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Author name: Vinod Jha

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OTT Releases This Week: शाहिद कपूर की O’Romeo से विजय सेतुपति की Kaattaan तक, 23 से 29 मार्च OTT पर देखें क्या-क्या नया

OTT Releases This Week 23 To 29 March: मार्च का महीना इस साल मौसम की तरह बदलता रहा है, कभी बहुत गर्मी, कभी ठंड और कभी बरसात. ठीक उसी तरह OTT पर भी कई नई फिल्में और वेब सीरीज दस्तक दे रही हैं. इनमें कभी रोमांस, कभी थ्रिल और कभी एक्शन का तड़का देखने को मिलता है. आइए जानते हैं इस हफ्ते कौन-सी फिल्में और सीरीज रिलीज हो रही हैं. Something Very Bad Is Going to Happen (March 26, Netflix) ‘समथिंग वेरी बैड इज गोइंग टू हैपन’ एक हॉरर मिनी-सीरीज है, जिसे ‘Stranger Things’ से पॉपुलर हुए डफर ब्रदर्स ने बनाया है. यह छह एपिसोड वाली सीरीज है. इसकी कहानी एक युवा जोड़े के इर्द‑गिर्द घूमती है, जो जंगल में अपनी सपनों जैसी शादी का आनंद ले रहे होते हैं. लेकिन उनका हनीमून जल्दी ही डरावनी और भयानक घटनाओं में बदल जाता है. जंगल में अजीब और खतरनाक चीजें होने लगती हैं, जिससे यह जोड़ा अपनी जिंदगी के सबसे मुश्किल और डरावने मोड़ का सामना करता है. इसमें कैमिला मोरोन और एडम डिमार्को मुख्य भूमिका में हैं. Detective Hole (March 26, Netflix) आने वाला यह नॉर्वेजियन क्राइम ड्रामा दर्शकों को थ्रिल और रहस्य से भरपूर अनुभव देता है. यह सीरीज एक परेशान जासूस की कहानी है, जिसे ओस्लो में हुई बेरहम हत्याओं की जांच सौंपी जाती है. हर हत्या पहले से अधिक जटिल होती है और जासूस को न सिर्फ बाहरी मामलों का सामना करना पड़ता है, बल्कि अपने अंदर के डर और राक्षसों से भी जूझना पड़ता है. इसके अलावा उसकी जांच में एक भ्रष्ट सहकर्मी बाधा डालता है, जिससे उसे कई खतरनाक और मानसिक परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है. Kaattaan (March 27, JioHotstar) एम. मणिकंदन की निर्देशित ‘काट्टान’ एक मिस्ट्री थ्रिलर सीरीज है. सीरीज एक छोटे ग्रामीण इलाके में घटित उलझी हुई मर्डर मिस्ट्री के इर्द-गिर्द घूमती है. विजय सेतुपति एक दमदार किरदार में नजर आ रहे हैं. इसमें मिलिंद सोमन, सुदेव नायर, VJ पार्वती और अन्य कलाकार भी शामिल हैं. कहानी में दर्शकों को रहस्य, ट्विस्ट और खतरनाक घटनाओं का तड़का देखने को मिलेगा. O’Romeo (March 27, Prime Video- Rent) ओ’रोमियो विशाल भारद्वाज की डार्क रोमांटिक थ्रिलर है. फिल्म में शाहिद कपूर और तृप्ति डिमरी मुख्य भूमिका में हैं. यह कहानी सच्ची घटनाओं से प्रेरित है, जिसमें वेलेंटाइन डे के दिन घटित होने वाली घटनाएं, प्रेम, बदला और गहरे इमोशन्स का मेल है. फिल्म में नाना पाटेकर, अविनाश तिवारी, दिशा पटानी, फरीदा जलाल और रणदीप हुडा भी मुख्य किरदार निभा रहे हैं. यह कहानी दर्शकों को रोमांस, ड्रामा और रहस्य में डुबो देती है. कुल मिलाकर अगर आप थ्रिल, रोमांस और मर्डर मिस्ट्री पसंद करते हैं, तो यह हफ्ता आपके लिए OTT पर देखने लायक साबित होने वाला है. यह भी पढ़ें: The 50 Grand Finale से पहले जानिए कौन है टॉप 5 फाइनलिस्ट, फिनाले कब-कहां और कितनी प्राइज मनी The post OTT Releases This Week: शाहिद कपूर की O’Romeo से विजय सेतुपति की Kaattaan तक, 23 से 29 मार्च OTT पर देखें क्या-क्या नया appeared first on Naya Vichar.

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घर में मौजूद ये 5 चीजें हैं बैक्टीरिया का अड्डा, रोज साफ नहीं किया तो पड़ सकते हैं बीमार

