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Author name: Vinod Jha

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बिहार के इस जिले में बनेगी फूलों की मंडी, नीतीश सरकार ने जिले के लोगों को दिया तोहफा

बिहार के मुजफ्फरपुर शहर में अब फूलों की महक और भी तेज होने वाली है. नगर विकास एवं आवास विभाग ने शहर में फूलों के लिए एक भव्य मंडी बनाने का फैसला किया है. यह मंडी न केवल शहरवासियों के लिए फूलों की खरीदारी को आसान बनायेगी, बल्कि स्थानीय माली समाज के लिए भी एक बड़ा अवसर लेकर आयेगी. बिहार प्रशासन ने नगर आयुक्त को एक सप्ताह के भीतर मंडी के लिए उपयुक्त जगह चिह्नित करने का आदेश दिया है. यह योजना सिर्फ नगर निगम तक सीमित नहीं है. नगर परिषद और नगर पंचायत क्षेत्रों में भी फूल मंडियां विकसित की जायेंगी. इससे पूरे जिले में फूलों की खेती और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा.  Ai image विभिन्न प्रकार के फूल एक ही जगह पर उपलब्ध होंगे इस पहल से स्थानीय फूल उत्पादकों को अपनी उपज बेचने के लिए एक व्यवस्थित स्थान मिलेगा, और ग्राहकों को भी विभिन्न प्रकार के फूल एक ही जगह पर उपलब्ध होंगे. यह मंडी शहर की वित्तीय स्थिति को भी बढ़ावा देगी और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नये अवसर पैदा करेगी. इस योजना के तहत, फूलों की दुकानों के लिए विशेष स्थान निर्धारित किए जायेंगे, जहां माली समाज के लोग अपनी दुकानें लगा सकेंगे. इससे उन्हें अपनी आजीविका चलाने में मदद मिलेगी और शहर में फूलों का व्यापार भी व्यवस्थित होगा. यह मंडी मुजफ्फरपुर को फूलों के एक प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करेगी और शहर की सुंदरता में चार चांद लगायेगी. इससे फूल की खेती करने वाले किसानों को भी बाजार प्रदान करेगा. Ai image फिलहाल इन जगहों पर है फूल मंडी शहर में अभी स्थायी रूप से फूलों की मंडी कही नहीं है. लेकिन, बाबा गरीबनाथ मंदिर के समीप, इमलीचट्टी, आरडीएस कॉलेज मुक्तिनाथ मंदिर के अलावा भगवानपुर हनुमान मंदिर के समीप फूलों की बिक्री होती है. इन जगहों पर लगभग एक दर्जन दुकानें है. हालांकि, प्रशासनी स्तर पर स्थायी मंडी नहीं होने से जिस तरीके का बाजार फूलों का होना चाहिए था. वह अभी नहीं हो पा रहा है. The post बिहार के इस जिले में बनेगी फूलों की मंडी, नीतीश प्रशासन ने जिले के लोगों को दिया तोहफा appeared first on Naya Vichar.

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Bihar politics: हसबैंड जेल गए तो इनको CM बना दिया,’ नीतीश विधान परिषद में किस पर साधा निशाना

