Delimitation: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन ने बड़े पैमाने पर आंदोलन की चेतावनी दी, जबकि तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेड्डी ने अन्याय का मुद्दा उठाया. स्टालिन और रेड्डी का बयान संसद के तीन दिवसीय विशेष बजट सत्र के पहले आई.
संसद में नारी शक्ति वंदन बिल में संशोधन पेश किया जाएगा
संसद की इस सप्ताह होने वाली बैठक के दौरान नारी शक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन पेश किए जाएंगे. जिसे स्त्री आरक्षण अधिनियम के रूप में जाना जाता है.
Telangana CM Revanth Reddy writes to Tamil Nadu CM M.K. Stalin over “unitedly resisting moves to push a pro rata model to increase Lok Sabha seats, which would be highly determinantal and inimical to interests of Southern states”
“But with this change in Lok Sabha seats, we will… pic.twitter.com/NgZZ4vpY48
— ANI (@ANI) April 14, 2026
स्टालिन ने जारी किया वीडियो संदेश
स्टालिन ने एक वीडियो संदेश में चेतावनी दी कि अगर राज्य को नुकसान पहुंचाने वाला कोई भी कदम उठाया गया. तो तमिलनाडु में बड़े पैमाने पर आंदोलन होंगे जिससे पूरा राज्य ठप्प हो जाएगा. स्टालिन ने कहा कि जब प्रक्रिया में गोपनीयता बरती जाती है, तो इससे गंभीर खतरे की आशंका और भी बढ़ जाती है. उन्होंने कहा कि दक्षिणी राज्यों के लोग गहरी चिंता में डूबे हुए हैं.
स्टालिन ने परिसीमन लागू करने की कोशिश को लोकतंत्र पर हमला करार दिया
स्टालिन ने कहा कि परिसीमन को जल्दबाजी में लागू करने का यह प्रयास बीजेपी प्रशासन द्वारा लोकतंत्र पर एक स्पष्ट हमला है. इससे भी बढ़कर, यह राज्यों के अधिकारों पर सीधा हमला है. उन्होंने कहा, यदि ऐसा कुछ भी किया जाता है, तो हम तमिलनाडु में चुप नहीं रहेंगे. हर परिवार सड़कों पर उतरेगा.
स्टालिन ने पीएम मोदी को अंतिम चेतावनी दी
स्टालिन ने कहा, अगर तमिलनाडु प्रभावित हुआ, तो हम पूरे देश का ध्यान इस ओर दिलाएंगे. प्रधानमंत्री जी, मैं दोहराता हूं, तमिलनाडु की ओर से आपको यह अंतिम चेतावनी है. तमिलनाडु लड़ेगा, तमिलनाडु जीतेगा.
रेवंत रेड्डी ने परिसीमन लागू करने के प्रयास को अन्याय बताया
तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने हैदराबाद में परिसीमन को लेकर केंद्र प्रशासन पर हमला तेज किया. उन्होंने आरोप लगाया कि यदि पर्याप्त संख्या में सीट नहीं बढ़ाई जाती, तो दक्षिणी राज्यों में स्त्रीओं, अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों को अन्याय का सामना करना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि वे इस बात से इनकार नहीं करते कि यदि सीट में आनुपातिक आधार पर वृद्धि की जाती है तो उत्तरी राज्यों में स्त्रीओं, अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों के प्रतिनिधित्व को लाभ होगा. रेड्डी ने कहा कि यदि लोकसभा की कुल सीट की संख्या में आनुपातिक आधार पर 50 प्रतिशत की वृद्धि की जाती है, तो केरल में लोकसभा की सीटें 20 से बढ़कर 30 हो जाएंगी और उत्तर प्रदेश में 80 से बढ़कर 120 हो जाएंगी.
रेवंत रेड्डी ने पीएम मोदी को लिखा पत्र, सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की
तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक पत्र लिखा. जिसमें उन्होंने कहा- मैं आपसे अनुरोध करता हूं कि कृपया जल्द से जल्द एक सर्वदलीय बैठक बुलाएं, जिसमें सभी राज्यों और नेतृत्वक दलों के प्रतिनिधियों को एक साथ लाकर, इस मुद्दे पर पूरी पारदर्शिता और सबको साथ लेकर चर्चा की जा सके.
Telangana CM Revanth Reddy writes a letter to PM Narendra Modi.
“Building a national political consensus on increasing seats for the Lok Sabha, with a hybrid model, and an immediate implementation of Women’s Quota, without linking it to an increase in legislative seats… Given… pic.twitter.com/A6hpOPSJQT
— ANI (@ANI) April 14, 2026
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