Cleaning Tips: घर साफ है या फिर नहीं इस बात का अंदाजा हम इस बात से लगाते हैं कि चीजें साफ और चमकदार दिख रही हैं या फिर नहीं. लेकिन क्या सच में ऐसा ही होता है? घर पर कई ऐसी छोटी-छोटी चीजें होती हैं, जिन्हें हम हर दिन छूते रहते हैं लकिन फिर भी इनकी सफाई को नजरअंदाज कर देते हैं. जब आप इन चीजों को डेली बेसिस पर साफ नहीं करते हैं तो इसकी वजह से इनमें गंदगी और बैक्टीरिया दोनों ही बढ़ने लग जाते हैं. कई बार जब हम बीमार पड़ते हैं तो उसकी पीछे ये गंदगी और बैक्टीरिया भी एक बड़ी वजह हो सकते हैं. आज की यह आर्टिकल उन लोगों के लिए काफी काम की और आंखें खोल देने वाली होने वाली है जिन्हें अलगता है कि उनका घर पूरी तरह से साफ है और उन्हें सिर्फ गंदगी दिखने पर ही इन चीजों को साफ करने की जरूरत है. इस आर्टिकल में हम आपको 5 ऐसी चीजों के बारे में बताने वाले हैं जिन्हें आपको हर दिन साफ करना चाहिए ताकि उनमें गंदगी और बैक्टीरिया न बढ़ने लगे. दरवाजों के हैंडल की सफाई जरूरी दरवाजों में लगे हैंडल्स को हम दिन में कई-कई बार छूते रहते हैं, जिस वजह से इसमें भी सबसे ज्यादा बैक्टीरिया के बढ़ने का खतरा रहता है. खासकर तब, जब इन हैंडल्स को घर के बाहर से आने वाले लोग छूने लगते हैं. इन्हें साफ करना काफी ज्यादा आसान है. इसके लिए आपको एक साफ कपड़े में थोड़ा सा सैनिटाइजर ले लेना है और फिर इस कपड़े से हैंडल को पोछना है. यह छोटा सा उपाय इन्फेक्शन के खतरे को काफी हद तक कम कर देता है. यह भी पढ़ें: क्या आप भी बिस्तर पर बैठकर खाते हैं खाना? छोटी सी आदत बना सकती है आपको बीमार मोबाइल फोन को भी करें साफ हमारे हाथों में अगर कोई चीज दिनभर रहती है, तो वह है हमारा मोबाइल फोन. हम इसका इस्तेमाल हर समय और हर जगह पर करते हैं. कई बार तो हम इसे अपने गंदे हाथों से भी छू लेते हैं, जिस वजह से इसमें बैक्टीरिया के बढ़ने का खतरा और भी ज्यादा हो जाता है. आपको अपने मोबाइल फोन की सफाई हर दिन करनी चाहिए. इसकी सफाई करने के लिए एक साफ, सूखे या फिर हल्के गीले कपड़े का इस्तेमाल करना सबसे बेस्ट होता है. किचन प्लेटफॉर्म की सफाई भी जरूरी किचन को हम अपने घर के सबसे जरूरी हिस्सों में से एक मान सकते हैं. इस जगह पर ही हम खाना बनाते हैं. ऐसे में आपके लिए किचन प्लेटफॉर्म की हर दिन सफाई करना और भी ज्यादा जरूरी हो जाता है. अगर यह साफ नहीं होगा तो खाने में गंदगी या फिर बैक्टीरिया आसानी से मिल सकते हैं. जब भी आप खाना बना लें तो प्लेटफॉर्म को अच्छी तरह से साफ जरूर करें. इससे सफाई भी रहती है और खाना भी सुरक्षित रहता है. यह भी पढ़ें: लोगों से बात करते समय भूलकर भी न करें ये गलतियां, वरना दूसरों के सामने बिगड़ सकता है आपका इम्प्रेशन बाथरूम का सिंक भी रखें साफ बाथरूम के सिंक का इस्तेमाल हम हर दिन करते हैं, जिस वजह से इसे हर दिन साफ करना भी उतना ही जरूरी हो जाता है. अगर आप इसे हर दिन साफ नहीं करेंगे तो यहां पर टूथपेस्ट, पानी और साबुन के दाग जमने लगेंगे. ऐसा होना गंदगी और बदबू के बढ़ने का कारण बन सकता है. हर दिन इस्तेमाल करने वाले कपड़े और तौलिये जब आप तौलिये और घर पर इस्तेमाल होने वाले कपड़ों का इस्तेमाल करते हैं, तो ये काफी जल्दी गंदे हो जाते हैं. वहीं, गीले पड़े रहने की वजह से इनमें बैक्टीरिया भी तेजी से बढ़ने लग जाते हैं. आपके लिए यह काफी जरूरी हो कि, आप इन्हें हर दिन धोएं और सुखाएं. अगर आप इसकी सफाई नहीं करते हैं, तो इसका काफी बुरा असर आपकी स्किन पर पड़ सकता है. यह भी पढ़ें: वॉशिंग मशीन में कपड़े धोते समय आप भी तो नहीं कर रहे ये गलतियां? जान लें वरना होगा नुकसान The post घर में मौजूद ये 5 चीजें हैं बैक्टीरिया का अड्डा, रोज साफ नहीं किया तो पड़ सकते हैं बीमार appeared first on Naya Vichar.

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ट्रंप की धमकी के बाद ईरान का आश्वासन, दुश्मनों के अलावा सभी देशों के जहाज होर्मुज स्ट्रेज से गुजरेंगे

Strait of Hormuz : दुश्मन देश के जहाजों को छोड़कर अन्य सभी देश के जहाज होर्मुज स्ट्रेट से जा सकेंगे. यह बयान ईरान की ओर से तब जारी किया गया है, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उन्हें 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया था. डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा था कि समुद्री मार्ग को अगर पूरी तरह नहीं खोला गया, तो ईरान के पावर प्लांट को निशाना बनाया जाएगा. Iran says Hormuz open to all but ‘enemy-linked’ ships https://t.co/6XJEsVibB9 https://t.co/6XJEsVibB9 — Reuters (@Reuters) March 22, 2026 ईरान ने अपने रुख में नरमी दिखाई मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच ईरान ने कहा कि दुश्मन देशों के जहाज के अलावा अन्य किसी भी देश के जहाज को होर्मुज स्ट्रेट से सुरक्षित गुजरने दिया जाएगा. यहां दुश्मन कहने का ईरान का आशय स्पष्ट रूप से अमेरिका और इजरायल हैं. ईरान के अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (IMO) के प्रतिनिधि अली मौसवी ने स्पष्ट किया है कि जो जहाज ईरान के दुश्मनों से जुड़े नहीं हैं, उन्हें सुरक्षित होर्मुज स्ट्रेज से गुजरने दिया जाएगा. मौसवी ने यह भी कहा कि ईरान जहाजों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग करने को तैयार है. हर महीने लगभग 3000 जहाज होर्मुज स्ट्रेट से गुजरते हैं होर्मुज स्ट्रेट से हर महीने लगभग 3000 जहाज गुजरते हैं, लेकिन 28 फरवरी से यह मार्ग बंद तो नहीं, हां बाधित जरूर है. ईरान ने कुछ जहाजों पर हमला भी कर दिया है, जिसकी वजह से इस मार्ग से जहाजों की आवाजाही प्रभावित है. यह जलमार्ग वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि दुनिया के लगभग 20% कच्चे तेल और एलएनजी की सप्लाई इसी रास्ते से होती है. ऐसे में इस क्षेत्र में तनाव बढ़ने से वैश्विक ऊर्जा संकट की आशंका गहरा गई है. ये भी पढ़ें : जहाजों पर काम करने वाले कर्मचारियों के यूनियन का दावा–होर्मुज स्ट्रेट में फंसे हैं 23 हजार हिंदुस्तानीय हिंदुस्तान में सबसे लंबे समय तक प्रशासन चलाने वाले नेता बने पीएम मोदी, 2001 में शुरू हुआ था सफर मां ने 3 बच्चों को सूट–गाॅगल्स पहनाकर तैयार किया, फिर कर दी हत्या; अपनी जान भी दी The post ट्रंप की धमकी के बाद ईरान का आश्वासन, दुश्मनों के अलावा सभी देशों के जहाज होर्मुज स्ट्रेज से गुजरेंगे appeared first on Naya Vichar.

