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Author name: Vinod Jha

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बारिश में बच्चों के लेदर स्कूल शूज बार-बार हो जाते हैं खराब? ऐसे करें बचाव

School Shoe Care In Monsoon: बरसात का मौसम शुरू होते ही बच्चों के स्कूल शूज की देखभाल करना थोड़ा मुश्किल हो जाता है. रोज स्कूल आने-जाने के दौरान जूते पानी, कीचड़ और नमी के संपर्क में आते हैं. इसकी वजह से उनकी चमक कम होने लगती है और अगर सही तरीके से देखभाल न की जाए, तो लेदर भी जल्दी खराब हो सकता है. हालांकि, घर में मौजूद कुछ आसान चीजों की मदद से आप बच्चों के लेदर स्कूल शूज को लंबे समय तक साफ, चमकदार और सुरक्षित रख सकते हैं. मोम की मदद से बनाएं सुरक्षा की परत लेदर के जूतों को पानी से बचाने के लिए साधारण सफेद मोमबत्ती या बीसवैक्स का इस्तेमाल किया जा सकता है. सबसे पहले जूतों को सूखे और साफ कपड़े से अच्छी तरह पोंछ लें. इसके बाद मोम को पूरे जूते पर हल्के हाथ से रगड़ें. अब हेयर ड्रायर की हल्की गर्म हवा दें, ताकि मोम पिघलकर लेदर पर अच्छी तरह फैल जाए. इससे जूतों पर एक हल्की सुरक्षा परत बन जाती है, जो नमी और पानी का असर कम करने में मदद करती है.प वैसलीन से बनी रहेगी चमक अगर घर में वैसलीन है, तो उसका इस्तेमाल भी लेदर शूज की देखभाल के लिए किया जा सकता है. जूते साफ करने के बाद थोड़ी-सी वैसलीन मुलायम कपड़े या उंगलियों की मदद से पूरे जूते पर लगाएं. फिर हल्के हाथों से फैला दें. कुछ घंटों या रातभर छोड़ने के बाद सूखे कपड़े से पोंछ लें. इससे जूते साफ दिखते हैं और उनकी चमक भी बनी रहती है. गीले जूतों में भरें अखबार स्कूल से आने के बाद अगर जूते अंदर से गीले हो गए हों, तो उन्हें सीधे धूप या हीटर के सामने न रखें. इससे लेदर पर असर पड़ सकता है. इसकी जगह पुराने अखबार की गेंद बनाकर जूते के अंदर भर दें. अखबार अतिरिक्त नमी को सोख लेता है और जूतों का आकार भी सही बना रहता है. जरूरत हो तो कुछ घंटों बाद अखबार बदल दें. मॉनसून में ऐसे करें पॉलिश बरसात के मौसम में वैक्स वाली शू पॉलिश का इस्तेमाल करना बेहतर माना जाता है. जूते पूरी तरह सूख जाने के बाद ही पॉलिश करें. इससे लेदर की चमक लंबे समय तक बनी रहती है और जूते साफ-सुथरे नजर आते हैं. सिरके से हटाएं कीचड़ के निशान अगर जूतों पर कीचड़ या नमी के हल्के दाग दिखाई दें, तो बराबर मात्रा में सफेद सिरका और पानी मिलाकर घोल तैयार करें. अब मुलायम कपड़े को इसमें हल्का-सा भिगोकर जूतों को साफ करें. इसके बाद सूखे कपड़े से पोंछ दें. इससे जूते पहले से ज्यादा साफ नजर आएंगे. बदबू से बचने के लिए अपनाएं यह आसान तरीका बच्चों को स्कूल से लौटने के बाद जूते कुछ देर खुली और हवादार जगह पर रखने की आदत डालें. सप्ताह में एक बार जूतों के अंदर थोड़ा-सा बेकिंग सोडा छिड़क दें और कुछ घंटों बाद निकाल दें. इससे नमी की वजह से आने वाली बदबू कम करने में मदद मिलती है. इन आसान आदतों से लंबे समय तक नए जैसे रहेंगे जूते मॉनसून में थोड़ी-सी सावधानी बच्चों के लेदर स्कूल शूज को लंबे समय तक अच्छी स्थिति में रखने में मदद कर सकती है. नियमित सफाई, सही तरीके से सुखाना और समय-समय पर देखभाल करने से जूतों की चमक बनी रहती है. इससे वे पूरे बारिश के मौसम में साफ, सुंदर और इस्तेमाल के लिए तैयार नजर आते हैं. यह भी पढ़ें: घर में झाड़ू और पोछा कहां रखें? जानिए ऐसे 8 आइडिया जो बचाएंगे जगह और बढ़ाएंगे खूबसूरती The post बारिश में बच्चों के लेदर स्कूल शूज बार-बार हो जाते हैं खराब? ऐसे करें बचाव appeared first on Naya Vichar.

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Ram Mandir Net Worth : राम मंदिर चढ़ावा विवाद के बीच SIT का बड़ा खुलासा, कितना मिला दान और कहां खर्च हुए पैसे?

