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February 13, 2026

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ये क्या फिर वही हो गया, मतलब इंडिया जीत रहा है T20 वर्ल्ड कप फाइनल

T20 World Cup 2026: टीम इंडिया का 2026 टी20 वर्ल्ड कप जीतने का शुभ संकेत दिखने लगा है. यह संकेत हिंदुस्तानीय टीम की लगातार जीत से नहीं आया, बल्कि ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम का एक बार फिर टी20 वर्ल्ड कप के ग्रुप मुकाबले में जिम्बाब्वे जैसी टीम से हारने के बाद आया. क्रिकेट में आंकड़ों के साथ-साथ संयोग भी फैन्स के बीच बड़ी बहस का विषय बन जाता है. ऐसा ही एक संयोग साल 2007 के बाद 2026 में आया है, जिसने हिंदुस्तानीय क्रिकेट फैंस की धड़कने तेज कर दी हैं. साल 2027 में जिम्बाब्वे ने दिग्गज ऑस्ट्रेलिया को हराकर सभी को चौंका दिया था और एमएस धोनी की अगुवाई में टीम इंडिया ने पहली बार टी20 वर्ल्ड कप जीता था. 2007 वाला संयोग एक बार फिर हिंदुस्तान के पक्ष में 2026 में यही संयोग फिर से देखने को मिला है. ग्रुप मुकाबले में एक बार फिर जिम्बाब्वे ने ऑस्ट्रेलिया को हरा दिया है. अब हिंदुस्तानीय फैंस के मन में यह सवाल उठने लगा है कि तो क्या वर्ल्ड कप विजेता फिर हिंदुस्तान ही बनेगा? 2007 में ऑस्ट्रेलिया को जिम्बाब्वे से मिली हार को उस वक्त एक बड़ी उलटफेर के रूप में देखा गया था. ऑस्ट्रेलिया उस दौर में अजेय मानी जाती थी और कमजोर टीमों से उसका हारना लगभग नामुमकिन था, लेकिन उस एक मैच ने यह संकेत दे दिया था कि विश्व क्रिकेट में बदलाव की आहट शुरू हो चुकी है. इसके बाद टूर्नामेंट पूरी तरह खुला और हिंदुस्तान ने दबाव के बड़े मुकाबलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए ट्रॉफी अपने नाम कर ली थी. 2007 में पाकिस्तान को हराकर हिंदुस्तान ने जीता था खिताब हिंदुस्तान ने सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया को ही हराकर फाइनल का टिकट कटाया था, जहां चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान को हराकर एमएस धोनी ने खिलाफ हिंदुस्तान की झोली में डाल दिया था. अगर मौजूदा हालात की बात करें, तो हिंदुस्तान की स्थिति पहले से कहीं ज्यादा मजबूत दिखाई देती है. टीम इंडिया के पास अनुभव और युवा जोश का बेहतरीन संतुलन है. बल्लेबाजी में जहां शीर्ष क्रम लगातार रन बना रहा है, वहीं मध्यक्रम और फिनिशर्स भी बड़े मैचों में जिम्मेदारी निभा चुके हैं. गेंदबाजी में भी हिंदुस्तान अब केवल स्पिन पर निर्भर नहीं है, बल्कि तेज गेंदबाजों की नई पीढ़ी किसी भी पिच पर मैच पलटने की क्षमता रखती है. केवल संयोग से नहीं जीते जाते बड़े टूर्नामेंट विशेषज्ञों का मानना है कि जब भी किसी बड़े टूर्नामेंट से पहले कोई मजबूत टीम किसी कमजोर टीम से हारती है, तो वह संकेत होता है कि टूर्नामेंट में कई उलटफेर होने वाले हैं. ऐसे हालात में वह टीम सबसे ज्यादा फायदे में रहती है, जिसके पास मजबूत बेंच स्ट्रेंथ, दबाव में स्पोर्ट्सने का अनुभव और निरंतरता होती है. इन तीनों पैमानों पर हिंदुस्तान फिलहाल अन्य टीमों से आगे नजर आता है. अब तक हिंदुस्तान ने ग्रुप के अपने दो मुकाबले शानदार ढंग से जीते हैं. 15 फरवरी को कोलंबो में हिंदुस्तान का सामना पाकिस्तान से होगा. उस मैच का परिणाम तय करेगा कि हिंदुस्तानीय टीम में दबाव झेलने की क्षमता कितनी है. टीम इंडिया को चैंपियन बनते देखना चाहते हैं फैंस हालांकि क्रिकेट के जानकार यह भी साफ करते हैं कि वर्ल्ड कप किसी संयोग या इतिहास के दोहराव से नहीं जीता जाता. ट्रॉफी का फैसला मैदान पर प्रदर्शन, खिलाड़ियों की फिटनेस, रणनीति और नॉकआउट मुकाबलों में संयम से होता है. बावजूद इसके, 2007 जैसा संयोग एक बार फिर फैन्स की उम्मीदों को हवा दे रहा है और हिंदुस्तान को एक बार फिर खिताब का प्रबल दावेदार बना रहा है. अब यह देखना दिलचस्प होगा कि डिफेंडिंग चैंपियन हिंदुस्तान क्या खिताब की रक्षा कर पाएगा, जो अब तक किसी भी टीम ने इस फॉर्मेट में नहीं किया है. ये भी पढ़ें… पाकिस्तान की जगहंसाई: होटल ने बुकिंग की कैंसिल, पाक टीम को खुले आसमान के नीचे गुजारनी पड़ी रात शर्मनाक हार: जिम्बाब्वे से हार के बाद कंगारुओं पर T20WC से बाहर होने का खतरा The post ये क्या फिर वही हो गया, मतलब इंडिया जीत रहा है T20 वर्ल्ड कप फाइनल appeared first on Naya Vichar.

