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Author name: Vinod Jha

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बारुईपुर दुष्कर्म-हत्याकांड के विरोध में सड़क पर उतरीं ममता बनर्जी, लगे चोर-चोर के नारे, टीएमसी-भाजपा कार्यकर्ता भिड़े

Mamata Banerjee Protests Baruipur Case: दक्षिण 24 परगना जिले के बारुईपुर में 11 वर्षीय बच्ची के साथ हुई दरिंदगी और हत्या के मामले ने पश्चिम बंगाल की नेतृत्व को गरमा दिया है. इस जघन्य घटना के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी बुधवार को कोलकाता की सड़कों पर उतरीं और विशाल विरोध मार्च निकाला. प्रदर्शन के दौरान भाजपा समर्थकों ने पूर्व मुख्यमंत्री के खिलाफ चोर-चोर के नारे लगाये. तृणमूल-भाजपा कार्यकर्ता सड़क पर भिड़े इससे तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ता उत्तेजित हो गये और सड़क पर ही टीएमसी-बीजेपी का कार्यकर्ता भिड़ गये. पुलिसकर्मियों ने बीच-बचाव कर दोनों पक्षों के लोगों को अलग किया. प्रदर्शन के दौरान समर्थकों और मीडिया को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने राज्य के मौजूदा पुलिस प्रशासन और सत्तारूढ़ हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) के खिलाफ जमकर हमला बोला. अदालत का आदेश था, फिर भी स्त्रीओं को पीटा : ममता विरोध मार्च के दौरान आक्रोशित तृणमूल सुप्रीमो ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक तरीके से प्रदर्शन कर रही तृणमूल कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने बर्बरता की. हमारी स्त्रीओं को सड़कों पर बेरहमी से पीटा गया. हमारे पास शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए बकायदा अदालत का आदेश था, फिर भी हमें निशाना बनाया गया. आज सुबह भी भाजपा की ओर से हमें धमकाने की कोशिश की गयी. पुलिस अब स्वतंत्र नहीं, भाजपा की कैडर बन गयी : बनर्जी पश्चिम बंगाल में हालिया प्रशासनिक बदलावों और हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) प्रशासन के सत्ता में आने के बाद ममता बनर्जी लगातार पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाती रही हैं. बारुईपुर की घटना पर उन्होंने पुलिस प्रशासन को आड़े हाथ लिया. पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा- राज्य की पुलिस अब कानून और व्यवस्था बनाये रखने का काम नहीं कर रही है, वह पूरी तरह से भाजपा ‘कैडर’ की तरह काम कर रही है. निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की बजाय तृणमूल के विरोध प्रदर्शनों को कुचला जा रहा है. ये भी पढ़ें: बारुईपुर में नाबालिग की हत्या के बाद युवक को पीट-पीटकर मार डाला, कुलपी रोड जाम, पुलिस कैंप पर हमला बारुईपुर घटना में निष्पक्ष न्याय की मांग ममता बनर्जी ने बारुईपुर दुष्कर्म और हत्या मामले में पीड़िता और उसके शोकाकुल परिवार के लिए तत्काल और निष्पक्ष न्याय की मांग की. उन्होंने चेतावनी दी कि तृणमूल कांग्रेस स्त्रीओं के अधिकारों और सुरक्षा के लिए सड़कों पर लड़ाई जारी रखेगी और पुलिसिया कार्रवाई या नेतृत्वक धमकियों से दबने वाली नहीं है. The post बारुईपुर दुष्कर्म-हत्याकांड के विरोध में सड़क पर उतरीं ममता बनर्जी, लगे चोर-चोर के नारे, टीएमसी-भाजपा कार्यकर्ता भिड़े appeared first on Naya Vichar.

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Stock Market : शेयर बाजार में भारी गिरावट , सेंसेक्स 1600 अंक टूटा, निफ्टी 500 अंक लुढ़का, जानिए वजह

