Hot News

June 20, 2026

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

पीएम किसान की 23वीं किस्त जारी, खाते में नहीं आए 2000 रुपये तो तुरंत लिस्ट में चेक करें अपना नाम

PM Kisan 23rd Installment: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को हुगली जिले के तारकेश्वर से ‘पीएम-किसान’ योजना की 18,880 करोड़ रुपये की 23वीं किस्त जारी की. जिससे पूरे हिंदुस्तान में 9.44 करोड़ से अधिक किसान लाभान्वित हुए. इस वजह से पीएम किसान की किस्त रुक जाती है अक्सर e-KYC (ई-केवाईसी) न होने या बैंक खाते से आधार लिंक न होने के कारण किस्त रुक जाती है. ऐसे में आपको तुरंत लाभार्थी सूची (Beneficiary List) में अपना नाम चेक करना चाहिए. यहां हम आपको लिस्ट में नाम देखने और घर बैठे मोबाइल से e-KYC पूरी करने का सबसे आसान तरीका बता रहे हैं. पीएम किसान योजना की लिस्ट कैसे चेक करें? सबसे पहले पीएम किसान की आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाएं.होमपेज पर नीचे की तरफ स्क्रॉल करें और Farmers Corner सेक्शन में Beneficiary List (लाभार्थी सूची) के विकल्प पर क्लिक करें.अब आपके सामने एक नया पेज खुलेगा. यहां ड्रॉप-डाउन मेनू से अपने राज्य (State), जिला (District), उप-जिला/ब्लॉक (Sub-District), और गांव (Village) का चयन करें.सभी विवरण सही-सही चुनने के बाद Get Report के बटन पर क्लिक करें. आपके गांव के सभी लाभार्थी किसानों की सूची स्क्रीन पर आ जाएगी, जिसमें आप अपना नाम चेक कर सकते हैं. पीएम किसान ई-केवाईसी (e-KYC) कैसे करें? पीएम किसान की वेबसाइट (pmkisan.gov.in) पर जाएं और ‘Farmers Corner’ में सबसे ऊपर दिख रहे e-KYC के विकल्प पर क्लिक करें. अपना 12 अंकों का आधार कार्ड नंबर दर्ज करें और Search बटन पर क्लिक करें.आधार से लिंक अपना मोबाइल नंबर दर्ज करें. आपके मोबाइल पर एक OTP आएगा, उसे खाली बॉक्स में भरकर Submit करें.इसके बाद Submit For Auth पर क्लिक करें. स्क्रीन पर eKYC is Successfully Submitted का मैसेज आ जाएगा. आपकी ई-केवाईसी पूरी हो चुकी है. CSC केंद्र जाकर बायोमेट्रिक के जरिए e-KYC करा सकते हैं. पूरी प्रक्रिया इस प्रकार है अपने नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC Counter) या जन सेवा केंद्र पर जाएं.वहां अपना आधार कार्ड और मोबाइल नंबर दें.संचालक आपके अंगूठे का निशान (Biometric Authentication) लेकर आपकी ई-केवाईसी प्रक्रिया को तुरंत पूरा कर देगा. ये भी पढ़ें: किसानों का इंतजार खत्म ! पीएम मोदी ने जारी की PM Kisan की 23वीं किस्त, खातों में पहुंचे 2-2 हजार रुपये The post पीएम किसान की 23वीं किस्त जारी, खाते में नहीं आए 2000 रुपये तो तुरंत लिस्ट में चेक करें अपना नाम appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

बंगाल की हवा में नयी ताजगी है, जैसे राज्य अब बेड़ियों से आजाद हो गया हो, तारकेश्वर में बोले प्रधानमंत्री मोदी

