Hot News

आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 88 में जांच के दौरान मिलीं गंभीर अनियमितताएं

डीपीओ के बाद स्त्री पर्यवेक्षिका ने भी पकड़ी गड़बड़ी, सेविका से 48 घंटे में जवाब तलब

उदाकिशुनगंज. सीडीपीओ के आदेश पर नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड नंबर 18 अंतर्गत महेशुआ गांव के गोठ बस्ती स्थित आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 88 की स्त्री पर्यवेक्षिका निशा कुमारी ने जांच की. जांच के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं पायीं गयी. स्त्री पर्यवेक्षिका ने जांच रिपोर्ट वरीय पदाधिकारी को समर्पित करने की बात कही है. इससे पूर्व गुरुवार को डीपीओ सीमा कुमारी ने डीएम के आदेश पर उक्त आंगनबाड़ी केंद्र का औचक निरीक्षण किया था. निरीक्षण में डीपीओ ने भी बड़ी गड़बड़ियां पकड़ी थीं. इसके बाद सेविका से स्पष्टीकरण की मांग की गयी है. डीपीओ ने अपने पत्र में बताया है कि 29 जनवरी को निरीक्षण के दौरान सेविका व सहायिका निर्धारित पोशाक में उपस्थित नहीं पाई गयीं. स्कूल पूर्व शिक्षा के तहत केवल 12 शिशु ही केंद्र पर मौजूद थे. साथ ही केंद्र पर पोषाहार मेन्यू बोर्ड भी उपलब्ध नहीं था.

गैस की जगह मिट्टी के चूल्हे पर बन रहा था खाना

निरीक्षण के दौरान केंद्र पर गंदगी का अंबार पाया गया. जांच के दिन बच्चों को सुबह का नाश्ता नहीं दिया गया था. केंद्र पर गर्म पका भोजन न तो बना हुआ पाया गया और न ही उसकी कोई तैयारी की गयी थी. रिपोर्ट में बताया गया कि केंद्र पर मिट्टी के चूल्हे पर खाना बनाने की व्यवस्था पायी गयी, जबकि विभाग द्वारा गर्म पका भोजन के लिए दो गैस सिलेंडर व चूल्हा उपलब्ध कराया गया है. गैस सिलेंडर और चूल्हा अलग-अलग अवस्था में रखा पाया गया, जिसका उपयोग नहीं हो रहा था. केंद्र पर बच्चों को सुबह के नाश्ते के साथ दूध का वितरण किया जाना था, लेकिन दूध वितरण नहीं किया गया. इससे संबंधित कोई भी साक्ष्य केंद्र पर उपलब्ध नहीं पाया गया. जांच के दौरान केवल निरीक्षण पंजी, बच्चों की उपस्थिति पंजी और सेविका सहायिका उपस्थिति पंजी ही उपलब्ध था. बच्चों की उपस्थिति पंजी में पंजीकृत बच्चों का ग्रेड भी अंकित नहीं पाया गया.

पीएमएमभीवाइ व भंडार पंजी भी नहीं मिले

केंद्र पर पीएमएमभीवाइ पंजी व भंडार पंजी उपलब्ध नहीं पाया गया. सेविका ने बताया कि पंजी केंद्र पर नहीं है. डीपीओ द्वारा एफआरएस की स्थिति की समीक्षा के दौरान भी सेविका स्पष्ट जानकारी नहीं दे सकी. पोषण ट्रैकर पर परिवार सर्वे, लाभुकों का आभा आइडी निर्माण, मोबाइल संख्या सत्यापन व लाभुकों का जब एफआरएस का कार्य शत प्रतिशत पूरा नहीं पाया गया, जिसे डीपीओ ने गंभीर लापरवाही माना है. डीपीओ ने सेविका से 48 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण का जवाब मांगा है. निर्धारित समय-सीमा के भीतर जवाब नहीं मिलने की स्थिति में सेविका के खिलाफ नियमानुसार विधि सम्मत कार्रवाई की बात कही गयी है. शनिवार को स्त्री पर्यवेक्षिका निशा कुमारी ने भी जांच के दौरान लगभग इसी तरह की गड़बड़ियां पायीं. जांच के समय पोषाहार समिति के सदस्यों ने बताया कि पिछले डेढ़ साल से उनसे किसी भी प्रकार का हस्ताक्षर नहीं कराया गया है. गौरतलब है कि वार्ड पार्षद रमण कुमार राणा की शिकायत पर आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 88 की लगातार जांच की जा रही है.

The post आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 88 में जांच के दौरान मिलीं गंभीर अनियमितताएं appeared first on Naya Vichar.

Spread the love

विनोद झा
संपादक नया विचार

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top