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लोहरदगा में खुलेगा क्रिकेट का डे-बोर्डिंग सेंटर, धीरज साहू के प्रस्ताव पर वीरेंद्र सहवाग की हरी झंडी

Lohardaga: लोहरदगा बलदेव साहू कॉलेज स्टेडियम में आयोजित बलदेव साहू मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट का समापन ऐतिहासिक रहा. समापन समारोह में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, हिंदुस्तानीय क्रिकेट के दिग्गज वीरेंद्र सहवाग और हरभजन सिंह बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए. इस अवसर पर स्टेडियम में हजारों की संख्या में दर्शकों की उपस्थिति ने स्पोर्ट्स के प्रति लोहरदगा के जुनून को साबित कर दिया. अतिथियों का स्वागत समाजसेवी उदय शंकर साहू ने किया. खुली जीप में सवार होकर सहवाग और हरभजन ने दर्शकों का अभिवादन किया. मैदान पर जब हरभजन ने गेंदबाजी की और सहवाग ने छक्का जड़ा, तो पूरा स्टेडियम तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा. स्टेडियम में लगायी जायेगी लाइट : धीरज साहू धीरज साहू ने कहा, ‘स्टेडियम में लाइट की व्यवस्था निश्चित रूप से आने वाले दिनों में पूरी कर ली जायेगी. वर्तमान समय में आचार संहिता लागू होने के कारण कुछ कार्य रुके हुए हैं. मैं वीरेंद्र सहवाग जी से विशेष रूप से यह अनुरोध कर रहा हूं कि वे दिल्ली में जो डे-बोर्डिंग कोचिंग सेंटर चलाते हैं, उसी तरह का सहयोग मुझे लोहरदगा में भी प्रदान करें. ताकि यहां के ग्रामीण क्षेत्र के शिशु भी सही प्रशिक्षण पाकर देश-विदेश में नाम रोशन कर सकें. हमारा उद्देश्य लोहरदगा को स्पोर्ट्स के मानचित्र पर स्थापित करना है. वीरेंद्र सहवाग और हरभजन सिंह जैसे दिग्गजों का यहां आना हमारे युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है. हम लगातार प्रयास करेंगे कि यहां के युवाओं को राष्ट्रीय स्तर का मंच और सुविधाएं मिलती रहें.’ लोहरदगा में क्रिकेट की बेहतरी के लिए मदद को तैयार : वीरेंद्र सहवाग पूर्व धाकड़ बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग ने कहा, ‘धीरज साहू जी, आप लोग जैसा चाहेंगे वैसा ही होगा. मैं लोहरदगा में क्रिकेट की बेहतरी और प्रशिक्षण के लिए मदद के लिए हमेशा तत्पर रहूंगा. धीरज जी ने जो डे-बोर्डिंग सेंटर का प्रस्ताव रखा है, उसमें मेरा पूरा सहयोग रहेगा. यहां के लोगों का प्यार और उत्साह देखकर वाकई बहुत खुशी हो रही है. छोटे शहरों में बहुत प्रतिभा छिपी होती है, बस उन्हें सही दिशा देने की जरूरत है. मैं विश्वास दिलाता हूं कि लोहरदगा के क्रिकेट के विकास के लिए जब भी मेरी जरूरत होगी, मैं उपलब्ध रहूंगा. यहां के खिलाड़ी खूब मेहनत करें, सफलता जरूर कदम चूमेगी.’ यहां का माहौल काफी दोस्ताना : हरभजन सिंह पूर्व क्रिकेटर हरभजन सिंह ने कहा, ‘मैं धीरज प्रसाद साहू जी के बुलावे पर लोहरदगा आया हूं. यहां का स्टेडियम और लोगों का उत्साह देखकर मुझे बेहद खुशी हो रही है. क्रिकेट के लिए मुझसे जो भी मदद की जरूरत होगी, मैं उसके लिए हमेशा तत्पर रहूंगा. हम लोगों ने भी काफी छोटे स्थान से कड़ी मेहनत कर यह मुकाम हासिल किया है. यहां के खिलाड़ी भी उसी तरह मेहनत करके हम लोगों की तरह मुकाम हासिल कर सकते हैं. ईमानदारी और मेहनत के बल पर ही आगे बढ़ा जा सकता है. धीरज जी ने मुझे पहले भी बुलाया था और इस बार भी बताया कि लोहरदगा में बड़ा टूर्नामेंट हो रहा है. उनके अनुरोध पर मैं यहां चला आया, क्योंकि यहां का माहौल काफी दोस्ताना है और खिलाड़ियों में गजब का उत्साह है. पिछली बार धीरज जी ने कहा था कि स्टेडियम में फ्लड लाइट की व्यवस्था होगी, लेकिन अब तक नहीं हुई है. मैं उम्मीद करता हूं कि आने वाले समय में यहां फ्लड लाइट की व्यवस्था हो जायेगी ताकि रात में भी क्रिकेट स्पोर्ट्सा जा सके.’ ये मंत्री भी रहे मौजूद समारोह में स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी, कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की, मंत्री दीपिका पांडे, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, कांग्रेस के सह प्रभारी श्री बेला, जेएससीए अध्यक्ष अजय नाथ शाहदेव, डीसी डॉ कुमार ताराचंद, एसपी सादिक अनवर रिजवी, उदय शंकर प्रसाद, हर्षित साहू, बंटी साहू, रितेश साहू, अधिवक्ता सच्चिदानंद साहू, हिंडाल्को इंडस्ट्रीज लिमिटेड के अध्यक्ष बीके झा, एसडीपीओ श्रद्धा केरकेट्टा, डीएसपी समीर तिर्की, सुधीर साहू, सदर थाना प्रभारी रत्नेश मोहन ठाकुर, डॉ अजय शाहदेव, आलोक राय, संजय बर्मन, आशीष कुमार, राजेश महतो, विशाल महेंद्रू, निशित जायसवाल, अब्दुल जब्बारूल, संदीप मिश्रा, दिनेश अग्रवाल, मुकेश दूबे सहित काफी संख्या में लोग मौजूद थे. ये भी पढ़ें… साल में सिर्फ एक बार होने वाली अलौकिक परंपरा के साक्षी बने हजारों भक्त, मंत्रोच्चार से गूंजा देवघर का बाबाधाम महाशिवरात्रि 2026: देवघर में इस दिन भारी वाहनों का प्रवेश बैन, यहां देखें पूरा रूट चार्ट The post लोहरदगा में खुलेगा क्रिकेट का डे-बोर्डिंग सेंटर, धीरज साहू के प्रस्ताव पर वीरेंद्र सहवाग की हरी झंडी appeared first on Naya Vichar.

