Hot News

Author name: Vinod Jha

nayavichar.com पर संपादक हैं। पटना स्थित स्वतंत्र पत्रकार और लेखक व एक दशक से अधिक का व्यापक अनुभव है। पत्रकारिता, प्रकाशन और विज्ञापन में अनुभव सभी प्रकार की सामग्री के साथ काम करने में सक्षम बनाता है: ब्लॉग पोस्ट, सोशल मीडिया सामग्री अच्छी तरह से शोध किए गए लेख और साथ ही प्रेस विज्ञप्तियाँ। यदि आप उच्च-गुणवत्ता वाली सामग्री की तलाश में हैं, तो nayavicharnews@gmail.com पर संपर्क करें। विशेषताएँ: रिपोर्टिंग, पत्रकारिता, लेखन और संचार, सोशल मीडिया

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

बेंगलुरु में दिखा बिहार-झारखंड की संस्कृति का जलवा, ज्योति होप फाउंडेशन का दूसरा मकर संक्रांति महोत्सव

Makar Sankranti Festival: बेंगलुरु में 1 फरवरी 2026 को एचएसआर लेआउट के समर्थनम प्रेक्षा गृह में ज्योति होप फाउंडेशन की ओर से दूसरा मकर संक्रांति महोत्सव का आयोजन बड़े हर्षोल्लास के साथ किया गया. इस अवसर पर नगर में निवास करने वाले बिहार और झारखंड के प्रबुद्ध नागरिकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया. यह आयोजन एक मिलन समारोह के रूप में सामने आया, जहां परंपरा, संस्कृति और सामाजिक एकता का सुंदर समावेश देखने को मिला. विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति समारोह में झारखंड से रांची सिक्योरिटी प्राइवेट लिमिटेड के अनिरुद्ध सिंह और कर्नाटक के पूर्व पुलिस महानिदेशक असित मोहन प्रसाद बतौर विशिष्ट अतिथि शामिल हुए. उल्लेखनीय है कि श्री असित मोहन प्रसाद मूल रूप से रांची के निवासी हैं, जिससे कार्यक्रम में झारखंड से भावनात्मक जुड़ाव और गहरा हो गया. अतिथियों की उपस्थिति ने आयोजन को विशेष गरिमा प्रदान की. भोजपुरी, मिथिला और नागपुरी संस्कृति की रंगारंग प्रस्तुति कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण सांस्कृतिक प्रस्तुतियां रहीं. बिहार की भोजपुरी और मिथिला लोकसंस्कृति के साथ झारखंड के नागपुरी नृत्य-गीत ने दर्शकों का मन मोह लिया. रांची सिक्योरिटी के मरदा रायडीह स्थित श्रीधर जान संस्थान से प्रशिक्षित और कर्नाटक के हासन शहर में हिम्मतसिंगका कंपनी में कार्यरत युवतियों की नागपुरी नृत्य प्रस्तुति को खूब सराहना मिली. यह प्रस्तुति झारखंड की सांस्कृतिक विरासत के लिए गर्व का विषय बनी. सम्मान, उपहार और पारंपरिक स्वाद सांस्कृतिक कार्यक्रमों के उपरांत गणमान्य अतिथियों को झारखंडी जोहार शॉल और मिथिला पेंटिंग भेंट कर सम्मानित किया गया. साथ ही ज्योति होप फाउंडेशन की ओर से प्रत्येक आगंतुक को उपहार प्रदान किया गया. मकर संक्रांति के अवसर पर दही-चिवड़ा, गुड़ और तिलकुट सहित पारंपरिक एवं स्वादिष्ट व्यंजनों का सभी ने भरपूर आनंद लिया. संस्कृति, समरसता और भावी पीढ़ी का संदेश इस मकर संक्रांति मिलन समारोह का मुख्य उद्देश्य प्रदेश से बाहर रहते हुए भी बिहार और झारखंड की सांस्कृतिक पहचान को जीवंत बनाए रखना है. सामाजिक समरसता, परंपरा और सामुदायिक गर्व की भावना को सशक्त करना इस आयोजन का मूल भाव रहा. ऐसे कार्यक्रम भावी पीढ़ी को अपनी जड़ों से जुड़े रहने का अवसर प्रदान करते हैं. इसे भी पढ़ें: Jharkhand Civic Polls: धनबाद के डीसी-एसपी ने डिस्पैच और रिसीविंग सेंटर का किया निरीक्षण, बारीकी से की जांच राष्ट्रभक्ति के संदेश के साथ समापन फाउंडेशन की अध्यक्षा डॉ ज्योति राज ने हिंदुस्तान हिंदुस्तानी संस्था का परिचय देते हुए राष्ट्रीय एकता, एकात्मता और विकसित हिंदुस्तान 2047 के लक्ष्य में सभी से योगदान देने का आह्वान किया. कार्यक्रम का समापन बंदे मातरम राष्ट्रगीत के 150 वर्ष पूरे होने के अवसर पर सामूहिक गान के साथ हुआ. आयोजन को सफल बनाने में ई-कॉम्प टेक्नोलॉजी के प्रबंध निदेशक गौतम राज की विशेष भूमिका रही. इसे भी पढ़ें: झारखंड के पूर्व मंत्री बन्ना गुप्ता की पत्नी ने मेयर चुनाव के लिए भरा पर्चा, जमशेदपुर के मानगो से करेंगी फाइट The post बेंगलुरु में दिखा बिहार-झारखंड की संस्कृति का जलवा, ज्योति होप फाउंडेशन का दूसरा मकर संक्रांति महोत्सव appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Bihar Budget 2026: गंगा-कोशी से हर खेत तक पानी, ₹15,000 करोड़ से बदलेगी बिहार की खेती-किसानी

