Hot News

October 9, 2025

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Jan Suraj Candidates First List: जन सुराज ने जारी की प्रत्याशियों की पहली लिस्ट, 51 उम्मीदवारों के नाम का हुआ एलान

Jan Suraj First Candidates List: बिहार में विधानसभा चुनाव का एलान होते ही जन सुराज ने सबसे पहले अपने प्रत्याशियों के नाम का एलान किया है. पार्टी ने गुरुवार को पटना में मौजूद अपने कैंप ऑफिस में प्रत्याशियों के नाम का एलान किया. इस दौरान पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय सिंह, कार्यकारी अध्यक्ष मनोज हिंदुस्तानी और पूर्व केंद्रीय मंत्री आर सी पी सिंह मौजूद रहें. हालांकि इस कार्यक्रम में पार्टी के सूत्रधार प्रशांत किशोर मौजूद नहीं थे. पटना – प्रशांत किशोर की पार्टी जनसुराज ने अपने 51 प्रत्‍याशियों के नाम और सीटों का किया ऐलान। @PrashantKishor @jansuraajonline #BiharElections2025 #bihar #LatestNews #PrashantKishor @BJP4Bihar @INCIndia @RJDforIndia pic.twitter.com/bp2TrvdOC6 — Naya Vichar (@prabhatkhabar) October 9, 2025 51 सीटों पर हुआ प्रत्याशियों का एलान प्रत्याशियों की पहली लिस्ट जारी करते हुए उदय सिंह ने बताया कि पार्टी ने पहली लिस्ट में 7 सुरक्षित वर्ग से आने वाले, 17 सीटों पर अति पिछड़े वर्ग से आने वाले, 11 सीटों पर पिछड़े वर्ग से आने वाले, 8 से 9 सीटों पर अल्पसंख्यक समाज से आने वाले और बाकी पर सामान्य वर्ग से आने वाले उम्मीदवारों को प्रत्याशी बनाया गया है. पहले चरण में 121 सीटों पर होना है चुनाव बिहार विधानसभा चुनाव 2025 दो चरणों में आयोजित किए जाएंगे. पहले चरण में 121 विधानसभा क्षेत्रों के लिए गजट अधिसूचना 10 अक्टूबर को जारी होगी. नामांकन की अंतिम तिथि 17 अक्टूबर, जांच 18 अक्टूबर और नाम वापसी की अंतिम तिथि 20 अक्टूबर तय की गई है. पहले चरण का मतदान 6 नवंबर 2025 को होगा. इन लोगों को मिला टिकट जन सुराज की तरफ से एलान किया गया कि पार्टी ने बेलदौर: गजेंद्र कुमार सिंह निषाद,  परबत्ता:विनय कुमार वरुण, बेलहर: बृजकिशोर पंडित,आस्थावान: लता सिंह, बिहारशरीफ: दिनेश कुमार, कुम्हरार: प्रोफेसर कैसी सिंह, चेनारी: नेहा कुमारी नटराज, करगहर: रितेश पांडे, गोह: सीता राम, गया: अजीत कुमार और से बोधगया: लक्ष्मण मांझी को अपना उम्मीदवार बनाया है. पहली लिस्ट में प्रशांत किशोर और मनोज कश्यप का नाम नहीं है.   बिहार की ताजा समाचारों के लिए यहां क्लिक करें दूसरे चरण में 122 सीटों पर होगा मतदान  दूसरे चरण में 122 विधानसभा क्षेत्रों के लिए गजट अधिसूचना 13 अक्टूबर को जारी की जाएगी. नामांकन की अंतिम तिथि 20 अक्टूबर, जांच 21 अक्टूबर और नाम वापसी की अंतिम तिथि 23 अक्टूबर निर्धारित की गई है. दूसरे चरण का मतदान 11 नवंबर को होगा. दोनों चरणों की मतगणना 14 नवंबर को की जाएगी. पूरा चुनावी प्रक्रिया 16 नवंबर 2025 तक संपन्न हो जाएगी. Bihar Elections 2025: बिहार BJP चुनाव समिति की 4 घंटे चली बैठक, 110 संभावित उम्मीदवारों के नामों पर लगी मुहर The post Jan Suraj Candidates First List: जन सुराज ने जारी की प्रत्याशियों की पहली लिस्ट, 51 उम्मीदवारों के नाम का हुआ एलान appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Kartik month 2025: कार्तिक महीने के हर गुरुवार को करें ये खास उपाय, भगवान विष्णु की बरसेगी विशेष कृपा