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हरमीत सिंह का डबल धमाका, नीदरलैंड्स को मिली हार, 93 रन से जीता यूएसए

Highlights सैतेजा और शुभम की तूफानी बल्लेबाजी एडवर्ड्स का फैसला हुआ गलत नीदरलैंड्स की बैटिंग हुई फेल हरमीत और शाल्कविक का कहर USA vs NED: चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में स्पोर्ट्से जा रहे टी20 वर्ल्ड कप 2026 (T20 World Cup 2026) के ग्रुप-ए मैच में अमेरिका ने नीदरलैंड्स के खिलाफ दमदार प्रदर्शन किया. इस मुकाबले में अमेरिका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए नीदरलैंड्स के सामने जीत के लिए 197 रनों का विशाल लक्ष्य रखा. इसके जवाब में नीदरलैंड्स की टीम 103 रन पर सिमट गई. अमेरिकी गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए डच बल्लेबाजों को क्रीज पर टिकने का मौका नहीं दिया. खासकर हरमीत सिंह (Harmeet Singh) की फिरकी का जादू यहां देखने को मिला है. सैतेजा और शुभम की तूफानी बल्लेबाजी मैच की शुरुआत में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी अमेरिका की टीम ने आक्रामक रुख अपनाया. टीम की ओर से सैतेजा मुक्कमल्ला ने सबसे बेहतरीन पारी स्पोर्ट्सी. उन्होंने नीदरलैंड्स के गेंदबाजों की जमकर धुलाई की और 51 गेंदों का सामना करते हुए 79 रनों की शानदार पारी स्पोर्ट्सी. उनकी इस पारी ने टीम को बड़े स्कोर तक पहुंचाने में सबसे बड़ी भूमिका निभाई. इसके अलावा शुभम रंजने ने भी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया. शुभम ने सिर्फ 24 गेंदों में 48 रन बनाए और टीम के स्कोर को 20 ओवर में 6 विकेट पर 196 रन तक पहुंचा दिया. एडवर्ड्स का फैसला हुआ गलत इससे पहले नीदरलैंड्स के कप्तान स्कॉट एडवर्ड्स ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था. उन्होंने चेन्नई में ओस की संभावना को देखते हुए यह निर्णय लिया था, लेकिन उनका यह दांव उल्टा पड़ गया. हालांकि, नीदरलैंड्स की तरफ से गेंदबाजी में बास डी लीडे ने अच्छा प्रदर्शन किया. उन्होंने अपने कोटे के ओवरों में अमेरिका के तीन प्रमुख बल्लेबाजों को आउट किया. लेकिन दूसरे छोर से उन्हें बाकी गेंदबाजों का साथ नहीं मिला, जिसके कारण अमेरिका इतना बड़ा स्कोर बनाने में सफल रहा. नीदरलैंड्स की बैटिंग हुई फेल 197 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी नीदरलैंड्स की शुरुआत बेहद खराब रही. टीम को पहला झटका 9 रन के स्कोर पर ही लग गया. इसके बाद दूसरे विकेट के लिए 32 रनों की साझेदारी जरूर हुई, लेकिन इसके बाद डच पारी पूरी तरह से लड़खड़ा गई. कोई भी बल्लेबाज बड़ी साझेदारी नहीं कर सका और लगातार अंतराल पर विकेट गिरते रहे. टीम के आधे बल्लेबाज तो 75 रन के स्कोर तक पवेलियन लौट चुके थे. अंत में पूरी टीम 103 रन बनाकर ऑलआउट हो गई और उन्हें 93 रनों से करारी हार का सामना करना पड़ा. हरमीत और शाल्कविक का कहर अमेरिका की जीत में उनके गेंदबाजों का बड़ा योगदान रहा. हरमीत सिंह ने अपनी स्पिन गेंदबाजी से डच बल्लेबाजों को खूब परेशान किया. उन्होंने अपने 4 ओवर के स्पेल में 21 रन देकर सबसे ज्यादा 4 विकेट चटकाए. वहीं, तेज गेंदबाज शेडली वैन शाल्कविक ने भी कमाल की गेंदबाजी की. उन्होंने मैच को खत्म करने में अहम भूमिका निभाई और सिर्फ 2.5 ओवर में 21 रन देकर 3 विकेट हासिल किए. इन दोनों गेंदबाजों के आगे नीदरलैंड्स का कोई भी बल्लेबाज टिक नहीं सका. ये भी पढ़ें- जुनैद सिद्दीकी ने पंजा खोल रचा इतिहास, यूएई की धमाकेदार जीत आर्यांश और शोएब ने पलटा मैच, यूएई ने कनाडा को 5 विकेट से हराया राजस्थान में नए युग का आरंभ, रियान पराग बने नए कप्तान The post हरमीत सिंह का डबल धमाका, नीदरलैंड्स को मिली हार, 93 रन से जीता यूएसए appeared first on Naya Vichar.

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बांग्लादेश चुनाव परिणाम : चुनौतियों के बीच भारत से बेहतर संबंध रखना चाहेगी बीएनपी

