Hot News

Author name: Vinod Jha

nayavichar.com पर संपादक हैं। पटना स्थित स्वतंत्र पत्रकार और लेखक व एक दशक से अधिक का व्यापक अनुभव है। पत्रकारिता, प्रकाशन और विज्ञापन में अनुभव सभी प्रकार की सामग्री के साथ काम करने में सक्षम बनाता है: ब्लॉग पोस्ट, सोशल मीडिया सामग्री अच्छी तरह से शोध किए गए लेख और साथ ही प्रेस विज्ञप्तियाँ। यदि आप उच्च-गुणवत्ता वाली सामग्री की तलाश में हैं, तो nayavicharnews@gmail.com पर संपर्क करें। विशेषताएँ: रिपोर्टिंग, पत्रकारिता, लेखन और संचार, सोशल मीडिया

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Video: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की खबर मिलते ही जंतर-मंतर पर शुरू हुआ जश्न

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अभिजीत दिपके ने कहा, “यह इस्तीफा इस बात का सबूत है कि अगर आप लोग डरते नहीं हैं, अगर आप लोग इस प्रशासन के सामने झुकते नहीं हैं, तो हम किसी का भी इस्तीफा ले सकते हैं.” जंतर-मंतर पर छात्र मना रहे जश्न धर्मेंद्र प्रधान के अपने पद से इस्तीफा देने के बाद जंतर-मंतर पर छात्र जश्न मनाने लगे हैं. CJP के अध्यक्ष अभिजीत दीपके ने अपने समर्थक छात्रों को प्रधान के इस्तीफे की जानकारी दी. जैसे ही दीपके ने बताया कि शिक्षा मंत्री ने इस्तीफा दे दिया है, इस बात को सुनते ही छात्र जश्न मनाने लगे. छात्र संगठन परीक्षा प्रणाली में सुधार, नीट प्रश्नपत्र लीक मामले में जवाबदेही तय करने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर 20 जून से प्रदर्शन कर रहा है और प्रधान का इस्तीफा उसकी प्रमुख मांगों में शामिल था. युवाओं का शांतिपूर्ण संघर्ष बेकार नहीं जाएगा : सीजेपी कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने अपने आधिकारिक एक्स अकाउंट से लिखा, “मैंने पहले ही कहा था कि युवाओं का शांतिपूर्ण संघर्ष बेकार नहीं जाएगा.” छात्रों के प्रदर्शन का राष्ट्रविरोधी ताकतें लाभ न उठाएं, इसलिए दिया इस्तीफा : प्रधान धर्मेंद्र प्रधान ने अपने त्यागपत्र में लिखा, ‘‘पिछले 10 दिन का घटनाक्रम देखकर मेरा मन दुखी है. यह मेरे लिए व्यक्तिगत प्रतिष्ठा का विषय नहीं है.’’ ‘‘जंतर-मंतर पर और देश में जो स्थिति बनी है, इस स्थिति का राष्ट्रविरोधी ताकतें लाभ न उठाएं, देश की एकता बनी रहे, हिंदुस्तान के एक भी विद्यार्थी का भविष्य कानूनी पेचीदगियों में न उलझे, हमारे शिशु अपना समय पढ़ाई में लगाएं, करियर बनाने पर ध्यान केंद्रित करें, इसी बात पर विचार करते हुए मैंने अपना त्यागपत्र प्रधानमंत्री को भेज दिया है.’’ – धर्मेंद्र प्रधान The post Video: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की समाचार मिलते ही जंतर-मंतर पर शुरू हुआ जश्न appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

सीजेपी प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा,कहा- राष्ट्रविरोधी ताकतों को रोकने के लिए उठाया ये कदम

छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बीच बड़ी समाचार है. केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पत्र में लिखा, “यह सुनिश्चित करने के लिए कि जंतर-मंतर और देश भर के हालात का फायदा देश-विरोधी तत्व न उठा सकें, देश एकजुट रहे, और हिंदुस्तान के छात्र कानूनी पेचीदगियों में न फंसें बल्कि अपनी पढ़ाई और करियर पर ध्यान दें, मैंने प्रधानमंत्री को अपना इस्तीफा सौंप दिया है.” युवाओं का भविष्य कानूनी पेचीदगियों में न उलझे : प्रधान अपने इस्तीफे के पत्र में धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि वे सदैव देश की प्रजातांत्रिक शक्ति और युवाओं की आकांक्षाओं का सम्मान करते आए हैं. पिछले 10 दिनों के घटनाक्रम से वे व्यथित थे. “देश की युवाशक्ति को भ्रम के कुचक्र में फंसने नहीं देंगे, यही मेरा संकल्प है. जंतर-मंतर पर और देश में जो स्थिति बनी है, उसका राष्ट्रविरोधी ताकतें लाभ न उठाएं, देश की एकता बनी रहे और हिंदुस्तान के किसी भी विद्यार्थी का भविष्य कानूनी पेचीदगियों में न उलझे, इसी बात को ध्यान में रखते हुए मैंने अपना त्यागपत्र माननीय प्रधानमंत्री जी को भेज दिया है.” प्रधान ने NEET-UG परीक्षा पर दी सफाई इस्तीफे पत्र में धर्मेंद्र प्रधान ने संपन्न हुई NEET-UG परीक्षा के पूरे घटनाक्रम का ब्योरा भी साझा किया. 3 मई 2026 की परीक्षा में गड़बड़ी: 3 मई 2026 को आयोजित NEET-UG परीक्षा में अनियमितता सामने आने पर प्रशासन ने तुरंत संज्ञान लेते हुए जांच सीबीआई (CBI) को सौंपी, परीक्षा रद्द की और पुन: परीक्षा आयोजित की. इसके साथ ही अगले वर्ष से इस परीक्षा को सीबीटी (Computer-Based Test) मोड में कराने का फैसला लिया गया. 21 जून को दोबारा परीक्षा: केंद्र, राज्य प्रशासनों और जिला प्रशासन के सहयोग से 21 जून 2026 को 20 लाख से अधिक छात्रों के लिए दोबारा परीक्षा सुचारू रूप से आयोजित की गई. 16 जुलाई के परिणाम: 16 जुलाई को घोषित नतीजों में गरीब पृष्ठभूमि से आने वाले कई मेधावी छात्रों को सफलता मिली. कुछ जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों ने छात्रों को गुमराह करने की कोशिश की : धर्मेंद्र प्रधान धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि पहले ही दिन से उन्होंने इस पूरी परिस्थिति की जिम्मेदारी ली थी और संकल्प लिया था कि किसी भी मेधावी छात्र का नुकसान परीक्षा माफिया के कारण नहीं होने देंगे. हालांकि, उन्होंने अफसोस जताया कि कुछ जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों ने छात्रों को गुमराह करने और बाधा डालने की कोशिश की, जिससे उनका मन व्यथित हुआ. प्रधानमंत्री और सहयोगियों का जताया आभार धर्मेंद्र प्रधान ने पिछले चार दशकों से अधिक समय से शिक्षा सुधारों और छात्रों के हित में अपने समर्पण का जिक्र किया. उन्होंने प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन, दूरदर्शी नेतृत्व और निरंतर सहयोग के लिए हार्दिक कृतज्ञता व्यक्त की. इसके अलावा, उन्होंने मंत्रिपरिषद के सहयोगियों, अधिकारियों और कर्मचारियों का भी आभार माना. उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रसेवा उनके जीवन की सर्वोच्च प्राथमिकता बनी रहेगी और भगवान श्री जगन्नाथ जी के आशीर्वाद से वे भविष्य में भी हिंदुस्तान माता, ओडिशा की जनता तथा युवाओं की आकांक्षाओं की पूर्ति के लिए समर्पित रहेंगे. The post सीजेपी प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा,कहा- राष्ट्रविरोधी ताकतों को रोकने के लिए उठाया ये कदम appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

NEET पेपर लीक से धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक: कब-कब, क्या-क्या हुआ? जानिए पूरी टाइमलाइन