Bihar Budget 2026: भू-जल रिचार्ज, हर खेत तक पानी और बाढ़ नियंत्रण. बिहार में पानी अब संकट नहीं, सिस्टम बनने की कोशिश में. राज्य प्रशासन ने ‘हर खेत तक सिंचाई का पानी’ पहुंचाने के संकल्प को हकीकत में बदलने के लिए 15,000 करोड़ रुपये से अधिक की बड़ी परियोजनाओं पर मुहर लगा दी है. कोशी-मेची लिंक से लेकर गंगा जल को जलाशयों तक पहुंचाने की इस मुहिम से न केवल बाढ़ का खतरा कम होगा, बल्कि बिहार के उन इलाकों में भी हरियाली लहलहाएगी जहां पानी की एक-एक बूंद के लिए संघर्ष करना पड़ता था. जल-जीवन-हरियाली से भूगर्भ जल में सुधार वित्तीय वर्ष 2025-26 में जल-जीवन-हरियाली अभियान के तहत अब तक 163 योजनाओं को प्रशासनिक स्वीकृति दी जा चुकी है. इन योजनाओं के क्रियान्वयन से भूगर्भ जल के पुनर्भरण में सुधार देखा जा रहा है. आहर-पईन और तालाबों की मेढ़ पर किए जा रहे वृक्षारोपण से हरित क्षेत्र बढ़ा है, जिससे जल संरक्षण के साथ पर्यावरण संतुलन को भी मजबूती मिल रही है. निजी नलकूप और हर खेत तक सिंचाई मुख्यमंत्री निजी नलकूप योजना के तहत लक्ष्य के अनुरूप 35 हजार अनुदान आधारित नलकूप लगाए जा चुके हैं, जिससे करीब 1.75 लाख हेक्टेयर भूमि को सिंचाई सुविधा मिली है. वहीं ‘हर खेत तक सिंचाई का पानी’ योजना के अंतर्गत 2025-26 में स्वीकृत सात नई योजनाओं से 3,730 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई क्षमता बढ़ने के साथ भूजल स्तर में सुधार की उम्मीद है. कोसी से गंडक तक, सिंचाई नेटवर्क का विस्तार जल संसाधन विभाग के अनुसार चयनित 604 योजनाओं में से लगभग सभी पूरी कर 1.18 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई बहाल की जा चुकी है. इसके अलावा 774 योजनाओं के जरिए 5.46 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई पुनर्स्थापन का कार्य चल रहा है. प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत कोशी-मेची लिंक परियोजना के पहले चरण का काम शुरू हो चुका है, जिससे अररिया, किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार के 2.15 लाख हेक्टेयर क्षेत्र को सिंचाई का लाभ मिलेगा और बाढ़ का प्रभाव भी घटेगा. बांध, जलाशय और शहरों के लिए गंगा-सोन जल बांका और मुंगेर में गंगा के अधिशेष जल को बदुआ और खड़गपुर जलाशयों तक पहुंचाने की योजना पर काम जारी है. जमुई में बरनार जलाशय और पश्चिमी गंडक नहर प्रणाली के पुनर्स्थापन से लाखों हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई क्षमता बढ़ेगी. गंगा जल आपूर्ति योजना के दूसरे चरण में नवादा और बिहारशरीफ को गंगा जल देने के लिए मधुबन जलाशय का निर्माण हो रहा है. सोन नदी से औरंगाबाद, डिहरी और सासाराम को पेयजल उपलब्ध कराने की योजना भी प्रगति पर है. विश्व बैंक की मदद और बाढ़ से सुरक्षा का ‘कवच’ बिहार के जल प्रबंधन को आधुनिक बनाने के लिए विश्व बैंक ने भी हाथ आगे बढ़ाया है. 4,415 करोड़ रुपये की ‘बिहार जल सुरक्षा एवं सिंचाई आधुनिकीकरण परियोजना’ को मंजूरी मिल गई है, जिससे राज्य का नहर तंत्र पूरी तरह डिजिटल और आधुनिक होगा. मानसून 2026 से पहले नदियों के किनारे बसे गांवों को सुरक्षा देने के लिए 447 करोड़ रुपये की 216 कटाव निरोधक योजनाएं तैयार की गई हैं. प्रशासन का लक्ष्य मार्च 2029 तक इन सभी बड़े प्रोजेक्ट्स को पूरा कर बिहार को वाटर सरप्लस राज्य बनाना है. Also Read: Bihar Budget 2026: साइंस सिटी से स्मार्ट कॉलेज तक, बिहार बनेगा रिसर्च का नया हब, युवाओं के लिए गुड न्यूज The post Bihar Budget 2026: गंगा-कोशी से हर खेत तक पानी, ₹15,000 करोड़ से बदलेगी बिहार की खेती-किसानी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Bihar Budget 2026: अस्पतालों को सुपर स्पेशलिटी बनाने का एलान, IGIMS और PMCH को बनाया जाएगा वर्ल्ड‑क्लास हॉस्पिटल