Stock Market : हिंदुस्तानीय शेयर बाजार में मंगलवार को बड़ी गिरावट देखने को मिली. कारोबार के आखिरी घंटे में बिकवाली इतनी तेज हुई कि सेंसेक्स 1,600 अंक से ज्यादा और निफ्टी 500 अंक से अधिक टूटकर बंद हुए. इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ईरान को लेकर दिया गया बयान और पश्चिम एशिया में बढ़ता भू-नेतृत्वक तनाव माना जा रहा है. इसके साथ ही कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल और निवेशकों की बढ़ती चिंता ने बाजार पर दबाव बढ़ा दिया. शेयर बाजार में आज इतनी बड़ी गिरावट क्यों आई? हिंदुस्तानीय शेयर बाजार में गिरावट की शुरुआत सामान्य रही, लेकिन कारोबार के अंतिम घंटे में बिकवाली तेज हो गई. निवेशकों ने जोखिम वाले एसेट्स से पैसा निकालना शुरू कर दिया. मुख्य वजह अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ईरान को लेकर सख्त बयान रहा. उनके बयान के बाद निवेशकों को आशंका हुई कि पश्चिम एशिया में तनाव फिर बढ़ सकता है. इसका सीधा असर वैश्विक बाजारों के साथ हिंदुस्तानीय बाजार पर भी पड़ा. बाजार बंद होने पर क्या रहा हाल? इंडेक्स बंद स्तर गिरावट Sensex 76,555 1,600+ अंक Nifty 50 23,887.45 500+ अंक India VIX 28% से ज्यादा उछाल अस्थिरता बढ़ी India VIX में 28% से अधिक की तेजी यह संकेत देती है कि निवेशकों में डर और अनिश्चितता काफी बढ़ गई है. ट्रंप के बयान का बाजार पर क्या असर पड़ा? NATO सम्मेलन के दौरान डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान और पश्चिम एशिया को लेकर कई सख्त बयान दिए. इन बयानों के बाद बाजार को आशंका हुई कि क्षेत्र में तनाव लंबे समय तक बना रह सकता है. यदि पश्चिम एशिया में संघर्ष बढ़ता है तो. कच्चे तेल की सप्लाई प्रभावित हो सकती है. शिपिंग लागत बढ़ सकती है. वैश्विक महंगाई पर दबाव बढ़ सकता है. निवेशक सुरक्षित निवेश विकल्पों की ओर जा सकते हैं. इसी कारण दुनियाभर के शेयर बाजारों में जोखिम लेने की इच्छा कमजोर हुई. कच्चे तेल की कीमत बढ़ने से हिंदुस्तान क्यों चिंतित है? हिंदुस्तान अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयातित कच्चे तेल से पूरा करता है. इसलिए अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल महंगा होने का असर सीधे हिंदुस्तानीय वित्तीय स्थिति पर पड़ता है. ब्रेंट क्रूड लगभग 4% बढ़कर 76.71 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया. इससे. तेल आयात बिल बढ़ सकता है. पेट्रोल-डीजल महंगा होने की आशंका बढ़ती है. महंगाई पर दबाव आता है. प्रशासन के वित्तीय संतुलन पर असर पड़ सकता है. कंपनियों की लागत बढ़ सकती है. किन सेक्टरों में सबसे ज्यादा गिरावट रही? बाजार में लगभग सभी सेक्टरों में बिकवाली देखने को मिली, लेकिन सबसे ज्यादा दबाव इन सेक्टरों पर रहा. Financial Services PSU Bank Banking बड़े लार्जकैप शेयर बैंकिंग और वित्तीय शेयरों में गिरावट की वजह निवेशकों की जोखिम से दूरी और वैश्विक अनिश्चितता रही. विशेषज्ञ क्या मान रहे हैं? मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि फिलहाल निवेशक भू-नेतृत्वक घटनाओं पर नजर बनाए हुए हैं. यदि. अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम होता है. कच्चे तेल की कीमतें स्थिर रहती हैं. वैश्विक बाजारों में भरोसा लौटता है. तो हिंदुस्तानीय बाजार में रिकवरी देखने को मिल सकती है. लेकिन यदि तनाव बढ़ता है तो आने वाले दिनों में बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है. छोटे निवेशकों को क्या करना चाहिए? ऐसे समय में घबराकर निवेश संबंधी फैसले लेना नुकसानदायक हो सकता है. विशेषज्ञ आमतौर पर सलाह देते हैं. घबराकर शेयर बेचने से बचें. लंबी अवधि की निवेश रणनीति बनाए रखें. पोर्टफोलियो में विविधता रखें. केवल मजबूत कंपनियों में निवेश करें. बाजार में गिरावट को अवसर के रूप में भी देखें. हिंदुस्तान पर इसका आगे क्या असर हो सकता है? यदि पश्चिम एशिया का संकट लंबा चलता है तो. तेल आयात महंगा हो सकता है. रुपये पर दबाव बढ़ सकता है. महंगाई दोबारा बढ़ सकती है. RBI की नीतियों पर असर पड़ सकता है. शेयर बाजार में अस्थिरता बनी रह सकती है. हालांकि यदि तनाव जल्द कम हो जाता है तो बाजार भी तेजी से संभल सकता है. ये भी पढ़ें: 8th Pay Commission: 65% तक सैलरी बढ़ाने की मांग, ₹9000 ट्रांसपोर्ट अलाउंस का भी प्रस्ताव The post Stock Market : शेयर बाजार में भारी गिरावट , सेंसेक्स 1600 अंक टूटा, निफ्टी 500 अंक लुढ़का, जानिए वजह appeared first on Naya Vichar.

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‘इंग्लैंड में खेलना IPL खेलने जैसा नहीं’, जोफ्रा आर्चर ने उड़ाया भारतीय बल्लेबाजों का मजाक

इंग्लैंड के खिलाफ तीसरे टी20 मुकाबले में हिंदुस्तान की करारी हार के बाद तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर का एक बयान सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है. ट्रेंट ब्रिज में स्पोर्ट्से गए मैच में हिंदुस्तानीय बल्लेबाज इंग्लैंड के गेंदबाजों के सामने पूरी तरह संघर्ष करते नजर आए. इसके बाद आर्चर ने इंग्लैंड और IPL की परिस्थितियों के बीच अंतर बताया. IPL और इंग्लैंड क्रिकेट की तुलना जोफ्रा आर्चर ने कहा कि हिंदुस्तानीय बल्लेबाजों को इंग्लैंड की परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढालना होगा, क्योंकि यहां का क्रिकेट IPL से काफी अलग है. आर्चर के मुताबिक IPL में पिचें ज्यादा सपाट होती हैं और बाउंड्री भी छोटी होती हैं, जिससे बल्लेबाजी करना आसान हो जाता है. वहीं इंग्लैंड में गेंदबाजों को अधिक मदद मिलती है और बल्लेबाजों को ज्यादा अनुशासित होकर स्पोर्ट्सना पड़ता है. ‘यह सामान्य क्रिकेट है’ आर्चर ने इंग्लैंड की परिस्थितियों को “नॉर्मल क्रिकेट” बताते हुए कहा कि यहां गेंद और बल्ले के बीच संतुलन देखने को मिलता है. उनके अनुसार बल्लेबाजों को रन बनाने के लिए अपनी तकनीक और धैर्य दोनों का इस्तेमाल करना पड़ता है, जबकि गेंदबाज भी स्पोर्ट्स में प्रभाव छोड़ने की स्थिति में रहते हैं. सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस आर्चर का यह बयान सामने आते ही सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई. कई क्रिकेट प्रशंसकों ने इसे IPL की फ्लैट पिचों पर तंज बताया, जबकि कुछ लोगों का मानना है कि इंग्लिश गेंदबाज केवल घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाते हैं. इंग्लैंड के गेंदबाजों ने मचाया था कहर ट्रेंट ब्रिज में स्पोर्ट्से गए तीसरे टी20 मैच में इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 201 रन बनाए थे. जवाब में हिंदुस्तानीय टीम महज 76 रन पर सिमट गई. जोफ्रा आर्चर ने तीन विकेट लिए, जबकि जोश टंग ने चार बल्लेबाजों को आउट कर हिंदुस्तान की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी. इंग्लैंड ने यह मुकाबला 125 रन से जीतकर सीरीज में दमदार वापसी की. इंग्लैंड सीरीज में 2-0 से आगे पांच मैचों की टी20 सीरीज का तीसरा मुकाबला जीतते ही इंग्लैंड ने सीरीज में 2-0 से बढ़त बना ली है. पहला मैच बारिश के कारण रद्द हो गया था. इसके बाद इंग्लैंड ने दूसरे और तीसरे मुकाबले में अपने नाम किया. अब हिंदुस्तानीय टीम को सीरीज बचाने के लिए हर हाल में जीतना होगा. अब दोनों टीमों की अगला मुकाबला 9 जुलाई को स्पोर्ट्सा जाएगा. यह भी पढ़ें: 20 साल में पहली बार 100+ रन से हारा हिंदुस्तान, इंग्लैंड के खिलाफ मिली टी20 इतिहास की सबसे शर्मनाक हार The post ‘इंग्लैंड में स्पोर्ट्सना IPL स्पोर्ट्सने जैसा नहीं’, जोफ्रा आर्चर ने उड़ाया हिंदुस्तानीय बल्लेबाजों का मजाक appeared first on Naya Vichar.