खास बातें पिछली प्रशासनों ने बंगाल को पलायन की भूमि बना दिया : पीएम हिंदुस्तान-बांग्लादेश सीमा पर जल्द होगी बाड़बंदी : नरेंद्र मोदी बंटवारे के समय कांग्रेस ने बंगाल को अनाथ छोड़ दिया 9.44 करोड़ किसानों के खाते में 18880 करोड़ रुपए ट्रांसफर पीएम मोदी ने बंगाल को दी ये प्रमुख सौगातें इतिहास के अध्याय को सही स्थान दिलाने के लिए प्रतिबद्ध : अधिकारी PM Modi Bengal Visit: पश्चिम बंगाल के हुगली जिले में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को ‘पश्चिम बंगाल दिवस’ पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए. इस अवसर पर उन्होंने कहा कि बंगाल की हवा में नयी ताजगी है. मानो राज्य अब बेड़ियों से आजाद हो गया हो. प्रधानमंत्री ने बंगाल को पलायन की मिट्टी बनाने के लिए ममता बनर्जी की अगुवाई वाली तृणमूल कांग्रेस प्रशासन पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने बंटवारे के समय बंगाल को अनाथ छोड़ दिया था. स्वतंत्रता के बाद तुष्टीकरण की नेतृत्व करने का भी कांग्रेस पर पीएम मोदी ने आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि भाजपा प्रशासन ने बंगाल के विकास के लिए बहुत तेजी से काम करना शुरू कर दिया है. पिछली प्रशासनों ने बंगाल को पलायन की भूमि बना दिया : पीएम शुभेंदु अधिकारी प्रशासन के सत्ता संभालने के बाद पहली बार बंगाल के दौरे पर आये प्रधानमंत्री ने कहा- हमने देखा है कि पिछली प्रशासनों ने कैसे काम किया. उन्होंने बंगाल को पीछे धकेला और इसे पलायन की भूमि बना दिया. उन्होंने कहा कि बंगाल में जिन लोगों ने जनता का पैसा लूटा था, वे अब उसे लौटा रहे हैं और उन्हें जेल भेजा जा रहा है. हिंदुस्तान-बांग्लादेश सीमा पर जल्द होगी बाड़बंदी : नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री ने ममता बनर्जी प्रशासन को निशाने पर लेते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल की पिछली प्रशासन हिंदुस्तान-बांग्लादेश सीमा पर बाड़ लगाने के लिए जमीन नहीं दे रही थी. उन्होंने कहा कि बंगाल में भाजपा की जीत और शुभेंदु अधिकारी की प्रशासन बनने के बाद सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) को जमीन देने की प्रक्रिया पूरी हुई. जल्द ही बाड़ लगाये जायेंगे, जिससे घुसपैठ पर पूरी तरह से रोक लग जायेगी. इसे भी पढ़ें : पीएम मोदी ने ‘पश्चिम बंगाल दिवस’ पर बाबा तारकेश्वर की धरती से सूबे को दी 820 करोड़ की सौगात PM Modi Bengal Visit: बंटवारे के समय कांग्रेस ने बंगाल को अनाथ छोड़ दिया प्रधानमंत्री ने कहा- मैं ‘पश्चिम बंग दिवस’ के मौके पर लोगों को बधाई देना चाहता हूं. कामना करता हूं कि पश्चिम बंगाल के विकास के लिए ऐतिहासिक ‘पश्चिम बंगाल दिवस’ प्रेरणा बने. उन्होंने कहा कि बंटवारे के समय कांग्रेस ने बंगाल को अनाथ छोड़ दिया था और स्वतंत्रता के बाद तुष्टीकरण की नेतृत्व की. नरेंद्र मोदी ने कहा कि जब पूरे बंगाल को पाकिस्तान का हिस्सा बनाने की कोशिशें हो रही थीं, तब कांग्रेस ने साजिश रचने वाली ताकतों के सामने घुटने टेक दिये थे. बंगाल की समाचारें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें 9.44 करोड़ किसानों के खाते में 18880 करोड़ रुपए ट्रांसफर प्रधानमंत्री ने बाबा तारकनाथ की भूमि से सीमांत किसानों को आर्थिक सहायता देने वाली पीएम-किसान योजना की 18,880 करोड़ रुपए की 23वीं किस्त जारी की. इससे पूरे हिंदुस्तान में 9.44 करोड़ से अधिक किसान लाभान्वित हुए. पश्चिम बंगाल के 45 लाख से अधिक किसानों के बैंक अकाउंट में 900 करोड़ से अधिक रुपए ट्रांसफर किये गये. पीएम मोदी ने बंगाल को दी ये प्रमुख सौगातें पश्चिम बंगाल के तारकेश्वर से लगभग 590 करोड़ रुपए की रेलवे परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास. पीएमजीएसवाई-तृतीय के तहत पश्चिम बंगाल के विभिन्न जिलों में 315 किलोमीटर से अधिक लंबाई वाली 49 सड़क परियोजनाओं का उद्घाटन. पश्चिम बंगाल में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की शुरुआत की, जिससे दुनिया की सबसे बड़ी फसल बीमा योजना के लाभ राज्य के किसानों को मिलेंगे. पश्चिम बंगाल के 45 लाख से अधिक किसानों के खाते में प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना की 23वीं किस्त की राशि ट्रांसफर की. पिछली प्रशासनों पर बरसे मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी इससे पहले, पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने आरोप लगाया कि पिछली प्रशासनों ने 20 जून के महत्व को दबाने और राज्य के गठन में डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की ऐतिहासिक भूमिका को मिटाने की कोशिश की थी. राज्य-स्तरीय समारोह में सीएम ने कहा कि 20 जून बंगाल के इतिहास में एक अहम मोड़ था, जब पश्चिमी बंगाल के विधि निर्माताओं ने हिंदुस्तान के साथ बने रहने के पक्ष में वोट दिया, जिससे राज्य के गठन का रास्ता साफ हुआ. इतिहास के अध्याय को सही स्थान दिलाने के लिए प्रतिबद्ध : अधिकारी शुभेंदु अधिकारी ने कहा- वर्षों से 20 जून के महत्व को दबाने और श्यामा प्रसाद मुखर्जी की ऐतिहासिक भूमिका को मिटाने की लगातार कोशिशें की गयीं. हमारी प्रशासन बंगाल के इतिहास के इस अध्याय को उसका सही स्थान दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है. मुख्यमंत्री ने कहा कि पश्चिम बंगाल के गठन से जुड़ी घटनाओं की याद में और बंटवारे के समय इस इलाके को हिंदुस्तान का हिस्सा बनाये रखने के लिए लड़ने वालों के सम्मान में पूरे राज्य में ‘पश्चिम बंग दिवस’ मनाया जा रहा है. इसे भी पढ़ें कोलकाता आने से पहले पीएम मोदी ने बंगाल को दी रेल प्रोजेक्ट की सौगात, झारखंड को भी होगा फायदा पीएम मोदी ने कोलकाता में किया 18,680 करोड़ की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास, बंदरगाह व रेल ढांचे होंगे मजबूत The post बंगाल की हवा में नयी ताजगी है, जैसे राज्य अब बेड़ियों से आजाद हो गया हो, तारकेश्वर में बोले प्रधानमंत्री मोदी appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

BPSC ने 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा का रिजल्ट किया जारी, 2035 कैंडिडेट्स हुए सफल

BPSC 70th CCE Final Result Out: लंबे समय से इंतजार कर रहे युवाओं को BPSC ने बड़ी राहत दी है. बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) ने 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा का फाइनल रिजल्ट जारी कर दिया है. इस बार कुल 5,401 कैंडिडेट्स इंटरव्यू में शामिल हुए थे. इसमें से करीब 2035 कैंडिडेट्स अंतिम रूप से सेलेक्ट किए गए हैं. BPSC का रिजल्ट देखने के लिए ऑफिशियल वेबसाइट bpsc.bihar.gov.in पर जाएं. एकीकृत 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा में 2027 अभ्यर्थियों ने सफलता प्राप्त की है। सभी सफल अभ्यर्थियों को हार्दिक बधाई एवं उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ। अभ्यर्थी आयोग की आधिकारिक वेबसाइट https://t.co/9GFChhFHIQ पर कुछ घंटों पश्चात अपना परीक्षाफल देख सकेंगे।#BPSC… pic.twitter.com/z8ZteTLTtp — Bihar Public Service Commission (@BPSCOffice) June 20, 2026 कैसे देखें BPSC 70th CCE Result? BPSC की ऑफिशियल वेबसाइट bpsc.bihar.gov.in पर जाएं. Result या Important Notice सेक्शन खोलें. 70th Combined Competitive Examination Final Result लिंक पर क्लिक करें. रिजल्ट PDF डाउनलोड करें. Ctrl+F की मदद से अपना रोल नंबर सर्च करें. फ्यूचर के लिए PDF सेव कर लें. तीन चरणों की परीक्षा के बाद होता है फाइनल सेलेक्शन BPSC 70वीं परीक्षा के तहत प्रीलिम्स, मेन्स और इंटरव्यू के आधार पर फाइनल रिजल्ट तैयार किया गया है. BPSC ने रिजल्ट के साथ-साथ मेरिट लिस्ट भी जारी कर दी है. SDM पोस्ट के लिए करीब 200 कैंडिडेट्स सेलेक्ट हुए हैं. करीब 20 हजार छात्रों ने दी थी BPSC 70th CCE मेन्स परीक्षा BPSC 70वीं मेन्स (लिखित) परीक्षा का आयोजन 25 से 30 अप्रैल 2025 के बीच पटना के 32 परीक्षा केंद्रों पर किया गया था. इस परीक्षा में कुल 20,034 अभ्यर्थियों ने भाग लिया था. मुख्य परीक्षा का परिणाम 16 दिसंबर 2025 को जारी किया गया था. वहीं अब फाइनल रिजल्ट जारी किया गया है. यह भी पढ़ें- दिल्ली पुलिस कांस्टेबल परीक्षा का रिजल्ट जारी, कटऑफ ने सभी को चौंकाया The post BPSC ने 70वीं संयुक्त प्रतियोगिता परीक्षा का रिजल्ट किया जारी, 2035 कैंडिडेट्स हुए सफल appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

