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Author name: Vinod Jha

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स्मृति मंधाना TIME की 100 प्रभावशाली खिलाड़ियों की लिस्ट में इकलौती भारतीय, मेसी-रोनाल्डो के क्लब में शामिल

Smriti Mandhana TIME Magazine: टाइम पत्रिका की 2026 की स्पोर्ट्स जगत के 100 सबसे प्रभावशाली व्यक्तियों की सूची में ऐसे खिलाड़ी, कोच, समर्थक और निवेशक शामिल हैं जिन्होंने स्पोर्ट्सों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है. सूची में लियोनेल मेस्सी, क्रिस्टियानो रोनाल्डो जैसे स्टार शामिल इस सूची में अमेरिकी बास्केटबॉल के दिग्गज लेब्रॉन जेम्स, फुटबॉल स्टार लियोनेल मेस्सी, क्रिस्टियानो रोनाल्डो, चीनी-अमेरिकी स्कीयर एलीन गु, टेनिस स्टार कार्लोस अल्काराज, बास्केटबॉल खिलाड़ी विक्टर वेम्बन्यामा, दिग्गज गोल्फर रोरी मैकलॉय, दक्षिण अफ्रीकी क्रिकेट कप्तान तेम्बा बावुमा जैसे स्पोर्ट्स जगत के सुपरस्टार शामिल हैं. मंधाना क्रिकेट के तीनों प्रारूपों में शतक बनाने वाली पहली स्त्री खिलाड़ी हिंदुस्तानीय स्त्री राष्ट्रीय टीम की उप-कप्तान 29 वर्षीय मंधाना इस विशिष्ट क्लब का हिस्सा हैं. टाइम पत्रिका में मंधाना के बारे में कहा गया है, मंधाना घरेलू एकदिवसीय मैच में दोहरा शतक बनाने वाली पहली हिंदुस्तानीय स्त्री खिलाड़ी हैं, वह तीनों अंतरराष्ट्रीय प्रारूपों में शतक बनाने वाली पहली स्त्री खिलाड़ी हैं और 17 शतकों के साथ अंतरराष्ट्रीय स्त्री क्रिकेट में सबसे अधिक शतक की संयुक्त रिकॉर्ड धारक हैं. ये भी पढ़ें: नेशंस कप: सलीमा टेटे की कप्तानी में हिंदुस्तानीय हॉकी टीम का जलवा, जापान को 2-1 से हराकर सेमीफाइनल में बनाई जगह The post स्मृति मंधाना TIME की 100 प्रभावशाली खिलाड़ियों की लिस्ट में इकलौती हिंदुस्तानीय, मेसी-रोनाल्डो के क्लब में शामिल appeared first on Naya Vichar.

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नेतन्याहू बोले- ईरान के पास कभी परमाणु हथियार नहीं होंगे, न आज और न कल