Ram Mandir Net Worth : अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे को लेकर चल रही जांच के बीच स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) की शुरुआती रिपोर्ट में ट्रस्ट की वित्तीय स्थिति से जुड़ी कई अहम जानकारियां सामने आई हैं. आज तक के एक रिपोर्ट के अनुसार 31 मार्च 2026 तक श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को नकद दान, सोना और चांदी के रूप में बड़ी मात्रा में योगदान मिला है. साथ ही यह भी बताया गया है कि मंदिर निर्माण और अन्य परियोजनाओं पर अब तक कितना खर्च किया गया. यह रिपोर्ट ऐसे समय आई है जब सोशल मीडिया पर चढ़ावे और दान की गई कीमती धातुओं को लेकर कई तरह के दावे किए जा रहे थे. शुरुआती जांच में इन दावों की भी समीक्षा की गई है. 31 मार्च 2026 तक ट्रस्ट को कितना दान मिला? SIT की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक. कुल नकद चढ़ावा : 582 करोड़ रुपये सोना : 32.259 किलोग्राम चांदी : 1518.925 किलोग्राम (करीब 15 क्विंटल) इसके अलावा वर्ष 2020 से 31 मार्च 2026 तक निधि समर्पण अभियान और कॉर्पस डोनेशन के माध्यम से ट्रस्ट को कुल 3,264 करोड़ रुपये का योगदान प्राप्त हुआ. मंदिर निर्माण पर अब तक कितना खर्च हुआ? रिपोर्ट के अनुसार. मद राशि कुल प्राप्त दान (2020 से 31 मार्च 2026) ₹3,264 करोड़ मंदिर निर्माण एवं पूंजीगत कार्य ₹2,370 करोड़ संचालन एवं अन्य राजस्व खर्च ₹391 करोड़ 31 मार्च 2026 तक उपलब्ध कुल निधि ₹1,876.30 करोड़ इससे पता चलता है कि दान की बड़ी राशि मंदिर निर्माण, इंफ्रास्ट्रक्चर और संबंधित परियोजनाओं पर खर्च की गई है. ट्रस्ट के पास बची राशि कहां रखी गई है? 31 मार्च 2026 तक ट्रस्ट के पास उपलब्ध 1,876.30 करोड़ रुपये विभिन्न वित्तीय संस्थानों और निवेश माध्यमों में सुरक्षित रखे गए हैं. इनमें शामिल हैं. हिंदुस्तानीय स्टेट बैंक (SBI) की फिक्स्ड डिपॉजिट. बैंक ऑफ बड़ौदा (BOB). पंजाब नेशनल बैंक (PNB). म्यूचुअल फंड. बैंक खातों में जमा राशि. इसका उद्देश्य ट्रस्ट की निधि को सुरक्षित रखना और भविष्य की परियोजनाओं के लिए वित्तीय संसाधन उपलब्ध रखना है. सोना और चांदी का क्या हुआ? रिपोर्ट के अनुसार ट्रस्ट के रिकॉर्ड में. 32.259 किलोग्राम सोना दर्ज है. 849.272 किलोग्राम शुद्ध चांदी दर्ज है. 669.653 किलोग्राम चांदी की अन्य वस्तुएं भी रिकॉर्ड में शामिल हैं. कुल मिलाकर ट्रस्ट के पास 1518.925 किलोग्राम चांदी का रिकॉर्ड मौजूद है. चांदी की सिल्ली गायब होने के आरोपों का क्या हुआ? हाल के दिनों में सोशल मीडिया पर दान में मिली चांदी की सिल्ली गायब होने के आरोप लगाए गए थे. SIT की शुरुआती जांच में. इंडियन बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन से जुड़ी सामग्री की जांच की गई. विश्व सिंधी सेवा समाज द्वारा दिए गए दान का भी सत्यापन किया गया. उपलब्ध रिकॉर्ड और प्रशासनी दस्तावेजों का मिलान किया गया. रिपोर्ट के अनुसार शुरुआती जांच में चांदी गायब होने के आरोप सही नहीं पाए गए. संबंधित वस्तुएं प्रशासनी टकसाल और ट्रस्ट के रिकॉर्ड में दर्ज मिलीं. चांदी को सिल्वर बार में क्यों बदला गया? दान में मिली चांदी अलग-अलग रूपों में थी, जैसे. बर्तन. सजावटी वस्तुएं. अन्य चांदी के सामान. रिपोर्ट के अनुसार इन्हें Security Printing and Minting Corporation of India (SPMCIL) भेजा गया, जहां शुद्धिकरण के बाद इन्हें सिल्वर बार में परिवर्तित किया गया ताकि सुरक्षित भंडारण और रिकॉर्ड प्रबंधन आसान हो सके. ट्रस्ट ने नई जमीन भी खरीदी रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि. 1 अप्रैल 2025 से 31 मार्च 2026 के बीच. कुल 2.57 एकड़ जमीन खरीदी गई. इस पर लगभग 20.16 करोड़ रुपये खर्च किए गए. इन जमीनों का उपयोग भविष्य की विकास परियोजनाओं और मंदिर परिसर से जुड़े कार्यों के लिए किया जा सकता है. ये भी पढ़ें: राम मंदिर चढ़ावा चोरी के 3 आरोपियों को जेल से बाहर ले गई पुलिस, इधर चंपत राय से मिलने पहुंचे गोविंद देव गिरि The post Ram Mandir Net Worth : राम मंदिर चढ़ावा विवाद के बीच SIT का बड़ा खुलासा, कितना मिला दान और कहां खर्च हुए पैसे? appeared first on Naya Vichar.