सरायकेला के मो शमीम ने योग से दिया किडनी रोग को मात, अब पूरी तरह हैं स्वस्थ

सरायकेला से प्रताप मिश्रा और धीरज कुमार की रिपोर्ट Seraikela News: योग को लेकर अक्सर कहा जाता है कि नियमित अभ्यास शरीर और मन दोनों को स्वस्थ रखने में मदद करता है. सरायकेला के राजबांध निवासी मो. शमीम की कहानी भी कुछ ऐसी ही है. मुस्लिम समुदाय से आने वाले मो. शमीम पिछले 17 वर्षों से नियमित योग कर रहे हैं और उनका दावा है कि योग और प्राणायाम ने उन्हें नई जिंदगी दी है. मो शमीम बताते हैं कि करीब 17 वर्ष पहले वह किडनी संबंधी गंभीर बीमारी की चपेट में आ गए थे. उनकी दोनों किडनी प्रभावित हो गई थीं और स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही थी. परिवार के लोग उन्हें कई चिकित्सकों के पास लेकर गए. इलाज के लिए तमिलनाडु के वेल्लोर तक भी जाना पड़ा, लेकिन वहां भी चिकित्सकों ने परिजनों को उन्हें घर ले जाने की सलाह दे दी थी. तमिलनाडु में आयुर्वेदिक चिकित्सक से मिला नया रास्ता जब आधुनिक चिकित्सा से अपेक्षित परिणाम नहीं मिले, तब परिवार को तमिलनाडु के वानमबाड़ी में एक चिकित्सक के बारे में जानकारी मिली. इसके बाद परिजन मो. शमीम को आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. अकबर कौशर के पास लेकर पहुंचे. मो शमीम बताते हैं कि डॉक्टर के क्लिनिक में उन्होंने योग गुरु बाबा रामदेव का पोस्टर देखा. उसी पोस्टर ने उनके मन में योग के प्रति रुचि पैदा की. इलाज के बाद वह वापस सरायकेला लौट आए, लेकिन उनके मन में योग को लेकर जिज्ञासा बनी रही. टेलीविजन पर देखा योग कार्यक्रम तो बदल गई जिंदगी मो. शमीम ने बताया कि वह प्रतिदिन सुबह नमाज अदा करने के लिए जल्दी उठते थे. एक दिन नमाज पढ़ने के बाद उन्होंने टेलीविजन चालू किया, जहां योग का कार्यक्रम प्रसारित हो रहा था. कार्यक्रम में किडनी से संबंधित योग और प्राणायाम की जानकारी दी जा रही थी. इसके बाद उन्होंने नियमित रूप से योगासन और प्राणायाम करना शुरू कर दिया. लगभग एक से डेढ़ महीने तक लगातार अभ्यास करने के बाद उन्हें अपने स्वास्थ्य में सुधार महसूस होने लगा. इसके बाद उन्होंने योग को अपनी दिनचर्या का स्थायी हिस्सा बना लिया. सुबह-शाम योग करना नहीं भूले मो शमीम का कहना है कि आज भी वह अपने सभी कामों से पहले योग को प्राथमिकता देते हैं. सुबह नमाज के बाद करीब एक घंटे तक और शाम में आधे घंटे तक नियमित योग करते हैं. उनका मानना है कि योग के कारण ही आज वह पूरी तरह स्वस्थ जीवन जी रहे हैं. हालांकि किसी भी गंभीर बीमारी के उपचार को लेकर विशेषज्ञ चिकित्सकों की सलाह और नियमित जांच भी उतनी ही महत्वपूर्ण होती है. चिकित्सा विज्ञान और स्वस्थ जीवनशैली का संतुलन कई बार बेहतर परिणाम देने में सहायक साबित होता है. अनुलोम-विलोम से लेकर भ्रामरी तक करते हैं कई प्राणायाम मो शमीम ने बताया कि वह प्रतिदिन अनुलोम-विलोम, कपालभाति, भस्त्रिका और भ्रामरी जैसे प्राणायाम करते हैं. इसके अलावा अन्य योग क्रियाओं का भी नियमित अभ्यास करते हैं. उनके अनुसार इन अभ्यासों से न केवल शारीरिक लाभ मिलता है, बल्कि पूरे दिन शरीर में ऊर्जा बनी रहती है और मानसिक शांति का भी अनुभव होता है. इंसान की दिनचर्या में जितनी नियमितता कम होती जा रही है, उतनी ही बीमारियां बढ़ती जा रही हैं. शरीर को मशीन की तरह इस्तेमाल करने वाले लोग अक्सर उसकी सर्विसिंग करना भूल जाते हैं और फिर अस्पताल को ही सर्विस सेंटर समझ बैठते हैं. योग को धर्म से ऊपर मानते हैं मो शमीम मो शमीम का मानना है कि योग को किसी धर्म या समुदाय से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए. उनके अनुसार योग मानव शरीर को स्वस्थ रखने की एक विधा है और यह सभी लोगों के लिए समान रूप से उपयोगी है. उन्होंने कहा कि जब चिकित्सकों ने उम्मीद छोड़ दी थी, तब योग ने उन्हें नई राह दिखाई. यही कारण है कि वह योग को धर्म से ऊपर मानते हैं. उनका कहना है कि आज मुस्लिम समुदाय के कई लोग भी नियमित योग कर रहे हैं और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक हो रहे हैं. इसे भी पढ़ें: बिना सख्त डाइट 21 दिन में घटा वजन, अपनाएं जापानी खाने की आदत दूसरे लोगों को भी देते हैं योग अपनाने की सलाह मो शमीम की बीमारी और उनके स्वास्थ्य लाभ की कहानी सुनकर जमशेदपुर, रांची और अन्य स्थानों से भी लोग उनसे संपर्क करते हैं. वह लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और नियमित योग करने की सलाह देते हैं. उनका कहना है कि योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि निरोग जीवन का मंत्र है. नियमित अभ्यास, सकारात्मक सोच और अनुशासित जीवनशैली के साथ व्यक्ति अपने स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रख सकता है. मो. शमीम की यह कहानी कई लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है, जो स्वस्थ और संतुलित जीवन की तलाश में हैं. इसे भी पढ़ें: मॉर्निंग वॉक करने वालों में कम रहता है इन 5 बीमारियों का खतरा, फिट और हेल्दी रहना चाहते हैं तो जान लें The post सरायकेला के मो शमीम ने योग से दिया किडनी रोग को मात, अब पूरी तरह हैं स्वस्थ appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

