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Author name: Vinod Jha

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मिडिल ईस्ट संकटः पीएम मोदी कल करेंगे मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक, इन राज्यों के सीएम नहीं होंगे शामिल

Middle East Crisis: मिडिल ईस्ट में जारी जंग के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक करेंगे. पीएम मोदी सभी सीएम से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बातचीत करेंगे. इस बैठक का मुख्य उद्देश्य मौजूदा हालात को देखते हुए राज्यों की तैयारियों, योजनाओं और केंद्र-राज्य तालमेल की समीक्षा करना है. केंद्र प्रशासन संकट की घड़ी में राज्य प्रशासन के साथ टीम इंडिया की भावना के साथ काम करने की कोशिश कर रही है. इससे पहले केंद्र प्रशासन मिडिल ईस्ट क्राइसिस पर सर्वदलीय बैठक भी कर चुकी है. ईंधन सुरक्षा पर हो सकती है चर्चा मिडिल ईस्ट में जंग के कारण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से जहाजों की आवाजाही पर असर पड़ा है. ऐसे में केंद्र प्रशासन राज्यों के साथ ऊर्जा सुरक्षा पर चर्चा कर सकती है. पीएम मोदी राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ देश में ईंधन की उपलब्धता, आपूर्ति व्यवस्था और संभावित संकट से निपटने की तैयारियों पर बातचीत कर सकते हैं. बैठक में यह भी चर्चा हो सकती है कि जरूरी वस्तुओं की सप्लाई चेन को कैसे सुचारु रखा जाए. वहीं इस बैठक में चुनावी राज्य शामिल नहीं हो रहे हैं. आचार संहिता लागू होने के कारण वो इस बैठक का हिस्सा नहीं होंगे. चुनाव वाले राज्यों के मुख्य सचिवों के लिए कैबिनेट सचिवालय की ओर से एक अलग बैठक आयोजित की जाएगी. Election-going states are not part of this meeting due to the model code of conduct. There will be a separate meeting for Chief Secretaries of the election-going states, which will be held through the Cabinet Secretariat. https://t.co/tskprjzZhk — ANI (@ANI) March 26, 2026 बुधवार को हुई थी सर्वदलीय बैठक इससे पहले केंद्र प्रशासन ने बुधवार (26 मार्च) को विपक्षी दलों के साथ सर्वदलीय बैठक की थी. बैठक में पश्चिम एशिया के हालात और उसके हिंदुस्तान पर प्रभाव को लेकर चर्चा की गई. प्रशासन ने विपक्ष के सवालों का जवाब देते हुए कहा था कि घबराने की कोई जरूरत नहीं है, कच्चे तेल और गैस का पर्याप्त भंडार होने के साथ-साथ और शिप होर्मुज से आ रहीं हैं. प्रशासन की प्राथमिकता प्रवासी हिंदुस्तानीयों की सुरक्षा और घरेलू ऊर्जा की जरूरतों को पूरा करना है. राज्यसभा में पीएम मोदी ने दिया था यह बयान इससे पहले मंगलवार को पीएम मोदी भी राज्यसभा में बता चुके हैं कि मिडिल ईस्ट में जारी लड़ाई के चलते जो स्थिति बनी है, उससे निपटने के लिए सात नये अधिकार संपन्न समूहों का गठन किया गया है. ये समूह एलपीजी, जरूरी सेवाओं और वस्तुओं की आपूर्ति सहित अन्य मामलों को देखेंगे और सुझाव देंगे. उन्होंने यह भी कहा था कि मिडिल ईस्ट की जारी जंग ने वैश्विक स्तर पर गंभीर ऊर्जा संकट पैदा किया है. सोमवार को उन्होंने लोकसभा में कहा था कि संघर्ष से उत्पन्न संकट का प्रभाव लंबी अवधि तक रह सकता है. लेकिन, प्रशासन इस स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है. गैस और फ्यूल लदे जहाज पहुंच रहे हैं हिंदुस्तान मिडिल ईस्ट में तनाव के बीच हिंदुस्तानीय जहाज होर्मुज से हिंदुस्तान आ रहे हैं. दो एलपीजी टैंकर, पाइन गैस और जग वसंत, सुरक्षित रूप से होर्मुज स्ट्रेट पार कर हिंदुस्तान अब पहुंचने वाले हैं. पाइन गैस में 45,000 मीट्रिक टन एलपीजी लदा है, वहीं, जग वसंत करीब 47,600 मीट्रिक टन एलपीजी है. इससे पहले एमटी शिवालिक और एमटी नंदा देवी भी एलपीजी लेकर सुरक्षित रूप से हिंदुस्तानीय तट पर पहुंच चुका है. हिंदुस्तानीय तेल टैंकर जग लाडकी और जग प्रकाश ने भी सुरक्षित रूप से होर्मुज पार कर लिया था. ईरान ने दी है हिंदुस्तानीय जहाजों को हार्मुज पार करने की इजाजत मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच ईरान ने हिंदुस्तानीय वाणिज्यिक जहाजों को होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से गुजरने की अनुमति दी है. इसकी जानकारी ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने दी. ईरानी प्रशासनी टेलीविजन के मुताबिक अराघची ने कहा कि ईरान ने कुछ ऐसे देशों को इस अहम समुद्री मार्ग से आवागमन की इजाजत दी है, जिन्हें वह अपना मित्र मानता है. उन्होंने बताया कि हिंदुस्तान के अलावा चीन, रूस, इराक और पाकिस्तान को भी होर्मुज से गुजरने की अनुमति दी गई है. Also Read: देश में पेट्रोल, डीजल या LPG की कोई कमी नहीं, प्रशासन ने कहा- दुष्प्रचार से बचें, घबराएं नहीं The post मिडिल ईस्ट संकटः पीएम मोदी कल करेंगे मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक, इन राज्यों के सीएम नहीं होंगे शामिल appeared first on Naya Vichar.

