Hot News

Author name: Vinod Jha

nayavichar.com पर संपादक हैं। पटना स्थित स्वतंत्र पत्रकार और लेखक व एक दशक से अधिक का व्यापक अनुभव है। पत्रकारिता, प्रकाशन और विज्ञापन में अनुभव सभी प्रकार की सामग्री के साथ काम करने में सक्षम बनाता है: ब्लॉग पोस्ट, सोशल मीडिया सामग्री अच्छी तरह से शोध किए गए लेख और साथ ही प्रेस विज्ञप्तियाँ। यदि आप उच्च-गुणवत्ता वाली सामग्री की तलाश में हैं, तो nayavicharnews@gmail.com पर संपर्क करें। विशेषताएँ: रिपोर्टिंग, पत्रकारिता, लेखन और संचार, सोशल मीडिया

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Surya Shani Yog: सूर्य-शनि के इस खास योग से चमकेगी 5 राशि वालों की किस्मत, जानें किसे मिलेगा धन लाभ

Surya Shani Pratiyuti Yog 2026: वैदिक ज्योतिष में सूर्य को ग्रहों का राजा, जबकि शनि को छाया ग्रह माना जाता है. सूर्य और शनि में पिता-पुत्र का संबंध है. ज्योतिष शास्त्र की गणना के अनुसार, ग्रहों की चाल से कई बार खास योग बनते हैं. सूर्य और शनि 4 अक्टूबर को एक-दूसरे से 180 डिग्री पर मौजूद रहेंगे. दोनों ग्रहों की इस स्थिति से प्रतियुति दृष्टि योग का निर्माण होगा. सूर्य-शनि का यह प्रतियुति दृष्टि योग कुछ राशि के जातकों के लिए शुभ होने के साथ-साथ लाभकारी भी है. ज्योतिषाचार्य पं. धनंजय पांडेय ने बताया कि प्रतियुति योग किन 5 राशि के जातकों के लिए लाभकारी है. मेष राशि: व्यापार में आर्थिक तरक्की सूर्य ग्रह की अनुकूलता से कार्यक्षेत्र में मान-सम्मान मिलेगा. प्रशासनी नौकरी करने वाले जातकों को विशेष उपहार मिल सकता है. नेतृत्व से जुड़े लोग समाज में प्रतिष्ठा प्राप्त करेंगे. सोना-चांदी का व्यापार करने वाले जातकों की आर्थिक तरक्की हो सकती है. पाचन शक्ति से जुड़ी परेशानी कम हो सकती है. सिंह राशि: पैतृक संपत्ति से लाभ कारोबार में आर्थिक विस्तार का योग बनेगा. नौकरी से जुड़ा जरूरी काम बनेगा. प्रशासनी नौकरी की तैयारी करने वाले जातकों को खुशसमाचारी मिलेगी. कार्यक्षेत्र में आ रही रुकावटें दूर होंगी. पिता का सहयोग मिलेगा. पैतृक संपत्ति से भी लाभ हो सकता है. शत्रु शांत होंगे. समाज में नेतृत्व करने का अवसर मिलेगा. सेहत अच्छी रहेगी. ये भी पढ़ें: Ketu Transit 2026: मघा नक्षत्र में केतु के प्रवेश से इन 5 राशि वालों का होगा भाग्योदय, बढेंगे सुख-साधन धनु राशि: जमीन से जुड़े कार्यों में उन्नति कार्यक्षेत्र में मान-सम्मान मिलेगा. पैतृक संपत्ति से धन लाभ का योग है. जमीन से जुड़े कार्यों में आर्थिक उन्नति होगी. नौकरीपेशा जातकों को कार्यस्थल पर अधिकारियों की प्रशंसा मिलेगी. ज्ञान में वृद्धि होगी. शिक्षा के क्षेत्र में तरक्की होगी. उच्च शिक्षा की प्राप्ति का योग बनेगा. आत्मबल मजबूत होगा. भाई की मदद से आर्थिक लाभ होगा. मकर राशि: कानूनी कार्यों में सफलता कार्य में आ रही बाधा दूर होगी. जिन कार्यों में रुकावटें आ रही थीं, उनमें सफलता मिलेगी. पैतृक संपत्ति से जुड़ा कोई अटका काम पूरा होगा. कानूनी कार्यों में सफलता मिलेगी. व्यापार करने वाले जातकों की आर्थिक स्थिति सुधरेगी. संतान की तरफ से लाभ होगा या कोई खुशसमाचारी मिलेगी. मेहनत के अनुकूल फल मिलेगा. प्रशासनी नौकरी करने वाले लोगों को इस योग से तरक्की होगी. कुंभ राशि: परेशानियां दूर होंगी नौकरीपेशा जातकों की उन्नति होगी. पिता से संपत्ति का लाभ मिल सकता है. आमदनी में इजाफा होगा. व्यापार में धन से संबंधित अटके हुए काम बनेंगे. कार्यों में आ रही परेशानियां दूर होंगी. शनि ग्रह की अनुकूल स्थिति से जीवन के कष्ट कम होंगे. नौकरी की तलाश करने वाले लोगों को मेहनत का फल मिलेगा. दांपत्य जीवन में जीवनसाथी का सहयोग मिलेगा, जिससे मन खुश रहेगा. ये भी पढ़ें: Kendra Drishti Yog: बुध-मंगल के ‘केंद्र दृष्टि योग’ से चमकेगी इन 5 राशि वालों की किस्मत, मिलेगा लाभ The post Surya Shani Yog: सूर्य-शनि के इस खास योग से चमकेगी 5 राशि वालों की किस्मत, जानें किसे मिलेगा धन लाभ appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Watch Video: मंत्री प्रवेश वर्मा ने खोया आपा, कैमरा चला रहे शख्स को जड़ा थप्पड़

