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Author name: Vinod Jha

nayavichar.com पर संपादक हैं। पटना स्थित स्वतंत्र पत्रकार और लेखक व एक दशक से अधिक का व्यापक अनुभव है। पत्रकारिता, प्रकाशन और विज्ञापन में अनुभव सभी प्रकार की सामग्री के साथ काम करने में सक्षम बनाता है: ब्लॉग पोस्ट, सोशल मीडिया सामग्री अच्छी तरह से शोध किए गए लेख और साथ ही प्रेस विज्ञप्तियाँ। यदि आप उच्च-गुणवत्ता वाली सामग्री की तलाश में हैं, तो nayavicharnews@gmail.com पर संपर्क करें। विशेषताएँ: रिपोर्टिंग, पत्रकारिता, लेखन और संचार, सोशल मीडिया

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भारत का सबसे लंबा बीच, यहां नहाने पर है पाबंदी

Which Beach is the Longest Beach in India: हिंदुस्तान में कई खूबसूरत समुद्र तट हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि देश का सबसे लंबा बीच कौन सा है? दिलचस्प बात यह है कि इस बीच पर नहाने की अनुमति नहीं है, फिर भी यह देश-विदेश के पर्यटकों के बीच काफी फेमस है. अगर आप भी Marina Beach घूमने जाने वाले हैं तो उससे पहले यहां के बारे में सारी जानकारी हासिल कर लें. कौन सा है हिंदुस्तान का सबसे लंबा बीच? हिंदुस्तान का सबसे लंबा समुद्र तट Marina Beach है, जो तमिलनाडु की राजधानी Chennai में स्थित है. इसकी लंबाई करीब 13 किलोमीटर है. यह उत्तर में फोर्ट सेंट जॉर्ज से लेकर दक्षिण में बेसेंट नगर तक फैला हुआ है. इसे दुनिया का दूसरा सबसे लंबा नैचुअरल बीच माना जाता है. कब और कैसे बना यह बीच? साल 1880 में मद्रास के तत्कालीन गवर्नर माउंटस्टुअर्ट एल्फिंस्टन ग्रांट डफ ने इसे डिवलेप कराया था. यहां टहलने के लिए खास रास्ता (पाथवे) भी बनाया गया. आज यह बीच शहर का मेन टूरिस्ट स्पॉट बन चुका है. यहां नहाने पर क्यों है पाबंदी? इस बीच पर नहाने और तैरने की मनाही है. इसका कारण है समुद्र की तेज और खतरनाक लहरें. यहां का अंडरकरंट बहुत मजबूत होता है, जिससे हादसों का खतरा बना रहता है. ऐसे में सेफ्टी का ध्यान रखते हुए, इस बीच पर नहाने की मनाही है. क्यों मशहूर है ये बीच? यहां का लाइटहाउस और समुद्र का नजारा बेहद अट्रैक्टिव है. बीच के किनारे लगने वाला मार्केट भी काफी खूबसूरत है. यह बाजार टूरिस्ट के बीच काफी फेमस है. शाम के समय यहां का माहौल और स्ट्रीट फूड टूरिस्ट को खास अट्रैक्ट करता है. FAQs: मरीना बीच से जुड़े कुछ सवाल जवाब 1. Marina Beach कहां स्थित है? Marina Beach हिंदुस्तान के चेन्नई शहर में स्थित है. 2. Marina Beach की चौड़ाई कितनी है? इस बीच की औसत चौड़ाई लगभग 300 मीटर है, जबकि सबसे ज्यादा चौड़ाई करीब 437 मीटर तक जाती है. 3. क्या Marina Beach पर नहाने की अनुमति है? नहीं, यहां नहाना और तैरना कानूनी रूप से प्रतिबंधित है क्योंकि समुद्र की लहरें और अंडरकरंट बहुत खतरनाक हैं. 4. यहां रोज कितने लोग आते हैं? वीकडेज में करीब 30,000 और वीकेंड/छुट्टियों में लगभग 50,000 लोग बीच पर आते हैं. 5. Marina Beach क्यों फेमस है? यह अपनी खूबसूरती, खुशनुमा माहौल और समृद्ध प्राकृतिक वातावरण के लिए जाना जाता है. यह भी पढ़ें- किस नदी को कहा जाता है Silent River of India, जानें क्यों पड़ा ये नाम The post हिंदुस्तान का सबसे लंबा बीच, यहां नहाने पर है पाबंदी appeared first on Naya Vichar.