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देश में पेट्रोल, डीजल या LPG की कोई कमी नहीं, सरकार ने कहा- दुष्प्रचार से बचें, घबराएं नहीं

LPG Crisis: पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट रूप से कहा- हिंदुस्तान में पेट्रोलियम और LPG की आपूर्ति की स्थिति पूरी तरह से सुरक्षित और नियंत्रण में है. सभी खुदरा ईंधन आउटलेट्स पर पर्याप्त आपूर्ति उपलब्ध हैं. देश में कहीं भी पेट्रोल, डीजल या LPG की कोई कमी नहीं है. #WATCH | Odisha: People rush to fuel stations in Bhubaneswar to refuel their vehicles. Ministry of Petroleum and Natural Gas categorically states that India’s petroleum and LPG supply situation is fully secure and under control. All retail fuel outlets have enough supplies.… pic.twitter.com/soFICRKwK8 — ANI (@ANI) March 26, 2026 दुष्प्रचार से बचें और घबराएं नहीं : प्रशासन पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने कहा- आम लोगों से अपील है कि वे जान-बूझकर चलाए जा रहे एक शरारतपूर्ण और सुनियोजित दुष्प्रचार अभियान से गुमराह न हों. बेवजह घबराएं नहीं. देश भर में एलपीजी को लेकर अफरा-तफरी ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच जारी जंग के कारण पूरी दुनिया में ईंधन संकट गहराता जा रहा है. हिंदुस्तान में एलपीजी की कीमत में 60 रुपये की बढ़ोतरी हो गई है. हालांकि पेट्रोल-डीजल की कीमतों में अब तक कोई असर नहीं पड़ा है. इधर देश के लगभग सभी राज्यों से एलपीजी की किल्लत को लेकर समाचार सामने आ रही है. आम लोगों को दिन-रात सिलेंडर के लिए लाइन में खड़ा होना पड़ रहा है. हालांकि कुछ जगहों पर हालात सामान्य हो गए हैं. 28 फरवरी से जारी है ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच जंग दुनिया भर में ईंधन संकट उत्पन्न होने की वजह ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच जारी जंग है. 28 फरवरी से जारी जंग समाप्त होने का नाम नहीं ले रहा है. होर्मुज स्ट्रेट जहां से दुनिया की ईंधन जरूरतों का करीब 20 प्रतिशत हिस्सा सप्लाई होता है, उसे ईरान ने बंद कर दिया है. वहां से गुजरने वाले जहाजों पर हमले हो रहे हैं. हालांकि हिंदुस्तान के लिए अच्छी समाचार है कि हिंदुस्तानीय ध्वज वाले जहाजों को होर्मुज से गुजरने दिया जा रहा है. ईंधन संकट के बीच अब तक 6 जहाज सुरक्षित हिंदुस्तान आ चुके हैं. ये भी पढ़ें: क्या पीएनजी है तेल संकट का समाधान, जानिए क्यों प्रशासन इसे कर रही है प्रमोट? The post देश में पेट्रोल, डीजल या LPG की कोई कमी नहीं, प्रशासन ने कहा- दुष्प्रचार से बचें, घबराएं नहीं appeared first on Naya Vichar.

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राम नवमी पर ममता बनर्जी के गढ़ भवानीपुर में शुभेंदु अधिकारी की हुंकार, बंगाल में 3000 जवान तैनात, हावड़ा-हुगली में ड्रोन