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जमशेदपुर हिमांशु हत्याकांड: मुख्य आरोपी विश्वनाथ मंडल ने कोर्ट में किया सरेंडर

जमशेदपुर से ब्रजेश सिंह की रिपोर्ट Jamshedpur News: झारखंड के जमशेदपुर में चर्चित हिमांशु सिंह हत्याकांड के मुख्य आरोपी विश्वनाथ मंडल उर्फ बोदरा ने आखिरकार जमशेदपुर कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया. लंबे समय से फरार चल रहे विश्वनाथ की तलाश पुलिस लगातार कर रही थी, लेकिन गिरफ्तारी से बचते हुए उसने सीधे अदालत में सरेंडर कर दिया. कोर्ट ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. अब पुलिस उसे रिमांड पर लेकर पूरे मामले में पूछताछ की तैयारी कर रही है. इस हत्याकांड ने शहर की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए थे, क्योंकि वारदात पुलिस की मौजूदगी में हुई थी. पुलिस की गिरफ्त से बचकर कोर्ट पहुंचा आरोपी मुख्य आरोपी विश्वनाथ मंडल उर्फ बोदरा इस मामले में पुलिस की सबसे बड़ी तलाश था. घटना के बाद से पुलिस लगातार उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थी. इसके बावजूद वह पुलिस के हाथ नहीं लगा. अंततः उसने कोर्ट में सरेंडर कर दिया. सरेंडर के बाद अदालत ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अब उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी, ताकि घटना की पूरी साजिश, अन्य आरोपियों की भूमिका और हमले की योजना से जुड़े सभी तथ्यों का खुलासा किया जा सके. 27 जून की रात हुई थी सनसनीखेज वारदात यह मामला 27 जून की रात का है, जब बिष्टुपुर स्थित डीडी बार के नीचे पुलिस की जीप से दो युवकों को खींचकर उन पर धारदार हथियार से हमला कर दिया गया था. हमले में हिमांशु सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे और बाद में उनकी मौत हो गई. वहीं दूसरे युवक प्रत्युष आनंद गंभीर रूप से घायल हुए, जिनका इलाज अब भी जारी है. उनकी हालत लंबे समय तक गंभीर बनी रही. इस वारदात ने पूरे जमशेदपुर को झकझोर दिया था. घटना जिस तरीके से अंजाम दी गई, उसने पुलिस की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े कर दिए. पुलिस की मौजूदगी में हुआ हमला इस मामले का सबसे गंभीर पहलू यह रहा कि घटना के समय पुलिस मौके पर मौजूद थी. आरोप है कि दोनों युवकों को पुलिस की जीप से बाहर निकालकर उन पर हमला किया गया, लेकिन हमलावरों को रोकने में पुलिस तत्काल प्रभावी कार्रवाई नहीं कर सकी. घटना का वीडियो और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान सामने आने के बाद पूरे मामले ने नेतृत्वक और प्रशासनिक स्तर पर भी तूल पकड़ लिया. पुलिस की भूमिका को लेकर भी व्यापक चर्चा हुई. वीडियो में दिखा था चापड़ से हमला जांच के दौरान सामने आए वीडियो में विश्वनाथ मंडल उर्फ बोदरा कथित रूप से चापड़ से हमला करते हुए दिखाई दिया था. उसके साथ कई अन्य लोग भी मौजूद थे. इसी आधार पर पुलिस ने उसे मुख्य आरोपी बनाया और उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए. पुलिस का मानना है कि विश्वनाथ से पूछताछ के बाद घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका और हमले की पूरी पृष्ठभूमि के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है. 11 आरोपी नामजद, नौ की हो चुकी गिरफ्तारी इस मामले में पुलिस ने कुल 11 लोगों को आरोपी बनाया है. अब तक नौ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है. विश्वनाथ मंडल के सरेंडर के बाद अब अधिकांश प्रमुख आरोपी पुलिस और न्यायिक प्रक्रिया के दायरे में आ चुके हैं. हालांकि अभी भी मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच जारी है. पुलिस सभी आरोपियों की भूमिका, आपसी संबंध और घटना की साजिश के पहलुओं की पड़ताल कर रही है. डीडी बार संचालक नीरज सिंह भी जेल में इस हत्याकांड में डीडी बार के संचालक और भाजपा नेता नीरज सिंह को भी पुलिस गिरफ्तार कर चुकी है. पुलिस ने उनके खिलाफ हत्या की साजिश रचने का आरोप लगाया है. गिरफ्तारी के बाद उन्हें भी न्यायिक हिरासत में भेजा गया है. पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान मिले साक्ष्यों और बयानों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है. यदि पूछताछ के दौरान नए तथ्य सामने आते हैं तो उसके अनुरूप केस को आगे बढ़ाया जाएगा. इसे भी पढ़ें: झारखंड के रमकंडा स्कूल में उतरवा दिया गया बच्चों का कलावा और लॉकेट, जांच करने पहुंची शिक्षा विभाग की टीम रिमांड से खुल सकते हैं कई राज विश्वनाथ मंडल के सरेंडर के बाद अब पुलिस की नजर उसकी रिमांड पर है. जांच एजेंसियों को उम्मीद है कि पूछताछ के दौरान हमले की योजना, घटना के पीछे की वजह, अन्य लोगों की भूमिका और पूरे घटनाक्रम से जुड़े कई अहम राज सामने आ सकते हैं. इस चर्चित हत्याकांड में अब आगे की जांच और अदालत की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं. इसे भी पढ़ें: केरल में राजमहल के प्रवासी मजदूर की संदिग्ध मौत, मछली पकड़ने का करते थे काम The post जमशेदपुर हिमांशु हत्याकांड: मुख्य आरोपी विश्वनाथ मंडल ने कोर्ट में किया सरेंडर appeared first on Naya Vichar.

