Hot News

ताजा ख़बर

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Nepal Flash Floods: बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 788 हुई, भोटेकोशी नदी का जलस्तर बढ़ने से खतरा मंडराया

Nepal Flash Floods: राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीआरआरएमए) के अनुसार नेपाल में 26 अगस्त को आई अचानक बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर रविवार को 788 हो गई, जबकि करीब 2,500 लोग अब भी लापता हैं. एनडीआरआरएमए ने बताया, ‘‘बाढ़ प्रभावित भोटेकोशी नदी का जलस्तर फिर बढ़ गया है. सभी संबंधित लोगों से एहतियाती कदम उठाने का आग्रह किया जाता है. और जानकारी मिलने पर स्थिति के बारे में सूचना दी जाएगी.” अब भी 2500 लोग लापता अधिकारियों ने पीटीआई को बताया, इस आपदा के बाद करीब 2,500 लोग अब भी लापता हैं, जिनमें 320 विदेशी नागरिक शामिल हैं. 275 हिंदुस्तानीय लापता नयी दिल्ली में विदेश मंत्रालय ने शनिवार को बताया कि बाढ़ के बाद 275 से अधिक हिंदुस्तानीय और हिंदुस्तानीय मूल के 128 लोग अब भी लापता हैं या उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है, जबकि 108 अन्य लोगों को बचा लिया गया है. बाढ़ के कारण 238 छात्र और 18 शिक्षक लापता नेपाल के शिक्षा मंत्रालय द्वारा जारी प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, लापता लोगों में बाढ़ प्रभावित तीन जिलों के विभिन्न स्कूलों के 238 छात्र और 18 शिक्षक शामिल हैं. अब तक चितवन जिले से 264 शव बरामद बारिश रुक-रुक कर होने और नदियों का जलस्तर बढ़ने के बीच नेपाल में शव मिलने का सिलसिला जारी है. खोज और बचाव अभियान भी लगातार संचालित किया जा रहा है. एनडीआरआरएमए के अनुसार, अब तक चितवन जिले से 264 शव, नवलपरासी पूर्व से 194, नवलपरासी पश्चिम से 100 शव बरामद किए गए हैं. गोरखा, नुवाकोट, धादिंग, तनहू और रसुवा से भी शव बरामद किए गए हैं. ये भी पढ़ें: नया विचार ग्राउंड रिपोर्ट: बिहार से सटे नेपाल में धंसी सड़क, मुग्लिन-काठमांडू रोड बंद, बाढ़ और भूस्खलन के खतरे को लेकर हाई अलर्ट लापता परिजनों की तलाश में जुटे हैं लोग नेपाल के अस्पतालों में अपने लापता परिजनों की तलाश में बड़ी संख्या में पहुंच रहे लोगों के बीच अब ध्यान मृतकों की पहचान करने पर केंद्रित होता जा रहा है. अस्पतालों की दीवारों के बाहर तस्वीरें चस्पा की गई हैं, जहां बड़ी संख्या में लोग उन्हें देखकर अपने लापता परिजनों की पहचान करने की कोशिश कर रहे हैं. पुलिस ने बताया कि अब तक बरामद शवों में से केवल 17 की ही पहचान हो पाई है. कई शवों की हालत खराब होने के कारण उनकी पहचान करना मुश्किल हो रहा है. बाद 96 शवों का अंतिम संस्कार किया गया आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद 96 शवों का अंतिम संस्कार कर दिया गया है. अंतिम संस्कार से पहले शवों के डीएनए नमूने एकत्र किए गए और मौजूदा नियमों के अनुसार उन्हें निर्धारित स्थानों पर सुरक्षित रखा गया है. नेपाल के विदेश सचिव अमृत बहादुर राय ने रविवार को संवाददाता सम्मेलन में कहा कि जिन मृतकों की पहचान नहीं हो सकी, जिनमें लंबे समय तक पानी में रहने के कारण क्षत-विक्षत, अंग-विहीन या सड़ चुके शव शामिल हैं, उनका ‘‘मानक और स्वीकृत प्रक्रियाओं’’ के तहत अंतिम संस्कार कर दिया गया है. चीन की ओर बनी एक झील के कारण नेपाल में फिर से बाढ़ आने की आशंका हिमालय में 26 अगस्त को हिमनद टूटने के बाद चीन की ओर बनी एक झील के कारण नेपाल में फिर से बाढ़ आने की आशंका पैदा हो गई. हालांकि, चीनी मीडिया की समाचारों के अनुसार, शनिवार को खतरा कम होता दिखाई दिया, क्योंकि झील का आकार घटने लगा था. ये भी पढ़ें: नया विचार ग्राउंड रिपोर्ट: नेपाल में दो जिलों को जोड़ने वाला पुल नदी की तेज धार में बहा, उफान पर त्रिशूली नदी The post Nepal Flash Floods: बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 788 हुई, भोटेकोशी नदी का जलस्तर बढ़ने से खतरा मंडराया appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