Bihar Budget 2026: बिहार के बजट में अस्पतालों को लेकर खास एलान किया गया. वित्त मंत्री बिजेंद्र यादव ने स्वास्थ्य के लिए 21 हजार 270 करोड़ रुपए खर्च करने का एलान किया. साथ ही जिला अस्पतालों को सुपर स्पेशलिटी अस्पताल बनाने का एलान किया. बजट भाषण में बताया गया कि जिलों के अस्पतालों को सुपर स्पेशलिटी बनाने के साथ-साथ नई मेडिकल कॉलेजों की स्थापना और पटना में IGIMS‑PMCH जैसे संस्थानों को वर्ल्ड‑क्लास भी बनाया जाएगा. प्रशासन ने किया ये दावा प्रशासन ने दावा किया कि SRS‑2023 के मुताबिक बिहार का मातृ मृत्यु, शिशु मृत्यु और 5 साल से कम बच्चों की मौत का आंकड़ा अब राष्ट्रीय औसत से बेहतर है. बजट में जिला अस्पतालों को सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के रूप में विकसित करने का रोडमैप रखा गया है. यानी जिला स्तर पर ही कैंसर, हृदय, न्यूरो, किडनी जैसी जटिल बीमारियों के इलाज की आधुनिक सुविधा तैयार की जा रही है. इन जिलों में बनेंगे नए मेडिकल कॉलेज​ पटना में 1100 बेड के दो नए टावरों के साथ IGIMS और PMCH को वर्ल्ड‑क्लास हॉस्पिटल में बदलने की प्रक्रिया जारी है. कई जिलों जैसे नवगछिया, बेगूसराय, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, सहरसा और अन्य में नए प्रशासनी अस्पताल और मेडिकल कॉलेज‑अस्पताल तैयार हो रहे हैं. जबकि प्राइवेट सेक्टर की भागीदारी यानी PPP मॉडल पर विशेष कैंसर, हृदय और सुपर‑स्पेशलिटी हॉस्पिटल शुरू किए जा रहे हैं, ताकि गरीबों को भी सुपर‑स्पेशियलिटी इलाज सस्ती दर पर उपलब्ध हो सके. 1.7 करोड़ से ज्यादा परिवारों का हेल्थ कार्ड बनने का लक्ष्य ‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना’ और ‘प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना’ के तहत लगभग 1.7 करोड़ से ज्यादा परिवारों का हेल्थ कार्ड बनने का लक्ष्य है, जिनके लिए 4 लाख से ज्यादा की वार्षिक स्वास्थ्य सुरक्षा दी जा रही है. ‘बच्चों के हृदय रोग, थैलसीमिया और रेयर डिज़ीज़ ट्रीटमेंट’ जैसी विशेष योजनाएं भी इस बजट में जारी रखने की घोषणा की गई है, जिससे हजारों गंभीर बीमार बच्चों को फ्री इलाज की सुविधा मिल रही है. कई जिलों में 100 से 400 बिस्तरों वाले नए अस्पताल और PPP मोड पर विशेष कैंसर‑कार्डियो हॉस्पिटल की योजनाएं भी इसी बजट का हिस्सा हैं. Also Read: Bihar Budget 2026: बिहार के बजट में शिक्षा पर सबसे ज्यादा जोर, स्कूल और कॉलेजों पर 68 हजार 216.95 करोड़ होंगे खर्च The post Bihar Budget 2026: अस्पतालों को सुपर स्पेशलिटी बनाने का एलान, IGIMS और PMCH को बनाया जाएगा वर्ल्ड‑क्लास हॉस्पिटल appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Budget Session: लोकसभा में भारी हंगामा, चेयर की तरफ कागज फेंकने वाले 8 विपक्षी सांसद पूरे सत्र के लिए सस्पेंड

