मुख्य बातें भाजपा का लगातार बढ़ रहा जनाधार फॉरवर्ड ब्लॉक का रहा है दबदबा 2009 में पहली बार बढ़ा तृणमूल का जनाधार बढ़ने के बदले घटते रहे वोटर डॉ. शशि पांजा कहां से विधायक हैं डॉ. शशि पांजा किस विभाग की मंत्री हैं डॉ. शशि पांजा ने पहला चुनाव कब जीता डॉ. शशि पांजा का जन्म कहां हुआ था डॉ. शशि पांजा की शिक्षा कहां तक हुई है डॉ. शशि पांजा किस दल की नेता हैं डॉक्टर से नेता बनी शशि पांजा 2011 में बनी पहली बार विधायक डॉ. शशि पांजा के बारे में मुख्य विवरण Shyampukur Assembly: कोलकाता. श्यामपुकुर विधानसभा क्षेत्र नॉर्थ कोलकाता के बीच का इलाका है, जो कोलकाता उत्तर लोकसभा सीट के तहत एक जनरल कैटेगरी का असेंबली सीट है. वर्तमान में यह सीट तृणमृल कांग्रेस के कब्जे में हैं और डॉ. शशि पांजा यहां से विधायक हैं. डॉ शशि पांचा पश्चिम बंगाल प्रशासन में कैबिनेट मंत्री हैं. ममता बनर्जी ने उन्हें उद्योग, वाणिज्य, उद्यम, स्त्री एवं बाल विकास और सामाजिक कल्याण विभाग जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी सौंप रखी है. टीएमसी के प्रवक्ता के रूप में भाजपा के खिलाफ मुखर रहनेवाली डॉ शशि पांजा के लिए यह सीट बरकरार रखना बहुत आसान नहीं है. भाजपा का लगातार बढ़ रहा जनाधार श्यामपुकुर के वोटरों ने अब तक किसी पार्टी या नेता को बहुत तबज्जों नहीं दी है. इस सीट ने दो बार BJP को लोकसभा में मामूली बढ़त दिलाई है, जबकि लगातार तीन बार तृणमूल कांग्रेस को विधानसभा में जीत मिली है. लेफ्ट फ्रंट-कांग्रेस गठबंधन के हाशिए पर जाने के बाद आगामी विधानसभा चुनाव में मुकाबला टीएमसी और भाजपा के बीच बराबर का माना जा रहा है. 2026 के विधानसभा चुनाव में यह सीट जीतने की तृणमूल कांग्रेस और BJP दोनों को उम्मीद है. नतीजा तय करने में हर वोटर और हर वोट मायने रखेगा. फॉरवर्ड ब्लॉक का रहा है दबदबा 1951 में अपनी स्थापना के बाद से श्यामपुकुर में 17 चुनाव हुए हैं. इसमें 2004 का उपचुनाव भी शामिल है. इस सीट के शुरुआती दशकों में फॉरवर्ड ब्लॉक का दबदबा रहा. फॉरवर्ड ब्लॉक यहां से 10 बार जीत हासिल की. कांग्रेस पार्टी ने चार बार जीत हासिल की. 1971 का चुनाव दो उम्मीदवारों की हिंसक मौतों के कारण रद्द कर दिया गया था. इसमें मौजूदा विधायक हेमंत कुमार बसु और विरोधी उम्मीदवार अजीत कुमार विश्वास शामिल थे. उस वर्ष कोई चुनाव नहीं हुआ, क्योंकि विधानसभा कुछ ही महीनों में भंग कर दी गई थी. 1972 में नए चुनाव हुए. 2004 का उपचुनाव फॉरवर्ड ब्लॉक के सुब्रत बोस के लोकसभा जीत के बाद इस्तीफे के बाद हुआ. 2009 में पहली बार बढ़ा तृणमूल का जनाधार श्यामपुकुर में तृणमूल कांग्रेस की बढ़त 2009 के लोकसभा चुनावों से शुरू हुई, जब उसने असेंबली एरिया में माकपा को 9,322 वोटों से पीछे कर दिया था. तृणमूल कांग्रेस ने 2011 से श्यामपुकुर पर अपना कब्जा स्थापित किया. राज्य प्रशासन में मौजूदा कैबिनेट मंत्री डॉ शशि पांजा ने लगातार तीन बार जीत हासिल की. 2011 में, उन्होंने फॉरवर्ड ब्लॉक के जीवन प्रकाश साहा को 27,036 वोटों से हराया और 2016 में फॉरवर्ड ब्लॉक की ही पियाली पाल को 13,155 वोटों से हराया. 