Watch Video: सामने आए वीडियो में दिख रहा है कि प्रवेश वर्मा एक युवक को वीडियो बनाने से रोकते हैं. वह बाएं हाथ से युवक का मोबाइल नीचे कर देते हैं. इसके बाद दाएं हाथ से युवक के चेहरे पर थप्पड़ मारते नजर आते हैं. घटना सड़क के निरीक्षण के दौरान की बताई जा रही है. वीडियो में इसके बाद वह युवक नेता से उलझता और हाथापाई करता नजर आता है. इसी दौरान एक सुरक्षा गार्ड दोनों के बीच आ जाता है और उन्हें अलग करता है. आसपास मौजूद लोगों की भीड़ भी पूरी घटना को देखती नजर आती है. ये भी पढ़ें: Parvesh Verma Net Worth: एक अरब से बस इतनी कम है दिल्ली के उपमुख्यमंत्री प्रवेश वर्मा की संपत्ति, जानें नेट वर्थ यह घटना पश्चिमी दिल्ली के तिलक नगर  की बताई जा रही है. सामने आए वीडियो में एक आवाज सुनाई देती है, जिसमें कहा जा रहा है, “ओए, मार कैसे रहा है?” वीडियो में एक अन्य व्यक्ति की आवाज भी सुनाई दे रही है. वह कहता है कि युवक को थप्पड़ मारा गया है. वह आगे कहता है कि वीडियो बनाते समय ही युवक को थप्पड़ मारा गया. हालांकि, वीडियो में यह व्यक्ति दिखाई नहीं दे रहा है. यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. एक्स यूजर Jarnail Singh @JarnailSinghAAP ने वीडियो शेयर किया है. उन्होंने दावा किया कि दिल्ली के PWD मंत्री सड़क का निरीक्षण करने पहुंचे थे. पोस्ट में आरोप लगाया गया कि निरीक्षण के दौरान कथित गड़बड़ियां सामने आने पर मंत्री ने वीडियो बना रहे उनके साथी के साथ बदसलूकी की. ये भी पढ़ें: Parvesh Verma Education: जानें कितने पढ़े-लिखे हैं दिल्ली के नए डिप्टी सीएम प्रवेश वर्मा? प्रवेश वर्मा पर युवक का आरोप- मोबाइल छीना, गला पकड़ा और जान से मारने की धमकी दी पीड़ित साहेब सिंह ने आरोप लगाया कि सड़क का निरीक्षण करने के दौरान वह वीडियो बना रहे थे. इसी दौरान प्रवेश वर्मा ने उनका मोबाइल छीन लिया और उन पर हाथ उठाया. उन्होंने आरोप लगाया कि मंत्री के सुरक्षा कर्मियों ने उनका हाथ और गला पकड़कर उन्हें वहां से खींच लिया. साहेब सिंह के मुताबिक, मौके पर तीन-चार बीजेपी कार्यकर्ता भी मौजूद थे. इन लोगों ने उनके साथ बदसलूकी की, हाथ उठाया और जान से मारने की धमकी दी. The post Watch Video: मंत्री प्रवेश वर्मा ने खोया आपा, कैमरा चला रहे शख्स को जड़ा थप्पड़ appeared first on Naya Vichar.

