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Bihar Road Project: बिहार के इस बाजार में बनेगा 2 KM का फोरलेन फ्लाईओवर, NHAI ने निकाला टेंडर, खर्च होंगे 148.90 करोड़

Bihar Road Project: बिहार के सुपौल जिले के सिमराही बाजार में सड़क यातायात को बेहतर करने के लिए बड़ा काम होने जा रहा है. यहां एनएच-27 पर 2.04 किलोमीटर लंबा चार लेन का फ्लाईओवर बनाया जाएगा. हिंदुस्तानीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी एनएचएआई ने इसके लिए निविदा जारी कर दी है. फ्लाईओवर के साथ सर्विस रोड भी बनेगी यह परियोजना सिर्फ फ्लाईओवर बनाने तक सीमित नहीं है. इसके साथ पहुंच मार्ग और सर्विस रोड भी तैयार की जाएगी. इससे सिमराही बाजार के इस हिस्से में आने-जाने वाले वाहनों को बेहतर रास्ता मिल सकेगा. परियोजना एनएच-27 के करीब 2.04 किलोमीटर हिस्से में बनाई जाएगी. 148.90 करोड़ की अनुमानित लागत एनएचएआई के निविदा दस्तावेज के अनुसार परियोजना की अनुमानित लागत ₹148.90 करोड़ है. यह राशि जीएसटी को छोड़कर है. निर्माण का काम इंजीनियरिंग, खरीद और निर्माण यानी ईपीसी तरीके से कराया जाएगा. दो साल में पूरा करना होगा काम एनएचएआई ने इस परियोजना को पूरा करने के लिए दो साल का समय तय किया है. इसके अलावा ठेकेदार को निर्माण पूरा होने के बाद 10 साल तक रखरखाव की जिम्मेदारी भी दी जाएगी. बिहार की ताजा समाचारों के लिए क्लिक करें अभी निर्माण शुरू नहीं हुआ है फिलहाल यह परियोजना निविदा के चरण में है. एनएचएआई ने 17 सितंबर को निविदा जारी की है. इच्छुक कंपनियां 2 नवंबर 2026 तक अपनी तकनीकी और वित्तीय बोली जमा कर सकती हैं. इसके बाद 3 नवंबर को बोलियां खोली जाएंगी. सिमराही बाजार एनएच-27 पर स्थित है. यहां फ्लाईओवर के साथ सर्विस रोड और पहुंच मार्ग बनने से इस हिस्से में सड़क ढांचे को बेहतर करने की योजना है. इसे भी पढ़ें : Bihar Ka Mausam: बिहार में 30-40 KMPH की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, 26 सितंबर तक बदलेगा मौसम, 3 दिन सभी 38 जिलों में येलो अलर्ट The post Bihar Road Project: बिहार के इस बाजार में बनेगा 2 KM का फोरलेन फ्लाईओवर, NHAI ने निकाला टेंडर, खर्च होंगे 148.90 करोड़ appeared first on Naya Vichar.

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अयोध्या में फिर जीवंत होंगी रामलला के संघर्षकाल की यादें: टेंट से अस्थायी मंदिर तक की वो पूरी कहानी, अब श्रद्धालु देख सकेंगे…

Ayodhya Ram Mandir: जिस रामलला को कभी टेंट में विराजकर भक्तों के दर्शन देने पड़े थे, उनकी वह संघर्षगाथा अब आने वाली पीढ़ियां भी देख सकेंगी. अयोध्या में उस दौर की यादों को सहेजने की तैयारी पूरी हो चुकी है. टेंट से अस्थायी मंदिर और वहां से भव्य राम मंदिर तक की यात्रा को तस्वीरों, अभिलेखों और डिजिटल माध्यम से सामने लाया जाएगा. अस्थायी मंदिर बनेगा स्मृति स्थल अयोध्या स्थित राम जन्मभूमि परिसर में बने अस्थायी मंदिर को धार्मिक स्मृति स्थल के रूप में विकसित किया गया है. यहां एक विशेष दीर्घा तैयार करने की योजना है. इसमें रामलला के टेंट में रहने से लेकर अस्थायी मंदिर में पूजा और दर्शन तक की जानकारी दिखाई जाएगी. 1990 से अब तक के महत्वपूर्ण चित्र भी दीर्घा का हिस्सा होंगे. डॉक्यूमेंट्री में दिखेगा संघर्षकाल श्रद्धालुओं को इस दौर की कहानी डॉक्यूमेंट्री फिल्म के जरिए भी दिखाई जाएगी. इसमें पुजारियों, सेवकों और सुरक्षाबलों की भूमिका को भी जगह दी जाएगी. उद्देश्य यह है कि युवा पीढ़ी रामलला के संघर्षकाल और उससे जुड़ी स्मृतियों को करीब से समझ सके. सागौन की लकड़ी से बना है मंदिर ट्रस्ट के अनुसार अस्थायी मंदिर का निर्माण टीकवुड यानी सागौन की लकड़ी से कराया गया है. इसकी बनावट भी राम मंदिर की शैली से मिलती-जुलती है. परिसर में अखंड ज्योति भी स्थापित की गई है, जो लगातार प्रज्ज्वलित रहती है. अभी श्रद्धालुओं के लिए यहां प्रवेश शुरू नहीं हुआ है. काम पूरा होने के बाद दर्शन की अनुमति दिए जाने की तैयारी है. तीन साल नौ माह 29 दिन का रहा प्रवास सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद 25 मार्च 2020 को रामलला को टेंट से अस्थायी मंदिर में विराजमान कराया गया था. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विग्रह को अपनी गोद में लेकर गर्भगृह में स्थापित किया था. इसके बाद रामलला करीब तीन साल नौ माह 29 दिन तक इसी अस्थायी मंदिर में विराजमान रहे. अब इसी दौर की स्मृतियां एक जगह सहेजकर श्रद्धालुओं के सामने रखने की तैयारी है. Also Read: वाराणसी में 30 लाख के इनामी नक्सली कमांडर का एनकाउंटर, ATS से मुठभेड़ में बृजेश गंझू ढेर The post अयोध्या में फिर जीवंत होंगी रामलला के संघर्षकाल की यादें: टेंट से अस्थायी मंदिर तक की वो पूरी कहानी, अब श्रद्धालु देख सकेंगे… appeared first on Naya Vichar.