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महंगे सिल्क में न फंसें! ऐसे पहचानें असली और नकली का फर्क

Real vs Fake Silk Test: रेशम एक बेहद कीमती और सुंदर कपड़ा है, जिसे उसकी चमक, कोमलता और टिकाऊपन के लिए जाना जाता है. लेकिन आजकल बाजार में असली सिल्क के नाम पर नकली या मिलावटी कपड़े भी बेचे जाते हैं, जिन्हें पहचानना आम लोगों के लिए मुश्किल हो जाता है. नकली सिल्क दिखने में असली जैसा लगता है, लेकिन उसकी गुणवत्ता, बनावट और फील में बड़ा फर्क होता है. इसलिए खरीदारी करते समय सही पहचान होना बहुत जरूरी है. इस आर्टिकल में हम आपको असली और नकली सिल्क की पहचान करने के आसान और भरोसेमंद तरीके बताएंगे, जिससे आप धोखा खाने से बच सकें और सही प्रोडक्ट चुन सकें. 1. बर्न टेस्ट असली सिल्क जलाने पर बालों जैसी हल्की गंध देता है और जलने के बाद उसकी राख बारीक पाउडर जैसी होती है, जो आसानी से उंगली से टूट जाती है. वहीं नकली सिल्क जलते ही प्लास्टिक जैसी तेज बदबू देता है और पिघलकर सख्त गांठ जैसा बन जाता है. 2. टच और फील टेस्ट असली सिल्क छूने में बहुत मुलायम, हल्का और ठंडक देने वाला महसूस होता है. यह त्वचा पर बेहद आरामदायक लगता है. नकली सिल्क अक्सर थोड़ा खुरदुरा, भारी या प्लास्टिक जैसा लगता है और उसमें प्राकृतिक कोमलता नहीं होती. 3. शाइन टेस्ट  असली सिल्क की चमक बहुत नेचुरल और सॉफ्ट होती है, जो अलग-अलग रोशनी में बदलती रहती है. नकली सिल्क में चमक बहुत ज्यादा (over shiny) और एक जैसी दिखाई देती है, जो कृत्रिम लगती है. 4. रबिंग टेस्ट सिल्क को हाथ से रगड़ने पर असली सिल्क में हल्की गर्माहट महसूस होती है और एक खास तरह की हल्की आवाज आती है. नकली सिल्क में ज्यादा फिसलन होती है और यह प्लास्टिक जैसा अनुभव देता है. 5. वॉटर एब्जॉर्प्शन टेस्ट असली सिल्क पानी को जल्दी सोख लेता है और उस पर दाग तुरंत फैल सकता है. जबकि नकली सिल्क पानी को या तो बहुत देर से सोखता है या बिल्कुल भी नहीं सोखता. यह भी पढ़ें: क्या आपकी नई जींस का रंग भी बार-बार धोने से फीका पड़ रहा है? पहली बार धोते समय अपनाएं ये आसान ट्रिक यह भी पढ़ें: लेदर बैग की सफाई के लिए अब नहीं खर्चने होंगे पैसे, इन आसान टिप्स से करें घर पर क्लीनिंग The post महंगे सिल्क में न फंसें! ऐसे पहचानें असली और नकली का फर्क appeared first on Naya Vichar.

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Asha Bhosle का वो गाना जिसे किया गया था बैन, लगे थे गंभीर आरोप