Iran US Peace Deal: नेतन्याहू ने कहा, ईरान के पास कभी परमाणु हथियार नहीं होंगे, न आज और न कल. उन्होंने कहा, लोग मुझसे पूछते हैं कि हमने क्या हासिल किया है? मेरा जवाब है कि हमने अपने ऊपर मंडरा रहे विनाश के तत्काल खतरे को टाल दिया है. सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि हमने इजराइल राष्ट्र को पूर्ण विनाश के खतरे से बचाया है. प्रधानमंत्री का यह बयान ऐसे समय आया है जब उन्हें विपक्ष के साथ-साथ सत्तारूढ़ गठबंधन के सहयोगियों की भी आलोचना का सामना करना पड़ रहा है. पूर्व प्रधानमंत्री नफ्ताली बेनेट ने नेतन्याहू पर बोला हमला पूर्व प्रधानमंत्री और प्रधानमंत्री पद के प्रमुख दावेदार नफ्ताली बेनेट ने इससे पहले संवाददाताओं से कहा कि नेतन्याहू प्रशासन का कार्यकाल गृहयुद्ध जैसी स्थिति से शुरू हुआ, सात अक्टूबर के नरसंहार की घटनाओं के बीच आगे बढ़ा और अब ईरान के मुद्दे पर ऐतिहासिक विफलता के साथ समाप्त हो रहा है. बेनेट ने इजराइल की सुरक्षा बहाल करने का वादा करते हुए कहा कि यदि वह सत्ता में होते तो वे कूटनीतिक स्तर सहित हर मामले में अलग तरीके से काम करते. उन्होंने कहा कि वह अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ अपने संबंधों का इस्तेमाल केवल इजराइल के राष्ट्रीय हितों के लिए करते. अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ मतभेद की अटकलों पर क्या बोले नेतन्याहू अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ मतभेद की अटकलों पर नेतन्याहू ने कहा, ऐसे अवसर आते हैं जब राष्ट्रपति ट्रंप और मेरे विचार पूरी तरह एक जैसे नहीं होते. इजराइल के सुरक्षा हितों की समझदारी से रक्षा की जानी चाहिए. उन्होंने दक्षिणी लेबनान से सेना हटाने की संभावना को भी खारिज कर दिया. कई विश्लेषकों का मानना है कि यह मुद्दा प्रस्तावित समझौते में बाधा बन सकता है, जिसमें सभी प्रकार की शत्रुतापूर्ण गतिविधियां समाप्त करने का प्रावधान है. नेतन्याहू ने कहा, हमने इजराइल के चारों ओर गहरे सुरक्षा क्षेत्र स्थापित किए हैं. हमने यह गाजा, लेबनान और सीरिया में किया है, जहां हमने असद की सेना के सभी हथियारों को नष्ट कर दिया. मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि अपने देश की सुरक्षा के लिए हम इन सुरक्षा क्षेत्रों में तब तक बने रहेंगे, जब तक इसकी आवश्यकता होगी. ये भी पढ़ें: ट्रंप का दावा: ईरान परमाणु हथियार न रखने पर हुआ सहमत ईरान-अमेरिका टकराव के 108 दिन: भीषण हमले से शांति समझौते तक, जानें पूरी टाइमलाइन? The post नेतन्याहू बोले- ईरान के पास कभी परमाणु हथियार नहीं होंगे, न आज और न कल appeared first on Naya Vichar.

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तृणमूल के बागी सांसदों के मामले में तुरंत फैसला नहीं, कानूनी राय ले सकते हैं ओम बिरला

मुख्य बातें मॉनसून सत्र से पहले आयेगा फैसला विशेषज्ञों ने सवाल उठाए कानून की नजर में विलय नया प्रयोग Om Birla: कोलकाता/नई दिल्ली. लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला तृणमूल कांग्रेस के बागी सांसदों के एनसीपीआई में प्रस्तावित विलय के बाद कानूनी राय ले सकते हैं. संसद के मानसून सत्र से पहले निर्णय लिया जाएगा, जो जुलाई के तीसरे सप्ताह में शुरू होता है. इस मामले में पहले ही विशेषज्ञों ने संविधान के कुछ प्रावधानों का हवाला देते हुए मौजूदा विलय पर सवाल उठाए हैं. ऐसे में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला तृणमूल कांग्रेस के बागी सांसदों के एनसीपीआई में प्रस्तावित विलय के बाद उन्हें अलग समूह के रूप में मान्यता देने की मांग पर कानूनी राय ले सकते हैं. मॉनसून सत्र से पहले आयेगा फैसला लोकसभा सचिवालय के सूत्रों ने बताया कि टीएमसी के बागी सांसदों की मांग पर कोई भी फैसला संसद के मॉनसून सत्र से पहले लिया जाएगा, जो सामान्य जुलाई के तीसरे सप्ताह में शुरू होता है. उन्होंने ने कहा कि बागी सांसदों की मांग पर निर्णय केंद्रीय विधि मंत्रालय की लिखित राय के आधार पर लिया जाएगा. मंत्रालय किसी वरिष्ठ विधि अधिकारी से परामर्श के बाद अपनी राय देगा. सूत्रों के अनुसार, लिखित कानूनी राय ली जाएगी, ताकि यदि लोकसभा अध्यक्ष के अंतिम निर्णय को अदालत में चुनौती दी जाती है, तो वह न्यायिक जांच-परख की कसौटी पर खरा उतर सके. विशेषज्ञों ने सवाल उठाए इस बीच, लोकसभा के पूर्व महासचिव और संवैधानिक मामलों के विशेषज्ञ पीडीटी आचारी ने संविधान की 10वीं अनुसूची के पैरा-4 का हवाला देते हुए कहा कि केवल कोई नेतृत्वक दल ही दूसरे नेतृत्वक दल में विलय कर सकता है. केवल सांसद या विधायक ऐसा नहीं कर सकते हैं. आचार्य ने कहा कि यदि किसी नेतृत्वक दल का नेतृत्व दूसरे नेतृत्वक दल में विलय का फैसला करता है, तो उसके सांसदों और विधायकों को उस विलय से सहमत होना होता है, लेकिन केवल सांसद या विधायक अपने स्तर पर किसी दूसरे नेतृत्वक दल में विलय नहीं कर सकते. संविधान में यही प्रावधान है. पश्चिम बंगाल की अन्य महत्वपूर्ण समाचारों को पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें कानून की नजर में विलय नया प्रयोग निर्वाचन आयोग के एक पूर्व अधिकारी ने टीएमसी के बागी सांसदों की एनसीपीआई में विलय की मौजूदा योजना को नया प्रयोग बताया. उन्होंने ने कहा कि ऐसी व्यवस्था का उल्लेख ना तो दलबदल विरोधी कानून में है और न ही जनप्रतिनिधित्व अधिनियम में है. उन्होंने कहा कि कानून की नजर में यह विलय अवैध है, लेकिन इसकी वैधता की जांच का काल अवधि क्या होगी यह निश्चित नहीं है. ऐसे में इस मामले का फैसला टाला जा सकता है. Also Read: फिरहाद हकीम की ऋतब्रत बनर्जी से हुई मुलाकात, बंगाल में बढ़ीं सियासी अटकलें The post तृणमूल के बागी सांसदों के मामले में तुरंत फैसला नहीं, कानूनी राय ले सकते हैं ओम बिरला appeared first on Naya Vichar.

