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Author name: Vinod Jha

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Gold Silver Price Today: सोना ₹1,095 और चांदी ₹4,101 महंगी, जानें आज का नया रेट

सोने और चांदी की कीमतों में सोमवार, 20 जुलाई को तेजी दर्ज की गई. इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 10 ग्राम 24 कैरेट सोने की कीमत ₹1,095 बढ़कर ₹1,42,000 के पार पहुंच गई है. वहीं, एक किलो चांदी ₹4,101 महंगी होकर करीब ₹2.20 लाख प्रति किलो पर पहुंच गई है. आज का गोल्ड और सिल्वर रेट 24 कैरेट सोना (10 ग्राम): ₹1,42,000 के पार (₹1,095 की बढ़त) चांदी (1 किलो): ₹2.20 लाख (₹4,101 की बढ़त) अलग-अलग शहरों में सोने के दाम अलग क्यों होते हैं? देशभर में सोने की कीमतें एक जैसी नहीं होतीं. इसके पीछे कई वजहें होती हैं. ट्रांसपोर्ट और सिक्योरिटी खर्च: एक शहर से दूसरे शहर सोना पहुंचाने में परिवहन और सुरक्षा लागत जुड़ती है. स्थानीय मांग: जिन शहरों में सोने की मांग ज्यादा होती है, वहां कीमतों में अंतर देखने को मिल सकता है. ज्वेलरी एसोसिएशन: स्थानीय ज्वेलरी एसोसिएशन मांग और सप्लाई के आधार पर रेट तय करते हैं. पुराने स्टॉक की लागत: ज्वेलर्स ने जिस कीमत पर सोना खरीदा होता है, उसका असर बिक्री मूल्य पर पड़ता है. इस साल कितना बदला सोने-चांदी का भाव? साल 2026 में अब तक सोने की कीमत में करीब ₹9,000 प्रति 10 ग्राम की बढ़ोतरी दर्ज की गई है. 31 दिसंबर 2025 को 10 ग्राम सोने का भाव करीब ₹1.33 लाख था, जो अब बढ़कर ₹1.42 लाख के पार पहुंच गया है. वहीं, चांदी की कीमत में साल की शुरुआत की तुलना में करीब ₹10,000 प्रति किलो की गिरावट दर्ज की गई है. 31 दिसंबर 2025 को चांदी ₹2.30 लाख प्रति किलो थी, जो फिलहाल करीब ₹2.20 लाख प्रति किलो है. हालांकि, इस दौरान 29 जनवरी 2026 को दोनों की कीमतें रिकॉर्ड स्तर पर पहुंची थीं. उस दिन सोना ₹1.76 लाख प्रति 10 ग्राम और चांदी ₹3.86 लाख प्रति किलो के ऑलटाइम हाई पर पहुंच गई थी. सोना खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान 1. BIS हॉलमार्क जरूर देखें : हमेशा BIS हॉलमार्क वाला प्रमाणित सोना ही खरीदें. हॉलमार्क से सोने की शुद्धता की पुष्टि होती है. 2. खरीदने से पहले रेट जरूर जांचें : सोना खरीदने से पहले IBJA या अन्य विश्वसनीय स्रोतों से 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने के ताजा भाव की पुष्टि जरूर कर लें. इससे सही कीमत पर खरीदारी करने में मदद मिलेगी. ये भी पढ़ें: PM Vishwakarma Yojana: इन 18 पारंपरिक कामगारों को मिलते हैं ₹15,000, ₹3 लाख तक का लोन और फ्री ट्रेनिंग, जानें पूरी डिटेल The post Gold Silver Price Today: सोना ₹1,095 और चांदी ₹4,101 महंगी, जानें आज का नया रेट appeared first on Naya Vichar.

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दिल्ली हाईकोर्ट ने मांगी सोनम वांगचुक की मेडिकल रिपोर्ट, एम्स डायरेक्टर को किया तलब; कल आएगा फैसला