Asha Bhosle: संगीत की दुनिया में अपनी आवाज के दम पर अलग पहचान बनाने वाली सिंगर आशा भोसले ने आज मुंबई में इलाज के दौरान अंतिम सांस ली. न्यूज एजेंसी एएनआई के मुताबिक आशा भोसले का इलाज के दौरान मौत हो गयी है. 92 साल की उम्र में उन्होंने अंतिम सांस ली है. आशा भोसले को उनके सदाबहार गानों के लिए हमेशा याद किया जाएगा. संगीत की दुनिया में कई ऐसे गाने होते हैं, जो रिलीज होते ही इतिहास बना देते हैं. लेकिन, कुछ गाने ऐसे भी होते हैं, जो पहले विवादों में घिरते हैं और बाद में कल्ट क्लासिक बन जाते हैं. ऐसी ही कहानी जुड़ी है आशा भोसले के एक मशहूर गाने से. दरअसल, आशा भोसले ने अपने करियर में 20 से ज्यादा भाषाओं में हजारों गाने गाए हैं, लेकिन 1971 की फिल्म हरे राम हरे कृष्णा का गाना ‘दम मारो दम’ उनके सबसे चर्चित गीतों में से एक रहा. यह गाना रिलीज होते ही जबरदस्त विवादों में आ गया था. गाने पर लगे थे गंभीर आरोप इस गाने को देव आनंद और जीनत अमान पर फिल्माया गया था. गाने में जीनत अमान का हिप्पी लुक और चिलम पीते हुए दिखाया जाना उस दौर में लोगों को नागवार गुजरा. कई लोगों ने आरोप लगाया कि यह गाना युवाओं को नशे की ओर आकर्षित कर रहा है और हिंदुस्तानीय संस्कृति के खिलाफ है. गाने का संगीत आरडी बरमन ने दिया था और बोल आनंद बक्शी ने लिखे थे. विवाद इतना बढ़ गया कि इस गाने को कुछ जगहों पर रेडियो और दूरदर्शन से भी हटा दिया गया था. दम मारो दम बॉलीवुड की आइकॉनिक गानों में सुमार हालांकि, फिल्म की असल कहानी कुछ और ही मैसेज देती थी. ‘हरे रामा हरे कृष्णा’ में दिखाया गया था कि कैसे हिप्पी कल्चर और ड्रग्स युवाओं को बर्बादी की ओर ले जा रहा है. कहानी में देवानंद अपनी बहन को खोजते हुए काठमांडू पहुंचते हैं, जहां वह नशे की दुनिया में खो चुकी होती है. दिलचस्प बात यह है कि जिस गाने को कभी आलोचना का सामना करना पड़ा, वही ‘दम मारो दम’ आज बॉलीवुड के सबसे आइकॉनिक गानों में गिना जाता है और नई पीढ़ी भी इसे उतना ही पसंद करती है. यह भी पढ़ें: जब Asha Bhosle के आंखों के सामने हुई बेटे-बेटी की मौत, सिंगर ने नहीं मानी हार The post Asha Bhosle का वो गाना जिसे किया गया था बैन, लगे थे गंभीर आरोप appeared first on Naya Vichar.

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सुरों की मल्लिका ही नहीं, बिजनेस की भी ‘क्वीन’ थीं आशा भोसले; विरासत में छोड़ गई हैं करोड़ों का साम्राज्य

Asha Bhosle Net Worth: हिंदुस्तानीय संगीत जगत के लिए आज का दिन एक गहरे शोक का है. सुरों की मल्लिका और अपनी जादुई आवाज से सात दशकों तक करोड़ों दिलों पर राज करने वाली दिग्गज गायिका आशा भोसले अब हमारे बीच नहीं रहीं. 92 वर्ष की आयु में मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में रविवार दोपहर उन्होंने अंतिम सांस ली. ज्यादातर लोग आशा भोसले को उनकी जादुई आवाज के लिए जानते हैं, लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि वे एक बेहद सफल बिजनेस वुमन भी थीं. संगीत की दुनिया से लेकर ग्लोबल रेस्टोरेंट चेन तक, आशा जी ने अपनी मेहनत से ₹100-250 करोड़ की संपत्ति बनाई. आइए जानते हैं, उनकी कमाई के मुख्य जरिया और उनकी फाइनेंशियल विरासत के बारे में. म्यूजिक रॉयल्टी और लाइव कन्सर्ट गुड रिटर्न्स के एक रिपोर्ट के अनुसार आशा जी की संपत्ति का एक बड़ा हिस्सा उनकी गायकी से आता है. 12,000 से ज्यादा गानों के साथ, उन्हें मिलने वाली रॉयल्टी उनकी कमाई का एक स्थिर जरिया रही. इसके अलावा, वह अपने लाइव कन्सर्ट्स के लिए भी मोटी फीस लेती थीं. 90 की उम्र के पड़ाव पर भी उनका जोश कम नहीं हुआ था; हाल ही में विक्की कौशल के गाने ‘तौबा तौबा’ पर उनकी लाइव परफॉर्मेंस ने खूब सुर्खियां बटोरी थीं. ‘Asha’s’: ग्लोबल रेस्टोरेंट चेन की मालकिन आशा भोसले ने साल 2002 में दुबई से अपने रेस्टोरेंट बिजनेस की शुरुआत की थी. आज उनका ब्रांड ‘Asha’s’ दुनिया भर में मशहूर है. मिडिल ईस्ट (दुबई, कुवैत) से लेकर यूनाइटेड किंगडम (बर्मिंघम, मैनचेस्टर) तक उनके करीब 14 रेस्टोरेंट हैं. उनकी संपत्ति का एक बड़ा हिस्सा इसी अंतरराष्ट्रीय रेस्टोरेंट चेन से आता है. आशा जी ने मुंबई के पॉश इलाकों में रियल एस्टेट में भी निवेश किया था. उनकी कुल नेटवर्थ में मुंबई स्थित उनकी प्रॉपर्टीज और अन्य लग्जरी निवेश शामिल हैं. एसेट (Asset) विवरण अनुमानित नेटवर्थ ₹100 – ₹250 करोड़ बिजनेस ब्रांड ‘Asha’s’ (रेस्टोरेंट चेन) मुख्य आय स्रोत म्यूजिक रॉयल्टी, लाइव शो, और बिजनेस प्रॉफिट ग्लोबल मौजूदगी हिंदुस्तान, दुबई, कुवैत, और ब्रिटेन (UK) Also Read: कितनी संपत्ति के मालिक हैं पवन सिंह, कभी पत्नी से विवाद तो बिहार चुनावों को लेकर बने चर्चा में The post सुरों की मल्लिका ही नहीं, बिजनेस की भी ‘क्वीन’ थीं आशा भोसले; विरासत में छोड़ गई हैं करोड़ों का साम्राज्य appeared first on Naya Vichar.