लालू यादव के लिए तैयार हो रहा नया आवास, 39 हार्डिंग रोड बनेगा RJD का नया पावर सेंटर, सामने आईं अंदर की तस्वीरें

Lalu Yadav New Residence: बिहार की नेतृत्व में लंबे समय तक सत्ता और सियासी रणनीतियों का केंद्र रहा 10 सर्कुलर रोड अब इतिहास बनने जा रहा है. करीब दो दशक से अधिक समय तक लालू प्रसाद और उनके परिवार की नेतृत्वक गतिविधियों का मुख्य ठिकाना रहा यह प्रशासनी आवास जल्द खाली हो जाएगा. इसके साथ ही राष्ट्रीय जनता दल (राजद) की नेतृत्व का नया केंद्र 39 हार्डिंग रोड बनने की तैयारी में है. नए आवास को दिया जा रहा अंतिम रूप पूर्व मुख्यमंत्री और वर्तमान में विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी को आवंटित 39 हार्डिंग रोड आवास को नए सिरे से तैयार किया जा रहा है. भवन में मरम्मत, साज-सज्जा और अन्य जरूरी सुविधाओं का काम तेजी से चल रहा है. सामने आई तस्वीरों में मजदूर अंतिम तैयारियों में जुटे दिखाई दे रहे हैं. लालू की जरूरतों के अनुसार हो रहे बदलाव सूत्रों के मुताबिक नए आवास में लिफ्ट की सुविधा नहीं है. ऐसे में राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद की उम्र और स्वास्थ्य को देखते हुए भूतल पर विशेष कक्ष तैयार किया जा रहा है. यहां आसान आवाजाही, रैंप और आवश्यक चिकित्सा सुविधाओं की व्यवस्था भी की जा रही है. हाल ही में राबड़ी देवी ने भवन निर्माण विभाग को पत्र लिखकर रैंप समेत अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने का अनुरोध किया था. शुरू हुई सामान की शिफ्टिंग (Lalu Yadav New Residence) सूत्रों की मानें तो 10 सर्कुलर रोड से सामान हटाने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है. फिलहाल कई सामान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के प्रशासनी आवास में रखा जा रहा है. माना जा रहा है कि अगले कुछ दिनों में शिफ्टिंग का काम पूरा हो जाएगा. नोटिस के बाद बढ़ा था सियासी विवाद 10 सर्कुलर रोड खाली कराने का मामला पिछले कई महीनों से नेतृत्वक चर्चा का विषय बना हुआ था. राबड़ी देवी को सबसे पहले पिछले वर्ष 15 दिसंबर को आवास खाली करने का नोटिस दिया गया था. इसके बाद 17 अप्रैल को रिमाइंडर भेजा गया. फिर 29 मई को तीसरी बार नोटिस जारी कर आवास खाली करने को कहा गया. इस मुद्दे को लेकर प्रशासन और राजद के बीच तीखी बयानबाजी भी देखने को मिली थी. बिहार की ताजा समाचारों के लिए यहां क्लिक करें राबड़ी देवी ने दिया था खुला जवाब आवास खाली करने के नोटिस पर राबड़ी देवी ने सार्वजनिक रूप से कहा था कि वे खुद मकान खाली नहीं करेंगी. यदि प्रशासन चाहती है तो बल प्रयोग कर खाली करा सकती है. उनके इस बयान के बाद मामला और ज्यादा नेतृत्वक रंग ले गया था. सिर्फ आवास नहीं, RJD की नेतृत्व का प्रतीक नेतृत्वक जानकारों का मानना है कि 10 सर्कुलर रोड सिर्फ एक प्रशासनी आवास नहीं रहा है. यह बिहार की नेतृत्व का एक अहम प्रतीक भी रहा है. लालू-राबड़ी शासन के दौर से लेकर विपक्ष की नेतृत्व तक, राजद के कई बड़े फैसले और रणनीतियां इसी परिसर से तय होती रही हैं. Also Read: भरत तिवारी एनकाउंटर की होगी न्यायिक जांच, CM सम्राट चौधरी का बड़ा फैसला, रिटायर्ड जज करेंगे पड़ताल The post लालू यादव के लिए तैयार हो रहा नया आवास, 39 हार्डिंग रोड बनेगा RJD का नया पावर सेंटर, सामने आईं अंदर की तस्वीरें appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