Kartik month 2025: क्योंकि गुरुवार का दिन भगवान विष्णु को समर्पित होता है और पूरा कार्तिक महीना भी विष्णु भगवान की उपासना के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है. ऐसे में जब दोनों का संगम होता है कार्तिक मास का गुरुवार, तो इस दिन किए गए छोटे-छोटे उपाय विशेष फल प्रदान करते हैं. माना जाता है कि इस दिन भगवान विष्णु की पूजा करने से न केवल सुख-समृद्धि मिलती है, बल्कि पापों से मुक्ति और जीवन में शुभता का आगमन होता है. आइए जानते हैं, इस दिन किए जाने वाले शुभ उपाय. भगवान विष्णु की आराधना करें सुबह स्नान के बाद भगवान विष्णु के समक्ष घी का दीपक जलाकर श्रद्धा से पूजा करें. इस दिन विष्णु भगवान की उपासना करने से घर में सुख-समृद्धि आती है. केले के पेड़ की पूजा करें गुरुवार के दिन केले के पेड़ पर जल अर्पित करें, दीपक जलाएं और उसकी विधिवत पूजा करें. मान्यता है कि इससे भगवान विष्णु शीघ्र प्रसन्न होते हैं. पीले वस्त्र पहनें विष्णु जी को पीला रंग अत्यंत प्रिय है. इसलिए इस दिन पीले वस्त्र धारण करना शुभ फल प्रदान करता है और सौभाग्य बढ़ाता है. पीली वस्तुओं का दान करें गुरुवार को पीले रंग की वस्तुएं जैसे चना दाल, कपड़े या अन्न का दान करना बहुत शुभ माना गया है. इससे जीवन में धन और पुण्य की वृद्धि होती है. सत्यनारायण कथा का पाठ करें इस दिन भगवान सत्यनारायण की कथा पढ़ना या सुनना चाहिए. कथा के बाद प्रसाद बांटने से घर में शांति और सुख का वास होता है. तुलसी माता की पूजा करें शाम के समय तुलसी के पौधे के सामने घी या तिल के तेल का दीपक जलाएं. इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा और सौभाग्य का प्रवेश होता है. सफाई कार्य से परहेज करें गुरुवार के दिन घर की धुलाई या पोंछा लगाने से बचें और न ही कपड़े प्रेस करने के लिए बाहर भेजें. ऐसा करने से गुरुवार का शुभ प्रभाव बना रहता है. गुरुवार को क्यों होती है भगवान विष्णु की पूजा गुरुवार को भगवान विष्णु की पूजा इसलिए की जाती है क्योंकि यह दिन गुरु बृहस्पति को समर्पित माना जाता है, जो देवताओं के गुरु हैं और भगवान विष्णु के अत्यंत प्रिय हैं. धार्मिक मान्यता है कि बृहस्पति ग्रह का स्वामी स्वयं भगवान विष्णु हैं, इसलिए गुरुवार का दिन विष्णु जी की उपासना के लिए शुभ माना जाता है. इस दिन पूजा करने से जीवन में सुख-समृद्धि, शांति और सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह होता है, साथ ही पापों का नाश और भाग्य में वृद्धि होती है. क्या गुरुवार को व्रत रखना जरूरी है? जरूरी नहीं है, लेकिन जो लोग श्रद्धा और भक्ति के साथ व्रत रखते हैं, उन्हें विशेष फल और आशीर्वाद मिलता है. क्या कार्तिक मास के गुरुवार को मंदिर जाना चाहिए? हाँ, मंदिर में जाकर पूजा करने से भक्ति और पुण्य दोनों बढ़ते हैं. गुरुवार को क्या विशेष मंत्र का जाप करना चाहिए? हाँ, “ॐ नमो भगवते वासुदेवाय” जैसे विष्णु मंत्र का जाप विशेष फलदायी माना जाता है. ये भी पढ़ें: Kartik Month 2025: कार्तिक मास में करें विष्णु सहस्रनाम का पाठ, यहां पढ़ें सम्पुर्ण लिरिक्स ये भी पढ़ें:Kartik Month 2025: आज कार्तिक मास के पहले दिन से अपनाएं ये 6 आसान बदलाव और देखें जीवन में चमत्कार   Disclaimer: यहां दी गई जानकारी केवल मान्यताओं और परंपरागत जानकारियों पर आधारित है. नया विचार किसी भी तरह की मान्यता या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. The post Kartik month 2025: कार्तिक महीने के हर गुरुवार को करें ये खास उपाय, भगवान विष्णु की बरसेगी विशेष कृपा appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Todays Current Affairs in Hindi: 10 अक्टूबर 2025 के लिए हिंदी करंट अफेयर्स

Todays Current Affairs in Hindi 2025: करंट अफेयर्स दुनिया को आकार देने वाली प्रमुख वैश्विक घटनाओं पर प्रकाश डालते हैं जोकि प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए उपयोगी है. प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों को देश-दुनिया में हो रही घटनाओं के बारे में पूरी जानकारी होनी चाहिए जिससे वे भविष्य और उसमें अपनी भूमिका के बारे में गंभीरता से सोचने के लिए तैयार होते हैं. इसलिए यहां 10 अक्टूबर 2025 के लिए हिंदी करंट अफेयर्स (Todays Current Affairs in Hindi) दिए जा रहे हैं जो आपकी तैयारी के लिए महत्वपूर्ण हैं. आज के लिए करंट अफेयर्स (Current Affairs Today in Hindi) रिपोर्ट्स के मुताबिक, 10 अक्टूबर यानि आज के लिए करंट अफेयर्स (Todays Current Affairs in Hindi) इस प्रकार हैं- हाल ही में केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ‘वीविंग इंडिया टुगेदर’ सम्मेलन में पूर्वोत्तर के कारीगरों की सराहना की हाल ही में केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने दार्जिलिंग हिल्स में बाढ़ प्रभावित बिजनबाड़ी का दौरा किया हाल ही में सीबीआई ने अंतरराष्ट्रीय साइबर धोखाधड़ी की जांच में छह राज्यों में छापे मारे हाल ही में काशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर ने 2021 से उत्तर प्रदेश की वित्तीय स्थिति को 1.25 लाख करोड़ का बढ़ावा दिया आईएमडी ने अगले 3-4 दिनों में दक्षिण प्रायद्वीपीय हिंदुस्तान में बारिश बढ़ने का अनुमान लगाया हाल ही में उत्तर प्रदेश ने एमएसएमई और स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए सभी जिलों में स्वदेश मेला शुरू किया हाल ही में आईएमएफ ने इस वर्ष 3 प्रतिशत वैश्विक आर्थिक वृद्धि का अनुमान लगाया, अनिश्चित भविष्य की चेतावनी दी हाल ही में श्रीलंकाई नौसेना ने रामेश्वरम से 30 मछुआरों को अंतर्राष्ट्रीय जलक्षेत्र में कथित अतिक्रमण के आरोप में गिरफ्तार किया हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति ने अमेरिका की मध्यस्थता वाली इजराइल-हमास गाजा शांति योजना के पहले चरण की घोषणा की हिंदुस्तान 27-30 अक्टूबर तक नई दिल्ली में 8वें अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन सम्मेलन की मेजबानी करेगा हाल ही में म्यांमार में प्रदर्शनकारियों पर सैन्य हवाई हमले में 24 लोग मारे गए, दर्जनों घायल हाल ही में विश्व बैंक ने चिंता व्यक्त की क्योंकि आईएमएफ के समर्थन के बावजूद पाकिस्तान गरीबी कम करने के लिए संघर्ष कर रहा है रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह हिंदुस्तान-ऑस्ट्रेलिया रणनीतिक संबंधों को मजबूत करने के लिए कैनबरा पहुंचे. इसे भी पढ़ें- 600 से अधिक कोर्स, घर बैठे पाएं सर्टिफिकेट, SWAYAM 2025 के लिए फटाफट कर लें रजिस्ट्रेशन The post Todays Current Affairs in Hindi: 10 अक्टूबर 2025 के लिए हिंदी करंट अफेयर्स appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