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Asha Bhosle Died: नहीं रहीं आशा भोसले, 92 की उम्र में दुनिया को कह गईं अलविदा

Asha Bhosle Died: सुरों की मल्लिका और दिग्गज सिंगर आशा भोसले का आज निधन हो गया. पिछले कुछ महीनों से उनकी तबीयत ठीक नहीं चल रही थी. शनिवार को अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया और आईसीयू में भर्ती किया गया था. मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में 92 वर्ष की आयु में उन्होंने अंतिम सांस ली. उनके बेटे आनंद भोसले ने इसकी पुष्टि की है. एएनआई का ट्वीट Legendary singer Asha Bhosle passed away at Breach Candy Hospital in Mumbai at the age of 92, confirms her son Anand Bhosle. She was admitted here due to extreme exhaustion and a chest infection. pic.twitter.com/UHGwMD7h9H — ANI (@ANI) April 12, 2026 जानें बेटे ने क्या कहा? आशा भोसले के बेटे आनंद भोसले ने एएनआई को बताया, मेरी मां का आज निधन हो गया. लोग कल सुबह 11 बजे कासा ग्रांडे, लोअर परेल (जहां वह रहती थीं) में उनके अंतिम दर्शन कर सकते हैं. उनका अंतिम संस्कार कल शाम 4 बजे शिवाजी पार्क में किया जाएगा. #WATCH | Mumbai: Legendary singer Asha Bhosle’s son, Anand Bhosle says, “My mother passed away today. People can pay their last respects to her at 11 am tomorrow at Casa Grande, Lower Parel, where she lived. Her last rites will be performed at 4 pm tomorrow at Shivaji Park.” https://t.co/enJlEizboY pic.twitter.com/4WqTd9HYxg — ANI (@ANI) April 12, 2026 आशा भोसले का शानदार करियर आशा भोसले हिंदुस्तानीय सिनेमा की सबसे सफल और लोकप्रिय गायिकाओं में से एक थीं. उनका करियर कई दशकों तक फैला रहा और उन्होंने हजारों गाने गाकर संगीत जगत में अपनी अमिट छाप छोड़ी. 1933 में मंगेशकर परिवार में जन्मी आशा ने महज 9 साल की उम्र में गायन शुरू कर दिया था. साल 1943 में उन्होंने अपना पहला फिल्मी गीत रिकॉर्ड किया. 1950 के दशक तक आते-आते उन्होंने बॉलीवुड में अपनी अलग पहचान बना ली थी. सिनेमा के सर्वोच्च सम्मान से नवाजी गईं आशा भोसले आशा भोसले को साल 2000 में देश के सबसे प्रतिष्ठित फिल्म सम्मान दादासाहेब फाल्के अवॉर्ड से सम्मानित किया गया, जबकि 2008 में उन्हें पद्म विभूषण दिया गया था. उन्हें दो बार राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी मिला. उन्हें फिल्म उमरान जान के गीत “दिल चीज क्या है” और फिल्म इजाजत के गीत “मेरा कुछ सामान” के लिए बेस्ट प्लेबैक सिंगर का राष्ट्रीय पुरस्कार मिला. इसके अलावा उन्होंने कई फिल्मफेयर और अन्य लोकप्रिय पुरस्कार भी अपने नाम किए. The post Asha Bhosle Died: नहीं रहीं आशा भोसले, 92 की उम्र में दुनिया को कह गईं अलविदा appeared first on Naya Vichar.

