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Author name: Vinod Jha

nayavichar.com पर संपादक हैं। पटना स्थित स्वतंत्र पत्रकार और लेखक व एक दशक से अधिक का व्यापक अनुभव है। पत्रकारिता, प्रकाशन और विज्ञापन में अनुभव सभी प्रकार की सामग्री के साथ काम करने में सक्षम बनाता है: ब्लॉग पोस्ट, सोशल मीडिया सामग्री अच्छी तरह से शोध किए गए लेख और साथ ही प्रेस विज्ञप्तियाँ। यदि आप उच्च-गुणवत्ता वाली सामग्री की तलाश में हैं, तो nayavicharnews@gmail.com पर संपर्क करें। विशेषताएँ: रिपोर्टिंग, पत्रकारिता, लेखन और संचार, सोशल मीडिया

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Police in Bihar: बिहार में पुलिस पर बड़ा हमला, तीन किमी रिवर्स गाड़ी भगाकर दारोगा ने बचाई जान

Police in Bihar: मुजफ्फरपुर. बिहार के मुजफ्फरपुर जिले के बोचहां में एक बार फिर पुलिस पर हमला हुआ है. स्त्री वकील सोनी कुमार से मारपीट की सूचना पर पहुंची पुलिस पर रात करीब साढ़े 10 बजे भीड़ ने हमला बोल दिया. मझौली गांव में लाठी-डंडों से लैस लोगों ने पुलिसकर्मियों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा. पुलिसकर्मी किसी तरह 3 किलोमीटर तक रिवर्स गियर में गाड़ी बैक कर अपनी जान बचाकर वहां से भागे. हमले में एक एएसआई समेत 4 लोग घायल हो गए. इस दौरान सैप जवान की राइफल भी छीनने की कोशिश की गई. राइफल का अपर गार्ड टूटा छीनाझपटी में राइफल का अपर गार्ड टूट गया और भीड़ के हाथ ही रह गया. किसी तरह सैप जवान और पुलिसकर्मी पुलिस वैन में चढ़कर बैक गियर कर के भागे. अपर थानाध्यक्ष लुटावन राम, एसआई प्रीतेश गिरी और दो वैन पुलिस घायलों को थाने से बोचहां अस्पताल तक लेकर आई. यहां एएसआई रंजय कुमार, सैप जवान अरविंद कुमार व वीरेश और सिपाही चालक नीलमणि कुमार उर्फ गोपाल को इलाज के बाद एसकेएमसीएच रेफर कर दिया गया. तीन किमी तक रिवर्स दौड़ती रही पुलिस वैन पुलिस के अनुसार भीड़ में बड़ी संख्या में स्त्रीएं भी थीं. पुलिस गाड़ी को घुमा नहीं पाई और मझौली से थाने तक लगभग तीन किलोमीटर तक रिवर्स गियर में ही गाड़ी भगानी पड़ी. दो बाइक सवारों ने पुराने थाना तक वैन को खदेड़ा भी था. थानाध्यक्ष राकेश कुमार यादव ने कहा कि एफआईआर दर्जकर पुलिस पर हमला करनेवालों के खिलाफ कार्रवाई करेंगे. थाने की टीम स्त्री वकील की पिटाई कर अस्पताल पहुंचने और उससे मोबाइल छीन लेने की शिकायत पर मझौली गई थी. Also Read: Bihar Land Survey: प्रशासनी कार्यालय से गायब हो रहा खतियान , बंदोबस्ती कैसे दिखाएं रैयत The post Police in Bihar: बिहार में पुलिस पर बड़ा हमला, तीन किमी रिवर्स गाड़ी भगाकर दारोगा ने बचाई जान appeared first on Naya Vichar.

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Watch Video: आंधी के रफ्तार से कार ने 9 लोगों को कुचला, वीडियो देख दहल जाएगा दिल

Jaipur hit and run case: जयपुर में सोमवार रात एक दर्दनाक हादसा हुआ है जिसमें तेज रफ्तार कार ने 9 लोगों को कुचल दिया. इस दुर्घटना में स्त्री सहित दो लोगों की मौत हो गई, जबकि 7 अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें SMS हॉस्पिटल में भर्ती किया गया. अस्पताल में एक और मरीज की मौत के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर तीन हो गई है. यह हादसा नाहरगढ़ रोड पर रात करीब 9:30 बजे हुआ जब क्रेटा कार ने कई वाहनों को टक्कर मारी और करीब 7 किलोमीटर दौड़ते हुए नाहरगढ़ इलाके में संतोषी माता मंदिर के पास लोगों को कुचल दिया. हादसे के बाद स्थानीय लोग दौड़कर घायलों को मदद करने के लिए पहुंचे और पुलिस को सूचना दी. कार का पीछा कर पुलिस ने आरोपी ड्राइवर, उस्मान खान (62) को गिरफ्तार किया, जो शराब के नशे में था. जब ड्राइविंग सीट पर जॉम्बी बैठा हो। ड्राइवर एक फैक्ट्री मालिक था। नशे में था। जयपुर में 9 लोगों को कुचल दिया, दो की मौत हो गई 7 लोग गंभीर घायल हैं।#accident #jaipur pic.twitter.com/JHmqpzeaTS — Mukesh Mathur (@mukesh1275) April 8, 2025 हादसे के बाद गुस्साए लोग नाहरगढ़ रोड पर जाम लगाकर धरना प्रदर्शन कर रहे हैं. वे प्रशासन से मौके पर आकर वार्ता करने और पीड़ितों को मुआवजा देने की मांग कर रहे हैं, साथ ही आरोपी के मकान पर बुलडोजर चलाने की भी मांग कर रहे हैं. The post Watch Video: आंधी के रफ्तार से कार ने 9 लोगों को कुचला, वीडियो देख दहल जाएगा दिल appeared first on Naya Vichar.