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मुंबई में कोस्टल रोड फ्लाईओवर से नीचे गिरी BMW, जानिए इतनी सेफ होने के बावजूद कैसे हो गया ये हादसा? वीडियो देख कर उड़ जाएंगे होश

मुंबई के कोस्टल रोड पर रविवार तड़के एक रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा हो गया. एक तेज रफ्तार BMW कार डिवाइडर और रेलिंग तोड़ते हुए करीब 75 फीट नीचे जा गिरी. हादसा इतना भीषण था कि कार के परखच्चे उड़ गए और इसमें सवार 3 छात्रों की मौके पर ही मौत हो गई. वहीं 1 छात्र का इलाज चल रहा है. लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि BMW जैसी सुरक्षित और आधुनिक लग्जरी कार में इतने एडवांस सेफ्टी सिस्टम होते हुए भी, इतना गंभीर हादसा कैसे हो गया? आइए इसे विस्तार से समझते हैं. क्या है मामला? यह हादसा 20 सितंबर 2026 की सुबह करीब 5 बजे हुआ. मुंबई पुलिस के मुताबिक BMW कार कोस्टल रोड पर मरीन ड्राइव से हाजी अली की ओर जा रही थी. तभी BMW ने नियंत्रण खोया, बाहरी बैरियर से टकराई और करीब 75 फीट नीचे जा गिरी. यह हादसा इतना भयानक था कि इसमें बैठे 4 में से 3 लोगों की मृत्यु हो गई है. वहीं 1 युवक का इलाज जारी है. रिपोर्ट के मुताबिक कार तेज रफ्तार में थी और मोड़ को सही तरह से नहीं ले सकी. इसके बाद कार बाहरी रेलिंग से टकराई और नीचे निर्माणाधीन पार्किंग एरिया में जा गिरी. CCTV में कार ऊंचाई से नीचे गिरने का वीडियो रिकॉर्ड हुआ है. ये भी पढ़ें: हिंदुस्तान में सबसे ज्यादा रेंज देने वाले टॉप-5 इलेक्ट्रिक स्कूटर्स, सिंगल चार्ज में 418 KM तक चलेंगे हादसे की मुख्य वजह: तय सीमा से ज्यादा रफ्तार मुंबई पुलिस की शुरुआती जांच के मुताबिक, हादसे के वक्त कार की रफ्तार रोड के तय मानक (80kmph) से ज्यादा थी. यही ओवरस्पीडिंग ही इस दर्दनाक हादसे की सबसे बड़ी वजह बनी. वीडियो में देखा जा सकता है कि कैसे, कार ने अपना नियंत्रण खोया और आउटर रेलिंग से टकराकर, हवा में उछल गई. इतनी सुरक्षित कार होने के बाद भी क्यों गई जान? अक्सर लोग मानते हैं कि प्रीमियम लग्जरी कारों में हादसों का खतरा कम होता है. लेकिन फिजिक्स के नियमों के आगे कोई भी मशीन या टेक्नोलॉजी पूरी तरह सुरक्षित नहीं है. जब कोई वाहन 150 या 200 kmph की स्पीड पर होता है, तो उसका मोमेंटम बहुत ज्यादा बढ़ जाता है. इतनी तेज गति पर अगर गाड़ी किसी कंक्रीट की दीवार से टकराती है, तो इम्पैक्ट एनर्जी इतनी ज्यादा होती है कि कार के क्रम्पल जोन भी उसे सोख नहीं पाते. हाई स्पीड पर फेल हो जाते हैं सेफ्टी फीचर्स BMW जैसी कारों में दर्जनों सेंसर और सेफ्टी सिस्टम होते हैं, लेकिन इनकी भी एक लिमिट तय होती है. अगर गाड़ी 75 फीट की ऊंचाई से सीधे नीचे गिरती है, तो एयरबैग्स भी यात्रियों को नहीं बचा सकते. ग्रेविटी और बहुत तेज झटके के कारण कार की छत और पिलर्स पूरी तरह पिचक जाते हैं. इससे अंदर बैठे लोगों को सर्वाइवल स्पेस (बचने की जगह) नहीं मिल पाता और गंभीर चोटें आती हैं. BMW की कारों में मिलने वाले अहम सेफ्टी फीचर्स हालांकि इस हादसे में स्पीड ज्यादा होने के कारण नुकसान बड़ा हुआ, लेकिन आमतौर पर BMW में कई बेहतरीन सेफ्टी फीचर्स आते हैं जो ऐसे हादसों से बचाते हैं: ADAS (एडवांस्ड ड्राइवर असिस्टेंस सिस्टम): यह ऑटोमैटिक ब्रेकिंग और लेन डिपार्चर वॉर्निंग देकर हादसों से बचाता है. DSC (डायनेमिक स्टेबिलिटी कंट्रोल): तेज मोड़ पर कार को फिसलने से रोकता है और टायर की ग्रिप बनाए रखता है. मल्टीपल एयरबैग्स: इनमें फ्रंट, साइड, कर्टेन और नी (Knee) एयरबैग्स शामिल होते हैं जो झटके को कम करते हैं. हाई स्ट्रेंथ केबिन: इसका ढांचा क्रैश के दौरान झटके को पूरे बॉडी शेल में फैला देता है. क्रम्पल जोन: गाड़ी का आगे और पीछे का हिस्सा, जो टक्कर के वक्त पिचक कर मुख्य केबिन को सुरक्षित रखता है. क्या है BMW कार की स्पेसिफिकेशंस?  रिपोर्ट के अनुसार हादसे वाली BMW का सटीक मॉडल, वेरिएंट, इंजन और पावर आउटपुट आधिकारिक तौर अभी साझा नहीं किया गया है. फिलहाल इसे सिर्फ ब्लैक BMW के रूप में पहचाना जा सकता है. हालांकि देखने से ये, BMW 3 Series, 320i, 330i या M340i प्रतीत होती है. लेकिन जब तक पुष्टि नहीं होती अभी यह तय करना मुश्किल है. BMW की गाड़ियां अपनी परफॉर्मेंस और पावरफुल इंजन के लिए दुनियाभर में जानी जाती हैं. इनमें अमूमन 2.0-लीटर से लेकर 3.0-लीटर तक का ट्विन-पावर टर्बो इंजन मिलता है. यह इंजन आसानी से 250 से 350 हॉर्सपावर (BHP) जनरेट कर सकता है, जो गाड़ी को महज 5-6 सेकंड में 0 से 100 kmph की स्पीड पर पहुंचा देता है. इन कारों में ऑल-व्हील ड्राइव (AWD) और बेहतरीन एयरोडायनामिक्स होते हैं. इससे यह तेज रफ्तार पर भी सड़क से चिपकी रहती हैं. लेकिन, यही शानदार पिकअप और स्पीड कई बार खाली सड़कों पर युवाओं के लिए जानलेवा साबित हो जाती है. ये भी पढ़ें: 8 साल की वारंटी और 150km की धांसू रेंज, कार के चार्जर से चार्ज होने वाली Raptee.HV की डिलीवरी शुरू The post मुंबई में कोस्टल रोड फ्लाईओवर से नीचे गिरी BMW, जानिए इतनी सेफ होने के बावजूद कैसे हो गया ये हादसा? वीडियो देख कर उड़ जाएंगे होश appeared first on Naya Vichar.