Budget Session: लोकसभा में हंगामे और चेयर की तरफ कागज फेंकने की घटना के सिलसिले में, हिबी ईडन, अमरिंदर सिंह राजा वारिंग, मणिक्कम टैगोर, गुरजीत सिंह औजला, किरण कुमार रेड्डी, प्रशांत पाडोले, एस. वेंकटेशन और डीन कुरियाकोस समेत कुल 8 सांसदों को सस्पेंड कर दिया गया है. सस्पेंड होने वाले सांसदों में 7 कांग्रेस और मदुरै से एक सीपीएम सांसद एस वेंकटेशन शामिल हैं. लोकसभा की कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित 6 विपक्षी सांसदों के निलंबन के बाद लोकसभा की कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित कर दी गई. निलंबित सांसदों पर सदन में कागज उछालने और आसन की अवमानना करने का आरोप है. राहुल ने लोकसभा में चीन का मुद्दा उठाने का फिर प्रयास किया, लेख को सत्यापित किया लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने पूर्व सेना प्रमुख एम एम नरवणे के अप्रकाशित संस्मरण पर आधारित एक लेख का हवाला देते हुए मंगलवार को लोकसभा में एक बार फिर चीन के साथ सैन्य टकराव का मुद्दा उठाने का प्रयास किया. जिसके बाद सदन में सत्तापक्ष और विपक्ष के सदस्यों के बीच तीखी नोकझोंक एवं हंगामा देखने को मिला. #UPDATE | A total of 8 MPs have been suspended, including Hibi Eden, Amarinder Singh Raja Warring, Manickam Tagore, Gurjeet Singh Aujla, Kiran Kumar Reddy, Prashant Padole, S. Venkatesan and Dean Kuriakose. https://t.co/Gc6IppFVu8 — ANI (@ANI) February 3, 2026 हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही बाधित हंगामे के कारण पीठासीन सभापति कृष्णा प्रसाद तेन्नेटी को सदन की कार्यवाही दो बजकर 14 मिनट पर दोपहर तीन बजे तक के लिए स्थगित कर दी. इससे पहले सदन में अलग-अलग विषयों पर सदन की कार्यवाही पहले 12 बजे तक और फिर दो बजे तक के लिए स्थगित की गई थी. राहुल गांधी ने लेख को सत्यापित करते हुए पटल पर रखा राहुल गांधी ने मंगलवार को नरवणे की पुस्तक पर आधारित लेख को सत्यापित करते हुए सदन के पटल पर रखा. उनका कहना था, मैं चाहता हूं कि इसे सत्यापित किया जाए, मैं इसे पटल पर रख रहा हूं. कांग्रेस नेता ने लेख का हवाला देते हुए कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा का महत्वपूर्ण मुद्दा है और इसका चीन तथा पाकिस्तान के साथ संबंध है और यह राष्ट्रपति के अभिभाषण का प्रमुख हिस्सा है. सत्ता पक्ष और विपक्षी सांसदों के बीच जोरदार बहस संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने कहा कि जब आसन की ओर से व्यवस्था दी जा चुकी है तो फिर नेता प्रतिपक्ष को उस विषय का उल्लेख नहीं करना चाहिए. उन्होंने कांग्रेस नेताओं के साथ हुई बैठक का हवाला दिया, जिस पर कांग्रेस सांसद केसी वेणुगोपाल ने मंत्री पर सदन को गुमराह करने का आरोप लगाया. इसी दौरान विपक्ष के एक सदस्य ने एक शब्द का इस्तेमाल किया, जिस पर पीठासीन सभापति तेन्नेटी ने आपत्ति जताई. राहुल गांधी की ओर से चीन का मुद्दा उठाए जाने पर पीठासीन सभापति ने अगले वक्ता के रूप में समाजवादी पार्टी के सांसद नरेश उत्तम पटेल और फिर तृणमूल कांग्रेस की सांसद शताब्दी रॉय का नाम पुकारा. जब दोनों विपक्षी सांसद बोलने के लिए तैयार नहीं हुए तो उन्होंने NDA में घटक दल तेलुगू देसम पार्टी के सदस्य हरीश बालयोगी का नाम पुकारा. बालयोगी ने बोलना शुरू ही किया था कि तेन्नेटी ने हंगामे के चलते दोपहर तीन बजे तक के लिए कार्यवाही स्थगित कर दी. The post Budget Session: लोकसभा में भारी हंगामा, चेयर की तरफ कागज फेंकने वाले 8 विपक्षी सांसद पूरे सत्र के लिए सस्पेंड appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Bihar Budget 2026: इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट से बदलेगी बिहार की तस्वीर, सड़क-पुल और बिजली पर नीतीश सरकार ने खोला खजाना

Bihar Budget 2026: नीतीश प्रशासन के 2026-27 के बजट में बिहार की सूरत बदलने वाले बुनियादी ढांचे पर खास जोर दिया गया है. बजट में सड़क, पुल, बिजली और शहरी सुविधाओं को विकास की रीढ़ बताया गया है. प्रशासन का दावा है कि बीते एक दशक में किए गए निवेश का असर अब साफ दिखाई दे रहा है. नए बजट में इसी रफ्तार को और तेज करने का लक्ष्य रखा गया है. बजट दस्तावेजों के मुताबिक 2015-16 में बिहार की ग्रामीण सड़कों की कुल लंबाई करीब 64 हजार किलोमीटर थी. 2025-26 तक यह बढ़कर 1 लाख 19 हजार किलोमीटर से ज्यादा हो चुकी है. बजट में बताया गया है कि सड़क नेटवर्क के विस्तार से बिहार अब देश के सबसे अधिक सड़क घनत्व वाले राज्यों में शामिल हो गया है. नए बजट में ग्रामीण और शहरी सड़कों को और मजबूत करने, चौड़ीकरण और रखरखाव पर अतिरिक्त राशि का प्रावधान किया गया है. बजट में बिजली को लेकर क्या-क्या? ऊर्जा क्षेत्र को लेकर भी बजट में सकारात्मक तस्वीर पेश की गई है. वर्ष 2015 में प्रति व्यक्ति बिजली खपत 203 यूनिट थी, जो 2025 में बढ़कर 374 यूनिट हो गई है. बजट में कहा गया है कि आने वाले वर्षों में राज्य की पीक बिजली मांग 9600 मेगावॉट से अधिक हो सकती है. इसे देखते हुए 8700 मेगावॉट से ज्यादा की आपूर्ति क्षमता पहले ही तैयार कर ली गई है. नए बजट में ट्रांसमिशन और डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क को और मजबूत करने की योजना शामिल है. हजारों किलोमीटर बनाई जाएंगी नई सड़कें ग्रामीण संपर्क को बेहतर बनाने के लिए बजट में मुख्यमंत्री ग्राम संपर्क योजना, ग्रामीण सड़क उन्नयन और ग्राम सड़क संरक्षण जैसी योजनाओं को आगे बढ़ाने का ऐलान किया गया है. इसके तहत हजारों किलोमीटर नई सड़कें बनाई जाएंगी और पुरानी सड़कों को अपग्रेड किया जाएगा. बजट में पुल निर्माण पर भी फोकस बजट में पुल निर्माण पर भी बड़ा फोकस रखा गया है. गंगा, कोसी, गंडक और सोन नदियों पर नए पुल और फ्लाईओवर बनाए जा रहे हैं. बक्सर के पास गंगा पर नए पुल, भागलपुर गंगा क्रॉसिंग और कई जिलों में ROB और बाईपास परियोजनाओं को गति देने की घोषणा की गई है. शहरी विकास के लिए भी कई ऐलान शहरी विकास भी इस बजट का अहम हिस्सा है. 19 नगर निगम, 89 नगर परिषद और 156 नगर पंचायतों में पेयजल, सीवरेज, ठोस कचरा प्रबंधन और सड़क नेटवर्क को राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने की योजना है. पटना मेट्रो परियोजना पर तेजी से काम जारी है और पहले कॉरिडोर पर 2025 से संचालन का लक्ष्य दोहराया गया है. स्वच्छ हिंदुस्तान मिशन के तहत 261 नगर निकायों में आधुनिक कचरा प्रबंधन सुविधाओं के लिए बजट में प्रावधान किया गया है. Also Read: बिहार विधानसभा में बजट पेश, वित्त मंत्री का भाषण 12 मिनट में खत्म, जानिए क्या-क्या बोले The post Bihar Budget 2026: इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट से बदलेगी बिहार की तस्वीर, सड़क-पुल और बिजली पर नीतीश प्रशासन ने खोला खजाना appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Sprouts Besan Chilla Recipe: वजन घटाना है तो ब्रेकफास्ट में जरूर ट्राय करें ये चीला, बड़ों ही नहीं बच्चों को भी पसंद आएगा इसका स्वाद