किसानों के लिए खुशखबरी! बिहार में इस जिले के सभी प्रखंडों में बनेगा कोल्ड स्टोरेज

Cold Storage in Bihar: किसानों की सहायता के लिए सहकारिता विभाग की ओर से गयाजी के विभिन्न प्रखंडों और जिला स्तर पर कोल्ड स्टोरेज का निर्माण कराया जाएगा. बिहार राज्य सब्जी प्रसंस्करण एवं विपणन सहकारी संघ के तहत मगध प्रमंडल के प्रखंड स्तर पर गयाजी नगर, टनकुप्पा, डोभी, बांकेबाजार, बेलागंज, खिजरसराय, फतेहपुर, मानपुर, अतरी, शेरघाटी सहित कुल 12 सब्जी उत्पादक संघों के लिए कोल्ड स्टोरेज निर्माण की योजना बनाई गई है. इतना होगा खर्च इसके अलावा जिला स्तर पर एक अतिरिक्त कोल्ड स्टोरेज का निर्माण किया जाएगा. जानकारी मिली है कि प्रखंड स्तरीय कोल्ड स्टोरेज निर्माण में 1 करोड़ 17 लाख की लागत से किया जा रहा है. जबकि, जिला स्तर पर करीब 3 करोड़ की लागत से कोल्ड स्टोरेज का निर्माण किया जाएगा. बढ़ेगी किसानों की आय बता दें कि पहले लगभग 40% सब्जियां बर्बाद हो जाती थी, लेकिन अब प्रखंड स्तरीय सब्जी उत्पादक सहकारी समितियों द्वारा इनका संरक्षण होगा. इससे किसानों की आय में वृद्धि होगी. आज बिहार की सब्जियां विदेशों तक निर्यात हो रही हैं. इससे राज्य के किसानों को अधिक लाभ प्राप्त हो रहा है. सब्जी केंद्र का होगा निर्माण इसके अलावा जिले के टनकुप्पा प्रखंड क्षेत्र के ढीबर पैक्स भवन के निकट प्रखंड स्तरीय आधारभूत संरचना भवन सब्जी केंद्र का निर्माण किया जाएगा. भवन के अंदर कोल्ड स्टोरेज, गोदाम, शार्टिंग-ग्रेडिंग, पैकेजिंग और सब्जी संग्रहण केन्द्र की सुविधाएं उपलब्ध होंगी. इस भवन का निर्माण 10 हजार वर्गफीट प्रशासनी जमीन पर किया जाएगा. इसे बनाने में लगभग एक करोड़ 14 लाख रुपये की लागत आएगी. बिहार की ताजा समाचारों के लिए यहां क्लिक करें किसानों को होगी सुविधा भवन निर्माण कार्य पूरा होने के बाद सब्जी उत्पादक किसानों को भंडारण और विपणन की बेहतर सुविधा उपलब्ध होगी. इसके साथ ही किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिलेगा. साथ ही सब्जियां अन्य राज्यों तक भेजने की व्यवस्था भी हो सकेगी. इसे भी पढ़ें: बिहार में किसानों को इस काम के लिए मिलेगी आर्थिक मदद, ऐसे होगा लाभार्थियों का चयन The post किसानों के लिए खुशसमाचारी! बिहार में इस जिले के सभी प्रखंडों में बनेगा कोल्ड स्टोरेज appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

श्रीलंकाई नौसेना ने गिरफ्तार किए 47 भारतीय मछुआरे, साल 2025 की सबसे बड़ी हिरासत, जानें किस चूक पर मिली ये सजा?