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झारखंड में एमएमडीआर एक्ट पर क्यों शुरू हुआ राजनीतिक घमासान? बाबूलाल मरांडी ने सरकार से मांगे ये 3 बड़े जवाब

बोकारो. झारखंड विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने एमएमडीआर (माइंस एंड मिनरल्स डेवलपमेंट एंड रेगुलेशन) एक्ट में हुए संशोधन को लेकर राज्य प्रशासन पर निशाना साधा है. रविवार को बोकारो स्थित आवास पर पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य प्रशासन संसद में चुप्पी साधने के बाद विज्ञापनों और बयानों के जरिये जनता के बीच भ्रम की स्थिति पैदा कर रही है. बाबूलाल मरांडी ने कहा कि यदि एमएमडीआर एक्ट ही राज्य की प्रमुख समस्या है, तो प्रशासन को अपनी खनन नीति, प्रशासनिक स्तर पर सामने आ रही कमियों और लंबे समय से बंद पड़ी खदानों की स्थिति पर भी जवाब देना चाहिए. उन्होंने कहा कि राज्य प्रशासन को यह स्पष्ट करना चाहिए कि संशोधित कानून का झारखंड के राजस्व, खनन उद्योग और रोजगार पर वास्तविक प्रभाव क्या होगा. ये भी पढ़ें: PLI और RPLI से बोकारो पश्चिमी मंडल ने जुटाए 3.83 करोड़, 24 सितंबर को ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में चलेगा विशेष अभियान राजस्व को लेकर प्रशासन से मांगा तथ्य मरांडी ने दावा किया कि केंद्र प्रशासन के संशोधनों के बाद पिछले वर्षों में राज्यों के खनिज राजस्व में वृद्धि हुई है. केंद्र प्रशासन की ओर से भी अगस्त 2026 में जारी जानकारी में कहा गया था कि एमएमडीआर संशोधन के बाद राज्यों को खनन क्षेत्र से मिलने वाले प्रमुख राजस्व स्रोत जारी रहेंगे और राज्यों को खनिज क्षेत्र के राजस्व का बड़ा हिस्सा मिलता रहेगा. वहीं, झारखंड प्रशासन की ओर से इस संशोधन को लेकर राजस्व पर संभावित असर की चिंता जताई गई है. अगस्त में राज्य के वित्त मंत्री ने संशोधित एमएमडीआर कानून के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जाने की बात कही थी और राजस्व नुकसान की आशंका जतायी थी. रोजगार और खनन उद्योग पर भी उठाये सवाल नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि प्रशासन को नेतृत्वक आरोप-प्रत्यारोप के बजाय एक्ट के प्रावधानों और उसके संभावित प्रभावों से जुड़े तथ्य सार्वजनिक करने चाहिए. उन्होंने खनन उद्योग, रोजगार और राज्य के राजस्व पर पड़ने वाले प्रभाव का स्पष्ट आकलन सामने रखने की मांग की. मरांडी ने आरोप लगाया कि हेमंत सोरेन प्रशासन कानून के वास्तविक प्रावधानों को सामने रखने के बजाय जनता के बीच भ्रम और भय का माहौल बना रही है. उन्होंने कहा कि प्रशासन को विज्ञापनों के बजाय अपने कामकाज और खनन क्षेत्र की स्थिति का हिसाब जनता के सामने रखना चाहिए. मौके पर पूर्व मंत्री कृष्ण कुमार मुन्ना, जयदेव राय, लक्ष्मण नायक, अर्चना सिंह, कुमार अमित समेत भाजपा के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद थे. ये भी पढ़ें: बोकारो में ठेका मजदूरों का बड़ा प्रदर्शन: 40% छंटनी की आशंका के बीच प्रबंधन को दी हड़ताल की चेतावनी The post झारखंड में एमएमडीआर एक्ट पर क्यों शुरू हुआ नेतृत्वक घमासान? बाबूलाल मरांडी ने प्रशासन से मांगे ये 3 बड़े जवाब appeared first on Naya Vichar.

