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July 15, 2026

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FIFA World Cup: 7 मिनट में पलटा मैच, इंग्लैंड को हराकर लगातार दूसरी बार विश्व कप फाइनल में पहुंची अर्जेंटीना

फीफा विश्व कप 2026 के दूसरे सेमीफाइनल में अर्जेंटीना ने शानदार वापसी करते हुए इंग्लैंड को 2-1 से हराकर लगातार दूसरी बार फाइनल में जगह बना ली. एक समय इंग्लैंड 1-0 से आगे था और फाइनल का टिकट उसके हाथ में नजर आ रहा था, लेकिन मैच के आखिरी सात मिनट में अर्जेंटीना ने दो गोल दागकर मुकाबले का रुख ही बदल दिया. लियोनेल मेसी ने दोनों गोल में अहम भूमिका निभाई और अपनी टीम को एक बार फिर विश्व कप फाइनल के दरवाजे तक पहुंचा दिया. पहले हाफ में नहीं हुआ एक भी गोल मुकाबले की शुरुआत से ही दोनों टीमों के बीच जबरदस्त टक्कर देखने को मिली. तीसरे मिनट में एंजो फर्नांडेज के फाउल के बाद खिलाड़ियों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई. हालांकि रेफरी ने स्थिति को संभाल लिया. पहले हाफ में दोनों टीमों ने कुछ मौके बनाए, लेकिन कोई भी गोल नहीं कर सकी. इंग्लैंड ने मेसी को खुलकर स्पोर्ट्सने का मौका नहीं दिया और 45 मिनट तक मुकाबला 0-0 की बराबरी पर रहा. गॉर्डन ने इंग्लैंड को दिलाई बढ़त दूसरे हाफ में इंग्लैंड ने आक्रामक स्पोर्ट्स दिखाया और 55वें मिनट में बढ़त हासिल कर ली. मोर्गन रोजर्स के शानदार पास पर एंथनी गॉर्डन ने बेहतरीन फिनिश करते हुए गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचा दिया. इस गोल के साथ इंग्लैंड 1-0 से आगे हो गया और अर्जेंटीना पर दबाव बढ़ गया. 85वें मिनट में फर्नांडेज ने कराई वापसी एक गोल से पिछड़ने के बाद अर्जेंटीना ने लगातार हमले किए. आखिरकार 85वें मिनट में लियोनेल मेसी के पास पर एंजो फर्नांडेज ने बॉक्स के बाहर से शानदार शॉट लगाकर स्कोर 1-1 कर दिया. इंग्लैंड के गोलकीपर के पास इस शॉट का कोई जवाब नहीं था और अर्जेंटीना मुकाबले में वापस लौट आया. इंजरी टाइम में मार्टिनेज का निर्णायक वार जब मुकाबला अतिरिक्त समय की ओर बढ़ता दिख रहा था, तभी अर्जेंटीना ने इंजरी टाइम में मैच पलट दिया. 90+2वें मिनट में मेसी ने एक और शानदार पास दिया, जिस पर लाउतारो मार्टिनेज ने गोल कर टीम को 2-1 की बढ़त दिला दी. मार्टिनेज ने मौका मिलते ही गेंद को गोल में पहुंचाने में कोई गलती नहीं की और इंग्लैंड के फाइनल में पहुंचने के सपने तोड़ दिए. विश्व कप फाइनल में सातवीं बार पहुंची अर्जेंटीना अर्जेंटीना ने फीफा विश्व कप के इतिहास में सातवीं बार फाइनल में जगह बनाई है. टीम ने पहली बार 1930 में उद्घाटन विश्व कप के फाइनल में प्रवेश किया था, जहां उसे मेजबान उरुग्वे के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा था. इसके बाद 1978 में घरेलू सरजमीं पर नीदरलैंड को हराकर अर्जेंटीना पहली बार विश्व चैंपियन बनी. 1986 में डिएगो माराडोना की कप्तानी में टीम ने पश्चिम जर्मनी को हराकर दूसरा विश्व कप खिताब जीता, लेकिन 1990 के फाइनल में उसे उसी जर्मन टीम के हाथों हार झेलनी पड़ी. 24 साल बाद लियोनेल मेसी की अगुआई में अर्जेंटीना 2014 विश्व कप के फाइनल में पहुंची, जहां जर्मनी ने उसे मात दी. 2022 में कतर विश्व कप के रोमांचक फाइनल में फ्रांस को पेनल्टी शूटआउट में हराकर अर्जेंटीना ने तीसरी बार ट्रॉफी अपने नाम की. अब 2026 विश्व कप के सेमीफाइनल में इंग्लैंड को 2-1 से हराकर टीम लगातार दूसरी बार और कुल सातवीं बार फाइनल में पहुंच गई है, जहां उसकी नजर चौथे विश्व कप खिताब पर होगी. अब स्पेन से होगी खिताबी टक्कर इस जीत के साथ गत चैंपियन अर्जेंटीना लगातार दूसरी बार विश्व कप फाइनल में पहुंच गई है. अब खिताबी मुकाबले में उसका सामना स्पेन से होगा, जिसने पहले सेमीफाइनल में फ्रांस को 2-0 से हराया था. ऐसे में फुटबॉल प्रेमियों को विश्व कप 2026 के फाइनल में दो दिग्गज टीमों के बीच महामुकाबला देखने को मिलेगा. ये भी पढ़ें: FIFA World Cup: स्पेन से हार के बाद फ्रांस में छाई मायूसी, मीडिया ने टीम के प्रदर्शन पर उठाए सवाल The post FIFA World Cup: 7 मिनट में पलटा मैच, इंग्लैंड को हराकर लगातार दूसरी बार विश्व कप फाइनल में पहुंची अर्जेंटीना appeared first on Naya Vichar.