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रिटायर्ड ARTO के घर करोड़ों का खजाना, विजिलेंस की छापेमारी में 13 किलो सोना और 1.62 करोड़ नकद बरामद

UP News: उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में आगरा के तत्कालीन सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (ARTO) रहे ललित कुमार के लखनऊ स्थित घर पर दो दिन तक छापेमारी की. कार्रवाई के दौरान 1.62 करोड़ रुपये नकद, 13 किलो सोना, 9 किलो चांदी, करोड़ों रुपये की अचल संपत्तियों के दस्तावेज और निवेश से जुड़े रिकॉर्ड बरामद हुए. विजिलेंस ने जब्त संपत्ति की अनुमानित कीमत करीब 35 करोड़ रुपये आंकी है. दो दिन चली तलाशी, घर के अलग-अलग हिस्सों से मिला कैश पीटीआई की रिपोर्ट अनुसार विजिलेंस की टीम ने 7 और 8 जुलाई को अलीगंज की चंद्रलोक कॉलोनी स्थित आवास पर कोर्ट से सर्च वारंट लेकर छापेमारी की. तलाशी के दौरान घर में अलग-अलग जगहों और पैकेटों में छिपाकर रखे गए करीब 1 करोड़ 62 लाख रुपये नकद बरामद किए गए. इसके अलावा बड़ी मात्रा में सोने-चांदी के बिस्किट और आभूषण भी मिले. 13 किलो सोना और 9 किलो चांदी बरामद बरामद सोने और चांदी का मूल्यांकन प्रशासन से मान्यता प्राप्त वैल्यूवर से कराया गया. जांच में करीब 13 किलो सोना और 9 किलो चांदी मिली, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 20 करोड़ रुपये बताई गई है. लखनऊ, नोएडा और बाराबंकी में मिली करोड़ों की संपत्ति छापेमारी के दौरान लखनऊ के अलीगंज, वृंदावन योजना, इस्माइलगंज, मोहनलालगंज और बालागंज समेत कई इलाकों में मकान, प्लॉट और कृषि भूमि के दस्तावेज बरामद हुए. इसके अलावा नोएडा में दो फ्लैट की बुकिंग और बाराबंकी व रायबरेली में जमीन से जुड़े कागजात भी मिले. इन अचल संपत्तियों की अनुमानित कीमत करीब 13 करोड़ रुपये आंकी गई है. कारें, हथियार और करोड़ों के निवेश के दस्तावेज मिले जांच के दौरान विजिलेंस को टोयोटा इनोवा और हुंडई i20 कार, एक लाइसेंसी रिवॉल्वर तथा बैंक, पोस्ट ऑफिस, म्यूचुअल फंड और फिक्स्ड डिपॉजिट में एक करोड़ रुपये से अधिक के निवेश से जुड़े दस्तावेज भी मिले. घर में महंगे फर्नीचर और लग्जरी घरेलू सामान होने के भी प्रमाण मिले हैं. आय से अधिक संपत्ति के मामले में जांच जारी ललित कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में पहले ही भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया जा चुका है. विवेचना के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर कोर्ट से सर्च वारंट लेकर यह कार्रवाई की गई. विजिलेंस का कहना है कि बरामद नकदी, जेवर, निवेश और संपत्तियों का सत्यापन किया जा रहा है और इन्हें जांच का हिस्सा बनाया जाएगा. यह भी पढ़ें: उत्तर प्रदेश की समाचारें पढ़ने के लिए यहां पर क्लिक करें The post रिटायर्ड ARTO के घर करोड़ों का खजाना, विजिलेंस की छापेमारी में 13 किलो सोना और 1.62 करोड़ नकद बरामद appeared first on Naya Vichar.

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वायनाड सुरंग हादसे पर एक्शन, मानव निर्मित आपदा के आरोपों के बीच सीएम सतीशन ने दिए जांच के आदेश

Wayanad tunnel accident : केरल के वायनाड में सुरंग निर्माण स्थल पर हुए भीषण भूस्खलन के बाद राज्य प्रशासन ने हादसे की दो अलग-अलग जांच कराने का फैसला किया है. पीटीआई न्यूज एजेंसी के मुताबिक, मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन ने कहा कि यह पता लगाया जाएगा कि दुर्घटना किन परिस्थितियों में हुई और क्या निर्माण कंपनी ने केंद्र प्रशासन से मिली पर्यावरण मंजूरी की सभी शर्तों का पालन किया था. जांच पूरी होने तक सुरंग निर्माण का काम भी रोक दिया गया है. तीन मजदूरों की मौत, पांच अब भी लापता मेप्पाडी पंचायत क्षेत्र में हुए इस हादसे में मध्य प्रदेश, बिहार और झारखंड के तीन प्रवासी मजदूरों की मौत हो गई, जबकि पांच लोग अब भी लापता हैं. दस लोग घायल हुए हैं, जिनका इलाज अस्पताल में जारी है. एनडीआरएफ, पुलिस, दमकल विभाग और खोजी कुत्तों की मदद से लगातार राहत एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है, लेकिन लगातार बारिश अभियान में बाधा बन रही है. ‘मानव निर्मित आपदा’ पर प्रशासन और कंपनी आमने-सामने राज्य प्रशासन ने इस हादसे को “मानव निर्मित आपदा” करार देते हुए आरोप लगाया कि निर्माण स्थल पर खुदाई से निकली भारी मात्रा में मिट्टी हटाने के निर्देश पहले ही दिए गए थे, लेकिन कंपनी ने उनका पालन नहीं किया. उधर, निर्माण कंपनी ने इन आरोपों से इनकार करते हुए दावा किया कि भूस्खलन निर्माण स्थल से काफी ऊपर हुआ था और जमा मलबे का इससे कोई संबंध नहीं है. पुलिस ने अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. केंद्र प्रशासन ने भी मांगी रिपोर्ट, अमित शाह ने दिया सहयोग का भरोसा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सीएम सतीशन से फोन पर बात कर हादसे की जानकारी ली और केंद्र प्रशासन की ओर से हर संभव मदद का आश्वासन दिया. उन्होंने उच्च स्तरीय जांच कराने की भी सलाह दी. सीएम सतीशन ने बताया कि राज्य मंत्रिमंडल पहले ही विस्तृत जांच का निर्णय ले चुका है और दोषियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी. 2024 की त्रासदी के बाद फिर सवालों के घेरे में वायनाड यह हादसा उसी इलाके के पास हुआ है, जहां 2024 में भी विनाशकारी भूस्खलन ने भारी तबाही मचाई थी. मुख्यमंत्री सतीशन ने कहा कि उन्होंने विपक्ष में रहते हुए इस परियोजना से पहले विस्तृत पर्यावरणीय प्रभाव अध्ययन की मांग की थी, लेकिन उनकी बात को नजरअंदाज कर दिया गया. अब सतीशन प्रशासन यह भी जांच करेगी कि कहीं पर्यावरणीय चेतावनियों की अनदेखी और निर्माण में लापरवाही ने इस नई त्रासदी को जन्म तो नहीं दिया. CPI नेता के राजन ने घटनास्थल का किया दौरा CPI नेता के राजन ने घटनास्थल का दौरा किया है. उन्होंने कहा कि इस घटना पर नेतृत्वक वार पलटवार से बचना चाहिए. इससे ज्यादा बचाव कार्यों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए. यह भी पढ़ें-राजस्थान में अगले 2 से 3 दिन भारी बारिश की संभावना, मानसून आगे बढ़ा The post वायनाड सुरंग हादसे पर एक्शन, मानव निर्मित आपदा के आरोपों के बीच सीएम सतीशन ने दिए जांच के आदेश appeared first on Naya Vichar.