बिहार विधान परिषद में RJD पर भड़के CM नीतीश कुमार, बोले- -इन लोगों ने स्त्रीओं के लिए किया ही क्या है? -हसबैंड (लालू यादव) जेल चले गए तो वाइफ (राबड़ी देवी) को सीएम बना दिया। -विधान परिषद उर्मिला ठाकुर के शिक्षा व्यवस्था पर सवाल को लेकर भड़के थे नीतीश।#nitishkumar #RJD #BJP… pic.twitter.com/rSYqyGz6Vp — Molitics (@moliticsindia) March 7, 2025 Bihar politics मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विधान परिषद में कहा है कि स्त्री के लिए हमारी प्रशासन ने जितना काम किया है, किसी और प्रशासन ने नहीं किया है. इन लोगों (राजद) की प्रशासन ने स्त्रीओं के लिए कुछ नहीं किया. अपने अंदाज में उन्होंने कहा कि इनके समय (राजद काल) में कोई लड़की स्कूल पढ़ने जाती थी? कुछ मालूम है? जिसकी पार्टी में तुम लोग हो…. नेता विरोधी दल की तरफ इशारा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इनके हसबेंड जब हटे तो उन्होंने अपनी वाइफ को सीएम बना दिया. ये लोग कोई स्त्री के लिए कुछ किये हैं. इनका कोई मतलब नहीं है. मुख्यमंत्री ने कहा कि स्त्री सशक्तीकरण के लिए हमने सब काम किये हैं. अब स्त्रीओं को कोई दिक्कत नहीं है. उनका यह संवाद उस समय आया जब विधान परिषद में उर्मिला ठाकुर गढ़हरा में हाईस्कूल खोलने के संदर्भ में सवाल उठा रही थीं. जैसे ही उन्होंने कहा कि स्कूल न होने की वजह से लड़कियों को दिक्कत आने की बात कही, वैसे ही सीएम ने उन्हें टोका. कि आप क्या कह रही हैं? आप लोगों को कुछ पता है? आप लोग जिसकी पार्टी में है, उसने स्त्रीओं के लिए कुछ नहीं किया. इस संवाद के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार शिक्षा मंत्री सुनील कुमार को भी निर्देशित किया कि आप इन सब का ठीक से जवाब दीजिए. मुख्यमंत्री के बाद शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने मोर्चा संभालते हुए कहा कि 2003 में प्रदेश की स्त्री साक्षरता प्रतिशत केवल 34 प्रतिशत था. 2023 में साक्षरता प्रतिशत 74 हो गया है. इसी 2005 में शिक्षा का बजट केवल 1500 करोड़ था. जबकि अब 60 हजार करोड़ पार कर गया है. इस दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बहसबाजी हुई. इस पूरी बहस के दौरान सदन की नेता विरोधी दल राबड़ी देवी मौजूद रहीं,लेकिन वह कुछ नहीं बोलीं. सीएम ने कुछ भी आपत्तिजनक नहीं कहा- सभापति सदन की कार्यवाही के दौरान विधान पार्षद डॉ सुनील कुमार सिंह ने सभापति अवधेश नारायण सिंह से आग्रह किया कि मुख्यमंत्री ने इसका हसबेंड शब्द का उपयोग किया है. यह किसी भी नजरिये से उचित नहीं है. इसलिए सदन की कार्यवाही से हटा दिया जाये. इस पर सभापति ने व्यवस्था दी कि इस पूरे मामले में सीएम ने कुछ अपमानजनक नहीं कहा है. ऐसा कोई शब्द नहीं है जिसे सदन की कार्यवाही से हटाया जाये. पढ़ें नया विचार की प्रीमियम स्टोरी :Magadha Empire : सुनिए मगध की कहानी, एक था राजा बिम्बिसार जिसने साम्राज्य विस्तार के लिए वैवाहिक गठबंधन किया ये भी पढ़ें.. दीघा से दीदारगंज की दूरी मिनटों में होगी पूरी, इस दिन से दौड़ेगी कंगन घाट से दीदारगंज तक गाड़ियां The post Bihar politics: हसबैंड जेल गए तो इनको CM बना दिया,’ नीतीश विधान परिषद में किस पर साधा निशाना appeared first on Naya Vichar.

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Defense : टी-72 टैंक के इंजन के लिए रूस से हुआ समझौता

Defense : हिंदुस्तानीय सेना आधुनिक हथियारों की खरीद के साथ स्वदेशी निर्माण को बढ़ावा दे रही है. किसी भी युद्ध में टैंक का काफी महत्व होता है. हिंदुस्तानीय सेना भी आधुनिक टैंक हासिल करने की दिशा में काम कर रही है. मौजूदा समय में सेना के पास रूस निर्मित टी-72 टैंक हैं. इस टैंक को और आधुनिक बनाने के लिए रक्षा मंत्रालय ने रूस की कंपनी रोसोबोरोनएक्सपोर्ट के साथ एक हजार एचपी के टी-72 टैंक खरीदने का समझौता किया है और इसके लिए 248 मिलियन डॉलर रकम खर्च होगी. खास बात यह है कि समझौते के तहत रुसी कंपनी टेक्नोलॉजी को ट्रांसफर करेगी और ऐसे टैंक का निर्माण चेन्नई के ऑर्म्ड व्हीकल कंपनी में किया जायेगा. इस समझौते से मेक इन इंडिया को बढ़ावा मिलेगा. मौजूदा समय में टी-72 टैंक हिंदुस्तानीय सेना के टैंक प्रणाली का अहम हिस्सा है. हिंदुस्तानीय सेना फिलहाल 780 एचपी इंजन के टी-72 टैंक का इस्तेमाल कर रही है. हार्स पावर बढ़ाने के फैसले से सना की क्षमता में इजाफा होगा. गौर करने वाली बात है कि रूस-यूक्रेन युद्ध में टी-72 टैंक का व्यापक पैमाने पर इस्तेमाल किया गया है. पोलैंड ने यूक्रेन काे आधुनिक तौर पर बने टी-72 टैंक की आपूर्ति की है.   क्यों बनाया जा रहा है आधुनिक हिंदुस्तानीय सेना में टी-72 टैंक की भूमिका काफी महत्वपूर्ण है. मौजूदा समय में टी-72 टैंक को चीन से लगी वास्तविक नियंत्रण रेखा पर तैनात किया गया है. इस श्रेणी के कई टैंक काफी पुराने हो चुके हैं और सेना इसे हटाने की प्रक्रिया में है. ऐसे में हिंदुस्तानीय सेना पुराने टी-72 टैंक को हटाने के लिए स्वदेशी तकनीक से विकसित टैंक का विकास कर रही है. वर्ष 1978 में टी-72 के तीन वेरिएंट टी-72, टी-72 एम और टी-72 एम 1 की खरीद प्रक्रिया के तहत  चेन्नई में इसे बनाने का काम शुरू किया गया. वर्ष 2001 में हिंदुस्तान ने रूस से टी सीरीज के सबसे आधुनिक टैंक टी-90 खरीदने का समझौता किया. लेकिन इस बीच रूस ने टी-72 का आधुनिक वर्जन लांच किया और इसे हिंदुस्तानीय सेना के मुफीद माना गया. हिंदुस्तानीय सेना के टैंक यूनिट में इसे शामिल किया गया. समय के साथ इस टैंक की क्षमता को और बढ़ाया गया और इसमें आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया गया. अब ऐसे टैंक का निर्माण हिंदुस्तान में किया जायेगा. यह टैंक हिंदुस्तानीय जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाया गया है. यह रेगिस्तानी और पहाड़ी इलाकों में पूरी क्षमता के साथ काम करने में सक्षम है.  The post Defense : टी-72 टैंक के इंजन के लिए रूस से हुआ समझौता appeared first on Naya Vichar.