Sprouts Besan Chilla Recipe: अगर आप हर दिन ब्रेकफास्ट में एक ही तरह की चीजें खाकर ऊब गए हैं और कुछ ऐसा खाना चाहते हैं, जो न सिर्फ मिनटों में बनकर तैयार हो जाए बल्कि हेल्दी और टेस्टी भी हो, तो स्प्राउट्स बेसन चीला एक पावरफुल ऑप्शन है. यह रेसिपी उन लोगों के लिए बेहतरीन चॉइस है, जो अपने बढ़े हुए वजन को कम करना चाहते हैं या फिर एक हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना चाहते हैं. इस डिश की खास बात इसमें मौजूद प्रोटीन, फाइबर और अन्य जरूरी न्यूट्रिएंट्स हैं. जब आप इसे सुबह नाश्ते में खाते हैं, तो पेट लंबे समय तक भरा रहता है और दिन की शुरुआत भी एनर्जेटिक और बेहतर होती है. तो चलिए जानते हैं स्प्राउट्स बेसन चीला बनाने की आसान रेसिपी. स्प्राउट्स बेसन चीला बनाने के लिए जरूरी सामग्री मिक्स स्प्राउट्स जैसे कि मूंग, चना या मोठ – 1 कप बेसन – 1 कप प्याज – 1 छोटा बारीक कटा हुआ हरी मिर्च – 1 बारीक कटी हुआ अदरक – 1 छोटा टुकड़ा कद्दूकस किया हुआ हरा धनिया – 2 टेबलस्पून हल्दी पाउडर – आधा छोटा चम्मच जीरा – आधा छोटा चम्मच नमक – स्वादानुसार पानी – जरूरत के अनुसार तेल – बहुत कम सिर्फ चीला सेंकने के लिए यह भी पढ़ें: Achari Veg Appe Recipe: सिर्फ 20 मिनट में बनाएं चटपटी और सब्जियों से लोडेड अप्पे, हर बाइट में मसालों का धमाका! स्प्राउट्स बेसन चीला बनाने की रेसिपी स्प्राउट्स बेसन चीला बनाने के लिए सबसे पहले स्प्राउट्स को अच्छे से धोकर हल्का सा दरदरा पीस लें. आप अगर चाहें तो इन्हें उबालकर भी इस्तेमाल कर सकते हैं. इसके बाद अब एक बड़े बाउल में बेसन डालें और उसमें पिसे हुए स्प्राउट्स मिलाएं. अब इसमें प्याज, हरी मिर्च, अदरक, हरा धनिया, हल्दी, जीरा और नमक डालकर अच्छी तरह मिक्स करें. इसके बाद थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हुए स्मूद लेकिन ज्यादा पतला न होने वाला घोल तैयार करें. अब तवा गर्म करें और इसमें हल्का सा तेल लगाएं. इसके बाद तवे पर एक करछी घोल डालकर राउंड शेप में फैलाएं. अब इसे मीडियम आंच पर दोनों तरफ से गोल्डन और क्रिस्पी होने तक सेक लें और इसी तरह सारे चीले तैयार कर लें. तैयार स्प्राउट्स बेसन चीला को आप हरी चटनी, पुदीना रायता या लो-फैट दही के साथ परोसकर पूरे परिवार के साथ एन्जॉय कर सकते हैं. यह भी पढ़ें: Sprouts Dahi Chaat Recipe: अब बिना मन मारे खाएं खट्टी-मीठी स्प्राउट्स दही चाट, स्वाद ऐसा कि मां के हाथों की आ जाए याद The post Sprouts Besan Chilla Recipe: वजन घटाना है तो ब्रेकफास्ट में जरूर ट्राय करें ये चीला, बड़ों ही नहीं बच्चों को भी पसंद आएगा इसका स्वाद appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Facial Steam for Glowing Skin: स्टीम लेते समय न करें ये 1 गलती! चेहरे पर आएगा हीरे जैसा ग्लो, सब देखते रह जाएंगे