Dharmendra Pradhan : NEET-UG 2026 पेपर लीक ने सिर्फ एक परीक्षा पर सवाल नहीं खड़े किए, बल्कि देश की पूरी परीक्षा व्यवस्था को बहस के केंद्र में ला दिया. लाखों छात्रों के भविष्य से जुड़े इस मामले ने देखते ही देखते राष्ट्रीय छात्र आंदोलन का रूप ले लिया. पेपर लीक की समाचारों और परीक्षा रद्द होने के बाद 20 से ज्यादा छात्रों के आत्महत्या करने की समाचारें भी सामने आईं, जिससे पूरे देश में गुस्सा और बढ़ गया. 20 जून को शुरू हुआ CJP का आंदोलन धीरे-धीरे राष्ट्रीय स्तर का अभियान बन गया. इस दौरान भूख हड़ताल, संसद मार्च, पुलिस कार्रवाई, विपक्ष का समर्थन और प्रशासन के साथ बातचीत हुई. आखिरकार 25 जुलाई को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया. जानिए इस पूरे घटनाक्रम की टाइमलाइन. ये भी पढ़ें : सीजेपी प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा 3 मई: NEET-UG 2026 का पेपर लीक 3 मई 2026 को आयोजित NEET-UG परीक्षा का पेपर बड़े पैमाने पर लीक होने का दावा सामने आया. जांच में पता चला कि व्हाट्सएप और टेलीग्राम पर एक डिजिटल गेस पेपर वायरल हुआ था, जिसके 140 सवाल असली परीक्षा से मेल खाते थे. इस खुलासे के बाद देशभर में छात्रों ने परीक्षा रद्द करने और निष्पक्ष जांच की मांग शुरू कर दी. 12 मई: NTA ने परीक्षा रद्द की लगातार बढ़ते विवाद और जांच के बाद राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने 12 मई को परीक्षा रद्द करने का फैसला लिया. बाद में 21 जून को दोबारा परीक्षा कराई गई. इसी दौरान कई राज्यों में छात्रों का विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया. ये भी पढ़ें : CJP Protest Live : धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद जंतर-मंतर पर जश्न का माहौल, CJP लगातार कर रही थी पद छोड़ने की मांग 20 जून: जंतर-मंतर से शुरू हुआ CJP का आंदोलन 20 जून को Cockroach Janata Party (CJP) ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर अनिश्चितकालीन प्रदर्शन शुरू किया. इस आंदोलन का नेतृत्व अभिजीत दीपके कर रहे थे. संगठन की मुख्य मांग थी कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दें, परीक्षा व्यवस्था में सुधार हो और पेपर लीक के जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई हो. 28 जून: सोनम वांगचुक की भूख हड़ताल सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक आंदोलन के समर्थन में आए और 28 जून से भूख हड़ताल पर बैठ गए. उनके जुड़ने के बाद आंदोलन को देशभर में और ज्यादा समर्थन मिलने लगा. बाद में AISA के कई छात्र नेता भी भूख हड़ताल में शामिल हुए. 18 जुलाई: पुलिस ने वांगचुक को अस्पताल पहुंचाया 18 जुलाई को पुलिस ने सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से उठाकर सफदरजंग अस्पताल पहुंचाया. उनकी तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें मेडिकल निगरानी में रखा गया. इसके बावजूद आंदोलन जारी रहा और प्रदर्शनकारियों की संख्या लगातार बढ़ती गई. 20 जुलाई: संसद मार्च और पुलिस कार्रवाई 20 जुलाई को संसद के मानसून सत्र की शुरुआत के दिन CJP ने ‘संसद चलो’ मार्च का आह्वान किया. देशभर से हजारों छात्र दिल्ली पहुंचे. संसद की ओर बढ़ रहे प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने बैरिकेडिंग की, आंसू गैस छोड़ी और लाठीचार्ज किया. कई वीडियो सामने आए, जिनमें छात्रों पर बल प्रयोग होता दिखाई दिया. इस कार्रवाई के बाद देशभर में बहस तेज हो गई. इसी दौरान संसद का मानसून सत्र भी विपक्ष के हंगामे के कारण बार-बार बाधित होता रहा. आंदोलन को मिला कई बड़ी हस्तियों का समर्थन पुलिस कार्रवाई के बाद आंदोलन को कई नेतृत्वक दलों के साथ-साथ फिल्म जगत की हस्तियों का भी समर्थन मिला. राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और सोनिया गांधी ने छात्रों का पक्ष रखा. वहीं सलमान खान, अनुपम खेर, नसीरुद्दीन शाह, प्रकाश राज समेत कई चर्चित हस्तियों ने भी आंदोलन के समर्थन में बयान दिए. इससे प्रशासन पर दबाव और बढ़ गया. View on Instagram 20 जुलाई: संसद का मानसून सत्र शुरू, विपक्ष ने किया प्रशासन पर हमला धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष का हंगामा जारी रहा. इससे सीजेपी के प्रदर्शन को और मजबूती मिली. इसके ठीक बाद राहुल गांधी, सोनिया गांधी, अखिलेश यादव सहित कई सांसद पीएम आवास के बाहर प्रदर्शन करने पहुंच गए थे. जहां से पुलिस ने कार्रवाई की और सभी सांसदों को हिरासत में ले लिया गया. 23 जुलाई: सोनम वांगचुक ने खत्म की भूख हड़ताल केंद्र प्रशासन से लिखित आश्वासन मिलने के बाद 23 जुलाई को सोनम वांगचुक ने 26 दिन की भूख हड़ताल खत्म कर दी. हालांकि CJP ने साफ कहा कि आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक उनकी प्रमुख मांगें पूरी नहीं हो जातीं. RSS प्रमुख ने कहा- बच्चों से बातचीत जरूरी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने 25 जुलाई को एक बयान दिया. जिसमें उन्होंने कहा कि छात्रों को आदेश देने के बजाय प्रशासन को उनसे बातचीक करनी चाहिए. View on Instagram 25 जुलाई: धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा लगातार 36 दिनों तक चले आंदोलन, विपक्ष के दबाव और देशभर में बढ़ते विरोध के बीच 25 जुलाई को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया. इसे CJP की पहली और सबसे बड़ी मांग पूरी होने के तौर पर देखा जा रहा है. हालांकि संगठन ने कहा है कि आंदोलन अभी खत्म नहीं हुआ है. अब उनकी मांग है कि परीक्षा व्यवस्था में स्थायी सुधार किए जाएं, पेपर लीक के दोषियों को सख्त सजा मिले और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई की निष्पक्ष जांच हो. हालांकि जंतर-मंतर सहित देश भर में छात्र और सीजेपी समर्थक जश्न मनाते नजर आ रहे हैं. The post NEET पेपर लीक से धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक: कब-कब, क्या-क्या हुआ? जानिए पूरी टाइमलाइन appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल का डीपफेक वीडियो वायरल, दर्ज कराया FIR