Bangladesh Election Results : बांग्लादेश हिंदुस्तान का पड़ोसी मुल्क है और दोनों के संबंध बांग्लादेश के निर्माण से ही रहे हैं. अगर यह कहा जाए कि बांग्लादेश को आजाद करवाने में हिंदुस्तान की अहम भूमिका है तो गलत नहीं होगा. विगत कुछ वर्षों से हिंदुस्तान-बांग्लादेश के संबंध थोड़े अस्थिर से हुए हैं. इस चुनाव के बाद दोनों देशों के संबंधों पर क्या असर होगा इसे समझने की कोशिश करते हैं. बीएनपी के सामने चुनौतियां भी होंगी राजन कुमार, प्रोफेसर, स्कूल ऑफ इंटरनेशनल स्टडीज, जेएनयू बांग्लादेश में बीएनपी की चुनावी जीत बताती है कि यह देश नेतृत्वक रूप से पूरी तरह ध्रुवीकृत और विभाजित है. चूंकि बीएनपी दो-तिहाई बहुमत के साथ सत्ता में आ रही है, इससे कम से कम कुछ समय के लिए बांग्लादेश में नेतृत्वक स्थिरता आयेगी, एक स्थिर प्रशासन बनेगी. पर बीएनपी के सामने इस समय बहुत सारी चुनौतियां भी हैं. शेख हसीना प्रशासन के समय बांग्लादेश की आर्थिक स्थिति अच्छी थी, देश का ग्रोथ रेट अच्छा था, वहां के व्यापार की स्थिति भी अच्छी थी. नेतृत्वक संतुलन भी था. पर इस प्रशासन के पतन के बाद स्थितियां विपरीत हो गयी हैं. ऐसे में बीएनपी के सामने आर्थिक विकास की प्रक्रिया को फिर से बहाल करना सबसे बड़ी चुनौती होगी. इसके साथ ही हिंदुस्तान के साथ नेतृत्वक संबंध को फिर से सुधारने की चुनौती भी उनके सामने होगी. सुरक्षा की बात करें, तो सबसे बड़ा डर यह है कि बीएनपी कट्टरपंथियों को किस तरह नियंत्रित करती है. वह ऐसा कर भी पायेगी या नहीं, यह देखना होगा. क्योंकि यदि बांग्लादेश में हिंदू विरोधी मानसिकता बनी रही और हिंदुओं को प्रताड़ित करना जारी रहा, अल्पसंख्यकों पर अत्याचार जारी रहा, तो उसका सीधा असर बांग्लादेश-हिंदुस्तान संबंध पर पड़ेगा. हिंदुस्तान के लिए इस समय सबसे बड़ी चुनौती वहां के सांप्रदायिक और हिंदुस्तान विरोधी तत्व हैं. हिंदुस्तान के लिए दूसरी सबसे बड़ी चुनौती बांग्लादेश में पाकिस्तान का बढ़ता प्रभाव है. बीएनपी उसे बढ़ने देती है या नियंत्रित करने की कोशिश करती है, उसका प्रभाव भी दोनों देशों के संबंध पर पड़ेगा. तीसरा, चीन का जो प्रभाव है, उसे बीएनपी किस तरह नियंत्रित कर पाती है, इसका भी प्रभाव हिंदुस्तान-बांग्लादेश संबंध पर पड़ेगा. हिंदुस्तान के लिए एक और चुनौती आतंकवाद है. शेख हसीना प्रशासन के पहले बीएनपी की जो प्रशासन थी, उस समय बहुत से आतंकवादी संगठन बांग्लादेश के माध्यम से हिंदुस्तान में आतंक फैलाने में जुटे हुए थे. उन सारे समूहों को बीएनपी प्रशासन कंट्रोल करती है या नहीं, यह देखने वाली बात होगी. इन सारे मुद्दों के साथ-साथ बीएनपी के लिए हिंदुस्तान के साथ अपने संबंधों को सुधारने की भी चुनौती है. यह हिंदुस्तान के लिए भी चुनौती है, क्योंकि जिस तरह हिंदुस्तान विरोधी भावनाएं वहां भड़कायी गयी हैं, उसे सुधारने में समय लगेगा. हालांकि दोनों देश एक-दूसरे के साथ संबंध सुधारने की कोशिश में जुटे हुए हैं, और ऐसा करना दोनों देशों की मजबूरी भी है. ————————— हिंदुस्तान से अच्छे रिश्ते रखना चाहेगी बीएनपी आनंद कुमार, एसोसिएट फेलो, एमपीआइडीएसए  बीएनपी की इतनी शानदार जीत की उम्मीद नहीं थी, क्योंकि सर्वे में बीएनपी और जमात के बीच का फर्क ज्यादा नहीं था. गारमेंट सेक्टर में काम करने वाली स्त्रीओं ने भारी संख्या में बीएनपी को वोट दिया, क्योंकि उन्हें जमात पर भरोसा नहीं था. इसके बावजूद जमात का प्रदर्शन अब तक का सबसे बढ़िया रहा. यह बांग्लादेश के भविष्य का चिंताजनक संकेत हो, तो आश्चर्य नहीं. खालिदा जिया के दौर में जमात भले ही बीएनपी की सहयोगी रही हो, पर अब खुद बीएनपी जमात से दूरी बनाना चाहेगी. नयी संसद के अलावा नये संविधान के लिए भी वोटिंग हुई. बीएनपी ने भले ही संविधान संशोधन का विरोध नहीं किया था, पर अपने घोषणापत्र में उसने इसका जिक्र नहीं किया था. ऐसे में, मानने का कारण है कि वह संविधान संशोधन के रास्ते पर नहीं जायेगी. ऐसे में, मोहम्मद यूनुस का भविष्य क्या होगा, यह सोचने की बात है. हालांकि इसकी गारंटी नहीं दी जा सकती कि बीएनपी की नयी प्रशासन अपनी धर्मनिरपेक्ष छवि गढ़ेगी ही. पार्टियां चुनाव से पहले जो वादे करती हैं, उन पर पूरी तरह अमल करना जरूरी नहीं. बांग्लादेश की नयी प्रशासन हिंदुस्तान के साथ अच्छे रिश्ते रखना चाहेगी, क्योंकि हिंदुस्तान बड़ा देश है, जिसकी अनदेखी नहीं कर सकते. ————————— पहले की नीति में बदलाव लायेगी बीएनपी   अनिल त्रिगुणायत, पूर्व राजनयिक बांग्लादेश में चूंकि दो ही मुख्य नेतृत्वक पार्टियां रही हैं, और अवामी लीग को चुनावी मैदान से बाहर कर दिया गया, ऐसे में मतदाताओं ने एकजुट होकर बीएनपी को वोट दिया है. मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व में अंतरिम प्रशासन कुछ कर नहीं पाई, इसलिए लोगों में गुस्सा तो था ही. दरअसल तारिक रहमान के कुछ बयानों का अच्छा संदेश गया है, ऐसे में, मानना चाहिए कि बीएनपी अपनी पिछली नीतियों में बदलाव लायेगी और धर्मनिरपेक्ष छवि बनाने की कोशिश करेगी. जहां तक हिंदुस्तान-बांग्लादेश रिश्ते की बात है, तो चुनाव की घोषणा के बाद से ही हमारी ओर से बीएनपी जतायी गयी. पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के अंतिम संस्कार में विदेश मंत्री जयशंकर पहुंचे थे, और बीएनपी की जीत पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तारिक रहमान को बधाई संदेश भेजा. द्विपक्षीय रिश्ते बेहतर होने की उम्मीद है.   ————————— नयी प्रशासन में यूनुस का कोई भविष्य नहीं सुबीर भौमिक, वरिष्ठ पत्रकार तारिक रहमान को पता है कि उनकी पार्टी को मिली शानदार जीत यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम प्रशासन की नाकामी का नतीजा है. इसलिए बीएनपी की नयी प्रशासन कानून-व्यवस्था और अपनी छवि पर ध्यान देगी. जहां तक संविधान संशोधन के लिए किये गये जनमत संग्रह का सवाल है, तो बीएनपी के इस मुद्दे पर शुरू से ही जमात-एनसीपी गठबंधन से मतभेद थे. भारी जीत के बाद अब बीएनपी पर इसे लागू करने का दबाव नहीं होगा, लेकिन जमात इसके विरोध में सड़कों पर उतर सकती है. मुझे नहीं लगता कि इस चुनावी नतीजे के बाद बांग्लादेश की नेतृत्व में मोहम्मद यूनुस का कोई भविष्य है. चूंकि जमात पीछे रह गयी है, ऐसे में बीएनपी यूनुस को राष्ट्रपति बनाने के बारे में विचार नहीं करेगी. हिंदुस्तान के लिए बीएनपी और तारिक रहमान मौजूदा विकल्पों में सबसे अच्छे हैं. बीएनपी की नयी प्रशासन के साथ कई मुद्दों पर हिंदुस्तान के गंभीर मतभेद बने रह सकते हैं, इसके बावजूद आपसी