Ram Navami West Bengal 2026: पश्चिम बंगाल में राम नवमी के पावन अवसर पर भक्ति और नेतृत्व का अनूठा संगम देखने को मिल रहा है. एक तरफ राज्य प्रशासन ने सुरक्षा के लिए 3,000 पुलिसकर्मियों की फौज उतार दी है, तो दूसरी तरफ विधानसभा चुनाव के सबसे बड़े प्रतिद्वंद्वी शुभेंदु अधिकारी ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के गढ़ भवानीपुर में राम नवमी शोभायात्रा में शामिल होकर सियासी हलचल तेज कर दी है. हावड़ा और हुगली जैसे संवेदनशील इलाकों में ड्रोन से निगरानी रखी जा रही है, ताकि शांति भंग न हो. दक्षिण कोलकाता के भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र में राम नवमी जुलूस में शामिल हुए शुभेंदु अधिकारी. भवानीपुर में शुभेंदु अधिकारी का शक्ति प्रदर्शन बृहस्पतिवार को बंगाल के लीडर ऑफ ऑपोजीशन शुभेंदु अधिकारी दक्षिण कोलकाता के भवानीपुर में राम नवमी के जुलूस में शामिल हुए. यह वही सीट है, जहां से आगामी विधानसभा चुनाव में वे ममता बनर्जी को शुभेंदु अधिकारी सीधी चुनौती देने वाले हैं. यह शोभायात्रा मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के आवास से महज एक किलोमीटर दूर हाजरा क्रॉसिंग पर समाप्त हुई. नंदीग्राम की ऐतिहासिक जीत के बाद, भवानीपुर में शुभेंदु की मौजूदगी को भाजपा के आक्रामक चुनाव प्रचार के रूप में देखा जा रहा है. बंगाल में जगह-जगह सुरक्षा बलों को तैनात कर दिया गया है. हावड़ा और हुगली में सुरक्षा का घेरा, CRPF हाई अलर्ट पर पिछले वर्षों के कड़वे अनुभवों को देखते हुए प्रशासन ने हावड़ा और हुगली जिलों को अति-संवेदनशील श्रेणी में रखा है. कलकत्ता हाईकोर्ट ने अंजनी पुत्र सेना और वीएचपी (VHP) की शोभायात्राओं को कड़ी शर्तों के साथ अनुमति दी है. हथियार ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध है और एक यात्रा में 500 से अधिक लोगों के शामिल होने पर रोक है. सीआरपीएफ (CRPF) सहित केंद्रीय बलों को स्टैंडबाय पर रखा गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत मोर्चा संभाला जा सके. बंगाल की समाचारें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें Ram Navami West Bengal 2026: नबान्न से जिलों तक जीरो टॉलरेंस का निर्देश सुरक्षा व्यवस्था को लेकर राज्य सचिवालय नबान्न में मुख्य सचिव और डीजीपी (DGP) की मौजूदगी में हाई-लेवल मीटिंग हुई. इसमें कहा गया कि यदि कोई शोभायात्रा तय रूट या नियमों का उल्लंघन करती है, तो उसे मौके पर ही रोक दिया जाये. उत्तर दिनाजपुर के इस्लामपुर और बीरभूम के सिउड़ी जैसे इलाकों में भी पुलिस की गश्त बढ़ा दी गयी है. कहा गया है कि बंगाल में 26 से 29 मार्च के बीच शोभायात्राएं निकाली जायेंगी. प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है. हमने संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किये हैं. हर शोभायात्रा को अदालत के दिशा-निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है. शांति व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जायेगी. वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, नबान्न (पश्चिम बंगाल सचिवालय) इसे भी पढ़ें बंगाल में नमाज की आजादी, पूजा के लिए कोर्ट के चक्कर, दक्षिणेश्वर से नितिन नबीन का ममता बनर्जी प्रशासन पर वार हावड़ा में रामनवमी 2026 शोभायात्रा को कलकत्ता हाईकोर्ट की हरी झंडी, हथियार ले जाने पर रोक The post राम नवमी पर ममता बनर्जी के गढ़ भवानीपुर में शुभेंदु अधिकारी की हुंकार, बंगाल में 3000 जवान तैनात, हावड़ा-हुगली में ड्रोन appeared first on Naya Vichar.

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समृद्धि यात्रा के आखिरी दिन नीतीश ने सम्राट-नितिन के कंधे पर रखा हाथ, बोले- बिहार बढ़ता रहेगा, BJP ने क्या कहा?

Nitish Kumar: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा के पांचवें फेज का आज आखिरी दिन रहा. पटना के बापू सभागार में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने विपक्ष पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि 2005 से पहले की प्रशासन ने कोई काम नहीं किया. अपने संबोधन में नीतीश कुमार ने बिना नाम लिए विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले की प्रशासन ने राज्य को पीछे धकेल दिया था. उस दौर में विकास की जगह सिर्फ नेतृत्व और विवाद होते थे, यहां तक कि सत्ता बचाने के लिए परिवारवाद को भी बढ़ावा दिया गया. मंच पर दिखी एकजुटता, नेताओं के कंधे पर रखा हाथ नीतीश कुमार ने कहा कि उनकी प्रशासन बनने के बाद बिहार में सभी वर्गों के लिए काम हुआ. राज्य में विकास की नई संस्कृति शुरू हुई और हर क्षेत्र में बदलाव देखने को मिला. सभा के अंत में मुख्यमंत्री ने लोगों से हाथ उठाने को कहा, जिसके बाद मंच पर मौजूद नेता भी खड़े हो गए. इस दौरान नीतीश कुमार ने सम्राट चौधरी और नितिन नवीन के कंधे पर हाथ रखकर एकजुटता का संदेश दिया. पटना: समृद्धि यात्रा के तहत बापू सभागार में सीएम नीतीश कुमार का जनसंवाद. मंच पर बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और सम्राट चौधरी के कंधे पर हाथ रखे सीएम नीतीश कुमार.#NitishKumar #Patna #SamriddhiYatra #prabhatkhabar @NitishKumar @samrat4bjp @NitinNabin @Jduonline @BJP4India pic.twitter.com/ycgEY9T8f7 — Naya Vichar (@prabhatkhabar) March 26, 2026 बीजेपी नेताओं ने की तारीफ, ‘लालटेन युग से LED युग तक’ सभा में बीजेपी नेताओं ने भी नीतीश कुमार की जमकर तारीफ की. नितिन नवीन ने कहा कि बिहार को निराशा के माहौल से निकालकर विकास की राह पर लाने का श्रेय नीतीश कुमार को जाता है. उन्होंने कहा कि राज्य ‘लालटेन युग’ से निकलकर अब ‘LED युग’ में पहुंच चुका है. सड़कों, पुलों और एक्सप्रेसवे का जाल उन्होंने बताया कि बिहार में सड़कों का बड़ा नेटवर्क तैयार हुआ है और गंगा पर कई पुल केंद्र प्रशासन के सहयोग से बने हैं. आने वाले समय में राज्य में एक्सप्रेसवे का और विस्तार होगा. वहीं डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि पटना का मरीन ड्राइव लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बन चुका है. उन्होंने ऐलान किया कि दीघा से कोईलवर और मुंगेर से भागलपुर तक मरीन ड्राइव विकसित किया जाएगा. सभी नेताओं के संबोधन के बाद अंत में फिर नीतीश कुमार पोडियम पर आएं. उन्होंने भरोसा दिलाया कि बिहार विकास की राह पर आगे बढ़ता रहेगा. उन्होंने कहा कि अब राज्य को लेकर किसी को चिंता करने की जरूरत नहीं है. Also Read: नालंदा में उठी निशांत कुमार को CM बनाने की मांग, नीतीश से जनता ने की दिल्ली न जाने की अपील The post समृद्धि यात्रा के आखिरी दिन नीतीश ने सम्राट-नितिन के कंधे पर रखा हाथ, बोले- बिहार बढ़ता रहेगा, BJP ने क्या कहा? appeared first on Naya Vichar.