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ट्रंप का प्लान: इस्लामाबाद में बातचीत फेल, अब ईरान की नौसैनिक घेराबंदी; वेनेजुएला जैसा एक्शन संभव

Trump Plan Iran Naval Blockade: पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच चल रही आमने-सामने की बातचीत बिना किसी समझौते के खत्म हो गई है. अमेरिकी उप-राष्ट्रपति जेडी वेंस ने रविवार, 12 अप्रैल 2026 को इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि दोनों पक्ष किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सके. वेंस ने साफ किया कि ईरान ने वाशिंगटन की शर्तों को मानने से इनकार कर दिया, जिसके बाद अमेरिकी और ईरानी डेलिगेशन वापस लौट गए. वेंस के मुताबिक, यह समझौता न होना अमेरिका से ज्यादा ईरान के लिए बुरी समाचार है. ट्रंप ने दिया नेवल ब्लॉकेड (नौसैनिक घेराबंदी) का संकेत बातचीत फेल होते ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर अपनी पहली प्रतिक्रिया दी. ट्रंप ने ‘जस्ट द न्यूज’ आउटलेट का एक आर्टिकल शेयर किया, जिसमें ईरान की नौसैनिक घेराबंदी करने का सुझाव दिया गया है. इस रिपोर्ट के अनुसार, अगर ईरान अमेरिकी मांगें नहीं मानता है, तो अमेरिका उसकी आर्थिक कमर तोड़ने के लिए समुद्री रास्तों को बंद कर सकता है. इससे ईरान का व्यापार पूरी तरह ठप हो सकता है. The Trump card the president holds if Iran won’t bend: a naval blockade:https://t.co/HCPAHFvfil (TS: 12 Apr 00:16 ET)​​​‍​​‌‍​​‌‍​​​​​​​‌‍​​​​‌‍​​​​​​​​​‌‍​​​​​​​​​​‌‍​​​​​​​​‌‍​​​​​​​​​​‌‍​​​​​​​​​‌‍​​​​​‌‍​‌‍​​​​​​‌‍​​​​‌‍​​​​​‌‍​​​​​​​​​​‌‍​​​​​​​‌‍​​​‌‍ — Commentary: Trump Truth Social Posts On X (@TrumpTruthOnX) April 12, 2026 होर्मुज जलडमरूमध्य (स्ट्रेट ऑफ होर्मुज) पर बढ़ेगा कंट्रोल लेक्सिंगटन इंस्टीट्यूट की नेशनल सिक्योरिटी एक्सपर्ट रेबेका ग्रांट ने ‘जस्ट द न्यूज’ को बताया कि अमेरिकी नौसेना के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य पर पूरी तरह कंट्रोल करना काफी आसान है. रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले 24 घंटों में इस इलाके में करीब 10 जहाजों की हलचल देखी गई है, जिसमें रूस और चीन जाने वाले कार्गो भी शामिल हैं. एक्सपर्ट्स का कहना है कि अब ओमान के पास के संकरे समुद्री रास्ते या खार्ग द्वीप से गुजरने वाले हर जहाज को अमेरिकी नौसेना की निगरानी से गुजरना होगा. वेनेजुएला जैसा एक्शन संभव रिपोर्ट में बताया गया है कि अमेरिकी विमानवाहक पोत ‘यूएसएस जेराल्ड फोर्ड’ (USS Gerald Ford) अब फारस की खाड़ी में पहुंच चुका है. इसके साथ ‘यूएसएस अब्राहम लिंकन’ और अन्य घातक युद्धपोत भी जुड़ गए हैं. इसी साल वेनेजुएला में की गई सफल नौसैनिक घेराबंदी का उदाहरण देते हुए विशेषज्ञों ने कहा कि ट्रंप ईरान के खिलाफ भी वैसा ही सख्त कदम उठा सकते हैं. इससे ईरान के तेल एक्सपोर्ट और इम्पोर्ट पर सीधा असर पड़ेगा. ये भी पढ़ें : ईरान बोला- अब किसी भी अगली मीटिंग का प्लान नहीं, अमेरिका की ‘जिद’ पर बिगड़ी बात ईरान का पक्ष: अपने हितों से समझौता नहीं दूसरी तरफ, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बकाई ने रविवार को कहा कि बातचीत की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि अमेरिका ईरान के वैध अधिकारों को स्वीकार करे. बकाई के अनुसार, चर्चा के दौरान होर्मुज जलडमरूमध्य, न्यूक्लियर मुद्दे, युद्ध के हर्जाने और प्रतिबंध हटाने जैसे विषयों पर बात हुई. तस्नीम न्यूज एजेंसी ने एक सूत्र के हवाले से बताया कि ईरान ने वाजिब प्रस्ताव दिए थे और अब गेंद अमेरिका के पाले में है. क्षेत्र में तनाव और इजरायल का एक्शन मिडल ईस्ट में सुरक्षा हालात लगातार बदल रहे हैं. ‘अल जजीरा ब्रेकिंग’ की रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार को इजरायल ने लेबनान की ओर से आए ड्रोन्स को हवा में ही नष्ट कर दिया. वहीं, ‘रॉयटर्स’ की रिपोर्ट के अनुसार बेरूत के बाहरी इलाकों में धुएं के गुबार देखे गए हैं. इस बीच ईरान अपनी सभ्यता और हितों की रक्षा के लिए डिप्लोमेसी के साथ-साथ सभी जरूरी टूल्स इस्तेमाल करने की बात दोहरा रहा है. ये भी पढ़ें: अमेरिका-ईरान की बातचीत फेल: पाकिस्तान बोला- जारी रखेंगे मध्यस्थता, खाली हाथ लौटे VP जेडी वेंस The post ट्रंप का प्लान: इस्लामाबाद में बातचीत फेल, अब ईरान की नौसैनिक घेराबंदी; वेनेजुएला जैसा एक्शन संभव appeared first on Naya Vichar.