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Gadar 2 की बंपर सफलता पर सनी देओल ने दो साल बाद तोड़ी चुप्पी, कहा- टचवुड, जब से मेरे…

Gadar 2: सनी देओल बॉलीवुड इंडस्ट्री के उन एक्टर्स में शुमार हैं, जो जब भी बड़े पर्दे पर आते हैं, तब कमाल कर जाते हैं. चार दशकों से लोगों के दिलों पर राज कर रहे सनी देओल की 2 दिन बाद यानी 10 अप्रैल को ‘जाट’ रिलीज हो रही है. इस फिल्म में सनी देओल के साथ उर्वशी रौतेला, रणदीप हुड्डा, पुष्पा स्टार विनीत सिंह नजर आएंगे. आखिरी बार एक्टर ‘गदर 2’ में नजर आए थे. मालूम हो कि गदर 2 से पहले सनी देओल अच्छी स्क्रिप्ट के लिए तरस रहे थे, लेकिन इस फिल्म की अपार सफलता ने उनकी करियर को बूस्ट किया है. इस बीच अब एक्टर ने एक साल बाद इसकी सफलता पर बात की है. साथ ही उन्होंने साउथ वर्सेज बॉलीवुड पर भी बात की है. क्या बॉलीवुड को साउथ फिल्मों से सिखने को जरूरत है? सनी देओल ने कहा, ‘सीखने की बात नहीं है. हमारा खुद का सिनेमा ऐसा ही हुआ करता था, देसी कहानियां, लार्जर दैन लाइफ हीरो. मैंने कितनी ऐसी हिंदी फिल्में की हैं, मगर बाद में हमने वो बनानी बंद कर दी. जबकि, साउथ की वैसी ही फिल्में डब होकर आने लगीं, जो पूरा देश देखता था. फिर जब हमें वैसी फिल्म बनानी होती तो साउथ की रीमेक करने लगे. हमारे राइटर, डायरेक्टर्स ने वो कहानियां सोचनी बंद कर दीं, क्योंकि उनको मौका नहीं मिल रहा था. मल्टीप्लेक्स आने के बाद मेकर्स सिर्फ सीमित शहरी ऑडियंस को टार्गेट करने लगे और चूंकि वही फिल्में उन्हें बिजनेस दे रही थीं तो वे खुश भी थे.’ उन्होंने आगे कहा, अब गदर 2 इतनी सफल हुई, मगर जब हम उसे बना रहे थे तो सब कह रहे थे कि ये आउटडेटेड है. ऐसा सिनेमा नहीं चलता. आर्ट मॉडर्न है, ये है वो है तो हमें समझ में नहीं आ रहा था कि ये मॉडर्न और आउटडेटेड क्या होता है? मगर दौर वैसा ही चल रहा था. मैं जो भी काम करता, उसे आउटडेटेड बोलते थे. मगर जब गदर 2 चल गई, तब बोलते हैं अरे यार, गलती हो गई. हम भी ऐसा ही कुछ बनाते हैं (हंसते हैं) तो ये हमेशा रहा है और ऐसा ही चलता रहेगा. जब कोई चीज सफल हो जाती है तो सब उसके पीछे भागते हैं. हमें अपनी कहानियों पर यकीन करना जरूरी है.’ गदर 2 से पहले स्ट्रगल के बाए में नहीं था पता सनी देओल ने कहा, ‘आप देखिए ना, गदर 2 के बाद मैंने ढेर सारी फिल्में कर रहा हूं. वरना उससे पहले मुझे फिल्में करने में मुश्किल होती थी, क्योंकि मन मुताबिक ऑफर ही नहीं मिलते थे. मैं अक्सर कहता हूं कि मेरी स्ट्रगल गदर के बाद शुरू हुई. उससे पहले मुझे पता नहीं था कि स्ट्रगल क्या होता है. मैं जो भी करना चाहता था, कहानी अच्छी लगती थी, फिल्म बना लेते थे. गदर के बाद उस तरह की चीजें मेरे हाथ में आनी बंद हो गईं. मैं जैसा सिनेमा करना चाह रहा था, वो नहीं कर पा रहा था. मगर मैं ऐसा इंसान हूं कि लगा रहता हूं. इसलिए बस लगा रहा. प्रड्यूसर था तो फिल्में खुद बनाईं, डायरेक्ट भी कीं, जो फिल्में नहीं करनी थी, वो भी करता गया, करता गया, क्योंकि मैं ऐसा ही हूं. मैं लगा रहता हूं. इस शख्स की वजह से सफल हुए सनी देओल सनी देओल ने अपने सक्सेस का श्रेय अपनी बड़ी बहु को देते हुए कहा, ‘टचवुड, जब से मेरे बेटे की शादी हुई और मेरी बेटी (बड़ी बहु) घर आई है, तब से सब कुछ अच्छा ही रहा है. इसलिए अच्छा लग रहा है, वरना हम तो वही हैं, जो पहले थे. वैसे ही मेहनत कर रहे हैं, मगर अभी काम करने का मौका मिल रहा है, जो बीच में नहीं मिल रहा था.’ यह भी पढ़े: JAAT 2: सनी देओल ने ‘जाट’ की रिलीज से 2 दिन पहले सीक्वल पर तोड़ी चुप्पी, बोले- अगर पिक्चर चलेगी… The post Gadar 2 की बंपर सफलता पर सनी देओल ने दो साल बाद तोड़ी चुप्पी, कहा- टचवुड, जब से मेरे… appeared first on Naya Vichar.