Sonam Wangchuk Medical Condition: हाईकोर्ट की डिविजन बेंच ने मंगलवार को सफदरजंग अस्पताल की मेडिकल टीम के प्रमुख, एम्स के डायरेक्टर और एम्स इमरजेंसी मेडिसिन के इंचार्ज डॉ अक्षय को व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में उपस्थित रहने का निर्देश दिया है. इसके अलावा, अदालत ने वांगचुक के परिवार द्वारा नियुक्त डॉक्टर से भी सहायता के लिए मौजूद रहने का अनुरोध किया है. सोनम वांगचुक की पत्नी की याचिका पर मंगलवार को फैसला करेगा दिल्ली हाईकोर्ट दिल्ली हाईकोर्ट सोनम वांगचुक की पत्नी की याचिका पर मंगलवार को अपना फैसला सुनाएगा. डॉ गीतांजलि आंग्मो ने अपने पति सोनम वांगचुक को सफदरजंग अस्पताल से छुट्टी देकर मेदांता अस्पताल में ट्रांसफर करने की इजाजत न देने वाले सिंगल जज के फैसले को चुनौती दी है. आंग्मो की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता अखिल सिब्बल ने सिंगल जज के रविवार के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका को चीफ जस्टिस डीके उपाध्याय और जस्टिस तेजस करिया की पीठ के समक्ष पेश करते हुए इसे तत्काल सूचीबद्ध करने का अनुरोध किया था. इस पर हाई कोर्ट की पीठ ने कहा, ‘‘ठीक है. आज ही सुनवाई करते हैं.’’ डॉ गीतांजलि के वकील ने कोर्ट में क्या कहा? डॉ गीतांजलि के वकील सिब्बल ने दलील दी कि सिंगल जज ने पीठ के 16 जुलाई के उस आदेश की गलत व्याख्या की है, जिसमें अथॉरिटी को वांगचुक के स्वास्थ्य की निगरानी करने और जरूरत पड़ने पर हस्तक्षेप करने का निर्देश दिया गया था. उन्होंने कहा कि पुलिस वांगचुक को जंतर-मंतर से जबरन ले गई और अब वह सफदरजंग अस्पताल से अपनी पसंद के अस्पताल में ड्रांसफर होना चाहते हैं. सिब्बल ने कहा कि हर व्यक्ति अपनी पसंद का चिकित्सा उपचार पाने का हकदार है और इस अधिकार को छीना नहीं जा सकता. दिल्ली हाई कोर्ट की पीठ ने गीतांजलि की याचिका को कर दिया था खारिज इससे पहले दिल्ली हाई कोर्ट ने रविवार को वांगचुक के सफदरजंग अस्पताल में जारी इलाज के मामले में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया था. जस्टिस मिनी पुष्करणा ने कहा था कि इस स्तर पर वांगचुक को किसी निजी अस्पताल में स्थानांतरित करने संबंधी उनकी पत्नी गीतांजलि जे आंग्मो की याचिका पर कोई अंतरिम आदेश पारित करने की आवश्यकता नहीं है. 28 जून से भूख हड़ताल पर हैं वांगचुक सोनम वांगचुक केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के नेतृत्व में जारी प्रदर्शन के समर्थन में 28 जून से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं. ये भी पढ़ें: अभिजीत दीपके को हिरासत में लेने की समाचार निकली झूठी, दिल्ली पुलिस बोली- अब भी मंच पर हैं मौजूद CJP संस्थापक The post दिल्ली हाईकोर्ट ने मांगी सोनम वांगचुक की मेडिकल रिपोर्ट, एम्स डायरेक्टर को किया तलब; कल आएगा फैसला appeared first on Naya Vichar.

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गिरिडीह के झरखट्टा गांव में खुखड़ी खाने से 7 लोग बीमार, सदर अस्पताल में भर्ती

गिरिडीह से बिनोद शर्मा की रिपोर्ट Giridih News: झारखंड के गिरिडीह जिले के गांडेय थाना क्षेत्र स्थित झरखट्टा गांव में खुखड़ी खाने के बाद एक ही परिवार के सात लोगों की तबीयत अचानक बिगड़ गई. सभी को गंभीर हालत में गिरिडीह सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों की निगरानी में उनका इलाज जारी है. समय रहते अस्पताल पहुंचने के कारण सभी मरीजों की हालत फिलहाल खतरे से बाहर बताई जा रही है. मशरूम खाने के कुछ ही मिनट बाद बिगड़ी तबीयत परिजनों के अनुसार, सोमवार सुबह करीब नौ बजे पड़ोस से मिले खुखड़ी को घर में पकाकर परिवार के लोगों ने खाया था. खुखड़ी खाने के लगभग पांच मिनट बाद ही एक-एक कर सभी लोगों को उल्टी, बेचैनी और अस्वस्थता की शिकायत होने लगी. जब सभी की हालत तेजी से बिगड़ने लगी तो परिजन घबरा गए और बिना देर किए उन्हें इलाज के लिए गिरिडीह सदर अस्पताल लेकर पहुंचे. अस्पताल पहुंचते ही चिकित्सकों ने सभी मरीजों का प्राथमिक उपचार शुरू किया. सात लोग अस्पताल में भर्ती इस घटना में बीमार होने वालों में नेहा कुमारी (19 साल), टुकटुक कुमारी (3 साल), कृष्णा गोस्वामी, दशरथ गोस्वामी, गीता देवी और विशाल गोस्वामी सहित एक ही परिवार के कुल सात सदस्य शामिल हैं. सभी को अस्पताल में भर्ती कर चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है. अस्पताल में डॉक्टरों ने मरीजों को स्लाइन चढ़ाई और आवश्यक दवाएं देकर उपचार शुरू किया. चिकित्सक लगातार उनकी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं. समय पर इलाज मिलने से टला बड़ा हादसा परिवार के सदस्य अशोक गोस्वामी ने बताया कि खुखड़ी खाने के तुरंत बाद सभी लोगों को उल्टियां शुरू हो गई थीं. स्थिति बिगड़ती देख बिना समय गंवाए सभी को अस्पताल पहुंचाया गया. डॉक्टरों का कहना है कि समय पर इलाज मिलने के कारण मरीजों की हालत में सुधार हो रहा है. फिलहाल, सभी की हालत स्थिर है और उन्हें खतरे से बाहर बताया जा रहा है. खुखड़ी खाने में बरतें सावधानी विशेषज्ञों का कहना है कि बरसात के मौसम में जंगलों और खेतों में कई प्रकार के खुखड़ी उग आती. इनमें कुछ खुखड़ी खाने योग्य होते हैं, जबकि कई प्रजातियां जहरीली भी होती हैं. सामान्य व्यक्ति के लिए दोनों में अंतर कर पाना आसान नहीं होता. चिकित्सकों की सलाह है कि पहचान की पुष्टि किए बिना किसी भी जंगली या अनजान खुखड़ी का सेवन नहीं करना चाहिए. जहरीली खुखड़ी खाने से उल्टी, दस्त, पेट दर्द, चक्कर आना, लीवर और किडनी पर गंभीर असर जैसी समस्याएं हो सकती हैं. इसे भी पढ़ें: पिठोरिया बिजली सब-स्टेशन डकैती कांड का फरार आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक हिरासत में भेजा गया लोगों से सतर्क रहने की अपील घटना के बाद चिकित्सकों ने लोगों से अपील की है कि बरसात के मौसम में विशेष सावधानी बरतें और केवल सुरक्षित एवं प्रमाणित स्रोत से मिली खुखड़ी का ही सेवन करें. यदि खुखड़ी खाने के बाद किसी व्यक्ति को उल्टी, घबराहट, पेट दर्द या अन्य असामान्य लक्षण दिखाई दें तो तुरंत नजदीकी अस्पताल में पहुंचकर इलाज कराएं. इसे भी पढ़ें: पलामू जिला स्कूल में एडमिशन स्कैम, टेस्ट में फेल बच्चों भी नामांकित The post गिरिडीह के झरखट्टा गांव में खुखड़ी खाने से 7 लोग बीमार, सदर अस्पताल में भर्ती appeared first on Naya Vichar.