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80 साल की बुजुर्ग महिला रोते हुए आई तो गैलरी में दौड़कर पहुंचे IAS…जानिए कौन हैं ये अफसर

Rajasthan IAS Pradeep Gawande: इन दिनों IAS डॉ. प्रदीप गवांडे अपनी संवेदनशीलता को लेकर चर्चा में हैं. चर्चा का कारण है कि राजस्थान स्थित जालौर जिला कलेक्ट्रेट परिसर में जब एक बुजुर्ग स्त्री अपनी समस्या लेकर पहुंची तो उन्होंने फौरन मदद की. इस दौरान प्रोटोकॉल को साइड रखकर वे अपने चैंबर से बाहर निकलकर गैलरी में इस बुजुर्ग स्त्री की समस्या सुनने आए. वे IAS टीना डाबी के पति हैं. क्या है पूरा मामला? 80 साल की एक बुजुर्ग स्त्री कोकु देवी जो चलने में असमर्थ थी, वो कलेक्ट्रेट दफ्तर पहुंचीं. उन्हें पेंशन मिलती थी. लेकिन बढ़ती उम्र के साथ हाथों की लकीरें मिट जाने के कारण बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन के दौरान उनके फिंगरप्रिंट क्लियर नहीं आए. फिंगरप्रिंट मिटने के कारण उनकी पेंशन बंद हो गई थी. उनकी विधवा बेटी ने बताया कि वे कई बार प्रशासनी दफ्तर के चक्कर भी लगा चुकी थीं. आखिरकार वे कलेक्ट्रेट पहुंचीं. जैसे ही प्रदीप गवांडे को इसकी सूचना मिली, वे खुद गैलरी में आए. IAS प्रदीप ने दिया अधिकारियों को निर्देश IAS ने इस स्त्री की समस्या सुनकर तुरंत अधिकारियों को निर्देश दिया कि कोकु देवी की बंद पेंशन को जल्दी शुरू किया जाए. इसके लिए जरूरी प्रोसेस जल्द-से-जल्द पूरी कर ली जाए. साथ ही उन्हें आवास योजना सहित अन्य योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराया जाए. कौन हैं IAS डॉ. प्रदीप गवांडे? IAS डॉ. प्रदीप गवांडे महाराष्ट्र के लातूर के रहने वाले हैं. वे एक साधारण परिवार से आते हैं. सिविल सेवा में आने से पहले प्रदीप गवांडे डॉक्टर थे. उन्होंने औरंगाबाद के सरकरी मेडिकल कॉलेज से MBBS की पढ़ाई की है. मेडिकल प्रोफेशन के साथ ही उन्होंने सिविल सेवा की भी तैयारी की और 2013 में UPSC CSE में AIR 478वीं रैंक के साथ सफलता हासिल कर ली. 2022 में हुई थी टीना डाबी से शादी टीना डाबी ने 2016 में UPSC CSE में AIR रैंक 1 हासिल किया था. उन्होंने अपने पहले प्रयास में सफलता हासिल की थी. IAS टीना डाबी वर्तमान में राजस्थान के टोंक ज‍िले की कलेक्टर हैं. इससे पहले उन्होंने बाड़मेर, जैसलमेर समेत कई जिलों में अपनी सेवा दी है. वे दिल्ली यूनवर्सिटी (Delhi University) की प्रोडक्ट हैं. टीना डाबी और प्रदीप गवांडे की शादी 2022 में जयपुर में हुई थी. यह भी पढ़ें- आपको हमें इंजीनियर नहीं बनाना….मम्मी ने 11वीं में स्ट्रीम बदलवाया, UPSC टॉपर का खुलासा The post 80 साल की बुजुर्ग स्त्री रोते हुए आई तो गैलरी में दौड़कर पहुंचे IAS…जानिए कौन हैं ये अफसर appeared first on Naya Vichar.

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बांकीपुर बचाने खुद उतरेंगे नितिन नवीन, पटना आकर बनाएंगे बीजेपी की जीत का प्लान