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गर्मी में कार ड्राइविंग को कूल बनाएंगी ये एक्सेसरीज, मिलेगा ठंडक का एहसास

हिंदुस्तान में गर्मी का मौसम शुरू होते ही कार केबिन का तापमान मिनटों में असहनीय हो जाता है. लंबे ड्राइव्स के दौरान यह परेशानी और बढ़ जाती है. ऐसे में कुछ आसान और सस्ती एक्सेसरीज आपकी कार को ठंडी और आरामदायक बना सकती हैं. सन शेड्स सीधी धूप से बचने और केबिन का तापमान कम करने के लिए सनशेड्स बेहद जरूरी हैं. विंडशील्ड और साइड विंडो शेड्स आसानी से ऑनलाइन और शोरूम्स में उपलब्ध हैं. छाता (Umbrella) गर्मी में बाहर निकलते समय छाता साथ रखना हीट स्ट्रोक से बचाता है. कई कार कंपनियां अब डेडिकेटेड अंब्रेला होल्डर भी देती हैं. ब्रीथेबल कुशन लेदर सीट्स गर्मी में पसीना और असुविधा बढ़ाती हैं. ब्रीथेबल कुशन एयरफ्लो बनाये रखते हैं और लंबे सफर को आरामदायक बनाते हैं. वेंटिलेशन किट्स महंगी कारों में वेंटिलेटेड सीट्स मिलती हैं, लेकिन आफ्टरमार्केट किट्स सस्ती और प्लग-एंड-प्ले ऑप्शन हैं. ये गर्मी में ड्राइविंग को आसान बनाते हैं. कूलिंग फैन पुरानी कारों में या AC कमजोर होने पर कूलिंग फैन बेहतरीन विकल्प हैं. इन्हें कार के पावर सॉकेट से चलाया जा सकता है और एयर सर्कुलेशन बेहतर होता है. इन एक्सेसरीज को अपनाकर आप गर्मी में भी आरामदायक और सुरक्षित ड्राइव का मजा ले सकते हैं. यह भी पढ़ें: कार की छत पर क्यों बने होते हैं उभरे हुए पैटर्न? अच्छे-अच्छे ड्राइवरों को नहीं पता होती वजह यह भी पढ़ें: रिजर्व फ्यूल में ड्राइविंग करना क्यों है खतरनाक? जानिए इससे कार पर क्या असर पड़ता है The post गर्मी में कार ड्राइविंग को कूल बनाएंगी ये एक्सेसरीज, मिलेगा ठंडक का एहसास appeared first on Naya Vichar.