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बिना AC के घर को शिमला जैसा ठंडा रखने के 5 जादुई तरीके

5 Eco-friendly Tips to Keep Home Cool: मार्च का महीना खत्म होते-होते गर्मी ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है. जैसे-जैसे तापमान बढ़ रहा है, दोपहर के समय घर के अंदर रहना भी मुश्किल होता जा रहा है. ऐसे में ज्यादातर लोग दिन भर AC चलाने को मजबूर हो जाते हैं, जिससे न केवल बिजली का बिल बढ़ता है बल्कि यह हमारी सेहत और पर्यावरण के लिए भी अच्छा नहीं है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि बिना भारी-भरकम बिजली बिल के भी आप अपने घर को एकदम ठंडा रख सकते हैं? जी हां, कुछ छोटे और स्मार्ट बदलावों के जरिए आप तपती गर्मी में भी अपने घर को शिमला जैसी ठंडक दे सकते हैं. जानें उन 5 जादुई और ईको-फ्रेंडली तरीकों के बारे में, जो इस चिलचिलाती गर्मी में आपके घर को कुदरती तौर पर कूल और फ्रेश बनाए रखेंगे. खस या जूट के पर्दों का जादू पुराने समय में लोग गर्मियों में खस के पर्दों का इस्तेमाल करते थे. अगर आप खिड़कियों पर जूट या बांस के पर्दे लगाते हैं और उन पर हल्का पानी छिड़कते हैं, तो बाहर से आने वाली गर्म हवा तुरंत ठंडी हो जाएगी. यह आपके कमरे के तापमान को 3-5 डिग्री तक कम कर सकता है. घर के अंदर लगाएं ढेर सारे पौधे पेड़-पौधे न सिर्फ ऑक्सीजन देते हैं, बल्कि हवा में नमी भी बनाए रखते हैं. घर के अंदर स्नेक प्लांट, मनी प्लांट या एलोवेरा जैसे इनडोर प्लांट्स लगाएं. ये पौधे गर्मी सोख लेते हैं और घर के अंदर की हवा को कुदरती तौर पर ठंडा रखते हैं. क्रॉस वेंटिलेशन का सही इस्तेमाल गर्मी भगाने का सबसे अच्छा तरीका है हवा का सही बहाव. सुबह जल्दी और शाम को सूरज ढलने के बाद घर की खिड़कियां और दरवाजे खोल दें. इससे ठंडी हवा अंदर आएगी और घर की गर्म हवा बाहर निकल जाएगी. दोपहर के समय खिड़कियां बंद रखें और मोटे पर्दे लगा दें ताकि धूप अंदर न आए. सूती चद्दरों और हल्के रंगों का सेलेक्शन गर्मियों में रेशमी या सिंथेटिक कपड़ों की जगह सिर्फ सूती बेडशीट और पर्दों का इस्तेमाल करें. सूती कपड़ा पसीना सोखता है और ठंडा रहता है. साथ ही, घर में हल्के रंगों जैसे सफेद, क्रीम या हल्के नीले रंग का इस्तेमाल करें क्योंकि ये रंग गर्मी को वापस भेज देते हैं. बिजली के उपकरणों का कम इस्तेमाल क्या आप जानते हैं कि जलते हुए बल्ब, कंप्यूटर और टीवी भी गर्मी पैदा करते हैं? दोपहर के समय गैर-जरूरी लाइट्स बंद रखें. पुराने पीले बल्बों की जगह LED का इस्तेमाल करें क्योंकि वे कम गर्म होते हैं. इससे घर भी ठंडा रहेगा और आपका बिजली का बिल भी कम आएगा. ये भी पढ़ें: Cooling Hacks For Summer: बिना AC के भी शिमला जैसा ठंडा रहेगा आपका कमरा, बस टेबल फैन के आगे रख दें ये एक सस्ती चीज ये भी पढ़ें: Electricity Saving Tips: क्या आपका फ्रिज भी दीवार से सटा हुआ है? आज ही बदलें ये जगह, कम आएगा बिजली का बिल The post बिना AC के घर को शिमला जैसा ठंडा रखने के 5 जादुई तरीके appeared first on Naya Vichar.