महाराष्ट्र: हनुमान मंदिर का स्लैब गिरने से 3 लोगों की मौत, कई घायल

Maharashtra: यशवाड़ी गांव मानवत मार्ग पर स्थित है और छत्रपति संभाजीनगर से करीब 190 किलोमीटर दूर है. पीटीआई की समाचार के अनुसार मंदिर के सभा-मंडप (बाहरी हॉल) की छत का हिस्सा करीब दोपहर साढ़े तीन बजे गिर गया. पुलिस और जिला प्रशासन ने अपनी टीमें भेज दी हैं और बचाव अभियान जारी है. अब तक करीब 25 लोगों को मलबे के नीचे से बाहर निकाला जा चुका है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने हादसे पर जताया दुख मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस परभणी जिले के यशवाड़ी में एक दुखद घटना में, हनुमान मंदिर की बन रही छत का एक हिस्सा गिर गया, जिससे कुछ श्रद्धालुओं की मौत हो गई. मैं उनके प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं. हम उनके परिवारों के दुख में शामिल हैं. इस घटना में घायल लोगों का इलाज चल रहा है. स्थानीय प्रशासन के अधिकारी घटनास्थल पर मौजूद हैं और तेजी से राहत और बचाव कार्य भी किए जा रहे हैं. परभणी जिल्ह्यातील यशवाडी येथे हनुमान मंदिराच्या निर्माणकार्य सुरु असलेल्या छताचा भाग कोसळून झालेल्या दुर्दैवी घटनेत काही भाविकांचा मृत्यू झाला आहे. मी त्यांना भावपूर्ण श्रद्धांजली अर्पण करतो. त्यांच्या कुटुंबीयांच्या दु:खात आम्ही सहभागी आहोत. या घटनेतील जखमींवर उपचार केले जात… — Devendra Fadnavis (@Dev_Fadnavis) June 20, 2026 शनिवार होने के कारण मंदिर में भक्तों की भीड़ थी पुलिस ने बताया कि इस हादसे में अब तक कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल हुए हैं. पुलिस के अनुसार बचाव दल राहत कार्यों में जुटे हैं. एक अन्य अधिकारी ने बताया कि शनिवार होने के कारण मंदिर में भक्तों की भीड़ थी. Parbhani, Maharashtra: A pillar and a section of the roof collapsed at the Hanuman Temple complex in Yashwadi, Parbhani district, triggering a major rescue operation. 30–40 people are trapped under the debris. pic.twitter.com/y2PRLzvrSE — IANS (@ians_india) June 20, 2026 The post महाराष्ट्र: हनुमान मंदिर का स्लैब गिरने से 3 लोगों की मौत, कई घायल appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

बच्ची की मार्मिक अपील पर पसीजा डीसी का दिल, दिव्यांग दंपति को मिला अंबेडकर आवास का तोहफा

पलामू से चंद्रशेखर सिंह की रिपोर्ट Palamu News: पलामू जिले के सुदूरवर्ती चैनपुर प्रखंड स्थित अवसाने गांव की एक छोटी बच्ची की मार्मिक अपील ने प्रशासन का दिल छू लिया. सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में ललिता कुमारी ने अपने परिवार के लिए आवास और अन्य प्रशासनी सहायता उपलब्ध कराने की गुहार लगाई थी. बच्ची की इस अपील को गंभीरता से लेते हुए पलामू के उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत शनिवार को स्वयं उसके घर पहुंचे और परिवार को कई महत्वपूर्ण प्रशासनी सुविधाओं का लाभ दिलाया. डीसी को अपने घर देखकर खुश हुआ परिवार उपायुक्त के गांव पहुंचने पर परिवार के लोगों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा. ललिता कुमारी के माता-पिता दोनों दिव्यांग हैं और लंबे समय से आर्थिक एवं सामाजिक परेशानियों का सामना कर रहे थे. डीसी ने परिवार के सदस्यों से मुलाकात की और बच्ची की अभिव्यक्ति क्षमता तथा उसकी बोलने की कला की सराहना की. उन्होंने ललिता कुमारी से बातचीत की और उसके भविष्य के सपनों के बारे में भी जानकारी ली. उपायुक्त ने बच्ची को पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रेरित करते हुए शिक्षा के महत्व को समझाया. छोटे भाई को गोद में लेकर सौंपा जन्म प्रमाण पत्र इस दौरान एक भावुक दृश्य भी देखने को मिला. उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने ललिता कुमारी के छोटे भाई को गोद में लेकर उसे जन्म प्रमाण पत्र सौंपा. इसके अलावा परिवार के अन्य तीन भाई-बहनों को भी जन्म प्रमाण पत्र प्रदान किया गया. इन प्रमाण पत्रों के मिलने से बच्चों को भविष्य में विभिन्न प्रशासनी योजनाओं और सुविधाओं का लाभ लेने में आसानी होगी. अक्सर ग्रामीण क्षेत्रों में जरूरी दस्तावेजों के अभाव में कई परिवार योजनाओं से वंचित रह जाते हैं और फिर प्रशासनी फाइलें नागरिकों से ज्यादा धैर्यवान साबित होती हैं. दिव्यांग दंपति को मिला अंबेडकर आवास उपायुक्त ने दिव्यांग दंपति को “बाबा साहब भीमराव अंबेडकर आवास योजना” के तहत आवास की स्वीकृति प्रदान की. इसके साथ ही उनकी सुविधा के लिए ट्राई साइकिल भी उपलब्ध कराई गई. डीसी के इस कदम से परिवार को स्थायी आवास मिलने की उम्मीद जगी है. लंबे समय से मूलभूत सुविधाओं के अभाव में जीवन गुजार रहे इस परिवार के लिए यह सहायता किसी बड़ी राहत से कम नहीं है. बच्चों का कराया आंगनबाड़ी केंद्र में नामांकन उपायुक्त ने ललिता कुमारी के भाई आशिक कुमार और बहन आरती कुमारी का नामांकन नव निर्मित और नव उद्घाटित अवसाने-3, बरेवा टोला आंगनबाड़ी केंद्र में कराया. इतना ही नहीं, उन्होंने स्वयं उपस्थिति रजिस्टर में बच्चों की उपस्थिति दर्ज की. गांव की एक अन्य बच्ची सुहानी कुमारी का नामांकन भी उपायुक्त ने अपने हाथों से कराया. इस पहल को क्षेत्र के अन्य बच्चों को आंगनबाड़ी सेवाओं से जोड़ने के लिए एक सकारात्मक संदेश माना जा रहा है. ललिता के साथ किया नए आंगनबाड़ी केंद्र का उद्घाटन डीसी ने ललिता कुमारी के साथ मिलकर अवसाने-3 के नवनिर्मित आंगनबाड़ी केंद्र का विधिवत उद्घाटन किया. इस अवसर पर उन्होंने केंद्र में मौजूद बच्चों के बीच स्लेट, कॉपी, पेंसिल, शार्पनर, इरेजर सेट और फलों का वितरण किया. उन्होंने बच्चों से बातचीत की और उन्हें नियमित रूप से पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया. कार्यक्रम के दौरान बच्चों में भी उत्साह देखने को मिला. अधिकारियों को दिए विशेष निर्देश उपायुक्त ने प्रखंड विकास पदाधिकारी को निर्देश दिया कि संबंधित परिवार को सभी पात्र जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराया जाए. उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी पात्र व्यक्ति को प्रशासनी योजनाओं से वंचित नहीं रखा जाना चाहिए. साथ ही अधिकारियों को नियमित निरीक्षण कर जरूरतमंद लोगों की पहचान करने और उन्हें योजनाओं से जोड़ने के निर्देश दिए गए. बच्चों को स्पॉन्सरशिप योजना से जोड़ने का भी निर्देश दिया गया. सोशल मीडिया की भूमिका की सराहना उपायुक्त दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने उस इंस्टाग्राम इन्फ्लुएंसर के प्रयासों की भी सराहना की, जिसके माध्यम से यह मामला प्रशासन के संज्ञान में आया. उन्होंने कहा कि आज के समय में प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के साथ-साथ सोशल मीडिया भी जनहित के मुद्दों को सामने लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है. उन्होंने कहा कि यह पूरा मामला सोशल मीडिया के सकारात्मक उपयोग का एक सशक्त उदाहरण है, जिसकी वजह से एक जरूरतमंद परिवार तक प्रशासनी सहायता पहुंच सकी. इसे भी पढ़ें: पलामू के सिक्का में शरीर सूजने के बाद बाप-बेटी की मौत, परिवार के चार लोगों की हालत गंभीर संवेदनशील प्रशासन की मिसाल बना यह मामला अवसाने गांव की छोटी बच्ची ललिता कुमारी की अपील और उस पर प्रशासन की त्वरित कार्रवाई ने यह साबित किया कि यदि समस्याएं सही माध्यम से सामने आएं तो समाधान भी संभव है. एक दिव्यांग परिवार को आवास, बच्चों को पहचान और शिक्षा से जोड़ने की पहल तथा प्रशासनी योजनाओं का लाभ दिलाने की दिशा में उठाया गया यह कदम संवेदनशील प्रशासन की एक मिसाल बनकर सामने आया है. इसे भी पढ़ें: डायन-बिसाही के शक में हत्या करने वाले को आजीवन कारावास, 26 हजार रुपये का जुर्माना The post बच्ची की मार्मिक अपील पर पसीजा डीसी का दिल, दिव्यांग दंपति को मिला अंबेडकर आवास का तोहफा appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