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FIFA World Cup: स्पेन से हार के बाद फ्रांस में छाई मायूसी, मीडिया ने टीम के प्रदर्शन पर उठाए सवाल

स्पेन के खिलाफ सेमीफाइनल में 0-2 की हार के साथ फ्रांस का विश्व कप जीतने का सपना टूट गया. किलियन एम्बाप्पे की अगुवाई वाली टीम लगातार दूसरी बार फाइनल में पहुंचने की उम्मीद कर रही थी, लेकिन स्पेन के मजबूत डिफेंस और अनुशासित स्पोर्ट्स के सामने फ्रांसीसी टीम बेअसर नजर आई. हार के बाद पूरे फ्रांस में निराशा का माहौल देखने को मिला. हार के बाद सड़कों पर दिखी नाराजगी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सेमीफाइनल में मिली हार के बाद पेरिस समेत कई शहरों में तनाव का माहौल रहा. राजधानी पेरिस में कुछ जगहों पर झड़पों की समाचारें सामने आईं, जबकि ल्योन में युवाओं और पुलिस के बीच टकराव की घटनाएं भी दर्ज की गईं. विश्व कप से बाहर होने का दर्द सिर्फ स्टेडियम तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसका असर पूरे देश में महसूस किया गया. डेसचैम्प्स के विश्व कप सफर का अंत? फ्रांस के मुख्य कोच डिडिएर डेसचैम्प्स के लिए यह विश्व कप आखिरी माना जा रहा है. उन्होंने पहले ही संकेत दिया था कि यह उनका अंतिम विश्व कप हो सकता है. डेसचैम्प्स ने 1998 में खिलाड़ी के रूप में फ्रांस को विश्व कप जिताया था, जबकि 2018 में कोच के तौर पर टीम को चैंपियन बनाया. इसके अलावा 2022 विश्व कप में भी उन्होंने फ्रांस को फाइनल तक पहुंचाया था. हार के बाद भावुक दिखे डेसचैम्प्स मैच के बाद डेसचैम्प्स ने कहा कि एक खिलाड़ी और कोच के रूप में उन्हें कई यादगार पल जीने का मौका मिला है. हालांकि उन्होंने अपने भविष्य पर कोई स्पष्ट टिप्पणी नहीं की. उन्होंने कहा कि फिलहाल यह समय भविष्य की चर्चा का नहीं है और टीम को इस हार को स्वीकार करना होगा. उन्होंने माना कि इस समय वह बेहद निराश हैं. फ्रांसीसी मीडिया ने जमकर की आलोचना फ्रांस के प्रमुख स्पोर्ट्स अखबार ‘एल’इक्विप ने टीम के प्रदर्शन पर निराशा जताई. अखबार ने लिखा कि डेसचैम्प्स की टीम स्पोर्ट्स के लगभग हर विभाग में स्पेन से पीछे रही और वह उन उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी जो उसने शुरुआती छह मैचों में शानदार प्रदर्शन करके जगाई थीं. शुरुआती दौर जैसा स्पोर्ट्स नहीं दिखा सकी टीम विश्व कप के पहले छह मुकाबलों में फ्रांस ने आक्रामक और प्रभावशाली फुटबॉल स्पोर्ट्सी थी. लेकिन सेमीफाइनल जैसे बड़े मुकाबले में टीम वैसी लय नहीं पकड़ सकी. स्पेन ने गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा और फ्रांस के हमलावरों को खुलकर स्पोर्ट्सने का मौका नहीं दिया. कोच के समर्थन में उतरे एम्बाप्पे हार के बावजूद किलियन एम्बाप्पे अपने कोच डिडिएर डेसचैम्प्स के समर्थन में खड़े नजर आए. उन्होंने कहा कि फ्रांस के लिए डेसचैम्प्स का योगदान किसी से छिपा नहीं है और खिलाड़ियों के मन में उनके लिए सम्मान पहले जैसा ही बना हुआ है. तीसरे स्थान के मैच में जीत से विदाई देना चाहते हैं खिलाड़ी एम्बाप्पे ने कहा कि टीम अब तीसरे स्थान के लिए होने वाले मुकाबले पर ध्यान देगी और खिलाड़ी अपने कोच के लिए पूरी ताकत के साथ मैदान पर उतरेंगे. उन्होंने कहा कि डेसचैम्प्स ने खिलाड़ी और कोच दोनों भूमिकाओं में फ्रांसीसी फुटबॉल के लिए एक शानदार कहानी लिखी है और टीम उन्हें जीत के साथ विदाई देना चाहेगी. फाइनल का सपना टूटा फ्रांस भले ही विश्व कप फाइनल में जगह नहीं बना सका, लेकिन टीम के पास अभी भी तीसरे स्थान के साथ टूर्नामेंट का अंत सकारात्मक तरीके से करने का मौका है. वहीं, सभी की नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि डिडिएर डेसचैम्प्स अपने भविष्य को लेकर क्या फैसला लेते हैं. ये भी पढ़ें: FIFA बना नया मैचमेकर, वर्ल्ड कप के दौरान रात 3 बजे डेट के लिए तैयार 93% हिंदुस्तानीय सिंगल्स The post FIFA World Cup: स्पेन से हार के बाद फ्रांस में छाई मायूसी, मीडिया ने टीम के प्रदर्शन पर उठाए सवाल appeared first on Naya Vichar.