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चैती छठ से पहले रांची में फलों की कीमतों में उछाल, व्रतियों की बढ़ी चिंता

रांची से राजकुमार लाल की रिपोर्ट Ranchi Fruit Price Hike: झारखंड में रविवार से चैती छठ महापर्व की शुरुआत नहाय-खाय के साथ हो गई है. सोमवार को खरना और मंगलवार को अस्ताचलगामी सूर्य को पहला अर्घ्य दिया जाएगा. लेकिन राजधानी रांची में इस बार छठ पूजा की तैयारियों के बीच फलों की बढ़ती कीमतों ने व्रतियों की चिंता बढ़ा दी है. फलों के दाम आसमान पर रांची के बाजारों में इस समय फलों के दाम काफी बढ़ गए हैं. पीला केला 300 से 550 रुपये प्रति कांधी बिक रहा है. सेब की 14 से 15 किलो वाली पेटी 1800 से 2200 रुपये तक पहुंच गई है. अनार 80 से 130 रुपये प्रति किलो बिक रहा है, जबकि आम की पेटी 600 से 900 रुपये तक मिल रही है. अन्य फलों और पूजा सामग्री की कीमतें भी बढ़ीं अंगूर की 9 किलो की पेटी 800 से 900 रुपये में मिल रही है. संतरा 22 से 23 किलो की पेटी में 1200 से 1400 रुपये तक बिक रहा है. मौसमी की 18 किलो की बोरी 500 से 600 रुपये में उपलब्ध है. वहीं गन्ना 20 से 50 रुपये प्रति पीस और नारियल 30 से 50 रुपये प्रति पीस तक बिक रहा है. दूसरे राज्यों से आ रही है आपूर्ति बाजार में उपलब्ध फलों की आपूर्ति मुख्य रूप से अन्य राज्यों से हो रही है. केला पश्चिम बंगाल और आंध्र प्रदेश से आ रहा है. अनार गुजरात और राजस्थान से मंगाया जा रहा है. आम आंध्र प्रदेश से, अंगूर महाराष्ट्र के शोलापुर से और मौसमी नागपुर से रांची पहुंच रही है. महंगाई के पीछे की वजहें व्यापारियों के अनुसार, पिछले साल की तुलना में इस बार फलों की कीमतों में 50 से 100 रुपये तक की बढ़ोतरी हुई है. इसके पीछे डीजल की बढ़ती कीमतें और मजदूरी लागत में इजाफा मुख्य कारण हैं. परिवहन खर्च बढ़ने से इसका सीधा असर बाजार कीमतों पर पड़ा है. व्रतियों पर बढ़ा आर्थिक बोझ छठ पूजा में फलों और पूजा सामग्री का विशेष महत्व होता है. ऐसे में कीमतों में आई इस तेजी से व्रतियों का बजट बिगड़ रहा है. श्रद्धालु आवश्यक सामग्री खरीदने को मजबूर हैं, लेकिन महंगाई के कारण उन्हें अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ रहा है. त्योहार के बीच राहत की उम्मीद व्रतियों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में कीमतों में कुछ कमी आएगी, जिससे उन्हें थोड़ी राहत मिल सके. फिलहाल, छठ महापर्व की आस्था के बीच महंगाई एक बड़ी चुनौती बनकर सामने आई है. इसे भी पढ़ें: चैती छठ कर रहीं सिमडेगा की डीसी कंचन सिंह, नहाय-खाय के साथ व्रत शुरू रांची में फलों की कीमतें पीला केला: 300 से 550 रुपये कांधी सेब स्टोर वाला (14 से 15 किलो की पेटी): 1800 से 2200 रुपये अनार: 80 से 130 रुपये किलो आम: 600 से 900 रुपये पेटी अंगूर: 800 से 900 रुपये पेटी 9 किलो संतरा: 1200 से 1400 रुपये पेटी 22 से 23 किलो मौसमी: 500 से 600 रुपये बोरी 18 किलो गन्ना: 20 से 50 रुपये प्रति पीस नारियल खुदरा में साइज के हिसाब से: 30 से 50 रुपये प्रति पीस इसे भी पढ़ें: नहाय-खाय के साथ आज से शुरू हो गया चैती छठ महापर्व, मंगलवार को पहला अर्घ्य The post चैती छठ से पहले रांची में फलों की कीमतों में उछाल, व्रतियों की बढ़ी चिंता appeared first on Naya Vichar.

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खतरनाक मोड़ पर मिडिल ईस्ट जंग, ईरान के हमलों से टूटा ट्रंप का सब्र, आर-पार के मूड में अमेरिका

