नया विचार न्यूज़ सरायरंजन। समस्तीपुर जिले के सरायरंजन थाना क्षेत्र के कल्याणपुर स्थित विनोद नर्सिंग होम में प्रसव के लिए भर्ती कराई गई एक प्रसूता की इलाज के दौरान मौत हो जाने के बाद मंगलवार को परिजनों ने जमकर हंगामा किया। आक्रोशित लोग पटना से शव लेकर सीधे नर्सिंग होम पहुंचे और अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई तथा चिकित्सक की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मृतका की पहचान मोहिउद्दीननगर थाना क्षेत्र के तेतारपुर निवासी मोती कुमार की 25 वर्षीय पत्नी अंशु कुमारी के रूप में हुई है। परिजनों ने बताया कि अंशु कुमारी अपने मायके नगमा गांव में रह रही थीं। 30 जुलाई को प्रसव पीड़ा होने पर गांव की आशा कार्यकर्ता मंजू देवी उन्हें प्रशासनी अस्पताल ले जाने के बजाय विनोद नर्सिंग होम में भर्ती करा गईं।
परिजनों के अनुसार अस्पताल में ऑपरेशन के जरिए शिशु का जन्म कराया गया, लेकिन इसके बाद प्रसूता की तबीयत लगातार बिगड़ने लगी। कई बार डॉक्टर को जानकारी देने के बावजूद समय पर उचित इलाज नहीं किया गया। परिजनों का आरोप है कि इलाज के नाम पर करीब चार लाख रुपये खर्च कराने के बाद भी स्त्री की स्थिति गंभीर बनी रही।

बाद में प्रसूता को समस्तीपुर के एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने कथित तौर पर ऑपरेशन के दौरान गंभीर जटिलता होने और अत्यधिक रक्तस्राव की बात कही। वहां 14 यूनिट रक्त चढ़ाने के बाद भी हालत में सुधार नहीं हुआ। इसके बाद स्त्री को पटना रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान आठ यूनिट और रक्त चढ़ाया गया। बावजूद इसके मंगलवार सुबह उसकी मौत हो गई।
मृतका की मौत के बाद परिजनों ने नर्सिंग होम प्रबंधन पर लापरवाही, बिना पर्याप्त व्यवस्था के ऑपरेशन करने तथा गलत इलाज का आरोप लगाया। स्थानीय लोगों ने भी दावा किया कि इस नर्सिंग होम में पहले भी इलाज के दौरान कई मरीजों की मौत हो चुकी है और पूर्व में प्रशासन द्वारा कार्रवाई भी की गई थी। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
सरायरंजन थानाध्यक्ष धनंजय कुमार सिंह ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पूरे मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