मनी प्लांट की बेल नहीं बढ़ रही? आज ही करें ये काम, तेजी से होगी ग्रोथ

Money Plant Care Tips: मनी प्लांट घरों में सबसे ज्यादा लगाए जाने वाले इंडोर पौधों में से एक है. माना जाता है कि यह पौधा घर में हरियाली के साथ सकारात्मक ऊर्जा भी लाता है. हालांकि कई बार सही देखभाल न मिलने के कारण इसकी पत्तियां पीली पड़ने लगती हैं और बेल की ग्रोथ रुक जाती है. अगर आपका मनी प्लांट भी पहले की तरह नहीं बढ़ रहा है, तो कुछ आसान बदलाव करके आप इसे फिर से हरा-भरा और घना बना सकते हैं. सही जगह पर रखें पौधा मनी प्लांट को तेज और सीधी धूप पसंद नहीं होती, लेकिन इसे पूरी तरह अंधेरे में रखना भी नुकसानदायक हो सकता है. पौधे को ऐसी जगह रखें जहां उसे हल्की और अप्रत्यक्ष धूप मिल सके. खिड़की के पास या रोशनी वाले कमरे का कोना इसके लिए बेहतर माना जाता है. मॉस स्टिक का सहारा दें मनी प्लांट एक बेल वाला पौधा है, जिसे ऊपर चढ़ने के लिए सहारे की जरूरत होती है. गमले में मॉस स्टिक लगाकर बेल को उसके चारों ओर लपेट दें. इससे पौधे की हवाई जड़ों को नमी मिलेगी और पत्तियां बड़ी व स्वस्थ बनेंगी. पानी देने में न करें जल्दबाजी कई लोग रोजाना पानी देकर मनी प्लांट को नुकसान पहुंचा देते हैं. मिट्टी की ऊपरी परत सूखने के बाद ही पानी दें. यदि पौधा पानी में लगा है, तो नियमित अंतराल पर पानी बदलना जरूरी है ताकि जड़ों को पर्याप्त ऑक्सीजन मिलती रहे. समय-समय पर खाद डालें बेहतर ग्रोथ के लिए पौधे को पोषण की जरूरत होती है. महीने में एक बार वर्मीकंपोस्ट या जैविक खाद डालने से पौधे की बढ़वार अच्छी होती है और पत्तियां चमकदार बनी रहती हैं. सूखी पत्तियों की छंटाई करें पीली और सूखी पत्तियां पौधे की ऊर्जा को प्रभावित करती हैं. नियमित रूप से ऐसी पत्तियों और कमजोर टहनियों को हटाते रहें. इससे नई शाखाएं निकलती हैं और बेल अधिक घनी बनती है. जरूरत पड़ने पर गमला बदलें यदि पौधा लंबे समय से एक ही गमले में लगा है, तो उसकी जड़ें फैलने की जगह नहीं पातीं. ऐसे में बड़े गमले में नई मिट्टी और जैविक खाद के साथ पौधे को शिफ्ट करना फायदेमंद हो सकता है. थोड़ी सी देखभाल और सही तकनीक अपनाकर आप अपने मनी प्लांट को फिर से तेजी से बढ़ता हुआ और आकर्षक बना सकते हैं. यह भी पढ़ें: गार्डन लवर्स के लिए जरूरी समाचार, मानसून से पहले करें ये काम, खिल उठेगा बगीचा The post मनी प्लांट की बेल नहीं बढ़ रही? आज ही करें ये काम, तेजी से होगी ग्रोथ appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

‘राहुल गांधी अपनी ही पार्टी में पड़ गए अलग-थलग’, थरूर के मोदी समर्थन पर बीजेपी का तीखा वार

