार्पण किया. विमोचित पुस्तकों में “श्री रामचरितमानस के कुछ स्मरणीय प्रसंग” और “चिंतन, मंथन एवं अंतरबोध संकलन” शामिल हैं. यह कार्यक्रम साहित्य, अध्यात्म और विचार-विमर्श का संगम बनकर सामने आया. राज्यपाल के हाथों हुआ विमोचन राज्यपाल महोदय ने दोनों पुस्तकों का विमोचन करते हुए कहा कि आध्यात्मिक और दार्शनिक साहित्य समाज को आत्मचिंतन की दिशा देता है. उन्होंने लेखक के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे ग्रंथ आज के समय में व्यक्ति को मानसिक संतुलन और नैतिक मार्गदर्शन प्रदान करते हैं. राज्यपाल ने आशा जताई कि ये पुस्तकें पाठकों को आत्मिक शांति और जीवन के उद्देश्य को समझने में मदद करेंगी. रामचरितमानस के चयनित प्रसंगों पर केंद्रित पहली पुस्तक पहली पुस्तक “श्री रामचरितमानस के कुछ स्मरणीय प्रसंग” में गोस्वामी तुलसीदास रचित महाग्रंथ रामचरितमानस के उन प्रसंगों को केंद्र में रखा गया है, जो जीवन को दिशा देने वाले हैं. लेखक ने बताया कि रामचरितमानस की चौपाइयां, दोहे और छंद अपने-अपने स्थान पर पूर्ण और सारगर्भित हैं. यदि संपूर्ण ग्रंथ को हृदयंगम करना संभव न हो, तो भी उसके कुछ चयनित प्रसंग मानव जीवन की यात्रा को सही धाम तक पहुंचाने में सक्षम हैं. इसी तत्व-दर्शन के आधार पर इस पुस्तक की रचना की गई है. चिंतन और आत्मबोध पर आधारित दूसरी कृति दूसरी पुस्तक “चिंतन, मंथन एवं अंतरबोध संकलन” व्यक्तित्व के संपूर्ण और संतुलित विकास पर केंद्रित है. इसमें सिद्ध मनीषियों, महात्माओं, आचार्यों और समाज के प्रबुद्ध व्यक्तियों के विचारों को संकलित किया गया है. पुस्तक में धर्म, अध्यात्म, योग, ध्यान, प्राणायाम और मनोविज्ञान जैसे विषयों को सरल और व्यावहारिक दृष्टिकोण से प्रस्तुत किया गया है, जिससे पाठक आत्मबोध और आत्मविकास की दिशा में आगे बढ़ सकें. इसे भी पढ़ें: गुरुजी के इर्द-गिर्द घूमता रहा झामुमो स्थापना दिवस, आधी आबादी बनी ताकत कार्यक्रम में कई गणमान्य लोग रहे मौजूद इस अवसर पर कई प्रतिष्ठित अतिथि उपस्थित रहे. कार्यक्रम में अनिल सिंह (राष्ट्रीय मंत्री, हिंदुस्तानीय जनता मजदूर संघ), शोभा सिंह (पूर्व स्त्री जिला अध्यक्ष, भाजपा रांची), डॉ. अरुण कुमार दुबे, डॉ प्रियंका दुबे, रिद्धि दुबे और हर्षित दुबे शामिल थे. सभी अतिथियों ने लेखक को इस साहित्यिक योगदान के लिए शुभकामनाएं दीं और पुस्तकों को समाज के लिए उपयोगी बताया. यह विमोचन समारोह साहित्य और अध्यात्म के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है. इसे भी पढ़ें: रमा खलखो से ज्यादा अमीर रोशनी खलखो, किस पर कितना केस? The post गुप्तेश्वर नाथ दुबे की दो पुस्तकों का विमोचन, राज्यपाल ने किया लोकार्पण appeared first on Naya Vichar.

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