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल का एक डीपफेक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल है, जिसके खिलाफ मंत्री पीयूष गोयल ने एफआईआर दर्ज कराया है.इस संबंध में पीयूष गोयल ने अपने एक्स हैंडल पर एक पोस्ट लिखा है जिसमें उन्होंने यह बताया है कि संसद के बाहर मीडिया से उनकी बातचीत का एक डीपफेक वीडियो बनाकर वायरल किया जा रहा है. पीयूष गोयल ने अपने पोस्ट में लिखा है कि यह मिस इंफार्मेशन फैलाने की कोशिश है और इसके लिए AI का गलत इस्तेमाल किया जा रहा है. देखें, केंद्रीय मंत्री पीयूल गोयल ने क्या दिया था बयान View on Instagram पीयूष गोयल ने कहा सख्त कानूनी कार्रवाई होगी सोशल मीडिया में डीपफेक वीडियो वायरल होने के बाद केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने शनिवार सुबह प्रातः 4:35 बजे,दिल्ली के चाणक्यपुरी पुलिस स्टेशन में प्राथमिकी दर्ज कराई है. मंत्री ने जानकारी दी है कि इस फर्जी वीडियो को बनाने, प्रसारित करने या जानबूझकर बढ़ावा देने वाले प्रत्येक व्यक्ति के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने कहा कि जनता को गुमराह करने के लिए एआई का इस प्रकार का गैर-जिम्मेदाराना और दुर्भावनापूर्ण दुरुपयोग किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा. आधिकारिक बयानों पर ही भरोसा करने की अपील मंत्री पीयूष गोयल ने सबसे यह आग्रह किया है कि किसी भी जानकारी के लिए केवल आधिकारिक सोर्स पर ही भरोसा करें. बिना पुष्ट जानकारी के किसी वीडियो को शेयर करके भ्रामक समाचारों को ना फैलाएं. इससे समाज में दुर्भावना फैलती है. उन्होंने कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि हिंदुस्तान के जागरूक और तकनीकी समझ रखने वाले नागरिक, विशेषकर हमारे युवा, ऐसे डीपफेक वीडियो से बचेंगे. ये भी पढ़ें : छात्र आंदोलन की बीच संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा- युवाओं को डिक्टेशन नहीं डिस्कशन की जरूरत The post केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल का डीपफेक वीडियो वायरल, दर्ज कराया FIR appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

पटना में पुलिस-छात्रों में पथराव से तनाव, एग्जीबिशन रोड बना प्रदर्शन का केंद्र, 100 से अधिक हिरासत में

पटना से आनंद सिंह कौशिक की रिपोर्ट बिहार बंद के दौरान पटना के एग्जीबिशन रोड इलाके में स्थिति सबसे ज्यादा तनावपूर्ण बनी हुई है. पूरे एग्जीबिशन रोड पर बड़ी संख्या में छात्र जुट गए हैं. प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच पथराव की स्थिति बनी हुई है, जिससे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल है. गांधी मैदान और आसपास के इलाकों में बढ़ा टकराव NEET पेपर लीक मामले समेत विभिन्न मांगों को लेकर बुलाए गए बिहार बंद के दौरान राजधानी पटना में छात्र आंदोलन उग्र हो गया. गांधी मैदान और आसपास के क्षेत्रों में छात्रों और पुलिस के बीच कई दौर तक झड़प हुई. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने बल प्रयोग किया और कई छात्रों को हिरासत में लिया गया. पुलिस और छात्रों के बीच कई जगह आमना-सामना हिंसक झड़प के दौरान गांधी मैदान थानाध्यक्ष समेत कई पुलिसकर्मियों के घायल होने की सूचना है. प्रदर्शनकारियों ने गांधी मैदान गेट नंबर-10 के पास यातायात पुलिस पोस्ट को भी नुकसान पहुंचाया. कई जगह पुलिस और छात्रों के बीच आमने-सामने की स्थिति बनी रही. डाकबंगला और प्रमुख मार्गों पर यातायात प्रभावित डाकबंगला चौराहा समेत पटना के कई प्रमुख इलाकों में बड़ी संख्या में छात्र जुटे. पुलिस ने मोर्चा संभालते हुए प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने का प्रयास किया. तनाव के कारण गांधी मैदान, एग्जीबिशन रोड और आसपास के रास्तों पर यातायात प्रभावित रहा. सुरक्षा के लिए तैनात किए गए अर्द्धसैनिक बल छात्र आंदोलन को देखते हुए गांधी मैदान, जेपी गोलंबर, डाकबंगला चौराहा, एग्जीबिशन रोड, आयकर गोलंबर, सचिवालय और अन्य संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है. बिहार पुलिस के साथ सीआरपीएफ, बीएसएफ, सीआईएसएफ और एसएसबी के जवानों को भी तैनात किया गया है. कानून-व्यवस्था बनाए रखने में जुटा प्रशासन पटना पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और शांति बनाए रखने की अपील की है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. पूरे घटनाक्रम की निगरानी लगातार की जा रही है. The post पटना में पुलिस-छात्रों में पथराव से तनाव, एग्जीबिशन रोड बना प्रदर्शन का केंद्र, 100 से अधिक हिरासत में appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Honda ZR-V की भारत में एंट्री, सिर्फ 7.9 सेकंड में पकड़ती है 100 km/h की स्पीड, जानें कीमत-खासियत