समस्तीपुर

विद्यार्थियों को सिखाए आग से बचाव के तरीके, मॉक ड्रिल के जरिए फायर एक्सटिंग्विशर के इस्तेमाल और आपात स्थिति में सुरक्षित निकलने की दी जानकारी

नया विचार न्यूज़ सरायरंजन। विद्यार्थियों में अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से बेइयाता फाउंडेशन एवं नई सोच ट्रस्ट के संयुक्त तत्वावधान में ग्लोबल विजन एकेडमी कैंपस, बी. ऐलौथ, मुसरीघरारी में अग्नि सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिला अग्निशमन कार्यालय, समस्तीपुर की टीम ने विद्यार्थियों को आग लगने की स्थिति में बचाव के उपायों और आपातकालीन परिस्थितियों में सुरक्षित रहने के तरीके बताए। अग्निशमन विभाग की टीम में शामिल श्रीमती ज्योति कुमारी, श्री नागेंद्र कुमार गौतम समेत अन्य कर्मियों ने विद्यार्थियों को आग लगने के संभावित कारणों, उससे बचाव के उपाय और आपात स्थिति में सही प्रतिक्रिया के बारे में जानकारी दी। विद्यार्थियों को बताया गया कि आग लगने की स्थिति में घबराने के बजाय शांत रहते हुए सुरक्षित स्थान की ओर निकलना चाहिए तथा आसपास मौजूद लोगों को भी सतर्क करना चाहिए। मॉक ड्रिल के जरिए दिया व्यावहारिक प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान अग्निशमन टीम ने मॉक ड्रिल के माध्यम से विद्यार्थियों को आग जैसी आपात स्थिति में सुरक्षित तरीके से बाहर निकलने की प्रक्रिया समझाई। साथ ही बचाव कार्य के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों की जानकारी दी गई। विद्यार्थियों को फायर एक्सटिंग्विशर के सही और सुरक्षित इस्तेमाल का व्यावहारिक प्रदर्शन भी कराया गया। इस दौरान विद्यार्थियों ने अग्निशमन उपकरणों के उपयोग की प्रक्रिया को समझा और आपात स्थिति में त्वरित एवं सुरक्षित प्रतिक्रिया के बारे में जानकारी प्राप्त की। आयोजकों ने बताया कि कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूक करने के साथ उन्हें आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए आवश्यक व्यावहारिक जानकारी देना है। विद्यार्थियों को स्वयं की सुरक्षा के साथ आसपास के लोगों की सुरक्षा के प्रति भी जिम्मेदार बनने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन शाकिर रजा, खालिद रजा, हसनैन नज़ारे, आकिब रजा एवं आरिफ इस्माइल के मार्गदर्शन में किया गया। इस अवसर पर बेइयाता फाउंडेशन एवं नई सोच ट्रस्ट की ओर से काशिफ रजा, मो. शहनवाज, मो. अरमान, शादिक रजा, बंटी कुमार, जुल्कारनैन नज़ारे, फरीद अंसारी, जिकौर रहमान एवं लालबाबू कुमार समेत अन्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों को “सतर्क रहें, सुरक्षित रहें और जीवन बचाएं” का संदेश दिया गया।

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

एसआईआर विवाद : ज्ञानेश कुमार के बचाव में उतरे शुभेंदु अधिकारी, बोले- बंगाल में 27 लाख नाम हटने के लिए ममता बनर्जी जिम्मेदार

पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी हिंदुस्तान के मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के बचाव में उतर आये हैं. रविवार को शुभेंदु अधिकारी ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के मुद्दे पर बढ़ते नेतृत्वक विवाद के बीच निर्वाचन आयोग का बचाव किया. राज्य में 27 लाख मतदाताओं के नाम वोटर लिस्ट से हटाये जाने के लिए बंगाल के चीफ मिनिस्टर ने राज्य की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को जिम्मेदार ठहराया . ‘भाजपा या चुनाव आयोग की वजह से नहीं कटे वोटर के नाम’ मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि इन नामों को हटाये जाने के लिए न तो हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) और न ही निर्वाचन आयोग को जिम्मेदार ठहराया जा सकता है. अधिकारी ने शनिवार को मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार और निर्वाचन आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू तथा विवेक जोशी के बीच हुई बैठक और उसके बाद निर्वाचन आयोग की ओर से जारी बयान का भी हवाला दिया. उन्होंने इस आरोप को खारिज किया कि पश्चिम बंगाल में एसआईआर से जुड़े फैसले सीईसी ने एकतरफा तरीके से लिये गये थे. 27 लाख मतदाताओं के नाम कटने की जिम्मेदारी ममता की : शुभेंदु अधिकारी बंगाल के चीफ मिनिस्टर ने कहा कि तीनों निर्वाचन आयुक्तों की बैठक से स्पष्ट होता है कि ये फैसले सर्वसम्मति से लिये गये थे. शुभेंदु अधिकारी ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा- 27 लाख नाम हटाये जाने की जिम्मेदारी ममता बनर्जी की है, हिंदुस्तानीय जनता पार्टी या निर्वाचन आयोग की नहीं. उनके द्वारा दायर एक मामले में सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद न्यायिक अधिकारियों ने यह फैसला लिया था. ये भी पढ़ें: ज्ञानेश कुमार को इस्तीफा देना ही होगा, 30 को दिल्ली में हो सकती है ‘इंडिया’ गठबंधन की बैठक : ममता बनर्जी ममता बनर्जी ने की थी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग शुभेंदु अधिकारी का यह बयान ममता बनर्जी द्वारा मुख्य निर्वाचन आयुक्त पर अपना हमला तेज किये जाने के एक दिन बाद आया. ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (AITC) सुप्रीमो ममता बनर्जी ने आरोप लगाया था कि एसआईआर का इस्तेमाल भाजपा को बंगाल पर कब्जा करने में मदद करने के लिए किया गया. ममता ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी की थी. तीनों निर्वाचन आयुक्तों की बैठक और उसके बाद जारी बयान से यह स्पष्ट हो गया है कि एसआईआर से जुड़े फैसले किसी एक व्यक्ति ने नहीं लिये थे. -शुभेंदु अधिकारी, मुख्यमंत्री, पश्चिम बंगाल चुनाव आयोग की सफाई – सभी फैसले सर्वसम्मति से लिये गये निर्वाचन आयोग ने शनिवार को कहा कि एसआईआर से संबंधित सभी आदेशों को तीनों निर्वाचन आयुक्तों की सर्वसम्मत मंजूरी मिली थी. मतदाता पंजीकरण के लिए फॉर्म-6 में किये गये बदलावों को सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा था. आयोग ने यह स्पष्टीकरण निर्वाचन आयोग में फैसले लेने की प्रक्रिया को लेकर जारी विवाद और मतदाता सूची से नाम हटाये जाने की चिंताओं के बीच दिया. ये भी पढ़ें: ममता बनर्जी ने मांगा ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा, तो बोले शमिक- जो कहना है कहें, उन्हें कोई नहीं रोकेगा चुनाव आयोग ने कैबिनेट सचिव को चिट्ठी पर दी सफाई मुख्य निर्वाचन आयुक्त और दो निर्वाचन आयुक्तों के बीच मतभेद होने की समाचारों के बाद हुई अपनी पहली बैठक के बाद आयोग ने एक बयान में कहा कि निर्वाचन आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी द्वारा कैबिनेट सचिव को भेजे गये पत्र प्रतिनियुक्ति पर आये एक अधिकारी से संबंधित थे, न कि नीतिगत या सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) प्रभाग से जुड़े मामलों से. विचार-विमर्श के दौरान मतभेद सामान्य बात : आयोग निर्वाचन आयोग की ये टिप्पणियां अंग्रेजी दैनिक ‘इंडियन एक्सप्रेस’ की उस समाचार की पृष्ठभूमि में आया, जिसमें कहा गया था कि दोनों निर्वाचन आयुक्तों ने एसआईआर प्रक्रिया से जुड़े फैसलों पर कई मौकों पर आपत्ति जतायी थी. हालांकि, निर्वाचन आयोग ने कहा है कि आंतरिक विचार-विमर्श के दौरान मतभेद सामने आना सामान्य है और उसके अंतिम फैसले सर्वसम्मति से लिये गये हैं. ये भी पढ़ें: टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी बोले- सीजेपी ही मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को हटा सकती है विपक्ष के दावे पर बंगाल के सीएम ने बोला हमला बंगाल के मुख्यमंत्री ने निर्वाचन आयोग के भीतर सामने आये कथित मतभेदों और आयोग की ओर से सार्वजनिक रूप से दिखायी गयी एकजुटता के बीच अंतर को अपने पक्ष में इस्तेमाल करने की कोशिश की. उन्होंने तर्क दिया कि आयोग की एकजुटता विपक्ष के इस दावे को कमजोर करती है कि एसआईआर की प्रक्रिया केवल मुख्य निर्वाचन आयुक्त के इशारे पर आगे बढ़ायी गयी. इस मुद्दे के नेतृत्वक मायने काफी महत्वपूर्ण हैं. 27.16 लाख नाम काटे गये, 22 लाख ने फिर से किया आवेदन निर्वाचन आयोग द्वारा उच्चतम न्यायालय में दाखिल आंकड़ों के अनुसार, बंगाल में एसआईआर के दौरान हटाये गये 27.16 लाख मतदाताओं में से 22 लाख से अधिक ने अपने नाम बहाल करने के लिए अपील की है. निर्वाचन आयोग ने कहा है कि मृत, स्थानांतरित और दोहरे नाम जैसी श्रेणियों तथा अन्य विसंगतियों के सत्यापन के बाद ये नाम हटाये गये. शुभेंदु ने पूछा- केरलम में SIR अच्छा, तो बंगाल में खराब क्यों? शुभेंदु अधिकारी ने इस मुद्दे को मुख्य रूप से वर्ष 2026 के विधानसभा चुनाव के जनादेश को लेकर नेतृत्वक लड़ाई के रूप में पेश किया. उन्होंने कहा- अगर केरलम में एसआईआर अच्छा है, तो पश्चिम बंगाल में यह खराब क्यों है? हमने 208 सीट जीती हैं, जबकि दोनों पक्षों (तृणमूल कांग्रेस और उसके सहयोगियों) के पास 80 सीट हैं. ममता बनर्जी जनता के फैसले को स्वीकार नहीं कर पा रही हैं. The post एसआईआर विवाद : ज्ञानेश कुमार के बचाव में उतरे शुभेंदु अधिकारी, बोले- बंगाल में 27 लाख नाम हटने के लिए ममता बनर्जी जिम्मेदार appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Watch Video: नेपाल में बाढ़ का कहर, चितवन और म्याग्दी में कई इलाकों में घुसा पानी