अभिषेक बनर्जी के करीबी नेता ने बांकुड़ा में नौकरी दिलाने के नाम पर वसूले थे लाखों रुपए, कोलकाता से हुआ गिरफ्तार

पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के ‘करीबी’ नेता को पुलिस ने कोलकाता से गिरफ्तार किया है. बांकुड़ा जिले के इस नेता का नाम राजीव घोषाल है. उस पर आरोप है कि युवाओं को नौकरी दिलाने के नाम पर उसने लोगों से लाखों रुपए लिये थे. बांकुड़ा के एसपी ने राजीव की गिरफ्तारी की पुष्टि की है. जांच के दौरान सामने आया राजीव घोषाल का नाम एसपी पीवीजी सतीश ने कहा है कि नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से रुपए लेने की शिकायत मिली थी. इस शिकायत की जांच के दौरान राजीव घोषाल का नाम सामने आया. इसी मामले में उसे गिरफ्तार किया गया है. मामले की जांच चल रही है. भाजपा कार्यकर्ताओं ने लगाये चोर-चोर के नारे रविवार को बेलियातोड़ थाना की पुलिस ने बांकुड़ा जिला कोर्ट में उसे पेश किया. पेशी के दौरान कोर्ट के बाहर मौजूद हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं-कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों ने ‘चोर-चोर’ के नारे लगाये. ये भी पढ़ें: भाजपा कार्यकर्ताओं ने तृणमूल नेता के घर का किया घेराव, लगाये ‘चोर-चोर’ के नारे बांकुड़ा जिले में टीएमसी की युवा इकाई का था अध्यक्ष तृणमूल कांग्रेस ने जब बांकुड़ा जिले में अपना युवा संगठन तैयार किया था, तब राजीव घोषाल को इस इकाई का जिला अध्यक्ष बनाया गया था. बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के परिणाम जारी होने के बाद बेलियातोड़ थाना में एक शिकायत दर्ज हुई थी. इसमें आरोप लगाया गया था कि पल्लव पांडे नामक स्थानीय तृणमूल नेता ने नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से वसूली की है. बड़जोड़ा ब्लॉक के स्वास्थ्य केंद्र में नौकरी दिलाने के नाम पर टीएमसी नेता ने शिकायतकर्ता से 4.20 लाख रुपए लिये, लेकिन नौकरी नहीं दिलायी. पैसे भी वापस नहीं किये. ये भी पढ़ें: अभिषेक बनर्जी और 2 टीएमसी नेता के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज, 13 गिरफ्तार, हाईकोर्ट का राहत देने से इनकार पल्लव पांडे की गिरफ्तारी के बाद सामने आया राजीव का नाम शिकायत के आधार पर पुलिस ने पल्लव पांडे को गिरफ्तार किया. उससे पूछताछ के दौरान राजीव घोषाल का नाम सामने आया. इसके बाद बांकुड़ा जिला पुलिस की एक टीम ने शनिवार की रात कोलकाता से राजीव को गिरफ्तार कर लिया. भाजपा नेता ने की थी ‘डीम थेरेपी’ देने की तैयारी तृणमूल नेता की गिरफ्तारी पर हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता रामप्रसाद लाई ने कहा कि प्रशासनी नौकरी दिलाने के नाम पर इलाके के लोगों से लाखों रुपए राजीव घोषाल ने लिये हैं. इस शख्स को हमने ‘डीम थेरेपी’ यानी उस पर अंडा फेंकने की योजना बनायी थी. पुलिस अधिकारियों के आग्रह पर हमने ऐसा नहीं किया. सिर्फ विरोध-प्रदर्शन ही किया. ये भी पढ़ें: हमले के बाद ममता बनर्जी का पहला बयान- मेरी कार पर बड़े-बड़े पत्थर फेंके गये, आज तो मैं मर ही जाती The post अभिषेक बनर्जी के करीबी नेता ने बांकुड़ा में नौकरी दिलाने के नाम पर वसूले थे लाखों रुपए, कोलकाता से हुआ गिरफ्तार appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

IND W vs THAI W Live: भारत का पहला विकेट गिरा, स्मृति मंधाना 19 रन बनाकर लौटी पवेलियन

स्त्री एशिया कप 2022 में हिंदुस्तानीय स्त्री टीम का पहला मुकाबला थाईलैंड के साथ स्पोर्ट्सा जा रहा है. थाईलैंड ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया है. जानिए क्या है प्लेइंग-11. The post IND W vs THAI W Live: हिंदुस्तान का पहला विकेट गिरा, स्मृति मंधाना 19 रन बनाकर लौटी पवेलियन appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Nepal Flash Floods: भोटेकोशी नदी का जलस्तर फिर बढ़ा, बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 768 हुई