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बर्गर खाने का मन हो तो बाहर से ऑर्डर करने की जरूरत नहीं, घर पर मिनटों में बनाएं ये 5 टेस्टी और यूनिक रेसिपी

Instant Burger Recipe: शाम के समय जब हमें हल्की सी भूख लगनी शुरू होती है, तो ऐसा मन करता है कि कुछ बहुत ही टेस्टी, चटपटा और मजेदार सा खाने को मिल जाए. अगर घर पर छोटे शिशु हैं, तो उनकी इस छोटी सी भूख को मिटाने के लिए अक्सर हम अपने नजदीकी रेस्टोरेंट से बर्गर ऑर्डर कर लेते हैं. अगर आप भी आए दिन खुद के लिए या फिर अपने बच्चों के लिए बर्गर ऑर्डर करते रहते हैं, तो आपको यह समझना होगा कि बाहर के बर्गर में इस्तेमाल की जाने वाली ब्रेड, बार-बार इस्तेमाल किया गया ऑयल और अनहाइजीनिक इंग्रीडिएंट्स सेहत को कितना ज्यादा नुकसान पहुँचा सकते हैं. लेकिन एक अच्छी बात यह भी है कि आप रेस्टोरेंट जैसा एकदम टेस्टी और चटपटा बर्गर घर पर भी काफी कम समय में आसानी से बना सकते हैं. घर पर बने ये बर्गर बहुत ही फ्रेश, हाइजीनिक और हेल्दी होते हैं. आज इस आर्टिकल में हम आपको इसी तरह के 5 इंस्टेंट बर्गर की रेसिपी बताने जा रहे हैं, जिन्हें आप शाम की इस भूख को शांत करने के लिए मिनटों में तैयार कर सकते हैं. तो चलिए जानते हैं इन्हें बनाने की सबसे आसान रेसिपी. instant burger recipe ऑल टाइम फेवरेट क्लासिक आलू टिक्की बर्गर क्लासिक आलू टिक्की बर्गर बच्चों से लेकर बड़ों, सभी का ऑल-टाइम फेवरेट स्नैक होता है. इसे बनाना सबसे ज्यादा आसान और कम समय का काम होता है. इसे बनाने के लिए सबसे पहले उबले हुए आलू लें और फिर उसमें थोड़े से उबले मटर, नमक, गरम मसाला और बारीक कटी हरी मिर्च डालकर अच्छी तरह मिला लें. इसके बाद इस मसाले की गोल-गोल टिक्की बनाएं. अब एक तवे पर थोड़ा सा तेल डालें और टिक्की को दोनों तरफ से तब तक सेकें जब तक वह गोल्डन और क्रिस्पी न हो जाए. इसके बाद एक बर्गर बन को बीच में से काटें और तवे पर थोड़ा सा बटर लगाकर हल्का सेक लें. अब बन के नीचे वाले हिस्से पर टोमैटो सॉस या मयोनीज लगाएं और फिर उसके ऊपर गर्मागर्म आलू टिक्की रखें. अब इस टिक्की के ऊपर प्याज और टमाटर के गोल-गोल कटे टुकड़े रखें और ऊपर से बन का दूसरा हिस्सा रख दें. आपका टेस्टी आलू टिक्की बर्गर सर्व करने के लिए तैयार है. ये भी पढ़ें: खिचड़ी को समझते हैं बोरिंग और बीमारों का खाना? ये 5 टेस्टी रेसिपीज ट्राय करने के बाद बदल जाएगी आपकी सोच अगर क्रीमी चीज और वेजी बर्गर अगर आप उन लोगों में से हैं जिन्हें चीजी और क्रीमी स्वाद अच्छा लगता है, तो आपके लिए यह रेसिपी सबसे ज्यादा बेस्ट साबित हो सकती है. क्रीमी चीज और वेजी बर्गर बनाने के लिए सबसे पहले एक बाउल में बारीक कटा खीरा, टमाटर, शिमला मिर्च और उबले हुए कॉर्न मिला लें. अब इसमें दो चम्मच मयोनीज, थोड़ी सी काली मिर्च पाउडर और चुटकी भर नमक डालकर अच्छे से मिक्स कर लें. इसके बाद एक बर्गर बन को दो हिस्सों में काटें और निचले हिस्से पर थोड़ा सा बटर या हरी चटनी लगाएं. इसके बाद सब्जियों का तैयार किया हुआ क्रीमी मिक्सचर इसके ऊपर फैलाएं. अब इसके ऊपर एक चीज स्लाइस रखें और ऊपर से बन बंद कर दें. अगर आप चाहें तो इसे तवे पर 1 मिनट के लिए हल्का सा गरम कर सकते हैं ताकि चीज थोड़ा पिघल जाए और बर्गर और भी टेस्टी लगे. ट्राई करें प्रोटीन से लोडेड इंस्टेंट पनीर बर्गर पनीर बर्गर खाने में जितना टेस्टी और मजेदार लगता है, प्रोटीन से लोडेड होने की वजह से सेहत के लिए भी इसे उतना ही फायदेमंद माना जाता है. पनीर बर्गर बनाने के लिए सबसे पहले पनीर के स्क्वायर और थोड़े मोटे टुकड़े काट लें. इसके बाद तवे पर थोड़ा सा बटर या तेल डालें और पनीर के टुकड़ों पर नमक, लाल मिर्च पाउडर और चाट मसाला छिड़ककर दोनों तरफ से हल्का सेक लें. अब बर्गर बन के एक हिस्से पर तंदूरी मयोनीज या नॉर्मल मयोनीज और दूसरे हिस्से पर हरी चटनी लगाएं. अब बन के ऊपर सेकी हुई पनीर की स्लाइस रखें और फिर इसके ऊपर प्याज के छल्ले और पत्तागोभी का एक छोटा पत्ता रखें. अब ऊपर से थोड़ा सा चाट मसाला छिड़कें और बन को बंद कर दें। यह प्रोटीन-रिच बर्गर सिर्फ 5 मिनट में बनकर तैयार हो जाता है. ये भी पढ़ें: शाम की चाय का मजा करना है दोगुना? आलू से बनाएं ये 5 चटपटे और क्रिस्पी स्नैक्स, 10 मिनट में होंगे तैयार ट्राय करें आलू और पनीर से अलग हेल्दी सोया बर्गर अगर आप आलू या पनीर से कुछ बिल्कुल ही अलग, नया और हेल्दी ट्राई करना चाहते हैं, तो आपके लिए सोया बर्गर एक बेहतरीन चॉइस है. इसे बनाने में न ज्यादा समय लगता है और न ही मेहनत. इस बर्गर को बनाने के लिए सबसे पहले सोया चंक्स को गर्म पानी में 10 मिनट के लिए भिगो लेना है. इसके बाद इसका पानी अच्छी तरह निचोड़कर इसे मिक्सी में हल्का दरदरा पीस लें. अब इसमें एक उबला आलू, हरी मिर्च, हरा धनिया और नमक-मसाले मिलाकर टिक्की बना लें. अब एक तवे पर थोड़ा सा तेल लगाकर इस टिक्की को अच्छे से सेक लें. इसके बाद बर्गर बन पर बटर, हरी चटनी और टोमैटो सॉस लगाएं. अब इस पर टिक्की रखें और साथ में प्याज और खीरे की स्लाइस लगाकर बन को बंद कर दें. यह बर्गर खाने में बहुत टेस्टी लगता है और शरीर को ताकत भी देता है. बच्चों को बहुत पसंद आएगा तवा बटर मैगी बर्गर छोटे बच्चों को मैगी और बर्गर दोनों ही बहुत अच्छे लगते हैं. ऐसे में अगर आप इन दोनों ही चीजों का मजा उन्हें एक ही डिश में देना चाहते हैं, तो तवा बटर मैगी बर्गर आपके लिए एक बेहतरीन चॉइस हो सकती है. इसे बनाने के लिए सबसे पहले बच्चों की फेवरेट मैगी बनाकर तैयार कर लें. इस बात का ख्याल रखें कि मैगी ड्राई बनी हो और उसमें पानी बिल्कुल भी न रह जाए. अब बर्गर बन को बीच से काटें और तवे पर बटर लगाकर सेक लें. इसके बाद बन के निचले हिस्से पर टोमैटो सॉस लगाएं और उसके ऊपर थोड़ी सी पकी हुई मैगी रखें. मैगी