Watch Video: नेपाल में फिर बाढ़ तबाही मचाता दिख रहा है. इसका वीडियो न्यूज एजेंसी एएनआई ने एक्स पर जारी किया है. वीडियो शेयर करते हुए लिखा गया कि चितवन और म्याग्दी में बाढ़ का पानी कई इलाकों में फैल गया है. पिछले 72 घंटे में बाढ़ से कई लोगों की मौत की समाचार है. कई जगहों पर जनजीवन प्रभावित हुआ है और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. नेपाल-तिब्बत सीमा के पास 26 अगस्त को अचानक आई बाढ़ ने उत्तरी और मध्य नेपाल के शहरों तथा गांवों में भारी तबाही मचाई थी. चीनी मीडिया के अनुसार, इस आपदा में तिब्बत में भी 43 लोगों की मौत हुई, जबकि 500 से अधिक लोग अब भी लापता हैं. नेपाल में बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 1453 हुई नेपाल में पिछले महीने आई विनाशकारी बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़ गई है. राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीआरआरएमए) के अनुसार, अब तक 1,451 शव बरामद किए जा चुके हैं, जबकि दो लोगों की इलाज के दौरान मौत हुई. बाढ़ के बाद 5,285 लोग अब भी लापता हैं. राहत और बचाव अभियान के दौरान 13,795 लोगों को सुरक्षित बचाया गया है. इनमें से 1,113 लोग 21 अस्थायी राहत शिविरों में रह रहे हैं. इनमें नुवाकोट के 187, रसुवा के 805 और धादिंग के 121 लोग शामिल हैं. राहत कार्य अभी भी जारी है. ये भी पढ़ें: Nepal Floods: फीकी पड़ने लगीं लापता लोगों की तस्वीरें, एक महीने बाद भी 5285 का इंतजार शवों की पहचान बनी चुनौती नेपाल में बाढ़ के बाद राहत और इलाज का काम जारी है. एनडीआरआरएमए के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों ने करीब 11,000 बाढ़ प्रभावित लोगों को चिकित्सा सहायता दी है. बाढ़ में घायल लोगों का अभी इलाज चल रहा है. एक महीने बाद भी कई शवों की पहचान नहीं हो सकी है. अब तक मिले 1,453 शवों में से 112 की पहचान कर उन्हें परिवारों को सौंप दिया गया है. The post Watch Video: नेपाल में बाढ़ का कहर, चितवन और म्याग्दी में कई इलाकों में घुसा पानी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

UAPA में गिरफ्तारी से बेल तक…कौन है मैथ्यू? जिसके अमेरिका लौटने पर घिरी मोदी सरकार