Bankipur Bypoll: पटना की चर्चित बांकीपुर विधानसभा सीट पर मुकाबला लगातार दिलचस्प होता जा रहा है. बीजेपी ने इस सीट से अभिषेक कुमार ‘बंटी’ को उम्मीदवार बनाया है. अब पार्टी की जीत की रणनीति तैयार करने के लिए खुद बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन पटना पहुंचेंगे. बांकीपुर में बीजेपी की प्रतिष्ठा दांव पर बांकीपुर सीट लंबे समय से बीजेपी का मजबूत गढ़ रही है. खुद नितिन नवीन यहां से कई बार विधायक रह चुके हैं. राज्यसभा जाने के बाद यह सीट खाली हुई थी, जिसके बाद अब यहां उपचुनाव होने जा रहा है. ऐसे में बीजेपी इस सीट को किसी भी कीमत पर बचाना चाहती है. पार्टी अध्यक्ष का पटना दौरा इसी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है. 9 जुलाई को पटना पहुंचेंगे नितिन नवीन बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन 9 जुलाई को दो दिवसीय बिहार दौरे पर पटना आएंगे. 10 जुलाई को वे वापस लौटेंगे. बांकीपुर उपचुनाव की घोषणा के बाद यह उनका पहला बिहार दौरा होगा. पटना पहुंचने के बाद वे सबसे पहले महावीर मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगे. इसके बाद बांकीपुर से बीजेपी प्रत्याशी अभिषेक बंटी के समर्थन में होने वाली सभा में शामिल हो सकते हैं. अभिषेक बंटी के नामांकन में भी हो सकते हैं शामिल सूत्रों के मुताबिक नितिन नवीन अभिषेक बंटी के नामांकन कार्यक्रम में भी मौजूद रह सकते हैं. इसके बाद वे बिहार बीजेपी के बड़े नेताओं के साथ बैठक करेंगे. इस बैठक में बांकीपुर उपचुनाव की रणनीति और राज्य की मौजूदा नेतृत्वक स्थिति पर चर्चा होगी. एनडीए नेताओं के साथ भी करेंगे मंथन 10 जुलाई को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के प्रशासनी आवास पर एनडीए जिलाध्यक्षों की बैठक होनी है. नितिन नवीन इस बैठक में भी शामिल हो सकते हैं. इस दौरान चुनावी तैयारियों और संगठन को मजबूत करने पर चर्चा होगी. बिहार की ताजा समाचारों के लिए यहां क्लिक करें प्रशांत किशोर और आरजेडी से मुकाबला बांकीपुर सीट पर इस बार मुकाबला त्रिकोणीय हो गया है. बीजेपी ने अभिषेक बंटी को मैदान में उतारा है. वहीं प्रशांत किशोर जनसुराज के उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं. राष्ट्रीय जनता दल ने रेखा गुप्ता को प्रत्याशी बनाया है. ऐसे में बीजेपी के लिए यह सीट बचाना आसान नहीं माना जा रहा है. यही वजह है कि नितिन नवीन खुद मैदान में उतरकर जीत की रणनीति तैयार करेंगे. नितिन नवीन ने अभिषेक बंटी को दी शुभकामनाएं उम्मीदवार घोषित होने के बाद नितिन नवीन ने सोशल मीडिया पर अभिषेक कुमार ‘बंटी’ को बधाई दी. उन्होंने कहा कि बांकीपुर की जनता ने उन्हें सेवा का मौका दिया था और अब अभिषेक बंटी को भी जनता का आशीर्वाद मिलेगा. 30 जुलाई को होने वाले इस उपचुनाव में अब सबकी नजर बांकीपुर सीट के सियासी मुकाबले पर टिकी है. Also Read: ‘बांकीपुर का लाल’ बताकर नितिन नवीन ने बढ़ाया अभिषेक कुमार का हौसला, CM सम्राट ने X पर लिखी ये बात The post बांकीपुर बचाने खुद उतरेंगे नितिन नवीन, पटना आकर बनाएंगे बीजेपी की जीत का प्लान appeared first on Naya Vichar.

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Taarak Mehta Ka Ooltah Chashmah: गोकुलधाम सेट पर चल रही तोड़फोड़, क्या बंद होने वाला है शो? जानिए सच

Taarak Mehta Ka Ooltah Chashmah: पॉपुलर टीवी शो ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ पिछले 17 सालों से लोगों का एंटरटेनमेंट कर रहा है. इस शो की जान है ‘गोकुलधाम सोसायटी’, जहां जेठालाल, भिड़े, पोपटलाल और दयाबेन जैसे सभी लोग रहते हैं. लेकिन हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया है, जिसने फैंस को डरा दिया है. इस वीडियो में गोकुलधाम सोसायटी के सेट पर बहुत बड़ी तोड़फोड़ होती दिख रही है. चारों तरफ मजदूर काम कर रहे हैं और सेट को लकड़ियों से ढक दिया गया है. इसे देखकर फैंस परेशान हो गए कि क्या गोकुलधाम सोसायटी हमेशा के लिए खत्म की जा रही है और क्या यह शो बंद होने वाला है? TMKOC Viral Video: क्या सच में शो बंद हो रहा है? वीडियो के वायरल होते ही फैंस तरह-तरह के सवाल पूछने लगे. लेकिन अब फैंस को घबराने की बिल्कुल जरूरत नहीं है, क्योंकि शो के प्रोड्यूसर असित कुमार मोदी ने खुद इंस्टाग्राम स्टोरी शेयर करके पूरा सच बता दिया है. उन्होंने साफ किया है कि गोकुलधाम सोसायटी को तोड़ा नहीं जा रहा है, बल्कि उसकी मरम्मत यानी ‘रेनोवेशन’ किया जा रहा है. Asit Kumar Modi Reaction: प्रोड्यूसर ने बताई पूरी सच्चाई असित कुमार मोदी ने वीडियो में आकर कहा, “देखिए, जो कुछ भी हो रहा है, वो अच्छे के लिए हो रहा है. हमारी गोकुलधाम सोसायटी का रेनोवेशन हो रहा है. कुछ दिनों के बाद आप अपनी पसंदीदा सोसायटी को बिल्कुल नए रंग-रूप और नए अवतार में देखेंगे.” वीडियो में असित मोदी खुद इंजीनियरों और मजदूरों के पास जाकर काम का जायजा लेते और उन्हें ध्यान से काम करने की सलाह देते नजर आ रहे हैं. Gokuldham Society New Look: रेनोवेशन के बाद क्या बदलेगा? गोकुलधाम सोसायटी के सेट को अब पहले से ज्यादा मॉडर्न और सुंदर लुक दिया जा रहा है. सेट की दीवारों और अलग-अलग हिस्सों को नया डिजाइन मिलेगा, ताकि टीवी पर देखने में यह और भी मजेदार लगे. हालांकि, सोसायटी का पुराना अंदाज पूरी तरह से नहीं बदला जाएगा. वैसे, शो में पहले भी एक बार पूरी सोसायटी को नया रंग-रूप दिया गया था, जिसे कहानी में भी दिखाया गया था. अब फैंस यह देखने के लिए बहुत एक्साइटेड हैं कि रेनोवेशन के बाद जेठालाल की गोकुलधाम सोसायटी कितनी बदल जाती है. यह भी पढ़ें: बाघा से धोखा मिलते ही इस शख्स ने बावरी को किया शादी के लिए प्रपोज, गोकुलधाम वालों ने कहा ये यह भी पढ़ें: TMKOC के ‘तारक मेहता’ शैलेश लोढ़ा ने धूमधाम से की बेटी स्वरा की शादी, फैंस पूछने लगे- जेठालाल कहां हैं? The post Taarak Mehta Ka Ooltah Chashmah: गोकुलधाम सेट पर चल रही तोड़फोड़, क्या बंद होने वाला है शो? जानिए सच appeared first on Naya Vichar.