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Gaya: परैया बाजार में लगी आग, कई दुकानें जलीं, फोन करने के बावजूद समय पर नहीं पहुंची फायर ब्रिगेड

Gaya: जिले के परैया बाजार में शुक्रवार की सुबह सब्जी मंडी और आसपास की फुटपाथी दुकानों में अचानक आग लग गयी. देखते-देखते दुकानों में लगी आग ने भयानक रूप ले लिया. आग की लपटे उठती देख बाजार में अफरा-तफरी मच गयी. व्यवसायी और युवक आग बुझाने में लग गये. साथ ही बगल की दुकानों में आग नहीं फैले इसका प्रयास भी किया.  समय रहते नहीं पहुंची फायर ब्रिगेड घटना के बाद स्थानीय लोगों ने आगलगी की सूचना परैया थाना के दमकल को डायल 101 पर फोन करके दी. काफी देर बाद आये दमकलकर्मियों को ग्रामीणों के आक्रोश का सामना करना पड़ा. दमकलकर्मी व ग्रामीण के सहयोग से आग को पूरी तरह से बुझा दिया गया. साथ ही आसपास के घर और दुकान को बचा लिया गया.  10 दुकान का सामान जल कर राख आगलगी की घटना में 10 दुकान का सामान जल कर राख हो गया. खाना खाने वाला पतल के भंडार में आग लगने से आग विकराल रूप ले लिया था. इसके अलावा विवाह को लेकर सजाये गये मौरी, पगड़ी, पूजा सामग्री, सब्जी दुकान के सौ से अधिक ट्रे, स्कूल बैग, कपड़ा, लकड़ी का सामान, इन्वर्टर, बैटरी, गल्ला दुकान का किसमिस, काजू, चुनरी, खाता-बही के साथ 10 हजार के करीब नकद राशि जल कर राख हो गया. घटना में प्रदीप प्रसाद, अशोक कुमार, सत्यम कुमार, छोटू प्रसाद, सोनू कुमार, विनोद प्रसाद, गौतम कुमार, सनोज कुमार की दुकान का सामान जल गया. ग्रामीणों ने आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया.   इसे भी पढ़ें: Bihar : बारात जा रहे थे तीन दोस्त, रास्ते में मौत कर रही थी इंतजार, एक साथ उठी तीनों की अर्थी पढ़ें नया विचार की प्रीमियम स्टोरी : Golden Dome: गोल्डन डोम करेगा अमेरिका की रक्षा, किन देशों के पास है ऐसी तकनीक The post Gaya: परैया बाजार में लगी आग, कई दुकानें जलीं, फोन करने के बावजूद समय पर नहीं पहुंची फायर ब्रिगेड appeared first on Naya Vichar.

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Bihar Politics: ‘डोमिसाइल नीति बिहार के लिए होगी आत्मघाती’, तेजस्वी के बयान पर बीजेपी का हमला