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England vs Argentina Semi-final Live: अर्जेंटीना-इंग्लैंड के बीच कांटे की टक्कर, खिलाड़ियों के बीच हुई तीखी नोकझोंक

फीफा विश्व कप 2026 के दूसरे सेमीफाइनल में अर्जेंटीना और इंग्लैंड आमने-सामने हैं. यह मेसी की टीम के लिए टूर्नामेंट की सबसे बड़ी परीक्षा है. जानिए कौन सी टीम फाइनल में पहुंचेगी. The post England vs Argentina Semi-final Live: अर्जेंटीना-इंग्लैंड के बीच कांटे की टक्कर, खिलाड़ियों के बीच हुई तीखी नोकझोंक appeared first on Naya Vichar.

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रांची के सदर अस्पताल में डॉक्टर ने मांडर की महिला का इलाज करने से किया इनकार, कहा – ‘कहीं से भी आए हों, मुझे फर्क नहीं पड़ता’

Ranchi Sadar Hospital : राजधानी रांची के प्रतिष्ठित सदर अस्पताल में एक बार फिर डॉक्टरों के कथित गैर-जिम्मेदाराना व्यवहार और मरीजों के प्रति असंवेदनशीलता का मामला प्रकाश में आया है. रांची के मांडर ब्लॉक अंतर्गत मुरकुनी गांव की रहने वाली 53 वर्षीय मरीज सुनैना पाठक अपने घुटने के गंभीर दर्द का इलाज कराने सदर अस्पताल आई थी. उनके साथ उनके दो बेटे अविनाश पाठक और आशुतोष पाठक भी थे. लगभग 50 किलोमीटर की दूरी तय कर अस्पताल पहुंचे परिजनों ने नियमानुसार टोकन कटवाया और डॉक्टर के केबिन के बाहर अपनी बारी का इंतजार करने लगे. लेकिन जब उनका नंबर आया, तो ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर ने मरीज को देखने से साफ इनकार कर दिया. ​’मेरी मर्जी, कहीं से भी आए हो कोई फर्क नहीं पड़ता’ ​परिजनों के अनुसार, ओपीडी (OPD) में ड्यूटी पर मौजूद ऑर्थोपेडिशियन (हड्डी रोग विशेषज्ञ) डॉ. अभिषेक पांडेय बारी-बारी से मरीजों की जांच कर रहे थे. जैसे ही पीड़ित स्त्री का नंबर आया, डॉक्टर ने कह दिया कि वह अब मरीज नहीं देखेंगे. जबकि मरीजों को देखने का समय सदर में 3 बजे तक का है. जब परिजनों ने इसका कारण पूछा, तो डॉक्टर ने कथित तौर पर अहंकार भरे लहजे में कहा, “मेरी मर्जी.” स्त्री के छोटे बेटे ने जब डॉक्टर से मिन्नत करते हुए कहा कि वे बहुत दूर से इलाज कराने आए हैं, तो डॉक्टर का जवाब आया कि आप कहीं से भी आए हों, इससे उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता, वह अभी मरीज को नहीं देखेंगे. थोड़ी बहस होने के बाद डॉक्टर ने उसी अंदाज में बताया कि वह केवल सुबह दिखाए गए मरीजों की रिपोर्ट चेक कर रहे हैं. ​दूसरे डॉक्टर से कराया इलाज, विभागीय शिकायत पर मिला निराशाजनक जवाब ​डॉ. अभिषेक पांडेय द्वारा इलाज से मना किए जाने के बाद परेशान परिजनों ने सदर अस्पताल में ही मौजूद दूसरे चिकित्सक डॉ. एस. अली से संपर्क किया, जिन्होंने संवेदनशीलता दिखाते हुए मरीज की जांच की. इस दुर्व्यवहार के खिलाफ स्त्री के बेटे अविनाश पाठक ने तुरंत स्वास्थ्य विभाग की हेल्पलाइन ‘104’ पर शिकायत दर्ज कराई. हालांकि, वहां से उन्हें यह निराशाजनक जवाब मिला कि चूंकि मरीज ने दूसरे डॉक्टर से जांच करा ली है, इसलिए इस शिकायत का अब कोई खास फायदा नहीं होगा, हालांकि शिकायत दर्ज कर ली गई है. ​डिप्टी सुपरिटेंडेंट ने भी मामले को हल्के में टाला ​हेल्पलाइन से संतुष्ट न होने पर परिजनों ने सदर अस्पताल के उपाधीक्षक से डॉक्टर की शिकायत की. लेकिन वहां भी अस्पताल प्रबंधन का रवैया ढुलमुल ही नजर आया. उपाधीक्षक कार्यालय से परिजनों को कहा गया कि डॉ. एस. अली ने तो मरीज को देख ही लिया है, रही बात डॉ. अभिषेक पांडेय की, तो उन्हें बोल दिया जाएगा कि वे अपना व्यवहार ठीक रखें और आगे से ऐसी बात न करें. इस पूरे घटनाक्रम ने सदर अस्पताल की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. पीड़िता के परिजनों ने कहा कि दूर-दराज के ग्रामीण इलाकों से आने वाले मरीजों के साथ डॉक्टरों का ऐसा आचरण किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं माना जा सकता. ये भी पढ़ें : राम मंदिर चोरी मामला: 24 से 48 घंटों में आ सकती है SIT की फाइनल रिपोर्ट The post रांची के सदर अस्पताल में डॉक्टर ने मांडर की स्त्री का इलाज करने से किया इनकार, कहा – ‘कहीं से भी आए हों, मुझे फर्क नहीं पड़ता’ appeared first on Naya Vichar.