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आखिर राहुल गांधी ने मान ली बात, बोले- बिहार में गठबंधन के बिना चुनाव जीतना मुश्किल!

Bihar Politics: कांग्रेस नेता राहुल गांधी सोमवार को बिहार दौरे पर थे. इस दौरान वे सबसे पहले बेगूसराय पहुंचे, जहां उन्होंने कन्हैया की अगुआई में चल रहे पलायान रोको, नौकरी दो यात्रा में हिस्सा लिया. इसके बाद वे पटना पहुंचे, जहां उन्होंने सदाकत आश्रम में पार्टी के नेताओं को संबोधित किया. इस दौरान कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने पार्टी नेताओं को एक बार फिर से स्पष्ट कर दिया है कि बिहार विधानसभा का चुनाव गठबंधन के साथ ही लड़ा जायेगा. उन्होंने कहा कि बिना गठबंधन किये बिहार में भाजपा- जदयू को नहीं हराया जा सकता है. कांग्रेस को जो भी सीटें मिले पर पार्टी के सभी नेताओं और कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी है कि सभी अपनी प्रशासन बनाने में जुट जाये. उन्होंने पार्टी नेताओं से कहा कि वे समाज में पिछड़े, अतिपिछड़े, दलित, अल्पसंख्यक, स्त्री और सामान्य वर्ग के गरीबों के बीच पहुंचकर उनको कांग्रेस के साथ जोड़ने का काम करें.  सदाकत आश्रम बना अखाड़ा सदाकत आश्रम में आयोजित पार्टी नेताओं के कार्यक्रम के बाद आश्रम एक बार फिर से मारपीट का आखाड़ा बन गया. राहुल गांधी की सभा में सीट पर बैठने को लेकर शुरू हुआ विवाद मारपीट के बाद समाप्त हुआ. जानकारों का कहना है कि रीगा के पूर्व विधायक अमित सिंह टुन्ना और रवि रंजन के बीच कुर्सी को लेकर विवाद हुआ और हॉल के अंदर कहासुनी हुई . जैसे ही कार्यक्रम समाप्त हुआ दोनों के बीच में हाथापाई होने लगी. डॉ अखिलेश सिंह सहित अन्य नेताओं ने बीचबचाव करके दोनों पक्षों को शांत कराया. अमित टुन्ना ने बताया कि जैसे ही कार्यक्रम खत्म हुआ कि एक पॉकेटमार ने उनकी पॉकेट में चोरी की नीयत से हाथ डाला. इसको लेकर उन्होंने चोर को खदेड़कर पकड़ने की कोशिश की. सांसद शांभवी चौधरी ने साधा निशाना पदयात्रा समाप्त होने के बाद समस्तीपुर से LJP (R) सांसद शांभवी चौधरी ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा, “बिहार की जनता एनडीए के साथ मजबूती से खड़ी है. बेगूसराय में जो पदयात्रा उनकी लंबी चलनी चाहिए थी, वो शुरू होते ही खत्म हो गई. दूसरी बात यह है कि वो किस विषय पर पदयात्रा करने के लिए आए वो भी बड़ा मजेदार है. कांग्रेस पार्टी और आरजेडी ने मिलकर बिहार में पलायन की जड़ों को गाड़ा. वे लोग पलायन को लेकर पदयात्रा कर रहे हैं. ये सबसे मजेदार बात है.”  ALSO READ: Bihar Bhumi: बिहार के इस जिले में दाखिल-खारिज और परिमार्जन का काम पड़ा सुस्त, डीएम ने CO की लगा दी क्लास! The post आखिर राहुल गांधी ने मान ली बात, बोले- बिहार में गठबंधन के बिना चुनाव जीतना मुश्किल! appeared first on Naya Vichar.