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नेशंस कप: सलीमा टेटे की कप्तानी में भारतीय हॉकी टीम का जलवा, जापान को 2-1 से हराकर सेमीफाइनल में बनाई जगह

FIH Nations Cup: झारखंड की बेटी सलीमा टेटे की अगुआई में हिंदुस्तानीय टीम ने टूर्नामेंट में दूसरी जीत दर्ज की. हिंदुस्तान ने अपने पहले मैच में अमेरिका को हराया था. इस टूर्नामेंट की विजेता टीम अगले सत्र में एफआईएच प्रो लीग में स्पोर्ट्सेगी. हिंदुस्तान पिछले सत्र में इस टूर्नामेंट से बाहर हो गया था. सलीमा टेटे ने 33वें मिनट में गोल दागा हिंदुस्तान के लगातार दूसरी जीत से छह अंक हो गए हैं और उसने अंतिम चार में अपनी जगह सुनिश्चित कर ली है. हिंदुस्तान ने तीसरे क्वार्टर में स्कोरिंग की शुरुआत की, जब फॉरवर्ड खिलाड़ियों के कई असफल प्रयासों के बाद सलीमा टेटे ने 33वें मिनट में गोल दागा. हिंदुस्तान की बढ़त हालांकि ज्यादा देर तक नहीं रही और जापान ने इसके दो मिनट बाद ही ऐ हिरमित्सु के गोल से स्कोर बराबर कर दिया. लालरेम्सियामी ने 49वें मिनट में निर्णायक गोल दागा लालरेम्सियामी ने हालांकि 49वें मिनट में गोल दागा जो आखिर में निर्णायक साबित हुआ. जापान ने अंतिम क्षणों में आक्रामक स्पोर्ट्स दिखाया लेकिन हिंदुस्तान ने उसके हमलों को नाकाम करते हुए जीत हासिल की. ये भी पढ़ें: केप वर्डे ने स्पेन को ड्रो पर रोक रचा इतिहास, आखिरी सीटी बजते ही फूट-फूटकर रोए गोलकीपर वोजिन्हा The post नेशंस कप: सलीमा टेटे की कप्तानी में हिंदुस्तानीय हॉकी टीम का जलवा, जापान को 2-1 से हराकर सेमीफाइनल में बनाई जगह appeared first on Naya Vichar.