Middle East War: मिडिल ईस्ट की जंग अब खतरनाक मोड़ पर पहुंच गई है. ईरान के लगातार हमलों और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को बंद कर देने से हालात और विस्फोटक हो गए हैं. अमेरिका का सब्र भी टूटता दिखाई दे रहा है. राष्ट्रपति ट्रंप ने सख्त रुख अपनाते हुए ईरान को अल्टीमेटम दिया है. जाहिर है क्षेत्र में बढ़ते हमले, जवाबी कार्रवाई और सैन्य जमावड़े ने बड़े युद्ध का खतरा बढ़ा दिया है. अगर हालात अब भी नहीं संभले तो इसका असर तेल बाजार, अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा और दुनिया की वित्तीय स्थिति पर और भी गंभीर रूप से पड़ सकता है. ईरान को ट्रंप ने दिया 48 घंटे का अल्टीमेटम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि अगर तेहरान 48 घंटे के भीतर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को पूरी तरह नहीं खोलता, तो अमेरिका उसके ऊर्जा संयंत्रों (Power Plants) को तबाह कर देगा. अमेरिकी राष्ट्रपति ने फ्लोरिडा स्थित अपने आवास से सोशल मीडिया पर यह सख्त संदेश जारी किया है. इस बयान ने मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष को और भड़का दिया है. अभी जो हालात बन रहे हैं उससे साफ दिख रहा है कि युद्ध अब अपने चौथे सप्ताह में बेहद खतरनाक और निर्णायक चरण में चला गया है. इजराइल के परमाणु अनुसंधान केंद्र पर ईरान का हमला इससे पहले ईरान ने शनिवार देर रात दक्षिणी इजराइल के दो इलाके डिमोना और अराद पर मिसाइल हमले किए. ये हमले इजराइल के मुख्य परमाणु अनुसंधान केंद्र के पास हुए. हमले के कारण इमारतें क्षतिग्रस्त हो गयीं और कई लोग घायल हो गए. इसे साथ ही ईरान ने चेतावनी दी कि उसके ऊर्जा ठिकानों पर किसी भी हमले के जवाब में वह क्षेत्र में अमेरिका और इजराइल के ऊर्जा और बुनियादी ढांचे को निशाना बनाएगा. ईरान ने इजराइल पर ये हमले ऐसे समय में किए हैं जब उसके एक दिन पहले तेहरान के प्रमुख परमाणु संवर्धन केंद्र नतांज पर हमला हुआ था. हमले में इजराइल को हुआ भारी नुकसान इजराइल के बचावकर्मियों ने बताया कि अराद में सीधे हमले से कम से कम 10 अपार्टमेंट और इमारतों को भारी नुकसान पहुंचा है. जिनमें से तीन गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त होकर गिरने की हालत में आ गए हैं. कम से कम 64 लोगों को अस्पताल ले जाया गया है. डिमोना, परमाणु अनुसंधान केंद्र से लगभग 20 किलोमीटर पश्चिम में है, जबकि अराद उससे करीब 35 किलोमीटर उत्तर में स्थित है. ईरान ने डिएगो गार्सिया सैन्य अड्डे को भी बनाया निशाना शनिवार को ईरान ने हिंद महासागर में स्थित ब्रिटेन और अमेरिका के संयुक्त डिएगो गार्सिया सैन्य अड्डे को भी निशाना बनाया था. सबसे खास बात है कि डिएगो गार्सिया ईरान से करीब 4,000 किलोमीटर दूर है. इससे संकेत मिलता है कि तेहरान के पास पहले से अनुमानित दूरी से अधिक मार करने वाली मिसाइलें हैं या उसने अपने अंतरिक्ष कार्यक्रम का इस्तेमाल किया है. युद्ध में ईरान का बुरा हाल अमेरिका और इजराइल के हमलों ने ईरान की भी बुनियाद हिला दी है. ईरान में युद्ध के दौरान 1,500 से अधिक लोग मारे गए हैं. ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय के हवाले से यह जानकारी दी गई है. ईरान के लोगों ने बताया कि रमजान खत्म होने के दौरान ईरान की राजधानी में भारी हवाई हमले किए गए. वहीं युद्ध का असर मिडिल ईस्ट से बाहर भी दिख रहा है. इस युद्ध के कारण खाद्य पदार्थों एवं ईंधन की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं. हालांकि यह पूरी तरह नहीं पता चला है कि 28 फरवरी से शुरू हुए अमेरिका और इजराइल के हमलों में ईरान को कितना नुकसान हुआ है. (इनपुट भाषा) The post खतरनाक मोड़ पर मिडिल ईस्ट जंग, ईरान के हमलों से टूटा ट्रंप का सब्र, आर-पार के मूड में अमेरिका appeared first on Naya Vichar.

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IPL 2026 के बीच लंदन जाने की मांग पर विराट कोहली ने खुद बताई सच्चाई

Highlights सोशल मीडिया पर क्या अफवाह उड़ी थी?  विराट कोहली ने फेक न्यूज पर दिया जवाब  लंदन शिफ्ट हो चुका है कोहली का परिवार  RCB के ट्रेनिंग कैंप में बहा रहे पसीना  लगातार दूसरी बार चैंपियन बनने पर नजर  Virat Kohli on Fake News: विराट कोहली आईपीएल 2026 का नया सीजन स्पोर्ट्सने के लिए लंदन से हिंदुस्तान आ चुके हैं. उनके हिंदुस्तान पहुंचते ही सोशल मीडिया पर एक समाचार बहुत तेजी से फैलने लगी. इस रिपोर्ट में दावा किया गया कि कोहली ने अपनी आईपीएल टीम रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) से लंदन आने-जाने के लिए कुछ खास मांगे रखी हैं. इसके बाद विराट कोहली ने खुद सामने आकर इस समाचार की सच्चाई दुनिया को बता दी है. उन्होंने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर करके इन सभी दावों को पूरी तरह से झूठा बताया है. सोशल मीडिया पर क्या अफवाह उड़ी थी?  इंटरनेट पर एक रिपोर्ट बहुत तेजी से वायरल हो रही थी, जिसमे कोहली की दो बड़ी मांगों के बारे में बताया गया था. पहला दावा यह था कि विराट ने लंदन से हिंदुस्तान आने और वापस जाने के लिए आरसीबी मैनेजमेंट से एक स्पेशल चार्टर विमान की मांग की है. इसके अलावा दूसरा दावा यह किया गया कि अगर आईपीएल 2026 टूर्नामेंट के दौरान आरसीबी के दो मैचों के बीच तीन दिन से ज्यादा का समय मिलता है, तो वह तुरंत लंदन चले जाएंगे और अगले मैच से ठीक पहले टीम से जुड़ेंगे. विराट कोहली ने फेक न्यूज पर दिया जवाब  जैसे ही यह फेक न्यूज वायरल हुई, विराट कोहली ने इसे गंभीरता से लेने के बजाय इसका जमकर मजाक उड़ाया. कोहली ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट की स्टोरी पर इस वायरल न्यूज का एक स्क्रीनशॉट शेयर किया. इस फोटो के ऊपर उन्होंने जोर से हंसने वाले दो इमोजी लगा दिए. कोहली के इस छोटे से रिएक्शन से यह बात एकदम साफ हो गई कि उन्होंने टीम मैनेजमेंट के सामने ऐसी कोई भी शर्त नहीं रखी है. यह समाचार पूरी तरह से मनगढ़ंत है और इसमें कोई सच्चाई नहीं है. विराट कोहली ने शेयर की इंस्टाग्राम स्टोरी, Pic- Screenshot/Instagram (Virat Kohli) लंदन शिफ्ट हो चुका है कोहली का परिवार  यह बात सभी जानते हैं कि विराट कोहली अब अपने परिवार के साथ पूरी तरह से लंदन में ही शिफ्ट हो चुके हैं. जब भी हिंदुस्तानीय क्रिकेट टीम कोई घरेलू सीरीज स्पोर्ट्सती है, तो वह लंदन से हिंदुस्तान आते हैं. इसी कड़ी में अब आईपीएल का नया सीजन स्पोर्ट्सने के लिए भी वह लंदन से हिंदुस्तान लौट चुके हैं. वह इस समय पूरी तरह से क्रिकेट पर अपना ध्यान लगा रहे हैं और सोशल मीडिया की अफवाहों से दूर रहना पसंद कर रहे हैं. RCB के ट्रेनिंग कैंप में बहा रहे पसीना  कोहली इस समय बेंगलुरु के चिन्नास्वामी स्टेडियम में आरसीबी के ट्रेनिंग कैंप का अहम हिस्सा हैं. हाल ही में आरसीबी के पहले ट्रेनिंग सेशन में कोहली ने टीम के सभी युवा खिलाड़ियों को अपना 120 प्रतिशत योगदान देने का मूल मंत्र दिया था. वह हमेशा की तरह अपनी फिटनेस और स्पोर्ट्स को लेकर बहुत ज्यादा गंभीर हैं. कोहली का पूरा ध्यान अब 28 मार्च को होने वाले सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ पहले मुकाबले पर लगा हुआ है. लगातार दूसरी बार चैंपियन बनने पर नजर  37 साल के हो चुके विराट कोहली अब केवल आईपीएल के जरिए ही टी20 क्रिकेट स्पोर्ट्सते नजर आते हैं. उन्होंने साल 2024 में टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से पूरी तरह संन्यास ले लिया था. पिछले साल यानी 2025 में उनके रहते आरसीबी ने 18 साल के लंबे इंतजार के बाद पहली बार आईपीएल चैंपियन बनने का स्वाद चखा था. अब कोहली पहली बार बतौर चैंपियन इस नए सीजन की शुरुआत करेंगे और अपनी टीम को लगातार दूसरी बार खिताब जिताने की पूरी कोशिश करेंगे. ये भी पढ़ें- PSL को लगा झटका, श्रीलंका के इस खिलाड़ी ने IPL 2026 में की धांसू एंट्री इस बार नंबर 6, IPL 2026 से पहले रोहित शर्मा की हुंकार, हार्दिक के सामने किया ऐलान IPL 2026 से पहले वैभव का मजेदार बयान, रनों का टारगेट सुनकर आप हो जाएंगे हैरान The post IPL 2026 के बीच लंदन जाने की मांग पर विराट कोहली ने खुद बताई सच्चाई appeared first on Naya Vichar.