करीब छह महीने पहले 13 मार्च को पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के इंटरनेशनल एयरपोर्ट से एक अमेरिकी नागरिक पकड़ा गया था. नाम था मैथ्यू वैनडाइक. एयरपोर्ट से गिरफ्तारियों का सिलसिला यहीं नहीं थमा. उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ और राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी एयरपोर्ट से छह विदेशी नागरिकों की गिरफ्तारी हुई. फर्क सिर्फ इतना था कि ये छह लोग अमेरिका नहीं, यूक्रेन से थे. सभी गिरफ्तारियां राष्ट्रीय जांच एजेंसी यानी एनआईए ने एंटी टेरर ऑपरेशन के तहत की थीं. सातों विदेशी नागरिकों पर पूर्वोत्तर के मिजोरम में उग्रवादी गतिविधियों को बढ़ावा देने, बगैर जरूरी परमिट के संवेदनशील इलाकों में जाने का आरोप लगा.आतंकवाद निरोधक कानून के तहत केस दर्ज हुआ. चार्जशीट भी पेश हो चुका था. अब यह समाचार पिछले चार दिनों से सुर्खियों में है. इसकी वजह है कभी आतंकवाद के खिलाफ सबसे सख्त कानून के तहत गिरफ्तार किए गए, देश के सबसे सुरक्षित और सबसे बड़े जेल में शुमार तिहाड़ में बंद किए गए ये सातों आरोपी अब रिहा हो चुके हैं. दिल्ली की राउज एवेन्यू की एनआईए कोर्ट ने कुछ शर्तों के साथ सभी आरोपियों को एक महीने के लिए अपने घर, अपने देश जाने की अनुमति दे दी. कोर्ट का फैसला 18 सितंबर को आया और इसके करीब हफ्तेभर बाद 24 सितंबर को मैथ्यू वैनडाइक और अन्य छह को तिहाड़ जेल से रिहा कर दिया गया. मैथ्यू वेड और अन्य छह विदेशी कौन हैं मैथ्यू आरोन वैनडाइक अमेरिका के बाल्टीमोर के रहने वाले हैं. मीडिया रिकॉर्ड के मुताबिक उनका जन्म 11 जून 1979 को हुआ था. मैथ्यू खुद को अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा विशेषज्ञ, फिल्ममेकर और युद्ध क्षेत्रों में काम करने वाला व्यक्ति बताता है . उसके अनुसार वो एक मर्सिनरी है. मर्सिनरी का मतलब होता है भाड़े का सैनिक, यानी तो जो पैसों के बदले किसी भी देश या संगठन के लिए लड़ाई लड़े. मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक 2011 में, लीबिया के गृहयुद्ध में मुअम्मर गद्दाफी के खिलाफ विद्रोही गुट के साथ लड़ते हुए गद्दाफी की सेना ने मैथ्यू को पकड़ लिया था. हालांकि बाद में वे जेल से भाग निकला. मैथ्यू की एक वेबसाइट है, जिसके मुताबिक उन्होंने 2007 से 2010 के बीच मोटरसाइकिल से अरब देशों की यात्रा की और इराक-अफगानिस्तान में युद्ध संवाददाता (जंग कवर करने वाला पत्रकार) और डॉक्यूमेंट्री फिल्ममेकर के तौर पर भी काम किया है. वेबसाइट के अनुसार, 2014 में पत्रकार जेम्स फोली और स्टीवन सोटलॉफ की ISIS द्वारा हत्या के बाद, वैनडाइक ने Sons of Liberty International (SOLI) नाम की प्राइवेट मिलिट्री का फाउंडर स्थापना की. वैनडाइक के अपने रिकॉर्ड के मुताबिक, वे दोनों पत्रकार उनके दोस्त थे. SOLI के जरिए वो जरूरतमंद संगठन और लोगों को सैन्य प्रशिक्षण व सलाह देता है. SOLI खुद को एक गैर-लाभकारी संगठन बताता है. संगठन के अनुसार उसने इराक में ISIS से लड़ने वाले ईसाई सुरक्षा बलों को सैन्य प्रशिक्षण और सलाह दी. संगठन द्वारा यूक्रेन में भी प्रशिक्षण और सैन्य सहायता देने का दावा किया गया है. 6 यूक्रेनी नागरिक कौन हैं? हुर्बा पेट्रो (Hurba Petro) स्लिवियाक तारास (Slyviak Taras) इवान सुखमानोव्स्की (Ivan Sukmanovskyi) स्टेफानकिव मारियन (Stefankiv Marian) होंचारुक मैक्सिम (Honcharuk Maksim) 7 कामिन्स्की विक्टर (Viktor Kaminskyi) रिहा हुए विदेशी नागरिकों पर क्या आरोप हैं 13 मार्च 2026 को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने वैनडाइक और छह यूक्रेनी नागरिकों को गिरफ्तार किया. इनकी गिरफ्तारी काउंटर-टेरर ऑपरेशन के तहत हुई. NIA के मुताबिक आरोपियों ने हिंदुस्तान में प्रवेश किया और पूर्वोत्तर क्षेत्र के रास्ते म्यांमार तक पहुंचने की कोशिश की. मामले में वैनडाइक पर यूएपीए की धारा 18 लगाई गई थी. कांग्रेस और अन्य पार्टियों का रुख क्या यूएपीए के तहत पकड़ा गया मैथ्यू अब अमेरिका पहुंच चुका है. इसे लेकर विपक्षी कांग्रेस, ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन यानी एआईएमआईएम और अन्य विपक्षी दलों ने प्रशासन और हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (बीजेपी) के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. कांग्रेस ने मैथ्यू की रिहाई के पीछे अमेरिका के दबाव को वजह बताते हुए प्रशासन को घेरा है. जयराम रमेश ने कहा है कि मैथ्यू की रिहाई के बदले हिंदुस्तान को क्या मिला, संदिग्ध था तो उसे वीजा कैसे मिला, हिंदुस्तान के रास्ते म्यांमार जाने की अनुमति किसने दी. यह प्रशासन को बताना चाहिए. एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा है कि यूएपीए के तहत किसके खिलाफ चार्जशीट दायर होगी और किसके खिलाफ नहीं, इसका फैसला सर्जियो गोर करते हैं. हिंदुस्तान का एक आम नागरिक यूएपीए का केस दर्ज हो जाए तो नौ से 10 साल जेल में रहता है. क्योंकि हिंदुस्तानीय नागरिकों के पास सर्जियो गोर नहीं हैं. दरअसल, असदुद्दीन ओवैसी का यह बयान एनआईए की ओर से कोर्ट में दायर की गई चार्जशीट को लेकर है, जिसमें आरोपियों पर शुरुआती एफआईआर में लगाई गई यूएपीए की धारा का कोई जिक्र नहीं है. The post UAPA में गिरफ्तारी से बेल तक…कौन है मैथ्यू? जिसके अमेरिका लौटने पर घिरी मोदी प्रशासन appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