Bihar Politics: बिहार में डोमिसाइल नीति लागू करने की मांग को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है. बिहार बीजेपी के उपाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद डॉ. भीम सिंह ने बिहार में डोमिसाइल नीति लागू करने को लेकर तेजस्वी के बयान की निंदा करते हुए इसे बचकाना और बिहार विरोधी बताया है. डॉ. सिंह ने कहा कि डोमिसाइल नीति पर तेजस्वी का ज्ञान अधूरा है. डोमिसाइल नीति बिहार के लिए आत्मघाती है. तेजस्वी को सोच-समझकर बोलना चाहिए – भीम सिंह डॉ. सिंह ने कहा कि पता नहीं तेजस्वी को यह अधकचरा पाठ किसने पढ़ाया कि वे लगातार इस मुद्दे को उठा रहे हैं. तेजस्वी बिहार में विपक्ष के नेता हैं, इसलिए उन्हें बहुत सोच-समझकर कोई भी बयान देना चाहिए. डॉ. भीम ने जोर देकर कहा कि डोमिसाइल नीति बिहार के लिए सिद्धांत और व्यवहार दोनों ही दृष्टि से गलत है. बिहार को डोमिसाइल नीति का विरोध करना चाहिए : भीम सिंह डॉ. सिंह ने कहा कि हिंदुस्तान का कोई भी राज्य अगर डोमिसाइल नीति लागू करता है तो बिहार को उसका कड़ा विरोध करना चाहिए क्योंकि वहां सबसे ज्यादा प्रवासी मजदूर बिहार के ही हैं. इसके विपरीत दूसरे राज्यों से बिहार में काम करने आने वाले मजदूरों की संख्या नाम मात्र की ही है. हालांकि यह दुखद है लेकिन सच्चाई यह है कि आज भी बिहार नौकरी देने वाले राज्य से ज्यादा नौकरी मांगने वाला राज्य बना हुआ है. डॉ. सिंह ने कहा कि याद रखना चाहिए कि झारखंड और हरियाणा जैसे राज्यों ने यह कहते हुए डोमिसाइल नीति लागू की थी कि बिहारी युवक उनकी नौकरियां छीन रहे हैं. लेकिन, सुप्रीम कोर्ट ने इसे संविधान के विरुद्ध बताकर रद्द कर दिया था. महाराष्ट्र में महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने भी बिहारियों के खिलाफ हिंसक आंदोलन चलाया था. यह भी पढ़ें: Bihar politics: हसबैंड जेल गए तो इनको CM बना दिया,’ नीतीश विधान परिषद में किस पर साधा निशाना भीम सिंह ने तेजस्वी को दी सलाह डॉ. भीम ने कहा कि ऐसी स्थिति में हम अपने राज्य में डोमिसाइल नीति लागू कर अन्य राज्यों को भी अपने राज्य में डोमिसाइल नीति लागू करने का नैतिक और व्यावहारिक आधार प्रदान करेंगे, जो आत्मघाती होगा. डॉ. भीम सिंह ने तेजस्वी को सलाह दी है कि वे अपने अधूरे ज्ञान के आधार पर सस्ती लोकप्रियता के लिए इस संदर्भ में बयानबाजी करना तुरंत बंद करें. यह भी पढ़ें: Rain Alert: 48 घंटे में शुरू होगा भारी बारिश और आंधी का दौर, 13 मार्च तक पश्चिमी विक्षोभ का रहेगा असर, IMD ने दी चेतावनी The post Bihar Politics: ‘डोमिसाइल नीति बिहार के लिए होगी आत्मघाती’, तेजस्वी के बयान पर बीजेपी का हमला appeared first on Naya Vichar.

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BTSC SMO Recruitment 2025: बिहार में स्पेशलिस्ट मेडिकल ऑफिसर के 3,623 पदों पर भर्ती, ऐसे करें आवेदन