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भवानीपुर चुनाव 2026: ममता बनर्जी vs शुभेंदु अधिकारी, क्या बचेगा दीदी का सबसे मजबूत किला?

Bhowanipore Assembly Seat 2026: पश्चिम बंगाल की नेतृत्व के लगातार बदलते परिदृश्य में भवानीपुर विधानसभा जैसी कुछ ही सीटें हैं, जिनके साथ इतिहास और प्रतीकात्मक महत्व इतनी गहराई से जुड़ा हुआ है. यह केवल एक विधानसभा क्षेत्र नहीं, बल्कि वह नेतृत्वक सफर है, जो राज्य में कांग्रेस के लंबे प्रभुत्व से लेकर तृणमूल कांग्रेस के उभार तक के बदलाव को साफ तौर पर दर्शाता है. प्रभावशाली नेताओं का आधार रही भवानीपुर विधानसभा सीट आज मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का नेतृत्वक गढ़ मानी जाने वाली भवानीपुर सीट हमेशा से तृणमूल कांग्रेस की पहचान नहीं रही. आजादी के बाद दशकों तक दक्षिण कोलकाता की यह सीट कांग्रेस का मजबूत गढ़ थी और राज्य के कई प्रभावशाली नेताओं का नेतृत्वक आधार रही. भवानीपुर का सामाजिक गणित : क्यों है यह ‘मिनी इंडिया’? दक्षिण कोलकाता की यह सीट अपनी बहुसांस्कृतिक पहचान के लिए जानी जाती है. यहां की आबादी का मिश्रण ही इसे नेतृत्वक रूप से रोचक बनाता है. बंगाली हिंदू : लगभग 42 प्रतिशत गैर-बंगाली (हिंदी भाषी/व्यापारी वर्ग) : 34 प्रतिशत मुस्लिम मतदाता : करीब 24 प्रतिशत कोलकाता का प्रसिद्ध कालीघाट मंदिर और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का निवास इसी क्षेत्र में है. इससे इस सीट का महत्व और बढ़ जाता है. पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धार्थ शंकर रे भवानीपुर से जीते पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धार्थ शंकर रे ने इस सीट से कांग्रेस उम्मीदवार के रूप में और बाद में निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर चुनाव जीता. कांग्रेस के अन्य दिग्गज नेताओं जैसे मीरा दत्ता गुप्ता और रथिन तालुकदार ने भी इस क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया, जिससे भवानीपुर कांग्रेस का प्रमुख शहरी गढ़ बन गया. कुछ दिनों के लिए वामदलों के कब्जे में रही भवानीपुर कई वर्षों तक यह सीट कांग्रेस के प्रभाव में रही, जबकि वामपंथी दल उस समय केवल 1969 में थोड़े समय के लिए यहां जीत हासिल कर सके, जब इस सीट का नाम बदलकर कालीघाट विधानसभा क्षेत्र कर दिया गया था. मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के नेता साधन गुप्ता ने बांग्ला कांग्रेस और माकपा की संयुक्त मोर्चा की दूसरी प्रशासन के दौरान यह सीट जीती. वह 1953 में हिंदुस्तान के पहले दृष्टिहीन सांसद बने थे. बंगाल की समाचारें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें 1972 में नक्शे से गायब हो गयी भवानीपुर सीट भवानीपुर की नेतृत्वक यात्रा ने तब अप्रत्याशित मोड़ ले लिया, जब यह सीट 1972 में परिसीमन के बाद चुनावी नक्शे से ही गायब हो गयी. लगभग 4 दशकों तक यह सीट केवल नेतृत्वक स्मृतियों में ही बनी रही. वर्ष 2011 के परिसीमन के दौरान यह सीट दोबारा अस्तित्व में आयी, तब पश्चिम बंगाल की नेतृत्व भी बड़े बदलाव के दौर से गुजर रही थी. उसी वर्ष वाम मोर्चा के 34 साल के शासन का अंत हुआ और ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस की नेता ममता बनर्जी का दौर शुरू हुआ. 2011 में सुब्रत बक्शी ने जीती सीट नये सिरे से बनी भवानीपुर सीट जल्द ही तृणमूल के उभार से जुड़ गयी. ममता बनर्जी ने 2011 के पहले चुनाव में अपने करीबी सहयोगी सुब्रत बक्शी को इस सीट से उम्मीदवार बनाया. बक्शी ने 64 प्रतिशत से अधिक वोट हासिल करके माकपा के नारायण जैन को करीब 50,000 वोट से हराया और भवानीपुर को तृणमूल का मजबूत गढ़ बना दिया. इसे भी पढ़ें : बंगाल चुनाव 2026: 63 लाख वोटर गायब और ‘अस्मिता’ की जंग, ममता बनर्जी बचा पायेंगी अपना किला? भवानीपुर से उपचुनाव लड़कर पहली बार सीएम बनीं ममता बाद में सुब्रत बक्शी ने सीट छोड़ दी, ताकि तृणमूल की भारी जीत के बाद मुख्यमंत्री बनीं ममता बनर्जी उपचुनाव के जरिये विधानसभा में प्रवेश कर सकें. ममता बनर्जी ने करीब 77 प्रतिशत वोट हासिल कर माकपा की नंदिनी मुखर्जी को 54,000 से अधिक मतों से हराया और भवानीपुर में अपना मजबूत नेतृत्वक आधार स्थापित किया. तब से यह सीट तृणमूल के कब्जे में बनी हुई है. कई-हाई प्रोफाइल मुकाबले हुए, लेकिन नतीजा नहीं बदला कोलकाता के महापौर और पश्चिम बंगाल प्रशासन के मंत्री फिरहाद हकीम कहते हैं कि भवानीपुर हमारे लिए सिर्फ एक सीट नहीं है. यह वह जगह है, जहां लोगों ने ममता बनर्जी की विकास और समावेश की नेतृत्व पर बार-बार भरोसा जताया है. वर्षों से भवानीपुर में कई हाई-प्रोफाइल मुकाबले हुए, लेकिन नतीजा नहीं बदला. इसे भी पढ़ें : बंगाल चुनाव 2026: भितरघात और SIR का घातक कॉकटेल, 120 सीटों पर बिगड़ सकता है दिग्गजों का स्पोर्ट्स! 2016 में ममता बनर्जी ने दीपा दासमुंशी को हराया वर्ष 2016 के विधानसभा चुनाव में वाम दलों और कांग्रेस ने गठबंधन कर वरिष्ठ कांग्रेस नेता दीपा दासमुंशी को ममता बनर्जी के खिलाफ उतारा. इस मुकाबले को ‘दीदी बनाम बौदी’ के रूप में पेश किया गया. ममता दीदी ने 65,520 वोट हासिल कर दीपा दासमुंशी को आसानी से हरा दिया. दीपा को 40,219 वोट मिले. भाजपा के चंद्र कुमार बोस तीसरे स्थान पर रहे, जो नेताजी सुभाष चंद्र बोस के परिवार से ताल्लुक रखते हैं. 2021 में फिर भवानीपुर से उपचुनाव जीतकर बनीं सीएम पांच साल बाद 2021 के बंगाल विधानसभा चुनाव में ममता बनर्जी ने नंदीग्राम से चुनाव लड़ने का फैसला किया, जहां उनका मुकाबला उनके पूर्व सहयोगी शुभेंदु अधिकारी से हुआ. भवानीपुर से तृणमूल ने शोभनदेव चट्टोपाध्याय को उम्मीदवार बनाया. भाजपा ने यहां से अभिनेता रुद्रनील घोष को टिकट दया. घोष को 44,786 वोट मिले, जो इस सीट पर किसी विपक्षी उम्मीदवार को अब तक मिले सबसे ज्यादा वोट थे. फिर भी वह 28,000 से अधिक वोटों से हार गये. इसे भी पढ़ें : बंगाल 2026 चुनाव से पहले Video वायरल, EVM बटन पर ‘इत्र’ का तानाशाही मॉडल? ममता बनर्जी के लिए शोभनदेव ने खाली की थी सीट उसी वर्ष यह सीट और अधिक महत्वपूर्ण हो गयी. नंदीग्राम में शुभेंदु अधिकारी से 1,956 वोटों से हारने के बाद पश्चिम बंगाल की चीफ मिनिस्टर ममता बनर्जी को मुख्यमंत्री बने रहने के लिए उपचुनाव जीतना जरूरी था. एक बार फिर भवानीपुर केंद्र में आया. शोभनदेव चट्टोपाध्याय ने सीट खाली की और टीएमसी सुप्रीमो ने भाजपा की प्रियंका टिबरेवाल के खिलाफ उपचुनाव लड़ा. 2021 के चुनाव में ममता बनर्जी को मिले 72 प्रतिशत मत ममता बनर्जी ने 58,000 से अधिक वोटों के अंतर से प्रियंका टिबरेवाल को पराजित किया. टीएमसी सुप्रीमो को लगभग 72 प्रतिशत मत मिले. इसके साथ ही भवानीपुर उनकी सबसे भरोसेमंद

