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SBI PO परीक्षा इंग्लिश में कैसे स्कोर करें ज्यादा नंबर? एक्सपर्ट ने बताए लास्ट मिनट टिप्स

SBI PO Prelims Exam Tips: SBI पीओ प्रीलिम्स परीक्षा 1 और 2 अगस्त 2026 को आयोजित की जाने वाली है. इस परीक्षा में इंग्लिश सेक्शन से सवाल पूछे जाते हैं, जो आपके स्कोर को बढ़ाने में मदद करता है. ऐसे में सही स्ट्रैटजी और टाइम मैनेजमेंट बहुत जरूरी है. आइए, एग्जाम से पहले शॉर्ट ट्रिक्स जानते हैं. पटना के इंग्लिश PGT शिक्षक अमित श्रीवास्तव ने कहा इंग्लिश में अच्छा स्कोर करने के लिए कठिन शब्द याद करने से ज्यादा जरूरी है कि उम्मीदवार स्मार्ट तरीके से सवाल हल करें और समय का सही इस्तेमाल करें. Reading Comprehension (RC) ऐसे करें पूरे पैसेज को शुरू से आखिर तक पढ़ने में समय बर्बाद न करें. पहले सवाल पढ़ें और उनमें दिए गए कीवर्ड्स पर ध्यान दें. फिर पैसेज में उन्हीं कीवर्ड्स को खोजकर जवाब दें. Vocabulary या Synonym-Antonym वाले सवालों के लिए सिर्फ संबंधित लाइनें पढ़ना काफी होता है. Error Detection में रखें इन बातों का ध्यान जवाब अनुमान से नहीं, बल्कि Grammar Rules के आधार पर दें. Subject-Verb Agreement जरूर जांचें. Conditional Sentences और Parallelism जैसे महत्वपूर्ण नियम एक बार रिवाइज कर लें. Cloze Test और Fillers की आसान ट्रिक सबसे पहले पैराग्राफ की शुरुआती 2-3 लाइनें पढ़ें ताकि उसका मतलब और टोन समझ सकें. Blank के पहले और बाद वाले शब्दों को देखकर तय करें कि वहां Noun, Verb या Adjective क्या आएगा. अगर Model Verb (Can, Will, Should) के बाद Blank है तो वहां अक्सर Verb की First Form आती है. Connectors कैसे हल करें पहले समझें कि दोनों वाक्यों का आपस में क्या संबंध है. अगर दोनों में विरोध है तो However, But, Yet, Although जैसे Connectors चुनें. अगर कारण और रिजल्ट का संबंध है तो उसी हिसाब से ऑप्शन चुनें. Match the Columns में जल्दी स्कोर करें सीधे Options को मिलाकर पढ़ें. जो Pair Grammar या Meaning के हिसाब से गलत लगे, उसे तुरंत हटा दें. इससे सही जवाब तक जल्दी पहुंचा जा सकता है. Elimination Technique अपनाएं SBI PO में 0.25 अंक की नेगेटिव मार्किंग होती है. इसलिए बिना सोचे-समझे Guess न करें. Grammar के हिसाब से गलत ऑप्शन पहले हटाएं. Passage की Tone से मेल न खाने वाले ऑप्शन भी बाहर करें. Double Fillers में अगर एक शब्द किसी एक Blank में फिट नहीं बैठता तो पूरा Option हटा दें. 20 मिनट का Time Management SBI PO एग्जाम के लिए पहले 6 मिनट: Error Detection, Fillers, Match the Columns अगले 6 मिनट: Cloze Test, Connectors 12 से 18 मिनट: Reading Comprehension (RC), पहले डायरेक्ट और Vocabulary आधारित सवाल हल करें. लास्ट 2 मिनट: Mark किए गए सवाल दोबारा जांचें और गलती होने पर आंसर सुधारें. PGT (English) अमित कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि अगर कोई सवाल मुश्किल लगे तो उस पर ज्यादा समय न दें. पहले आसान सवाल हल करें और लास्ट में समय बचने पर कठिन सवालों पर लौटें. सही स्ट्रैटजी, शांत दिमाग और टाइम मैनेजमेंट के साथ SBI PO Prelims 2026 के इंग्लिश सेक्शन में अच्छा स्कोर किया जा सकता है. यह भी पढ़ें- BPSC 72वीं परीक्षा के लिए प्रीवियस ईयर पेपर ऐसे करें डाउनलोड, जानें एग्जाम पैटर्न और मार्किंग स्कीम The post SBI PO परीक्षा इंग्लिश में कैसे स्कोर करें ज्यादा नंबर? एक्सपर्ट ने बताए लास्ट मिनट टिप्स appeared first on Naya Vichar.