Nepal Flash Floods: राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीआरआरएमए) के अनुसार नेपाल में 26 अगस्त को आई अचानक बाढ़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर रविवार को 768 हो गई, जबकि करीब 2,500 लोग अब भी लापता हैं. एनडीआरआरएमए ने बताया, ‘‘बाढ़ प्रभावित भोटेकोशी नदी का जलस्तर फिर बढ़ गया है. सभी संबंधित लोगों से एहतियाती कदम उठाने का आग्रह किया जाता है. और जानकारी मिलने पर स्थिति के बारे में सूचना दी जाएगी.” अब भी 2500 लोग लापता अधिकारियों ने पीटीआई को बताया, इस आपदा के बाद करीब 2,500 लोग अब भी लापता हैं, जिनमें 320 विदेशी नागरिक शामिल हैं. 275 हिंदुस्तानीय लापता नयी दिल्ली में विदेश मंत्रालय ने शनिवार को बताया कि बाढ़ के बाद 275 से अधिक हिंदुस्तानीय और हिंदुस्तानीय मूल के 128 लोग अब भी लापता हैं या उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है, जबकि 108 अन्य लोगों को बचा लिया गया है. बाढ़ के कारण 238 छात्र और 18 शिक्षक लापता नेपाल के शिक्षा मंत्रालय द्वारा जारी प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, लापता लोगों में बाढ़ प्रभावित तीन जिलों के विभिन्न स्कूलों के 238 छात्र और 18 शिक्षक शामिल हैं. अब तक चितवन जिले से 264 शव बरामद बारिश रुक-रुक कर होने और नदियों का जलस्तर बढ़ने के बीच नेपाल में शव मिलने का सिलसिला जारी है. खोज और बचाव अभियान भी लगातार संचालित किया जा रहा है. एनडीआरआरएमए के अनुसार, अब तक चितवन जिले से 264 शव, नवलपरासी पूर्व से 194, नवलपरासी पश्चिम से 100 शव बरामद किए गए हैं. गोरखा, नुवाकोट, धादिंग, तनहू और रसुवा से भी शव बरामद किए गए हैं. ये भी पढ़ें: नया विचार ग्राउंड रिपोर्ट: बिहार से सटे नेपाल में धंसी सड़क, मुग्लिन-काठमांडू रोड बंद, बाढ़ और भूस्खलन के खतरे को लेकर हाई अलर्ट लापता परिजनों की तलाश में जुटे हैं लोग नेपाल के अस्पतालों में अपने लापता परिजनों की तलाश में बड़ी संख्या में पहुंच रहे लोगों के बीच अब ध्यान मृतकों की पहचान करने पर केंद्रित होता जा रहा है. अस्पतालों की दीवारों के बाहर तस्वीरें चस्पा की गई हैं, जहां बड़ी संख्या में लोग उन्हें देखकर अपने लापता परिजनों की पहचान करने की कोशिश कर रहे हैं. पुलिस ने बताया कि अब तक बरामद शवों में से केवल 17 की ही पहचान हो पाई है. कई शवों की हालत खराब होने के कारण उनकी पहचान करना मुश्किल हो रहा है. बाद 96 शवों का अंतिम संस्कार किया गया आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद 96 शवों का अंतिम संस्कार कर दिया गया है. अंतिम संस्कार से पहले शवों के डीएनए नमूने एकत्र किए गए और मौजूदा नियमों के अनुसार उन्हें निर्धारित स्थानों पर सुरक्षित रखा गया है. नेपाल के विदेश सचिव अमृत बहादुर राय ने रविवार को संवाददाता सम्मेलन में कहा कि जिन मृतकों की पहचान नहीं हो सकी, जिनमें लंबे समय तक पानी में रहने के कारण क्षत-विक्षत, अंग-विहीन या सड़ चुके शव शामिल हैं, उनका ‘‘मानक और स्वीकृत प्रक्रियाओं’’ के तहत अंतिम संस्कार कर दिया गया है. चीन की ओर बनी एक झील के कारण नेपाल में फिर से बाढ़ आने की आशंका हिमालय में 26 अगस्त को हिमनद टूटने के बाद चीन की ओर बनी एक झील के कारण नेपाल में फिर से बाढ़ आने की आशंका पैदा हो गई. हालांकि, चीनी मीडिया की समाचारों के अनुसार, शनिवार को खतरा कम होता दिखाई दिया, क्योंकि झील का आकार घटने लगा था. ये भी पढ़ें: नया विचार ग्राउंड रिपोर्ट: नेपाल में दो जिलों को जोड़ने वाला पुल नदी की तेज धार में बहा, उफान पर त्रिशूली नदी The post Nepal Flash Floods: भोटेकोशी नदी का जलस्तर फिर बढ़ा, बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 768 हुई appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