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Ramayana में भगवान हनुमान का रोल निभाने पर सनी देओल ने तोड़ी चुप्पी, जाट एक्टर बोले- यह किरदार निभाना थोड़ा…

Ramayana: नितेश तिवारी की ओर से निर्देशित रामायण में रणबीर कपूर, भगवान राम, केजीएफ फेम यश- रावण और साई पल्लवी माता सीता के किरदार में दिखेंगी. पहली बार रणबीर, साई के साथ बड़े पर्दे पर स्क्रीन शेयर करते दिखेंगे. नमित मल्होत्रा ​की ओर से निर्मित फिल्म में दर्शक सनी देओल को भी देख सकेंगे. सनी भगवान हनुमान का किरदार प्ले कर रहे हैं. सनी जो अपनी फिल्म जाट की रिलीज की तैयारी में लगे हुए हैं, उन्होंने रामायण में अपने किरदार को लेकर बात की. रामायण में भगवान हनुमान का किरदार निभाने पर सनी देओल ने क्या कहा सनी देओल ने पिंकविला मास्टरक्लास में फिल्म रामायण में भगवान हनुमान का किरदार निभाने पर कहा, ”हम सब एक्टर्स हैं और अपना बेस्ट दे रहे हैं. हनुमान जी का किरदार निभाना थोड़ा मुश्किल है क्योंकि कोई कुछ गलत नहीं करना चाहता है.” जब उनसे पूछा गया कि वह कब से इसकी शूटिंग शुरू करेंगे. इसपर जाट एक्टर ने कहा ”मैं अभी इसपर बात नहीं कर सकता.” सनी देओल बोले- रामायण के लिए उत्साहित हूं सनी देओल ने कहा कि, ”एक एक्टर का जॉब होता है परफॉर्म करना और अपने किरदार को लेकर उत्साहित होना. एक एक्टर होने के नाते आपको अपने डायरेक्टर पर विश्वास होना चाहिए. तकनीक अब इतनी अच्छी तरह से विकसित हो चुकी है कि आपको यकीन हो जाता है. मुझे याद है कि मैं सुपरमैन को देखकर हैरान रह गया था.अब हिंदुस्तान में तकनीक बेहतर हो रही है. चल जाएगा वाली बात अब कम हो गई है और परफेक्शन पर ज्यादा ध्यान दिया जाता है. मैं रामायण को लेकर बहुत उत्साहित हूं क्यों नमित ये काम कर रहा है और वह इस समय दुनिया भर में विशेष प्रभाव वाली कंपनियों का संचालन कर रहे हैं. वह रामायण बनाने के लिए सही इंसान है. वह रामायण को विश्वसनीय बनाना चाहते हैं, क्योंकि उन्हें कहानी पर विश्वास है.” यहां पढ़ें-  Laughter Chefs 2: निया शर्मा के बाद अब टीवी की इस हसीना की शो में हुई एंट्री, मन्नारा चोपड़ा ने कहा अलविदा The post Ramayana में भगवान हनुमान का रोल निभाने पर सनी देओल ने तोड़ी चुप्पी, जाट एक्टर बोले- यह किरदार निभाना थोड़ा… appeared first on Naya Vichar.

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जीत के साथ मिला दंड, रजत पाटीदार पर BCCI ने लगाया लाखों का जुर्माना, इस वजह से मिली सजा

IPL 2025 Rajat Patidar Fined: मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) ने मुंबई इंडियंस को 12 रनों से हराकर शानदार जीत दर्ज की. पहले बल्लेबाजी करते हुए आरसीबी ने 221 रन बनाए, जिसके जवाब में एमआई 209 रन ही बना पाई. इस मैच में आरसीबी के बल्लेबाजों ने गजब की आतिशी पारी स्पोर्ट्सी. खासकर कप्तान रजत पाटीदार ने. उन्होंने केवल 32 गेंद पर 5 चौके और 4 छक्के की सहायता से 64 रन बनाए. हालांकि इस जीत पर एक दाग लग गया. बंगलुरु के कप्तान रजत पाटीदार पर आईपीएल 2025 के मैच नंबर 20 में धीमी ओवर-रेट के चलते जुर्माना लगाया गया है. पाटीदार की अगुवाई वाली टीम निर्धारित समय में अपने ओवर पूरे नहीं कर पाई, जो आईपीएल की आचार संहिता के तहत एक दंडनीय अपराध है. आईपीएल द्वारा जारी बयान के मुताबिक, यह इस सीजन में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की टीम का पहला न्यूनतम ओवर-रेट अपराध था. इसलिए आचार संहिता के अनुच्छेद 2.2 के अंतर्गत कप्तान रजत पाटीदार पर 12 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है. अगर आगे भी ओवर-रेट की गलती दोहराई जाती है तो कप्तान और टीम पर कड़ी सजा हो सकती है. रजत यह सजा पाने वाले चौथे कप्तान बन गए हैं. उनसे पहले हार्दिक पांड्या, रियान पराग और ऋषभ पंत इस जुर्माने को झेल चुके हैं. Royal Challengers Bengaluru captain Rajat Patidar has been fined after his team maintained a slow over-rate during Match No. 21 of the IPL 2025 against Mumbai Indians at the Wankhede Stadium, Mumbai. As this was his team’s first offence of the season under Article 2.2 of the… pic.twitter.com/VMTSzTPjuY — IANS (@ians_india) April 8, 2025 हालांकि, इस धीमी ओवर-रेट के बावजूद RCB ने शानदार प्रदर्शन किया। पहले बल्लेबाजी करते हुए विराट कोहली (67) और रजत पाटीदार (62*) की दमदार पारियों के दम पर टीम ने मजबूत स्कोर खड़ा किया. इसके बाद गेंदबाजों ने भी अच्छा प्रदर्शन किया और मुंबई इंडियंस को 12 रनों से हरा दिया. यह जीत RCB के लिए खास थी क्योंकि उन्होंने 2015 के बाद पहली बार वानखेड़े में मुंबई को शिकस्त दी. इस जीत के साथ आरसीबी ने पॉइंट्स टेबल में अपना स्थान और भी मजबूत कर लिया है. वह 4 मैचों में 3 जीत के साथ तीसरे स्थान पर है, जबकि मुंबई इंडियंस इस बार पिछले सीजन वाला हाल दोहराते हुए 8वें नंबर पर संघर्ष कर रही है. अब आरसीबी का अगला मुकाबला 10 अप्रैल को दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ होगा, जो इस सीजन में अब तक अजेय बनी हुई है. जहीर खान बनेंगे टीम इंडिया के हेड कोच? खुद बयान देकर मचाई खलबली, बीच IPL कह दी दिल की बात बस 27 की उम्र में संन्यास, ‘दर्द भरे दिनों’ से जूझते ऑस्ट्रेलिया खिलाड़ी की घोषणा, अब कोचिंग और कमेंट्री में दिखाएगा जौहर The post जीत के साथ मिला दंड, रजत पाटीदार पर BCCI ने लगाया लाखों का जुर्माना, इस वजह से मिली सजा appeared first on Naya Vichar.