Honda Cars India ने अपनी लाइनअप का आगे बढ़ाते हुए नई Honda ZR-V को हिंदुस्तानीय बाजार में लॉन्च कर दिया है. यह SUV हिंदुस्तान में CBU (Completely Built Unit) के तौर पर आई है. कंपनी ने इसकी कीमत 47.99 लाख रुपये रखी है. खास बात यह है कि फिलहाल यह हिंदुस्तान में बिकने वाली होंडा की सबसे महंगी कार बन गई है. स्टाइलिश और कर्वी डिजाइन के साथ आने वाली Honda ZR-V में दमदार स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड पावरट्रेन दिया गया है. आइए डिटेल में जानते हैं कि नई Honda ZR-V में हमें क्या खास देखने को मिलता है. Honda ZR-V: एक्सटीरियर Honda ZR-V का डिजाइन ट्रेडिशनल SUV जैसा बॉक्सी नहीं है. इसकी जगह यह एक स्टाइलिश क्रॉसओवर लुक के साथ आती है. इसमें स्मूद कर्व्स और नीचे की ओर झुका हुआ स्पोर्टी स्टांस देखने को मिलता है. फ्रंट में छोटी लेकिन स्टाइलिश ग्रिल दी गई है, जिसमें मोटे वर्टिकल स्लैट्स हैं. दोनों तरफ स्लिम फुल-एलईडी हेडलाइट्स दी गई हैं. वहीं LED DRLs और सीक्वेंशियल टर्न इंडिकेटर्स इसकी प्रीमियम अपील को और बढ़ाते हैं. फ्रंट बंपर में एयर कर्टेन और चौड़ा एयर इनटेक दिया गया है, जो लुक के साथ-साथ एयरोडायनामिक्स को भी बेहतर बनाता है. वहीं बोनट पर हल्की-फुल्की क्रीज और कट्स इसे स्टाइलिश बनाते हैं. साइड से देखने पर ZR-V का लंबा व्हीलबेस, हल्की ढलान वाली रूफलाइन और मजबूत शोल्डर लाइन इसे काफी स्टाइलिश बनाती है. व्हील आर्च और साइड सिल्स पर बॉडी कलर क्लैडिंग दी गई है. SUV में 18 इंच के डायमंड-कट अलॉय व्हील्स दिए गए हैं. पीछे की तरफ इसमें स्लिम LED टेललाइट्स, रूफ स्पॉइलर, गनमेटल स्किड गार्निश और ड्यूल एग्जॉस्ट फिनिशर्स दिए गए हैं. Photo: Honda Car India Honda ZR-V: फीचर्स इसमें 9-इंच का टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम दिया गया है, जो शार्प डिस्प्ले के साथ आता है. इसमें वायरलेस Apple CarPlay और Android Auto का सपोर्ट मिलता है. इसमें 12-स्पीकर वाला Bose साउंड सिस्टम दिया गया है. अगर आप लंबी ड्राइव पर म्यूजिक सुनना पसंद करते हैं, तो यह फीचर काफी काम आएगा. 10.2-इंच का डिजिटल ड्राइवर डिस्प्ले मिलता है, जिसमें हाइब्रिड सिस्टम की डिटेल्स, ADAS फीचर्स और कार से जुड़ी जरूरी डिटेल्स एक ही जगह दिखाई देती है. जेस्चर कंट्रोल वाला पावर्ड टेलगेट दिया गया है. यानी अगर आपके दोनों हाथ सामान से भरे हों, तब भी सिर्फ पैर के इशारे से बूट खोला जा सकता है. इसमें ड्यूल-जोन ऑटोमैटिक एसी मिलता है, जिससे आगे बैठे ड्राइवर और पैसेंजर अपनी-अपनी पसंद के हिसाब से अलग-अलग टेम्परेचर सेट कर सकते हैं. वायरलेस फोन चार्जर भी दिया गया है. इससे लंबे सफर के दौरान बिना चार्जिंग केबल लगाए ही फोन आसानी से चार्ज किया जा सकता है. केबिन में एम्बिएंट लाइटिंग दी गई है, जो रात के समय इंटीरियर को प्रीमियम लुक देती है. ड्राइवर सीट 8-वे पावर एडजस्टेबल है. यानी सीट को अपनी सुविधा के हिसाब से आसानी से एडजस्ट किया जा सकता है. सामने वाली पैसेंजर सीट 4-वे पावर एडजस्टेबल है. इसमें की-लेस एंट्री की सुविधा मिलती है. यानी चाबी निकाले बिना ही कार को लॉक और अनलॉक किया जा सकता है. टिल्ट और टेलीस्कोपिक स्टीयरिंग दिया गया है. इसकी मदद से ड्राइवर अपनी सुविधा के हिसाब से स्टीयरिंग की ऊंचाई और दूरी एडजस्ट कर सकता है. पीछे बैठे पैसेंजर्स के लिए रियर AC वेंट्स दिए गए हैं. Honda ZR-V: सेफ्टी फीचर्स इसमें 8 एयरबैग, लेवल-2 ADAS (एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम), 360 डिग्री कैमरा, आगे और पीछे पार्किंग सेंसर और चारों पहियों पर डिस्क ब्रेक दिए गए हैं. इसके अलावा SUV में हिल स्टार्ट असिस्ट और हिल डिसेंट कंट्रोल जैसे फीचर्स भी मिलते हैं. ये ढलान और चढ़ाई पर ड्राइविंग को आसान बनाते हैं. इसमें इलेक्ट्रॉनिक पार्किंग ब्रेक, ऑटो होल्ड, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी कंट्रोल, ट्रैक्शन कंट्रोल और बच्चों की सीट को सेफ तरीके से लगाने के लिए ISOFIX चाइल्ड सीट एंकरेज भी दिया गया है. Honda ZR-V: पावरट्रेन  Honda ZR-V में 2.0-लीटर का स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड e:HEV सिस्टम दिया गया है, जो नैचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन और इलेक्ट्रिक मोटर के साथ आता है. दोनों मिलकर 181 bhp की पावर और 315 Nm का टॉर्क जनरेट करते हैं. इसकी मदद से यह SUV सिर्फ 7.9 सेकंड में 0 से 100 km/h की स्पीड पकड़ लेती है.  Honda का दावा है कि ZR-V एक लीटर फ्यूल में 22.80 किलोमीटर तक चल सकती है. ये भी पढ़ें: 2026 Maruti Brezza खरीदने से पहले जान लें इसका माइलेज, सामने आए ARAI के आंकड़े The post Honda ZR-V की हिंदुस्तान में एंट्री, सिर्फ 7.9 सेकंड में पकड़ती है 100 km/h की स्पीड, जानें कीमत-खासियत appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