Sri Lankan Navy arrested 47 Indian Fishermen: श्रीलंका की नौसेना ने उत्तरी श्रीलंका के तलाईमन्नार में बृहस्पतिवार को 47 हिंदुस्तानीय मछुआरों को गिरफ्तार किया गया है और उनकी पांच नौकाएं जब्त कर ली गई हैं. उन पर श्रीलंका के जलक्षेत्र में अवैध रूप से मछली पकड़ने का आरोप है. ये गिरफ्तारियां मन्नार और डेल्फ्ट के समुद्री क्षेत्रों में चलाए गए समन्वित गश्ती अभियानों के दौरान की गईं. नौसेना ने कहा कि गिरफ्तार किए गए 47 मछुआरों और उनके उपकरणों को आगे की कार्रवाई के लिए उत्तर में स्थित मत्स्य निरीक्षक कार्यालय को सौंप दिया जाएगा. श्रीलंकाई नौसेना ने बुधवार देर रात समुद्री सीमा लांघने के आरोप में रामेश्वरम के 30 हिंदुस्तानीय मछुआरों को गिरफ्तार किया और चार मशीनीकृत मछली पकड़ने वाली नौकाओं को जब्त कर लिया. इसके अलावा, गुरुवार तड़के कराईकल के 17 मछुआरों को ले जा रही एक और नाव को डेल्फ्ट द्वीप (नेदुन्थीवु) के पास पकड़ा गया. श्रीलंकाई नौसेना प्रवक्ता कमांडर बुद्धिका संपत ने पीटीआई को बताया कि उन्हें गिरफ्तार करने के लिए नौसेना का अभियान कल देर रात शुरू हुआ था और बृहस्पतिवार की तड़के सुबह तक चला. पहले चार नावें और 30 लोगों को किया गिरफ्तार रामेश्वरम मत्स्य अधिकारी के अनुसार, बुधवार सुबह कुल 339 नावें नियमित मछली पकड़ने के लिए रामेश्वरम फिशिंग जेटी से समुद्र में उतरी थीं. इनमें से चार नावें और 30 मछुआरों सहित श्रीलंकाई नौसेना द्वारा पकड़ी गईं. प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, ये मछुआरे धनुषकोडी और तलैमन्नार के बीच मछली पकड़ रहे थे, तभी उन्हें गिरफ्तार किया गया. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार गिरफ्तार मछुआरों और उनकी नौकाओं को मन्नार नौसेना अड्डे ले जाया गया. गुरुवार सुबह उन्हें मन्नार मत्स्य विभाग के अधिकारियों को सौंपा गया. इसके बाद अदालत में पेश करने के पश्चात मछुआरों को ववुनिया जेल में भेज दिया गया. फिर 1 नाव और 17 लोगों को किया गिरफ्तार बाद में एक और अभियान में, श्रीलंकाई नौसेना ने कराईकल के 17 मछुआरों सहित एक और नाव को नेदुन्थीवु (डेल्फ्ट द्वीप) के पास पश्चिमी समुद्री क्षेत्र में पकड़ा. उन पर भी समुद्री सीमा पार करने का आरोप लगाया गया है. इन मछुआरों को आगे की पूछताछ के लिए कंकेसनथुराई नौसेना अड्डे ले जाया गया. इन गिरफ्तारियों के साथ, एक ही दिन में कुल 5 नौकाएं और 47 हिंदुस्तानीय मछुआरे श्रीलंकाई नौसेना की गिरफ्त में आ चुके हैं, जो इस साल एक दिन में सबसे बड़ी गिरफ्तारी मानी जा रही है.  हिंदुस्तान-श्रीलंका के बीच विवादास्पद बना हुआ है ये मुद्दा हिंदुस्तान-श्रीलंका द्विपक्षीय संबंधों में मछुआरों का मुद्दा विवादास्पद बना हुआ है. श्रीलंकाई नौसेना के जवानों ने पाक जलडमरूमध्य में हिंदुस्तानीय मछुआरों पर गोलीबारी की और श्रीलंकाई जलक्षेत्र में अवैध रूप से प्रवेश करने की कई कथित घटनाओं में उनकी नौकाओं को जब्त कर लिया है. पिछले महीने भी उत्तरी श्रीलंका के जाफना के पास 12 हिंदुस्तानीय मछुआरों को गिरफ्तार किया गया था और उनकी नाव को जब्त कर लिया गया था. इससे पहले 9 अगस्त को श्रीलंकाई नौसेना ने समुद्री सीमा उल्लंघन के आरोप में रामेश्वरम के 7 मछुआरों को हिरासत में लिया था. रामेश्वरम के मछुआरा संघों ने श्रीलंकाई नौसेना की इन कार्रवाईयों की निंदा की है. उन्होंने केंद्र प्रशासन से मांग की है कि श्रीलंकाई नौसेना द्वारा गिरफ्तार सभी हिंदुस्तानीय मछुआरों की रिहाई सुनिश्चित की जाए और जब्त की गई हिंदुस्तानीय नौकाओं को भी वापस लाया जाए. कहां होती है हिंदुस्तानीयों से गलती? द न्यू इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के मुताबिक डेल्फ्ट द्वीप के पास पकड़ी गई एक नाव कराईकल क्षेत्र की है, जिसमें 17 मछुआरे सवार थे. रिपोर्ट के अनुसार ऑल मशीनीकृत बोट फिशरमेन एसोसिएशन ने आरोप लगाया कि ये मछुआरे हाई हॉर्सपावर इंजन वाली नावों से अवैध रूप से रामेश्वरम मछुआरों के क्षेत्र में मछली पकड़ते हैं. कराईकल के मछुआरे अक्सर धनुषकोडी और तलैमन्नार के बीच अंतरराष्ट्रीय जल क्षेत्र के करीब काम करते हैं और कई बार श्रीलंकाई मछुआरों के जालों को नुकसान पहुंचाते हैं. इसी कारण हिंदुस्तानीय मछुआरों की बार-बार गिरफ्तारी की घटनाएं हो रही हैं. रामेश्वरम के मछुआरा संगठनों के प्रतिनिधियों ने बताया कि वे इस मुद्दे पर जल्द ही कराईकल के मछुआरा संघों से बैठक करेंगे और उनसे अपील करेंगे कि वे रामेश्वरम मछुआरों के मछली पकड़ने के क्षेत्र में प्रवेश करने से बचें. ये भी पढ़ें:- डोनाल्ड ट्रंप का यूटर्न, जेनरिक दवाओं पर नहीं लगेगा टैरिफ, हिंदुस्तानीय कंपनियों को राहत, क्या है यूटर्न की वजह? हिंदुस्तान के खिलाफ तुरंत टैरिफ हटाएं ट्रंप, अमेरिका को हो रहा नुकसान, 19 अमेरिकी सांसदों ने पत्र लिखकर किया आग्रह नोबेल के लिए फिर छलका ट्रंप का दर्द, कहा- मुझे पुरस्कार न देने के लिए वो कोई न कोई बहाना ढूंढ लेंगे The post श्रीलंकाई नौसेना ने गिरफ्तार किए 47 हिंदुस्तानीय मछुआरे, साल 2025 की सबसे बड़ी हिरासत, जानें किस चूक पर मिली ये सजा? appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

चीन का भूत उतार देगा ये जानवर, 112 मील दूर खड़ा खतरनाक योद्धा; जंग में मात देने के लिए ताइवान लेगा इसका सहारा!