BTSC SMO Recruitment 2025: बिहार तकनीकी सेवा आयोग (BTSC) ने SMO के 3,623 पदों के लिए भर्ती 2025 निकाली हैं. उम्मीदवार ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं जोकि 4 मार्च से शुरू हो गए हैं. इन पदों के लिए अप्लाई करने के इच्छुक कैंडिडेट्स BTSC की वेबसाइट btsc.bihar.gov.in के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं. ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 1 अप्रैल 2025 निर्धारित है. बिहार तकनीकी सेवा आयोग (BTSC) ने आधिकारिक तौर पर SMO के लिए भर्ती अधिसूचना जारी कर दी है.  BTSC SMO Recruitment 2025 के लिए पात्रता मानदंड इन पदों पर अप्लाई करने के लिए कैंडिडेट्स का किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से MBBS और संबंधित स्पेशलाइजेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन करना आवश्यक है. प्रत्येक पद की योग्यता से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए आधिकारिक विज्ञापन देख सकते हैं.  BTSC SMO Recruitment 2025 के लिए आवेदन शुल्क आवेदन करने के लिए शुल्क इस प्रकार है: सामान्य/ओबीसी वर्ग: ₹600 SC/ST/दिव्यांग: ₹150 स्त्री उम्मीदवार (सभी श्रेणियां): ₹150 यह शुल्क आप डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड या नेट बैंकिंग से ऑनलाइन जमा कर सकते हैं. Naya Vichar Premium Story: झारखंड में परीक्षाओं में धांधली को लेकर केंद्र से भी सख्त कानून, फिर भी थमने का नाम नहीं ले रहे पेपर लीक के मामले बीटीएससी भर्ती 2025 के लिए आवेदन कैसे करें? बीटीएससी भर्ती 2025 (BTSC SMO Recruitment 2025) के लिए ऑनलाइन आवेदन करने के लिए ये चरण हैं: कैंडिडेट्स सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट www.btsc.bihar.gov.in पर जाएं अब विशेषज्ञ चिकित्सा अधिकारी पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन करने के लिए लिंक पर क्लिक करें अब अपने व्यक्तिगत, शैक्षिक और व्यावसायिक डिटेल को सही-सही भरें आवश्यक दस्तावेजों की स्कैन की गई काॅपियां अपलोड करें यदि लागू हो तो ऑनलाइन भुगतान विकल्पों का उपयोग करके आवश्यक आवेदन शुल्क का भुगतान करें अब सभी डिटेल को चेक करें और अपना आवेदन पूरा करने के लिए सबमिट पर क्लिक करें. आवेदन सबमिट करने के बाद भविष्य के संदर्भ के लिए अपने आवेदन का प्रिंटआउट लें. BTSC Recruitment 2025 के लिए सेलेक्शन प्रोसेस क्या है? BTSC Recruitment 2025 के लिए सेलेक्शन प्रोसेस में उम्मीदवारों की योग्यता (शैक्षिक अंक), अनुभव और साक्षात्कार शामिल है. अंतिम मेरिट लिस्ट में उम्मीदवार के पोस्ट ग्रेजुएशन के अंकों और अनुभव को प्राथमिकता दी जाएगी. साक्षात्कार के बाद ही अंतिम चयन होगा. BTSC SMO Recruitment 2025 नोटिफिकेशन यहां देखें The post BTSC SMO Recruitment 2025: बिहार में स्पेशलिस्ट मेडिकल ऑफिसर के 3,623 पदों पर भर्ती, ऐसे करें आवेदन appeared first on Naya Vichar.

समस्तीपुर

समस्तीपुर में अनुश्रवण समिति की बैठक 

नया विचार समस्तीपुर– अनुमंडल पदाधिकारी की अध्यक्ष्ता मे शुक्रवार कोअनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के अंतर्गत अनुमंडल स्तरीय सर्तकता एवं अनुश्रवण समिति की प्रथम त्रैमासिक बैठक का आयोजन किया गया। जिसमे अनुमंडल क्षेत्र के अंतर्गत अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-1 एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी-2, अनुमंडल स्तरीय पदधिकारी, प्रखंड स्तरीय एवं थानाध्यक्ष मौजूद थे। इस बैठक मे अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति से संबंधित कई बिन्दुओ पर चर्चा की गई। साथ ही सभी थानाध्यक्षो एवं पदाधिकारी गणो को अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति से संबंधित मुद्दो पर उचित कार्रवाई करने का निर्देश भी दिया गया।

समस्तीपुर

समस्तीपुर अनुमंडल पदाधिकारी पर्व को लेकर क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने को को एवं थाना अध्यक्ष को दिया निर्देश

नया विचार समस्तीपुर। अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी के अध्यक्षता में विधि व्यवस्था से संबंधित बैठक का आयोजन किया गया। जिसमे अनुमंल क्षेत्राअंर्गत अचंल अधिकारी एवं थानाध्यक्ष बैठक मे उपस्थित थें इस बैठक में विधि व्यवस्था से संबंधित कई विन्दुओं पर चर्चा कि गयी, जिसमे आगामी पर्व त्योहार को देखते हुए किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना न हो शांती पूर्वक त्योहार को मनाया जा सके इन सभी बातो को ध्यान में रखते हुऐ अनुमंल पदाधिकारी एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी कड़ी शव्दो में नियंत्रित पदाधिकारी को निर्देश दिये।

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Rain Alert: 48 घंटे में शुरू होगा भारी बारिश और आंधी का दौर, 13 मार्च तक पश्चिमी विक्षोभ का रहेगा असर, IMD ने दी चेतावनी