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बच्चे को स्कूल के लिए तैयार करना होगा अब पहले से आसान, बस अपनाएं ये 5 सिंपल और टाइम सेविंग टिप्स

Parenting Tips: सुबह का समय हर उस घर में भागदौड़ भरा होता है, जिनमें छोटे स्कूल जाने वाले शिशु होते हैं. सुबह सोकर उठने से लेकर, ब्रश कराने, नहलाने, ब्रेकफास्ट कराने और यहां तक कि स्कूल बस पर बच्चों को चढ़ाने तक, ऐसा लगता है मानो हम किसी जंग में हिस्सा ले रहे हों. अक्सर जब शिशु सुबह के समय नखरा करते हैं और एक भागदौड़ भरा माहौल घर पर बना देते हैं, तो माता-पिता चिड़चिड़े हो जाते हैं और बच्चों को डांटने और उनके साथ जबरदस्ती करने लग जाते हैं. कई बार तो शिशु रोते हुए भी स्कूल जाने को मजबूर हो जाते हैं. अगर आपके घर पर भी हर सुबह यही माहौल रहता है, तो अब आपको टेंशन लेने की जरूरत बिल्कुल भी नहीं है. आज हम आपको कुछ बेहद ही आसान और प्रैक्टिकल बदलावों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिन्हें अपनी डेली आदतों में शामिल करके आप सुबह के इस समय को काफी ज्यादा शांत और खुशनुमा बना सकेंगे. तो चलिए जानते हैं कुछ ऐसे ही आसान ट्रिक्स जो आपकी इस रोज-रोज की जंग को खत्म कर देंगे. रात को ही कर लें आधी तैयारी सुबह की हड़बड़ी और टेंशन को खत्म करने का सबसे बेस्ट तरीका है कि आप कुछ काम एक रात पहले ही खत्म कर लें. जब आप सुबह-सुबह शिशु की ड्रेस, मोजे, बेल्ट या किताबें ढूंढते हैं, तो समय भी बर्बाद होता है और गुस्सा भी आता है. इस प्रॉब्लम से बचने के लिए रात को सोने से पहले ही शिशु की स्कूल यूनिफॉर्म और जूते निकालकर एक जगह रख दें. इसके साथ ही शिशु का स्कूल बैग उसके टाइम-टेबल के हिसाब से रात में ही सेट करा लें और सुबह ब्रेकफास्ट और टिफिन में क्या बनाना है, यह भी रात में ही सोच लें. अगर आपके लिए पॉसिबल हो तो कुछ सब्जियां पहले से ही काटकर रख लें. इससे सुबह आपका लगभग आधा समय बच जाएगा. ये भी पढ़ें: गुस्से में कहे गए ये 6 शब्द दीमक की तरह चाट सकते हैं शिशु का कॉन्फिडेंस, आपकी छोटी सी बात बिगाड़ सकती है उसका फ्यूचर सोने और जागने का समय बदलें अक्सर सुबह के समय लड़ाई इसलिए होती है क्योंकि शिशु की नींद पूरी नहीं होती और वह बिस्तर से उठने में नखरे करता रहता है. इस प्रॉब्लम से बचने का सिंपल सा तरीका यह है कि आप अपने शिशु को रात में सही समय पर सोने की आदत डलवाएं. बता दें कि जो छोटे शिशु होते हैं, उनके लिए कम से कम 8 से 9 घंटे की नींद बहुत जरूरी है. जब आपका बच्चा रात को जल्दी सोएगा, तो सुबह उसकी नींद अपने आप पूरी हो जाएगी और वह बिना रोए, एक अच्छे मूड में उठेगा. इसके साथ ही, पैरेंट्स को भी शिशु के जागने से कम से कम 20 से 30 मिनट पहले उठ जाना चाहिए. जब आप ऐसा करते हैं, तो आपको अपने खुद के सभी कामों को निपटाने और रिलैक्स होने का भी पूरा समय मिल जाता है. ये छोटा सा पैरेंटिंग हैक आपका समय और एनर्जी दोनों ही बचा सकता है. सुबह के कामों के लिए एक फिक्स रूटीन बनाएं छोटे बच्चों को अगर सरप्राइज मिले तो यह उन्हें बहुत ही अच्छा लगता है, लेकिन यह सरप्राइज उन्हें सुबह-सुबह बिल्कुल नहीं मिलना चाहिए. अगर आप सुबह के कामों का कोई फिक्स रूटीन और टाइमिंग सेट नहीं करेंगे, तो आपका बच्चा कन्फ्यूज हो जाएगा. अपने शिशु को इस कन्फ्यूजन से बचाने के लिए सबसे पहले एक सिंपल सा रूटीन बनाएं. उदाहरण के लिए सबसे पहले सोकर उठना, इसके बाद ब्रश करना, फिर नहाना, फिर कपड़े पहनना और लास्ट में ब्रेकफास्ट करना. जब ये सारे काम हर दिन एक ही तरीके से होने लगेंगे, तो शिशु को भी इसकी आदत हो जाएगी और उसे बार-बार टोकना नहीं पड़ेगा. कुछ ही दिनों में बच्चा बिना कहे खुद ही अपने सारे काम एक के बाद एक करने लग जाएगा. ये भी पढ़ें: क्या आप भी अपने शिशु को बनाना चाहते हैं सफल? आज रात सोने से पहले उनसे जरूर कहें ये 5 जादुई बातें चिल्लाने के बजाय बच्चों को प्यार से जगाएं सुबह के समय जब हम स्कूल के लिए देर होने के चक्कर में शिशु पर चिल्लाते हैं या फिर उसे डांटकर जगाते हैं, तो शिशु का मूड खराब हो जाता है और वह चिड़चिड़ा सा भी रहने लगता है. जब आपका बच्चा चिड़चिड़ा होगा तो वह किसी भी काम को करने में ज्यादा समय लगाने लगेगा. आपके शिशु का मूड सही रहे, इसलिए उसकी सुबह की शुरुआत प्यार से करने की कोशिश करें. शिशु को डांटने की जगह पर उसे किस करके, प्यार से सहलाकर या फिर उसका फेवरेट गाना गाकर जगाना सबसे बेस्ट तरीका माना जाता है. जब आप ऐसा करेंगे तो आपका बच्चा खुश होकर उठेगा और आपकी सभी बातों को मानेगा भी. बच्चों को खुद जिम्मेदारी लेने का मौका दें कई बार पैरेंट्स की यह आदत होती है कि वे अपने शिशु के हर एक काम को खुद ही करने की कोशिश करने लग जाते हैं. जब आप हर दिन ऐसा करने लगते हैं, तो बच्चों पर प्रेशर बढ़ जाता है. एक सही पैरेंटिंग तब होती है जब आप अपने शिशु को इसकी उम्र के हिसाब से सेल्फ-डिपेंडेंट बनने का मौका देते हैं. उदहारण के लिए शिशु को अपने जूते खुद पहनने दें, अपनी ड्रेस खुद बदलने दें या अपना लंच बॉक्स खुद बैग में रखने को कहें. जब शिशु खुद अपना काम करते हैं, तो वे ज्यादा एक्साइटेड और मोटिवेटेड रहते हैं. शुरुआत में वे सभी कामों को थोड़ा धीरे-धीरे करेंगे, इसलिए आपको थोड़ा पेशेंस भी रखना पड़ेगा. मगर यकीन रखिये धीरे-धीरे उनकी स्पीड बढ़ जाएगी और आपका काम काफी हल्का हो जाएगा. ये भी पढ़ें: शिशु को कब डायपर पहनाना चाहिए और कब नहीं? जानिए ज्यादातर पैरेंट्स कहां कर देते हैं गलती The post शिशु को स्कूल के लिए तैयार करना होगा अब पहले से आसान, बस अपनाएं ये 5 सिंपल और टाइम सेविंग टिप्स appeared first on Naya Vichar.