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CJP का दावा, प्रदर्शनकारियों की तीन मांगों पर विचार के लिए केंद्रीय मंत्री नड्डा ने मांगा समय

Cockroach Janata Party : कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रतिनिधि आशुतोष रांका और सौरव दास ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात की. एएनआई न्यूज एजेंसी के मुताबिक, उन्होंने कहा कि उनकी मांगों पर विचार के लिए कुछ समय मांगा है. सीजेपी प्रवक्ता रांका बताया कि जेपी नड्डा ने कहा कि इन मांगों पर हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) के शीर्ष नेतृत्व से चर्चा करने के बाद ही आगे का फैसला लिया जाएगा. यह दावा उस समय सामने आया है, जब संसद के मानसून सत्र के बीच दिल्ली में विरोध प्रदर्शन जारी हैं. तीन प्रमुख मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन सीजेपी प्रवक्ता आशुतोष रांका ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि मैंने और सौरव दास ने जेपी नड्डा से मुलाकात कर लिखित ज्ञापन सौंपा. CJP की तीन प्रमुख मांगों में सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग और NEET-UG 2026 की तैयारी के दौरान आत्महत्या करने वाले अभ्यर्थियों के परिवारों को एक-एक करोड़ रुपये का मुआवजा शामिल है. रांका ने कहा कि नड्डा ने इन मांगों पर पार्टी नेतृत्व से चर्चा करने का भरोसा दिया है. अभिजीत दिपके को हिरासत में लेने का दावा इससे पहले CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके को दिल्ली पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने का दावा किया गया था. हालांकि बाद में दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया कि उन्हें हिरासत में नहीं लिया गया है और वह मंच पर मौजूद हैं. इसके बाद आशुतोष रांका और सौरव दास ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से मुलाकात की. सौरव दास ने कहा कि करीब दो घंटे इंतजार के बाद उन्हें 10 मिनट का समय मिला, जिसमें उन्होंने अपनी मांगों को विस्तार से रखा. प्रदर्शन के बीच सुरक्षा बढ़ी, पुलिस की सख्ती जंतर-मंतर से संसद भवन की ओर मार्च करने की कोशिश कर रहे प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज किया. प्रदर्शन के कारण आसपास के इलाकों में यातायात भी प्रभावित रहा. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि संसद के मानसून सत्र को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. प्रशासन ने पहले ही स्पष्ट किया था कि पूर्व अनुमति के बिना जंतर-मंतर के अलावा किसी अन्य स्थान पर प्रदर्शन, जुलूस या पांच से अधिक लोगों के एकत्र होने की अनुमति नहीं है. यह भी पढ़ें-अभिजीत दीपके को हिरासत में लेने की समाचार निकली झूठी, दिल्ली पुलिस बोली- अब भी मंच पर हैं मौजूद CJP संस्थापक The post CJP का दावा, प्रदर्शनकारियों की तीन मांगों पर विचार के लिए केंद्रीय मंत्री नड्डा ने मांगा समय appeared first on Naya Vichar.

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Jana Nayagan Advance Booking: रांची-पटना में फीका रिस्पॉन्स, फिर भी करोड़ों में पहुंची ‘जन नायकन’ की एडवांस बुकिंग