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Meghalaya Tribes: मेघालय की ऐसी जनजातियां जहां सबसे छोटी बेटी होती है संपत्ति की वारिस

Table of Contents म्यांमार से आए मेघालय शादी के बाद पुरुष जाता है पत्नी के घर जयंतिया जनजाति में मां प्रमुख पुरुषों से मिल रही चुनौती Meghalaya Tribes: हिंदुस्तानीय समाज पितृसत्तात्मक है. यहां पिता की संपत्ति में पहले बेटे का हक माना गया है. लेकिन कोर्ट के फैसलों के बाद अब बेटी को भी पिता की संपत्ति में बराबर का मिलने लगा है. हालांकि अभी भी उन्हें इसके लिए लड़ाई लड़नी पड़ती है. लेकिन हिंदुस्तान का एक राज्य है मेघालय है. जहां इस पितृसत्तात्मक समाज की व्यवस्था को चुनौती दी गई है. यहां स्त्रीओं को पुरुषों से अधिक महत्व दिया गया है. ये समाज है खासी. खासी का हिंदी में अर्थ है सात झोपड़ियां. म्यांमार से आए मेघालय वैसे तो मेघालय में खासी, जयंतिया और गारो तीन जनजातियां हैं. लेकिन मेघालय की कुल आबादी का लगभग आधा हिस्सा खासी जनजाति का है. ये खासी पहाड़ियों में निवास करते हैं. खासी प्रोटो ऑस्ट्रोलॉयड मोन खमेर जाति से निकले हैं, जो म्यांमार से असम और मेघालय के विभिन्न जिलों में आकर बसे थे. इस जनजाति की भाषा भी खासी है. जो एक ऑस्ट्रो एशियाई भाषा है. यह मोन खमेर भाषा समूह का एक हिस्सा है. इस जनजाति में पनार, भोई, वार, लिंग्ग्नम उप जनजातियां हैं. जो हिंदुस्तानीय उपमहाद्वीप में सबसे पहले बसने वालों में से एक माने जाते हैं. हालांकि वर्तमान में इस समाज के अधिकतर लोग ईसाई धर्म को अपना चुके हैं. ऐसे में अपने आदिवासी धर्म का पालन करने वाले कम ही बचे हैं. शादी के बाद पुरुष जाता है पत्नी के घर खासी की तरह ही मेघालय की गारो जनजाति भी मातृसत्तात्मक है. स्त्रीएं संपत्ति की मालिक होती हैं. इनके वंश का पता भी मां से चलता है. गारो मेघालय का दूसरा सबसे बड़ा आदिवासी समाज है. कुल जनसंख्या का एक तिहाई गारो हैं. ये गारो भाषा बोलते हैं. मेघालय में ये तिब्ब्त से आए थे. इस जनजाति में विवाह होने के बाद पुरुष अपनी पत्नी के घर जाता है. इस जनजाति के लोग भी ईसाई धर्म को अपनाते जा रहे हैं. संगीत और नृत्य इन्हें पसंद है. वंगाला इनका प्रमुख त्यौहार है, जो फसल की कटाई के बाद अक्तूबर में मनाया जाता है. इस त्यौहार में ये अपने देवता सालिजोंग को धन्यवाद देते हैं. जयंतिया जनजाति में मां प्रमुख जयंतिया मूल रूप से असम से आए हैं. जयंतिया असम का शक्तिशाली राज्य था. 26 फरवरी 1826 को ब्रिटिश प्रशासन और बर्मी लोगों के बीच संधि हुई थी. इसके बाद 15 मार्च 1835 को अंग्रेजों ने जयंतिया राज्य पर कब्जाकर लिया था. वर्तमान में जयंतिया जनजाति जयंतिया हिल्स, एनसी हिल्स और असम के कार्बी आंगलोंग जिले में मिलते हैं. ये भी मातृवंशीय परंपरा को मानते हैं. पारिवारिक संपत्ति बेटियों को मिलती है और सबसे छोटी बेटी पारिवारिक संपत्ति की मुख्य रूप से देखभाल करती है. इनमें भी विवाह के बाद पुरुष पत्नी के घर जाता है. इनका त्यौहार भी मुख्य रूप से कृषि है. जयंतिया भी जल, जंगल, जमीन की पूजा करते हैं. इस जनजाति में मां प्रमुख होती है. फिर मामा का स्थान होता है. पुरुषों से मिल रही चुनौती खासी जनजाति में वर्षों से मातृसत्तात्मक व्यवस्था भले ही लागू हो लेकिन उन्हें समय-समय पर पुरुषों से चुनौती मिलती रहती है. मशहूर लेखर राफेल वारजरी ने अपनी किताब ‘एमईआई: मैट्रिलिनियल एक्सोगैमस इंस्टीट्यूशन’ (Matrilineal Exagamous Institution) में लिखा है कि खासी परंपराओं के बदलाव और उन्हें संरक्षित करने के पर चर्चा की है. पीटीआई के साथ अपने एक साक्षात्कार में राफेल वारजरी ने बताया है कि खासी स्त्रीओं को कबीले के नाम और पैतृक संपत्ति विरासत में मिलती है. लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि उन्हें पूरा अधिकार मिलता है. क्योंकि सत्ता परिवार और कबीले परिषद के पास होती है, जिसका नेतृत्व सबसे बड़े मामा करते हैं. परिवार में स्त्रीओं की मुख्य भूमिका के बावजूद, उन्हें नेतृत्व के पदों पर दिक्क्तों का सामना करना पड़ता है. खासतौर से पारंपरिक शासन निकायों जैसे दोरबार श्नोंग (ग्राम परिषद) और ‘दोरबार हिमा’ (मुखिया परिषद) में निर्णय लेने की शक्ति मुख्य रूप से पुरुषों के पास होती है. पढ़ें नया विचार प्रीमियम स्टोरी:जंगल बचाने के लिए चिपको से लेकर कांचा गाजीबोवली आंदोलन तक Textile Waste: पुराने कपड़े ठिकाने लगाना बना चुनौती भूकंप से कैसे सुरक्षित रहता है जापान? जानें क्या है तकनीक Microgreens: अंकुरित अनाज से ज्यादा पौष्टिक हैं माइक्रोग्रींस The post Meghalaya Tribes: मेघालय की ऐसी जनजातियां जहां सबसे छोटी बेटी होती है संपत्ति की वारिस appeared first on Naya Vichar.