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MPBSE 10th Result 2026: रोल नंबर से चेक करें एमपी बोर्ड 10वीं का रिजल्ट, यहां करें रजिस्ट्रेशन

MPBSE 10th Result 2026: मध्य प्रदेश बोर्ड 10वीं का रिजल्ट जारी होने के बाद छात्र आधिकारिक वेबसाइट mpbse.nic.in और mpresults.nic.in पर जाकर अपना परिणाम चेक कर सकेंगे. इसके अलावा छात्र डिजिटल मार्कशीट DigiLocker के माध्यम से भी डाउनलोड कर सकेंगे. रिजल्ट देखने के लिए छात्रों को अपना रोल नंबर और अन्य जरूरी डिटेल दर्ज करनी होगी. MPBSE 10th Result 2026: डिजिलॉकर पर करें रजिस्ट्रेशन एमपी बोर्ड 10वीं का रिजल्ट डिजिलॉकर पर भी चेक किया जा सकता है. इसके लिए छात्र ऑफिशियल वेबसाइट- digilocker.gov.in पर रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं. एमपी बोर्ड हाईस्कूल का रिजल्ट जारी होने के बाद डिजिलॉकर पर सिर्फ रोल नंबर दर्ज करने से मार्कशीट चेक कर सकेंगे. MP Board 10th Result 2026 on Digilocker Register Here ऐसे चेक करें MPBSE 10th Result 2026 सबसे पहले mpbse.nic.in या mpresults.nic.in वेबसाइट पर जाएं. होमपेज पर ‘MP Board Result 2026’ लिंक पर क्लिक करें. इसके बाद अपना रोल नंबर और मांगी गई जानकारी दर्ज करें. सबमिट करते ही रिजल्ट स्क्रीन पर दिखाई देगा. भविष्य के लिए रिजल्ट का प्रिंट आउट निकालकर सुरक्षित रख लें. कब हुई थी बोर्ड परीक्षा? एमपी बोर्ड की ओर से कक्षा 10वीं की परीक्षा 13 फरवरी से 6 मार्च 2026 के बीच आयोजित की गई थी. वहीं कक्षा 12वीं की परीक्षा 10 फरवरी से 7 मार्च 2026 तक कराई गई थी. परीक्षा राज्य के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर आयोजित हुई थी और इसमें बड़ी संख्या में छात्र शामिल हुए थे. कैसा रहा 5वीं और 8वीं का रिजल्ट? हाल ही में मध्य प्रदेश राज्य शिक्षा केंद्र ने कक्षा 5वीं और 8वीं का रिजल्ट भी जारी किया है. कक्षा 5वीं में छात्राओं का पास प्रतिशत 96.19 रहा, जबकि छात्रों का पास प्रतिशत 94.15 दर्ज किया गया. वहीं कक्षा 8वीं में छात्राओं का रिजल्ट 94.98 प्रतिशत और छात्रों का 92.74 प्रतिशत रहा. यह भी पढ़ें: एमपी बोर्ड 5वीं और 8वीं का रिजल्ट जारी, यहां डायरेक्ट करें चेक The post MPBSE 10th Result 2026: रोल नंबर से चेक करें एमपी बोर्ड 10वीं का रिजल्ट, यहां करें रजिस्ट्रेशन appeared first on Naya Vichar.

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2 अप्रैल को भारत में लॉन्च होगा Realme 16 5G, जानिए सेल्फी मिरर फोन के फीचर्स

Realme ने अपने पहले सेल्फी मिरर स्मार्टफोन Realme 16 5G के इंडिया लॉन्च डेट को कन्फर्म कर दिया है. यह मॉडल हिंदुस्तान में अप्रैल के पहले हफ्ते लॉन्च होने वाला है और यह मिड-रेंज सेगमेंट में आएगा. यह फोन इससे पहले जनवरी में कुछ ग्लोबल मार्केट्स में पेश किया जा चुका है, जहां इसे Dimensity 6400 Turbo चिपसेट और बड़ी 7,000mAh बैटरी के साथ लॉन्च किया गया था. इसकी फोन की खासियत हॉरिजॉन्टल रियर कैमरा मॉड्यूल होगा, जिसमें 50MP कैमरा, सर्कुलर LED फ्लैश और एक छोटा रिफ्लेक्टिव सरफेस दिया गया है, जिसे कंपनी Selfie Mirror कह रही है. लॉन्च डेट और उपलब्धता कंपनी के मुताबिक, Realme 16 5G हिंदुस्तान में 2 अप्रैल को लॉन्च होगा. यह स्मार्टफोन Flipkart और कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट पर खरीदने के लिए उपलब्ध होगा. फ्लिपकार्ट पर इस मॉडल के लिए एक माइक्रोसाइट पेज भी लाइव कर दिया गया है, जहां मॉडल सए जुड़े कुछ डिटेल्स रिवील कर दिए गए हैं. Front or rear, it refuses to pick a better side.You get the same 50MP clarity.#realme16 5G launching on 2nd April, 12PM.#AIPortraitStar Know more: https://t.co/HowgqnllGjhttps://t.co/xYvczBv20A pic.twitter.com/05ffRfCn7E — realme (@realmeIndia) March 26, 2026 डिजाइन और डिस्प्ले Realme 16 5G का डिजाइन Pro मॉडल्स से अलग होने वाला है. इसके बैक पैनल में हॉरिजॉन्टल कैमरा बार दिया गया है. इसी कैमरा बार पर सेल्फी मिरर भी मौजूद है. कंपनी इसे Elegant Air Design कह रही है, जो हल्का और हाथ में आराम से फिट होने वाला है. Flipkart पर लाइव पेज के अनुसार, यह फोन दो कलर ऑपशंस Air Black और Air White में लॉन्च होने वाला है. डिस्प्ले कि बात करें, तो फोन में 120Hz रिफ्रेश रेट और 4,200 निट्स पीक ब्राइटनेस सपोर्ट के साथ 6.57-इंच FHD+ AMOLED डिस्प्ले दिया गया है. प्रोटेक्शन के लिए डिस्प्ले पर DTStar D+ ग्लास दिया गया है. फोन में IP66, IP68, IP69 और IP69K रेटिंग्स दी गई हैं, जिससे यह धूल और पानी से सुरक्षित रहता है. कैमरा और बैटरी फोटोग्राफी के लिए, मॉडल के बैक पैनल में डुअल रियर कैमरा सेटअप मिलेगा, जिसमें 50MP Sony IMX852 मेन कैमरा के साथ 2MP मोनोक्रोम सेंसर मिल सकता है. फ्रंट में भी 50MP का सेल्फी कैमरा है, जो इस फोन की सबसे बड़ी खासियतों में से एक है. मॉडल में 7,000mAh की बड़ी बैटरी दी गई है, जो 60W फास्ट चार्जिंग सपोर्ट करती है. साथ ही इसमें रिवर्स चार्जिंग सपोर्ट भी मिलेगा. प्रोसेसर और सॉफ्टवेयर Realme 16 5G में MediaTek Dimensity 6400 Turbo चिपसेट दिया गया है. यह Android 16 पर बेस्ड Realme UI 7.0 काम करेगा. साथ ही कंपनी इस पर 4 साल तक का सिक्योरिटी अपडेट और 3 साल तक का Android OS अपडेट देगी. इसमें फोन को ओवरहीटिंग सए बचाने के लिए Vapour chamber कूलिंग सिस्टम (6,050 sq mm) भी दिया गया है. यह भी पढ़ें: Vivo ने हिंदुस्तान में लॉन्च किए दो नए मॉडल्स, जानिए कीमत और फीचर्स The post 2 अप्रैल को हिंदुस्तान में लॉन्च होगा Realme 16 5G, जानिए सेल्फी मिरर फोन के फीचर्स appeared first on Naya Vichar.

