पुलिस वृत्ताधिकारी नीरज भारद्वाज ने बताया कि भड़ाना और स्थानीय ग्रामीणों के बीच स्टोन क्रशर को लेकर पिछले कुछ समय से विवाद चल रहा था. क्रशर करीब एक साल से बंद था और इसे दोबारा शुरू करने की कोशिशों के कारण तनाव बढ़ गया था.
स्टोन क्रशर को लेकर क्यों था विवाद?
पुलिस के अनुसार, ग्रामीणों ने भड़ाना पर चरागाह की जमीन पर कब्जा करने और अवैध खनन गतिविधियों में शामिल होने के आरोप लगाए थे. पीटीआई के मुताबिक ग्रामीणों का दावा है कि वे क्रशर को दोबारा शुरू करने के प्रस्ताव के खिलाफ पिछले 10 से 15 दिनों से शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे.
ग्रामीणों के मुताबिक, रविवार शाम भड़ाना करीब 40 से 50 लोगों के साथ क्रशर स्थल पर पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे लोगों को वहां से हटाने की कोशिश की. इसके बाद दोनों पक्षों के बीच टकराव शुरू हो गया. हालांकि, दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट करने का आरोप लगाया है.
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जयपुर के एसएमएस अस्पताल में हुई मौत
पुलिस ने बताया कि टकराव में भड़ाना और उनके सहयोगी गगन शर्मा गंभीर रूप से घायल हो गए. दोनों को पहले वैर के अस्पताल ले जाया गया. बाद में भड़ाना को जयपुर के एसएमएस अस्पताल और शर्मा को भरतपुर रेफर किया गया. इलाज के दौरान भड़ाना ने दम तोड़ दिया. वहीं, घटना के बाद गांव में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है.
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