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Double Layer Necklace Design: शादी में छा जाना है तो पहनें ये डबल लेयर वाला नेकलेस तारीफ करते नहीं थकेंगी आंटियां

Double Layer Necklace Design|Double Layer Jewellery | Trending Necklace Ideas in Hindi: शादी का सीजन आते ही लड़कियों और दुल्हनों के मन में एक ही ख्याल घूमता है – “ऐसा क्या पहनें कि सबकी नजरें बस मुझ पर ही टिकी रहें?” और जब बात गहनों की हो, तो नेकलेस सबसे पहला और सबसे ज़्यादा ध्यान खींचने वाला पीस होता है. आज हम बात कर रहे हैं एक ऐसे डिजाइन की जो आपके पूरे लुक को शाही बना देगा – डबल लेयर नेकलेस (Double Layer Necklace). डिजाइन में रॉयल टच, पहनने में एलिगेंट और स्टाइल में एकदम मॉडर्न – यही कारण है कि इस वेडिंग सीजन में डबल लेयर नेकलेस की डिमांड सबसे ज्यादा है. Wedding Jewellery Look: क्यों खास है Double Layer Necklace? Wedding jewellery look: क्यों खास है double layer necklace? डबल लेयर नेकलेस ना सिर्फ ट्रेंड में है, बल्कि यह आपको देता है एक ऐसा फिनिश जो ट्रेडिशनल और कंटेम्पररी स्टाइल का परफेक्ट मिक्स है. दो लेयर्स में सेट किए गए स्टोन्स, मोती, कुंदन या पोल्की डिजाइन – यह नेकलेस आपको देता है एक ग्रैंड प्रेज़ेंस. इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि आप इसे हैवी लहंगे, साड़ी या फ्यूज़न आउटफिट के साथ भी स्टाइल कर सकती हैं. और जैसे ही आप इसे पहनेंगी, आपकी आंटियां और रिश्तेदार तारीफों की बरसात कर देंगे – “क्या नेकलेस है बेटा, कहां से लिया?” Also Read: Latest Suit Designs For Newly Wed Bride: नई नवेली दुल्हन शादी के बाद पहनें ये डिजाइनर सूट, दिखेंगी बेहद खास Trending Necklace Ideas: दुल्हनों के लिए बेस्ट चॉइस Trending necklace ideas: दुल्हनों के लिए बेस्ट चॉइस अगर आप ब्राइड हैं या ब्राइडल पार्टी में शामिल होने जा रही हैं, तो डबल लेयर नेकलेस आपका स्टेटमेंट पीस बन सकता है. कुंदन और पोल्की के डबल लेयर डिजाइन न सिर्फ चेहरे की रौनक बढ़ाते हैं, बल्कि फोटो में भी गजब का ग्लो लाते हैं. आप चाहें तो इसे चोकर के साथ लेयर करें या सिर्फ सोलो स्टाइल में कैरी करें – दोनों ही लुक्स में यह आपको भीड़ से अलग बनाएगा. Also Read: Aditi Rao Hydari Kundan Earring Style for Wedding: अपनाएं अदिति राव हैदरी के कुंदन इयररिंग्स स्टाइल, बनें खूबसूरती की मिसाल Perfect Balance for Neckline: हर नेक्लाइन के लिए है परफेक्ट Perfect balance for neckline: हर नेक्लाइन के लिए है परफेक्ट डबल लेयर नेकलेस की एक और खूबी यह है कि यह किसी भी नेकलाइन – चाहे वह डीप हो, स्वीटहार्ट हो या बंद गला – सभी के साथ अच्छे से मैच करता है. पहली लेयर क्लोज टु नेक होती है और दूसरी लेयर हल्के से नीचे गिरती है, जो एक एलिगेंट फॉल बनाती है और आपके पूरे गेटअप को रॉयल लुक देती है. Also Read: Latest Kaleera Designs: दुल्हन के लिए परफेक्ट चॉइस, देखें लेटेस्ट कलीरा डिजाइन Jewellery Styling Tip: मैचिंग इयररिंग्स और मिनिमल माथापट्टी के साथ करें स्टाइल Jewellery styling tip अगर आप डबल लेयर नेकलेस पहन रही हैं, तो बहुत हैवी ईयररिंग्स की ज़रूरत नहीं. इसके साथ स्टड्स या मीडियम साइज के झुमके, और एक सटल माथापट्टी या मांगटीका आपके लुक को परफेक्ट बना देंगे. डबल लेयर नेकलेस सिर्फ एक गहना