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मुख्तार अब्बास नकवी का हामिद अंसारी को जवाब- भारत में हिंदू बहुसंख्यक इसलिए देश सेक्यूलर, भ्रम फैलाने की कोशिश गलत

Mukhtar Abbas Naqvi on Hamid Ansari: पूर्व उपराष्ट्रपति मोहम्मद हामिद अंसारी के राष्ट्रवाद और सांप्रदायिकता को लेकर दिए बयान पर भाजपा नेता मुख्तार अब्बास नकवी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है. नकवी ने कहा कि विभाजन के बाद हिंदुस्तान ने धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र के रूप में आगे बढ़ने का रास्ता चुना, जहां अलग-अलग धर्मों के लोग साथ रहते हैं. उन्होंने कहा कि समाज में फर्क और विभाजन पैदा करने की कोशिश करने वाले अपने मकसद में सफल नहीं होंगे. न्यूज एजेंसी एएनआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक मुख्तार अब्बास नकवी ने हामिद अंसारी के बयान पर कहा कि हिंदुस्तान में अलग-अलग धर्मों को मानने वाले लोग साथ रहते हैं. विभाजन के बाद हिंदुस्तान एक धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र बना, जहां अलग-अलग धर्मों के लोग साथ रहते हैं. जो लोग समाज में फर्क और विभाजन पैदा करने की कोशिश करेंगे, वे अपने एजेंडे में सफल नहीं होंगे- भाजपा नेता मुख्तार अब्बास नकवी हामिद अंसारी ने क्या कहा था? इससे पहले हामिद अंसारी ने 18 सितंबर को नई दिल्ली के इंडिया इस्लामिक कल्चरल सेंटर में आयोजित तीसरे एजी नूरानी मेमोरियल लेक्चर में हिस्सा लिया था. कार्यक्रम में उन्होंने दिवंगत संवैधानिक विशेषज्ञ और लेखक अब्दुल गफूर नूरानी के काम और उनके विचारों का जिक्र किया. अंसारी ने नूरानी की 2019 में प्रकाशित किताब The RSS: A Menace to India का जिक्र करते हुए नेहरू के नाम से दर्ज उस टिप्पणी को दोहराया, जिसमें हिंदुस्तान के लिए खतरे को साम्यवाद के बजाय हिंदू दक्षिणपंथी सांप्रदायिकता से जोड़ा गया था. सांस्कृतिक राष्ट्रवाद पर भी बोले अंसारी अपने भाषण में हामिद अंसारी ने नागरिक राष्ट्रवाद और सांस्कृतिक राष्ट्रवाद का मुद्दा भी उठाया. उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में ऐसी प्रवृत्तियां सामने आई हैं जो नागरिक राष्ट्रवाद के स्थापित सिद्धांत को चुनौती देती हैं. अंसारी के मुताबिक ऐसी प्रवृत्तियां चुनावी बहुमत को धार्मिक बहुमत के रूप में पेश करने, नागरिकों के बीच धर्म के आधार पर अंतर पैदा करने और असुरक्षा बढ़ाने का कारण बन सकती हैं. उन्होंने कहा कि इन प्रवृत्तियों का कानूनी और नेतृत्वक तरीके से मुकाबला किया जाना चाहिए. Also Read: राहुल गांधी का BJP-RSS पर वार, बोले- सिस्टम ने पूरे देश पर किया कब्जा, उसे छात्र नहीं अंधभक्त चाहिए The post मुख्तार अब्बास नकवी का हामिद अंसारी को जवाब- हिंदुस्तान में हिंदू बहुसंख्यक इसलिए देश सेक्यूलर, भ्रम फैलाने की कोशिश गलत appeared first on Naya Vichar.