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रांची का 400 साल पुराना स्वयंभू बूढ़ा महादेव मंदिर: जहां शिव-शक्ति की कृपा और मंडा पूजा की अनूठी परंपरा है जीवंत

Budha Mahadev Temple Ranchi: झारखंड की राजधानी रांची के कटहल मोड़, अरगोड़ा बाईपास रोड स्थित बूढ़ा महादेव मंदिर श्रद्धालुओं की गहरी आस्था का केंद्र है. लगभग 400 वर्ष पुराने इस मंदिर की सबसे बड़ी विशेषता यहां स्थापित स्वयंभू शिवलिंग है, जिसे किसी ने स्थापित नहीं किया बल्कि यह स्वयं प्रकट हुआ माना जाता है. यही कारण है कि दूर-दूर से भक्त भगवान शिव के दर्शन और आशीर्वाद के लिए यहां पहुंचते हैं. मंडा पूजा से जुड़ी है मनोकामना पूर्ण होने की मान्यता बूढ़ा महादेव मंदिर में होने वाली मंडा पूजा की विशेष धार्मिक मान्यता है. 11 दिनों तक चलने वाले इस अनुष्ठान में श्रद्धालु पूरी श्रद्धा के साथ भगवान शिव की आराधना करते हैं. स्थानीय मान्यताओं के अनुसार, इस दौरान सच्चे मन से मांगी गई मनोकामनाएं अवश्य पूर्ण होती हैं. मंदिर परिसर में स्थापित नंदी महाराज भक्तों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र हैं. एक ही परिसर में शिव, शक्ति और हनुमान का दिव्य संगम मंदिर परिसर केवल शिव उपासना तक सीमित नहीं है. यहां भगवान हनुमान की एक अद्भुत प्रतिमा स्थापित है, जिसमें वे श्रीराम और लक्ष्मण को अपने कंधों पर उठाए हुए दिखाई देते हैं. इसके अलावा मां दुर्गा और मां काली के अलग-अलग मंदिर भी मौजूद हैं. मां दुर्गा के मंदिर में सफेद रंग की सुंदर प्रतिमा स्थापित है, जो श्रद्धालुओं को विशेष रूप से आकर्षित करती है. परिसर में स्थित प्राचीन पीपल का वृक्ष भी धार्मिक महत्व रखता है. ये भी पढ़ें: महावीर मंदिर की अनोखी परंपरा: जहां दो हनुमान विग्रहों की एक साथ होती है पूजा दुर्गा पूजा में आकर्षण का केंद्र बनता है भव्य पंडाल अरगोड़ा स्थित बूढ़ा महादेव मंदिर हर वर्ष दुर्गा पूजा के दौरान अपने अनोखे थीम आधारित पंडालों के लिए भी प्रसिद्ध है. यहां वैष्णो देवी और हैरी पॉटर जैसी थीम पर भव्य पंडाल बनाए जा चुके हैं. वर्ष 2025 में पूजा समिति ने 21 हजार किताबों से सजे भव्य दरबार में मां भवानी को विराजमान कर श्रद्धालुओं का ध्यान आकर्षित किया था. धार्मिक आस्था और रचनात्मकता का यह अनूठा संगम मंदिर की पहचान बन चुका है. The post रांची का 400 साल पुराना स्वयंभू बूढ़ा महादेव मंदिर: जहां शिव-शक्ति की कृपा और मंडा पूजा की अनूठी परंपरा है जीवंत appeared first on Naya Vichar.