नहीं, बल्कि एक स्टेटमेंट है. यह आपको देता है एक ऐसा लुक जो रॉयल भी है, एलिगेंट भी और फोटो-परफेक्ट भी. शादी हो या रिसेप्शन, अगर आप चाहती हैं कि आपकी एंट्री पर सबकी निगाहें थम जाएं, तो इस वेडिंग सीजन में ट्राय करें डबल लेयर वाला यह प्रीमियम नेकलेस डिजाइन. Also Read: Latest Rani Haar Designs For Wedding: शादियों के सीजन में रानी हार के लेटेस्ट डिजाइन देखें Also Read: Tara Sutaria Inspired Haldi Look: तारा सुतारिया के स्टाइलिश पीले लहंगे को बनाएं हल्दी के लिए परफेक्ट आउटफिट The post Double Layer Necklace Design: शादी में छा जाना है तो पहनें ये डबल लेयर वाला नेकलेस तारीफ करते नहीं थकेंगी आंटियां appeared first on Naya Vichar.

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Name Personality: रॉयल लाइफ जीना पसंद करते हैं इन 4 नाम वाले बच्चे, जीते हैं बिंदास जिंदगी

Name Personality: हमारे जीवन में नाम का एक विशेष महत्व होता है. इससे ना केवल एक पहचान बनती हैं, बल्कि यह हमारी संस्कृति, परंपरा, और हमारे व्यक्तित्व को भी उजागर करता है. आपके नाम से आपके स्वभाव या व्यवहार पर भी असर पड़ता है. इसलिए माता-पिता भी अपने बच्चों का नाम बहुत सोच समझकर रखते हैं. जिससे शिशु का एक पहचान बनता है और समाज में उसे जाना जाता है. ऐसे में आज हम इस आर्टिकल में जानेंगे उन 4 नाम अक्षर वाले बच्चों के बारे में, जो बहुत खुलकर जिंदगी जीना पसंद करते हैं. चलिए जानते हैं इनके बारे में विस्तार से.  A नाम वाले शिशु  जिनका नाम अंग्रेजी के A अक्षर से शुरू होता है, वे शिशु बहुत तेज और ईमानदार होते हैं. इनको दूसरों की मदद करना बहुत अच्छा लगता है. इसके अलावा, इन नाम के शिशु को बेफिजूल में खर्च बहुत पसंद होता है. साथ ही ये लोग कपड़े और खाने के काफी शोकिन होते हैं.  यह भी पढ़ें- Name Personality: परिवार की मुस्कान के लिए हर दर्द सह जाते हैं इन 3 नाम अक्षर के लोग  B नाम वाले शिशु  जिन बच्चों का नाम B से शुरू होता है, वे बहुत भाग्यशाली होते हैं. इनको अपने ऊपर इतना भरोसा होता है कि जब भी ये किसी काम को करने का ठान लेते हैं उसे पूरा कर दिखा देते हैं. इसके अलावा, ये शिशु बहुत ऐशो आराम से जीना पसंद करते हैं. हालांकि, ये कभी-कभी थोड़े जिद्दी और जल्दी भावुक हो जाते हैं.   N नाम वाले शिशु  जिन बच्चों का नाम अंग्रेजी के N अक्षर से शुरू होता है, वे बहुत खुशमिजाज किस्म के होते हैं. ये अपने ऊपर पैसा खर्च करने में बहुत आगे रहते हैं. साथ ही इनको अपने जरूरतों का खास ख्याल रहता है. हालांकि, ये शिशु अपने पढ़ाई में काफी ध्यान लगाकर अच्छा मुकाम हासिल कर लेते हैं. V नाम वाले शिशु  V नाम अक्षर वाले शिशु बहुत कोमल और शांत स्वभाव के होते है. इनको अपने हिसाब से काम करना पसंद होता है. इसके साथ ही ये लोग बिना सोच-समझे पैसा बर्बाद कर देते हैं. हालांकि, ये शिशु अपने माता-पिता को बहुत आदर और सम्मान देते हैं.  यह भी पढ़ें- Name Personality: पलकों पर बैठाकर रखते हैं इन 4 नाम अक्षर वाली लड़कियों के पार्टनर, करते हैं बेइंतहा मोहब्बत  Disclaimer: यह आर्टिकल सामान्य जानकारियों और मान्यताओं पर आधारित है. नया विचार इसकी पुष्टि नहीं करता है. The post Name Personality: रॉयल लाइफ जीना पसंद करते हैं इन 4 नाम वाले शिशु, जीते हैं बिंदास जिंदगी appeared first on Naya Vichar.

