प्रभारी मंत्री ने कहा- योजनाओं की गुणवत्ता और समयबद्धता से नहीं होगा समझौता, लंबित कार्यों को जल्द पूरा करें अधिकारी
नया विचार न्यूज़ समस्तीपुर | समाहरणालय सभागार में सोमवार को जिला कार्यक्रम एवं कार्यान्वयन समिति की बैठक हुई। परिवहन मंत्री सह समस्तीपुर के प्रभारी मंत्री दामोदर रावत की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिले में संचालित विकास एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की विभागवार समीक्षा की गई। इस दौरान अधिकारियों को योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाने और लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराने के निर्देश दिए गए।
बैठक की शुरुआत जिलाधिकारी रोशन कुशवाहा ने प्रभारी मंत्री एवं जनप्रतिनिधियों का स्वागत कर जिले में चल रही योजनाओं की अद्यतन स्थिति से अवगत कराया। इसके बाद विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने योजनाओं की प्रगति, उपलब्धियों, वित्तीय स्थिति और लंबित कार्यों की जानकारी समिति के समक्ष रखी।
बैठक में ग्रामीण विकास, सड़क एवं आधारभूत संरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, सिंचाई, बिजली, पेयजल, स्वच्छता, सामाजिक सुरक्षा, पंचायती राज और नगर विकास समेत विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा की गई। प्रभारी मंत्री ने कहा कि विकास योजनाओं का उद्देश्य केवल स्वीकृति देना नहीं, बल्कि उसका वास्तविक लाभ आम लोगों तक पहुंचाना है। उन्होंने कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता बनाए रखने का निर्देश दिया। लापरवाही या अनियमितता मिलने पर संबंधित अधिकारी और कर्मी की जवाबदेही तय करने की बात भी कही।
जनप्रतिनिधियों ने उठाए क्षेत्रीय मुद्दे
बैठक में सांसद, विधायक, विधान पार्षद, मेयर और जिला परिषद अध्यक्ष समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने अपने क्षेत्रों से जुड़े जनहित के मुद्दे उठाए। सड़क निर्माण व मरम्मत, जल निकासी, पेयजल, बिजली आपूर्ति, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और ग्रामीण आधारभूत सुविधाओं से संबंधित समस्याओं पर चर्चा हुई। प्रभारी मंत्री ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को इन मामलों पर नियमसंगत और प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं की नियमित समीक्षा एवं स्थल निरीक्षण करने तथा निर्धारित समय सीमा में कार्य पूरा कराने को कहा। जिलाधिकारी ने भी सभी जिला स्तरीय अधिकारियों को लंबित कार्यों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।
विधि-व्यवस्था पर भी हुई चर्चा
बैठक में विकास कार्यों के साथ जिले की विधि-व्यवस्था और प्रशासनिक समन्वय की भी समीक्षा की गई। पुलिस अधीक्षक अरविंद प्रताप सिंह ने जिले की विधि-व्यवस्था की स्थिति की जानकारी दी। प्रभारी मंत्री ने जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय बनाकर आम लोगों को सुरक्षित और सुगम वातावरण उपलब्ध कराने पर जोर दिया।

बैठक में सांसद शांभवी, विधान पार्षद तरुण कुमार, विधायक वीरेंद्र कुमार, राजकुमार राय, मांजरिक मृणाल, अजय कुमार, अश्वमेघ देवी, मेयर अनीता राम, जिला परिषद अध्यक्ष खुशबू कुमारी, समिति के उपाध्यक्ष दुर्गेश कुमार एवं उपेंद्र कुमार कुशवाहा सहित अन्य जनप्रतिनिधि और जिला स्तरीय पदाधिकारी मौजूद रहे।