Hot News

सुदिव्य कुमार सोनू ही नहीं, हेमंत सरकार में इससे पहले भी 3 मंत्रियों का हो चुका है निधन; जानें कौन थे वे नेता

Jharkhand Ministers Death: झारखंड की नेतृत्व से रविवार 6 सितंबर को सुबह एक ऐसी समाचार आई है, जिसने पूरे राज्य को सन्न कर दिया है. हेमंत सोरेन प्रशासन में मंत्री और गिरिडीह के विधायक सुदिव्य कुमार सोनू का अचानक निधन हो गया है. महज 54 साल की उम्र में एक हार्ट अटैक ने झारखंड से उसका एक मजबूत और जमीनी नेता छीन लिया.

जगरनाथ महतो

इसके बाद नाम आता है जगरनाथ महतो का. जगरनाथ महतो डुमरी से विधायक और हेमंत सोरेन प्रशासन में स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता मंत्री थे. कोरोना संक्रमण के बाद उनकी तबीयत काफी खराब हुई थी. उनका इलाज लंबे समय तक चला और फेफड़े का ट्रांसप्लांट भी हुआ था. लेकिन 6 अप्रैल 2023 को चेन्नई में इलाज के दौरान उनका निधन हो गया. जगरनाथ महतो झारखंड की नेतृत्व में एक मजबूत और जमीनी नेता के तौर पर पहचाने जाते थे. उनके निधन के बाद डुमरी सीट पर उपचुनाव हुआ और उनकी पत्नी बेबी देवी चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचीं.

सुदिव्य कुमार सोनू

अब, साल 2026 में फिर वही दुखद सिलसिला चर्चा में है. सुदिव्य कुमार सोनू. गिरिडीह से विधायक सुदिव्य कुमार सोनू हेमंत सोरेन प्रशासन में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री थे. इसके अलावा उनके पास पर्यटन, कला-संस्कृति, स्पोर्ट्सकूद एवं युवा कार्य और नगर विकास एवं आवास जैसे विभागों की जिम्मेदारी भी थी. लेकिन सुदिव्य कुमार सोनू की कहानी सिर्फ मंत्री बनने तक की नहीं है. उनका नेतृत्वक सफर एक साधारण JMM कार्यकर्ता के तौर पर शुरू हुआ था. कभी वह दीवार लेखन करते थे, पोस्टर लगाते थे और पार्टी का झंडा लेकर गांव-गांव घूमते थे. साल 1989 में उन्होंने झारखंड मुक्ति मोर्चा की सदस्यता ली और संगठन के लिए काम करना शुरू किया. बाद में 1992 में उन्हें गिरिडीह नगर कमेटी का संस्थापक अध्यक्ष बनाया गया और फिर पार्टी में अलग-अलग जिम्मेदारियां संभालते हुए वह गिरिडीह जिला अध्यक्ष तक पहुंचे. चुनावी नेतृत्व में भी उनका सफर आसान नहीं था. 2009 में उन्होंने पहली बार गिरिडीह विधानसभा से चुनाव लड़ा, लेकिन जीत नहीं मिली. 2014 में वह फिर मैदान में उतरे और दूसरे नंबर पर रहे. फिर 2019 में JMM ने एक बार फिर उन पर भरोसा जताया और इस बार उन्होंने गिरिडीह सीट जीत ली. 2024 में भी उन्होंने अपनी जीत बरकरार रखी और दूसरी बार विधायक बने. इसके बाद हेमंत सोरेन प्रशासन में उन्हें मंत्री बनाया गया. यानी जिस नेता ने कभी पार्टी के लिए दीवारों पर नारे लिखे, गांव-गांव जाकर संगठन का काम किया, वही नेता आगे चलकर झारखंड प्रशासन में मंत्री बना, लेकिन आज उनका सफर अचानक खत्म हो गया.

हेमंत प्रशासन में अब तक चार मंत्रियों का निधन

हेमंत सोरेन के मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान अब तक चार मंत्रियों का निधन हो चुका है. इनमें हाजी हुसैन अंसारी, जगरनाथ महतो, रामदास सोरेन और अब सुदिव्य कुमार सोनू शामिल हैं.

इनमें जगरनाथ महतो और रामदास सोरेन स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग से जुड़े रहे, जबकि सुदिव्य कुमार सोनू उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री थे. यानी करीब साढ़े तीन साल के भीतर झारखंड प्रशासन के शिक्षा विभाग से जुड़े तीन मंत्रियों का निधन हो चुका है. यह किसी तरह का दावा या किसी कारण को बताने की बात नहीं है, बल्कि झारखंड की नेतृत्व में सामने आया एक बेहद दुखद संयोग है। एक तरफ जेएमएम ने अपना एक वरिष्ठ और जमीनी नेता खो दिया है, तो दूसरी ओर हेमंत सोरेन प्रशासन के लिए भी यह एक बड़ा नेतृत्वक और व्यक्तिगत झटका है.

सुदिव्य कुमार सोनू को अंतिम विदाई देने के लिए आज गिरिडीह में बड़ी संख्या में लोग जुट रहे हैं और पूरे झारखंड में शोक की लहर है. कैमरे पर अब सुदिव्य कुमार सोनू नहीं होंगे, लेकिन एक साधारण कार्यकर्ता से मंत्री तक का उनका सफर और पार्टी के लिए उनका लंबा संघर्ष झारखंड की नेतृत्व में हमेशा याद किया जाएगा.

ये भी पढ़ें- ‘आप हमेशा याद आएंगे भैया…’, सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर भावुक हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन

The post सुदिव्य कुमार सोनू ही नहीं, हेमंत प्रशासन में इससे पहले भी 3 मंत्रियों का हो चुका है निधन; जानें कौन थे वे नेता appeared first on Naya Vichar.

Spread the love

विनोद झा
संपादक नया विचार

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top