BJP Attack Rahul Gandhi: बीजेपी ने कांग्रेस सांसद शशि थरूर के बयान का हवाला देते हुए दावा किया कि राहुल गांधी अपनी ही पार्टी के भीतर समर्थन खो रहे हैं. बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने कहा- अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने नाविकों के मुद्दे पर प्रधानमंत्री मोदी द्वारा अपनाए गए रुख की शशि थरूर की सराहना, राहुल गांधी के रुख के विपरीत है. थरूर ने राहुल गांधी की खोल दी पोल बीजेपी प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने राहुल गांधी पर हमला करते हुए एक्स पर लिखा- शशि थरूर ने राहुल गांधी की पोल खोल दी. कांग्रेस नेता ने PM पीएम मोदी की कूटनीति की तारीफ की. जब हिंदुस्तान के राष्ट्रीय हित की रक्षा की बात आती है, तो PM मोदी सबसे आगे रहते हैं; वहीं, जब हिंदुस्तान के राष्ट्रीय हित के खिलाफ बोलने की बात आती है, तो राहुल गांधी सबको पीछे छोड़ देते हैं! Shashi Tharoor exposes Rahul Gandhi. Congress Leader praises PM @narendramodi Ji’s diplomacy. When it Comes to Protecting India’s National Interest PM Modi comes first; When it comes to speaking against India’s National interest Rahul Gandhi leaves everyone behind! pic.twitter.com/zJIr5RiTRh — Pradeep Bhandari(प्रदीप भंडारी)🇮🇳 (@pradip103) June 20, 2026 थरूर ने पीएम मोदी के समर्थन में क्या दिया था बयान? पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच हुई द्विपक्षीय बैठक पर कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने ANI से बात करते हुए कहा था, पीएम मोदी ने राष्ट्रपति के साथ सार्वजनिक और निजी, दोनों तरह की बैठकों में अपनी बात साफ-साफ रखी. यह संदेश देना जरूरी है कि युद्ध के समय, कमर्शियल जहाजों पर मौजूद आम नाविकों को हमले का निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए. वे सैनिक नहीं होते और यही संदेश मिस्टर मोदी ने दिया. एक और चिंता की बात यह है कि हमारे हिंदुस्तानीय नाविक हिंदुस्तानीय झंडे वाले जहाजों पर या उनके बिना भी काम करते हैं. अगर वे आपकी नाकेबंदी का उल्लंघन कर रहे हैं, तो उन्हें रोकने का कोई और तरीका निकालिए, लेकिन लोगों की जान मत लीजिए. #WATCH | Delhi | On the bilateral meeting between PM Modi and US President Donald Trump, Congress MP Shashi Tharoor says, “PM Modi made his point clear both in the public and private meeting with the President. It is important to convey the message that in wartime, civilian… pic.twitter.com/0PMRjNNObK — ANI (@ANI) June 19, 2026 राहुल गांधी ने जनता का समर्थन खो दिया है : पूनावाला शहजाद पूनावाला ने राहुल गांधी को भविष्य के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में पेश करने को लेकर भी कांग्रेस पर निशाना साधा. उन्होंने दावा किया कि पार्टी के कुछ नेता इस विचार से सहमत नहीं हैं. उन्होंने कहा, एक तरफ कांग्रेस कहती है कूल पीएम राहुल और दावा करती है कि राहुल गांधी देश के प्रधानमंत्री बनेंगे. लेकिन उनकी अपनी पार्टी के सांसद भी शायद इस बात पर विश्वास नहीं करते. भाजपा प्रवक्ता ने दावा किया कि राहुल गांधी ने जनता का समर्थन खो दिया है और उन लोगों का साथ भी खो दिया है, जो कभी उनके करीबी माने जाते थे. पूनावाला ने कहा, इससे साबित होता है कि राहुल गांधी ने जनमत खो दिया है, क्योंकि वह 99 चुनाव हार चुके हैं. उन्होंने उन लोगों का समर्थन भी खो दिया है, जो कभी उनके करीब थे, चाहे वह रामचंद्र गुहा हों या शशि थरूर. राहुल गांधी एक ‘रील नेता’ बनकर रह गए हैं : पूनावाला पूनावाला ने कहा, अब उन्हें अपने गठबंधन के सहयोगियों का समर्थन भी हासिल नहीं है. चाहे वामपंथी दल हों या द्रमुक, वे राहुल के नेतृत्व को स्वीकार नहीं करते. राहुल गांधी एक ‘रील नेता’ बनकर रह गए हैं. वह एक वास्तविक नेता नहीं हैं. ये भी पढ़ें: राष्ट्रपति मुर्मू और पीएम मोदी ने रायरंगपुर में किया 47,600 करोड़ की परियोजनाओं का शुभारंभ The post ‘राहुल गांधी अपनी ही पार्टी में पड़ गए अलग-थलग’, थरूर के मोदी समर्थन पर बीजेपी का तीखा वार appeared first on Naya Vichar.

ताजा ख़बर, मुख्य खबर

किसानों का इंतजार खत्म ! पीएम मोदी ने जारी की PM Kisan की 23वीं किस्त, खातों में पहुंचे 2-2 हजार रुपये