छात्र नेताओं से मिले राहुल गांधी, बोले- धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से कम कुछ मंजूर नहीं, पीएम मोदी मांगे माफी

Rahul Gandhi Meets Hunger Strike Students : लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे AISA (ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन) के छात्र नेताओं से मुलाकात की. इस अवसर पर उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी छात्रों के दोषी हैं, उन्होंने माफी मांगनी चाहिए. मीडिया से बातचीत में राहुल गांधी ने कहा कि छात्र लगातार शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग कर रहे हैं. उनके मुताबिक, छात्रों का कहना है कि देश की शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह भ्रष्ट हो चुकी है, लेकिन प्रशासन उनकी बात सुनने को तैयार नहीं है. ‘धर्मेंद्र प्रधान पर प्रशासन बात तक नहीं कर रही’ राहुल गांधी ने कहा कि इतने दिनों के आंदोलन के बावजूद प्रशासन ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर कोई चर्चा तक नहीं की है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लोगों से सुझाव लेने की बात करते हैं, लेकिन सिर्फ धन्यवाद कहने से काम नहीं चलेगा. राहुल के मुताबिक, छात्र शिक्षा मंत्री के इस्तीफे से कम किसी बात पर संतुष्ट नहीं होंगे. घायल छात्रों को दिखाकर पुलिस कार्रवाई पर उठाए सवाल मीडिया ब्रीफिंग के दौरान राहुल गांधी के साथ एक छात्रा भी मौजूद थीं, जिनके पैर में प्लास्टर लगा हुआ था. उन्हें दिखाते हुए राहुल ने कहा कि ऐसे हजारों छात्र पुलिस कार्रवाई में घायल हुए हैं. उन्होंने यह भी कहा कि एक युवक पुलिस की पैलेट गन से घायल हुआ है और उसकी आंख के पास गंभीर चोट लगी है. राहुल ने कहा कि ऐसी भी आशंका जताई जा रही है कि वह अपनी आंख की रोशनी खो सकता है. उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों पर लाठीचार्ज और बल प्रयोग किया गया. राहुल गांधी ने कहा कि इस कार्रवाई के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए और पूरे मामले की जिम्मेदारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेते हुए देश से माफी मांगनी चाहिए. छात्रों ने रखीं तीन प्रमुख मांगें राहुल गांधी ने बताया कि आंदोलन कर रहे छात्रों की तीन प्रमुख मांगें हैं. पहली, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा. दूसरी, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश से माफी मांगें; और तीसरी, पुलिस कार्रवाई के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए. जंतर-मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठे छात्र नेताओं में नेहा बोरा, मनीष और आमीन शामिल हैं. राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों की आवाज सुनी जानी चाहिए और उनकी मांगों पर गंभीरता से फैसला लिया जाना चाहिए. ये भी पढ़ें : राहुल गांधी का केंद्र प्रशासन पर आरोप: कहा- ‘मेट्रो बंद कर दी, सड़कें रोक दीं, लेकिन पेपर लीक नहीं रोक पाए’ The post छात्र नेताओं से मिले राहुल गांधी, बोले- धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से कम कुछ मंजूर नहीं, पीएम मोदी मांगे माफी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