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गिरिधारी यादव की लोकसभा सदस्यता रहेगी बरकरार,जेडीयू को लगा झटका

Bihar Politics: बांका से सांसद गिरिधारी यादव की लोकसभा सदस्यता को रद्द करने को लेकर जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) द्वारा लोकसभा स्पीकर को नोटिस दिए जाने के बावजूद उनकी सांसदी पर खतरा टलता नजर आ रहा है. उनकी सदस्यता रद्द होने की संभावना बेहद कम है, क्योंकि संविधान के दलबदल विरोधी कानून के तहत यह मामला सीधे पार्टी के निर्णय पर नहीं चल सकता. संविधान के जानकारों और कानूनी एक्सपर्ट की मानें तो जेडीयू की यह राह इतनी आसान नहीं दिख रही है. कानून और सुप्रीम कोर्ट के पुराने फैसलों का कवच गिरिधारी यादव की सांसदी के लिए ‘संजीवनी’ साबित हो सकता है. दलबदल विरोधी कानून के पेंच में उलझा मामला लोकसभा सदस्यता रद्द करने का अधिकार सीधे पार्टी के पास नहीं होता. संविधान की 10वीं अनुसूची, जिसे दलबदल विरोधी कानून कहा जाता है, केवल उन स्थितियों में सदस्यता खत्म कर सकती है जब कोई सदस्य खुद पार्टी छोड़ दे या पार्टी के व्हिप के खिलाफ वोट करे. इन मामलों में अंतिम निर्णय लोकसभा अध्यक्ष का होता है और वे नियमों से बंधे होते हैं. सुप्रीम कोर्ट ने जी. विश्वनाथन और अमर सिंह के मामलों में स्पष्ट किया था कि यदि पार्टी किसी सांसद को निष्कासित कर दे, तब भी वह अपनी मूल पार्टी का सदस्य माना जाता है, जब तक वह किसी अन्य दल में शामिल नहीं होता. ऐसे में सांसद सदन में अनअटैच्ड सदस्य के रूप में बने रहते हैं. यह निर्णय गिरिधारी यादव के पक्ष में मजबूत आधार तैयार करता है. अमर सिंह और विश्वनाथन केस का हवाला गिरिधारी यादव के मामले में सुप्रीम कोर्ट के पुराने फैसले उनके सबसे बड़े रक्षक बन सकते हैं. जी. विश्वनाथन और अमर सिंह के चर्चित मामलों में शीर्ष अदालत ने साफ किया है कि यदि कोई पार्टी अपने सांसद को निष्कासित भी कर देती है, तो भी वह सदन में ‘अनअटैच्ड’ सदस्य के रूप में बना रहता है. जब तक सांसद आधिकारिक तौर पर किसी दूसरे दल की सदस्यता ग्रहण नहीं कर लेता, तब तक उसकी कुर्सी को खतरा नहीं होता. ऐसे में जेडीयू का नोटिस केवल एक नेतृत्वक दबाव बनाने का जरिया बनकर रह सकता है. नेतृत्व में बेटे के खिलाफ चुनाव लड़े जाने का मुद्दा जेडीयू ने गिरिधारी यादव के बेटे पर यह आरोप लगाया है कि उन्होंने 2025 विधानसभा चुनाव में राजद के टिकट पर चुनाव लड़ा था. यह आरोप पार्टी की नाराजगी का कारण बना है, लेकिन यह पहला मौका नहीं है जब किसी नेता के परिजन ने दूसरे दल से चुनाव लड़ा हो. 2024 में महेश्वर हजारी और अशोक चौधरी के परिजनों ने भी अन्य दलों से चुनाव लड़ा था, इसके बावजूद उनपर कोई कार्रवाई नहीं हुई. जेडीयू का नोटिस नेतृत्वक दबाव जरूर बनाता है और संगठन में अनुशासन का संदेश देता है. लेकिन कानून और सुप्रीम कोर्ट के प्रीसेडेंट के आधार पर गिरिधारी यादव की लोकसभा सदस्यता सुरक्षित दिखाई देती है. Also Read: JDU सांसद गिरधारी यादव के खिलाफ उतरे अपने ही पार्टी के नेता, कर दी अयोग्य ठहराने की मांग The post गिरिधारी यादव की लोकसभा सदस्यता रहेगी बरकरार,जेडीयू को लगा झटका appeared first on Naya Vichar.