Jana Nayagan Advance Booking: थलपति विजय की आखिरी फिल्म कही जा रही ‘जन नायकन’ रिलीज से पहले ही एडवांस बुकिंग में शानदार प्रदर्शन कर रही है. लंबे समय तक CBFC सर्टिफिकेशन की वजह से अटकी रहने के बाद अब यह फिल्म 23 जुलाई को सिनेमाघरों में दस्तक देने के लिए तैयार है. फिल्म की एडवांस बुकिंग 18 जुलाई से शुरू हो चुकी है और शुरुआती आंकड़े काफी दमदार सामने आ रहे हैं. हालांकि, हिंदी वर्जन के लिए अभी शोज की संख्या काफी कम है, वहीं रांची और पटना जैसे शहरों में तमिल शोज को भी रफ्तार पकड़नी बाकी है. ऐसे में आइए जानते हैं ‘जन नायकन’ की एडवांस बुकिंग का लेटेस्ट अपडेट. Jana Nayagan Advance Booking Collection: एडवांस बुकिंग में कितनी हुई कमाई? Sacnilk की रिपोर्ट के मुताबिक, 20 जुलाई शाम 5 बजे तक ‘जन नायकन’ ने एडवांस बुकिंग से 10.86 करोड़ रुपये (ब्लॉक सीट्स सहित ग्रॉस) की कमाई कर ली है. वहीं, ब्लॉक सीट्स के बिना फिल्म की एडवांस बुकिंग 7.17 करोड़ रुपये रही है. अब तक फिल्म के 2,82,735 टिकट बिक चुके हैं और इसके लिए 3,976 शोज लगाए गए हैं. ट्रेड एक्सपर्ट्स का मानना है कि रिलीज के करीब आते-आते इन आंकड़ों में और तेजी देखने को मिल सकती है. Jana Nayagan State Wise Booking: किस राज्य से मिल रहा सबसे ज्यादा रिस्पॉन्स? फिल्म को सबसे ज्यादा रिस्पॉन्स तमिलनाडु से मिल रहा है. यहां से एडवांस बुकिंग में 4.72 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ है. इसके बाद कर्नाटक दूसरे नंबर पर है, जहां से 3.43 करोड़ रुपये की कमाई हुई है. वहीं केरल ने 1.55 करोड़ रुपये का योगदान दिया है. हिंदी वर्जन की बात करें तो फिलहाल इसके लिए सिर्फ 6 शोज ही खुले हैं. अभी तक हिंदी वर्जन में एक भी टिकट नहीं बिका है, इसलिए इसकी कमाई शून्य है. ऐसे में इसे कमजोर रिस्पॉन्स नहीं माना जा सकता, क्योंकि अभी शोज की संख्या बहुत कम है. Jana Nayagan City Collection: किन शहरों में सबसे ज्यादा बिके टिकट? शहरों की बात करें तो बेंगलुरु सबसे आगे है, जहां फिल्म ने 3.45 करोड़ रुपये की एडवांस बुकिंग की है. चेन्नई से 1.30 करोड़ रुपये की कमाई हुई है और यहां ऑक्यूपेंसी 87 प्रतिशत से ज्यादा दर्ज की गई है. वहीं कोयंबटूर से फिल्म ने 50.56 लाख रुपये का कारोबार किया है. इसके अलावा हैदराबाद, मदुरै, तिरुवनंतपुरम और कोच्चि से भी फिल्म को शानदार रिस्पॉन्स मिल रहा है. Jana Nayagan Ranchi-Patna Booking: रांची और पटना में कैसा है फिल्म का हाल? रांची और पटना में फिल्म के तमिल भाषा वाले शोज को फिलहाल सीमित रिस्पॉन्स मिल रहा है. रांची में तमिल भाषा में फिल्म ने 30.28 हजार रुपये की एडवांस बुकिंग की है और यहां ऑक्यूपेंसी करीब 2 प्रतिशत दर्ज की गई है. वहीं पटना में 28.03 हजार रुपये की एडवांस बुकिंग हुई है, जबकि यहां ऑक्यूपेंसी फिलहाल 0 प्रतिशत है. Jana Nayagan Release: फिल्म में कौन-कौन आएगा नजर? एच. विनोथ के निर्देशन में बनी ‘जन नायकन’ में विजय के साथ पूजा हेगड़े, बॉबी देओल, ममिता बैजू, प्रकाश राज, गौतम वासुदेव मेनन, प्रियमणि, नारायण और नासर अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे. यह फिल्म विजय की एक्टिंग जर्नी की आखिरी फिल्म बताई जा रही है, क्योंकि इसके बाद वह पूरी तरह नेतृत्व पर फोकस करने वाले हैं. यही वजह है कि फिल्म को लेकर फैंस के बीच जबरदस्त एक्साइटमेंट देखने को मिल रही है. यह भी पढ़ें- Jana Nayagan Release Date: CM विजय थलपति की आखिरी फिल्म की रिलीज डेट फाइनल, तीन भाषाओं में अलग-अलग नाम से होगी रिलीज The post Jana Nayagan Advance Booking: रांची-पटना में फीका रिस्पॉन्स, फिर भी करोड़ों में पहुंची ‘जन नायकन’ की एडवांस बुकिंग appeared first on Naya Vichar.

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बॉबी देओल ने ठुकराया रोल, फिर ऐसे ‘हैवान’ में हुई अक्षय कुमार की एंट्री, प्रियदर्शन ने खोला राज