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26 जुलाई की टॉप 20 खबरें: धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा, CJP का प्रदर्शन समाप्त; प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार

1. सीजेपी प्रदर्शन के बीच धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा, कहा- राष्ट्रविरोधी ताकतों को रोकने के लिए उठाया ये कदम NEET-UG परीक्षा में हुई अनियमितताओं के बाद कॉकरोच जनता पार्टी की अगुआई में छात्रों के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. उन्होंने अपना त्यागपत्र प्रधानमंत्री को भेज दिया है. अपने पत्र में उन्होंने देश की युवाशक्ति, छात्रों के भविष्य, और देश की एकता का हवाला देते हुए इस फैसले की मुख्य वजहों का जिक्र किया है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 2. CJP ने आंदोलन समाप्त करने की घोषणा की, प्रशासन ने मान ली छात्रों की सभी मांगें केंद्र की नरेंद्र मोदी प्रशासन ने छात्रों की सारी मांगें मान ली हैं. जिसके बाद कॉकरोच जनता पार्टी ने अपने आंदोलन को समाप्त करने की घोषणा कर दी है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 3. प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, राष्ट्रपति ने स्वीकार किया धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री की सलाह पर धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा स्वीकार कर लिया है. इसके साथ ही, कैबिनेट मंत्री प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 4. इंटरनेट बंद, मेट्रो बंद…फिर भी नहीं टूटी छात्रों की डिजिटल चेन; जंतर-मंतर प्रदर्शन में Gen-Z का नया हथियार बना बिटचैट जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन में इस बार सिर्फ नारों और पोस्टरों की नहीं, बल्कि तकनीक की भी बड़ी लड़ाई देखने को मिली. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 5. दिल्ली से न्यूयॉर्क तक गूंजा CJP का आंदोलन: गुतारेस बोले- छात्रों को बिना डर प्रदर्शन का अधिकार युवाओं और छात्रों के नेतृत्व में देशभर में हुए विरोध प्रदर्शन की गूंज संयुक्त राष्ट्र (UN) तक पहुंच गई है. यूएन ने नई दिल्ली में छात्रों के प्रदर्शनों का संज्ञान लेते हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के अधिकारों की रक्षा करने की बात कही है.पूरी समाचार यहां पढ़ें. 6. धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक कैसे पहुंचा NEET आंदोलन? जानिए पिछले 48 घंटे में कैसे बदला प्रशासन का मूड नीट पेपर लीक मामले को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शन के 36वें दिन शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफा दे दिया. धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से पहले प्रशासन अपने फैसलों के जरिए इसका संकेत दे रही थी. जानें पिछले 48 घंटों में ऐसा क्या हुआ कि प्रशासन ने अपना रुख बदल लिया. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 7. धर्मतला हिंसा में 7 FIR दर्ज, शुभेंदु अधिकारी बोले – ऐसी सजा देंगे कि 3 पीढ़ियां नहीं भूलेंगी कोलकाता के धर्मतला में यूनाइटेड कॉकरोच मार्च के दौरान हुई हिंसा मामले में कोलकाता पुलिस ने 7 FIR दर्ज की हैं. मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने घटना की निंदा करते हुए कहा है कि हमलावरों को ऐसी सजा दी जायेगी, जिसे उनकी आने वाली पीढ़ियां याद रखेंगी. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 8. भागी-भागी पद्मपुकुर पहुंचीं ममता बनर्जी, कहा- पुलिस ने मुझ पर हमला किया, जानें पूरा मामला पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने दावा किया है कि पुलिस ने उन पर हमला किया. हालांकि, उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है, जिसमें वे कथित तौर पर एक स्त्री पुलिसकर्मी को धक्का दे रही हैं. यह घटना कोलकाता में एक प्रस्तावित रैली के दौरान हुई, जब पुलिस ने तृणमूल छात्र परिषद की रैली की अनुमति रद्द कर दी. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 9. 10वीं बार बैकफुट पर मोदी प्रशासन, 12 साल के कार्यकाल की वो बड़ी घटनाएं, जब आंदोलन जीता प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भाजपा नीत एनडीए प्रशासन को अपने 12 साल के कार्यकाल में कई राष्ट्रीय नीतियों और विधेयकों पर भारी विरोध का सामना करना पड़ा है. जानें वो 10 बड़ी घटनाएं, जब प्रशासन को बैकफुट पर आना पड़ा. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 10. पटना: दंगा फैलाने के आरोप में पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव गिरफ्तार, जानिए क्या है पूरा मामला राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद के बड़े पुत्र और पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव को पटना पुलिस ने दंगा फैलाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है. इस मामले में 208 अन्य आरोपियों को भी पकड़ा गया है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 11. Internet Ban : सीवान में अगले आदेश तक इंटरनेट बंद, हिंसा के बाद प्रशासन का फैसला सीवान में नीट परीक्षा से जुड़े विवाद के बाद शनिवार को हुए प्रदर्शन में हिंसा भड़कने के बाद जिला प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है. अगले आदेश तक जिले में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई है. यह निर्णय अफवाहों को फैलने से रोकने और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए लिया गया है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 12. Bihar Band: सुबह शांत, दोपहर हिंसा, शाम इस्तीफा, बिहार बंद में दिनभर क्या-क्या हुआ NEET पेपर लीक, छात्रों पर लाठीचार्ज और केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर बुलाया गया बिहार बंद पूरे दिन सुर्खियों में रहा. सुबह कड़ी सुरक्षा के बीच शांत शुरुआत हुई, लेकिन दोपहर में कई जिलों में हिंसा भड़क गई. शाम तक बड़े नेतृत्वक घटनाक्रम के साथ आंदोलन का माहौल बदल गया. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 13. यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल हुआ सारनाथ, PM मोदी बोले- हर हिंदुस्तानीय के लिए गर्व का पल उत्तर प्रदेश के वाराणसी के पास स्थित प्राचीन बौद्ध स्थल सारनाथ को यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल कर लिया गया है. यह हिंदुस्तान का 45वां विश्व धरोहर स्थल बना है, जो भगवान बुद्ध के पहले उपदेश की भूमि है. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 14. टीम इंडिया का धमाकेदार प्रदर्शन, जिम्बाब्वे को 90 रन से हराकर सीरीज पर किया कब्जा हिंदुस्तान ने जिम्बाब्वे को दूसरे टी20 में 90 रनों के बड़े अंतर से हराकर टी20 सीरीज अपने नाम कर ली है. ईशान किशन और तिलक वर्मा की आतिशी पारियों के बाद हिंदुस्तानीय गेंदबाजों की शानदार गेंदबाजी ने टीम इंडिया को जीत दिलाई. पूरी समाचार यहां पढ़ें. 15. जेपीएससी गड़बड़ी मामला: सीआईडी ने अभय तिवारी के सहयोगी समेत 2 कर्मचारी को किया गिरफ्तार झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर सीआईडी ने बड़ी कार्रवाई की है. मामले के मुख्य अभियुक्त अभय तिवारी के सहयोगी अरविंद कुमार और जेपीएससी कर्मचारी सोनू कुमार को गिरफ्तार किया गया है. इस कार्रवाई से परीक्षा धांधली के बड़े रैकेट का खुलासा होने