VIDEO : 270 लोगों को ले जा रही नाव पलटी, 6 की मौत; उत्तरी साइप्रस से सामने आया भयावह वीडियो

VIDEO: तुर्की मीडिया के अनुसार, उत्तरी साइप्रस के तट पर एक पैसेंजर फेरी डूब गई. इस पर 279 लोग सवार थे. हादसे में कुछ यात्री घायल हुए हैं, जबकि अन्य लोग बचाव का इंतजार कर रहे हैं. तुर्की के तासुचू 🇹🇷 बंदरगाह जा रही थी फेरी तुर्की मीडिया ने बताया कि यह फेरी तुर्की के तासुचू 🇹🇷 बंदरगाह की ओर जा रही थी. कोस्ट गार्ड की नावें यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने के प्रयास में जुटी हैं. निजी स्वामित्व वाली नाव स्थानीय समयानुसार दोपहर 12:30 बजे उत्तरी साइप्रस के काइरेनिया बंदरगाह से रवाना हुई थी और किसी अज्ञात कारण से लगभग तुरंत ही उसमें पानी भरने लगा. 172 से अधिक लोगों को बचाया गया उत्तरी साइप्रस के प्रधानमंत्री उनाल उस्तेल ने तुर्किये के प्रशासनी टीआरटी न्यूज चैनल को बताया कि 172 से अधिक लोगों को बचा लिया गया है. ये भी पढ़ें: नया विचार ग्राउंड रिपोर्ट: बिहार से सटे नेपाल में धंसी सड़क, मुग्लिन-काठमांडू रोड बंद, बाढ़ और भूस्खलन के खतरे को लेकर हाई अलर्ट The post VIDEO : 270 लोगों को ले जा रही नाव पलटी, 6 की मौत; उत्तरी साइप्रस से सामने आया भयावह वीडियो appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Video: कैलाश मानसरोवर की यात्रा पर गए थे माता-पिता, रोती हुई बेटी ने बताया- नेपाल बाढ़ के बाद अब तक नहीं हो सका है संपर्क

Nepal Floods : नेपाल में आई फ्लैड फ्लड ने कई जिंदगियां तबाह कर दीं. दिन बीतते के साथ ऐसी दर्दनाक कहांनियां सामने आ रही हैं, जो कभी कोई कल्पना भी नहीं करना चाहेगा. तन्वी अन्नमदेवरा, एक इंस्टाग्राम इंफ्लुएंसर, ने एक वीडियो पोस्ट की है जिसमें वह बताती हैं कि उनके माता-पिता (वेंकटराम और अनघा अन्नमदेवरा) दोनों लापता हैं. उनके माता-पिता कुल 67 लोगों के साथ कैलाश मानसरोवर की यात्रा पर गए थे. तन्वी के अनुसार, इनमें से किसी से भी संपर्क नहीं हो सका है. View on Instagram आंखों में आंसू और मन में उम्मीद तन्वी जब ये सारी बातें बता रही होती हैं तब उनकी आंखें डबडबा जाती हैं. साथ वह सभी लोगों के सुरक्षित होने की उम्मीद जताती हैं. वह कहती हैं कि भले उनके माता-पिता से अब तक संपर्क नहीं हो सका है, लेकिन वह उम्मीद करती हैं कि सभी बाढ़ के दौरान भागकर सुरक्षित स्थान पर चले गए होंगे और सुरक्षित होंगे. अब भी ढाई हजार से अधिक लापता 26 अगस्त की त्रासदी में अब तक मरने वालों की संख्या 800 के करीब पहुंच गई है. वहीं लगभग 30 देशों के करीब 2,500 लोगों के मरने की पुष्टि हो गई है. बचाव कार्य तेजी से जारी है. नेपाली प्रशासन ने हिंदुस्तान और चीन से भी रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए मदद मांगी है. ये भी पढ़ें: Nepal Flood: सुरंग में फंसे हो सकते हैं 200 लोग, नेपाली सेना ने ढूंढ निकाला रास्ता; हिंदुस्तान-चीन से मांगी मदद The post Video: कैलाश मानसरोवर की यात्रा पर गए थे माता-पिता, रोती हुई बेटी ने बताया- नेपाल बाढ़ के बाद अब तक नहीं हो सका है संपर्क appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Viral Video: कॉर्पोरेट लाइफ पर वर्किंग वुमन का दर्द, बोलीं – स्कूल छूटा पर परीक्षा का डर नहीं