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राम मंदिर चोरी मामला: 24 से 48 घंटों में आ सकती है SIT की फाइनल रिपोर्ट

Ram Mandir Donation Row: SIT की शुरुआती जांच रिपोर्ट में मंदिर परिसर के भीतर सुरक्षा और प्रबंधन की गंभीर कमियां सामने आई हैं. 27 अप्रैल से 5 जून 2026 के बीच सीसीटीवी (CCTV) कैमरों में करीब 70 ऐसी संदिग्ध घटनाएं कैद हुईं, जहां दान के पैसे गिनने वाले कर्मचारी नोटों की गड्डियां छिपाते नजर आए. रिपोर्ट के मुताबिक, पैसे गिनने वाले कमरे में आने-जाने वालों की कोई तलाशी (फ्रिस्किंग) नहीं ली जाती थी. कर्मचारियों के निजी सामान पर भी कोई नियंत्रण नहीं था. रिपोर्ट में बताया गया, कई दान पेटियों के कैश को एक साथ मिलाकर गिना जाता था, जिससे हेरफेर करना आसान हो गया. 78.94 लाख रुपये बरामद किए गए रिपोर्ट में बताया गया है कि जांच शुरू होने से पहले ही कुछ कर्मचारियों से 78.94 लाख रुपये बरामद किए जा चुके थे. इसके अलावा, 4 जून 2026 को पैसे गिनने वाले कमरे से जुड़े बाथरूम से 2.25 लाख रुपये लावारिस हालत में मिले थे. रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि सोशल मीडिया पर चांदी की ईंटें या अन्य कीमती सामान गायब होने के जो दावे किए जा रहे थे, जांच में उनका कोई सबूत नहीं मिला है. सुप्रीम कोर्ट हुआ सख्त, जांच पर मांगा जवाब सोमवार 13 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट ने इस घोटाले की स्वतंत्र और अदालत की निगरानी में जांच कराने की मांग वाली याचिका पर सुनवाई की. मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत, जस्टिस जोयमाल्या बागची और जस्टिस वी मोहन की बेंच ने केंद्र प्रशासन, उत्तर प्रदेश प्रशासन और ‘श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट’ को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है. कोर्ट ने यूपी प्रशासन की SIT को आदेश दिया है कि वह अपनी टीम के सदस्यों की जानकारी और अब तक की जांच की स्टेटस रिपोर्ट कोर्ट में पेश करे. इस मामले पर अगली सुनवाई अगले सोमवार 20 जुलाई को होगी. अब तक 8 लोगों की हो चुकी है गिरफ्तारी चढ़ावा चोरी मामले में अब तक 8 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है. कोर्ट ने सभी 8 आरोपियों की न्यायिक हिरासत (Judicial Custody) और 14 दिनों के लिए बढ़ा दी है. आरोपियों की अगली पेशी अब 27 जुलाई को होगी. घोटाले के गंभीर आरोपों के बाद राम मंदिर ट्रस्ट के कई बड़े अधिकारियों को इस्तीफा देना पड़ा है. ट्रस्ट ने तत्कालीन महासचिव चंपत राय, सदस्य अनिल मिश्रा और गोपाल राव के इस्तीफे स्वीकार कर लिए हैं. ये भी पढ़ें: राम मंदिर में चढ़ावे का पूरा हिसाब अब होगा सार्वजनिक, घर बैठे वेबसाइट पर देख सकेंगे दान और खर्च का ब्यौरा The post राम मंदिर चोरी मामला: 24 से 48 घंटों में आ सकती है SIT की फाइनल रिपोर्ट appeared first on Naya Vichar.

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ईरान का अमेरिका से बदला: सैन्य ठिकानों पर बरसाईं मिसाइलें और ड्रोन; तबाही का वीडियो किया जारी