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रांची के ग्रामीण इलाकों की सरकारी दर 10% तक बढ़ी, जमीन-फ्लैट खरीदना हुआ महंगा

रांची से राजीव पांडेय की रिपोर्ट Ranchi Land Prices: रांची के ग्रामीण इलाकों जमीन और घर खरीदना महंगा होगा, क्योंकि इनकी कीमत एक अगस्त से बढ़ जायेगी. इस नयी दर पर जिला निबंधक सह उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने अपनी मुहर लगा दी है. आदेश के अनुसार दर में 10 फीसदी तक की बढ़ोत्तरी की गयी है.यानी ग्रामीण क्षेत्र में भवन, फ्लैट और कच्चा और पक्का मकान खरीदना महंगा हो गया है. नयी दर के लागू होने के बाद गांवों में जमीन या घर की रजिस्ट्री कराने के लिए खरीदारों को अधिक स्टांप शुल्क और कोर्ट फीस देनी होगी. वहीं, कई मौजा में व्यावसायिक दरों में बढ़ोत्तरी नहीं की गयी है. नामकुम क्षेत्र में प्रति डिसमिल 27,000, कांके में 22,000, रातू में 24,000 की कीमतें बढ़ी है. खरीदारों पर बढ़ेगा बोझ हालांकि, प्रशासनी कीमत बढ़ने से एक तरफ प्रशासन का राजस्व तो बढ़ेगा लेकिन दूसरी तरफ खरीदारों की जेब पर अतिरिक्त बोझ भी पड़ेगा. नया वैल्यूएशन लागू होने के बाद रिंग रोड के आसपास और राष्ट्रीय राजमार्गों के अगल-बगल की जमीनों की कीमतें सबसे अधिक बढ़ रही है. ये सभी आरआरडीए क्षेत्र में आते है. इसमें कांके, ओरमांझी, नामकुम, नगड़ी, खिजरी, सिमलिया, झिरी, मेसरा, पिर्रा और अनगड़ा के दर्जनों गांव है. Valuation 2026-27 Dated 24.07.2026.pdf इसे भी पढ़ें: रांची की प्रीति कुमार का नीति आयोग के ‘ग्रासरूट्स इनोवेटर रिकग्निशन-2026’ में चयन, राष्ट्रपति के हाथों मिलेगा सम्मान 2024 में बढ़ी थीं ग्रामीण क्षेत्र के जमीन की कीमत जमीन और फ्लैट की प्रशासनी कीमत को बाजार मूल्य के समतुल्य करने के लिए हर दो साल पर दोबारा से मूल्यांकन किया जाता है. ऐसे में एक साल ग्रामीण तो दूसरे साल शहरी क्षेत्र की जमीनों का मूल्यांकन होता है. रांची में इससे पहले वर्ष 2024 में ग्रामीण क्षेत्र की जमीन की कीमतें बढ़ायी गयी थी, इसलिए वर्ष 2026 में नये सिरे से वैल्यूएशन किया गया है. ग्रामीण क्षेत्रों में डीलक्स अपार्टमेंट, आरसीसी छत और एस्बेस्टस वाले घरों की प्रशासनी कीमतों में भी बढ़ोतरी की गयी है. इसे भी पढ़ें: पलामू के पांकी 11.97 करोड़ से होगा विकास, 18 उपस्वास्थ्य केंद्रों और दो पंचायत भवनों की रखी गई आधारशिला The post रांची के ग्रामीण इलाकों की प्रशासनी दर 10% तक बढ़ी, जमीन-फ्लैट खरीदना हुआ महंगा appeared first on Naya Vichar.