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India Asian Games 2026: भारत ने शूटिंग में जीते 2 सिल्वर, मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स में एक और मेडल पक्का; भारतीय महिला क्रिकेट टीम फाइनल में

India Asian Games 2026 Day 2: जापान के आइची-नागोया में एशियन गेम्स 2026 की शुरुआत हिंदुस्तान के लिए शानदार रही. रविवार को पहले दिन हिंदुस्तान ने दो सिल्वर मेडल जीते. दोनों पदक स्त्रीओं की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में आए. एलावेनिल वलारिवन ने व्यक्तिगत मुकाबले में सिल्वर जीता, जबकि इससे पहले वह सोनम मस्कर और विदर्सा विनोद के साथ टीम इवेंट में भी दूसरे स्थान पर रही थीं. एलावेनिल वलारिवन ने जीते दो सिल्वर स्त्रीओं की 10 मीटर एयर राइफल के व्यक्तिगत फाइनल में एलावेनिल ने 252.4 अंक के साथ सिल्वर मेडल जीता. जापान की हिनाता ताइची ने 253.0 अंक के साथ गोल्ड जीता और एशियन गेम्स रिकॉर्ड बनाया. दक्षिण कोरिया की ह्योजिन बान को ब्रॉन्ज मिला. एलावेनिल का यह दिन का दूसरा पदक था. इससे पहले उन्होंने सोनम मस्कर और विदर्सा विनोद के साथ टीम स्पर्धा में सिल्वर जीता था. ये भी पढ़ें: India vs West Indies ODI कब है? जानें तीनों मैचों की तारीख, समय और वेन्यू सुचिका तरियाल ने पक्का किया मेडल स्त्रीओं की Mixed Martial Arts (MMA) 60 किग्रा स्पर्धा में सुचिका तरियाल ने मंगोलिया की अल्तानचिमेग बैगलमा को क्वार्टर फाइनल में हराकर सेमीफाइनल में जगह बनाई. इसके साथ हिंदुस्तान का इस स्पर्धा में कम से कम एक पदक पक्का हो गया. हॉकी में दोनों टीमों की बड़ी जीत हिंदुस्तानीय स्त्री हॉकी टीम ने उज्बेकिस्तान को 19-0 से हराकर अभियान शुरू किया. पुरुष टीम ने भी पूल ए के मुकाबले में इंडोनेशिया को 13-1 से मात दी. पुरुष टीम की जीत में दिलप्रीत सिंह ने चार गोल किए. बैडमिंटन में कजाकिस्तान पर 3-0 की जीत हिंदुस्तानीय स्त्री बैडमिंटन टीम ने राउंड ऑफ 16 में कजाकिस्तान को 3-0 से हराया और क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई. हिंदुस्तान की ओर से पीवी सिंधु, उन्नति हुड्डा और तन्वी शर्मा ने अपने सिंगल्स मुकाबले जीते. अगले दौर में हिंदुस्तान का सामना जापान से होगा. क्रिकेट में हिंदुस्तान फाइनल में स्त्री क्रिकेट के सेमीफाइनल में हिंदुस्तान ने बांग्लादेश को 114 रन से हराकर फाइनल में जगह बनाई. अब गोल्ड मेडल के लिए हिंदुस्तान का सामना श्रीलंका से होगा. ये भी पढ़ें: Rinku Singh के चेहरे वाला iPhone 18 Pro Cover हुआ वायरल? Instamart के पोस्ट पर क्रिकेटर ने दिया मजेदार जवाब Asian Games 2026: पहले दिन हिंदुस्तान के पूरे नतीजे शूटिंग स्त्रीओं की 10 मीटर एयर राइफल टीम: एलावेनिल वलारिवन, सोनम मस्कर और विदर्सा विनोद — सिल्वर मेडल स्त्रीओं की 10 मीटर एयर राइफल व्यक्तिगत: एलावेनिल वलारिवन — सिल्वर मेडल सोनम मस्कर — छठा स्थान वुशु पुरुषों की चांगक्वान फाइनल — सूरज सिंह मायांगलम्बम: 11वां स्थान. तेकबॉल स्त्री सिंगल्स ब्रॉन्ज मेडल मैच — क्विम्सी डिसूजा जापान की यूइना सकामोटो से हारीं मिक्स्ड डबल्स ब्रॉन्ज मेडल मैच — क्विम्सी डिसूजा/मोहम्मद अनस बेग वियतनाम की जोड़ी से हारे. तैराकी पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल हीट — बेनेडिक्शन बेनिस्टन: 12वां स्थान पुरुषों की 100 मीटर फ्रीस्टाइल हीट — आकाश मणि: 23वां स्थान पुरुषों की 100 मीटर बैकस्ट्रोक हीट — ऋषभ दास: 5वां स्थान, फाइनल के लिए क्वालिफाई पुरुषों की 100 मीटर बैकस्ट्रोक हीट — उत्कर्ष पाटिल: 12वां स्थान पुरुषों की 100 मीटर बैकस्ट्रोक फाइनल — ऋषभ दास: छठा स्थान. मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स स्त्रीओं की MMA 60 किग्रा क्वार्टर फाइनल — सुचिका तरियाल ने अल्तानचिमेग बैगलमा को हराया सेमीफाइनल में पहुंचने के साथ हिंदुस्तान का मेडल पक्का. स्त्री हॉकी हिंदुस्तान ने उज्बेकिस्तान को 19-0 से हराया. पुरुष हॉकी हिंदुस्तान ने इंडोनेशिया को 13-1 से हराया. टेबल टेनिस स्त्री टीम ग्रुप एफ — हिंदुस्तान ने इंडोनेशिया को 3-0 से हराया पुरुष टीम ग्रुप एफ — हिंदुस्तान ने इंडोनेशिया को 3-0 से हराया. बैडमिंटन स्त्री टीम राउंड ऑफ 16 — हिंदुस्तान ने कजाकिस्तान को 3-0 से हराया हिंदुस्तान ने क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई. क्रिकेट स्त्री सेमीफाइनल — हिंदुस्तान ने बांग्लादेश को 114 रन से हराया हिंदुस्तान ने फाइनल में जगह बनाई, जहां उसका सामना श्रीलंका से होगा. हिंदुस्तान के नाम अब दो सिल्वर, एक और मेडल पक्का पहले दिन के बाद हिंदुस्तान के खाते में दो सिल्वर मेडल हैं. इसके अलावा सुचिका तरियाल के सेमीफाइनल में पहुंचने से MMA में एक और पदक सुनिश्चित हो चुका है. शूटिंग, हॉकी, बैडमिंटन, टेबल टेनिस और क्रिकेट में मिले नतीजों ने हिंदुस्तान के अभियान को मजबूत शुरुआत दी है. The post India Asian Games 2026: हिंदुस्तान ने शूटिंग में जीते 2 सिल्वर, मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स में एक और मेडल पक्का; हिंदुस्तानीय स्त्री क्रिकेट टीम फाइनल में appeared first on Naya Vichar.