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WiFi पासवर्ड बिना बताए दूसरों के साथ कैसे शेयर करें? बेहद आसान है तरीका

क्या आपने कभी ऐसा महसूस किया है कि दोस्तों, परिवार या ऑफिस के लोगों को WiFi देना ही एक झंझट बन जाता है? कभी पासवर्ड याद नहीं रहता, तो कभी आप उसे बताना ही नहीं चाहते. अच्छी बात ये है कि अब Android स्मार्टफोन्स में इसका आसान और स्मार्ट समाधान मौजूद है. लंबे-चौड़े और मुश्किल पासवर्ड टाइप करने की जरूरत नहीं है. Android आपको QR कोड या सीधे स्क्रीन के जरिए WiFi शेयर करने की सुविधा देता है. यानी काम भी जल्दी हो जाता है और आपका पासवर्ड भी सेफ रहता है. तो आइए जानते हैं एक आसान और पूरी गाइड, जिससे आप Android फोन में WiFi पासवर्ड झटपट शेयर कर सकते हैं वो भी बिना पासवर्ड बताए. इन बातों का रखें ध्यान  स्टेप्स जानने से पहले एक छोटी-सी चेकलिस्ट पूरी कर लें. सबसे पहले ये कन्फर्म कर लें कि आपका स्मार्टफोन इस फीचर को सपोर्ट करता है या नहीं. अगर आपका फोन Android 8 (Oreo) या उससे ऊपर के वर्जन पर चलता है, तो आप आसानी से WiFi पासवर्ड शेयर कर सकते हैं. दूसरी बात, आपका फोन उसी WiFi नेटवर्क से पहले से कनेक्ट होना चाहिए, जिसे आप शेयर करना चाहते हैं. और आखरी, फोन में कोई सिक्योर लॉक जरूर लगा हो. जैसे PIN, फिंगरप्रिंट या फेस अनलॉक. WiFi पासवर्ड शेयर कैसे करें? सबसे पहले अपना फोन अनलॉक करें और होम स्क्रीन या ऐप ड्रॉअर से Settings ऐप खोल लें. अब थोड़ा नीचे स्क्रॉल करें और Network & Internet पर टैप करें. (कुछ फोन में ये Connections या WiFi & Network के नाम से भी दिख सकता है) इसके बाद WiFi में जाएं और उस नेटवर्क को चुनें जिससे आप इस समय जुड़े हुए हैं. यही नेटवर्क आप शेयर करना चाहते हैं. अब स्क्रीन पर आपको Share का ऑप्शन दिखेगा, उस पर टैप कर दें. सिक्योरिटी के लिए आपका फोन आपसे PIN, पासवर्ड, फिंगरप्रिंट या फेस अनलॉक से वेरिफिकेशन मांगेगा. बस उसे पूरा कर दें. जैसे ही आप वेरिफाई करेंगे, आपके सामने एक QR Code आ जाएगा. इसी QR कोड में आपके WiFi की सारी डिटेल्स होती हैं, जिसे कोई भी स्कैन करके आसानी से कनेक्ट हो सकता है. यह भी पढ़ें: WiFi राउटर के पीछे छुपा USB पोर्ट है बड़े काम का, कर सकते हैं ये सारे काम The post WiFi पासवर्ड बिना बताए दूसरों के साथ कैसे शेयर करें? बेहद आसान है तरीका appeared first on Naya Vichar.