2021 में, पांजा ने भाजपा के संदीपन बिस्वास को 22,520 वोटों से हराकर अपनी तीसरी जीत हासिल की, जबकि फॉरवर्ड ब्लॉक 10.52 परसेंट के साथ तीसरे स्थान पर आ गया. इसकी तुलना में भाजपा को 32 परसेंट वोट मिले, जबकि तृणमूल को 54.18 परसेंट वोट मिले, जो 2011 में सिर्फ 3.66 परसेंट और 2016 में 15.73 परसेंट थे. नाम वोट डॉ. शशि पांजा 55,785 संदीपन विश्वास 33,265 विजेता पार्टी का वोट % 54.2 % जीत अंतर % 21.9 % स्रोत : चुनाव आयोग बढ़ने के बदले घटते रहे वोटर बंगाल में चल रहे SIR के कारण कई विधानसभा सीटों पर वोटरों की संख्या कम होने की बात कही जा रही है, लेकिन श्यामपुकुर चुनाव क्षेत्र की एक खास बात यह है कि इस सीट पर समय के साथ रजिस्टर्ड वोटरों की संख्या में कमी आती रही है. ज्यादातर चुनाव क्षेत्रों के उलट श्यामपुकुर में वोटरों की संख्या में काफी कमी आई है. 2011 में, यहां 185,859 रजिस्टर्ड वोटर थे. 2016 तक, यह संख्या घटकर 171,045 हो गई. 2019 में, यहां 171,986 वोटर थे. यह गिरावट जारी रही, 2021 में वोटरों की संख्या 1,76,557 हो गई और 2024 में थोड़ी बढ़कर 1,76,652 हो गई. 2011 और 2024 के बीच 9,207 वोटरों की यह गिरावट आम तौर पर गरीब लोगों के शहर के बाहरी इलाकों में जाने से जुड़ी है, क्योंकि उन्होंने अपने घर अमीर खरीदारों को बेच दिए, जिन्होंने श्यामपुकुर में नए अपार्टमेंट, बंगले और कमर्शियल कॉम्प्लेक्स बनाए. डॉ. शशि पांजा कहां से विधायक हैं श्यामपुकुर (उत्तर कोलकाता) डॉ. शशि पांजा किस विभाग की मंत्री हैं स्त्री एवं बाल विकास और सामाजिक कल्याण विभाग की मंत्री. अतिरिक्त प्रभार: उद्योग, वाणिज्य और उद्यम मंत्री. डॉ. शशि पांजा ने पहला चुनाव कब जीता डॉ शशि पांजा ने 2011 में फॉरवर्ड ब्लॉक के जीवन प्रकाश साहा को 27,036 वोटों से हराया. डॉ. शशि पांजा का जन्म कहां हुआ था आंध्र प्रदेश के तेनाली में एक तेलुगु परिवार में डॉ. शशि पांजा की शिक्षा कहां तक हुई है डॉ शशि पांजा ने कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल से एमबीबीएस की उपाधि प्राप्त की. डॉ. शशि पांजा किस दल की नेता हैं अखिल हिंदुस्तानीय तृणमूल कांग्रेस (AITC) डॉक्टर से नेता बनी शशि पांजा आंध्र प्रदेश के तेनाली में एक तेलुगु परिवार में जन्म लेनेवाली डॉ शशि पांजा के पिता पिल्ललमरी टी कृष्णाय्या हिंदुस्तान मोटर्स में मुख्य औद्योगिक अभियंता थे और हिंदमोटर कस्बे में बस गए थे. डॉ शशि पांजा ने कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल से एमबीबीएस की उपाधि प्राप्त की. उनका विवाह प्रख्यात नेतृत्वज्ञ अजीत कुमार पांजा के पुत्र प्रसून कुमार पांजा से हुआ. डॉ शशि पांजा 2010 में कोलकाता नगर निगम के पार्षद चुनी गयी और उन्हें शिक्षा प्रभारी महापौर परिषद सदस्य नियुक्त किया गया. 2011 में बनी पहली बार विधायक डॉ पांचा 2011 में श्यामपुकुर विधानसभा क्षेत्र से पश्चिम बंगाल राज्य विधानसभा के लिए चुनी गईं. 2016 और 2021 में उसी निर्वाचन क्षेत्र से फिर से चुनी गईं. उन्हें दिसंबर 2013 में पश्चिम बंगाल के मंत्रिपरिषद