Rain Alert: देश के कई हिस्सों में एक बार फिर आंधी और बारिश का दौर शुरू होने वाला है. मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है. आईएमडी का अनुमान है कि एक नया पश्चिमी विक्षोभ एक्टिव होने वाला है. इसके कारण पहाड़ी इलाकों से लेकर मैदानों तक मौसम में बदलाव आएगा. IMD वैज्ञानिक सोमा सेन ने बताया “9 मार्च को एक पश्चिमी विक्षोभ आ रहा है जो पहाड़ी राज्यों को ज्यादा प्रभावित करेगा और 9 से 13 मार्च तक हल्की आंधी और बारिश की संभावना है. इसके साथ ही, दक्षिण हिंदुस्तान में पूर्वी लहर के मजबूत होने के कारण, हमें 11 तारीख के आसपास भारी बारिश की उम्मीद है, खासकर तमिलनाडु में. उत्तरी प्रायद्वीपीय हिंदुस्तान में तापमान में काफी वृद्धि हुई है, कोंकण गोवा में गर्म और आर्द्र स्थिति बनी रहेगी और 2-3 दिनों तक हीटवेव जारी रहने की संभावना है.” #WATCH | दिल्ली: IMD वैज्ञानिक सोमा सेन ने कहा, “9 मार्च को एक पश्चिमी विक्षोभ आ रहा है जो अधिकांश पहाड़ी राज्यों को प्रभावित करेगा और 9 से 13 मार्च तक हल्की आंधी और बारिश की संभावना है। इसके साथ ही, दक्षिण हिंदुस्तान में पूर्वी लहर के मजबूत होने के कारण, हमें 11 तारीख के आसपास भारी… pic.twitter.com/FNkvSRghyP — ANI_HindiNews (@AHindinews) March 7, 2025 पश्चिमी विक्षोभ के कारण बारिश और बर्फबारी के आसार मौसम विभाग ने बताया कि आगामी दो दिनों में खासकर पहाड़ी इलाकों में मौसम बदलेगा. पश्चिमी विक्षोभ के कारण बारिश के साथ बर्फबारी के आसार है. आईएमडी के मुताबिक 9 मार्च से लेकर 11 मार्च तक वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर नजर आएगा. मौसम विभाग के मुताबिक.. जम्मू क्षेत्र और हिमाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों में 9 से 13 मार्च के दौरान हल्की से लेकर तेज बारिश हो सकती है. कुछ इलाकों में बर्फबारी की भी संभावना है.12 और 13 मार्च को पंजाब और आसपास के इलाकों में बारिश हो सकती है. उत्तर पश्चिम और मध्य हिंदुस्तान में अगले 3 से 4 दिनों में अधिकतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की इजाफा हो सकता है. आईएमडी के मुताबिक मौसम में कोई बड़ा बदलाव आने की उम्मीद नहीं है. पूर्वी और पश्चिमी भाग में अगले तीन से चार दिनों में अधिकतम तापमान में 3 से 5 डिग्री का इजाफा हो सकता है. पढ़ें नया विचार की प्रीमियम स्टोरी :Magadha Empire : सुनिए मगध की कहानी, एक था राजा बिम्बिसार जिसने साम्राज्य विस्तार के लिए वैवाहिक गठबंधन किया कैसा रहेगा मौसमी सिस्टम स्काईमेट वेदर की एक रिपोर्ट के मुताबिक उत्तर-पूर्वी असम और आसपास के क्षेत्रों में 1.5 किमी ऊंचाई तक एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है. एक नया पश्चिमी विक्षोभ 9 मार्च से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में दस्तक दे सकता है. मौसमी हलचल के कारण बीते 24 घंटे में राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और बिहार में दिन और रात के तापमान में 2 से 3 डिग्री की वृद्धि दर्ज की गई. असम और सिक्किम में कहीं-कहीं हल्की बारिश हुई. देश के बाकी हिस्सों में मौसम शुष्क बना रहा. मध्य प्रदेश में फिर लौटी सर्दी बीते दिनों से जारी तेज हवाओं के कारण देश के कई राज्यों में सर्दी वापस लौट आई है. मध्य प्रदेश के कई इलाकों में जोरदार ठंड पड़ने लगी है. मौसम विभाग के मुताबिक मध्यप्रदेश में कम से कम एक दर्जन स्थानों पर शुक्रवार की सुबह पारा करीब 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे गिर गया. इसके कारण ठंड बढ़ गई और लोगों को गर्म कपड़े निकालने पड़े. हिंदुस्तानीय मौसम विज्ञान विभाग के भोपाल ऑफिस के मौसम विज्ञानी वीएस यादव ने बताया कि नर्मदापुरम जिले में पचमढ़ी और छतरपुर जिले के नौगांव में न्यूनतम तापमान 8.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. उन्होंने कहा कि पहाड़ों में हो रही बर्फबारी के कारण आ रही सर्द हवाओं के कारण ठंड में इजाफा हो गया है. दिल्ली यूपी और राजस्थान में शुष्क रहेगा मौसम मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में दिल्ली, यूपी और राजस्थान में मौसम शुष्क रहेगा. मौसम विभाग के मुताबिक राष्ट्रीय राजधानी में शुक्रवार को सुबह धूप खिली रही और न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा दर्ज किया गया जो इस मौसम के सामान्य तापमान से 3.8 डिग्री कम है. हालांकि आईएमडी का अनुमान है कि आने वाले दिनों में दिल्ली में गर्मी में इजाफा होगा. मौसम विभाग के मुताबिक यूपी का भी यही हाल है. जबकि, राजस्थान में आगामी सप्ताह के दौरान अधिकतम तापमान सामान्य से दो से तीन डिग्री सेल्सियस अधिक रह रह सकता है. विभाग के मुताबिक राज्य के अधिकांश भागों में आगामी सप्ताह के दौरान मौसम के शुष्क रहने की संभावना है. अगले 24 घंटों में कैसा रहेगा मौसम स्काईमेट वेदर की एक रिपोर्ट के मुताबिक अगले 24 घंटों के दौरान अरुणाचल प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी हो सकती है. जबकि सिक्किम, असम, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह तथा केरल में हल्की बारिश की संभावना है. गंगा के मैदानी इलाकों में हवाओं की गति हल्की से मध्यम रहेगी. नए पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से 9 मार्च की रात से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी शुरू हो सकती है. The post Rain Alert: 48 घंटे में शुरू होगा भारी बारिश और आंधी का दौर, 13 मार्च तक पश्चिमी विक्षोभ का रहेगा असर, IMD ने दी चेतावनी appeared first on Naya Vichar.