बिहार बंद: तिरंगा लेकर प्रदर्शन में पहुंचे तेजप्रताप यादव, पटना में मोबाइल टावर पर चढ़े छात्र, SDM ने लाठीचार्ज का दिया आदेश

Bihar Bandh 25 July: बिहार बंद के दौरान पटना के गांधी मैदान स्थित रामगुलाम चौक पर उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब कुछ छात्र विरोध जताने के लिए मोबाइल टावर पर चढ़ गए. प्रदर्शनकारियों को नीचे उतारने और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस मौके पर पहुंची. टावर पर चढ़े छात्रों की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं. पटना SSP कार्तिकेय शर्मा भी स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सड़क पर उतरे हैं. हाथ में तिरंगा लेकर प्रदर्शन में पहुंचे तेजप्रताप यादव बिहार बंद के दौरान पूर्व मंत्री और JJD नेता तेजप्रताप यादव भी प्रदर्शन में शामिल हुए. गांधी मैदान के पास वे हाथ में तिरंगा लहराते हुए छात्रों के साथ नजर आए. उनके पहुंचते ही प्रदर्शन स्थल पर नेतृत्वक माहौल भी गर्म हो गया. The post बिहार बंद: तिरंगा लेकर प्रदर्शन में पहुंचे तेजप्रताप यादव, पटना में मोबाइल टावर पर चढ़े छात्र, SDM ने लाठीचार्ज का दिया आदेश appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