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नीट री-एग्जाम तक भारत में बैन रहेगा Telegram, NTA की सिफारिश पर केंद्र सरकार का फैसला

NEET Re Exam 2026: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने नीट यूजी 2026 परीक्षा की सुरक्षा को लेकर अस्थायी रूप से टेलीग्राम चैनल को बंद करने का फैसला लिया है. NEET UG 2026 री-एग्जाम को सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की सिफारिश पर इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने यह कदम उठाया है. 22 जून तक बैन टेलीग्राम जारी नोटिस के अनुसार, सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 69A के तहत यह बैन लगाया गया है. ध्यान रहे कि यह बैन एक फिक्स समय के लिए है यानी कि 22 जून तक ही प्रभावी है. साफ शब्दों में कहें तो नीट यूजी री-एग्जाम तक हिंदुस्तान में टेलीग्राम यूज नहीं कर पाएंगे. Telegram access restricted in India for re- NEET following recommendations of NTA “Ministry of Electronics and Information Technology has issued notification a direction under Section 69 A of the Information Technology Act, 2000, restricting access to the Telegram platform in… pic.twitter.com/3TzJepOoej — ANI (@ANI) June 16, 2026 समाचार अपडेट हो रही है… यह भी पढ़ें- CTET फॉर्म में हो गई है गलती? 18 जून से पहले ऐसे सुधारें, CBSE ने दिया मौका The post नीट री-एग्जाम तक हिंदुस्तान में बैन रहेगा Telegram, NTA की सिफारिश पर केंद्र प्रशासन का फैसला appeared first on Naya Vichar.

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अचानक बढ़ रहा है वजन? मूलांक 3 वालों के लिए हो सकता है यह संकेत

Mulank 3 Health Tips: अंक ज्योतिष के अनुसार जिन लोगों का जन्म किसी भी महीने की 3, 12, 21 या 30 तारीख को होता है, उनका मूलांक 3 माना जाता है. इस मूलांक का स्वामी ग्रह बृहस्पति (Jupiter) होता है. मूलांक 3 के लोग स्वभाव से बुद्धिमान, ज्ञानवान, मिलनसार और दूसरों की मदद करने वाले होते हैं. ये अपने अनुभव और समझ से लोगों का मार्गदर्शन करना पसंद करते हैं. उदार हृदय और सकारात्मक सोच इनके व्यक्तित्व की प्रमुख विशेषताएं होती हैं. हालांकि, जब बृहस्पति की ऊर्जा या मूलांक 3 का कंपन नकारात्मक रूप से प्रभावित होने लगता है, तो इसका असर व्यक्ति के स्वास्थ्य और जीवनशैली पर भी दिखाई दे सकता है. मूलांक 3 वालों में दिख सकते हैं ये स्वास्थ्य संबंधी संकेत अचानक वजन बढ़ना मूलांक 3 की नकारात्मक ऊर्जा का सबसे प्रमुख संकेत बिना किसी स्पष्ट कारण के वजन बढ़ना माना जाता है. यह स्थिति शरीर में असंतुलन का संकेत हो सकती है. पुरुषों में इन हिस्सों पर बढ़ सकता है वजन पुरुषों में वजन बढ़ने की समस्या मुख्य रूप से कमर, पीठ और चेहरे के आसपास दिखाई दे सकती है. स्त्रीओं में इन जगहों पर बढ़ सकता है फैट स्त्रीओं में चेहरे, पेट, जांघों और कूल्हों के आसपास अतिरिक्त वजन जमा होने की संभावना अधिक रहती है. लिवर से जुड़ी समस्याओं का खतरा बृहस्पति ग्रह के कमजोर होने पर नॉन-अल्कोहॉलिक फैटी लिवर जैसी समस्याओं का जोखिम बढ़ सकता है. इसलिए लिवर स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखना जरूरी है. डायबिटीज का बढ़ सकता है जोखिम असंतुलित मूलांक 3 वाले लोगों में मधुमेह (डायबिटीज) की संभावना भी बढ़ सकती है. नियमित स्वास्थ्य जांच कराना फायदेमंद हो सकता है. पाचन संबंधी परेशानियां एसिडिटी, गैस, पेट फूलना और धीमी पाचन क्रिया जैसी समस्याएं भी देखने को मिल सकती हैं. ऊर्जा की कमी और आलस्य कम ऊर्जा, सुस्ती, काम टालने की आदत और प्रेरणा की कमी भी मूलांक 3 के असंतुलन के संकेत माने जाते हैं. मूलांक 3 के लिए अंक ज्योतिष उपाय अंक ज्योतिष के अनुसार बृहस्पति की सकारात्मक ऊर्जा को मजबूत करने के लिए गुरुवार के दिन मंदिर या गुरुद्वारे में पीले केले का दान करना शुभ माना जाता है. यह उपाय मूलांक 3 की सकारात्मकता को बढ़ाने में सहायक माना जाता है. The post अचानक बढ़ रहा है वजन? मूलांक 3 वालों के लिए हो सकता है यह संकेत appeared first on Naya Vichar.