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समस्तीपुर में 50 लाख से ज्यादा की लूट, बंदूक की नोक पर सोने-चांदी उड़ा ले गए बदमाश

Bihar Crime News: समस्तीपुर जिले के खानपुर थाना क्षेत्र में शुक्रवार को बड़ी वारदात हुई. दिनदहाड़े ज्वेलरी दुकान से 50 लाख से अधिक के सोना-चांदी लूट लिए गए. घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई. यह वारदात श्रीपुरगाहर पूर्वी पंचायत के गाहर चौक स्थित प्रियंका ज्वेलरी दुकान में हुई. ग्राहक बनकर घुसे, पिस्टल दिखाकर लूटा जानकारी के अनुसार तीन नकाबपोश बदमाश ग्राहक बनकर दुकान में दाखिल हुए. तीनों अपाचे बाइक से आए हुए थे. अंदर पहुंचते ही उन्होंने दुकान संचालक भोला साह को पिस्टल दिखाकर बंधक बना लिया. इसके बाद करीब 300 ग्राम सोने और 20 किलो चांदी लूट ली. विरोध करने पर बदमाशों ने चार से पांच राउंड हवाई फायरिंग की. वारदात को अंजाम देने के बाद तीनों बाइक से रोसड़ा की ओर फरार हो गए. पुलिस पहुंची, खोखा बरामद सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष शिव पूजन कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. पुलिस ने घटनास्थल से दो खोखा बरामद किए हैं. मामले की जांच शुरू कर दी गई है. आसपास के इलाकों में छापेमारी की जा रही है. आगजनी और सड़क जाम घटना से आक्रोशित लोगों ने रोसड़ा-हथौड़ी पथ को जाम कर दिया. सड़क पर आगजनी की गई. करीब दो घंटे तक यातायात बाधित रहा. लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की. अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की. डीएसपी ने दिया आश्वासन जाम की सूचना पर सदर डीएसपी-2 संजय कुमार मौके पर पहुंचे. उन्होंने लोगों को भरोसा दिया कि जल्द गिरफ्तारी होगी. आश्वासन के बाद जाम हटाया गया और यातायात बहाल हुआ. CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस पुलिस बदमाशों के भागने की दिशा में जांच कर रही है. आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है. तकनीकी शाखा और एसएसएल की टीम ने भी साक्ष्य जुटाए हैं. फिलहाल पुलिस अपराधियों की तलाश में जुटी है. इलाके में दहशत का माहौल है. Also Read: पटना NEET छात्रा केस: पूर्व IPS के घर पुलिस की रेड, अमिताभ दास को साथ ले गई पुलिस The post समस्तीपुर में 50 लाख से ज्यादा की लूट, बंदूक की नोक पर सोने-चांदी उड़ा ले गए बदमाश appeared first on Naya Vichar.

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जेल से निकलते ही पप्पू यादव बोले- खेमका हत्याकांड में गलत एनकाउंटर, NEET छात्रा की लड़ाई जारी रहेगी