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Amarnath Yatra 2026 : 3 जुलाई से शुरू होगी अमरनाथ यात्रा, जानें कब होगी खत्म

Amarnath Yatra 2026 : जम्मू में प्रेस कॉन्फ्रेंस करके मनोज सिन्हा ने बताया कि इस साल यात्रा 3 जुलाई से शुरू होगी और रक्षाबंधन यानी 28 अगस्त को खत्म होगी. कुल मिलाकर यात्रा 57 दिनों तक चलेगी, जो पहले से थोड़ी लंबी है. यात्रा की शुरुआत से पहले ‘प्रथम पूजा’ 29 जून 2026 को ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन होगी. उन्होंने बताया कि रजिस्ट्रेशन 15 अप्रैल से शुरू होगा. देशभर में 554 बैंक शाखाओं में एडवांस रजिस्ट्रेशन की सुविधा मिलेगी. इसके लिए Jammu and Kashmir Bank, Punjab National Bank, State Bank of India और Yes Bank के ब्रांच में आवेदन किये जा सकते हैं. #WATCH | Jammu, Jammu and Kashmir: On Amarnath Yatra 2026, Lieutenant Governor Manoj Sinha says, “The pilgrimage will begin on July 3rd and conclude on Rakshabandhan on August 28th. Overall, this year’s pilgrimage will be slightly longer. It will span 57 days. The Pratham Puja… pic.twitter.com/6D9YYQ5EwW — ANI (@ANI) April 12, 2026 श्रद्धालुओं की उम्र कितनी होनी चाहिए? यात्रा में शामिल होने के लिए श्रद्धालुओं की उम्र कम से कम 13 साल और ज्यादा से ज्यादा 70 साल होनी चाहिए. इसके अलावा, ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन भी Shri Amarnathji Shrine Board की आधिकारिक वेबसाइट के जरिए किया जा सकता है. The post Amarnath Yatra 2026 : 3 जुलाई से शुरू होगी अमरनाथ यात्रा, जानें कब होगी खत्म appeared first on Naya Vichar.

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‘BJP को ही तय करना है CM’, नीतीश कुमार से मुलाकात के बाद बोले विजय चौधरी

Bihar Next CM: बिहार प्रशासन के मंत्री विजय चौधरी ने राज्य के नए सीएम को लेकर कहा, ‘यह बीजेपी को तय करना है. उनकी अनुशंसा पर एनडीए के विधायक दल में नेता चुना जाएगा. मुख्यमंत्री वही चुना जाएगा जो एनडीए की विधायक दल में नेता चुना जाएगा. बीजेपी की उसमें अहम भूमिका है. बीजेपी अनुशंसा करेगी तब नाम पर मोहर लगाई जाएगी.’ बिहार के नए सीएम तय करने में BJP की खास भूमिका बिहार में सीएम फेस पर ही सियासी पारा चढ़ा हुआ है. बीजेपी की ओर से डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी और जेडीयू की ओर से निशांत कुमार के नाम की चर्चा हो रही है. इसके साथ ही यह भी चर्चा है कि 14 अप्रैल को सीएम नीतीश कुमार इस्तीफा दे सकते हैं. तमाम नेतृत्वक चर्चा के बीच मंत्री विजय चौधरी के बयान के बाद माना जा रहा है कि अंतिम फैसला एनडीए और केंद्रीय नेतृत्व के स्तर पर ही होगा. पटना में लगे निशांत कुमार के पोस्टर दूसरी तरफ पटना में निशांत कुमार को सीएम बनाने की मांग जेडीयू लगातार कर रही है. साथ ही पोस्टर भी लगाए जा रहे हैं. आज सीएम हाउस के बाहर पोस्टर लगाया गया. इसमें लिखा,’बिहार में ना तो बुलडोजर बवाल और ना ही फिर से ‘दंगा-फसाद’ चाहिए. अब आपकी परछाई स्वरूप, युवा जनसेवक निशांते कुमार चाहिए.’ इस तरह से अब एनडीए क्या फैसला लेती है, इसका इंतजार किया जा रहा है. सीएम नीतीश से मुलाकात पर क्या कहा? सीएम हाउस में आज सम्राट चौधरी, मंत्री विजय चौधरी और जेडीयू सांसद देवेश चंद्र ठाकुर ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की. मुलाकात के बाद मंत्री विजय चौधरी ने मीडिया से बातचीत की. इस दौरान मुलाकात को लेकर विजय चौधरी ने कहा, सम्राट चौधरी पहले भी सीएम हाउस आते थे. नई प्रशासन के गठन की प्रक्रिया शुरू होने वाली है. स्वाभाविक है आपस में बातचीत होगी. अभी मंत्रिमंडल को लेकर कोई चर्चा नहीं हुई. चंद दिनों का इंतजार है रुक जाइए. Also Read: आज फिर सीएम नीतीश से सम्राट चौधरी ने की मुलाकात, 25 मिनट तक हुई बातचीत The post ‘BJP को ही तय करना है CM’, नीतीश कुमार से मुलाकात के बाद बोले विजय चौधरी appeared first on Naya Vichar.