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मुंबई में भारी बारिश का कहर: गृह मंत्री अमित शाह की फडणवीस से बात, जताया मदद का भरोसा

Amit Shah and Fadnavis : मुंबई में 4 जुलाई से लगातार भारी बारिश के कारण लोगों को मुसीबतों का सामना करना पड़ रहा है. हिंदुस्तानीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने ‘रेड अलर्ट’ जारी किया, जिसके बाद एहतियात के तौर पर स्कूलों की दोपहर की शिफ्ट बंद कर दी गई. टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार बुधवार की स्थिति की बात करें तो मौसम विभाग ने रेड अलर्ट को येलो अलर्ट में बदल दिया है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से फोन पर बात की. उन्होंने स्थिति की जानकारी ली. हालात की समीक्षा अमित शाह ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से राज्य के विभिन्न हिस्सों, विशेषकर मुंबई और उसके आस-पास के इलाकों में जलभराव और भारी बारिश से हुए नुकसान की ताजा जानकारी ली. गृह मंत्री ने बारिश से जुड़ी समस्याओं से निबटने के लिए केंद्र की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया. इंफ्रास्ट्रक्चर पर असर बातचीत के दौरान मुंबई-पुणे रूट पर भोर घाट में हुए भूस्खलन और वसई-विरार रेल ट्रैक पर जलजमाव के कारण प्रभावित हुई रेल व सड़क सेवाओं की स्थिति पर भी चर्चा हुई. लोकल ट्रेन सेवाएं प्रभावित अधिकारियों ने बताया कि शाह ने फडणवीस के साथ बातचीत में उन्हें केंद्र की ओर से हर संभव मदद दिलाने का आश्वासन दिया. मुंबई में बुधवार को मूसलाधार बारिश हुई जिससे लोकल ट्रेन सेवाएं प्रभावित हुईं और दफ्तर जाने वालों को परेशानी का सामना करना पड़ा. सप्ताहांत में मुंबई में भारी बारिश हुई थी और मंगलवार को इससे थोड़ी राहत मिली थी. भूस्खलन का असर पास के पालघर जिले के वसई-विरार खंड और दक्षिण गुजरात में कई जगहों पर जलजमाव के कारण गुजरात जाने वाली लंबी दूरी की ट्रेन सेवाएं बाधित रहीं. सोमवार को भोर घाट खंड में भूस्खलन के बाद मुंबई-पुणे मार्ग पर भी ट्रेन सेवाएं पूरी तरह से बहाल नहीं हो पाईं. ये भी पढ़ें : Mumbai Rain : मुंबई पर बारिश का कहर, तीन दिशाओं से कटा शहर, थम गई रफ्तार The post मुंबई में भारी बारिश का कहर: गृह मंत्री अमित शाह की फडणवीस से बात, जताया मदद का भरोसा appeared first on Naya Vichar.

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बीयर की एक बोतल के पीछे चलता है करोड़ों का कारोबार, लाखों लोगों की है रोजी-रोटी