Viral Video: वायरल वीडियो में स्त्री कहती है कि स्कूल तो सालों पहले खत्म हो गया, लेकिन परीक्षा का डर कभी खत्म नहीं हुआ. वह कहती है कि कॉर्पोरेट लाइफ ऐसी लगती है जैसे हर सोमवार को एक नई परीक्षा की शुरुआत हो रही हो. बस आज का दिन किसी तरह बीत जाए चारू गुप्ता ने अपने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उसने बताया कि वह तीन साल से नौकरी कर रही है, लेकिन उसे लगता है जैसे वह आज भी स्कूल में है और परीक्षाएं चल रही हैं. वीडियो में चारू कहती है, “ऐसा लगता है जैसे बस आज का दिन किसी तरह निकल जाए, ऑफिस का आज का दिन किसी तरह खत्म हो जाए.” View on Instagram काम तो पूरा नहीं होता, लेकिन आराम भी नहीं मिलता चारू अपने वीडियो में कहती है, “घर आने के बाद मुझे असाइनमेंट या होमवर्क पूरा करना पड़ता है. इतना सारा काम पेंडिंग रहता है जो मुझे करना चाहिए, लेकिन मैं आज नहीं करूंगी, क्योंकि आज शनिवार है.” चारू आगे कहती है, “यही कॉर्पोरेट लाइफ का सबसे दुखद पहलू है—काम पूरा नहीं होता और आराम भी नहीं मिलता.” चारू के वीडियो पर यूजर्स के कमेंट्स चारू ने कॉर्पोरेट लाइफ के बारे में जो अपना अनुभव साझा किया है, उसे इंस्टा यूजर्स खुद से जोड़कर देख रहे हैं और वीडियो पर तेजी से कमेंट्स कर रहे हैं. shree_in_motion नाम की यूज़र ने लिखा, “मेरे साथ भी ऐसा ही है और मुझे शनिवार बहुत पसंद है, क्योंकि अगले दिन की कोई चिंता नहीं होती.” itz_unachievable ने पूछा, “आप किस कंपनी में काम करती हैं? आपकी बातें सुनकर लगता है कि आप किसी स्टार्टअप में काम करने वाली इंजीनियर हैं.” ये भी पढ़ें: ट्रेन में खाली सीट दिखी तो बैठने की न करें गलती, पहले जान लें ये नियम The post Viral Video: कॉर्पोरेट लाइफ पर वर्किंग वुमन का दर्द, बोलीं – स्कूल छूटा पर परीक्षा का डर नहीं appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Ather Konarc vs TVS iQube: कीमत, रेंज, बैटरी और फीचर्स के मामले में कौन-सा इलेक्ट्रिक स्कूटर बेहतर?