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आज का राशिफल 26 जुलाई 2026: मेष से लेकर मीन राशि का संपूर्ण राशिफल और दिनभर के शुभ संकेत

Aaj Ka Rashifal 25 July 2026: आज 26 जुलाई 2026 का राशिफल करियर, व्यापार, परिवार और व्यक्तिगत जीवन से जुड़े महत्वपूर्ण संकेत दे रहा है. जानें आपकी राशि के लिए दिन कितना शुभ और सफल रहने वाला है. आइए जानते हैं मेष से मीन तक सभी 12 राशियों का विस्तृत राशिफल. मेष राशि: मेहनत से मिलेगा बड़ा परिणाम आज आपकी ऊर्जा और कार्यक्षमता आपको सफलता की ओर ले जाएगी. लंबे समय से रुके कार्यों में गति आएगी. नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारी मिल सकती है, जबकि व्यापार में बनाई गई रणनीति लाभदायक सिद्ध होगी. परिवार में संबंध मजबूत होंगे और किसी अधूरे लक्ष्य के पूरा होने से संतोष मिलेगा. शुभ अंक: 7 | शुभ रंग: गाढ़ा अरुण वृषभ राशि: आर्थिक फैसले देंगे भविष्य की मजबूती आज आप वित्तीय मामलों में समझदारी दिखाएंगे. नौकरी में वरिष्ठ अधिकारियों का विश्वास बढ़ेगा और व्यापार में पुराने ग्राहकों से लाभ मिलने की संभावना है. पारिवारिक वातावरण सुखद रहेगा और पारंपरिक कार्यक्रम में शामिल होने का अवसर मिल सकता है. शुभ अंक: 2 | शुभ रंग: चम्पई मिथुन राशि: नई जानकारी बनेगी सफलता की कुंजी ज्ञान और सीखने की इच्छा आज आपको नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकती है. पत्रकारिता, लेखन, शिक्षा और डिजिटल मीडिया से जुड़े लोगों के लिए दिन विशेष रूप से अनुकूल रहेगा. रचनात्मक विचारों को उचित मंच मिलेगा. शुभ अंक: 9 | शुभ रंग: बांस हरित कर्क राशि: भावनात्मक समझ से सुलझेंगे रिश्ते परिवार और कार्यस्थल दोनों जगह आपकी समझदारी की सराहना होगी. किसी जटिल विषय का समाधान निकल सकता है. बच्चों और परिवार के साथ समय बिताने से मन प्रसन्न रहेगा. शुभ अंक: 4 | शुभ रंग: रजत श्वेत सिंह राशि: नेतृत्व क्षमता दिलाएगी पहचान आज आत्मविश्वास और दूरदृष्टि के बल पर आप प्रभावशाली लोगों के संपर्क में आ सकते हैं. नौकरी और व्यापार दोनों क्षेत्रों में विस्तार की संभावनाएं बनेंगी. सामाजिक प्रतिष्ठा में भी वृद्धि होगी. शुभ अंक: 1 | शुभ रंग: कंचन आभा कन्या राशि: छोटी बातों पर ध्यान बनेगा बड़ी सफलता का कारण कार्य स्थल पर आपकी सूक्ष्म दृष्टि समस्याओं का समाधान निकालने में मदद करेगी. तकनीकी, चिकित्सा और अनुसंधान क्षेत्र से जुड़े लोगों को विशेष उपलब्धि मिल सकती है. स्वास्थ्य के प्रति सजग रहें. शुभ अंक: 5 | शुभ रंग: दूर्वा वर्ण तुला राशि: नए संपर्कों से मिलेंगे अवसर सामाजिक और व्यावसायिक संबंध आज लाभदायक साबित होंगे. किसी आयोजन या सम्मेलन में भाग लेने का अवसर मिल सकता है. जीवनसाथी के साथ भविष्य की योजना पर सहमति बनेगी. शुभ अंक: 8 | शुभ रंग: गुलाबी वृश्चिक राशि: धैर्य और रणनीति दिलाएगी सफलता लंबे समय से अटके कार्य पूरे होने की संभावना है. नौकरी में वरिष्ठों का विश्वास मिलेगा और व्यापार में प्रतिस्पर्धा के बीच अलग पहचान बनाने में सफल रहेंगे. पारिवारिक विवाद भी सुलझ सकते हैं. शुभ अंक: 3 | शुभ रंग: गहरा ताम्र धनु राशि: व्यापार में नए ग्राहक मिलने के संकेत सीखने और आगे बढ़ने का दिन उच्च शिक्षा, शोध और धार्मिक कार्यों से जुड़े लोगों के लिए दिन शुभ रहेगा. नौकरी में नई जिम्मेदारी और व्यापार में नए ग्राहक मिलने के संकेत हैं. धार्मिक यात्रा की योजना भी बन सकती है. शुभ अंक: 6 | शुभ रंग: यज्ञ केसर मकर राशि: धैर्य के साथ मिलेगा लाभ कार्यस्थल पर आपकी मेहनत रंग लाएगी. उद्योग, निर्माण और प्रशासनी क्षेत्र से जुड़े लोगों को सफलता मिलने की संभावना है. परिवार के बुजुर्गों की सलाह उपयोगी साबित होगी. शुभ अंक: 1 | शुभ रंग: धूसर शिला कुंभ राशि: नवाचार से मिलेगी पहचान तकनीकी, शोध और स्टार्टअप क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए दिन शानदार रह सकता है. नए विचार और योजनाएं सफलता दिला सकती हैं. परिवार और मित्रों का सहयोग भी प्राप्त होगा. शुभ अंक: 4 | शुभ रंग: गगन नील मीन राशि: रचनात्मकता बनेगी प्रेरणा कला, साहित्य, संगीत और आध्यात्मिक क्षेत्र से जुड़े लोगों को विशेष सफलता मिल सकती है. कार्यक्षेत्र में आपकी सूझबूझ की सराहना होगी. आत्मचिंतन और ध्यान के लिए समय निकालना लाभकारी रहेगा. शुभ अंक: 2 | शुभ रंग: बैंगनी पुष्प The post आज का राशिफल 26 जुलाई 2026: मेष से लेकर मीन राशि का संपूर्ण राशिफल और दिनभर के शुभ संकेत appeared first on Naya Vichar.