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साहिबगंज कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, छावनी में तब्दील हुआ परिसर

साहिबगंज से सुनील ठाकुर की रिपोर्ट Sahibganj Civil Court Bomb Threat: झारखंड के साहिबगंज स्थित व्यवहार न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया. धमकी भरी ईमेल मिलते ही प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड में आ गईं. कोर्ट परिसर में मौजूद जज, अधिवक्ता और कर्मचारियों को तुरंत सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया. छावनी में तब्दील हुआ कोर्ट परिसर सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक, एसडीपीओ, डीएसपी, सर्किल इंस्पेक्टर और थाना प्रभारी समेत भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंच गया. देखते ही देखते पूरा कोर्ट परिसर छावनी में तब्दील हो गया. सुरक्षा के कड़े इंतजाम करते हुए हर 5 फीट की दूरी पर जवानों की तैनाती की गई. बम स्क्वॉड और डॉग स्क्वॉड की सघन जांच घटना की गंभीरता को देखते हुए बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वॉड की टीमों को तुरंत मौके पर बुलाया गया. टीमों ने आधुनिक उपकरणों की मदद से कोर्ट परिसर के हर कोने की बारीकी से जांच की. संदिग्ध वस्तुओं की तलाश के लिए घंटों तक सर्च ऑपरेशन चलाया गया. हालांकि प्रारंभिक जांच में किसी विस्फोटक की पुष्टि नहीं हुई है. प्रवेश पर सख्ती, हर व्यक्ति की जांच एहतियात के तौर पर कोर्ट परिसर में प्रवेश पूरी तरह नियंत्रित कर दिया गया. आने-जाने वाले हर व्यक्ति की सघन जांच की गई. सुरक्षा एजेंसियों ने आसपास के इलाकों में भी गश्त बढ़ा दी है ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके. उपायुक्त और अधिकारियों ने संभाली कमान घटना की जानकारी मिलते ही उपायुक्त हेमंत सती मौके पर पहुंचे और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया. उन्होंने अधिकारियों को हर स्तर पर सतर्क रहने का निर्देश दिया. प्रशासन का कहना है कि किसी भी प्रकार का जोखिम नहीं लिया जाएगा और पूरी स्थिति पर नजर रखी जा रही है. तकनीकी जांच में जुटी एजेंसियां धमकी भरी ईमेल के स्रोत का पता लगाने के लिए तकनीकी टीमों को लगाया गया है. साइबर विशेषज्ञ इस बात की जांच कर रहे हैं कि मेल कहां से भेजी गई और इसके पीछे कौन लोग शामिल हो सकते हैं. पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है ताकि दोषियों को जल्द गिरफ्तार किया जा सके. क्या कहते हैं पुलिस अधीक्षक पुलिस अधीक्षक अमित कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस और स्क्वॉड टीम तुरंत मौके पर पहुंच गई. पूरे परिसर को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया और सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. उन्होंने कहा कि फिलहाल किसी प्रकार की हताहत की सूचना नहीं है और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है. उपायुक्त ने दी शांति बनाए रखने की अपील उपायुक्त हेमंत सती ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है. उन्होंने कहा कि प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और हर पहलू की जांच की जा रही है. सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर दिया गया है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके. इसे भी पढ़ें: धनबाद और लातेहार कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, झारखंड बार एसोसिएशन का हो रहा चुनाव इलाके में बढ़ी चौकसी घटना के बाद पूरे साहिबगंज और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है. पुलिस लगातार गश्त कर रही है और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है. हालांकि अब तक किसी विस्फोटक के मिलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और स्थिति को सामान्य बनाए रखने की कोशिश जारी है. इसे भी पढ़ें: रांची सिविल कोर्ट को फिर मिली बम से उड़ाने की धमकी, कोर्ट कैंपस में पहुंची बीडीडीएस की टीम, देखें वीडियो The post साहिबगंज कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, छावनी में तब्दील हुआ परिसर appeared first on Naya Vichar.

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क्या पीएनजी है तेल संकट का समाधान, जानिए क्यों सरकार इसे कर रही है प्रमोट?