एथर कोनार्क (Ather Konarc) इलेक्ट्रिक स्कूटर हिंदुस्तान में 99,999 रुपये (एक्स-शोरूम) की शुरुआती कीमत पर लॉन्च हुआ है. यह कीमत टीवीएस आईक्यूब (TVS iQube) के सबसे सस्ते 2.3kWh वेरिएंट (1.16 लाख रुपये, एक्स-शोरूम) से काफी कम है. शुरुआती मॉडल पर दोनों के बीच 16,000 रुपये से ज्यादा का अंतर है. दोनों कंपनियां ग्राहकों के लिए अलग-अलग बैटरी का ऑप्शन देती हैं, इसलिए सही कंपैरिजन के लिए सिर्फ शुरुआती कीमत ही नहीं बल्कि फीचर्स और बाकी मॉडल्स को देखना जरूरी है. आइए दोनों की तुलना करते हैं.  Ather Konarc vs TVS iQube: कीमत और रेंज आईक्यूब का 2.3kWh वेरिएंट 1.16 लाख रुपये में 114 किमी की IDC रेंज देता है. वहीं, एथर का सबसे सस्ता कोनार्क S वेरिएंट 99,999 रुपये में 100 किमी की रेंज का दावा करता है. यानी एथर सस्ता है, लेकिन रेंज थोडी कम देता है. वहीं, आईक्यूब का 3.5kWh वेरिएंट 145 किमी की रेंज का दावा करता है, जो कोनार्क S के 125 किमी वेरिएंट (1.22 लाख रुपये) से महंगा है. सबसे आगे टीवीएस का ST 5.3kWh वेरिएंट है, जो 212 KM की लंबी रेंज देता है, जो कोनार्क S के 161 किमी वेरिएंट (1.45 लाख रुपये) से काफी ज्यादा है. हालांकि, एथर के 200 किमी वाले S वेरिएंट की कीमत का ऐलान होना बाकी है, जो आने पर इस दूरी को कम कर सकता है. यह सभी कीमतें एक्स-शोरूम के हिसाब से हैं. Ather Konarc vs TVS iQube: टॉप स्पीड, चार्जिंग और ब्रेक्स आईक्यूब की टॉप-स्पीड वेरिएंट के हिसाब से अलग है. इसका बेस 2.3kWh मॉडल 68 किमी प्रति घंटे की स्पीड पकड़ता है, जबकि बाकी सभी वेरिएंट्स 82 किमी प्रति घंटे की स्पीड तक जाते हैं. एथर के कोनार्क S लाइन की स्पीड सभी रेंज में 70 किमी प्रति घंटे तक सीमित है, जबकि इसका पावरफुल Z-लाइन 80 किमी प्रति घंटे की स्पीड देता है. इसका मतलब है कि कागजों पर टीवीएस के मिड-रेंज और महंगे वेरिएंट्स ज्यादा तेज हैं. ये भी पढ़ें: बैठते ही अनलॉक होगा स्कूटर, पैर से खुलेगा बूट… ₹99,999 वाले Ather Konarc में और क्या-क्या है खास? ब्रेकिंग सिस्टम की बात करें, तो एथर ने कोनार्क में नया AeBS सिस्टम दिया है, जो सामान्य कंबाइंड ब्रेकिंग से 20 परसेंट ज्यादा मजबूत ब्रेकिंग का दावा करता है. टीवीएस आईक्यूब में सामान्य CBS सेटअप ही मिलता है. दोनों स्कूटर्स में पोर्टेबल चार्जर दिए गए हैं, लेकिन एथर के चार्जर को अलग से सामान जोडकर 900W तक बढाया जा सकता है, जबकि टीवीएस आईक्यूब में 950W का स्टैंडर्ड पोर्टेबल चार्जर मिलता है. ये भी पढ़ें: किसी में 200km रेंज, तो किसी में 52 लीटर बूट स्पेस… ये हैं 3 न्यू लॉन्च फैमिली इलेक्ट्रिक स्कूटर आपके लिए कौन-सा स्कूटर सही है? कम बजट वाले खरीदारों के लिए एथर कोनार्क बेस मॉडल में टीवीएस आईक्यूब से काफी सस्ता है. लेकिन, ज्यादा कीमत देने पर टीवीएस रेंज के मामले में आगे निकल जाता है और इसकी 82 किमी प्रति घंटे की स्पीड एथर S-लाइन से बेहतर है. वहीं, एथर कोनार्क में नई ब्रेकिंग तकनीक और मैजिक-की (MagicKey) बिना चाबी की एंट्री जैसे फीचर्स मिलते हैं जो टीवीएस में नहीं हैं. एथर के Z-लाइन और 200 किमी वाले वेरिएंट की कीमतें सामने आने के बाद यह मुकाबला और दिलचस्प हो सकता है. The post Ather Konarc vs TVS iQube: कीमत, रेंज, बैटरी और फीचर्स के मामले में कौन-सा इलेक्ट्रिक स्कूटर बेहतर? appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Nepal Flood: सुरंग में फंसे हो सकते हैं 200 लोग, नेपाली सेना ने ढूंढ निकाला रास्ता; भारत-चीन से मांगी मदद