Pappu Yadav: पूर्णिया सांसद पप्पू यादव को शुक्रवार को बड़ी राहत मिली. कोर्ट ने तीनों मामलों में उन्हें जमानत दे दी. शाम करीब 6 बजे वे बेऊर जेल से बाहर आ गए. कोर्ट ने शर्त रखी है कि हर सुनवाई में उन्हें सशरीर उपस्थित होना होगा. जेल से निकलते ही फुलवारीशरीफ रवाना जेल से बाहर आते ही पप्पू यादव सीधे फुलवारीशरीफ के लिए रवाना हो गए. वहां कोचिंग की छत से गिरकर छात्रा की मौत हुई है. परिजन दरिंदगी के बाद हत्या का आरोप लगा रहे हैं. पप्पू यादव छात्रा के परिवार वालों से मुलाकात करेंगे. पूर्णिया सांसद ने कहा, “सच बोलना इतना तकलीफदेह होगा, ये नहीं पता था. कोर्ट और थाने के चक्कर काटने पड़ेंगे, ये भी नहीं सोचा था.” साजिश का आरोप, बड़े बयान रिहाई के बाद पप्पू यादव ने प्रशासन पर सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि कुछ नेताओं की साजिश के तहत कार्रवाई हुई. उन्होंने यह भी कहा कि खेमका हत्याकांड में गलत शिशु का एनकाउंटर हुआ. उन्होंने कहा कि “हम हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट तक जाएंगे.” NEET छात्रा मामले को लेकर भी उन्होंने कहा कि “इस बच्ची की लड़ाई मैं रुकने नहीं दूंगा. मुझे मरवाने की भी कोशिश हुई.” 31 साल पुराने केस में गिरफ्तारी 6 फरवरी को पुलिस ने उन्हें 31 साल पुराने मामले में गिरफ्तार किया था. पहले उस केस में जमानत मिली. लेकिन तुरंत दो और केस जोड़ दिए गए. ये दोनों मामले कोतवाली थाना क्षेत्र के थे. एक 2017 का, दूसरा 2019 का. कोर्ट ने दोनों मामलों में उन्हें फिर जेल भेज दिया था. कई दिनों तक नहीं मिली राहत 9 फरवरी से पटना सिविल कोर्ट में लगातार जमानत पर सुनवाई चल रही थी. हर तारीख पर बहस हुई. लेकिन राहत नहीं मिल रही थी. आखिरकार शुक्रवार को कोर्ट ने तीनों मामलों में बेल दे दी. अब उनकी रिहाई के बाद नेतृत्वक हलकों में हलचल तेज हो गई है. Also Read: पटना NEET छात्रा मौत केस: एक्शन मोड में CBI, SIT-SSP से मांगी केस डायरी और CCTV फुटेज The post जेल से निकलते ही पप्पू यादव बोले- खेमका हत्याकांड में गलत एनकाउंटर, NEET छात्रा की लड़ाई जारी रहेगी appeared first on Naya Vichar.

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ओपनिंग डे पर फीकी रही तू या मैं, अब वीकेंड पर टिकी फिल्म की किस्मत

Tu Ya Main Collection Day 1: आज सिनेमाघरों में रिलीज हुई ‘तू या मैं” ने बॉक्स ऑफिस पर धीमी लेकिन साफ शुरुआत की है. फिल्म को लेकर पहले से चर्चा थी, ऐसे में पहले दिन का कलेक्शन सामने आते ही ट्रेड सर्कल और फैंस दोनों की नजरें इस पर टिक गई हैं. पहले दिन इतना रहा कलेक्शन ट्रेड वेबसाइट Sacnilk की रिपोर्ट के अनुसार, फिल्म ने रिलीज के पहले दिन शाम 7 बजे तक हिंदुस्तान में करीब 0.26 करोड़ रुपये का नेट कलेक्शन किया है. यह कमाई पहले शुक्रवार की है. रिपोर्ट के अनुसार, इसमें एडवांस बुकिंग के शुरुआती दो घंटे का डेटा भी शामिल है, इसलिए आगे के आंकड़ों में बदलाव देखने को मिल सकता है. फाइनल डाटा रात के 10 बजे सामने आएगा.  वीकेंड पर टिकी हैं उम्मीदें आमतौर पर नई फिल्मों की कमाई वीकेंड पर रफ्तार पकड़ती है. ऐसे में शनिवार और रविवार के कलेक्शन से ही साफ होगा कि फिल्म दर्शकों को कितना पसंद आ रही है. अगर वर्ड ऑफ माउथ अच्छा रहा, तो आने वाले दिनों में कलेक्शन में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है. फिलहाल पहले दिन की कमाई को एक सामान्य शुरुआत माना जा रहा है और अब सबकी नजर वीकेंड पर टिकी हुई हैं. फिल्म को लेकर क्या बोले दर्शक? #TuYaaMainReview ⭐⭐⭐⭐#TuYaaMain builds steadily in the first half and explodes into a nail-biting second half.#ShanayaKapoor and #AdarshGourav’s natural chemistry anchors the tension beautifully. Director Bijoy Nambiar’s sharp vision elevates the survival narrative as… pic.twitter.com/dcxMhAevMH — Siddharth Mathur (@TheSidMathur) February 12, 2026 एक्स पर ‘तू या मैं’ का रिव्यू करते हुए यूजर सिद्धार्थ माथुर ने लिखा, ‘तू या मैं’ पहले हाफ में धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ती है और दूसरे हाफ में जबरदस्त रोमांच के साथ फट पड़ती है. शनाया कपूर और आदर्श गौरव की सहज केमिस्ट्री तनाव भरे माहौल को मजबूती देती है. निर्देशक बिजॉय नाम्बियार की सधी हुई सोच इस सर्वाइवल कहानी को नई ऊंचाई पर ले जाती है, जहां रोमांच के साथ भावनात्मक गहराई भी देखने को मिलती है. आनंद एल राय और विनोद भानुशाली के समर्थन से बनी यह फिल्म एक अलग और अनोखा सर्वाइवल अनुभव देती है. देखने लायक फिल्म. यह भी पढ़ें: किसिंग सीन्स से खचाखच भरी है O Romeo, काउंट नहीं कर पाए लोग The post ओपनिंग डे पर फीकी रही तू या मैं, अब वीकेंड पर टिकी फिल्म की किस्मत appeared first on Naya Vichar.

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‘गुलामी का प्रतीक थीं पुरानी इमारतें’, ‘सेवा तीर्थ’ और कर्तव्य भवन के उद्घाटन पर बोले पीएम मोदी