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कहां छुपा है भारत की समृद्धि का राज? जानना है तो पढ़ें और देखें हरिवंश का एक्सक्लूसिव इंटरव्यू

Naya Vichar Exclusive Interview Part-1: ‘हमारी दुनिया से बड़ी-बड़ी सभ्यताएं खत्म हो गईं. यूनान खत्म हो गए, मिस्र खत्म हो गया, सब खत्म हो गए. कुछ बात तो है कि जो हिंदुस्तान बचा हुआ है.’ जी हां, ये बात हम नहीं, बल्कि राज्यसभा के उपसभापति श्री हरिवंश ने कही है. सदियों से हिंदुस्तान और इसकी संस्कृति समृद्ध रही है. इसकी समृद्धि से ललचाकर विदेशी आक्रांताओं ने हमलों पर हमले किये, लूटपाट मचाई, नरसंहार किया और माल-आसबाब लूटकर वापस चले गए. कुछ विदेशी आक्रांता आए और यहीं के होकर रह गए. अंग्रेजों ने न केवल यहां की समृद्धि को लूटा, बल्कि दो सौ साल तक हिंदुस्तान को गुलाम बनाए रखा. विदेशी आक्रांताओं ने चाहे लाख हमले किए, फिर भी हिंदुस्तान की समृद्धि और इसकी हस्ती को मिटा न सके. हिंदुस्तानीय सभ्यता के बाद पनपी दुनिया की कई सभ्यताएं खत्म हो गईं, लेकिन हिंदुस्तान आज भी हिमालय की तरह अडिग-अविचल खड़ा और डटा है. दुनिया भर के शासकों, विचारकों, शोधकर्ताओं और इतिहासकारों ने हिंदुस्तान की इसी समृद्धि के राज को जानने की कोशिश की और अनेक शोध किए. फिर भी, उसकी तह तक नहीं पहुंच पाए. हिंदुस्तान की इसी समृद्धि का राज जानने के लिए नया विचार डॉट कॉम के संपादक श्री जनार्दन पांडेय ने राज्यसभा के उपसभापति श्री हरिवंश से खास बातचीत की, जिसे हम आपको कुछ कड़ियों में पढ़ाने जा रहे हैं. आपकी सुविधा के लिए इंटरव्यू का वीडियो भी पेश किया जा रहा है. आपके सामने पेश है इस इंटरव्यू का पार्ट-1. जनार्दन पांडेय: हिंदुस्तान में एक विलक्षण जगह है बलिया. उत्तर प्रदेश और बिहार के बॉर्डर पर स्थित है. जब अंग्रेजी हुकूमत से हम सब आक्रांत थे, तब उस बलिया से मंगल पांडेय निकल कर के आते हैं और आवाज उठाते हैं. उसी बलिया से चित्तू पांडेय अंग्रेजों के खिलाफ जमकर खड़े रहते हैं, डट कर के खड़े रहते हैं. जब बात आजाद हिंदुस्तान में इमरजेंसी की आती है, तो उसी बलिया से निकलने वाले जेपी हिंदुस्तान को संपूर्ण क्रांति का नारा देते हैं और एक नया कालखंड शुरू करते हैं. हिंदुस्तान की नेतृत्व में एक नया अध्याय शुरू होता है बिफोर जेपी और आफ्टर जेपी करके आप उसे नाप सकते हैं. और उसी बलिया से एक ऐसे शख्सियत से आज हम रूबरू हो रहे हैं, जिनके बारे में अगर आप किसी से कुछ पूछेंगे ना कि आप उनको जानते हैं, तो इतने किस्से सुनाएंगे कि आपको कई दिन लग जाएंगे उस पूरे किस्से को सुनते सुनते. अगर आप उनके लिखे हुए को पढ़ना शुरू करेंगे, तो कई महीने लगेंगे उस पूरे, जो उनका लिखा हुआ साहित्य है… जो लिखा हुआ उनका पत्रकारी विमर्श है, उसको पढ़ते-पढ़ते कई वक्त लगेंगे आपको…. और कहीं अगर आपको उनसे मिलकर के बातचीत करने का अवसर मिल जाए, तब तो आप चाहेंगे कि बातचीत का सिलसिला खत्म ही ना हो. तो ऐसे ही एक शख्सियत हमारे साथ आज इस खास कार्यक्रम में मौजूद हैं. आपका स्वागत