Priyadarshan On Akshay Kumar Haiwaan: हैवान में अक्षय कुमार नेगिटिव रोल में नजर आ रहे हैं. हालांकि इस रोल के लिए मेकर्स की पहली पसंद खिलाड़ी कुमार नहीं थे. डायरेक्टर प्रियदर्शन ने खुलासा किया कि विलेन के किरदार के लिए सबसे पहले बॉबी देओल से संपर्क किया गया था. इसके बाद अक्षय खन्ना और सुनील शेट्टी के नाम पर भी चर्चा की गई थी. हालांकि लास्ट में एक अनएक्सपेक्टेड मोड़ आया और यह रोल अक्षय कुमार के खाते में चला गया. Akshay Kumar Not First Choice for Haiwaan: हैवान के लिए मेकर्स की पहली पसंद नहीं थे अक्षय कुमार मिड-डे को दिए इंटरव्यू में प्रियदर्शन ने कहा, “जब मैंने सबसे पहले सैफ अली खान को फिल्म की कहानी सुनाई, तो उन्होंने मुझसे पूछा कि विलेन का किरदार कौन निभाएगा. तब जाकर बॉबी देओल से बात की, लेकिन वह रोल से पूरी तरह संतुष्ट नहीं थे. इसके बाद मेरे दिमाग में अक्षय खन्ना का नाम आया और मैंने उन्हें कहानी सुनाने की इच्छा जताई. उन्होंने मुझे मिलने के लिए बुलाया था. मैंने सोचा था कि अगर उन्होंने भी मना कर दिया, तो फिर मैं सुनील शेट्टी से बात करूंगा.” View on Instagram This Is How Akshay Kumar Makes Entry In Haiwaan: ऐसे हैवान फिल्म में अक्षय कुमार की हुई एंट्री प्रियदर्शन ने आगे कहा, “अक्षय खन्ना से मिलने से पहले मैंने भूत बंगला की शूटिंग के दौरान कैजुअली अक्षय कुमार को इस फिल्म के बारे में बताया. जब मैंने उन्हें पूरी कहानी सुनाई, तो उन्होंने तुरंत कहा, ‘ये फिल्म मैं क्यों नहीं कर सकता?’” डायरेक्टर ने माना कि अक्षय को यह किरदार बहुत पसंद आया. उन्होंने यह भी कहा कि हैवान की शूटिंग के दौरान सैफ ने भी मुझसे कहा, ‘मेरे सामने यह रोल करके अक्षय ने मुझे सबसे बेहतरीन गिफ्ट दिया है.’ अक्षय कुमार की इमेज तोड़ना चाहते थे प्रियदर्शन इसी इंटरव्यू में प्रियदर्शन ने यह भी स्वीकार किया कि शुरुआत में उन्होंने अक्षय कुमार को विलेन के रोल के लिए इसलिए नहीं चुना था, क्योंकि पिछले कुछ समय से वह सिर्फ कॉमेडी मूवी में ही नजर आ रहे थे. हालांकि अक्षय की एक्साइटमेंट देखकर उन्हें यकीन हो गया कि इस रोल के लिए वही सबसे सही ऑप्शन है. Haiwaan Is Not Comedy Film: ‘हैवान’ कॉमेडी फिल्म नहीं है, प्रियदर्शन ने किया साफ कॉमेडी फिल्मों के लिए मशहूर प्रियदर्शन ने साफ कर दिया है कि हैवान उनकी बाकी फिल्मों से बिल्कुल अलग होने वाली है. उन्होंने कहा, “कई लोगों को लग रहा है कि हैवान एक कॉमेडी फिल्म है, लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है. यह हंटर और हंटेड के बीच चलने वाले एक इंटेंस कैट-एंड-माउस गेम की कहानी है. करीब 16 साल बाद मैं एक्शन-थ्रिलर जॉनर में वापसी कर रहा हूं और यह मेरी अब तक की सबसे स्टाइलिश फिल्मों में से एक है.” ये भी पढ़ें: हेरा फेरी 3 जरूर करूंगा… परेश रावल का ऐलान, अक्षय कुमार के 25 करोड़ वाले लीगल नोटिस पर भी तोड़ी चुप्पी ये भी पढ़ें: व्हाइट बीयर्ड लुक में नजर आए अक्षय कुमार, फैंस बोले- ‘हैवान’ का एक झलक The post बॉबी देओल ने ठुकराया रोल, फिर ऐसे ‘हैवान’ में हुई अक्षय कुमार की एंट्री, प्रियदर्शन ने खोला राज appeared first on Naya Vichar.

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क्या चेहरे पर बर्फ रगड़ने से सच में आता है ग्लो या हो सकता है नुकसान? जानिए आइस फेशियल की पूरी सच्चाई