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केप वर्डे ने स्पेन को ड्रो पर रोक रचा इतिहास, आखिरी सीटी बजते ही फूट-फूटकर रोए गोलकीपर वोजिन्हा

Fifa World Cup 2026: स्पेन की टीम इस मैच में बड़े अंतर से जीत दर्ज करने की उम्मीद से उतरी थी. लेकिन इसके विपरीत वह एक भी गोल नहीं कर पाई. केप वर्डे के लिए स्पेन को बराबरी पर रोकना बहुत बड़ी उपलब्धि है. यूरोपीय चैंपियन स्पेन टूर्नामेंट जीतने के प्रबल दावेदारों में से एक है और अपने पहले मैच में केप वर्डे को हराने के लिए सभी दांव उस पर लगे थे लेकिन कई स्टार खिलाड़ियों से सजी उसकी टीम विपक्षी टीम के 40 वर्षीय गोलकीपर वोजिन्हा की अगुवाई वाली मजबूत रक्षात्मक पंक्ति को भेद नहीं सकी. दूसरे हाफ में मैदान पर उतरने वाले किशोर लामिन यामल भी स्पोर्ट्स का रुख नहीं बदल सके. केप वर्डे के लिए ड्रो किसी जीत से कम नहीं, सीटी बजते ही फूट-फूटकर रो पड़े गोलकीपर वोजिन्हा केप वर्डे के लिए यह परिणाम जीत से कम नहीं था और स्पोर्ट्स समाप्त होने के बाद उनका जश्न इसका सबूत है. केप वर्डे के डिफेंडर स्टीवन मोरेरा ने इसे ‘एक सपना’ बताया जबकि अनुभवी गोलकीपर वोजिन्हा अंतिम सीटी बजने के बाद फूट-फूटकर रो पड़े. वह मैच के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी रहे. उन्होंने पहले हाफ के आखिर में फेरान टोरेस, पेड्री और आयमेरिक लापोर्टे के शॉट्स को रोकने के लिए कई शानदार बचाव किए. केप वर्डे के कोच पेड्रो लीटाओ ब्रितो ने कहा, यह हमारे देश के लिए बहुत मायने रखता है. हम चाहते हैं कि हर कोई हमारे देश, हमारी टीम को देखे और हमने अच्छे स्पोर्ट्स और साहस का परिचय दिया. केप वर्डे के खिलाफ ड्रो स्पोर्ट्सने के बाद क्या बोले स्पेन को कोच स्पेन के कोच लुइस डे ला फुएंते ने कहा, हमें जीतना चाहिए था. चाहे जो भी हुआ हो, चाहे हमने जितने भी मौके बनाए हों, लेकिन हम अपना सटीक स्पोर्ट्स नहीं दिखा पाए. स्पेन को इससे भी बड़े उलटफेर का सामना करना पड़ सकता था जब डिनी बोर्गेस को मैच के अंतिम क्षणों में गोल करने का मौका मिला था, लेकिन स्पेन के गोलकीपर उनाई साइमन ने उनके हेडर को बचा लिया. ये भी पढ़ें: स्पेन के सामने दीवार बन गया 40 साल का गोलकीपर, एक मैच के बाद इंस्टाग्राम पर बढ़ गए 10 लाख से ज्यादा फॉलोअर्स The post केप वर्डे ने स्पेन को ड्रो पर रोक रचा इतिहास, आखिरी सीटी बजते ही फूट-फूटकर रोए गोलकीपर वोजिन्हा appeared first on Naya Vichar.