US Iran War: ईरानी प्रशासनी मीडिया ‘प्रेस टीवी’ की रिपोर्ट के अनुसार, तेहरान ने अमेरिकी बेस पर दागी गईं मिसाइलों और ड्रोन हमलों का वीडियो जारी किया है. इस वीडियो में मिसाइलों के गरजने और अमेरिकी ठिकानों पर ड्रोनों के सटीक हमलों को साफ देखा जा सकता है. ‘ऑपरेशन नस्र 2’: तबाही का वीडियो आया सामने ईरानी सेना और IRGC के अनुसार, इस जवाबी सैन्य कार्रवाई को ‘ऑपरेशन नस्र 2’ (Operation Nasr 2) नाम दिया गया है. प्रेस टीवी द्वारा जारी वीडियो में ईरान की सैन्य शक्ति को दिखाया गया है. ईरान का दावा है कि उसने इस हमले में अमेरिका के कई आधुनिक हथियारों और कमांड सेंटरों को मटियामेट कर दिया है. इन अमेरिकी ठिकानों को बनाया गया निशाना ईरानी बयानों और जारी किए गए वीडियो के आधार पर, खाड़ी देशों में मौजूद अमेरिकी सेना के इन ठिकानों को भारी नुकसान पहुंचा है. कुवैत में तबाही: अमेरिकी सेना के अत्याधुनिक पैट्रियट एयर डिफेंस कॉम्प्लेक्स, सैटेलाइट संचार केंद्र और HIMARS रॉकेट लॉन्च प्लेटफॉर्म को निशाना बनाया गया. अली अल-सालेम एयरबेस पर अमेरिकी MQ-9 रीपर ड्रोन के प्लेटफॉर्म को तबाह किया गया. मीना अब्दुल्ला में अमेरिकी सेना के मुख्य रसद और सहायता केंद्र (KJL) को आग के हवाले कर दिया गया. बहरीन में अमेरिकी 5वां बेड़ा ढेर: बहरीन में स्थित अमेरिकी नौसेना के पांचवें बेड़े के NSA प्रबंधन केंद्र, कमांड एंड कंट्रोल सेंटर और ईंधन टैंकों को मटियामेट कर दिया गया. बहरीन के शेख ईसा बेस पर स्थित हथियारों और जहाजों के कलपुर्जों के गोदामों को नष्ट किया गया. जॉर्डन का अल-अजरक बेस: जॉर्डन के अल-अजरक एयरबेस पर अमेरिकी F-15, F-16 और F-35 लड़ाकू विमानों के हैंगर और रणनीतिक ड्रोनों को निशाना बनाया गया. सेना का ‘सायका’ ऑपरेशन: दोबारा जॉर्डन पर हमला IRGC के साथ-साथ ईरान की राष्ट्रीय सेना ने भी अमेरिकी सेना के खिलाफ अपने ‘सायका’ (Saegheh – Lightning) ऑपरेशन के आठवें चरण की शुरुआत की है. सेना ने दावा किया कि जॉर्डन के अल-अजरक बेस पर दोबारा घातक ड्रोनों से हमला कर अमेरिकी सेना के F-18 लड़ाकू विमानों और बड़े सैन्य गोदामों को निशाना बनाया गया है. ईरान ने कुवैत-जॉर्डन के नागरिकों को क्यों दिया संदेश? हमलों के बीच IRGC ने कुवैत और जॉर्डन की जनता के नाम भावुक और चेतावनी भरा संदेश जारी किया है. ईरान ने कुवैत के लोगों से कहा, “हमारा आपसे कोई बैर नहीं है, हम आपसे स्नेह करते हैं. लेकिन अपनी धरती से इन अमेरिकी कब्जाधारियों को बाहर निकालें.” ईरान ने कहा कि अमेरिका ने हाल ही में ईरान के खुजेस्तान में एक गेहूं भंडारण केंद्र और ईलाम प्रांत में एक पानी की फैक्ट्री पर बमबारी की थी, जिसका बदला लेना जरूरी था. जॉर्डन को “पैगंबरों की भूमि” बताते हुए ईरान ने वहां के लोगों से अपील की कि वे अपने देश में अमेरिकी सेना की मौजूदगी का विरोध करें. हॉर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने की चेतावनी मिसाइल हमलों के बाद ईरान ने होर्मुज को बंद करने की भी चेतावनी दी है. IRGC ने कहा है कि जब तक अमेरिका अपनी सैन्य ‘शरारतें’ बंद नहीं करता, तब तक इस समुद्री मार्ग से तेल और गैस का निर्यात पूरी तरह ठप रहेगा. IRGC ने कहा- “तेल और गैस का निर्यात या तो सबके लिए होगा या फिर किसी के लिए नहीं.” ये भी पढ़ें: अमेरिका की नई नाकेबंदी पर भड़का ईरान, पूरे मिडिल ईस्ट से ऊर्जा निर्यात रोकने की धमकी दी The post ईरान का अमेरिका से बदला: सैन्य ठिकानों पर बरसाईं मिसाइलें और ड्रोन; तबाही का वीडियो किया जारी appeared first on Naya Vichar.

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बिहार में नए परिसीमन के आधार पर होंगे पंचायत चुनाव, 2011 की जनगणना बनेगी आधार, सम्राट कैबिनेट ने लगाई मुहर