करता हूं राज्य सभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह जी. बहुत स्वागत है सर. हरिवंश: बहुत-बहुत धन्यवाद तुम्हें और तुम्हारी टीम का. जनार्दन पांडेय: सर मैं जब आ रहा था ना, तो बड़ा संकट में मैं था कि मैं कहां से शुरू करूं. मैं उस गांव से शुरू करूं जो एक साल में छह महीने जलमग्न रहता है, जिसमें आम जरूरतों के लिए पानी में उतर कर के कहीं जाना पड़ता है या फिर उस जीवट से जो उस गांव से लेकर के बीएचयू ले जाती है, फिर मुंबई ले जाती है, फिर कोलकाता ले जाती है, हैदराबाद ले जाती है, दिल्ली ले जाती है और फिर उन सभी चकाचौंध को समेट हुए वहां से निकल कर एक संघर्षशील जगह रांची जैसे शहर में ले आती है… या फिर आपके उस पत्रिय संघर्ष के बारे में बात करूं, जो एक अखबार को 400 कॉपी से हिंदुस्तान के सबसे प्रमुख अखबारों की श्रेणी में ले आता है या फिर मैं प्रधानमंत्री के 9 अगस्त के उस व्याख्यान से शुरू करूं, जिसमें वो कहते हैं कि मतलब आप कलम के वह सिपाही हैं, जिनसे बाकी लोगों को सुनना चाहिए. बड़ा जद्दोजहद था मेरे मन में, फिर मैंने कहा कि मैं शुरुआत करूंगा आपकी उन 10 किताबों की पुस्तक शृंखला से… किताब की सीरीज से… जो आपने हाल ही में रिलीज की है. समय के सवाल तो उस तरफ मैं आगे बढूंगा, लेकिन उससे पहले मेरा पहला सवाल है कि आपको लोग एक कुशल प्रबंधक, प्रखर पत्रकार और एक गंभीर चिंतक के रूप में जानते हैं, लेकिन आप एक बेटे, भाई, पति और एक पिता और अब एक दादाजी कैसे हैं? हरिवंश: जनार्दन, व्यक्ति कुछ नहीं होता. आइंस्टीन ने अपने रोजमर्रा के जीवन के संदर्भ में एक बड़ी महत्त्वपूर्ण बात कही थी. अभी हाल के दिनों में पीएन हकसर का सरोजिनी नायडू पर दिया गया मेमोरियल लेक्चर पढ़ रहा था. आप जानते हो, पीएन हकसर हम से असहमत हैं. अलग बात है कि इंदिरा जी के जमाने में उनके प्रिंसिपल सेक्रेटरी थे हकसर जी और इस देश के नीति नियंताओं में अपने समय के सबसे बड़े लोगों में शुमार होते थे. सरोजनी नायडू जी की स्मृति के दौरान उन्होंने कहा कि आइंस्टीन ने कहा है कि जो हम रोज जीते हैं और जिन लोगों से मिलते हैं, जिनमें आपसे मिलना भी है, आपकी टीम से भी मिलना है. हकसर जी को हम हमेशा याद रखते हैं कि ये हमारे पहले के और हमारे साथ के उन हजारों हजार लोगों के साथ, जिनके साथ मैंने यात्रा की है. उनके कारण मुमकिन हो पाया, जिस चीज का अभी आपने उल्लेख किया. ये उनके कारण मुमकिन हुआ कि आज मैं यहां आपके सामने हूं. मेरी जिन चीजों से पहचान आज मुझे दुनिया देती है कि आप एक पत्रकार हैं या आप वो हैं. यह एक समय का आवरण है, पर यह सारी चीजें मुमकिन हुई है आप जैसे जो हजारों लोग साथ यात्रा करते रहे हैं, उनके सहयोग… उनके हमारे पहले जो हुए… उनके की हुई चीजें… संविधान निर्माताओं ने संविधान दिया, जिसके माध्यम से आज मैं उस जगह में पहुंचा. हमारे समय के जो बड़े प्रखर लोग अपने अपने क्षेत्रों में रहे, उनके सौजन्य से मुझे अलग-अलग जगहों पर मौके

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