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कार के डिवाइडर से टकराते ही लगी आग, जिंदा जले प्राइवेट हाॅस्पिटल के न्यूरोसर्जन

रविवार की सुबह करीब 7:15 बजे जगदीश बाबू अपनी कार NH-365BB पर सवार होकर खम्मम से हैदराबाद जा रहे थे. पिल्ललामर्री के पास उनकी कार सड़क के डिवाइडर से टकरा गई. टक्कर बहुत तेज थी इस वजह से कार में आग लग गई और देखते ही देखते पूरा वाहन आग की लपटों में घिर गया. डॉक्टर कार के अंदर फंस गए और बुरी तरह झुलसने से उनकी मौत हो गई. परिवार के पास जा रहे थे जगदीश बाबू मामले की जांच में जुटे पुलिस अधिकारियों ने बताया कि हादसा सुबह करीब 7:15 बजे हुआ. उस वक्त डॉ जगदीश बाबू खम्मम से हैदराबाद जा रहे थे, जहां उनका परिवार रहता है. इसी दौरान पिल्ललामर्री के पास उनकी कार अनियंत्रित होकर सड़क के डिवाइडर से टकरा गई. आशंका जताई जा रही है कि शायद डॉक्टर जगदीश बाबू को नींद आ गई, जिसकी वजह से गाड़ी पर उनका कंट्रोल नहीं रहा और वह डिवाइडर से टकरा गई. डिवाइडर से टकराते ही कार में लगी आग पुलिस अधिकारी ने मीडिया को बताया कि डिवाइडर से टकराने के तुरंत बाद कार में आग लग गई. आग इतनी भयंकर थी कि कुछ ही मिनटो में पूरी गाड़ी धू-धू कर जल गई. डॉ जगदीश बाबू कार के अंदर फंसे रह गए, उन्हें कार से निकलने का मौका नहीं मिला. उनका शरीर इतनी बुरी तरह जल चुका था कि शव की पहचान करने में दिक्कत हो रही थी. निजी मेडिकल कॉलेज में न्यूरोसर्जरी विभाग के प्रमुख थे जगदीश बाबू डॉ जगदीश बाबू खम्मम के एक निजी मेडिकल कॉलेज में न्यूरोसर्जरी विभाग के प्रमुख थे. दुर्घटना की जानकारी मिलने के बाद सूर्यापेट से डॉक्टरों की एक टीम घटनास्थल पर पहुंचीं. शव को पोस्टमार्टम के लिए सूर्यापेट प्रशासनी अस्पताल भेज दिया गया है. परिवार को हादसे की सूचना दे दी गई है. अभी तक उनके परिवार के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं मिल पाई है. ये भी पढ़ें: वरिष्ठ पत्रकार पायल मेहता का 46 साल की उम्र में अचानक निधन, पीएम मोदी, राहुल गांधी सहित कई नेताओं ने जताया दुख The post कार के डिवाइडर से टकराते ही लगी आग, जिंदा जले प्राइवेट हाॅस्पिटल के न्यूरोसर्जन appeared first on Naya Vichar.