Skincare Myths: आज के समय में सोशल मीडिया और इंटरनेट पर स्किनकेयर से जुड़े कई तरह के नुस्खे और ट्रीटमेंट्स खूब वायरल होते रहते हैं. जब भी आप सोशल मीडिया स्क्रॉल करते हैं, आपको कोई न कोई नुस्खा जरूर देखने को मिलता है, जो यह क्लेम करता है कि इसे अपनाने से आपकी कोई भी प्रॉब्लम दूर हो सकती है. इन्हीं नुस्खों में से एक बहुत ही पॉपुलर नुस्खा है चेहरे पर बर्फ को लगाना या फिर रगड़ना. आज के समय में इसे ‘आइस फेशियल’ के नाम से भी जाना जाता है. बहुत से लोगों का यह मानना रहा है कि हर सुबह चेहरे पर अगर बर्फ रगड़ा जाए, तो चेहरा एकदम से ग्लोइंग बन जाता है, पिंपल्स गायब हो जाते हैं और साथ ही ढीली पड़ी स्किन भी टाइट हो जाती है. लेकिन क्या सच में चेहरे पर बर्फ रगड़ने से आपकी स्किन ग्लोइंग बन सकती है, या फिर यह सिर्फ एक अफवाह ही है? आज इस आर्टिकल में हम इसके पीछे की असली सच्चाई को बहुत ही आसान तरीके से आपको समझाने वाले हैं. जब आप इस आर्टिकल को पूरा पढ़ लेंगे, तो आपको यह समझ में आ जाएगा कि आपको सोशल मीडिया पर वायरल नुस्खों पर आंख मूंदकर भरोसा करना चाहिए या फिर नहीं. skincare myths to unfollow क्या बर्फ रगड़ने से सच में आता है चेहरे पर ग्लो? इस बात में थोड़ी सच्चाई तो जरूर है कि अगर आप अपने चेहरे पर बर्फ रगड़ते हैं, तो आपको एक इंस्टैंट ग्लो दिखाई जरूर देता है. लेकिन अब आपको यह समझना होगा कि यह ग्लो आपके चेहरे पर हमेशा के लिए नहीं रहने वाला है. जब आप अपने चेहरे पर बर्फ लगाते हैं या फिर रगड़ते हैं, तो बहुत ही ज्यादा ठंडक होने की वजह से आपके चेहरे के ब्लड वेसल्स, यानी कि खून की नसें कुछ देर के लिए सिकुड़ जाती हैं. लेकिन जब टेम्परेचर दोबारा नॉर्मल होता है, तो वहां पर खून का बहाव बहुत ही तेजी से बढ़ जाता है. इसी बढ़े हुए ब्लड सर्कुलेशन की वजह से आपका चेहरा कुछ देर के लिए गुलाबी, ग्लोइंग और फ्रेश दिखाई देने लगता है. बर्फ से मिलने वाला यह ग्लो सिर्फ कुछ घंटों का या फिर एक शॉर्ट-टर्म सॉल्यूशन होता है. यह आपकी स्किन को अंदर से गोरा या फिर हमेशा के लिए ग्लोइंग बनाकर रखने का कोई परमानेंट इलाज नहीं है. ये भी पढ़ें: पिंपल्स तो चले गए, लेकिन दाग रह गए? इन आसान तरीकों से वापस पाएं चेहरे की नेचुरल ग्लो बर्फ रगड़ने के असली फायदे क्या हैं? अगर आप सही तरीके और सही क्वांटिटी में बर्फ का इस्तेमाल करते हैं, तो यह आपकी स्किन को कई तरह के फायदे जरूर पहुंचा सकती है. जैसे बहुत से लोगों का चेहरा या फिर आंखें सुबह सोकर उठने के बाद बहुत ही ज्यादा फूली हुई सी लगती हैं. इसे आम बोलचाल की भाषा में हम पफीनेस कहते हैं. ऐसे में बर्फ की ठंडी सिकाई करने से चेहरे की सूजन इंस्टैंट कम हो जाती है और चेहरा एकदम फ्रेश दिखने लगता है. इसके अलावा, अगर चेहरे पर कोई लाल रंग के दर्द देने वाले पिंपल्स निकल आये हैं, तो बर्फ लगाने से वहां की सूजन और दर्द में काफी आराम मिलता है. इसके अलावा, तेज धूप से वापस आने के बाद या दिनभर की थकान के बाद चेहरे पर ठंडी सिकाई करने से त्वचा को काफी राहत और सुकून मिलता है. बर्फ से जुड़े कुछ बड़े मिथक और उनकी सच्चाई इंटरनेट पर बर्फ को लेकर कई इस तरह की बातें फैलाई जाती हैं जो पूरी तरह से बिलकुल भी सच नहीं हैं. आधी सच्चाई होने की वजह से इन बातों पर आपको बिना सोचे-समझे कभी भी भरोसा नहीं करना चाहिए. जैसे कि बर्फ से जुड़ी एक सबसे बड़ी मिथक यह भी है कि इसे रगड़ने से ओपन पोर्स, यानी कि स्किन में मौजूद छोटे-छोटे छेद हमेशा के लिए बंद हो जाते हैं. लेकिन सच्चाई तो यह है कि चेहरे पर मौजूद ये पोर्स कोई दरवाजे नहीं हैं, जिन्हें आप खोल या फिर बंद कर सकें. बर्फ की ठंडक की वजह से वे कुछ देर के लिए सिकुड़ कर छोटे जरूर दिखते हैं, लेकिन जैसे ही स्किन का टेम्परेचर नॉर्मल होता है, वे वापस अपने ओरिजिनल साइज में आ जाते हैं. इसी तरह दूसरा मिथक यह भी है कि बर्फ से रिंकल्स खत्म हो जाते हैं, जबकि हकीकत यह है कि सिर्फ बर्फ लगाने से एजिंग के लक्षण या रिंकल्स ठीक नहीं होते, इसके लिए सही स्किनकेयर प्रोडक्ट्स और अच्छी डाइट की जरूरत होती है. ये भी पढ़ें: न होगी चिपचिपाहट, न ही निकलेंगे पिंपल्स, मॉनसून में दिनभर फ्रेश लुक के लिए सुबह उठते ही अपनाएं ये 5 स्किनकेयर हैक्स चेहरे पर बर्फ लगाने के नुकसान और सावधानियां अगर आप बिना सोचे-समझे अपने चेहरे पर बर्फ को डायरेक्टली रगड़ते हैं, तो इसकी वजह से आपकी स्किन को फायदा होने की जगह पर नुकसान ज्यादा हो सकता है. हमारे चेहरे की स्किन बहुत ही ज्यादा नाजुक होती है और ऐसे में स्किन पर डायरेक्टली बर्फ को रगड़ने से स्किन के सेल्स डैमेज भी हो सकते हैं. मेडिकल टर्म्स में इसे आइस बर्न भी कहा जाता है. अगर आइस बर्न हो, तो इसकी वजह से आपका चेहरा लाल पड़ सकता है, उसमें रैशेज हो सकते हैं और साथ ही जलन भी महसूस हो सकती है. जिन लोगों की स्किन बहुत ज्यादा ड्राई, यानी सूखी होती है या जिनकी स्किन सेंसिटिव होती है, उन्हें चेहरे पर बर्फ लगाने से पूरी तरह बचना चाहिए क्योंकि इससे स्किन की ड्राइनेस और भी ज्यादा बढ़ जाती है. इसके अलावा, साइनस या सर्दी-खांसी की समस्या से परेशान लोगों को भी इससे दूर रहना चाहिए, वरना उनकी तबीयत बिगड़ सकती है. चेहरे पर बर्फ रगड़ने का सही तरीका क्या है? अगर आप अपने चेहरे पर बर्फ का इस्तेमाल करना चाहते ही हैं, तो इसके लिए आपको इसका सही तरीका जरूर मालूम होना चाहिए. जब आपको सही तरीका मालूम होता है, तो आपकी स्किन डैमेज होने से बची रहती है. जब भी आप चेहरे पर बर्फ का इस्तेमाल करें, तो सबसे पहले आपको इस बात का ख्याल रखना है कि इसे डायरेक्टली अपनी स्किन पर न रगड़ें. बर्फ