PM Modi Inaugurates Seva Teerth: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को सेवा तीर्थ और कर्तव्य भवन एक और दो का उद्धाटन किया है. उद्घाटन के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि विकसित हिंदुस्तान की इस यात्रा में औपनिवेशिक मानसिकता को छोड़ना जरूरी है. ये सौ साल पुरानी इमारतें जर्जर हो रही थीं, इनमें जगह और सुविधाओं की कमी थी. ये एक नए राष्ट्र की जरूरतों को पूरा करने के लिए काफी नहीं हो रही थी. पीएम मोदी ने कहा “मैं गर्व से कह सकता हूं कि सेवा तीर्थ और कर्तव्य भवन हिंदुस्तानीयों की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए बनाए गए हैं, न कि किसी सम्राट की आकांक्षाओं को.” उन्होंने कहा कि हिंदुस्तान की राजधानी कोलकाता से रायसीना हिल पर स्थित उन इमारतों में स्थानांतरित कर दी गई, जिनका निर्माण ब्रिटिश राजघराने की इच्छा के अनुसार किया गया था. #WATCH | Delhi | Inaugurating Seva Teerth and Kartavya Bhavan 1 & 2, Prime Minister Narendra Modi says, “It’s essential that our vision of ‘Viksit Bharat’ is reflected not just in our policies and plans, but also in our workplaces and our buildings. The places where our country… pic.twitter.com/zp9O95jIud — ANI (@ANI) February 13, 2026 विकसित हिंदुस्तान के लक्ष्य हासिल करने का संकल्प- पीएम मोदी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि साउथ ब्लॉक और नॉर्थ ब्लॉक का निर्माण हिंदुस्तान को सदियों तक औपनिवेशिक गुलामी में रखने के मकसद से किया गया था. हम सेवा तीर्थ और कर्तव्य भवन 1 और 2 में विकसित हिंदुस्तान के लक्ष्य को प्राप्त करने के संकल्प के साथ प्रवेश कर रहे हैं. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दो नए ‘कर्तव्य भवन’ का उद्घाटन किया और इस अवसर पर स्मारक डाक टिकट और सिक्का भी जारी किया. पीएम मोदी ने कहा “इस बदलाव के बीच, पुरानी इमारत में बिताए वर्षों की यादें निसंदेह हमारे साथ रहेंगी. विभिन्न समयों की चुनौतियों का सामना करते हुए वहां कई अहम फैसले लिए गए थे. यहीं देश को एक नई दिशा मिली. वह परिसर, वह इमारत, हिंदुस्तान के इतिहास का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है. इसलिए, हमने उस इमारत को राष्ट्र को समर्पित संग्रहालय में बदलने का निर्णय लिया है. #WATCH | Delhi | Inaugurating Seva Teerth and Kartavya Bhavan 1 & 2, Prime Minister Narendra Modi says, “Amidst this change, the memories of the years spent in the old building will undoubtedly remain with us. Many important decisions were made there, facing the challenges of… pic.twitter.com/ngsA39PtPt — ANI (@ANI) February 13, 2026 Also Read: बीएमपी की प्रचंड जीत पर पीएम मोदी ने दी बधाई, जानें क्या बोले तारिक रहमान? The post ‘गुलामी का प्रतीक थीं पुरानी इमारतें’, ‘सेवा तीर्थ’ और कर्तव्य भवन के उद्घाटन पर बोले पीएम मोदी appeared first on Naya Vichar.

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आर्यांश और शोएब ने पलटा मैच, यूएई ने कनाडा को 5 विकेट से हराया

Highlights आर्यांश और शोएब की तूफानी बल्लेबाजी कनाडा के गेंदबाजों का दबदबा रहा नाकाम मैच का हाल ग्रुप-डी की प्वाइंट्स टेबल CAN vs UAE: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) ने टी20 विश्व कप 2026 (T20 World Cup 2026) के ग्रुप-डी मैच में शानदार प्रदर्शन करते हुए कनाडा को 5 विकेट से हरा दिया है. इस जीत के साथ ही यूएई ने टूर्नामेंट में अपनी पहली जीत का खाता खोल लिया है. शुक्रवार को स्पोर्ट्से गए इस मुकाबले में कनाडा ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 150 रन बनाए थे, जिसे यूएई ने 19.4 ओवर में हासिल कर लिया. टीम की इस जीत में आर्यांश शर्मा (Aryansh Sharma) का बड़ा योगदान रहा. उन्होने 74 रन की नाबाद पारी स्पोर्ट्सी. आर्यांश और शोएब की तूफानी बल्लेबाजी 151 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी यूएई की शुरुआत बेहद खराब रही थी. टीम ने अपने शुरुआती 5 विकेट सिर्फ 66 रन पर गंवा दिए थे. ऐसे मुश्किल वक्त में आर्यांश शर्मा और शोएब खान ने मोर्चा संभाला. आर्यांश ने 53 गेंदों में नाबाद 74 रनों की बेहद समझदारी भरी पारी स्पोर्ट्सी. वहीं, दूसरे छोर पर शोएब खान ने विस्फोटक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए मात्र 29 गेंदों में नाबाद 51 रन जड़ दिए. इन दोनों के बीच हुई बेहतरीन साझेदारी ने मैच का पासा पलट दिया. कनाडा के गेंदबाजों का दबदबा रहा नाकाम कनाडा की ओर से कप्तान साद बिन जफर ने घातक गेंदबाजी की. उन्होंने अपने 4 ओवर के कोटे में सिर्फ 14 रन देकर 3 मुख्य विकेट चटकाए और यूएई के टॉप ऑर्डर को ध्वस्त कर दिया. उनके अलावा कलीम सना और जसकरण सिंह को 1-1 विकेट मिला. हालांकि, मैच के आखिरी ओवरों में कनाडा के गेंदबाज रनों की रफ्तार पर अंकुश लगाने में नाकाम रहे, जिसका फायदा उठाकर यूएई ने जीत दर्ज की. मैच का हाल कनाडा की बॉलिंग गेंदबाज ओवर मेडन रन विकेट कलीम सना 4 0 29 1 दिलन हेइलिगर 4 0 33 0 जसकरण सिंह 3.4 0 48 1 साद बिन जफर 4 0 14 3 अंश पटेल 3 0 25 0 दिलप्रीत बाजवा 1 0 4 0 यूएई की बैटिंग बल्लेबाज आउट होने का तरीका रन आर्यांश शर्मा नाबाद 74 मुहम्मद वसीम कैच धालीवाल बो. कलीम 04 अलीशान शराफू कैच किरटन बो. जफर 05 मयंक कुमार कैच कलीम बो. जफर 04 हर्षित कौशिश कैच किरटन बो. जफर 05 शोएब खान कैच किरटन बो. जसकरण 51 मुहम्मद अरफान नाबाद 04 अतिरिक्त 07 कुल स्कोर (5 विकेट, 19.4 ओवर) 154 ग्रुप-डी की प्वाइंट्स टेबल इस जीत के बाद यूएई को टूर्नामेंट में पहली बार 2 अंक मिले हैं. कनाडा ने पहले स्पोर्ट्सते हुए 20 ओवर में 7 विकेट पर 150 रन बनाए थे, लेकिन उनके गेंदबाज इस स्कोर का बचाव नहीं कर सके. यूएई के बल्लेबाजों ने दबाव वाले मैच में संयम दिखाया और 2 गेंद शेष रहते ही मुकाबला अपने नाम कर लिया. अब ग्रुप डी के प्वाइंट्स टेबल में यूएई की टीम तीसरे स्थान पर पहुंच गई है. वहीं कनाडा आखिरी स्थान पर है. ये भी पढ़ें- राजस्थान में नए युग का आरंभ, रियान पराग बने नए कप्तान क्या हार्दिक ने तोड़ा BCCI का नियम? होटल में गर्लफ्रेंड संग वीडियो ने मचाई खलबली अकड़ रहा था उस्मान तारिक, ईशान ने ऐसा बोला कि सारी हेकड़ी निकल गई The post आर्यांश और शोएब ने पलटा मैच, यूएई ने कनाडा को 5 विकेट से हराया appeared first on Naya Vichar.