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ग्रह-नक्षत्र बताएंगे आपका आने वाला दिन सोमवार कैसा रहेगा, पढ़ें कल 23 मार्च का राशिफल

Kal Ka Rashifal 23 March 2026: कल सूर्योदय कालीन ग्रहों की बात करें तो सूर्य के साथ शुक्र और शनि मीन राशि में रहेंगे. मंगल, बुध, राहु कुम्भ राशि में विराजमान है. चंद्रमा वृषभ राशि संचरण करेंगे. देव गुरु बृहस्पति मिथुन राशि में हैं और केतु सिंह राशि में मौजूद रहेंगे. आइए जानते हैं, ज्योतिषाचार्य एवं आध्यात्मिक गुरु डॉ. श्रीपति त्रिपाठी से कि कल इन ग्रहों का आपकी राशि पर क्या प्रभाव पड़ेगा. मेष कल का राशिफल मेष राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के द्वितीय भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपका दिन जोश और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर रहेगा. कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत का अच्छा परिणाम मिलेगा. रुके हुए कार्यों में गति आएगी, जिससे मन प्रसन्न रहेगा. आर्थिक मामलों में समझदारी से निर्णय लें और अनावश्यक खर्चों से बचें. परिवार में सुखद वातावरण रहेगा. स्वास्थ्य सामान्य रहेगा.शुभ अंक: 3शुभ रंग: लाल वृषभ कल का राशिफल वृषभ राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के प्रथम भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपका दिन धैर्य और स्थिरता के साथ आगे बढ़ने का संकेत देता है. नौकरी और व्यापार में योजनाएं सफल होंगी. आय के नए स्रोत बन सकते हैं, लेकिन खर्चों पर नियंत्रण रखें. परिवार में प्रेम और सौहार्द बना रहेगा. स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, लेकिन खान-पान में संतुलन बनाए रखें और नियमित व्यायाम करें.शुभ अंक: 6शुभ रंग: क्रीम मिथुन कल का राशिफल मिथुन राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के द्वादश भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपकी चतुराई और संवाद क्षमता आपको सफलता दिलाएगी. कार्यक्षेत्र में नए अवसर मिल सकते हैं और आपकी प्रशंसा होगी. व्यापार में लाभ के योग हैं. परिवार के साथ समय अच्छा बीतेगा. मित्रों से मुलाकात खुशी देगी. स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, लेकिन मानसिक तनाव से बचें. पर्याप्त नींद लें और सकारात्मक सोच रखें.शुभ अंक: 5शुभ रंग: हरा कर्क कल का राशिफल कर्क राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के एकादश भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपका दिन भावनात्मक संतुलन बनाए रखने का है. कार्यक्षेत्र में धैर्य से काम लें, सफलता धीरे-धीरे मिलेगी. परिवार में शांति और सहयोग बना रहेगा. आर्थिक स्थिति सामान्य रहेगी. स्वास्थ्य में सुधार होगा, लेकिन मौसम का ध्यान रखें. ध्यान और योग से मन को शांति मिलेगी और मानसिक स्थिरता बनी रहेगी.शुभ अंक: 2शुभ रंग: सफेद सिंह कल का राशिफल सिंह राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के दशम भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपका आत्मविश्वास और नेतृत्व कौशल उभरकर सामने आएगा. कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं, जिन्हें आप बखूबी निभाएंगे. व्यापार में लाभ और विस्तार के योग हैं. आर्थिक स्थिति मजबूत होगी. परिवार में सम्मान बढ़ेगा. स्वास्थ्य अच्छा रहेगा.शुभ अंक: 1शुभ रंग: सुनहरा कन्या कल का राशिफल कन्या राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के नवम भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपकी मेहनत और अनुशासन आपको सफलता दिलाएंगे. कार्यक्षेत्र में आपकी कार्यकुशलता की सराहना होगी. आर्थिक मामलों में सतर्कता बरतें. परिवार में सुखद वातावरण रहेगा. स्वास्थ्य सामान्य रहेगा. संतुलित आहार और नियमित दिनचर्या अपनाएं.शुभ अंक: 7शुभ रंग: भूरा तुला कल का राशिफल तुला राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के अष्टम भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल संतुलन और समझदारी से काम लेना आपके लिए फायदेमंद रहेगा. नौकरी में सहयोग मिलेगा और कार्य समय पर पूरे होंगे. व्यापार में नई योजनाएं सफल हो सकती हैं. परिवार में प्रेम और सामंजस्य बना रहेगा. स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, लेकिन मानसिक तनाव से दूर रहें. निर्णय सोच-समझकर लें.शुभ अंक: 4शुभ रंग: आसमानी वृश्चिक कल का राशिफल वृश्चिक राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के सप्तम भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपको साहस और आत्मसंयम के साथ आगे बढ़ना होगा. कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत सफल होगी. आर्थिक स्थिति में सुधार के संकेत हैं. परिवार में सहयोग बना रहेगा. स्वास्थ्य धीरे-धीरे बेहतर होगा. ध्यान और योग से मानसिक शांति मिलेगी. किसी भी कार्य में गोपनीयता बनाए रखें.शुभ अंक: 9शुभ रंग: लाल धनु कल का राशिफल धनु राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के षष्ठम भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल भाग्य आपका साथ देगा और रुके हुए कार्य पूरे होंगे. नौकरी और व्यापार में प्रगति होगी. परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा. स्वास्थ्य अच्छा रहेगा. यात्रा के योग बन सकते हैं. धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी. सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ें और आलस्य से बचें.शुभ अंक: 8शुभ रंग: पीला मकर कल का राशिफल मकर राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के पंचम भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल मेहनत और धैर्य का अच्छा परिणाम मिलेगा. कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारी मिल सकती है. आर्थिक स्थिति मजबूत होगी. परिवार में सामंजस्य बना रहेगा. स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, लेकिन थकान से बचें. वरिष्ठों का मार्गदर्शन लाभदायक रहेगा. आज भविष्य की योजनाएं बनाना शुभ रहेगा.शुभ अंक: 10शुभ रंग: नीला कुंभ कल का राशिफल कुंभ राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के चतुर्थ भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल दिन नए विचारों और रचनात्मकता से भरपूर रहेगा. नौकरी में नए अवसर मिल सकते हैं. व्यापार में लाभ के संकेत हैं. परिवार में खुशी बनी रहेगी. मित्रों से सहयोग मिलेगा. स्वास्थ्य अच्छा रहेगा. अपने विचारों को खुलकर व्यक्त करें और नए कार्यों की शुरुआत करें.शुभ अंक: 11शुभ रंग: बैंगनी मीन कल का राशिफल मीन राशि: कल चंद्रमा आपकी राशि के तृतीय भाव में स्थित रहेंगे, जिसके कारण कल आपकी संवेदनशीलता और कल्पनाशक्ति बढ़ेगी. कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी. आर्थिक मामलों में संतुलन बनाए रखें. परिवार में सुखद वातावरण रहेगा. स्वास्थ्य सामान्य रहेगा. ध्यान और भक्ति से मानसिक शांति प्राप्त होगी. सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाएं और आत्मविश्वास बनाए रखें.शुभ अंक: 12शुभ रंग: हरा Also Read: मीन राशि में मंगल की एंट्री से बनेगा शनि-मंगल योग, इन 5 राशियों को रहना होगा संभलकर The post ग्रह-नक्षत्र बताएंगे आपका आने वाला दिन सोमवार कैसा रहेगा, पढ़ें कल 23 मार्च का राशिफल appeared first on Naya Vichar.