Bihar Panchayat Chunav: बिहार में होने वाले पंचायत चुनाव 2026 को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में पंचायत चुनाव नए परिसीमन के आधार पर कराने की मंजूरी दे दी गई है. प्रशासन का कहना है कि इससे स्थानीय निकायों में संतुलित प्रतिनिधित्व मिलेगा और विकास योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन हो सकेगा. 2011 की जनगणना के आधार पर होगा परिसीमन कैबिनेट के फैसले के अनुसार पंचायत चुनाव के लिए 2011 की जनगणना को आधार बनाया जाएगा. इसी के अनुसार ग्राम पंचायत, वार्ड, पंचायत समिति और जिला परिषद क्षेत्रों का गठन और परिसीमन किया जाएगा. प्रशासन का मानना है कि जनसंख्या के अनुसार क्षेत्रों का नया निर्धारण होने से प्रतिनिधित्व अधिक संतुलित होगा और लोगों को बेहतर प्रशासनिक सुविधाएं मिलेंगी. वार्ड से पंचायत तक बदलेंगे क्षेत्र नए परिसीमन के तहत सिर्फ ग्राम पंचायत ही नहीं, बल्कि वार्ड, पंचायत समिति और जिला परिषद क्षेत्रों की सीमाओं में भी बदलाव होगा. जहां जरूरत होगी, वहां नए क्षेत्र बनाए जाएंगे और पुराने क्षेत्रों का पुनर्गठन किया जाएगा. इस प्रक्रिया का उद्देश्य सभी क्षेत्रों का संतुलित विकास सुनिश्चित करना है. साथ ही भौगोलिक और सामाजिक एकरूपता बनाए रखने पर भी जोर दिया जाएगा. प्रशासन ने बताया फैसले का उद्देश्य कैबिनेट के मुताबिक नए परिसीमन से स्थानीय स्वशासन और मजबूत होगा. विकास योजनाओं का लाभ लोगों तक अधिक प्रभावी तरीके से पहुंचेगा. प्रशासनिक व्यवस्था बेहतर होगी और जनसंख्या के अनुपात में प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया जा सकेगा. प्रशासन का कहना है कि इससे ग्राम पंचायतों के विकास में क्षेत्रीय असंतुलन भी कम होगा. बिहार की ताजा समाचारों के लिए यहां क्लिक करें कैबिनेट बैठक में 25 एजेंडों पर लगी मुहर बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में कुल 25 प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है. इनमें पंचायत चुनाव से जुड़ा फैसला सबसे अहम माना जा रहा है. इसके अलावा भागलपुर में बनने वाले ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट का नाम ‘अजगैबीनाथ धाम ग्रीनफील्ड हवाई अड्डा’ रखने को मंजूरी दी गई. वहीं राजगीर, रोहतास और कैमूर में ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के निर्माण के लिए हिंदुस्तानीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) और बिहार प्रशासन के बीच समझौते को भी स्वीकृति मिली. वाहन टैक्स में भी किया गया बदलाव कैबिनेट ने वाहन कर में संशोधन को भी मंजूरी दी. दोपहिया और तीनपहिया वाहनों पर टैक्स बढ़ाने का फैसला लिया गया है. दोपहिया वाहनों पर 1 प्रतिशत अतिरिक्त कर लगाया जाएगा. वहीं एकमुश्त टैक्स जमा करने वाले वाहन मालिकों को मौजूदा दर से 1000 रुपये अधिक देने होंगे. Also Read:बिहार कैबिनेट की बैठक खत्म, इन 25 एजेंडों पर लगी मुहर The post बिहार में नए परिसीमन के आधार पर होंगे पंचायत चुनाव, 2011 की जनगणना बनेगी आधार, सम्राट कैबिनेट ने लगाई मुहर appeared first on Naya Vichar.

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हाईकोर्ट की फटकार के बाद विधाननगर अदालत में अभिषेक बनर्जी ने रिकॉर्ड कराया आवाज का नमूना