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राजस्थान में नए युग का आरंभ, रियान पराग बने नए कप्तान

Highlights सैमसन की जगह संभालेंगे जिम्मेदारी  राजस्थान के सातवें कप्तान बने रियान रियान  सबसे कम उम्र में कप्तानी का रिकॉर्ड  7 साल से राजस्थान के साथ पराग  आईपीएल करियर और आंकड़े  Riyan Parag Captain: आईपीएल 2026 (IPL 2026) के शुरू होने से पहले राजस्थान रॉयल्स (Rajasthan Royals) ने अपनी टीम के नए कप्तान के नाम का ऐलान कर दिया है. युवा खिलाड़ी रियान पराग (Riyan Parag) को टीम की कमान सौंपी गई है. वह संजू सैमसन की जगह लेंगे. बता दें कि संजू सैमसन को नीलामी से पहले राजस्थान ने चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के साथ ट्रेड कर दिया था. कप्तानी की रेस में टीम में शामिल हुए अनुभवी रवींद्र जडेजा का नाम भी चल रहा था, लेकिन मैनेजमेंट ने भविष्य को देखते हुए 13 फरवरी, 2026 को आधिकारिक तौर पर रियान के नाम पर मुहर लगा दी. सैमसन की जगह संभालेंगे जिम्मेदारी  राजस्थान रॉयल्स ने अपने सबसे भरोसेमंद खिलाड़ी संजू सैमसन को इस सीजन के लिए चेन्नई सुपर किंग्स को ट्रेड कर दिया है. संजू लंबे समय से टीम के कप्तान थे, लेकिन उनके जाने के बाद टीम को एक नए लीडर की तलाश थी. रियान पराग काफी समय से राजस्थान की टीम का हिस्सा हैं और फ्रेंचाइजी ने उन पर भरोसा जताते हुए यह बड़ी जिम्मेदारी दी है. राजस्थान के सातवें कप्तान बने रियान रियान  पराग राजस्थान रॉयल्स की कप्तानी करने वाले इतिहास के सातवें खिलाड़ी बन गए हैं. उनसे पहले दिग्गज शेन वॉर्न, शेन वॉटसन, राहुल द्रविड़, स्टीव स्मिथ, अजिंक्य रहाणे और संजू सैमसन इस टीम का नेतृत्व कर चुके हैं. रियान के पास कप्तानी का थोड़ा अनुभव भी है. उन्होंने आईपीएल 2025 में संजू की गैरमौजूदगी में 8 मैचों में कार्यवाहक कप्तान की भूमिका निभाई थी, जिसमें टीम को 2 जीत और 6 हार मिली थी. View this post on Instagram A post shared by IPL (@iplt20) सबसे कम उम्र में कप्तानी का रिकॉर्ड  रियान पराग राजस्थान रॉयल्स के इतिहास के सबसे कम उम्र के कप्तान हैं. पिछले साल 23 मार्च को उन्होंने सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ गुवाहाटी में पहली बार कप्तानी की थी. उस समय उनकी उम्र महज 23 साल थी. इसी के साथ उनका नाम आईपीएल इतिहास के पांचवें सबसे कम उम्र के कप्तान के रूप में दर्ज हुआ था. अब 24 साल की उम्र में वह टीम के पूर्णकालिक कप्तान बन गए हैं. 7 साल से राजस्थान के साथ पराग  राजस्थान रॉयल्स अपनी टीम में युवा प्रतिभाओं को निखारने के लिए जानी जाती है और रियान पराग इसका सबसे बड़ा उदाहरण हैं. रियान ने साल 2019 में राजस्थान के लिए अपना डेब्यू किया था. तब से लेकर अब तक वह हर सीजन में टीम के लिए स्पोर्ट्स रहे हैं. बीच में कुछ समय उनकी फॉर्म खराब रही थी, लेकिन फ्रेंचाइजी ने उन्हें ड्रॉप करने के बजाय उन पर भरोसा बनाए रखा, जिसका फल अब उन्हें कप्तानी के रूप में मिला है. आईपीएल करियर और आंकड़े  रियान पराग ने अब तक राजस्थान रॉयल्स के लिए कुल 84 मैच स्पोर्ट्से हैं. इन मैचों में उन्होंने 141.84 की स्ट्राइक रेट से कुल 1566 रन बनाए हैं. उनके नाम आईपीएल में 7 अर्धशतक दर्ज हैं, जबकि उनका व्यक्तिगत सर्वोच्च स्कोर 95 रन रहा है. बल्लेबाजी के साथ-साथ रियान अपनी स्पिन गेंदबाजी से भी योगदान देते हैं और अब तक लीग में 7 विकेट ले चुके हैं. ये भी पढ़ें- क्या हार्दिक ने तोड़ा BCCI का नियम? होटल में गर्लफ्रेंड संग वीडियो ने मचाई खलबली अकड़ रहा था उस्मान तारिक, ईशान ने ऐसा बोला कि सारी हेकड़ी निकल गई प्वाइंट्स टेबल में बदलाव, ऑस्ट्रेलिया को झटका, T20 WC से बाहर होने की संभावना The post राजस्थान में नए युग का आरंभ, रियान पराग बने नए कप्तान appeared first on Naya Vichar.

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