Ind vs Sl Test Series: श्रीलंका का गॉल मैदान हिंदुस्तानीय क्रिकेट की कई यादगार कहानियों का गवाह रहा है, लेकिन 2008 में यहां वीरेंद्र सहवाग ने जो किया, उसकी चर्चा आज भी होती है. हिंदुस्तान और श्रीलंका के बीच टेस्ट सीरीज के दूसरे मुकाबले में सहवाग ने अजंता मेंडिस की रहस्यमयी स्पिन का ऐसा करारा जवाब दिया था, जिसे क्रिकेट फैंस आज भी याद करते हैं. सहवाग ने नाबाद दोहरा शतक जड़ते हुए हिंदुस्तान को 170 रनों से शानदार जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई थी.
गॉल में सहवाग का तूफानी अंदाज
31 जुलाई 2008 को गॉल में हिंदुस्तान और श्रीलंका के बीच टेस्ट सीरीज का दूसरा मुकाबला शुरू हुआ. हिंदुस्तानीय टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया. टीम की शुरुआत उतनी मजबूत नहीं रही, लेकिन एक छोर पर वीरेंद्र सहवाग पूरी तरह डटे रहे. सहवाग ने श्रीलंकाई गेंदबाजों के खिलाफ शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया. अजंता मेंडिस की मिस्ट्री स्पिन भी उन्हें रोक नहीं सकी. सहवाग ने मैदान के चारों तरफ शॉट लगाए और तेजी से रन बटोरते हुए अपना दोहरा शतक पूरा किया.
231 गेंदों पर ठोके नाबाद 201 रन
सहवाग ने सिर्फ 231 गेंदों पर नाबाद 201 रन की शानदार पारी स्पोर्ट्सी. उनकी पारी में 22 चौके और चार छक्के शामिल थे. उनकी इस पारी के दम पर हिंदुस्तान ने पहली पारी में 329 रन बनाए. इस मुकाबले में अजंता मेंडिस ने छह विकेट जरूर लिए, लेकिन सहवाग के सामने उनकी गेंदबाजी का असर नजर नहीं आया. मेंडिस ने 28 ओवर की गेंदबाजी में 117 रन खर्च किए. सहवाग ने उनकी गेंदों को लगातार आक्रमण का निशाना बनाया और श्रीलंकाई टीम पर दबाव बनाए रखा.
Also Read: पिता के निधन पर टूटे मेसी, इंस्टाग्राम पर लिखा भावुक संदेश, रोनाल्डो ने बढ़ाया हौसला
दूसरी पारी में भी सहवाग का बल्ला बोला
हिंदुस्तान ने दूसरी पारी में भी सहवाग के बल्ले से अहम योगदान हासिल किया. उन्होंने 50 रन बनाए. हिंदुस्तान ने अपनी दूसरी पारी में 269 रन बनाकर श्रीलंका के सामने 307 रनों का लक्ष्य रखा. लक्ष्य का पीछा करने उतरी श्रीलंकाई टीम हिंदुस्तानीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सकी और सिर्फ 136 रन पर ऑलआउट हो गई. हरभजन सिंह ने चार विकेट झटके, जबकि ईशांत शर्मा ने तीन और अनिल कुंबले ने दो विकेट लिए. हिंदुस्तान ने यह मुकाबला 170 रनों से अपने नाम किया. सहवाग को उनकी शानदार दोहरी पारी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया. इस जीत के साथ हिंदुस्तान ने तीन मैचों की टेस्ट सीरीज में 1-1 से बराबरी कर ली.
Also Read: एंड्रयू फ्लिंटॉफ के बेटे रॉकी ने तोड़ा 134 वर्ष पुराना रिकॉर्ड, 18 की उम्र में बने लंकाशायर के सबसे युवा शतकवीर
सहवाग ने दिखाया मेंडिस की स्पिन का तोड़
मेंडिस ने मैच में कुल 10 विकेट लिए, लेकिन सहवाग के नाबाद 201 रन ने उनकी गेंदबाजी के खिलाफ एक अलग रणनीति का उदाहरण पेश किया. गॉल टेस्ट में सहवाग की पारी की सबसे बड़ी खासियत उनका निडर रवैया था. अजंता मेंडिस उस दौर में अपनी मिस्ट्री स्पिन के लिए जाने जाते थे और बल्लेबाजों के लिए उनकी गेंदों को पढ़ना आसान नहीं था. लेकिन सहवाग ने अपनी बल्लेबाजी से दिखा दिया कि आक्रामक अंदाज में स्पोर्ट्सकर भी मिस्ट्री स्पिन के दबाव को तोड़ा जा सकता है.
अब शुभमन गिल की होगी परीक्षा
अब करीब 18 साल बाद गॉल में एक बार फिर हिंदुस्तान और श्रीलंका आमने-सामने होंगे. 15 अगस्त से शुरू होने वाले टेस्ट में शुभमन गिल की अगुआई वाली हिंदुस्तानीय टीम के सामने श्रीलंका के बाएं हाथ के स्पिनर प्रभात जयसूर्या की चुनौती होगी. गॉल में 11 टेस्ट मैचों में 81 विकेट ले चुके जयसूर्या के खिलाफ हिंदुस्तानीय बल्लेबाजों की परीक्षा होगी.
Also Read: ICC Rankings में इंडियन प्लेयर्स का जलवा, टेस्ट में बाबर की टॉप-10 में वापसी
The post श्रीलंका में सहवाग ने ऐसे उड़ाई थी अजंता मेंडिस की धज्जियां, जड़ा था नाबाद डबल सेंचुरी appeared first on Naya Vichar.