Taiwan Porcupine Strategy: दुनिया की निगाहें गाजा और रूस‑यूक्रेन पर बटी हो सकती हैं, पर ईस्ट एशिया में भी एक सख्त साजिश चल रही है. चीन के ठीक 112 मील पार बैठा ताइवान किसी सरल आत्मसमर्पण का नाम नहीं है वह अपनी रक्षा के लिए ऐसी रणनीति तैयार कर रहा है जिससे हमला तो किया जा सके, पर जीत इतनी सस्ती न हो कि बीजिंग को फल मिल जाए. इसे ही कहते हैं पॉर्क्यूपाइन स्ट्रैटेजी यानी साही रणनीति और साही की तरह कांटेदार, जो छूने वाले को दर्द दे दे. Taiwan Porcupine Strategy: पॉर्क्यूपाइन स्ट्रैटेजी क्या है?   यह रणनीति असममित रक्षा पर आधारित है. इसका मतलब बड़े, सीधे टकराव में दुश्मन को मात देने की जगह उसे इतना महंगा और खूनखराबे‑भरा चुकाना कि वह पीछे हट जाए. यह विचार 2008 में अमेरिकी नौसेना युद्ध कॉलेज के शोध‑प्रोफेसर विलियम एस मरे ने प्रस्तावित किया था और इसे कई सैन्य विशेषज्ञ, जिनमें फिलिप इंग्राम, MBE भी शामिल हैं, ताइवान की मौजूदा नीतियों के साथ जोड़कर देखते हैं. ताइवान की रणनीति का लक्ष्य यह नहीं कि पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) को सीधे‑सीधे हराया जाए, बल्कि हमला इतना जोखिमपूर्ण और महंगा बना देना है कि बीजिंग निर्णय बदल दे. पहली ढाल है वायु शक्ति- हवा पर नियंत्रण रखना ताइवान की वायुसेना उसकी पहली रक्षा है. देश ने अपने F‑16 Viper लड़ाकू विमानों को अपग्रेड किया है, साथ ही स्वदेशी जेट और फ्रांसीसी Mirage 2000 जैसी मशीनें भी हैं. इन विमानों का मकसद है शुरुआती हवाई हमलों को नाकाम करना और हवाई क्षेत्र पर नियंत्रण बनाए रखना क्योंकि हवा अगर बची रहे तो बाकी बचाव की उम्मीद बनी रहती है. दूसरी ढाल है नौसेना का जाल- समुद्र को घातक बनाना वायुसेना के साथ ताइवान की नौसेना समुद्री मोर्चे को संभालेगी. लक्ष्य है चीन की नौसेना को ताइवान जलडमरूमध्य में रोकना, समुद्री मार्गों को माइनफील्ड और खतरनाक बनाकर नाकाबंदी को तोड़ना. ताइवान की नौसेना में अमेरिकी युद्धपोत, फ्रिगेट्स और विशेष रूप से Tuo Chiang‑class जैसी तेज, छोटे पर घातक कॉर्वेट्स शामिल हैं छोटे जहाज जो बड़े जहाजों के लिए भयावह परेशानियां खड़ी कर सकते हैं. तीसरी ढाल है मिसाइल व्यवस्था को दूर से काटना ताइवान की मिसाइल प्रणालियां इस रणनीति के कांटे हैं पॉर्क्यूपाइन. पॉर्क्यूपाइन एक ऐसा जानवर है जो जिसके शरीर पर कांटे की तरह उसके शरीर तीर के समान बना रहता है. ताइवान इसी जानवर से मदद लेकर अपनी सुरक्षा कर सकता है और ये कांटेदार तीरों को शत्रु के तरफ फेंकता है जिससे हमला भी कर सकता है. लंबी दूरी की मिसाइलें चीन के ठिकानों पर चोट कर सकती हैं जबकि छोटी‑रेंज मिसाइलें संभावित चीनी जहाजों और विमानों को तबाह कर सकती हैं. यही वह दम है जिससे ताइवान हमलावर को दर्द महसूस करा कर उसे पीछे हटने पर मजबूर कर सकता है.  छोटे, गुप्त और तेज साही रणनीति (पॉर्क्यूपाइन स्ट्रैटेजी) असममित क्षमताओं पर जोर देती है जिसमें छोटी संख्या में बड़ी नहीं, स्मार्ट, गुप्त, गतिशील और प्रेरित यूनिट्स. इनका उद्देश्य PLA के संचालन केन्द्रों और प्रमुख नोड्स पर प्रहार कर उसके ऑपरेशनल समायोजन को बाधित करना है. ताइवान अपने जलडमरूमध्य के भूगोल का पूरा फायदा उठाकर दुश्मन की गति और आक्रमण योजना को विफल करने की स्थितियां बनाएगा. रणनीति को तीन परतों में देखा जा सकता है जिसमें बाहरी परत खुफिया और टोही जो आश्चर्य हमले से बचाएगी; बीच का परत जिसमें अमेरिकी एयर सपोर्ट और समुद्री गुरिल्ला युद्ध योजनाएं और भीतरी परत में ताइवान का भूगोल और जनसांख्यिकी जो लैंडिंग और उतराई को मुश्किल बनाएंगे. ये परतें मिलकर किसी भी आक्रमण को जटिल, महंगा और जोखिमपूर्ण बनाती हैं. चीन की ताकत और ताइवान की चुनौतियां PLA ने पिछले दशक में हवाई और नौसैनिक नाकाबंदी, साइबर हमले और मिसाइल क्षमताएं बढ़ा ली हैं. अनुमान है कि PLA के पास शुरुआती 25,000 से अधिक सैनिकों की लैंडिंग की क्षमता है और जरूरत पड़ने पर नागरिक जहाजों को तैनात करके यह क्षमता और बढ़ सकती है. फिर भी, ताइवान के छोटे‑छोटे हथियार, मिसाइल‑श्रेणी और जल‑भौगोलिक बाधाएं चीनी ऑपरेशन को आसानी से सफल नहीं होने देंगी. ताइवान ने 2018 में Overall Defense Concept (ODC) अपनाकर असममित दृष्टिकोण की ओर अपना रुख स्पष्ट किया यानी पारंपरिक बड़े बलों के बजाय वितरण‑आधारित रक्षा. आधिकारिक भाषा में ताइवान कहता है कि वह “युद्ध की इच्छा किए बिना युद्ध की तैयारी कर रहा है” एक स्पष्ट संदेश कि वह संघर्ष से बचना चाहता है लेकिन जीत सस्ती नहीं होने देगा. ये भी पढ़ें:- वही जहाज जिसने तोड़ा था 1971 में पाकिस्तान, अब लंगर डाल चुका है बांग्लादेश के तट पर, क्या है अमेरिका का नया दांव? नोबेल के लिए फिर छलका ट्रंप का दर्द, कहा- मुझे पुरस्कार न देने के लिए वो कोई न कोई बहाना ढूंढ लेंगे 1.5 करोड़ रुपये में बिका यह बाज, सऊदी शेखों ने नीलामी में मचाया तहलका, जानें क्या है इस ‘हूर कर्नस’ खासियत?  The post चीन का भूत उतार देगा ये जानवर, 112 मील दूर खड़ा खतरनाक योद्धा; जंग में मात देने के लिए ताइवान लेगा इसका सहारा! appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Friday OTT Release: वीकेंड का मजा अब होगा दोगुना, इस शुक्रवार धमाल मचाने आ रही हैं ये नई फिल्में और सीरीज