Abhishek Banerjee Voice Sample: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 प्रचार के दौरान दिये गये एक कथित धमकी भरे भाषण मामले में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ नेता और सांसद अभिषेक बनर्जी ने बुधवार को विधाननगर अदालत में अपनी आवाज का नमूना (Voice Sample) दिया. कलकत्ता हाईकोर्ट के कड़े निर्देशों का पालन करते हुए वे दोपहर 12 बजे मजिस्ट्रेट के समक्ष उपस्थित हुए. 2 बार की गैर-हाजिरी के बाद तीसरी बार में पेशी जांच एजेंसी की लगातार कोशिशों और आवेदनों के बाद विधाननगर के उप-संभागीय न्यायिक मजिस्ट्रेट (SDJM) अदालत ने अभिषेक बनर्जी को आवाज का नमूना देने के लिए पहले 2 बार अवसर दिये थे. हालांकि, उन दोनों ही मौकों पर डायमंड हार्बर के सांसद मजिस्ट्रेट के समक्ष उपस्थित नहीं हुए. इसके बाद मामले की गंभीरता को देखते हुए कलकत्ता हाईकोर्ट ने 10 जुलाई को आदेश दिया कि अभिषेक को हर हाल में 15 जुलाई को अदालत के समक्ष अपनी आवाज का नमूना रिकॉर्ड करवाना होगा. सुरक्षा के इंतजाम और ‘अंडे’ से संरक्षण का निर्देश अभिषेक बनर्जी की अदालत में पेशी को देखते हुए साल्टलेक स्थित विधाननगर अदालत परिसर और उसके आसपास सुरक्षा के बेहद कड़े इंतजाम किये गये थे. किसी भी संभावित अप्रिय घटना या विरोध प्रदर्शन को रोकने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था.हाईकोर्ट ने पुलिस को सख्त निर्देश दिये थे कि जब डायमंड हार्बर के सांसद अदालत या जांच एजेंसी के समक्ष पेश हों, तो उन पर उग्र प्रदर्शनकारियों द्वारा अंडे न फेंके जायें. 30 मई को दक्षिण 24 परगना जिले के सोनारपुर में अभिषेक बनर्जी को जन-विरोध का सामना करना पड़ा था. ये भी पढ़ें: Abhishek Banerjee : ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी को जान से मारने की धमकी, उलबेडिया में लगे पोस्टर, प्रशासन सतर्क जांच में असहयोग पर हाईकोर्ट ने जतायी थी नाराजगी 10 जुलाई को कलकत्ता हाईकोर्ट ने बंगाल चुनाव 2026 के प्रचार के दौरान दिये गये कथित आपत्तिजनक भाषण की जांच में ‘सहयोग नहीं करने’ पर अभिषेक बनर्जी के प्रति नाराजगी व्यक्त की थी. जस्टिस सौगत भट्टाचार्य ने टीएमसी सांसद की उस आपराधिक पुनरीक्षण याचिका को भी खारिज कर दिया था, जिसमें उन्होंने निचली अदालत के आवाज का नमूना देने के आदेश को चुनौती दी थी. कोर्ट ने कहा था कि 21 मई के आदेश के तहत उन्हें 31 जुलाई तक मिली दंडात्मक कार्रवाई से राहत तभी तक प्रभावी है, जब तक वे जांच में सहयोग करेंगे. ये भी पढ़ें: ममता बनर्जी का बागियों को संदेश- अभिषेक के हाथों में ही रहेगी टीएमसी की कमान, दीदी ने जनता से क्यों मांगी माफी? क्या है पूरा मामला? पूरा विवाद पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के मतदान से ठीक पहले का है. आरोप है कि 29 अप्रैल को आयोजित एक जनसभा में अभिषेक बनर्जी ने अपने प्रतिद्वंद्वी नेतृत्वक दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ कथित रूप से बेहद आक्रामक और धमकी भरी टिप्पणियां की थी. इस भाषण के खिलाफ प्राथमिकी (FIR) दर्ज करायी गयी थी. तृणमूल सांसद ने इस एफआईआर को रद्द करने की मांग करते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की है. ये भी पढ़ें: अभिषेक बनर्जी का STF-CID पर हमला, बोले- मेरे करीबी लोगों को झूठे बयान देने को किया जा रहा मजबूर The post हाईकोर्ट की फटकार के बाद विधाननगर अदालत में अभिषेक बनर्जी ने रिकॉर्ड कराया आवाज का नमूना appeared first on Naya Vichar.

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एयरपोर्ट, AI सेंटर, पुलिस दीदी… बिहार कैबिनेट के 25 बड़े फैसले जानिए