Facial Steam for Glowing Skin: बेदाग और निखरती त्वचा पाना हम सभी का सपना होता है, और इसके लिए फेशियल स्टीम से बेहतर और नेचुरल तरीका शायद ही कोई हो. भाप लेने से चेहरे के पोर्स खुलते हैं और गंदगी गहराई से साफ होती है, जिससे चेहरे पर हीरे जैसी चमक आती है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि स्टीम लेते समय की गई एक छोटी सी चूक आपकी स्किन को फायदे के बजाय भारी नुकसान पहुंचा सकती है? इस आर्टिकल में हम जानेंगे स्टीम लेने का सही तरीका और उस एक बड़ी गलती के बारे में, जिससे बचकर आप घर बैठे पार्लर जैसा ग्लो पा सकते हैं. स्टीम लेते समय न करें ये 1 बड़ी गलती सबसे बड़ी गलती है बहुत ज्यादा गर्म भाप लेना या चेहरे को गर्म पानी के बहुत पास ले जाना. अगर भाप बहुत तेज होगी या चेहरा बर्तन के एकदम करीब होगा, तो आपकी स्किन जल सकती है या बहुत ज्यादा रूखी (dry) हो सकती है. इससे चेहरे पर लाल निशान भी पड़ सकते हैं. इसलिए हमेशा अपने चेहरे को भाप से कम से कम एक हाथ की दूरी (8-10 इंच) पर रखें. स्टीम लेने का आसान स्टेप-बाय-स्टेप तरीका चेहरा साफ करें: भाप लेने से पहले चेहरे को किसी अच्छे साबुन या फेस वॉश से धो लें. गंदे चेहरे पर भाप कभी न लें. पानी तैयार करें: पानी को उबालें, फिर उसे एक बर्तन में निकाल लें. भाप लेने से पहले एक मिनट रुकें ताकि भाप बहुत तेज न लगे. चेहरा ढकें: एक तौलिया लें और उसे अपने सिर और बर्तन के ऊपर इस तरह रखें कि भाप बाहर न जाए. सिर्फ 5 मिनट: 5 से 7 मिनट से ज्यादा भाप न लें. इसे हफ्ते में सिर्फ 1 या 2 बार ही करें. मॉइस्चराइजर लगाएं: भाप लेने के बाद चेहरे को तौलिए से हल्के हाथ से पोंछें और कोई अच्छी क्रीम या मॉइस्चराइजर जरूर लगाएं. इससे चेहरे की नमी बनी रहेगी. ये भी पढ़ें: Face Cleanup at Home: संडे को घर पर ही करें ये फेस क्लीनअप, मिनटों में दूर होगा चेहरे का कालापन और आएगा पार्लर जैसा निखार ये भी पढ़ें: Skincare Tips: क्या आप भी फेंक देते हैं चावल का पानी? चमकते चेहरे के लिए आज ही जान लें इस्तेमाल का सही तरीका ये भी पढ़ें: Glass Skin Tips: रात में सोने से पहले करें बस ये 1 काम, सुबह चेहरे पर दिखेगी कांच जैसी चमक Disclaimer: यह आर्टिकल सामान्य जानकारियों और मान्यताओं पर आधारित है. नया विचार इसकी पुष्टि नहीं करता है. The post Facial Steam for Glowing Skin: स्टीम लेते समय न करें ये 1 गलती! चेहरे पर आएगा हीरे जैसा ग्लो, सब देखते रह जाएंगे appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

IND vs PAK: भारत के खिलाफ मैच छोड़ने की जिद पीसीबी को पड़ेगी भारी, रमीज राजा ने दी बड़ी चेतावनी, Video Viral