Friday OTT Release: ओटीटी लवर्स के लिए फ्राइडे का दिन बहुत खास होता है क्योंकि हर शुक्रवार Netflix और Jio Hotstar जैसे प्लेटफॉर्म्स पर नई फिल्मों और सीरीज की बहार आती है. वैसे ही इस शुक्रवार 10 अक्टूबर 2025 को भी कई दमदार टाइटल्स रिलीज हो रहे हैं, जिसमें थ्रिलर से लेकर रोमांस और फैंटेसी तक, हर जॉनर के लिए कुछ न कुछ खास है. ऐसे में आइए बताते हैं इस फ्राइडे क्या-क्या नया देखने को मिलेगा. कुरुक्षेत्र (Netflix) View this post on Instagram A post shared by Netflix India (@netflix_in) नेटफ्लिक्स पर 10 अक्टूबर, शुक्रवार को आ रही एनिमेटेड सीरीज ‘कुरुक्षेत्र: द ग्रेट वॉर ऑफ महाहिंदुस्तान’ महाहिंदुस्तान के 18 दिन चले युद्ध की कहानी को एक नए नजरिए से दिखाती है. इस सीरीज में पांडवों और कौरवों के बीच संघर्ष के साथ-साथ नैतिक द्वंद और व्यक्तिगत भावनाओं को भी दिखाया गया है. सर्च: द नैना मर्डर केस (Jio Hotstar) View this post on Instagram A post shared by JioHotstar (@jiohotstar) कोंकणा सेन शर्मा स्टारर यह क्राइम थ्रिलर एक वेटरेन पुलिस अधिकारी एसीपी संयुक्ता दास की कहानी है, जो एक हाई-प्रोफाइल मर्डर केस की जांच में उलझ जाती है. कहानी तब दिलचस्प बनती है जब एक राजनेता की कार में लड़की की लाश मिलती है. यह फिल्म डेनिश क्राइम ड्रामा ‘The Killing’ से प्रेरित है. मिराई (Jio Hotstar) View this post on Instagram A post shared by JioHotstar Telugu (@jiohotstartelugu) तेजा सज्जा की तेलुगु एक्शन थ्रिलर ‘मिराई’ एक अनाथ लड़के वेधा की कहानी है, जिसे नौ पवित्र ग्रंथों को एक डार्क लॉर्ड से बचाना होता है. इसे पाने के लिए खलनायक किसी भी हद तक जा सकता है. द वुमन इन केबिन 10 (Netflix) रूथ वेयर के मशहूर नॉवेल पर आधारित यह साइकोलॉजिकल थ्रिलर एक ट्रैवल जर्नलिस्ट, लॉरा ब्लैकलॉक की कहानी है. यह भी पढ़े: Kantara Chapter 1 की ग्लोबल सफलता पर ऋषभ शेट्टी ने तोड़ी चुप्पी, कहा- क्षेत्रीय कहानियां भी वैश्विक स्तर पर असर डाल सकती हैं The post Friday OTT Release: वीकेंड का मजा अब होगा दोगुना, इस शुक्रवार धमाल मचाने आ रही हैं ये नई फिल्में और सीरीज appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

DSSSB TGT Recruitment 2025: टीजीटी टीचर की 5346 वैकेंसी, सैलरी 1.4 लाख से ज्यादा

DSSSB TGT Recruitment 2025: अगर आप टीचिंग सेक्टर में प्रशासनी नौकरी की तैयारी कर रहे हैं, तो आपके लिए यह शानदार अवसर है. दिल्ली सबोर्डिनेट सर्विस सेलेक्शन बोर्ड (DSSSB) ने बड़ी भर्ती का ऐलान किया है. इस भर्ती अभियान के तहत कुल 5346 पदों पर Trained Graduate Teacher (TGT) की वैकेंसी निकली है. आवेदन प्रक्रिया 9 अक्टूबर 2025 से शुरू होकर 7 नवंबर 2025 तक चलेगी. इच्छुक और योग्य उम्मीदवार DSSSB की ऑफिशियल वेबसाइट dsssb.delhi.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं. DSSSB TGT Recruitment 2025: कई सब्जेक्ट में भर्तियां इस भर्ती के माध्यम से दिल्ली प्रशासन के विभिन्न स्कूलों में अलग-अलग विषयों के शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी. इसमें हिन्दी, इंग्लिश, मैथ्स, साइंस, सोशल साइंस, संस्कृत और अन्य विषयों में TGT टीचर्स की वैकेंसी शामिल हैं. उम्मीदवारों को अपनी योग्यता और विषय के अनुसार ऑनलाइन फॉर्म भरना होगा. DSSSB TGT Teacher Recruitment 2025 Notification यहां डायरेक्ट लिंक से चेक करें. DSSSB TGT के लिए कैसे करें आवेदन? – सबसे पहले DSSSB की ऑफिशियल वेबसाइट dsssb.delhi.gov.in पर जाएं.– होमपेज पर “TGT Recruitment 2025” लिंक पर क्लिक करें.– अब “Apply Online” सेक्शन में जाकर अपनी प्रोफाइल रजिस्टर करें या लॉगिन करें.– मांगी गई जानकारी जैसे नाम, शैक्षणिक योग्यता, अनुभव आदि सही-सही भरें.– सभी जरूरी डॉक्यूमेंट्स अपलोड करें और आवेदन शुल्क का भुगतान करें.– फॉर्म सबमिट करने से पहले एक बार सभी डिटेल्स को ध्यान से जांच लें.– फॉर्म सबमिट करने के बाद उसका प्रिंटआउट भविष्य के लिए सुरक्षित रखें. DSSSB TGT के लिए क्या चाहिए योग्यता? DSSSB TGT पदों पर आवेदन करने के लिए उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से संबंधित विषय में ग्रेजुएशन, पोस्ट-ग्रेजुएशन या डिप्लोमा की डिग्री होना आवश्यक है. इसके साथ ही उम्मीदवार के पास BEd डिग्री भी होनी चाहिए. दिल्ली टीजीटी टीचर के लिए उम्र सीमा क्या हो? TGT पदों के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों की आयु अधिकतम 30 वर्ष तक हो सकती है. आरक्षित श्रेणियों (SC/ST/OBC/EWS/PwD) को नियमों के अनुसार आयु में छूट दी जाएगी. यह भी पढ़ें: बिहार में 10वीं पास के लिए प्रशासनी नौकरी, वर्क इंस्पेक्टर की 1114 वैकेंसी The post DSSSB TGT Recruitment 2025: टीजीटी टीचर की 5346 वैकेंसी, सैलरी 1.4 लाख से ज्यादा appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Saturn Transit 2026: शनि करने वाले हैं मीन राशि में गोचर, इन राशियों के लिए बड़ा बदलाव लेकर आएगा ये साल