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Alpha Box Office Collection Day 5: सोमवार की सुस्ती के बाद ‘अल्फा’ ने पकड़ी रफ्तार, जानिए 5वें दिन कितना कमाया

Alpha Box Office Collection Day 5: आलिया भट्ट और शरवरी की स्पाई-एक्शन फिल्म ‘अल्फा’ बॉक्स ऑफिस पर अपनी पकड़ बनाए हुए है. सोमवार को फिल्म की कमाई में गिरावट जरूर आई थी, लेकिन मंगलवार को इसने फिर से शानदार वापसी कर ली. पांचवें दिन की कमाई के साथ फिल्म ने 40 करोड़ रुपये का आंकड़ा भी पार कर लिया है. आइए जानते हैं फिल्म का डे 5 बॉक्स ऑफिस कलेक्शन और अब तक की पूरी कमाई. Alpha Box Office Day 5: मंगलवार को फिर बढ़ी फिल्म की रफ्तार Sacnilk की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, ‘अल्फा‘ ने रिलीज के पांचवें दिन यानी मंगलवार को 4.25 करोड़ रुपये की कमाई की. इससे पहले सोमवार को फिल्म ने 3.85 करोड़ रुपये का कारोबार किया था. यानी वीकडे होने के बावजूद फिल्म की कमाई में हल्की बढ़त देखने को मिली. इसी के साथ फिल्म का हिंदुस्तान में कुल नेट कलेक्शन 42.10 करोड़ रुपये पहुंच गया है. अब फिल्म की नजर वीकेंड से पहले अपनी कमाई को और मजबूत करने पर होगी. Alpha Worldwide Collection: दुनियाभर में भी अच्छा प्रदर्शन Sacnilk की रिपोर्ट के मुताबिक, ‘अल्फा’ ने पांचवें दिन दुनियाभर में करीब 1.50 करोड़ रुपये का ग्रॉस कलेक्शन किया. इसके साथ ही फिल्म की कुल वर्ल्डवाइड कमाई 70.03 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है. Alpha vs Dhamaal 4: अब आगे क्या होगी सबसे बड़ी चुनौती? फिलहाल ‘अल्फा’ के पास कमाई बढ़ाने के लिए कुछ और दिन हैं. लेकिन 10 जुलाई 2026 से फिल्म की राह थोड़ी मुश्किल हो सकती है, क्योंकि उसी दिन अजय देवगन की मल्टीस्टारर कॉमेडी फिल्म ‘धमाल 4’ सिनेमाघरों में रिलीज हो रही है. ऐसे में नई रिलीज का असर ‘अल्फा’ के बॉक्स ऑफिस कलेक्शन पर पड़ सकता है और इसके स्क्रीन शेयर व कमाई में गिरावट देखने को मिल सकती है. Alpha Cast: फिल्म में कौन-कौन आया नजर? ‘अल्फा’ का निर्देशन शिव रवैल ने किया है. फिल्म में आलिया भट्ट और शरवरी लीड रोल में हैं. इनके साथ बॉबी देओल और अनिल कपूर भी अहम किरदार निभा रहे हैं. वहीं, फिल्म में ऋतिक रोशन ने ‘वॉर’ के अपने मशहूर किरदार मेजर कबीर धालीवाल के रूप में खास कैमियो किया है. यह फिल्म YRF Spy Universe का हिस्सा है, इसलिए इसमें एक्शन और स्पाई मिशन का जबरदस्त तड़का देखने को मिलता है. यह भी पढ़ें: Alpha के सपोर्ट में उतरे करण जौहर, आलिया भट्ट के हुनर की तारीफ की, शरवरी और बॉबी देओल का नाम भी नहीं लिया यह भी पढ़ें: Alia Bhatt Net Worth: कितने करोड़ की मालकिन हैं आलिया भट्ट, एक फिल्म के लिए इतना करती हैं चार्ज The post Alpha Box Office Collection Day 5: सोमवार की सुस्ती के बाद ‘अल्फा’ ने पकड़ी रफ्तार, जानिए 5वें दिन कितना कमाया appeared first on Naya Vichar.