303 मिलियन व्यूज के साथ PM मोदी की रील बनी दुनिया की सबसे बड़ी इंस्टाग्राम हिट

सोशल मीडिया की दुनिया में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक नया रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है. पेपर लीक के खिलाफ प्रशासन की सख्त कार्रवाई को लेकर पोस्ट किए गए उनके इंस्टाग्राम रील ने 24 घंटे से भी कम समय में 30.3 करोड़ (303 मिलियन) व्यूज का आंकड़ा पार कर लिया. दावा किया जा रहा है कि यह इंस्टाग्राम इतिहास की सबसे ज्यादा देखी जाने वाली रील बन गई है. इस रिकॉर्ड के साथ पीएम मोदी ने मशहूर यूट्यूबर IShowSpeed के पहले के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया. वीडियो की लोकप्रियता का असर उनके इंस्टाग्राम अकाउंट पर भी दिखा, जहां एक ही रात में करीब 10 लाख नये फॉलोअर्स जुड़ गए. 24 घंटे से पहले बना नया सोशल मीडिया रिकॉर्ड प्रधानमंत्री मोदी की इस रील का मुख्य विषय परीक्षा पेपर लीक के खिलाफ प्रशासन की सख्त नीति और छात्रों के हितों की सुरक्षा था. वीडियो तेजी से वायरल हुआ और कुछ ही घंटों में करोड़ों लोगों तक पहुंच गया. रिपोर्ट के मुताबिक, इस रील ने 303 मिलियन से ज्यादा व्यूज हासिल कर इंस्टाग्राम पर नया वैश्विक रिकॉर्ड बना दिया. NEET पेपर लीक पर पीएम मोदी का संदेश View on Instagram रिकॉर्ड के बाद पीएम मोदी ने युवाओं का जताया आभार रिकॉर्ड बनने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक और इंस्टाग्राम रील शेयर की. इसमें उन्होंने युवाओं और अपने समर्थकों का धन्यवाद करते हुए कहा कि लोगों का स्नेह और उनके सुझाव उन्हें लगातार प्रेरित करते रहेंगे. उन्होंने यह भी संकेत दिया कि जनता से सीधे संवाद का यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा. पीएम मोदी बोले – थैंक यू फ्रेंड्स View on Instagram पेपर लीक पर प्रशासन का फोकस बना चर्चा का केंद्र यह रील ऐसे समय वायरल हुई है, जब केंद्र प्रशासन परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए नये कदमों की बात कर रही है. हाल के दिनों में पेपर लीक का मुद्दा देशभर में चर्चा का विषय रहा है. प्रशासन लगातार सख्त कानून और कड़ी कार्रवाई की बात कर रही है, जिससे छात्रों और अभिभावकों के बीच भरोसा मजबूत किया जा सके. एक रात में बढ़े करीब 10 लाख नये फॉलोअर्स रील के वायरल होने के साथ ही प्रधानमंत्री मोदी के इंस्टाग्राम अकाउंट पर फॉलोअर्स की संख्या में भी तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई. रिपोर्ट्स के अनुसार, महज एक रात में करीब 10 लाख नये यूजर्स ने उन्हें फॉलो किया. इससे साफ है कि वीडियो ने सिर्फ हिंदुस्तान ही नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा. सोशल मीडिया पर बढ़ता प्रभाव नेतृत्वक संवाद के लिए सोशल मीडिया आज सबसे प्रभावशाली माध्यम बन चुका है. किसी बड़े मुद्दे पर जारी एक वीडियो कुछ ही घंटों में करोड़ों लोगों तक पहुंच सकता है. पीएम मोदी की यह रील इसी बदलते डिजिटल दौर की एक बड़ी मिसाल मानी जा रही है, जिसने रिकॉर्ड व्यूज के साथ सोशल मीडिया की नई चर्चा शुरू कर दी है. ये भी पढ़ें: इंस्टाग्राम पर व्यूज नहीं आ रहे? आपकी रीच को चुपचाप खत्म कर रहीं ये 5 गलतियां ये भी पढ़ें: इंस्टाग्राम अब दिखाएगा आपकी पसंद के फीड, नया फीचर देगा एल्गोरिदम पर ज्यादा कंट्रोल FAQs {“type”:”faq”,”question”:”पीएम मोदी की इंस्टाग्राम रील को कितने व्यूज मिले?”,”answer”:”रिपोर्ट के अनुसार, रील ने 24 घंटे से भी कम समय में 303 मिलियन (30.3 करोड़) व्यूज हासिल किये.”}{“type”:”faq”,”question”:”पहले सबसे ज्यादा देखी गई इंस्टाग्राम रील किसकी थी?”,”answer”:”इससे पहले यह रिकॉर्ड लोकप्रिय यूट्यूबर और कंटेंट क्रिएटर IShowSpeed के नाम बताया जाता था.”}{“type”:”faq”,”question”:”वीडियो वायरल होने के बाद क्या बदलाव देखने को मिला?”,”answer”:”रील वायरल होने के बाद पीएम मोदी के इंस्टाग्राम अकाउंट पर करीब 10 लाख नये फॉलोअर्स जुड़े और उन्होंने एक नयी रील जारी कर युवाओं का आभार भी जताया.”} The post 303 मिलियन व्यूज के साथ PM मोदी की रील बनी दुनिया की सबसे बड़ी इंस्टाग्राम हिट appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

12 साल बाद विधवा को कोर्ट से राहत, मुआवजे और अंतिम संस्कार का खर्च देने का दिया आदेश

रांची. हाइकोर्ट के जस्टिस संजय कुमार द्विवेदी की अदालत ने गिरिडीह के सड़क हादसे में ट्रक कमी लक्ष्मण मंडल की मौत के मामले में उनकी पत्नी सुदामा देवी को राहत दी है. जस्टिस द्विवेदी की अदालत ने 2014 में देवघर के श्रम न्यायालय के दिये गये मुआवजा आदेश में संशोधन करते हुए बीमा कंपनी को मुआवजे के साथ दुर्घटना की तारीख से व्याज, 50 प्रतिशत जुर्माना और अंतिम संस्कार का खर्च देने का निर्देश दिया है. अदालत ने कहा कि कर्मचारी क्षतिपूर्ति अधिनियम एक कल्याणकारी कानून है. यदि दुर्घटना के एक माह के भीतर मुआवजा नहीं दिया जाता है, तो कानून के अनुसार ब्याज व उचित स्थिति में जुर्माना भी देना अनिवार्य है. अदालत ने माना कि मृतक की विधवा को समय पर मुआवजा नहीं मिला और श्रम न्यायालय ने कानून के इन प्रावधानों पर विचार नहीं किया ये भी पढ़ें- JPSC Exam Controversy: सीआईडी ने टीडीपीएल के तीन कर्मचारी को किया गिरफ्तार, रांची के दो होटलों में छापेमारी ये भी पढ़ें-रांची में पुलिस मुठभेड़: जमीन कारोबारी भार्गव सिंह का हत्यारा सत्यम पाठक ढेर होते-होते बचा The post 12 साल बाद विधवा को कोर्ट से राहत, मुआवजे और अंतिम संस्कार का खर्च देने का दिया आदेश appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top