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सम्राट चौधरी बोले- रोज शाम कम से कम दो घंटे निकालिए, एनडीए नेताओं को बिहार सीएम ने दिया टास्क

Samrat Choudhary: बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एनडीए के सभी विधायकों से बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में पूरी ताकत के साथ प्रचार करने की अपील की. उन्होंने कहा कि हर विधायक अपने व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद रोज शाम कम से कम दो घंटे बांकीपुर में चुनाव प्रचार के लिए जरूर निकालें. मुख्यमंत्री ने कहा कि यह चुनाव एनडीए के लिए बेहद अहम है और इसमें सभी जनप्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी जरूरी है. जनता के बीच जाकर प्रशासन के काम बताने की अपील मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रशासन और संगठन मिलकर चुनाव लड़ रहे हैं. इसलिए सभी विधायकों की जिम्मेदारी है कि वे लोगों के बीच जाएं और प्रशासन की योजनाओं और उपलब्धियों की जानकारी पहुंचाएं. उन्होंने कहा कि जनता से लगातार संपर्क बनाए रखना भी जरूरी है. विधायकों से बोले- कोई परेशानी हो तो सीधे मुझसे मिलें सम्राट चौधरी ने बैठक में साफ कहा कि अगर किसी विधायक को किसी भी तरह की परेशानी या शिकायत है तो वह बिना किसी झिझक के सीधे उनसे व्यक्तिगत रूप से मिल सकता है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि हर विधायक की समस्या को प्राथमिकता के आधार पर सुना जाएगा और उसका समाधान किया जाएगा. एनडीए की रणनीति का अहम हिस्सा बना बांकीपुर उपचुनाव मुख्यमंत्री की अपील को बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए एनडीए की चुनावी रणनीति का अहम हिस्सा माना जा रहा है. पार्टी चाहती है कि सभी विधायक अपने-अपने क्षेत्रों के साथ-साथ बांकीपुर में भी समय देकर चुनावी माहौल को एनडीए के पक्ष में मजबूत करें. इसी वजह से सभी विधायकों को रोज शाम दो घंटे प्रचार करने के लिए कहा गया है. बिहार की ताजा समाचारों के लिए क्लिक करें कई विधायकों ने दिया समर्थन मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद रामकृपाल यादव, विजेंद्र यादव, कोमल सिंह और संतोष मांझी ने कहा कि वे मुख्यमंत्री के निर्देश का पूरी तरह पालन करेंगे. उन्होंने भरोसा दिलाया कि बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में एनडीए प्रत्याशी की जीत सुनिश्चित करने के लिए सभी विधायक पूरी ताकत से चुनाव प्रचार में जुटेंगे. इसे भी पढ़ें: सम्राट चौधरी बोले- बिहार में विकास के लिए पैसे की कोई कमी नहीं, हर महीने की 10 तारीख को आ रही पेंशन The post सम्राट चौधरी बोले- रोज शाम कम से कम दो घंटे निकालिए, एनडीए नेताओं को बिहार सीएम ने दिया टास्क appeared first on Naya Vichar.

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अभिजीत दीपके को हिरासत में लेने की खबर निकली झूठी, दिल्ली पुलिस बोली- अब भी मंच पर हैं मौजूद CJP संस्थापक

Abhijit Dipke CJP Protest: प्रदर्शन के दौरान उस समय भ्रम की स्थिति बन गई जब CJP प्रवक्ता सौरभ दास ने दावा किया कि संगठन के संस्थापक अभिजीत दीपके को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में ले लिया है. सोशल मीडिया पर भी यह भ्रामक समाचार तेजी से फैलने लगी. हालांकि, दिल्ली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इन दावों को पूरी तरह से खारिज कर दिया. पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया कि अभिजीत दीपके को हिरासत में लिए जाने के आरोप पूरी तरह झूठे और बेबुनियाद हैं. वे मंच पर ही मौजूद हैं. शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़े प्रदर्शनकारी छात्र, संसद में भी हंगामा जंतर-मंतर से शुरू हुए इस विरोध प्रदर्शन की गूंज संसद के मानसून सत्र के पहले ही दिन दोनों सदनों में सुनाई दी. विपक्षी सदस्यों के हंगामे के कारण लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही कई बार स्थगित करनी पड़ी. प्रदर्शनकारी छात्र और युवा परीक्षा में हुई कथित अनियमितताओं की जवाबदेही तय करने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं. क्या है प्रदर्शनकारियों की मांग? सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके और उनके समर्थन में उतरे प्रदर्शनकारी छात्रों ने मांग रखी कि शिक्षा मंत्री इस्तीफा दें, आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों को 1 करोड़ का मुआवजा दिया जाए और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को तुरंत रिहा किया जाए. सोनम वांगचुक ने जताई शामिल होने की इच्छा सफदरजंग अस्पताल में भर्ती सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने चिकित्सा अधीक्षक से अनुरोध किया कि उन्हें ‘अस्थायी रूप से’ अस्पताल से बाहर जाने की अनुमति दी जाए ताकि वे इस मार्च में भाग ले सकें. वांगचुक ने कहा कि वे अब ठीक महसूस कर रहे हैं. हालांकि, अस्पताल के बुलेटिन के अनुसार उनके स्वास्थ्य मानक स्थिर हैं, लेकिन रक्त मानकों की निगरानी की जरूरत है. नयी दिल्ली में सुरक्षा बल तैनात, मेट्रो स्टेशन बंद; इंटरनेट सेवाएं प्रभावित सीजेपी के संसद मार्च और संसद के मानसून सत्र को देखते हुए नयी दिल्ली जिले में अर्धसैनिक बलों और पड़ोसी जिलों के पुलिसकर्मियों को तैनात कर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई. एहतियात के तौर पर कई मेट्रो स्टेशनों के गेट बंद कर दिए गए, जिससे यात्री अंदर ही फंसे रहे. स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए क्षेत्र के एक बड़े हिस्से में इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गईं. ये भी पढ़ें: संसद मार्च के लिए CJP ने क्यों चुनी 20 जुलाई की तारीख, जानिए मानसून सत्र को लेकर क्या है रणनीति? The post अभिजीत दीपके को हिरासत में लेने की समाचार निकली झूठी, दिल्ली पुलिस बोली- अब भी मंच पर हैं मौजूद CJP संस्थापक appeared first on Naya Vichar.

