Bharat Tiwari Encounter Case STF Jawan Arrested : भोजपुर जिले के चर्चित भरत तिवारी कथित पुलिस मुठभेड़ मामले में बड़ा मोड़ आ गया है. घटना के करीब डेढ़ महीने बाद बिहार एसटीएफ (STF) के जवान अक्षय कुमार की गिरफ्तारी ने पूरे मामले को फिर सुर्खियों में ला दिया है. STF जवान के गिरफ्तारी के बाद मृतक भरत तिवारी के माता-पिता का बयान सामने आया है, जिसमें उन्होंने इसे न्याय की दिशा में पहली बड़ी कार्रवाई बताया है.
परिजनों ने साफ कहा कि अब सच सामने आने की उम्मीद जगी है और दोषियों को सजा जरूर मिलेगी.
परिजनों ने जताई खुशी, कहा अब खुलेगा राज
भरत तिवारी के माता-पिता ने अक्षय कुमार की गिरफ्तारी पर संतोष जताते हुए कहा कि यह न्याय की शुरुआत है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने जो भरोसा दिलाया था, वह अब सच होता दिख रहा है.
परिवार का कहना है कि जिस जवान ने पहली गोली चलाई थी, उसकी गिरफ्तारी हो चुकी है. अब पूछताछ में उसी के जरिए उस दिन की पूरी सच्चाई सामने आएगी. परिजनों ने उम्मीद जताई कि आगे अन्य अधिकारियों की भी गिरफ्तारी होगी और सभी दोषियों को सजा मिलेगी.
मां की मांग, सभी आरोपियों को मिले कड़ी सजा
भरत तिवारी की मां ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि उनके बेटे की हत्या में शामिल सभी लोगों को फांसी की सजा मिलनी चाहिए. उन्होंने एसडीएम सहित अन्य अधिकारियों की भूमिका पर भी सवाल उठाते हुए उनकी गिरफ्तारी की मांग की.
मां ने आरोप लगाया कि उनके बेटे ने मरने से पहले कुछ अधिकारियों का नाम लिया था, इसलिए उन सभी की निष्पक्ष जांच जरूरी है.
क्या है पूरा मामला
17 जून को भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में पुलिस कार्रवाई के दौरान भरत तिवारी को गोली लगी थी. बाद में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई थी. पुलिस ने इसे मुठभेड़ बताया था, जबकि परिवार लगातार इसे फर्जी एनकाउंटर करार दे रहा है.
परिजनों का आरोप है कि भरत तिवारी ने पुलिस के सामने हथियार फेंककर आत्मसमर्पण कर दिया था, लेकिन इसके बावजूद उसे गोली मार दी गई.
गिरफ्तारी से पहले क्या हुआ?
भरत तिवारी की मौत के बाद परिवार लगातार आरोपित पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी की मांग कर रहा था. मामले में प्राथमिकी भी दर्ज हुई औक तब तत्कालीन जगदीशपुर SDPO राजेश कुमार शर्मा, शाहपुर के तत्कालीन थानाध्यक्ष राजेश मालाकार और एसटीएफ जवान अक्षय कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मियों के नाम सामने आए. मामले में पुलिस अधिकारियों पर विभागीय कार्रवाई भी हुई.
कथित एनकाउंटर पर उठे थे सवाल
घटना के बाद से ही लगातार इस कथित पुलिस एनकाउंटर पर सवाल लोग उठा रहे हैं और भरत तिवारी के परिवार को न्याय दिलाने की मांग कर रहे हैं. वहीं, इस घटना के बाद प्रशासन ने रिटायर्ज जस्टिस विनोद कुमार के नेतृत्व में न्यायिक आयोग का गठन किया गया था. इसमें जांच की प्रक्रिया चल रही है और लोगों की बारी-बारी से गवाही कराई जा रही है. इस घटना में जगदीशपुर के एसडीएम संजीत कुमार को पटना सचिवालय अटैच कर दिया गया है. वहीं तत्कालीन एसडीपीओ राजेश कुमार शर्मा को पुलिस मुख्यालय क्लोज कर दिया गया है. वहीं इस मामले में एसटीएफ के जवान की गिरफ्तारी इस मामले में बड़ी अहम मानी जा रही.
वायरल वीडियो बना अहम सबूत
इस मामले में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब घटना से जुड़ा एक सोशल मीडिया लाइव वीडियो सामने आया. वीडियो में भरत तिवारी को पुलिस के सामने हथियार छोड़ते और हाथ उठाकर सरेंडर करते देखा गया.
परिवार का दावा है कि इसके बावजूद उस पर कई गोलियां चलाई गईं. इस वीडियो को जांच में अहम साक्ष्य माना जा रहा है.
मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप के बाद तेज हुई कार्रवाई
24 जुलाई को भरत तिवारी के परिजनों ने सीएम सम्राट चौधरी से मुलाकात की थी. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने परिवार से मुलाकात कर उन्हें न्याय का भरोसा दिलाया था. सीएम ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए इसकी जानकारी दी थी. उन्होंने कहा था कि स्वर्गीय भरत तिवारी जी के परिवार को न्याय मिलेगा. उन्होंने परिवार के सदस्यों से मुलाकात कर उनकी बात सुनी और हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया था.
STF जवान पर पहला फायर करने का आरोप
जांच के दौरान एसटीएफ जवान अक्षय कुमार पर पहली गोली चलाने का आरोप सामने आया. घटना के बाद से वह फरार चल रहा था, जिसे पुलिस और एसटीएफ की टीम ने तकनीकी सर्विलांस की मदद से गिरफ्तार किया.
भोजपुर एसपी ने उसकी गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए कहा कि मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है.
कई अधिकारियों पर भी लटकी कार्रवाई की तलवार
इस मामले में दर्ज एफआईआर में सिर्फ अक्षय कुमार ही नहीं, बल्कि कई पुलिस अधिकारी भी नामजद हैं. इनमें तत्कालीन जगदीशपुर एसडीपीओ और शाहपुर थानाध्यक्ष शामिल हैं.
अब जवान की गिरफ्तारी के बाद यह जांच और गहरी हो गई है कि सरेंडर के बाद गोली चलाने का आदेश किसने दिया था.
आगे और खुल सकते हैं राज
सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार जवान से पूछताछ के बाद कई और अहम खुलासे हो सकते हैं. जांच एजेंसियां अब इस पूरे मामले की परत-दर-परत जांच कर रही हैं.
इस कार्रवाई से यह संकेत मिल रहा है कि आने वाले दिनों में और भी लोगों पर कार्रवाई हो सकती है. फिलहाल, परिजनों को न्याय की उम्मीद है और पूरे प्रदेश की नजर इस मामले की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है.
Also Read : भरत तिवारी की मां आज से भूख हड़ताल पर बैठेंगी? रिटायर्ड जज ने जांच को लेकर दी नई जानकारी
The post भरत तिवारी केस: STF जवान की गिरफ्तारी पर माता-पिता बोले- सामने आएगा एनकाउंटर का सच, दोषियों को फांसी हो; CM सम्राट पर जताया भरोसा appeared first on Naya Vichar.