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रात 11 बजे भी जश्न, फिर हाथों में झाड़ू, Gen-Z ने दिया जिम्मेदारी का संदेश

संवाददाता रांची जश्न के बीच-बीच में ‘वंदे मातरम्’ और ‘हिंदुस्तान माता की जय’ के नारे लगते रहे. फोटो, वीडियो और रील्स का दौर चलता रहा. युवाओं से पूछने पर उन्होंने कहा कि लंबे संघर्ष के बाद हमारी मांगों को माना गया है, ऐसे में यह उत्साह और उत्सव मना रहे हैं. टेंट खुला लेकिन जमे रहे लोग प्रोटेस्ट एरिया में भी देर रात तक जमावड़ा लगा रहा। जिस स्टेज से सीजेपी की टीम ने इस आंदोलन का नेतृत्व किया था, वह टेंट खुल गया लेकिन युवाओं का जमावड़ा लगा रहा. कुछ युवा चर्चा करते नजर आए कि “आज शांति की नींद आएगी.” 200 से ज्यादा युवाओं ने घेरा बनाकर की साफ-सफाई जश्न के बीच जेन-जी (Gen-Z) की एक और तस्वीर सामने आई. करीब 200 से अधिक युवाओं ने समूह बनाकर पूरे प्रोटेस्ट एरिया और आसपास की सड़क पर सफाई अभियान चलाया. हाथों में झाड़ू और कचरे के बैग लेकर युवाओं ने सड़क पर फैला प्लास्टिक, बोतलें और अन्य कचरा उठाया. सफाई के दौरान भी नारेबाजी जारी रही और लोग एक-दूसरे को सफाई के लिए प्रेरित करते रहे. प्रदर्शन में शामिल लॉ की छात्रा आयशा और उनके साथी, फोटो नया विचार “इतने दिनों से आंदोलन चल रहा था. हजारों-लाखों लोग यहां आए, इसलिए गंदगी होना स्वाभाविक है. इसे साफ करना भी हमारी जिम्मेदारी है.” – प्रदर्शन में शामिल लॉ की छात्रा आयशा “हम सिर्फ अपने अधिकारों की बात नहीं करते, बल्कि अपनी जिम्मेदारियां भी निभाते हैं. इसलिए यहां जो भी कचरा था, उसे मिलकर साफ कर रहे हैं.” – शादिल The post रात 11 बजे भी जश्न, फिर हाथों में झाड़ू, Gen-Z ने दिया जिम्मेदारी का संदेश appeared first on Naya Vichar.

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पटना: दंगा फैलाने के आरोप में पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव गिरफ्तार, जानिए क्या है पूरा मामला