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दादा और पिता के बाद अब बेटी पहनेगी वर्दी, शनन ढाका बनीं इंडियन आर्मी में लेफ्टिनेंट

NDA Shanan Dhaka Success Story: हरियाणा की बेटी शनन ढाका ने हिंदुस्तानीय सेना में लेफ्टिनेंट का पद हासिल कर लिया है. देहरादून के इंडियन मिलिट्री अकादमी (IMA) में हुई पासिंग आउट परेड के दौरान उन्हें सेना में कमीशन मिला. शनन की यह कामयाबी इसलिए बहुत खास है क्योंकि वह उन पहली स्त्री कैडेट्स में शामिल हैं जिन्होंने एनडीए (NDA) से लेकर आईएमए (IMA) तक का पूरा सैन्य प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा किया है. आइए जानते हैं देश की लाखों बेटियों के लिए प्रेरणा बनने वाली लेफ्टिनेंट शनन ढाका के इस शानदार सफर की कहानी. Shanan Dhaka Success Story: दादा और पिता से मिली देश सेवा की प्रेरणा रोहतक जिले के सुंदराना गांव की रहने वाली शनन ढाका का परिवार पीढ़ियों से देश की सेवा में लगा हुआ है. उनके दादा चंदरभान ढाका सूबेदार रहे हैं और उनके पिता विजय कुमार ढाका भी नायब सूबेदार के पद से देश की सेवा कर चुके हैं. फौजी माहौल में पली-बढ़ीं शनन का बचपन रुड़की, दिल्ली और चंडीगढ़ जैसी सैन्य छावनियों में बीता.  पढ़ाई में भी अव्वल, NDA की पहली स्त्री टॉपर बनी थीं शनन शनन न सिर्फ स्पोर्ट्स और ट्रेनिंग बल्कि पढ़ाई में भी हमेशा आगे रहीं. उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा आर्मी पब्लिक स्कूल से पूरी की, जहां उन्होंने 10वीं में 97.4% और 12वीं में 98.2% अंक हासिल किए. इसके बाद उन्होंने दिल्ली के नामी लेडी श्रीराम कॉलेज में एडमिशन लिया. साल 2021 में जब सुप्रीम कोर्ट ने स्त्रीओं को एनडीए परीक्षा में बैठने की इजाजत दी, तो शनन ने इस सुनहरे मौके को हाथ से नहीं जाने दिया. उन्होंने नवंबर 2021 की एनडीए परीक्षा में ऑल इंडिया रैंक 10 हासिल की और स्त्रीओं की श्रेणी में पूरे देश में पहला स्थान पाकर इतिहास रच दिया. PC: Social Media NDA से IMA तक का सफर जून 2022 में शनन (Shanan Dhaka Success Story) ने एनडीए के पहले स्त्री बैच के रूप में अपनी ट्रेनिंग शुरू की. यहां उन्होंने पुरुष कैडेट्स के साथ कंधे से कंधा मिलाकर बेहद कठिन मिलिट्री ट्रेनिंग पूरी की. तीन साल की कड़ी मेहनत के बाद मई 2025 में उन्होंने एनडीए से ग्रेजुएशन किया. इसके बाद अधिकारी बनने के अंतिम पड़ाव के लिए उन्हें देहरादून की इंडियन मिलिट्री अकादमी (IMA) भेजा गया. आईएमए में एक साल की कड़ी सैन्य ट्रेनिंग ने उन्हें पूरी तरह से हिंदुस्तानीय सेना की कमान संभालने के लिए तैयार कर दिया. पूर्वी लद्दाख में हुई पहली पोस्टिंग 13 जून 2026 को आईएमए की 158वीं पासिंग आउट परेड में शनन (Shanan Dhaka Success Story) का सपना सच हो गया. इस ऐतिहासिक पासिंग आउट बैच में कुल 515 कैडेट्स सेना का हिस्सा बने, जिनमें 9 स्त्री अधिकारी भी शामिल थीं. देश सेवा के इस सफर में लेफ्टिनेंट शनन ढाका की पहली पोस्टिंग रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण माने जाने वाले पूर्वी लद्दाख क्षेत्र में हुई है. यह भी पढ़ें: पिता की हत्या, गरीबी से लड़ाई, अनाज बेचकर की पढ़ाई और बने IPS The post दादा और पिता के बाद अब बेटी पहनेगी वर्दी, शनन ढाका बनीं इंडियन आर्मी में लेफ्टिनेंट appeared first on Naya Vichar.