Saturn Transit 2026: ज्योतिष शास्त्र में शनि को कर्म, अनुशासन और स्थायित्व का ग्रह माना जाता है. यह जिस राशि में गोचर करता है, वहां लंबे समय तक अपना प्रभाव छोड़ता है. वर्तमान में शनि मीन राशि में गोचर कर रहा है, जो गुरु (बृहस्पति) की राशि भी है. खास बात यह है कि शनि 2026 में भी इसी राशि में रहेगा. इस दौरान यह अपने नक्षत्र भी बदलेगा, जिससे कुछ राशियों के जीवन में महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकते हैं. ज्योतिषाचार्यों के अनुसार 2026 की शुरुआत में शनि लगभग तीन हफ्ते तक पूर्व भाद्रपद नक्षत्र में रहेगा. इसके बाद यह उत्तर भाद्रपद और रेवती (गण्डमूल) नक्षत्र के बीच अपनी गति जारी रखेगा. इस समय इसका स्वामी ग्रह बृहस्पति (गुरु) मिथुन, कर्क और सिंह राशियों से गुजरेगा. शनि की साढ़ेसाती का प्रभाव सबसे अधिक मेष, कुंभ और मीन राशि के जातकों पर दिखाई देगा. मेष राशि: मेहनत का फल और आत्ममंथन मेष राशि के जातकों के लिए 2026 मेहनत और धैर्य का परिणाम लाने वाला है. पिछले कुछ वर्षों में जो सबक आपने सीखे हैं—जैसे संयम, फोकस बनाए रखना और परिस्थितियों को स्वीकार करना—वे अब काम आएंगे. इस साल आपके प्रयासों का फल आपको स्पष्ट रूप से दिखेगा. कार्यक्षेत्र में आपकी पहचान बढ़ेगी, लेकिन आवश्यक है कि आप जमीन पर पैर रखकर कदम बढ़ाएं. आर्थिक स्थिति में स्थिरता आएगी और पुराने तनाव धीरे-धीरे कम होंगे. मानसिक रूप से आप शांत और आत्ममंथन की स्थिति में रह सकते हैं. कभी-कभी अकेले समय बिताने या आध्यात्मिक रूप से जुड़ने की इच्छा होगी. यह समय दूसरों से अपेक्षाएं छोड़कर स्वयं पर भरोसा करना और आत्म-दया तथा आत्म-स्नेह विकसित करने का है. पुराने बोझ और चिंताओं को छोड़ने का यह सही समय है, जिससे आप जीवन का नया अध्याय शुरू कर सकते हैं. इसे भी पढ़ें: 22 या 23 अक्तूबर, कब है भाई दूज, जानें सही तारीख और शुभ मुहूर्त  कुंभ राशि: जिम्मेदारियों के बीच आत्मविकास कुंभ राशि के जातकों के लिए 2026 महत्वपूर्ण बदलाव लेकर आएगा. शनि आपके जीवन में बड़े बदलाव लाएगा, जिसमें कामकाज और निजी जिम्मेदारियों की वृद्धि होगी. हालांकि यह चुनौतीपूर्ण प्रतीत हो सकता है, लेकिन यह आपको अंदर से मजबूत और परिपक्व बनाएगा. इस साल आपको ऐसे प्रोजेक्ट या काम मिल सकते हैं जिनमें लंबे समय तक धैर्य और परिपक्वता दिखानी होगी. रिश्तों में सीमाओं और सच्चाई की परीक्षा होगी. हर परिस्थिति पर तुरंत प्रतिक्रिया देने के बजाय शांत रहना लाभकारी होगा. शनि आपके लिए गिराने नहीं, बल्कि संवारने का कार्य करेगा. नियमित प्रयास और संयम से यह साल आपके जीवन का टर्निंग पॉइंट बन सकता है. मीन राशि: आत्मनिरीक्षण और परिपक्वता मीन राशि के जातकों के लिए शनि का साढ़ेसाती दौर आत्मनिरीक्षण और जिम्मेदारी से जुड़ा रहेगा. यह समय आपको अपने लक्ष्य, विचार और मान्यताओं को परखने का अवसर देगा. शुरुआत में परिस्थितियां भारी या उलझी हुई लग सकती हैं, लेकिन धीरे-धीरे आप उन्हें समझने और संभालने में सक्षम होंगे. पुराने भावनात्मक पैटर्न छोड़ना और मानसिक स्वास्थ्य तथा आत्म-देखभाल पर ध्यान देना आवश्यक है. प्रकृति के करीब रहें, ध्यान लगाएं और अपनी क्रिएटिविटी को जागृत करें. शनि आपको रोक नहीं रहा है, बल्कि आपको उस रूप में ढाल रहा है, जो आप वास्तव में बनना चाहते हैं. 2026 का साल शनि के प्रभाव के कारण कई लोगों के लिए आत्मबोध, जिम्मेदारी और जीवन के नए अध्याय की शुरुआत लेकर आएगा. यह वर्ष धैर्य और आत्मसंयम की परीक्षा लेगा, साथ ही आत्मविकास और स्थिरता के मार्ग भी खोलेगा. जो लोग शनि की सीख को अपनाएंगे, उनके लिए यह साल जीवन में गहराई, स्थिरता और सफलता दोनों लेकर आएगा. शनि 2026 में किस राशि में गोचर कर रहा है? शनि 2026 में मीन राशि में गोचर कर रहा है और इसके नक्षत्र बदलते रहेंगे. किन राशियों पर शनि की साढ़ेसाती का सबसे अधिक प्रभाव होगा? मेष, कुंभ और मीन राशि के जातकों पर. मेष राशि के लिए साढ़ेसाती का मुख्य संदेश क्या है? मेहनत का फल मिलेगा, आत्ममंथन और स्थिरता महत्वपूर्ण होगी. कुंभ राशि वालों को साढ़ेसाती में क्या ध्यान रखना चाहिए? जिम्मेदारियों को स्वीकार करते हुए संयम और धैर्य बनाए रखना. मीन राशि के लिए शनि का प्रभाव कैसा रहेगा? आत्मनिरीक्षण, भावनात्मक परिपक्वता और मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान देना जरूरी है. जन्मकुंडली, वास्तु, तथा व्रत त्यौहार से सम्बंधित किसी भी तरह से जानकारी प्राप्त करने हेतु दिए गए नंबर पर फोन करके जानकारी प्राप्त कर सकते है . ज्योतिषाचार्य संजीत कुमार मिश्राज्योतिष वास्तु एवं रत्न विशेषज्ञ8080426594/9545290847 The post Saturn Transit 2026: शनि करने वाले हैं मीन राशि में गोचर, इन राशियों के लिए बड़ा बदलाव लेकर आएगा ये साल appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