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राम मंदिर वित्तीय अनियमितता मामले में सुप्रीम कोर्ट सख्त, SIT पुनर्गठन पर यूपी सरकार से जवाब तलब

Ayodhya Ram Mandir: अयोध्या श्री राम जन्मभूमि मंदिर में कथित वित्तीय अनियमितताओं की जांच को लेकर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई. सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश प्रशासन को निर्देश दिया है कि जांच पूरी तरह निष्पक्ष, पारदर्शी और पेशेवर तरीके से होनी चाहिए. सीजेआई सूर्या कांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच की जिम्मेदारी अनुभवी और वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी को सौंपी जानी चाहिए. कोर्ट ने SIT के मौजूदा स्वरूप पर विचार करते हुए इसके पुनर्गठन को लेकर राज्य प्रशासन से निर्देश प्राप्त करने को कहा है. अब सभी की नजरें यूपी प्रशासन के अगले कदम और जांच प्रक्रिया में होने वाले बदलावों पर टिकी हैं. एसआईटी जांच पर कोर्ट की नजर बता दें कि अयोध्या राम मंदिर में कथित दान चोरी के आरोपों को लेकर सुप्रीम कोर्ट में आज सुनवाई हुई. मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और न्यायमूर्ति वी. मोहन की पीठ ने उत्तर प्रदेश प्रशासन से एसआईटी के पुनर्गठन को लेकर निर्देश प्राप्त करने को कहा है. कोर्ट ने कहा कि मामले की जांच किसी ऐसे वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी के नेतृत्व में होनी चाहिए, जिसे इस तरह की जांचों को संभालने का पर्याप्त अनुभव हो. जांच में आठ गिरफ्तारियां, रिपोर्ट हुई दाखिल सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद जांच की स्थिति रिपोर्ट दाखिल कर दी गई है. जांच अभी जारी है और अब तक आठ लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है. हालांकि, जांच प्रभावित होने की आशंका को देखते हुए उन्होंने इस चरण पर अधिक जानकारी सार्वजनिक करने से इनकार किया. कोर्ट ने मौजूदा जांच व्यवस्था और अधिकारियों की भूमिका को लेकर भी जानकारी मांगी. दान रिकॉर्ड और पारदर्शिता पर हुई चर्चा याचिकाकर्ताओं की ओर से अदालत में कहा गया कि मंदिर निर्माण के लिए देशभर के श्रद्धालुओं से दान लिया गया था और इसकी रसीदें भी जारी की गई थीं. आरोप लगाया गया कि कुछ दान राशि मंदिर तक नहीं पहुंची. याचिकाकर्ताओं ने सभी दान रिकॉर्ड और रसीदों को सार्वजनिक करने की मांग रखी. इस पर मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि रिकॉर्ड को वेबसाइट पर डालना अनिवार्य नहीं है, लेकिन दान से जुड़े सभी दस्तावेजों का सुरक्षित और व्यवस्थित रिकॉर्ड होना जरूरी है. निष्पक्ष जांच और नेतृत्वकरण से बचने की हिदायत सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान सबूतों की सुरक्षा, सीसीटीवी फुटेज और अन्य दस्तावेजों को सुरक्षित रखने की मांग भी उठी. सॉलिसिटर जनरल ने अदालत को भरोसा दिलाया कि सभी जरूरी साक्ष्य सुरक्षित रखे जा रहे हैं. सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह मामला किसी नेतृत्वक बहस का नहीं बल्कि कथित अपराध की निष्पक्ष जांच का है. अदालत ने सभी पक्षों से मामले का नेतृत्वकरण नहीं करने की अपील करते हुए कहा कि वह पूरी प्रक्रिया पर नजर बनाए हुए है और जरूरत पड़ने पर आगे निर्देश जारी करेगी. यह भी पढ़ें: राम मंदिर चढ़ावा चोरी केस में नया मोड़, अनिल मिश्रा पर भी दर्ज हो सकता है मुकदमा The post राम मंदिर वित्तीय अनियमितता मामले में सुप्रीम कोर्ट सख्त, SIT पुनर्गठन पर यूपी प्रशासन से जवाब तलब appeared first on Naya Vichar.

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