Highlights रमीज राजा ने पहले ही दी थी बड़ी चेतावनी हिंदुस्तानीय बाजार पर टिकी है ICC की कमाई पाकिस्तान को हो सकता है तगड़ा नुकसान ICC लगा सकता है कड़ा प्रतिबंध IND vs PAK: टी20 वर्ल्ड कप 2026 (T20 World Cup 2026) में हिंदुस्तान और पाकिस्तान (India vs Pakistan) के बीच होने वाले मैच को लेकर छिड़ा विवाद अब एक नया मोड़ ले चुका है. पाकिस्तान ने इस बड़े मुकाबले से हटने का जो दांव स्पोर्ट्सा है, वह उसी पर भारी पड़ता दिख रहा है. इस बीच पीसीबी (PCB) के पूर्व चेयरमैन रमीज राजा (Ramiz Raja) का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने साफ कहा था कि अगर पाकिस्तान हिंदुस्तान से टकराने से पीछे हटता है, तो पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पूरी तरह बर्बाद हो सकता है. रमीज राजा ने पहले ही दी थी बड़ी चेतावनी पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड को अपने ही पूर्व दिग्गज रमीज राजा की बातों को नजरअंदाज करना महंगा पड़ सकता है. रमीज राजा ने पहले ही आगाह किया था कि पाकिस्तान क्रिकेट का भविष्य काफी हद तक उस पैसे पर टिका है जो आईसीसी को हिंदुस्तानीय बाजार से मिलता है. वायरल वीडियो में रमीज कहते सुने जा रहे हैं कि अगर हिंदुस्तान अपनी फंडिंग रोक दे या आईसीसी के इवेंट्स में हिंदुस्तान-पाक मैच न हो, तो पीसीबी के पास अपने खिलाड़ियों को सैलरी देने तक के पैसे नहीं बचेंगे. 🚨 PCB CHAIRMAN RAMIZ RAJA EXPOSES PAKISTAN CRICKET 🚨 He admitted 50% of PCB money comes from ICC, and 90% of ICC cash comes from BCCI 😮 – clearly said – if India stops funding, PCB collapses 🤯 In short: Big talks, but PCB survives on Ind money😅pic.twitter.com/7kkCw95mkH — Sam (@Cricsam01) February 3, 2026 हिंदुस्तानीय बाजार पर टिकी है ICC की कमाई रमीज राजा के मुताबिक आईसीसी की कुल कमाई का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा हिंदुस्तानीय बाजार से आता है. यही पैसा आईसीसी बाद में पाकिस्तान समेत दुनिया के बाकी क्रिकेट बोर्ड्स को बांटती है. पाकिस्तान प्रशासन ने जो फैसला लिया है कि उनकी टीम वर्ल्ड कप तो स्पोर्ट्सेगी लेकिन 15 फरवरी को हिंदुस्तान के खिलाफ होने वाले मैच में मैदान पर नहीं उतरेगी, उससे आईसीसी को करोड़ों का चूना लग सकता है. ऐसे में आईसीसी चुप बैठने वाली नहीं है. पाकिस्तान को हो सकता है तगड़ा नुकसान हिंदुस्तान और पाकिस्तान का मैच सिर्फ स्पोर्ट्स नहीं बल्कि एक बड़ा बिजनेस है. ब्रॉडकास्टिंग राइट्स से लेकर विज्ञापन और टिकटों की बिक्री तक, इस एक मैच से आईसीसी और आयोजकों को जितनी कमाई होती है, उतनी पूरे टूर्नामेंट के बाकी मैचों को मिलाकर भी नहीं होती. अगर पाकिस्तान इस मैच का बहिष्कार करता है, तो स्पॉन्सर्स अपने हाथ पीछे खींच सकते हैं. इससे होने वाले घाटे की भरपाई पाकिस्तान को अपनी जेब से करनी पड़ सकती है, जो फिलहाल मुमकिन नहीं दिखता. ICC लगा सकता है कड़ा प्रतिबंध पाकिस्तान के इस अड़ियल रुख को देखते हुए आईसीसी ने सख्त तेवर अपना लिए हैं. पीसीबी को साफ चेतावनी दी गई है कि अगर वह मैच स्पोर्ट्सने से मना करता है, तो इसे स्पोर्ट्स भावना के खिलाफ माना जाएगा. आईसीसी पाकिस्तान पर भारी जुर्माना लगाने के साथ-साथ उसे भविष्य के बड़े टूर्नामेंट्स से बैन भी कर सकती है. क्रिकेट जगत में चर्चा है कि पाकिस्तान का यह कदम उसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अकेला कर देगा और पाकिस्तान क्रिकेट को ऐसे अंधेरे में धकेल देगा जहां से वापसी करना नामुमकिन होगा. ये भी पढ़ें- T20 World Cup 2026 से बाहर होने पर Pat Cummins का छलका दर्द, बताई बड़ी वजह Video: हिंदुस्तान प्रशासन का शुक्रिया, पद्म श्री ऑवर्ड के नामित होने के बाद रोहित शर्मा का रिएक्शन आया सामने T20 World Cup 2026: पाकिस्तान करेगा हिंदुस्तान के खिलाफ मैच बॉयकॉट, सलमान आगा ने बयान देकर मचाई हलचल The post IND vs PAK: हिंदुस्तान के खिलाफ मैच छोड़ने की जिद पीसीबी को पड़ेगी भारी, रमीज राजा ने दी बड़ी चेतावनी, Video Viral appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Bihar Budget 2026: साइंस सिटी से स्मार्ट कॉलेज तक, बिहार बनेगा रिसर्च का नया हब, युवाओं के लिए गुड न्यूज