बुलेट ट्रेन सी सोने और चांदी की कीमतों की रफ्तार, जानिए आज के ताजा रेट!

Gold-Silver Price: हिंदुस्तान में सोने और चांदी की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिल रही है. वैश्विक बाजार में तेजी और निवेशकों की सुरक्षा की मांग के चलते यह दोनों कीमती धातु लगातार नए रिकॉर्ड बना रही हैं. सिर्फ पिछले तीन दिनों में ही सोने और चांदी की कीमतों में भारी उछाल आया है, जिससे निवेशकों और खरीदारों की दिलचस्पी और बढ़ गई है. क्या सोने की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं? हिंदुस्तान में सोने और चांदी की कीमतों में लगातार उछाल देखने को मिल रहा है. आज सोने की कीमत 10 ग्राम के लिए 1,26,600 रुपये तक पहुँच गई है. पिछले तीन दिनों में सोने की कीमतों में कुल 6,000 रुपये का इजाफा हुआ है. ऑल इंडिया सराफा एसोसिएशन के अनुसार, 99.9% शुद्ध सोना मंगलवार को 1,24,000 रुपये पर जा कर रुका था. बुधवार को 99.5% शुद्ध सोने की कीमत 1,26,000 रुपये तक बढ़ गई थी. चांदी ने भी तोड़ा रिकॉर्ड चांदी की कीमतों में भी लगातार तेजी रही है. बुधवार को चांदी 1,57,000 रुपये प्रति किलोग्राम के करीब ट्रेड कर रही थी, जिसमें सभी टैक्स शामिल हैं. मंगलवार को यह 1,54,000 रुपये प्रति किलोग्राम पर रुकी हुई थी. सोमवार को चांदी ने 1,57,400 रुपये प्रति किलोग्राम का नया रिकॉर्ड बनाया था. वहीं, वैश्विक स्तर पर स्पॉट चांदी 2% से अधिक बढ़कर 48.99 डॉलर प्रति औंस पर पहुँच गई है. वैश्विक कारण और कीमतों की तेजी सोने की कीमतों ने पहली बार 4,000 डॉलर प्रति औंस का आंकड़ा पार किया है. अमेरिकी वित्तीय स्थिति की अस्थिरता और प्रशासन के शटडाउन के डर ने सोने की कीमतों को और बढ़ावा दे दिया है. केवल दो साल पहले सोना 2,000 डॉलर के नीचे ट्रेड कर रहा था. इस सदी में सोने के रिटर्न अब स्टॉक्स से भी बेहतर रहे हैं. Also Read: Ratan Tata एक ऐसा शख्स, जिन्होंने बदल दी हिंदुस्तानीय उद्योग जगत की तकदीर क्यों बढ़ रही हैं कीमतें? वैश्विक व्यापार में अस्थिरता, अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीतियों और अमेरिकी वित्तीय स्थिरता से जुड़े सवाल सोने और चांदी की मांग को बढ़ा रहे हैं. बढ़ते जियोपॉलिटिकल तनावों ने भी निवेशकों को सुरक्षित निवेश की ओर मोड़ दिया है. इसके साथ ही, केंद्रीय बैंक लगातार सोने की खरीद कर रहे हैं, जिससे कीमतों में और बढ़ोतरी हो रही है. Also Read: Ratan Tata ने Tata Group को कैसे बनाया ग्लोबल? जाने आम आदमी की कार बनाने वाले की पूरी कहानी The post बुलेट ट्रेन सी सोने और चांदी की कीमतों की रफ्तार, जानिए आज के ताजा रेट! appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top