Tej Pratap Yadav Arrested : राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद के बड़े पुत्र और पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव को पटना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. उन्हें शहर में दंगा फैलाने के आरोप में पकड़ा गया है. इस संबंध में गांधी मैदान थाने में केस दर्ज किया गया है. इनके अलावा गांधी मैदान और कोतवाली थाने की पुलिस ने 208 अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है. घटना को लेकर गांधी मैदान और कोतवाली थाने में अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज की गई हैं. पुलिस पर हमला और प्रशासनी कार्य में बाधा डालने का आरोप पुलिस के अनुसार, गांधी मैदान थाने में दर्ज प्राथमिकी में पुलिस पर हमला, पुलिस वाहन को क्षतिग्रस्त करने, प्रशासनी कार्य में बाधा पहुंचाने और थानाध्यक्ष को घायल करने सहित अन्य आरोप लगाए गए हैं. एक प्राथमिकी पुलिस के बयान पर तेजप्रताप यादव के खिलाफ दर्ज की गई है, जबकि दूसरी प्राथमिकी गांधी मैदान थानाध्यक्ष अखिलेश कुमार मिश्रा के बयान पर दर्ज हुई है. पुलिस का दावा है कि घटना के दौरान थानाध्यक्ष के पैर में चोट लगी. सेंट्रल मॉल से पकड़े गये तेजप्रताप गांधी मैदान इलाके में हंगामा,पथराव और पुलिस वाहन को पलटने, पुलिस पर हमला होने की घटना हुई तो तेजप्रताप यादव को हिरासत में ले लिया गया था. हालांकि वे कुछ देर बाद ही थाना से निकल गये. इसके बाद पुलिस ने उनकी खोजबीन शुरू की तो वे फ्रेजर रोड स्थित सेंट्रल मॉल से पकड़े गये. इसके बाद पुलिस टीम ने उन्हें गुप्त जगह पर रखा है. एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि तेजप्रताप यादव को दंगा फैलाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है. आगे की प्रक्रिया की जा रही है. 208 अन्य लोगों की गिरफ्तारी, आगे की कार्रवाई जारी पटना के एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि तेजप्रताप यादव को दंगा फैलाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. उन्होंने कहा कि मामले में कुल 209 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और सभी के विरुद्ध विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है. इसे भी पढ़ें: दानापुर में आपसी रंजिश में युवक की गोली मारकर हत्या, चचेरे भाइयों पर हत्या का आरोप The post पटना: दंगा फैलाने के आरोप में पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव गिरफ्तार, जानिए क्या है पूरा मामला appeared first on Naya Vichar.

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इंटरनेट बंद, मेट्रो बंद…फिर भी नहीं टूटी छात्रों की डिजिटल चेन; जंतर-मंतर प्रदर्शन में Gen-Z का नया हथियार बना बिटचैट

नयी दिल्ली से संदीप सावर्ण की रिपोर्ट आंदोलन के दौरान प्रशासन ने सुरक्षा कारणों से आसपास के इलाके में इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगायी, कई मेट्रो स्टेशनों का संचालन प्रभावित हुआ और अलग-अलग रास्तों पर बैरिकेडिंग कर भीड़ की आवाजाही सीमित करने की कोशिश की गयी, मकसद साफ था. बड़ी भीड़ के बीच संचार और समन्वय को मुश्किल बनाना. लेकिन जेन-जी ने इसका भी रास्ता खोज लिया. ऑफलाइन मैसेजिंग ऐप ने छात्र आंदोलन को दी हवा इंटरनेट बंद होने के बावजूद प्रदर्शनकारियों के बीच बिटचैट नाम का ऑफलाइन मैसेजिंग ऐप तेजी से चर्चा में आ गया. कई छात्र इसे डाउनलोड कर एक-दूसरे तक संदेश पहुंचाते रहे. आंदोलन के दौरान कई युवाओं के मोबाइल में यह ऐप खुला दिखाई दिया और इसकी मदद से बिना इंटरनेट के लोकेशन, जरूरी सूचना और समूहों के बीच संदेश साझा किये गये. क्या है बिट चैट की खासियत बिटचैट की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे चलाने के लिए न इंटरनेट चाहिए, न मोबाइल नेटवर्क और न ही किसी अकाउंट या फोन नंबर की जरूरत होती है. यह ब्लूटुथ मेश टेक्नोलॉजी पर काम करता है. यानी एक मोबाइल दूसरे मोबाइल तक संदेश पहुंचाता है और वही फोन आगे तीसरे फोन तक संदेश भेज देता है. इस तरह हर स्मार्टफोन एक छोटे रिले स्टेशन की तरह काम करता है और संदेश भीड़ के बीच धीरे-धीरे आगे बढ़ता जाता है. ऐप में एंड-टू-एंड एन्क्रिप्शन होने का दावा किया जाता है, जिससे संदेश सुरक्षित रहते हैं. “ऐसी तकनीकें नयी नहीं हैं, लेकिन बड़े जनसमूह में इनका उपयोग अब तेजी से बढ़ रहा है. इंटरनेट बंद होने, नेटवर्क फेल होने, प्राकृतिक आपदा, ट्रैकिंग और बड़े आयोजनों में इन्हें उपयोगी माना जाता है. यही कारण है कि जंतर-मंतर आंदोलन के दौरान भी इस ऐप की चर्चा अचानक बढ़ गयी.” – तकनीकी विशेषज्ञ हरीश कुमार ऑफलाइन ऐप ने छोटी-छोटी टीमों के बीच संपर्क बनाए रखने में मदद की आंदोलन में शामिल छात्रों ने बताया कि इंटरनेट बंद होने के बाद व्हाट्सएप और टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म बेअसर हो गये थे. ऐसे में बिटचैट जैसे ऑफलाइन ऐप ने छोटी-छोटी टीमों के बीच संपर्क बनाए रखने में मदद की. हालांकि इसकी प्रभावी दूरी ब्लूटुथ की सीमा पर निर्भर करती है और यह तभी बेहतर काम करता है, जब आसपास पर्याप्त संख्या में ऐप का इस्तेमाल करने वाले लोग मौजूद हों. जंतर-मंतर में इसके इस्तेमाल की समाचारें सामने आने के बाद इस तकनीक को लेकर प्रशासनी एजेंसियों की भी दिलचस्पी बढ़ी. कुछ रिपोर्टों में दुरुपयोग की आशंकाओं के मद्देनजर इसके कुछ ऑनलाइन स्रोतों (रिपॉजिटरी) पर कार्रवाई की चर्चा भी सामने आयी. नई पीढ़ी के लिए संवाद का रास्ता बंद करना आसान नहीं : आयुषी सिंघल प्रदर्शन में शामिल आयुषी सिंघल ने कहा कि जंतर-मंतर का आंदोलन यह भी दिखाकर गया कि आज का युवा केवल सड़कों पर प्रदर्शन करना नहीं जानता, बल्कि तकनीक का इस्तेमाल कर परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढालना भी जानता है. इंटरनेट बंद हो सकता है, मोबाइल नेटवर्क ठप हो सकता है, लेकिन नई पीढ़ी के लिए संवाद का रास्ता बंद करना अब पहले जितना आसान नहीं रह गया है. यही इस आंदोलन की सबसे अलग और सबसे आधुनिक तस्वीर बनकर सामने आयी. ये भी पढ़ें: सुबह हो गई मामू…जंतर-मंतर पर गूंजा जीत का नारा, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद युवाओं ने ऐसे मनाया जश्न The post इंटरनेट बंद, मेट्रो बंद…फिर भी नहीं टूटी छात्रों की डिजिटल चेन; जंतर-मंतर प्रदर्शन में Gen-Z का नया हथियार बना बिटचैट appeared first on Naya Vichar.