Watch Video : दिल्ली के मंडोली में गोदाम में लगी भीषण आग, मौके पर पहुंचीं दमकल की 8 गाड़ियां

Watch Video : आग लगने की सूचना सुबह 11:34 बजे दिल्ली फायर सर्विस को मिली. सूचना मिलते ही दमकल की दो गाड़ियां, तीन वाटर बाउजर और एक क्विक रिस्पॉन्स वाहन मौके पर भेजा गया. आग तेजी से फैलने की जानकारी के बाद दमकल की अतिरिक्त गाड़ियां भी बुलाई गईं. दिल्ली फायर सर्विस के अधिकारी के मुताबिक, बाद में दमकल की कुल आठ गाड़ियों को आग बुझाने के काम में लगाया गया. फिलहाल आग पर काबू पाने की कोशिश जारी थी. आग लगने के बाद का वीडियो न्यूज एजेंसी पीटीआई ने एक्स पर शेयर किया है. The post Watch Video : दिल्ली के मंडोली में गोदाम में लगी भीषण आग, मौके पर पहुंचीं दमकल की 8 गाड़ियां appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

LPU यूनिवर्सिटी में रेप : DIG ने कहा जांच के लिए खंगाले जाएंगे सीसीटीवी फुटेज, जल्द होगी गिरफ्तारी

लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में एक छात्रा के साथ रेप के बाद हुए हंगामे पर जालंधर रेंज के DIG नवीन सिंगला ने कहा कि रविवार सुबह 2 AM बजे, बड़ी संख्या में LPU स्टूडेंट्स ने नेशनल हाईवे ब्लॉक कर दिया. तीन दिन पहले G3 हॉस्टल की एक लड़की के साथ रेप हुआ था,अब तक इस बारे में कोई एक्शन नहीं लिया गया. प्रदर्शनकारी इस मामले कार्रवाई की मांग कर रहे थे. FIR रजिस्टर करने की प्रक्रिया शुरू डीआईजी सिंगला ने कहा कि हमें उनका स्टेटमेंट मिल गया है. हमने FIR रजिस्टर करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है और उन्हें जल्द ही एक कॉपी मिल जाएगी. प्रदर्शनकारियों की और भी मांगें हैं, उनके बारे में LPU मैनेजमेंट के साथ एक मीटिंग रखी गई है. लड़कों और लड़कियों दोनों के हॉस्टल से जुड़ी खास मांगें हैं. हमने स्टूडेंट लीडर्स से बात की है मीटिंग दोपहर तक होगी उसके बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी. CCTV फुटेज रिव्यू और फोन डेटा एनालिसिस होगा डीआईजी ने बताया कि एफआईआर के बाद जांच में फोरेंसिक एनालिसिस, CCTV फुटेज रिव्यू और फोन डेटा एनालिसिस शामिल होगा. इसके अलावा, स्टूडेंट रिप्रेजेंटेटिव्स से सलाह करके जांच की जाएगी. शिकायत में अभी सिर्फ इतना कहा गया है कि G3 हॉस्टल में रहने वाली एक लड़की के साथ रेप हुआ था, इसलिए अभी के लिए एक अज्ञात आदमी के खिलाफ FIR दर्ज की जा रही है. मैं आपको भरोसा दिलाना चाहता हूं कि इन्वेस्टिगेशन साइंटिफिक तरीके से की जाएगी; हम जांच करने और दोषी को जल्दी पकड़ने के लिए एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम बनाएंगे. उन्होंने कहा है कि जांच के आधार पर आरोपी की पहचान कर उसे जल्द गिरफ्तार करने की कोशिश की जाएगी. ये भी पढ़ें: मन की बात में PM मोदी ने बताई जीरो टॉलरेंस की नीति, कहा- आतंकवाद को बख्शेगा नहीं हिंदुस्तान The post LPU यूनिवर्सिटी में रेप : DIG ने कहा जांच के लिए खंगाले जाएंगे सीसीटीवी फुटेज, जल्द होगी गिरफ्तारी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

