नया विचार न्यूज़ समस्तीपुर | गंगा नदी के जलस्तर में वृद्धि के कारण जिले के मोहनपुर, मोहिउद्दीननगर और विद्यापतिनगर प्रखंड के 26 ग्राम पंचायतों के 71 गांव बाढ़ से प्रभावित हैं। जिला प्रशासन के अनुसार बाढ़ की स्थिति नियंत्रण में है और प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है। प्रशासन की ओर से आवागमन, भोजन, स्वास्थ्य एवं पशु चिकित्सा समेत अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
प्रशासन के अनुसार बाढ़ से अब तक 2,33,212 लोग, 51,910 परिवार और 7,811 पशु प्रभावित हुए हैं। वहीं करीब 10,709.78 हेक्टेयर कृषि क्षेत्र में फसल प्रभावित हुई है। प्रभावित क्षेत्रों में आवागमन की सुविधा के लिए 155 निजी नावों का परिचालन कराया जा रहा है।
25 सामुदायिक रसोई में 44,350 लोगों ने किया भोजन
बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए अब तक 131 सामुदायिक रसोई खोली गई हैं। सोमवार को इनमें से 25 रसोई क्रियाशील रहीं, जहां 44,350 लोगों को भोजन कराया गया। प्रशासन के अनुसार अब तक सामुदायिक रसोई के माध्यम से कुल 7,24,463 भोजन वितरित किए जा चुके हैं। जरूरतमंद परिवारों के बीच अब तक 46,490 पॉलीथीन शीट का वितरण किया गया है।
3,858 लोगों का स्वास्थ्य शिविरों में इलाज
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य विभाग की ओर से अब तक 22 स्वास्थ्य शिविर लगाए गए हैं। सोमवार को शिविरों में 3,858 लोगों का इलाज किया गया, जबकि अब तक कुल 15,086 लोग स्वास्थ्य सेवाओं से लाभान्वित हुए हैं। बीमारियों से बचाव के लिए प्रभावित क्षेत्रों में सोमवार को 130 किलोग्राम ब्लीचिंग पाउडर का छिड़काव किया गया।
3,547 पशुओं का हो चुका है उपचार
पशु चिकित्सा विभाग की ओर से भी प्रभावित क्षेत्रों में लगातार चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। सोमवार को 66 पशुओं का उपचार किया गया। अब तक कुल 3,547 पशुओं का इलाज किया जा चुका है।
जिला पदाधिकारी ने बताया कि बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन के अनुसार अब तक किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है। सभी संबंधित विभागों को अलर्ट मोड में रखा गया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बुखार, दस्त या अन्य बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।