Nepal Flood : नेपाल में 26 अगस्त को आई बाढ़ के बाद से लगातार लोगों को रेस्क्यू करने का अभियान चलाया जा रहा है. नेपाली सेना ने अपर त्रिशुली 3A जलविद्युत परियोजना में एक सुरंग के सबसे ऊपरी हिस्से का पता लगा लिया है. द काठमांडू पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार यहां दर्जनों लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है. सेना ने रविवार दोपहर सुरंग का पता लगाया नेपाली सेना के प्रवक्ता राजाराम बसनेट के अनुसार, पिछले तीन दिनों से लगातार काम कर रही एक सैन्य टीम ने रविवार दोपहर को सुरंग के ऊपरी हिस्से का पता लगा लिया. विशेषज्ञों की एक संयुक्त टीम ने सुरंग के ऊपरी हिस्से तक पहुंचने के लिए ड्रिलिंग मशीनों, उत्खननकर्ताओं (खुदाई करने वालों) और हाइड्रोलिक कटरों का इस्तेमाल किया. बसनेट ने बताया, “छेद खोदने के बाद, हमने पाया कि पानी का स्तर लगभग सात मीटर व्यास वाली सुरंग के अंदर काफी ऊपर तक फैला हुआ है.” नहीं मिली लोगों की कोई प्रतिक्रिया प्रधानमंत्री बलेंद्र शाह के सचिवालय के अनुसार, बचाव दल ने सुरंग के ऊपरी हिस्से में छेद करके प्रवेश किया. हालांकि, बचाव दल के पुकारने पर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली. सचिवालय ने कहा, “बचाव अभियान को आसान और तेज बनाने के लिए बड़े उपकरण लाने, विस्फोट करने और मुहाने को चौड़ा करने का काम चल रहा है.” सुरंग में फंसे हैं करीब 200 लोग सैन्य अधिकारियों का अनुमान है कि सुरंग के अंदर कम से कम 35 लोग फंसे हो सकते हैं. यह आंकड़ा तकनीकी आकलन के बाद दिया गया है, हालांकि नेपाल पुलिस का अनुमान है कि सुरंग में लगभग 200 लोग फंसे हुए हैं. नेपाल प्रशासन मांग रही हिंदुस्तान-चीन से मदद नेपाल प्रशासन ने हिंदुस्तानीय और चीनी विशेषज्ञों से सहायता मांगी है क्योंकि नेपाली सेना के उपकरण और कर्मी कई आपदाग्रस्त क्षेत्रों में तैनात किए गए हैं. हालांकि, बसनेट ने कहा कि इस विशेष सुरंग पर चलाए गए अभियान में केवल नेपाली सेना ही शामिल थी. मदद के लिए पहुंची चीनी टीम शनिवार को एक चीनी टीम थर्मल कैमरों, ड्रिलिंग उपकरणों और एयर-पंपिंग उपकरणों के साथ काठमांडू पहुंची और उन जलविद्युत सुरंगों में खोज और बचाव कार्यों में मदद करने की कोशिश कर रही है. हिंदुस्तानीय विशेषज्ञों की टीम जुटा रही है डीएनए हिंदुस्तान ने डीएनए के नमूने जमा करने के लिए विशेष उपकरणों से लैस हिंदुस्तानीय वायु सेना की एक टीम और विशेषज्ञों को भी भेजा है. सैन्य सूत्रों ने बताया कि दोनों देशों की टीमों ने उन जलविद्युत परियोजनाओं का सर्वेक्षण कर लिया है जहां बचाव दल को अभी पहुंचना बाकी है. रविवार दोपहर तक बचाए गए 409 लोग “चीनी टीम को हाकुबेसी में तैनात किया जा रहा है, जबकि हिंदुस्तानीय टीम स्याफ्रुबेसी में है,” एक सैन्य सूत्र ने बताया. दोनों टीमें रविवार से काम शुरू करने की तैयारी कर रही थीं. रविवार को दोपहर 3 बजे तक ही नेपाली सेना ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से 15 चीनी नागरिकों और एक हिंदुस्तानीय नागरिक सहित 409 लोगों को बचाया था. ये भी पढ़ें: बिटिया के नाम करें छोटा निवेश, सिर्फ ब्याज से मिलेंगे ₹50 लाख; जानें Post Office की धांसू स्कीम The post Nepal Flood: सुरंग में फंसे हो सकते हैं 200 लोग, नेपाली सेना ने ढूंढ निकाला रास्ता; हिंदुस्तान-चीन से मांगी मदद appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

गंदगी से काले पड़ गए हैं स्विच बोर्ड और दरवाजों के हैंडल? घर पर बने इस क्लीनर से लौटाएं नई जैसी चमक