Bihar Budget 2026: बिहार बजट 2026 की घोषणाओं से राज्य में विज्ञान और तकनीकी शिक्षा की तस्वीर बदल जाएगी. प्रशासन का मकसद बिहार को लेटेस्ट टेक्नोलॉजी और रिसर्च का सेंटर बनाना है, ताकि राज्य के युवाओं को भविष्य की नौकरियों के लिए तैयार किया जा सके. इसी योजना के तहत, पश्चिमी चम्पारण के बगहा में एक नया प्रशासनी पॉलिटेक्निक कॉलेज खोला जाएगा, जिसके लिए 73.04 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं. पूर्वी चम्पारण, जमुई और पूर्णिया में 39 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक डिजिटल तारामंडल और स्पेस एजुकेशन सेंटर बनाए जाएंगे. इससे बच्चों में अंतरिक्ष विज्ञान के बारे में जानकारी मिलेगी. पटना में बनेगा इनक्यूबेशन सेंटर तकनीक के साथ-साथ राज्य में स्टार्टअप और नए आइडियाज को बढ़ावा देने के लिए भी बड़े कदम उठाए गए हैं. पटना में NIT के साथ मिलकर लगभग 48 करोड़ रुपये की लागत से एक इनक्यूबेशन सेंटर बनाया जायेगा. यह सेंटर नए बिजनेसमैन को टेक्निकल हेल्प, कानूनी मदद और बिजनेस नेटवर्क बनाने में मदद करेगा. इसके अलावा, अब बिहार के इंजीनियरिंग कॉलेजों में केवल पुरानी पढ़ाई नहीं होगी, बल्कि छात्रों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डेटा साइंस और साइबर सुरक्षा जैसे नए जमाने के विषय पढाए जाएंगे. प्रशासन ने भू-स्थानिक सेवा नीति-2025 को भी मंजूरी दी है. इससे मैप और सैटेलाइट डेटा के जरिए विकास कार्यों को अधिक सटीक बनाया जा सकेगा. बिहार की ताजा समाचारों के लिए क्लिक करें बच्चों के लिए शुरू किये जायेंगे कार्यक्रम आम लोगों और स्कूली बच्चों को विज्ञान से जोड़ने के लिए पटना में डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम साइंस सिटी को जनता के लिए खोल दिया जाएगा. ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों की मदद के लिए पहल नाम का एक खास कार्यक्रम शुरू किया जायेगा. इसके तहत प्रशासनी इंजीनियरिंग और पॉलिटेक्निक कॉलेजों के प्रोफेसर पास के स्कूली बच्चों को गणित, विज्ञान और अंग्रेजी जैसे कठिन विषय मुफ्त में पढ़ाएंगे. इसे भी पढ़ें:  अब स्पोर्ट्सों में भी नंबर वन बनेगा बिहार, जानें प्रशासन का मेगा प्लान The post Bihar Budget 2026: साइंस सिटी से स्मार्ट कॉलेज तक, बिहार बनेगा रिसर्च का नया हब, युवाओं के लिए गुड न्यूज appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Bihar Budget 2026: बिहार के बजट में शिक्षा पर सबसे ज्यादा जोर, स्कूल और कॉलेजों पर 68 हजार 216.95 करोड़ होंगे खर्च

Bihar Budget 2026: मंगलवार को वित्त मंत्री बिजेंद्र यादव ने बजट 2026-27 पेश किया. इस बार शिक्षा विभाग पर सबसे ज्यादा जोर दिया गया. शिक्षा और उच्च शिक्षा पर इस बार 68, 216.95 करोड़ रुपए खर्च किए जायेंगे. सदन में मंत्री बिजेंद्र यादव ने बताया, 2026–27 के लिए क्लास 1 से 8 तक के छात्र-छात्राओं को लगभग 12.50 करोड़ फ्री किताबें और स्कूल डायरी देने का लक्ष्य तय किया गया. 2 लाख 27 हजार से ज्यादा शिक्षकों की नियुक्ति जारी शिक्षा किसी भी राज्य की रीढ़ मानी जाती है. लगभग 68 हजार 217 करोड़ रुपए कुल व्यय का बहुत बड़ा हिस्सा है. प्राथमिक और माध्यमिक शिक्षा में बड़ी भर्ती प्रक्रिया पिछले कुछ सालों में चलती रही है. बिजेंद्र यादव ने बताया कि 2 लाख 27 हजार से अधिक शिक्षकों की नियुक्ति की प्रक्रिया जारी है. 28 हजार से ज्याद प्रधानाध्यापकों और 4 हजार 700 से अधिक प्रधानाध्यापक स्तर के शिक्षकों की भी नियुक्ति की जा रही है.​ स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड का फायदा PM‑POSHAN के तहत 68 हजार से अधिक स्कूलों में मिड‑डे मील की व्यवस्था रोजाना की जा रही है, जबकि अगले सालों में और स्कूलों में रसोई शेड, भंडारण और पानी की सुविधा बढ़ाई जाएगी. उच्च शिक्षा के मोर्चे पर राज्य ने ‘बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना’ और ‘बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड‑स्टूडेंट प्रीमियम स्कीम’ के ज़रिए लाखों स्टूडेंट्स को 4 लाख रुपए तक सस्ती दर पर शिक्षा लोन देने की सुविधा दी है. बजट भाषण में बताया गया कि अब तक 1 लाख 80 हजार से ज्यादा छात्रों को इस योजना के तहत लाभ मिल चुका है. मेडिकल और इंजीनियरिंग कॉलेजों पर फोकस नए मेडिकल कॉलेजों, इंजीनियरिंग कॉलेजों और पॉलिटेक्निक संस्थानों की स्थापना और अपग्रेड करने पर भी जोर दिया जा रहा है. कई जिलों में नए मेडिकल कॉलेजों का निर्माण या विस्तार चल रहा है, ताकि स्वास्थ्य‑शिक्षा दोनों मजबूत हो. PM‑SHRI स्कूल, मॉडल स्कूल और ‘एक जिला–एक उत्कृष्ट विद्यालय’ जैसी योजनाओं के ज़रिए स्कूलों को स्मार्ट क्लास, लैब, लाइब्रेरी और स्पोर्ट्स सुविधाओं से लैस करने का लक्ष्य है. Also Read: Bihar Budget Session: सदन में उठा अवैध खनन का मुद्दा, प्रशासन की कार्रवाई पर उठे सवाल तो क्या बोले विजय सिन्हा? The post Bihar Budget 2026: बिहार के बजट में शिक्षा पर सबसे ज्यादा जोर, स्कूल और कॉलेजों पर 68 हजार 216.95 करोड़ होंगे खर्च appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

Recent news

No Posts Found!

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top