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कौन हैं प्रह्लाद जोशी? जिन्हें मिला शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, जानिए उनका राजनीतिक सफर

NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद और इसे लेकर देशभर में छात्रों के विरोध-प्रदर्शनों के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया. उनके इस्तीफे के बाद केंद्र प्रशासन ने वरिष्ठ भाजपा नेता और केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है. राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा स्वीकार करते हुए प्रह्लाद जोशी को उनके मौजूदा मंत्रालयों के साथ-साथ शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी भी सौंपने की मंजूरी दी है. कौन हैं प्रह्लाद जोशी? प्रह्लाद जोशी हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता हैं और कर्नाटक के धारवाड़ लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं. केंद्र प्रशासन में वह पहले से ही उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय तथा नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय (Minister of Consumer Affairs, Food and Public Distribution of India) का कार्यभार संभाल रहे हैं. इसके अलावा वह इंटरनेशनल सोलर अलायंस (ISA) के अध्यक्ष भी हैं. शिक्षा और नेतृत्वक सफर 27 नवंबर 1962 को कर्नाटक के विजयपुरा जिले में जन्मे प्रह्लाद जोशी ने कला (Arts) विषय से शिक्षा प्राप्त की. कम उम्र में ही वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़े और बाद में हिंदुस्तानीय जनता पार्टी के जरिए सक्रिय नेतृत्व में आए. तीन दशक से अधिक लंबे सार्वजनिक जीवन और संसदीय अनुभव के कारण उन्हें भाजपा के अनुभवी नेताओं में गिना जाता है. चुनौतीपूर्ण समय में मिली नई जिम्मेदारी प्रह्लाद जोशी को ऐसे समय शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जब NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले को लेकर देशभर में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. केंद्र प्रशासन परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और मजबूत बनाने के लिए कई सुधारों पर काम कर रही है. ऐसे में शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार संभालना उनके लिए बड़ी चुनौती माना जा रहा है. धर्मेंद्र प्रधान ने क्यों दिया इस्तीफा? धर्मेंद्र प्रधान ने NEET-UG 2026 पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं को लेकर जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच अपने पद से इस्तीफा दे दिया. उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना इस्तीफा सौंप दिया है. प्रधान के मुताबिक, उन्होंने यह फैसला इसलिए लिया ताकि “राष्ट्रविरोधी ताकतें” इस मुद्दे का फायदा उठाकर भ्रम न फैला सकें. ये भी पढ़ें: सुबह हो गई मामू…जंतर-मंतर पर गूंजा जीत का नारा, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद युवाओं ने ऐसे मनाया जश्न The post कौन हैं प्रह्लाद जोशी? जिन्हें मिला शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, जानिए उनका नेतृत्वक सफर appeared first on Naya Vichar.