Indian Beer Industry: जब भी बीयर इंडस्ट्री की बात होती है, ज्यादातर लोगों के दिमाग में सिर्फ शराब का कारोबार आता है. लेकिन शायद कम लोग जानते हैं कि यह इंडस्ट्री लाखों लोगों को रोजगार देने, किसानों की कमाई बढ़ाने और देश की वित्तीय स्थिति को मजबूत करने में भी बड़ी भूमिका निभा रही है. ब्रुअर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया और यूनाइटेड ब्रुअरीज लिमिटेड (UBL) की ओर से साझा किए गए आंकड़ों के मुताबिक, हिंदुस्तान की बीयर इंडस्ट्री का देश की GDP में करीब ₹92,000 करोड़ का योगदान है. इतना ही नहीं, यह सेक्टर करीब 13 लाख लोगों के रोजगार और आजीविका से भी जुड़ा हुआ है. इसके अलावा, राज्यों को इस उद्योग से लगभग ₹51,000 करोड़ का टैक्स भी मिलता है. हाल के महीनों में इस सेक्टर में निवेश की रफ्तार भी तेज हुई है. ब्रुअर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया के डायरेक्टर जनरल विनोद गिरी ने बताया कि पिछले छह महीनों में नई ब्रुअरी लगाने के लिए करीब ₹2,500 करोड़ के MoUs (समझौता ज्ञापन) साइन किए गए हैं. इससे साफ है कि आने वाले समय में इस उद्योग में और निवेश तथा रोजगार बढ़ सकते हैं. किसानों को इससे क्या फायदा हो रहा है? बीयर बनाने में जौ (Barley) और चावल जैसे कृषि उत्पादों का इस्तेमाल होता है. इसलिए यह उद्योग सीधे हिंदुस्तानीय किसानों से जुड़ा हुआ है. यूनाइटेड ब्रुअरीज के अनुसार, कंपनी हर साल करीब ₹700 करोड़ का जौ और चावल हिंदुस्तानीय किसानों से खरीदती है. इससे किसानों को अपनी फसल का बड़ा बाजार मिलता है और स्थानीय कृषि को भी मजबूती मिलती है. कंपनी टिकाऊ खेती (Sustainable Farming) को बढ़ावा देने की दिशा में भी काम कर रही है. किन-किन लोगों को मिलता है फायदा? बीयर इंडस्ट्री का असर सिर्फ उत्पादन तक सीमित नहीं है. इसकी पूरी सप्लाई चेन कई दूसरे सेक्टरों को भी सहारा देती है. इससे जुड़े प्रमुख क्षेत्र: किसान और कृषि मैन्युफैक्चरिंग पैकेजिंग लॉजिस्टिक्स और ट्रांसपोर्ट रिटेल कारोबार होटल और हॉस्पिटैलिटी टूरिज्म MSMEs (सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग) इसी वजह से यह उद्योग देशभर में करीब 13 लाख लोगों के रोजगार और आजीविका को समर्थन देता है. यूनाइटेड ब्रुअरीज का कितना बड़ा योगदान है? यूनाइटेड ब्रुअरीज लिमिटेड (UBL) के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ विवेक गुप्ता ने बताया कि कंपनी की पूरी वैल्यू चेन हिंदुस्तानीय वित्तीय स्थिति में करीब ₹43,000 करोड़ का योगदान देती है और लगभग 2.95 लाख लोगों के रोजगार और आजीविका से जुड़ी हुई है. कंपनी का कहना है कि वह हिंदुस्तानीय वित्तीय स्थिति में करीब ₹44,000 करोड़ का योगदान देती है और लगभग ₹31,000 करोड़ टैक्स का भुगतान करती है. इसके अलावा कंपनी हर साल करीब ₹7,000 करोड़ की स्थानीय खरीद करती है और करीब 10,000 वेंडर्स के साथ काम करती है, जिनमें बड़ी संख्या MSMEs की है. लोकल खरीदारी पर इतना जोर क्यों? स्टूअर्ड रेडक्वीन (Steward Redqueen) द्वारा किए गए स्वतंत्र सामाजिक-आर्थिक अध्ययन के मुताबिक, यूनाइटेड ब्रुअरीज अपने करीब 93% कच्चे माल और अन्य जरूरी सामान हिंदुस्तान से ही खरीदती है. इससे खेती, पैकेजिंग, लॉजिस्टिक्स, रिटेल और हॉस्पिटैलिटी जैसे क्षेत्रों की घरेलू सप्लाई चेन मजबूत होती है. अध्ययन में यह भी कहा गया है कि कंपनी की गतिविधियां और सप्लाई चेन मिलकर हिंदुस्तान की GDP का लगभग 0.1% योगदान देती हैं. रिपोर्ट के अनुसार, अगर स्थानीय खरीद, टिकाऊ खेती, जल संरक्षण (Water Stewardship) और सामुदायिक विकास से जुड़ी पहलें आगे भी जारी रहती हैं, तो इसका फायदा किसानों, MSMEs, स्थानीय मैन्युफैक्चरिंग और पूरी घरेलू सप्लाई चेन को लंबे समय तक मिल सकता है. ये भी पढ़ें: 100% Vegetarian’ से लेकर ‘Premium Chocolate’ तक, FSSAI ने खोली इन कंपनियों की पोल, मांगा 7 दिन में जवाब The post बीयर की एक बोतल के पीछे चलता है करोड़ों का कारोबार, लाखों लोगों की है रोजी-रोटी appeared first on Naya Vichar.

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ऑफिस जाने वाली महिलाओं के लिए बेस्ट हैं ये 5 स्कूटी, बजट ₹1 लाख से कम