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ममता की 300 रुपए वाली प्रतिज्ञा से उद्योग जगत चिंतित, क्या चुनावी वादे से बंद हो जायेंगे दार्जिलिंग के चाय बागान?

West Bengal Election 2026: ममता बनर्जी की पार्टी अखिल हिंदुस्तानीय तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने बंगाल चुनाव 2026 से पहले चाय बागान श्रमिकों की न्यूनतम दैनिक मजदूरी बढ़ाकर 300 रुपए करने का वादा किया है. इस चुनावी वादे पर उद्योग जगत ने सतर्क प्रतिक्रिया दी है. मजदूरी तय करने के लिए परामर्श प्रक्रिया जरूरी – उद्योग जगत उद्योग जगत का कहना है कि मजदूरी में किसी भी संशोधन के लिए इस क्षेत्र की नाजुक वित्तीय स्थिति को ध्यान में रखना चाहिए. नौकरी देने वालों, ट्रेड यूनियनों तथा प्रशासन को शामिल करने वाली स्थापित परामर्श प्रक्रिया का पालन करना चाहिए. दीदी की 10 प्रतिज्ञा में चाय श्रमिकों की मजदूरी 250 से 300 रुपए करने का वादा पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए अपने चुनावी घोषणापत्र में सत्तारूढ़ टीएमसी ने चाय बागान श्रमिकों की दैनिक मजदूरी 250 रुपए से बढ़ाकर 300 रुपए करने का संकल्प लिया है. पार्टी ने यह भी कहा कि वह हरी चाय की पत्तियों पर कृषि आयकर की छूट को 2027 तक बढ़ायेगी और बागान श्रमिकों के लिए ‘चा सुंदरी’ आवास योजना जैसी कल्याणकारी पहल जारी रखेगी. बंगाल की समाचारें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें बातचीत से तय होता है चाय श्रमिकों का वेतन – टीएआई उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने कहा है कि चाय क्षेत्र में वेतन निर्धारण पारंपरिक रूप से तय बातचीत प्रक्रिया के माध्यम से होता है. हिंदुस्तानीय चाय संघ (टीएआई) के महासचिव पीके भट्टाचार्य ने कहा कि उत्तर बंगाल में मजदूरी तंत्र एक बहु-हितधारक मंच के माध्यम से तय किया जाता है. उत्तर बंगाल में वेतन, न्यूनतम मजदूरी सलाहकार बोर्ड नामक निकाय द्वारा तय किया जाता है. यह एक निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है, जिसमें इम्प्लॉयर, प्रशासन और ट्रेड यूनियन के प्रतिनिधि भाग लेते हैं. पीके भट्टाचार्य, महासचिव, हिंदुस्तानीय चाय संघ कई पहलुओं को ध्यान में रखकर तय होती है मजदूरी भट्टाचार्य ने कहा कि इसमें उद्योग की भुगतान क्षमता, बाजार की स्थिति और लागू प्रावधानों जैसे सभी पहलुओं पर विचार किया जाता है. इसलिए, उद्योग के रूप में यह आशा की जाती है कि मजदूरी लागू करने से पहले इन सभी पहलुओं पर गौर किया जायेगा. बंद हो रहे दार्जिलिंग के चाय बागान नाम न छापने की शर्त पर दार्जिलिंग चाय उद्योग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि पहाड़ियों के कई बागान पहले से ही वजूद बचाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं. दार्जिलिंग के 78 चाय बागानों में 7-8 बागान नेपाल से सस्ती चाय की डंपिंग के कारण पहले ही बंद हो चुके हैं. ऐसी स्थिति में मजदूरी में वृद्धि बिल्कुल टिकाऊ नहीं है. अगर लागत का दबाव बढ़ता रहा, तो और भी बागान बंद हो सकते हैं. इसे भी पढ़ें ममता बनर्जी की 10 ‘महा-प्रतिज्ञाएं’: लक्ष्मी भंडार की राशि बढ़ी, बेरोजगारों को भत्ता, जानें दीदी के पिटारे से और क्या निकला बंगाल चुनाव 2026: ममता बनर्जी की स्त्री ब्रिगेड में टोटो चालक की पत्नी से राष्ट्रपति से सम्मानित किसान तक बंगाल चुनाव 2026: कल्याणकारी योजनाएं बनाम सत्ता-विरोधी लहर, ममता बनर्जी के 15 साल के शासन की सबसे बड़ी अग्निपरीक्षा ईद के दिन ममता बनर्जी का विवादित बयान- पीएम मोदी को कहा सबसे बड़ा घुसपैठिया, शुभेंदु ने किया पलटवार The post ममता की 300 रुपए वाली प्रतिज्ञा से उद्योग जगत चिंतित, क्या चुनावी वादे से बंद हो जायेंगे दार्जिलिंग के चाय बागान? appeared first on Naya Vichar.

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