PNG vs LPG : ईरान और अमेरिका के बीच जारी युद्ध के बीच खाड़ी क्षेत्र में तनाव काफी बढ़ गया है. इस तनाव की वजह से पूरे विश्व के साथ–साथ हिंदुस्तान में भी तेल संकट गहराया है. इस संकट से बचने के लिए प्रशासन ने बुधवार को बड़ा फैसला लिया, जिसके तहत उन क्षेत्रों के लोगों के लिए पीएनजी कनेक्शन लेना अनिवार्य कर दिया जाएगा, जहां पाइपलाइन बिछी हुई है. इसका मतलब यह हुआ कि जहां पीएनजी की पाइपलाइन है, वहां के लोगों को एलपीजी का सिलेंडर नहीं मिलेगा. प्रशासन के इस नये निर्देश का फायदा क्या होगा और एलपीजी और पीएनजी में क्या है अंतर? आइए समझते हैं. सबसे पहले जानें PNG और LPG में क्या है फर्क? पहलू PNG (Piped Natural Gas) LPG (Liquefied Petroleum Gas) स्रोत प्राकृतिक गैस (मीथेन) पेट्रोलियम से बनी (प्रोपेन + ब्यूटेन) सप्लाई तरीका पाइपलाइन के जरिए सीधे घर तक सिलेंडर के माध्यम से उपलब्धता लगातार (continuous supply) खत्म होने पर रिफिल जरूरी उपयोग में सुविधा ज्यादा सुविधाजनक (no refill tension) कम सुविधाजनक (बार-बार सिलेंडर लेना) सुरक्षा ज्यादा सुरक्षित (हवा से हल्की, ऊपर उड़ जाती है) कम सुरक्षित (हवा से भारी, नीचे जमा होती है) लीकेज का असर जल्दी फैल जाती है, खतरा कम नीचे जमा होकर खतरा बढ़ाती है लागत (Cost) आमतौर पर सस्ती तुलनात्मक रूप से महंगी पीएनजी (Piped Natural Gas) और LPG (Liquefied Petroleum Gas) दोनों ही प्रमुख घरेलू ईंधन हैं, लेकिन इनके स्रोत अलग–अलग हैं. पीएनजी मीथेन आधारित प्राकृतिक गैस है, जबकि एलपीजी में प्रोपेन और ब्यूटेन का मिश्रण होता है. एलपीजी को सिलेंडर में भरकर ग्राहकों को उपलब्ध कराया जाता है, जबकि पीएनजी की सप्लाई पाइपलाइन से होती है. इसी वजह से पीएनजी की सेवा बाधित नहीं होती है, जबकि एलपीजी के सिलेंडर को गैस खत्म होने के बाद रिफिल करवाना पड़ता है. सुरक्षा के दृष्टिकोण से भी पीएनजी को ज्यादा बेहतर माना जाता है, क्योंकि इसमें मीथेन होता है, जो हवा से हल्की होती है और लीक होने पर तेजी से ऊपर जाती है और हवा में फैल जाती है. एलपीजी की गैस हवा से भारी होती है और लीक होने पर नीचे जमा हो जाती है, जिससे आग लगने का खतरा ज्यादा होता है. पीएनजी का एक फायदा यह भी है कि यह एलपीजी की अपेक्षा सस्ता पड़ता है. पीएनजी का इस्तेमाल बढ़ाने से क्या होगा फायदा? प्रशासन अगर देश में पीएनजी का उपयोग अभी बढ़ाती है, तो खाड़ी युद्ध की स्थिति में हिंदुस्तान को इसका फायदा मिलेगा. हिंदुस्तान अपनी LPG जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करता है, जिसका लगभग 80% खाड़ी देशों से हिंदुस्तान आता है. युद्ध की स्थिति में होर्मुज स्ट्रेट जैसे संवेदनशील समुद्री मार्ग से आवागमन बाधित है. इस परिस्थिति में तेल संकट ना हो इससे बचने के लिए प्रशासन ने पीएनजी कनेक्शन को विस्तार देने का सोचा है, जो बहुत ही जरूरी कदम साबित हो सकता है. इससे तेल संकट कम होगा और महंगाई भी नियंत्रण में रहेगी. क्या पीएनजी के मामले में आत्मनिर्भर है हिंदुस्तान? प्रशासन ने पीएनजी पर जोर इसलिए दिया है क्योंकि इसका आयात खाड़ी देशों से नहीं होता है. हालांकि पीएनजी के मामले में भी हिंदुस्तान आत्मनिर्भर नहीं है. अभी पीएनजी की जरूरत का लगभग 50% हिस्सा आयात होता है, बाकी हिंदुस्तान में उत्पादन होता है. पीएनजी का ज्यादातर आयात हिंदुस्तान कतर से करता है, युद्ध की स्थिति में हिंदुस्तान रूस, अमेरिका और आस्ट्रेलिया से आयात बढ़ा सकता है. इस कदम से एलपीजी पर निर्भरता कुछ कम होगी और हिंदुस्तान तेल संकट से पड़ने वाले झटके को कुछ हद तक कम कर पाएगा. ये भी पढ़ें : ईरान ने दी धमकी, हमले जारी रहें तो बाब अल मंदेब स्ट्रेट भी होगा बंद, गहराएगा तेल संकट ईरान का दावा: अमेरिकी युद्धपोत अब्राहम लिंकन पर मिसाइल दागा, ट्रंप के शांति वार्ता का दिया जवाब  अमेरिका की 15 सूत्री शांति योजना का ईरान ने उड़ाया मजाक, कहा– युद्ध जारी रहेगा The post क्या पीएनजी है तेल संकट का समाधान, जानिए क्यों प्रशासन इसे कर रही है प्रमोट? appeared first on Naya Vichar.

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