देश में स्कूटी का क्रेज काफी तेजी से आगे बढ़ रहा है. खासकर स्त्रीओं के लिए टू व्हीलर में यह सबसे बढ़िया विकल्प होता है. रोजाना काम पर आने-जाने वाली स्त्रीओं के लिए यह अच्छा साधन है. ऐसे में यहां हम आपको टॉप-5 बेस्ट स्कूटियों के बारे में बताएंगे, जो आपके लिए बेहतर चॉइस बन सकती है. इसके अलावा सीनियर सिटीजंस भी इसका इस्तेमाल कर सकते हैं. Suzuki Access इस स्कूटर की मांग इंडियन मार्केट इस समय काफी अधिक है. सुजुकी आपके डेली ऑफिस आने-जाने वाली लाइफ को आसान बना सकती है. इसमें आपको 124CC का इंजन मिलता है, जो 8.7PS पावर और 10NM टॉर्क जेनरेट करने का पावर रखता है. 1 लीटर फ्यूल में यह 55 से 60 kmpl माइलेज दे सकती है. इसके अलावा इसका टॉप वेरिएंट डिस्क ब्रेक के साथ आती है. इस स्कूटी की शुरुआती एक्स शोरूम कीमत 77 हजार से 93 हजार रुपए तक है. Hero Destini हीरो कंपनी इंडियन ऑटो मार्केट में रिलायबिलिटी और भरोसे के लिए फेमस है. इस स्कूटी की शुरुआती एक्स शोरूम प्राइस 77,888 रुपए (दिल्ली) है. इसमें 125cc डिसप्लेसमेंट इंजन मिलता है, जो 9bhp और 10.04 nm टॉर्क जेनरेट करने का पावर है. अगर आप हीरो कंपनी की स्कूटी लेना चाहते हैं, तो यह बेस्ट चॉइस हो सकती है. कंपनी इसका माइलेज 60 kmpl क्लेमड करती है. TVS Jupiter  इस लिस्ट में तीसरे नंबर पर TVS Jupiter का नाम हमने रखा है. इसकी शुरुआती एक्स शोरूम कीमत 76,400 से 90,425 रुपए है. यह 5 वेरिएंट्स और कई कलर ऑप्शंस के साथ मार्केट में उपलब्ध है, जो आपके लिए एक बढ़िया विकल्प होगा. इसमें 113.3सीसी सिंगल सिलेंडर 4 स्ट्रोक इंजन लगाया गया है, जो 9.88PS पावर और 9.2NM टॉर्क जेनरेट करता है. Honda Activa 110 रोजाना ऑफिस आने-जाने के लिए एक बढ़िया स्कूटी की तलाश कर रहे हैं, तो होंडा एक्टिवा 110 भी बेस्ट चॉइस हो सकती है. इसमें 109.51CC, 4 स्ट्रोक SI इंजन दिया गया है, जो 5.88 kW पावर और 9.05NM टॉर्क जेनरेट करने में सक्षम है. इसमें फ्रंट और रियर में ड्रम ब्रेक का ऑप्शन भी मिलता है. इसमें 6 कलर चॉइस है. इसकी शुरुआती एक्स शोरूम कीमत 86,360 रुपए है। यह 45 से 55 kmpl माइलेज देती है. Yamaha Fascino 125 अगर आप 125cc वेरिएंट में कोई स्टाइलिश स्कूटी लेना चाहते हैं, तो Yamaha Fascino 125 आपके लिए बेस्ट हो सकती है. इसकी शुरुआती एक्स शोरूम कीमत 77,980 रुपए (दिल्ली) है. इसमें 125सीसी, Air-Cooled, 4 स्ट्रोक, SOHC 2 Valv इंजन मिलता है, जो 10.3NM टॉर्क जेनरेट करता है. इसके अलावा यह 60 से 68 kmpl माइलेज भी देती है. यह भी पढ़ें: बैटरी बदलें और निकल पड़ें…102Km की रेंज वाली Honda Activa e की जानें सारी खूबियां The post ऑफिस जाने वाली स्त्रीओं के लिए बेस्ट हैं ये 5 स्कूटी, बजट ₹1 लाख से कम appeared first on Naya Vichar.

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पटना में युवक की किडनैपिंग के बाद बवाल, परिजनों से मिले प्रशांत किशोर, बोले- 2 दिन में पुलिस नहीं ढूंढ पाई तो खुद करेंगे प्रदर्शन

Patna News: पटना में बंटी कुमार के कथित किडनैपिंग के मामले में बुधवार को परिजनों ने जमकर बवाल किया. पटना जंक्शन के पास न्यू करबिगहिया इलाके में बीच रोड पर परिजनों ने आगजनी की. परिजनों ने इस दौरान पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और बंटी की सकुशल बरामदगी की मांग की. इस दौरान प्रशांत कुमार मौके पर पहुंचे और परिजनों से मुलाकात की. मीडिया से प्रशांत किशोर ने क्या कहा? प्रशांत किशोर ने परिजनों से बात कर पूरे मामले के बारे में जानकारी ली. इसके बाद उन्होंने परिजनों को सांत्वना दिया. साथ ही मीडिया के सामने उन्होंने कहा, प्रशासन काम कर रही है. इस दौरान युवक की मां ने बंटी की बरामदगी नहीं होने पर धरना देने और प्रदर्शन की बात कही. इस पर प्रशांत किशोर ने कहा, प्रशासन अगर 2 दिन में बंटी को नहीं खोज पाएगी तो वह खुद परिवार वालों के साथ प्रदर्शन करेंगे. बुधवार को परिजनों ने काटा बवाल बुधवार को न्यू करबिगहिया इलाके में लोगों ने घंटों प्रदर्शन किया. आक्रोशित लोगों ने आगजनी कर सड़क जाम कर दिया, जिससे इलाके में यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया और गाड़ियों की लंबी लाइन लग गई. सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाकर जाम हटाने का प्रयास किया. इस बीच प्रशांत किशोर पहुंचकर परिजनों को सांत्वना दिए, जिसके बाद परिजन शांत हुए. जानिए पूरा मामला परिजनों के अनुसार, जक्कनपुर थाना इलाके के न्यू करबिगहिया निवासी बंटी कुमार किराना दुकान चलाते हैं. सोमवार देर रात वह पटना जंक्शन के पास एक दुकान पर दही खरीदने गए थे. इसी दौरान कुछ युवक वहां पहुंचे और उनके साथ मारपीट की. आरोप है कि इसके बाद बदमाश बंटी को जबरन एक काले रंग की स्कॉर्पियो में बैठाकर अपने साथ ले गए. पुलिस ने मंगलवार देर रात तक शहर के कई इलाकों में छापेमारी की, लेकिन बंटी कुमार की बरामदगी नहीं हो सकी. पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास जारी है. Also Read: पुणे से पटना लाई जायेंगी 3 सेट मेट्रो ट्रेनें, दो नए रूटों पर मार्च 2027 तक शुरू होगा परिचालन The post पटना में युवक की किडनैपिंग के बाद बवाल, परिजनों से मिले प्रशांत किशोर, बोले- 2 दिन में पुलिस नहीं ढूंढ पाई तो खुद करेंगे प्रदर्शन appeared first on Naya Vichar.

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