Bihar Cabinet: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को बिहार कैबिनेट की बैठक हुई. इस कैबिनेट बैठक में राज्य के विकास, बुनियादी ढांचे, शिक्षा, सुरक्षा और जन-कल्याण से जुड़े 25 प्रस्तावों को हरी झंडी दी गई है. भागलपुर में नया एयरपोर्ट और तीन अन्य जिलों में हवाई सफर की तैयारी भागलपुर में बनने वाले नए ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे का नाम अब अजगैबीनाथ धाम हवाई अड्डा होगा और इसके लिए 3145 एकड़ से ज्यादा जमीन खरीदी जाएगी, जिसके लिए प्रशासन ने 1329 करोड़ से ज्यादा की रकम मंजूर की है. इसके साथ ही राजगीर, रोहतास और कैमूर में भी नए हवाई अड्डे बनाने की तैयारी शुरू हो गई है. इसके लिए केंद्र प्रशासन की एजेंसी के साथ मिलकर शुरुआती स्टडी की जाएगी. बिहार उड्डयन संस्थान में पायलट की ट्रेनिंग ले रहे युवाओं को बेहतर सिखाने के लिए एक खास विमान पट्टे पर लिया जाएगा. इस पर हर साल 78 लाख रुपये खर्च होंगे. बेटियों की सुरक्षा के लिए पुलिस दीदी और जेल गार्ड्स का बढ़ा मानदेय शहरी इलाकों में स्कूल, कॉलेज और कोचिंग जाने वाली छात्राओं की सुरक्षा के लिए प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है. अब स्त्री पुलिस कर्मियों यानी पुलिस दीदी को गश्त लगाने के लिए 1500 स्कूटर दिए जाएंगे, जिनमें से 500 इलेक्ट्रिक होंगे. साथ ही पुलिस बल के लिए 3200 नई मोटरसाइकिलें भी खरीदी जाएंगी. जेलों में सुरक्षा देने वाले भूतपूर्व सैनिकों की सैलरी को 19800 से बढ़ाकर सीधा 30000 महीना कर दिया गया है. जेल में किसी कैदी की अचानक या प्राकृतिक मौत होने पर उनके परिवार को मुआवजा देने की नई नीति बनाई गई है और एसटीएफ के रिटायर्ड अधिकारी रामाकान्त प्रसाद का कार्यकाल एक साल के लिए बढ़ा दिया गया है. सीतामढ़ी को क्या मिला धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए मां सीता की जन्मस्थली सीतामढ़ी के पुनौरा धाम को रामायण सर्किट से जोड़ा जा रहा है. इसके 942 करोड़ के भव्य विकास प्लान के लिए प्रशासन ने न्यास समिति को करीब 50 एकड़ जमीन बिल्कुल मुफ्त में ट्रांसफर कर दी है. कैमूर के प्रसिद्ध मां मुण्डेश्वरी भवानी मंदिर की नई धर्मशाला को संभालने की जिम्मेदारी भी मंदिर कमेटी को दे दी गई है. राज्य के पहाड़ी और खूबसूरत पर्यटन स्थलों जैसे राजगीर और मंदार पर्वत पर पर्यटकों की सुविधा के लिए बिहार स्टेट रोपवेज कंपनी लिमिटेड बनाई जाएगी. पर्यटन विभाग के काम को बेहतर करने के लिए अधिकारियों के नए पद तय करते हुए दो नई नियमावलियां भी पास की गई हैं. प्रशासनी स्कूल बनेंगे हाईटेक और पंचायतों को मिलेंगे नए अधिकार बिहार के कई माध्यमिक और उच्च माध्यमिक स्कूलों को आदर्श विद्यालय बनाया जाएगा, जहां बच्चों को स्मार्ट क्लास, आधुनिक लैब और कमजोर छात्रों के लिए अलग से क्लास की सुविधा मिलेगी. गांवों के विकास के लिए पंचायत राज अधिनियम में बदलाव किया गया है, जिससे ग्राम पंचायतें खुद टैक्स और फीस तय कर सकेंगी. इसके अलावा, 2011 की आबादी के हिसाब से पंचायतों और जिला परिषदों की सीमाओं को दोबारा तय किया जाएगा. बिहार की ताजा समाचारों के लिए क्लिक करें बिहार में अपना एआई सेंटर और गाड़ियों पर नया टैक्स नियम बिहार को तकनीक के मामले में आगे ले जाने के लिए प्रशासन ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाने का फैसला किया है. यह राज्य में एआई को बढ़ावा देगा. गाड़ियों के मामले में भी नया नियम आया है. इसके तहत बाइक खरीदने पर 1% एकमुश्त टैक्स, ऑटो पर 1000 और व्यापार टैक्स को 4 गुना बढ़ा दिया गया है. पत्थरों की प्रशासनी ई-नीलामी को पारदर्शी बनाने के लिए खनिज नियमावली में बदलाव किया गया है ताकि ज्यादा लोग हिस्सा ले सकें. पश्चिम चम्पारण के बेतिया में रहने वाली थारू जनजाति के आर्थिक विकास और वहां के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की योजनाओं को साल 2030-31 तक के लिए बढ़ा दिया गया है. इसे भी पढ़ें: बिहार को मिलने जा रही एक और शानदार फोरलेन सड़क, बदल जाएगी इन 3 जिलों की सूरत The post एयरपोर्ट, AI सेंटर, पुलिस दीदी… बिहार कैबिनेट के 25 बड़े फैसले जानिए appeared first on Naya Vichar.

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सरायगढ़ से देवघर के लिए चलायी जा रही स्पेशल ट्रेन के परिचालन अवधि का विस्तार

नया विचार न्यूज़ समस्तीपुर– यात्रियों की अत्याधिक भीड़ के मद्देनजर तथा उनकी सुविधा हेतु समस्तीपुर मंडल द्वारा सरायगढ़ से देवघर के लिए चलायी जा रही स्पेशल ट्रेन के परिचालन अवधि में विस्तार करने का निर्णय लिया गया है जिनका विवरण निम्नानुसार है :- गाड़ी संख्या 05573/ 05574 सरायगढ़- देवघर- सरायगढ़ मेमू स्पेशल (सुपौल-सहरसा- सिमरी बख्तियारपुर- मानसी- खगड़िया-सबदलपुर- मुंगेर- सुलतानगंज-भागलपुर- बांका के रास्ते) – सरायगढ़ और देवघर के मध्य प्रतिदिन चलायी जा रही गाड़ी सं. 05573/05574 सरायगढ़-देवघर-सरायगढ़ मेमू स्पेशल के परिचालन अवधि में विस्तार किया जा रहा है । अब यह स्पेशल मेमू ट्रेन सरायगढ़ एवं देवघर से 16.07.2026 से 31.08.2026 तक प्रतिदिन परिचालित की जाएगी । गाड़ी सं. 05573 सरायगढ़- देवघर स्पेशल प्रतिदिन सरायगढ़ से 03.05 बजे खुलकर 03.38 बजे सुपौल, 04.30 बजे सहरसा, 05.00 बजे सिमरी बख्तियारपुर, 05.50 बजे मानसी, 06.00 बजे खगड़िया, 06.18 बजे सबदलपुर, 06.40 बजे मुंगेर, 07.48 बजे सुलतानगंज, 08.30 बजे भागलपुर रूकते हुए 11.20 बजे देवघर पहुंचती है । वापसी में गाड़ी सं. 05574 देवघर-सरायगढ़ स्पेशल प्रतिदिन देवघर से 11.35 बजे खुलकर 14.20 बजे भागलपुर, 14.55 बजे सुलतानगंज, 16.25 बजे मुंगेर, 17.25 बजे सबदलपुर, 17.50 बजे खगड़िया, 18.16 बजे मानसी, 18.53 बजे सिमरी बख्तियारपुर, 20.40 बजे सहरसा, 21.26 बजे सुपौल रूकते हुए 22.15 बजे सरायगढ़ पहुंचती है ।

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