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₹10 लाख की रेंज में पैनोरमिक सनरूफ वाली कार चाहिए? Tata Nexon से Kia Syros तक ये 5 मॉडल्स हैं बेस्ट

अगर नई कार खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं और आपकी विश लिस्ट में पैनोरमिक सनरूफ सबसे ऊपर है, तो अब इसके लिए 20 लाख रुपये खर्च करने की जरूरत नहीं है. पिछले कुछ वर्षों में यह फीचर प्रीमियम कारों से निकलकर मिड-बजट सेगमेंट तक पहुंच चुका है. अब 10 से 12 लाख रुपये के बजट में भी कई ऐसी एसयूवी मौजूद हैं, जो स्टाइल, फीचर्स और पैनोरमिक सनरूफ का शानदार कॉम्बिनेशन ऑफर करती हैं. खास बात यह है कि टाटा नेक्सॉन के नए वेरिएंट ने इस सेगमेंट में कीमत का नया बेंचमार्क भी सेट कर दिया है. Tata Nexon बनी सबसे किफायती विकल्प अगर सबसे कम कीमत में पैनोरमिक सनरूफ वाली कार खरीदना चाहते हैं, तो Tata Nexon इस समय सबसे मजबूत विकल्प बनकर सामने आई है. कंपनी ने हाल ही में Pure+ PS वेरिएंट लॉन्च किया है, जिसकी एक्स-शोरूम कीमत 9.59 लाख रुपये है. यही वजह है कि यह देश की पहली ऐसी कार बन गई है, जिसमें 10 लाख रुपये से कम कीमत पर वॉइस-असिस्टेड पैनोरमिक सनरूफ मिलता है. इसके साथ Nexon अपने मजबूत सेफ्टी पैकेज और एसयूवी स्टाइल के कारण भी ग्राहकों को आकर्षित करती है. Kia Syros और Mahindra XUV 3XO भी हैं शानदार विकल्प अगर बजट थोड़ा बढ़ाया जा सकता है, तो Kia Syros भी एक अच्छा विकल्प साबित हो सकती है. इसका HTK+ वेरिएंट 10.74 लाख रुपये की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत पर पैनोरमिक सनरूफ के साथ आता है. Nexon के नए वेरिएंट के आने से पहले यही देश की सबसे किफायती पैनोरमिक सनरूफ वाली कार थी. वहीं Mahindra XUV 3XO का RevX A वेरिएंट भी इस फीचर के साथ उपलब्ध है. इसकी शुरुआती कीमत 11.16 लाख रुपये है. इसमें 1.2 लीटर टर्बो पेट्रोल इंजन मिलता है, जो 131hp की पावर और 230Nm टॉर्क जनरेट करता है. यह इंजन मैनुअल और ऑटोमैटिक दोनों ट्रांसमिशन विकल्पों के साथ उपलब्ध है. MG Astor देती है प्रीमियम एक्सपीरिएंस अगर आपकी प्राथमिकता प्रीमियम केबिन और आरामदायक ड्राइविंग है, तो MG Astor भी इस लिस्ट में मजबूत दावेदार है. इसका Shine वेरिएंट 11.34 लाख रुपये की एक्स-शोरूम कीमत पर ड्यूल-पेन पैनोरमिक सनरूफ के साथ आता है. इसमें 1.5 लीटर नैचुरली एस्पिरेटेड पेट्रोल इंजन मिलता है, जिसे मैनुअल और CVT गियरबॉक्स दोनों के साथ खरीदा जा सकता है. Astor अपने फीचर-लोडेड केबिन और प्रीमियम फिनिश की वजह से अलग पहचान बनाती है. Tata Curvv भी देती है स्टाइल और फीचर्स का कॉम्बिनेशन अगर कूपे एसयूवी डिजाइन पसंद है, तो Tata Curvv भी इस बजट में एक आकर्षक विकल्प है. इसका Pure+ S वेरिएंट 11.65 लाख रुपये की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत पर पैनोरमिक सनरूफ के साथ आता है. इसमें 1.2 लीटर टर्बो पेट्रोल इंजन दिया गया है, जो 120hp की पावर और 170Nm टॉर्क जेनरेट करता है. यह वेरिएंट उन ग्राहकों के लिए बेहतर हो सकता है, जो स्टाइलिश डिजाइन के साथ आधुनिक फीचर्स चाहते हैं. किसे खरीदना रहेगा सबसे बेहतर? अगर सबसे कम कीमत में पैनोरमिक सनरूफ चाहिए, तो Tata Nexon फिलहाल सबसे बेहतर वैल्यू ऑफर करती है. वहीं Kia Syros और Mahindra XUV 3XO फीचर्स और परफॉर्मेंस का अच्छा संतुलन देती हैं. MG Astor प्रीमियम केबिन एक्सपीरिएंस ऑफर करती है, जबकि Tata Curvv अपने कूपे एसयूवी डिजाइन और मॉडर्न फीचर्स के कारण अलग पहचान बनाती है. खरीदने से पहले अपने बजट, इंजन विकल्प और जरूरत के हिसाब से इन सभी मॉडलों की तुलना जरूर करें. ये भी पढ़ें: टाटा सफारी से अपग्रेड करना चाहते हैं? ऑफ-रोडिंग से लेकर लग्जरी तक फील देंगे ये 5 SUV The post ₹10 लाख की रेंज में पैनोरमिक सनरूफ वाली कार चाहिए? Tata Nexon से Kia Syros तक ये 5 मॉडल्स हैं बेस्ट appeared first on Naya Vichar.