Cleaning Hacks: जब भी हम घर की सफाई करते हैं, तो झाड़ू-पोछा लगा लेते हैं, खिड़कियों के शीशों को साफ कर लेते हैं और सोफे-टेबल को भी चमका देते हैं. इन सब चीजों की सफाई तो हमें याद रह जाती है, लेकिन घर की दो ऐसी जगहें भी हैं जिन पर हमारा ध्यान या तो बहुत देर से जाता है या फिर सामने होने के बावजूद हम ध्यान नहीं देते. ये दो जगहें हैं, स्विच बोर्ड और दरवाजों के हैंडल. जरा सोचकर देखिए, घर का हर इंसान दिन में कितनी बार स्विच ऑन-ऑफ करता है या दरवाजों के हैंडल को पकड़ता है. हाथों का पसीना, तेल और धूल जमने की वजह से ये जगहें न केवल बहुत गंदी और काली दिखने लगती हैं, बल्कि इन पर कई तरह के जर्म्स भी जमा हो जाते हैं. अगर आपके घर के स्विच बोर्ड और दरवाजों के हैंडल भी गंदे हो गए हैं, तो यह आर्टिकल आपके बहुत काम आने वाला है. इसमें हम आपको घर पर ही बिल्कुल आसान और सुरक्षित क्लीनर बनाने का तरीका बताएंगे. इस क्लीनर की मदद से आप बिना किसी डर या झंझट के इन दोनों जगहों को मिनटों में साफ और चमकदार बना सकते हैं. तो चलिए जानते हैं इस क्लीनर को बनाने और इस्तेमाल करने का सही तरीका. 2 मिनट में स्विच बोर्ड और हैंडल के लिए बनाएं देसी क्लीनर आप चाहें तो स्विच बोर्ड और दरवाजों के हैंडल को साफ करने के लिए बाजार के महंगे और केमिकल वाले क्लीनर की जगह घर पर बने इस आसान क्लीनर का इस्तेमाल कर सकते हैं. इसे बनाने के लिए आपको अपनी रसोई में मौजूद सिर्फ दो-तीन चीजों की ही जरूरत पड़ेगी. पहला पेस्ट क्लीनर बनाने के लिए एक कटोरी में दो चम्मच बेकिंग सोडा लें. अब इसमें आधा चम्मच बर्तन धोने वाला लिक्विड और थोड़ा सा पानी मिलाकर एक गाढ़ा पेस्ट तैयार कर लें. बेकिंग सोडा जिद्दी से जिद्दी दागों को आसानी से छुड़ा देता है और डिश वॉश हाथों के तेल और चिपचिपाहट को पूरी तरह खत्म कर देता है. वहीं, दूसरा लिक्विड क्लीनर बनाने के लिए एक स्प्रे बोतल में आधा कप वाइट विनेगर और आधा कप पानी मिलाकर अच्छे से शेक कर लें. विनेगर बैक्टीरिया को खत्म करने और जमा हुई गंदगी को साफ करने में सबसे ज्यादा असरदार होता है. यह भी पढ़ें: Gas Burner Cleaning Tips: मिनटों में काले पड़े गैस बर्नर को बनाएं बिलकुल नए जैसा, ये सस्ते घरेलू नुस्खे हैं सबसे कारगर स्विच बोर्ड को बिना रिस्क के साफ करने का तरीका बिजली से जुड़ी किसी भी चीज की सफाई करते समय सबसे पहली बात अपनी सुरक्षा की आती है, क्योंकि आपकी एक छोटी सी लापरवाही भी बड़े झटके का कारण बन सकती है. इसलिए जब भी आप स्विच बोर्ड साफ करने लगें, तो सबसे पहले घर का मेन स्विच या एमसीबी बंद कर दें और पैरों में रबड़ की चप्पल जरूर पहन लें. इसके बाद एक सूखे कपड़े से बोर्ड के ऊपर जमी धूल झाड़ लें. अब बेकिंग सोडा वाले पेस्ट को एक पुराने टूथब्रश पर हल्का सा लगाएं. ध्यान रखें कि ब्रश से पानी बिल्कुल न टपके, सिर्फ थोड़ा सा पेस्ट ही लगा हो. अब टूथब्रश से स्विच के किनारों और कोनों को हल्के हाथों से साफ करें. सफाई खत्म होते ही एक साफ और सूखे कॉटन के कपड़े से बोर्ड को तुरंत पोंछ लें. जब आपको पक्का यकीन हो जाए कि स्विच बोर्ड अंदर-बाहर से पूरी तरह सूख गया है, तभी मेन स्विच ऑन करें. दरवाजों के हैंडल को चमकाने का सबसे आसान तरीका दरवाजों के हैंडल घर में सबसे ज्यादा छुए जाते हैं, इसलिए इन्हें साफ और जर्म-फ्री रखना बहुत जरूरी है. इनकी सफाई के लिए अपने बनाए हुए विनेगर वाले स्प्रे को सीधे हैंडल पर छिड़कने के बजाय एक सूखे सूती कपड़े पर मारें. अब इस नम कपड़े से हैंडल को चारों तरफ से अच्छी तरह पोंछ लें. अगर हैंडल पर कोई डिजाइन बनी है और उसमें गंदगी फंसी है, तो वहां टूथब्रश की मदद लें. अगर आपके घर के हैंडल पीतल या स्टील के हैं और पुराने होकर काले पड़ गए हैं, तो एक नींबू को आधा काटें, उस पर थोड़ा सा नमक छिड़कें और हैंडल पर हल्के हाथों से रगड़ें. इससे मेटल की पुरानी चमक तुरंत वापस आ जाएगी. सफाई खत्म होने के बाद हैंडल को सूखे कपड़े से पोंछना न भूलें ताकि उस पर पानी के धब्बे न रहें. सफाई करते समय ये गलतियां भूलकर भी न करें डायरेक्ट पानी या स्प्रे न डालें: स्विच बोर्ड पर कभी भी सीधे पानी या लिक्विड स्प्रे न करें. अगर पानी गलती से भी अंदर चला गया, तो शॉर्ट सर्किट हो जाएगा. कड़े केमिकल का इस्तेमाल न करें: इन चीजों की सफाई के लिए हारपिक, एसिड या बहुत कड़े ब्लीच का इस्तेमाल कभी न करें. इससे स्विच का प्लास्टिक गल सकता है और हैंडल का पेंट भी उड़ सकता है. रेगुलर सफाई का रूल बनाएं: हफ्ते में एक बार सूखे कपड़े से पोंछने की आदत डालें और महीने में दो बार इस घरेलू क्लीनर से डीप क्लीनिंग करें. ऐसा करने से गंदगी कभी जमा ही नहीं होगी. ये भी पढ़ें: बाथरूम और किचन की टाइल्स पर जमी गंदगी और दागों से हैं परेशान? इन 5 घरेलू उपायों से मिनटों में लौट आएगी नई जैसी चमक The post गंदगी से काले पड़ गए हैं स्विच बोर्ड और दरवाजों के हैंडल? घर पर बने इस क्लीनर से लौटाएं नई जैसी चमक appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top