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गुमला में दो घटनाओं से सनसनी, नाबालिग लापता, पिता-पुत्र से मारपीट और रंगदारी का आरोप

दुर्जय पासवान की रिपोर्ट  Gumla News: झारखंड के गुमला में दो अलग-अलग आपराधिक घटनाओं से सनसनी फैल गई है. एक नाबालिग लड़की के लापता होने का मामला सामने आया है, जबकि दूसरी घटना में रंगदारी और मारपीट की वारदात हुई है. पुलिस दोनों मामलों की जांच में जुटी है.  नाबालिग लड़की संदिग्ध हालात में लापता गुमला में एक नाबालिग लड़की के संदिग्ध हालात में लापता होने का मामला सामने आया है. इस संबंध में पीड़िता की मां ने थाना में लिखित आवेदन देकर बेटी को सकुशल बरामद करने और आरोपित के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है. प्राप्त जानकारी के अनुसार, गुमला के सिसई थाना के सुवाली गांव निवासी स्त्री ने थाने में दिए आवेदन में बताया है कि उनकी 15 वर्षीय पुत्री जो एक स्कूल में कक्षा 9 की छात्रा है. वह बीते 4 अप्रैल 2026 को सुबह करीब 11 बजे कपड़ा सिलवाने के लिए गुमला जाने की बात कहकर घर से निकली थी. देर रात तक घर नहीं लौटने पर परिजनों को चिंता हुई और खोजबीन शुरू की गई, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चल सका. स्त्री ने बताया कि घटना से एक दिन पहले उनकी पुत्री ने फोन पर जानकारी दी थी कि एक युवक उसे लगातार फोन कर परेशान कर रहा है. बात नहीं करने पर खुद को माओवादी बताकर जान से मारने और घर से उठाने की धमकी देता है. बाद में परिजनों को एक फोटो मिला. जिसके आधार पर युवक की पहचान मंगलदेव नगेसिया मरवई थाना गुरदरी के रूप में हुई. आवेदन में आशंका जताई गई है कि उक्त युवक ने उनकी नाबालिग पुत्री को डरा-धमकाकर जबरन उठा लिया है और उसके साथ किसी अप्रिय घटना या शारीरिक शोषण की संभावना से भी इनकार नहीं किया जा सकता. परिजनों का कहना है कि लड़की का मोबाइल लगातार बंद आ रहा है. जिससे चिंता और बढ़ गई है. इधर पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर नाबालिग के सकुशल बरामदगी में जुट गई है. रंगदारी नहीं देने पर पिता-पुत्र से मारपीट मामले में केस दर्ज गुमला थाना क्षेत्र में बैल बेचने जा रहे पिता-पुत्र से मारपीट, रंगदारी और लूटपाट की घटना को लेकर पीड़ित द्वारा दिए गए आवेदन के आधार पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है और मामले की छानबीन में जुट गई है. हालांकि अब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है. जानकारी के अनुसार, पंडरिया गांव निवासी 60 वर्षीय पृथ्वी साहू अपने पुत्र चंदेश्वर साह के साथ 9 अप्रैल 2026 की सुबह करीब 3.00 बजे बैल बेचने के लिए सिसई बाजार जा रहे थे. इसी दौरान ढोउठाटोली के पास कुछ युवकों ने उन्हें रोक लिया. आरोप है कि वीर कुमार साहू अपने साथियों के साथ वहां मौजूद था और उसने डेढ़ लाख रुपए की रंगदारी की मांग की. रंगदारी नहीं देने पर आरोपियों ने दोनों के साथ मारपीट की और हथियार दिखाकर जान से मारने की धमकी दी. पीड़ित का आरोप है कि इस दौरान आरोपियों ने जबरन मोबाइल के माध्यम से 40 हजार रुपए ट्रांसफर करा लिया थे. वहीं उसके पुत्र का मोबाइल फोन भी छीन लिया गया. घटना के बाद दोनों किसी तरह वहां से जान बचाकर निकले. मामले को लेकर पीड़ित ने गुमला थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई. आवेदन मिलने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना को गंभीरता से लेते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है.  इसे भी पढ़ें: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा की तैयारी तेज, कार्यकर्ताओं को बूथ मजबूत करने का संदेश इसे भी पढ़ें: रांची से ‘फर्जी’ अफसर धराया, सेना में नौकरी दिलाने के नाम पर लगाता था चूना, 70 लाख की ठगी का खुलासा The post गुमला में दो घटनाओं से सनसनी, नाबालिग लापता, पिता-पुत्र से मारपीट और रंगदारी का आरोप appeared first on Naya Vichar.

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