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बारुईपुर मुठभेड़ पर बोलीं कामदुनी आंदोलन की नेता मौसुमी कयाल- यह असुरों के संहार की शुरुआत

Baruipur Encounter: पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के बारुईपुर में 11 वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म और हत्या मामले के मुख्य आरोपी प्रभाष मंडल के पुलिस मुठभेड़ में मारे जाने पर स्त्रीओं ने खुशी का इजहार किया है. स्त्रीओं के खिलाफ यौन हिंसा के खिलाफ आवाज उठाने वाली चर्चित एक्टिविस्ट मौसुमी कयाल ने आरोपी की मौत पर संतोष व्यक्त करते हुए इसे ‘असुरों के संहार की शुरुआत’ करार दिया है. मंगलवार देर रात मुठभेड़ में मारा गया प्रभाष मंडल मंगलवार देर रात बारुईपुर में पुलिस के साथ हुई कथित मुठभेड़ में मुख्य आरोपी प्रभाष मंडल को मार गिराया गया. इस समाचार पर प्रतिक्रिया देते हुए कयाल ने बुधवार को कहा कि आरोपी के मारे जाने से उन्हें बहुत सुकून मिला है. उन्होंने कहा कि राज्य में स्त्रीओं और मासूम बेटियों के खिलाफ बढ़ते जघन्य अपराधों पर पूरी तरह अंकुश लगाने के लिए ऐसे ही त्वरित और कड़े कदम समय की मांग हैं. बलात्कारियों के लिए यही असली सजा : मौसुमी कयाल मुठभेड़ की इस कार्रवाई को ‘प्रशंसनीय’ और पूरी तरह ‘जायज’ ठहराते हुए मौसुमी कयाल ने कहा कि ऐसे मामलों में ढिलाई की बजाय अपराधियों के खिलाफ तुरंत और कठोरतम कदम उठाए जाने चाहिए. कामदुनी आंदोलन की अगुवा ने कहा- जांच होनी चाहिए, आरोपियों के बयान दर्ज किये जाने चाहिए और उसके बाद उन्हें मुठभेड़ में मार गिराया जाना चाहिए. यही असली न्याय है. बलात्कारियों के लिए यही सबसे बड़ा सबक और सजा है, ताकि कोई भी अपराधी इस राज्य में किसी भी स्त्री के खिलाफ अपराध करने की सोच भी न सके. ये भी पढ़ें : बारुईपुर कांड : शुभेंदु अधिकारी ने डीजीपी से 72 घंटे में मांगी रिपोर्ट, कहा- कट्टरपंथी और देश विरोधी ताकतों ने भड़कायी हिंसा ममता बनर्जी की प्रशासन पर साधा निशाना मौसुमी कयाल ने पूर्ववर्ती तृणमूल कांग्रेस प्रशासन के रवैये पर तीखा हमला बोला. उन्होंने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी के शासनकाल में बलात्कार जैसे गंभीर और संवेदनशील मामलों को भी अक्सर ‘मनगढ़ंत’ या ‘सजायी गयी घटनाएं’ बताकर खारिज कर दिया जाता था. कामदुनी से आरजी कर तक के आरोपियों को मिला संरक्षण कयाल ने कहा कि वर्ष 2013 के कामदुनी कांड से लेकर आरजी कर मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल की दुखद घटना तक, कई बार आरोपियों को प्रशासनी वकीलों और सीआईडी के कुछ अधिकारियों द्वारा संरक्षण दिये जाने की बातें सामने आयी थीं. कयाल ने याद दिलाया कि जब वह 2013 में कॉलेज छात्रा से गैंगरेप और हत्या के बाद इंसाफ मांगने सड़कों पर उतरी थीं, तब तत्कालीन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने उन्हें ‘माओवादी’ तक कह दिया था. लेकिन सामाजिक दबाव के बावजूद वे (कयाल) डरी नहीं और लंबी कानूनी और सामाजिक लड़ाई लड़ी. ये भी पढ़ें : बारुईपुर नाबालिग दुष्कर्म-हत्याकांड का मुख्य आरोपी आनंद प्रशासन गिरफ्तार, अब तक 3 पकड़ाये ‘बदल रही हैं परिस्थितियां, आम लोग और माताएं खुश’ मौसुमी कयाल ने हिंदुस्तानीय जनता पार्टी (भाजपा) की प्रशासन और उसके प्रशासनिक रुख की खुलकर सराहना की. उन्होंने कहा कि राज्य में अब स्थितियां तेजी से बदल रही हैं. नये प्रशासन ने स्त्री सुरक्षा के प्रति जीरो टॉलरेंस का कड़ा संदेश दिया है. आम नागरिक और माताएं इस त्वरित कार्रवाई से खुश हैं, क्योंकि उन्होंने कभी इस तरह की सख्त और सीधी पुलिसिया कार्रवाई की कल्पना भी नहीं की थी. उन्होंने कहा कि इस मुठभेड़ से अपराधियों और असामाजिक तत्वों के मन में कानून का खौफ पैदा होगा. ये भी पढ़ें : बारुईपुर में नाबालिग की हत्या के बाद युवक को पीट-पीटकर मार डाला, कुलपी रोड जाम, पुलिस कैंप पर हमला ये भी पढ़ें : पश्चिम बंगाल : बारुईपुर दुष्कर्म के आरोपी की पुलिस एनकाउंटर में मौत, मां ने शव लेने से किया इनकार The post बारुईपुर मुठभेड़ पर बोलीं कामदुनी आंदोलन की नेता मौसुमी कयाल- यह असुरों के संहार की शुरुआत appeared first on Naya Vichar.

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