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प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, राष्ट्रपति ने स्वीकार किया धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा

धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्री नियुक्त किया गया है. जोशी को उपभोक्ता मामलों के मंत्री के तौर पर अपनी जिम्मेदारी के अलावा शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है. प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति ने दिया निर्देश राष्ट्रपति भवन की एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सलाह पर राष्ट्रपति ने प्रधान का इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है. इसमें कहा गया है कि प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति ने निर्देश दिया है कि कैबिनेट मंत्री जोशी को उनकी अपनी जिम्मेदारियों के अलावा शिक्षा मंत्रालय का प्रभार सौंपा जाए. छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बाद प्रधान ने दिया इस्तीफा NEET पेपर लीक विवाद को लेकर देश भर में हुए छात्रों के विरोध प्रदर्शनों के बाद प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया. अपने इस्तीफे के पत्र में धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि वे सदैव देश की प्रजातांत्रिक शक्ति और युवाओं की आकांक्षाओं का सम्मान करते आए हैं. पिछले 10 दिनों के घटनाक्रम से वे व्यथित थे. ये भी पढ़ें: सीजेपी प्रदर्शन के बीच धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा,कहा- राष्ट्रविरोधी ताकतों को रोकने के लिए उठाया ये कदम ये भी पढ़ें: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद सोनम वांगचुक बोले- यह लोकतंत्र की जीत, अब जवाबदेही से आगे सुधारों का समय ये भी पढ़ें: “कॉकरोच से पंगा न लें”: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद भी नहीं माने अभिजीत दीपके, अब रख दी ये शर्त ये भी पढ़ें: NEET पेपर लीक से धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक: कब-कब, क्या-क्या हुआ? जानिए पूरी टाइमलाइन The post प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, राष्ट्रपति ने स्वीकार किया धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा appeared first on Naya Vichar.

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टीम इंडिया का धमाकेदार प्रदर्शन, जिम्बाब्वे को 90 रन से हराकर सीरीज पर किया कब्जा

हिंदुस्तान ने दूसरे टी20 मुकाबले में जिम्बाब्वे को 90 रन से हराकर तीन मैचों की सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली है. इस जीत के साथ टीम इंडिया ने सीरीज भी अपने नाम कर ली. हिंदुस्तान ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 5 विकेट के नुकसान पर 219 रन बनाए. 220 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम हिंदुस्तानीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सकी और निर्धारित 20 ओवर में 129 रन ही बना सकी. ईशान और तिलक ने स्पोर्ट्सी तूफानी पारियां टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए हिंदुस्तान की शुरुआत अच्छी नहीं रही. अभिषेक शर्मा सिर्फ 8 रन बनाकर आउट हो गए, जबकि वैभव सूर्यवंशी 20 रन बनाकर पवेलियन लौट गए. शुरुआती दो विकेट जल्दी गिरने के बाद ईशान किशन और कप्तान श्रेयस अय्यर ने पारी को संभाला और तेजी से रन बटोरे. दोनों के बीच अर्धशतकीय साझेदारी हुई. श्रेयस अय्यर 25 रन बनाकर आउट हुए, लेकिन ईशान किशन ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 81 रन की तूफानी पारी स्पोर्ट्सी. इसके बाद तिलक वर्मा ने नाबाद 60 रन बनाकर टीम इंडिया को 20 ओवर में 5 विकेट पर 219 रन के मजबूत स्कोर तक पहुंचाया. रिंकू सिंह ने 12 रन का योगदान दिया. जिम्बाब्वे की ओर से ब्लेसिंग मुजारबानी, रिचर्ड नगारावा, ब्रैड इवांस, न्यामुरी न्यामहुरी और ब्रायन बेनेट ने एक-एक विकेट लिया. हिंदुस्तानीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सकी जिम्बाब्वे 220 रन के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की शुरुआत बेहद खराब रही. बेन करन सिर्फ 1 रन बनाकर पवेलियन लौट गए, जबकि डिओन मेयर्स भी 12 रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद ब्रायन बेनेट ने 32 रन बनाकर कुछ संघर्ष किया, लेकिन वह भी बड़ी पारी नहीं स्पोर्ट्स सके. मध्यक्रम में रायन बर्ल ने 20 रन, तडिवनाशे मारुमानी ने 24 रन और ब्रैड इवांस ने 19 रन का योगदान दिया। इनके अलावा जिम्बाब्वे का कोई भी बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा नहीं छू सका। पूरी टीम 20 ओवर में 129 रन पर सिमट गई और हिंदुस्तान ने मुकाबला 90 रन से अपने नाम कर लिया. अभिषेक ने चटकाए 3 विकेट हिंदुस्तानीय गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया. अभिषेक शर्मा सबसे सफल गेंदबाज रहे और उन्होंने 3 विकेट झटके. यश ठाकुर और प्रिंस यादव ने 2-2 विकेट लिए, जबकि रवि बिश्नोई, तिलक वर्मा और शिवम दुबे ने 1-1 विकेट अपने नाम किया. ये भी पढ़ें: T20I में हिंदुस्तान ने रचा इतिहास, एक साल में 9वीं बार बनाया 200+ स्कोर The post टीम इंडिया का धमाकेदार प्रदर्शन, जिम्बाब्वे को 90 रन से हराकर सीरीज पर किया कब्जा appeared first on Naya Vichar.

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