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Preity Zinta Education: मॉडलिंग से क्रिकेट टीम की मालकिन तक…34 अनाथ बच्चों को पढ़ाने वाली प्रीति जिंटा खुद कितनी पढ़ी-लिखीं?

Preity Zinta Education in Hindi: कई बाॅलीवुड एक्टर और एक्ट्रेस सोशल वर्क के लिए भी अपनी पहचान बना चुके हैं. इनमें हिंदुस्तान की बेस्ट बाॅलीवुड एक्ट्रेस प्रीति जिंटा का नाम भी शामिल है. प्रीति ने ‘सोल्जर’ (1998), ‘क्या कहना’ (2000), ‘कल हो ना हो’, ‘कोई… मिल गया’ (2003) जैसी फिल्मों में काम किया. इसके अलावा वह इंडियन प्रीमियर लीग में पंजाब किंग्स की मालकिन भीं हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि प्रीति की एजुकेशनल जर्नी कैसी रही है और माॅडलिंग से शुरुआत करने के बाद फिल्मी दुनिया में कैसे सफलता हासिल की, जिसके बारे में यहां बताया जा रहा है. प्रीति जिंटा की शिक्षा (Preity Zinta Education Qualification) बॉलीवुड की मशहूर और खूबसूरत एक्ट्रेस प्रीति जिंटा की पढ़ाई का सफर भी बेहतरीन रहा है. प्रीति जिंटा ने अपनी शुरुआती पढ़ाई शिमला के कॉन्वेंट ऑफ जीजस एंड मेरी बोर्डिंग स्कूल और द लॉरेंस स्कूल सानावर सोलन से की थी. स्कूल में वे स्पोर्ट्स और साहित्य पढ़ना पसंद करती थीं, और बास्केटबॉल स्पोर्ट्सना उनका शौक था. स्कूल के बाद उन्होंने सेंट बेडेज कॉलेज से इंग्लिश ऑनर्स की डिग्री और वहीं से क्रिमिनल साइकोलॉजी में पोस्ट ग्रेजुएशन किया. यह भी पढ़ें- Jasprit Bumrah Education Qualification: कितना पढ़े-लिखे हैं ‘बूम-बूम बुमराह’? जहां पढ़ते थें, वहीं वाइस प्रिंसिपल थींं मां इस अनाथालय से 34 बच्चियों को लिया गोद (Preity Zinta Education) प्रीति जिंटा बॉलीवुड इंडस्ट्री के अलावा कई प्रशासनी और गैर-प्रशासनी संस्थाओं के लिए भी काम करती हैं. उन्होंने ब्लड डोनेशन, एड्स, स्त्री सशक्तिकरण, और ह्यूमन ट्रैफिकिंग जैसे मुद्दों पर कैंपेन और प्रचार किए हैं. 2009 में प्रीति ने अपने 34वें जन्मदिन पर ऋषिकेश के मदर मिरेकल अनाथालय की 34 बच्चियों को गोद लिया था.  यूनिवर्सिटी ऑफ ईस्ट लंदन ने दी डॉक्टरेट (Preity Zinta Education) प्रीति जिंटा की मानवता के काम के लिए 2010 में यूनिवर्सिटी ऑफ ईस्ट लंदन ने उन्हें डॉक्टरेट की डिग्री दी. प्रीति जिंटा ने 2016 में अपने अमेरिकी बॉयफ्रेंड जीन गुडइनफ से शादी की.  यह भी पढ़ें- Vaniya Agarwal Education: बिल गेट्स तुम्हें शर्म आनी चाहिए…Microsoft के मालिक को झाड़ने वाली वानिया अग्रवाल रखती हैं ये डिग्री The post Preity Zinta Education: मॉडलिंग से क्रिकेट टीम की मालकिन तक…34 अनाथ बच्चों को पढ़ाने वाली प्रीति जिंटा खुद कितनी पढ़ी-लिखीं? appeared first on Naya Vichar.

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