गुवाहाटी में CJP पर एक्शन: प्रवक्ता आशुतोष रांका समेत कई नेता हिरासत में; पार्टी का दावा- स्कूल इंस्पेक्शन पर जा रही थी टीम

CJP Leader Detained : असम के गुवाहाटी में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा आयोजित वालंटियर्स मीटिंग रविवार को शुरू होने से पहले ही पुलिसिया कार्रवाई की भेंट चढ़ गई. असम पुलिस ने पार्टी प्रवक्ता आशुतोष रांका और कई अन्य प्रमुख नेताओं को हिरासत में ले लिया. सभी मीटिंग के लिए तय जगह पर इकट्ठा हो रहे थे. इस कार्रवाई के बाद अभिजीत दीपके ने असम प्रशासन और राज्य पुलिस पर तीखा हमला बोला है. पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर दावा किया कि उनकी टीम केवल एक छोटी स्वयंसेवक बैठक के लिए जा रही थी. दीपके ने आरोप लगाया, “असम पुलिस ने आशुतोष रांका और CJP टीम को हिरासत में ले लिया है और उन्हें किसी अज्ञात स्थान पर ले जा रही है.” कार्यक्रम स्थल की घेराबंदी और आंसू गैस की तैनाती का आरोप CJP के अनुसार, गुवाहाटी में यह उनका पहला क्षेत्रीय वालंटियर्स सम्मेलन था, जिसमें बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं के शामिल होने की उम्मीद थी. पार्टी ने आरोप लगाया कि असम पुलिस ने कार्यक्रम स्थल की ओर जाने वाली सभी सड़कों पर बैरिकेड्स लगा दिए और वहां जाने की कोशिश करने वाले लोगों को रास्ते में ही रोक दिया. पार्टी ने यह भी दावा किया कि आयोजन स्थल के पास आंसू गैस (Tear-gas) के उपकरण तैनात किए गए थे और हिरासत में लिए गए नेताओं व कार्यकर्ताओं से उनके वकीलों को भी मिलने नहीं दिया जा रहा है. हालांकि, हिरासत में लिए गए कुल कार्यकर्ताओं की सही संख्या और उनकी मौजूदा लोकेशन की स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पाई है. वोटर लिस्ट और प्रशासनी स्कूलों के मुद्दों पर असम दौरे पर थे रांका शनिवार से ही असम में मौजूद आशुतोष रांका इस बैठक को संबोधित करने वाले थे. उन्होंने पहले स्पष्ट किया था कि CJP असम में मतदाता सूची संशोधन से प्रभावित परिवारों से मिलने और प्रशासनी स्कूलों की स्थिति का जायजा लेने की योजना बना रही थी. रांका ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में आरोप लगाया था कि प्रशासन पार्टी को राज्य के स्कूलों, जमीनों और अन्य जनहित से जुड़े मुद्दों पर सवाल उठाने से रोकने की कोशिश कर रहा है. उन्होंने असम में मतदाता सूची संशोधन की प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए थे और दावा किया था कि इससे चुनाव प्रक्रिया से जुड़ी खामियां उजागर हो सकती हैं. CJP ने सभी नेताओं की तुरंत रिहाई की मांग करते हुए कहा है कि इस पुलिसिया कार्रवाई के बावजूद असम में उनका जमीनी अभियान जारी रहेगा. ये भी पढ़ें: LPU में बवाल : छात्रा से रेप की समाचार फैलते ही फूटा छात्रों का गुस्सा, कैंपस में लगाई आग; फगवाड़ा-जालंधर हाईवे जाम The post गुवाहाटी में CJP पर एक्शन: प्रवक्ता आशुतोष रांका समेत कई नेता हिरासत में; पार्टी का दावा- स्कूल इंस्पेक्शन पर जा रही थी टीम appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

IND vs WI 1st ODI LIVE: वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी शुरू, भारतीय गेंदबाजों की नजर विकेट चटकाने पर

IND vs WI 1st ODI LIVE: हिंदुस्तान-वेस्टइंडीज के पहले वनडे मैच के लाइव अपडेट्स, स्कोर, हर गेंद की जानकारी और मैच से जुड़े ताजा अपडेट यहां पढ़ें. The post IND vs WI 1st ODI LIVE: वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी शुरू, हिंदुस्तानीय गेंदबाजों की नजर विकेट चटकाने पर appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top