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अब कार की सर्विस बिल नहीं बढ़ाएगी टेंशन, Maruti Suzuki के नए प्लान में मिलेगा 10 साल तक राहत

देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी Maruti Suzuki ने अपने ग्राहकों के लिए नया Smart Maintenance Plan पेश किया है. इसके तहत ग्राहक पहले से सर्विस पैकेज खरीदकर अपनी गाड़ी की मेंटेनेंस कॉस्ट को तय कर सकते हैं, जिससे फ्यूचर में सर्विस चार्ज बढ़ने का असर उनकी जेब पर नहीं पड़ेगा. कंपनी का यह प्लान निजी और कमर्शियल दोनों तरह के वाहन मालिकों के लिए उपलब्ध है. ग्राहक इसे नई कार खरीदते समय चुन सकते हैं या बाद में देशभर में मौजूद किसी भी अधिकृत मारुति सुजुकी (Authorized Maruti Suzuki) वर्कशॉप से खरीद सकते हैं. कंपनी का दावा है कि इस प्लान से ग्राहकों को बचत के साथ-साथ बेहतर सुविधा भी मिलेगी. जरूरत के हिसाब से चुन सकेंगे सर्विस पैकेज Maruti Suzuki Smart Maintenance Plan की सबसे बड़ी खासियत इसकी फ्लेक्सिबिलिटी है. ग्राहक अपनी जरूरत और बजट के अनुसार अलग-अलग सर्विस पैकेज चुन सकते हैं. इनमें लेबर-ओनली प्लान, पार्ट्स और लेबर पैकेज, कमर्शियल व्हीकल सर्विस प्लान, कस्टमर की तरफ से रिक्वेस्ट की गई सर्विस, इंजन ऑयल और कूलेंट रिप्लेसमेंट जैसी सुविधाएं शामिल हैं. इसके अलावा कंपनी चुनिंदा पार्ट्स के लिए ऑप्शनल वियर-एंड-टियर प्रोटेक्शन भी दे रही है. इसमें क्लच और ब्रेक से जुड़े कुछ प्राइमरी कंपोनेंट्स शामिल हैं, जिससे अचानक आने वाले मेंटेनेंस खर्च को कम किया जा सकेगा. मेंटेनेंस खर्च में होगी बचत कंपनी के मुताबिक, इस प्लान को चुनने वाले ग्राहकों को लेबर चार्ज पर कम से कम 10% तक की बचत हो सकती है. वहीं, चुने गए पैकेज के आधार पर पार्ट्स और कंज्यूमेबल्स पर भी एक्स्ट्रा बचत का फायदा मिलेगा. इस प्लान का एक बड़ा फायदा यह भी है कि ग्राहक फ्यूचर में सर्विस कॉस्ट बढ़ने की टेंशन से फ्री रहेंगे. क्योंकि, मेंटेनेंस खर्च पहले ही जमा कर दिया जाएगा, इसलिए बाद में कीमतें बढ़ने का असर ग्राहकों पर नहीं पड़ेगा. 10 साल तक की मिलेगी कवरेज Maruti Suzuki Smart Maintenance Plan कई ड्यूरेशन और माइलेज ऑपशंस के साथ आता है. निजी वाहन मालिक 2 साल/20,000 किलोमीटर से लेकर 10 साल/1,00,000 किलोमीटर तक की कवरेज वाला प्लान चुन सकते हैं. वहीं कमर्शियल वाहन मालिकों के लिए इससे भी ज्यादा कवरेज मिलेगा. उनके लिए प्लान 10 साल या 1.60 लाख किलोमीटर तक की लिमिट के साथ पेश किया गया है. यह भी पढ़ें: नए फ्यूल सिस्टम के साथ लॉन्च हुई Maruti Wagon R Flex Fuel, कीमत भी आई सामने The post अब कार की सर्विस बिल नहीं बढ़ाएगी टेंशन, Maruti Suzuki के नए प्लान में मिलेगा 10 साल तक राहत appeared first on Naya Vichar.