PM Kisan 23rd Installment : देशभर के लाखों-करोड़ों किसानों का लंबा इंतजार आखिरकार खत्म हो गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार, 20 जून को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-Kisan) योजना की 23वीं किस्त जारी कर दी है. केंद्र प्रशासन देश के किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत और आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार इस योजना का दायरा बढ़ा रही है. इस बार प्रधानमंत्री ने यह खास किस्त पश्चिम बंगाल के हुगली जिले में स्थित ऐतिहासिक स्थल तारकेश्वर से देश के किसानों को समर्पित की. तारकेश्वर से मिली किसानों को बड़ी सौगात यह कार्यक्रम कई मायनों में बेहद खास रहा. पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के तारकेश्वर से पीएम मोदी ने सिंगल क्लिक के जरिए देशभर के पात्र किसानों के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से पैसे भेजे. इस योजना की शुरुआत के बाद से अब तक प्रशासन किसानों की मदद के लिए कुल 4.46 लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि जारी कर चुकी है. LIVE: प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी द्वारा तारकेश्वर, जिला हुगली, पश्चिम बंगाल से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि की 23वीं किस्त के तहत 9.44 करोड़ से अधिक लाभार्थी किसानों के बैंक खातों में ₹18,880 करोड़ से अधिक की धनराशि का हस्तांतरण।#PMKISAN https://t.co/J27MSX488t — Office of Shivraj (@OfficeofSSC) June 20, 2026 घर बैठे चेक करें अपनी किस्त का स्टेटस (PM Kisan 23rd Installment) किसी दफ्तर के चक्कर काटने से बेहतर है कि आप खुद अपना स्टेटस चेक करें. पीएम किसान की आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाएं. Farmer Corner सेक्शन में जाकर Beneficiary Status पर क्लिक करें. अपना मोबाइल नंबर या रजिस्ट्रेशन नंबर डालकर डेटा चेक करें. यहां आपको साफ दिख जाएगा कि आपकी किस्त किस वजह से रुकी है या उसका प्रोसेस कहां तक पहुंचा है. पीएम किसान योजना की 23वीं किस्त की तारीख तय, लेकिन इन किसानों के खाते में नहीं आएंगे ₹2000; जानें वजह क्या हैं इस योजना के नियम? आपको बता दें कि इस योजना के तहत प्रशासन किसानों को हर साल ₹6,000 की आर्थिक सहायता देती है, जो ₹2,000-₹2,000 की तीन समान किस्तों में सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जाती है. इस राशि का लाभ केवल उन्हीं किसानों को मिलता है जिन्होंने अपनी जमीन के दस्तावेजों का सत्यापन (Land Seeding) करा लिया है. पीएम किसान पोर्टल पर अपना e-KYC पूरा कर लिया है. अपने बैंक खाते को आधार से लिंक और डीबीटी (DBT) इनेबल्ड रखा है. अगर आप भी इस योजना के लाभार्थी हैं, तो पीएम किसान की आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाकर ‘Know Your Status’ विकल्प के जरिए आसानी से अपना पेमेंट स्टेटस और बेनिफिशियरी लिस्ट में अपना नाम चेक कर सकते हैं. PM Kisan की 23वीं किस्त कब जारी हुई? प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना की 23वीं किस्त 20 जून 2026 को जारी की गई. 23वीं किस्त के तहत कितनी राशि मिलेगी? योग्य किसानों के बैंक खाते में ₹2,000 की राशि सीधे DBT (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से भेजी जाती है. मैं अपनी किस्त का स्टेटस कैसे चेक कर सकता हूं? PM-Kisan पोर्टल पर जाएं.“Know Your Status” विकल्प चुनें.अपना रजिस्ट्रेशन नंबर और कैप्चा दर्ज करें.“Get Data” पर क्लिक करें.आपकी भुगतान स्थिति स्क्रीन पर दिखाई दे जाएगी. यदि किस्त नहीं मिली है तो क्या करें? e-KYC पूरा है या नहीं.बैंक खाता आधार से लिंक है या नहीं.NPCI मैपिंग सही है या नहीं.भूमि रिकॉर्ड सत्यापित और अपडेट हैं या नहीं.e-KYC कैसे पूरा करें?आप PM-Kisan पोर्टल पर OTP आधारित e-KYC कर सकते हैं या PM-Kisan मोबाइल ऐप में फेस ऑथेंटिकेशन का उपयोग कर सकते हैं. बैंक खाता आधार से लिंक होना क्यों जरूरी है? DBT भुगतान प्राप्त करने के लिए बैंक खाते का आधार से लिंक और NPCI से मैप होना अनिवार्य है. “e-KYC Pending” त्रुटि आने पर क्या करें? तुरंत PM-Kisan पोर्टल या नजदीकी CSC केंद्र पर जाकर e-KYC प्रक्रिया पूरी करें. “Land Seeding/Record Pending” का क्या मतलब है? इसका अर्थ है कि आपके भूमि रिकॉर्ड का सत्यापन या अपडेट पूरा नहीं हुआ है. इसके लिए स्थानीय कृषि विभाग या राजस्व कार्यालय से संपर्क करें. PM-Kisan रजिस्ट्रेशन नंबर भूल जाने पर क्या करें? “Know Your Registration Number” विकल्प का उपयोग करके अपने आधार नंबर या मोबाइल नंबर से रजिस्ट्रेशन नंबर प्राप्त कर सकते हैं. सहायता के लिए कहां संपर्क करें? PM-Kisan हेल्पलाइन और आधिकारिक पोर्टल के माध्यम से सहायता प्राप्त की जा सकती है. आवेदन से संबंधित समस्याओं के लिए अपने जिले के कृषि विभाग से भी संपर्क करें. किस्त आने में कितना समय लग सकता है? किस्त जारी होने के बाद अधिकांश लाभार्थियों के खातों में राशि 24–72 घंटे के भीतर पहुंच जाती है, हालांकि बैंक प्रक्रिया के कारण कुछ मामलों में अधिक समय लग सकता है. क्या सभी किसानों को 23वीं किस्त मिलेगी? केवल वही किसान जिनकी पात्रता, e-KYC, बैंक सत्यापन और भूमि रिकॉर्ड सफलतापूर्वक सत्यापित हैं, उन्हें किस्त का लाभ मिलेगा. Also Read : 8th Pay Commission : रेलवे कर्मचारियों की मांग, पे-लेवल के हिसाब से अलग-अलग हो ‘फिटमेंट फैक्टर’; देखें संभावित सैलरी लिस्ट The post किसानों का इंतजार खत्म ! पीएम मोदी ने जारी की PM Kisan की 23वीं किस्त, खातों में पहुंचे 2-2 हजार रुपये appeared first on Naya Vichar.

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

About Us

नयाविचार एक आधुनिक न्यूज़ पोर्टल है, जो निष्पक्ष, सटीक और प्रासंगिक समाचारों को प्रस्तुत करने के लिए समर्पित है। यहां राजनीति, अर्थव्यवस्था, समाज, तकनीक, शिक्षा और मनोरंजन से जुड़ी हर महत्वपूर्ण खबर को विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत किया जाता है। नयाविचार का उद्देश्य पाठकों को विश्वसनीय और गहन जानकारी प्रदान करना है, जिससे वे सही निर्णय ले सकें और समाज में सकारात्मक बदलाव ला सकें।

Quick Links

Who Are We

Our Mission

Awards

Experience

Success Story

© 2025 Developed By Socify

Scroll to Top