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क्या सोना-चांदी फिर होंगे महंगे? सरकार ने तीन दिन के भीतर ही बदल दिए बेस इम्पोर्ट प्राइस!

Gold Silver Import Duty Hike: हिंदुस्तान प्रशासन ने सोने और चांदी की बेस इम्पोर्ट प्राइस (आयात मूल्य) में फिर से बढ़ोतरी कर दी है. सेंट्रल बोर्ड ऑफ इनडायरेक्ट टैक्सेस एंड कस्टम्स (CBIC) की ओर से जारी ताजा नोटिफिकेशन के मुताबिक, सोने की कीमत में लगभग 0.37% और चांदी की कीमत में करीब 4% का इजाफा किया गया है. अगर हम आंकड़ों की बात करें, तो सोने की बेस इम्पोर्ट प्राइस 5 डॉलर बढ़कर 1,348 डॉलर प्रति 10 ग्राम हो गई है. वहीं, चांदी की कीमत में 83 डॉलर की भारी बढ़ोतरी हुई है. जिससे यह 2,175 डॉलर प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई है. गौर करने वाली बात यह है कि सिर्फ तीन दिन पहले ही प्रशासन ने इन कीमतों में कटौती की थी, लेकिन अब यह बदलाव करके फिर से दाम बढ़ा दिए गए हैं. आखिर प्रशासन ने अचानक ये कदम क्यों उठाया? इसके पीछे मुख्य वजह देश के विदेशी मुद्रा भंडार (Forex Reserves) पर पड़ता दबाव है. वेस्ट एशिया में चल रहे तनाव के कारण हिंदुस्तान के विदेशी मुद्रा भंडार पर असर पड़ रहा है. प्रशासन चाहती है कि गैर-जरूरी चीजों का इम्पोर्ट कम हो, ताकि देश का पैसा सुरक्षित रहे. यही वजह है कि पिछले दो महीनों में सोने-चांदी पर आयात शुल्क (Import Duty) को बढ़ाकर 15% कर दिया गया था. हाल ही में जारी आंकड़ों के अनुसार, 5 जून तक RBI के पास मौजूद गोल्ड रिजर्व की वैल्यू तो 1.98 अरब डॉलर बढ़कर 114.58 अरब डॉलर हो गई, लेकिन कुल विदेशी मुद्रा भंडार में 711 मिलियन डॉलर की गिरावट देखी गई. इसका मुख्य कारण फॉरेन करेंसी एसेट (FCA) का कम होना है. चांदी के इम्पोर्ट पर इतनी सख्ती क्यों है? प्रशासन ने सिर्फ कीमतें ही नहीं बढ़ाईं, बल्कि चांदी मंगाने के नियमों को भी काफी सख्त कर दिया है. अब चांदी का इम्पोर्ट करना पहले जैसा आसान नहीं रहा. डायरेक्टरेट जनरल ऑफ फॉरेन ट्रेड (DGFT) ने चांदी के इम्पोर्ट को ‘फ्री’ कैटेगरी से हटाकर ‘रिस्ट्रिक्टेड’ (सीमित) कर दिया है. इसके लिए कुछ जरूरी नियम लागू किए गए हैं: अब व्यापारी बिना प्रशासनी लाइसेंस के चांदी का आयात नहीं कर सकते.  चांदी का इम्पोर्ट केवल बैंकों या RBI द्वारा अधिकृत एजेंसियों के जरिए ही हो सकता है.  DGFT से मंजूरी मिलने के बाद ही इसे हिंदुस्तान लाया जा सकेगा.  यह नियम इंडिया इंटरनेशनल बुलियन एक्सचेंज के जरिए होने वाले इम्पोर्ट पर भी लागू होता है.  ये भी पढ़ें: Gold-Silver Prices : सोने-चांदी की कीमतों में ऐतिहासिक उछाल! 1.50 लाख के पार हुआ सोना, चांदी भी 2.51 लाख पहुंची The post क्या सोना-चांदी फिर होंगे महंगे? प्रशासन ने तीन दिन के भीतर ही बदल दिए बेस इम्पोर्ट प्राइस! appeared first on Naya Vichar.

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