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LPG सिलेंडर सब्सिडी को लेकर बड़ा अपडेट: 1 अक्टूबर से पहले निपटा लें बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन, रुक सकती है सब्सिडी

केंद्र प्रशासन ने घरेलू एलपीजी (LPG) ग्राहकों के लिए ई-केवाईसी (e-KYC) और बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन की प्रक्रिया को पूरा करना अनिवार्य कर दिया है. यदि आप भी रसोई गैस पर मिलने वाली प्रशासनी सब्सिडी का लाभ लगातार उठाना चाहते हैं, तो 1 अक्टूबर 2026 से पहले अपनी गैस एजेंसी या मोबाइल ऐप के माध्यम से बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन जरूर करा लें. प्रशासन का मुख्य उद्देश्य रसोई गैस पर मिलने वाली सब्सिडी को केवल वास्तविक और पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाना है ताकि फर्जी या कमर्शियल उपयोग में आ रहे कनेक्शनों पर लगाम लगाई जा सके. तय समय सीमा तक यह प्रक्रिया पूरी न होने पर ग्राहकों को सिलेंडर तो मिलेगा, लेकिन उन्हें बाजार दर (बिना सब्सिडी) पर पूरा भुगतान करना पड़ेगा. 1 अक्टूबर की समय सीमा क्यों है बेहद महत्वपूर्ण? रसोई गैस उपभोक्ताओं के लिए इस समय सीमा का ध्यान रखना बेहद जरूरी हो गया है. केंद्र प्रशासन द्वारा जारी नए दिशा-निर्देशों के तहत 1 अक्टूबर के बाद केवल उन्हीं एलपीजी कनेक्शनों पर सब्सिडी ट्रांसफर की जाएगी जो आधार बायोमेट्रिक से लिंक होंगे. जिन ग्राहकों का ई-केवाईसी अधूरा रहेगा, उनकी सब्सिडी की राशि होल्ड पर रखी जा सकती है या रद्द की जा सकती है. इससे ग्राहकों को हर सिलेंडर रिफिल पर लगभग ₹200 से ₹300 तक का अतिरिक्त आर्थिक नुकसान झेलना पड़ सकता है. घर बैठे स्मार्टफोन से बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन पूरा करने का आसान तरीका गैस एजेंसी के चक्कर काटे बिना आप अपने स्मार्टफोन से ही कुछ मिनटों में ई-केवाईसी की प्रक्रिया निपटा सकते हैं. इसके लिए आपको सबसे पहले Google Play Store या Apple App Store से अपनी संबंधित गैस कंपनी (HP, Indane, या Bharat Gas) का आधिकारिक ऐप डाउनलोड करना होगा. इसके साथ ही आपको UIDAI की Aadhaar FaceRD ऐप भी इंस्टॉल करनी होगी, जो चेहरे के जरिए बायोमेट्रिक सत्यापन का काम करती है. ऐप में लॉग इन करने के बाद ‘Profile’ या ‘Services’ मेन्यू में जाकर ‘e-KYC’ या ‘Authentication’ के विकल्प का चयन करें. स्क्रीन पर कैमरा चालू होते ही अपने चेहरे को सही रोशनी में रखकर पलकें झपकाएं, जिसके बाद ओटीपी (OTP) दर्ज करते ही आपका ऑथेंटिकेशन पूरा हो जाएगा. बिना ऐप डाउनलोड किए पोर्टल और वेब ब्राउजर से भी हो जाएगा काम यदि आप मोबाइल में अलग से ऐप इंस्टॉल नहीं करना चाहते हैं, तो लैपटॉप या मोबाइल ब्राउजर के जरिए भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है. इसके लिए आधिकारिक वेबसाइट mylpg.in पर जाएं और अपनी प्रदाता कंपनी का चयन करें. पोर्टल पर लॉग इन करने के बाद डैशबोर्ड में दिए गए ‘Biometric Authentication’ या ‘e-KYC’ विकल्प पर क्लिक करें. आपके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर आने वाले 6-अंकों के ओटीपी को सबमिट करके अपनी जानकारियों का मिलान करें और फॉर्म फाइनल सबमिट कर दें. ऑफलाइन माध्यम: नजदीकी एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर एजेंसी पर जाकर कराएं वेरिफिकेशन जो उपभोक्ता डिजिटल ऐप या पोर्टल का इस्तेमाल करने में सहज नहीं हैं, वे अपनी नजदीकी एलपीजी गैस एजेंसी (डिस्ट्रीब्यूटर ऑफिस) जाकर भी यह काम करवा सकते हैं. इसके लिए आपको अपना मूल आधार कार्ड, एलपीजी कंज्यूमर पासबुक और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर साथ ले जाना होगा. एजेंसी पर मौजूद फिंगरप्रिंट या आइरिस स्कैनर डिवाइस की मदद से आपका बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन तुरंत पूरा कर दिया जाएगा. अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs) Q1: LPG सिलेंडर पर बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन पूरा करने की आखिरी तारीख क्या है? उत्तर: सब्सिडी का निर्बाध लाभ उठाते रहने के लिए 1 अक्टूबर 2026 से पहले बायोमेट्रिक ई-केवाईसी (e-KYC) पूरा करना अनिवार्य है. Q2: यदि कोई ग्राहक 1 अक्टूबर तक ई-केवाईसी नहीं करा पाता है तो क्या होगा? उत्तर: ऐसे ग्राहकों को गैस सिलेंडर तो मिलता रहेगा, लेकिन उन्हें बिना सब्सिडी वाली पूरी बाजार कीमत चुकानी होगी और बैंक खाते में सब्सिडी आना बंद हो जाएगी. Q3: क्या घर बैठे मोबाइल से फेस ऑथेंटिकेशन करना पूरी तरह सुरक्षित है? उत्तर: हां, UIDAI की Aadhaar FaceRD तकनीक पूरी तरह से एन्क्रिप्टेड और सुरक्षित है, जो बिना किसी बायोमेट्रिक डेटा लीक के चेहरे से सत्यापन करती है. ये भी पढ़ें: WhatsApp पर AI चैट समरी कैसे बनाएं? जानें स्टेप-बाय-स्टेप तरीका और फायदे ये भी पढ़ें: EPF Balance Check: पासबुक से लेकर पेंशन तक मिलेगी हर डिटेल, ऐसे निकालें अपने राज्य का EPFO WhatsApp Number The post LPG सिलेंडर सब्सिडी को लेकर बड़ा अपडेट: 1 अक्टूबर से पहले निपटा लें बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन, रुक सकती है सब्सिडी appeared first on Naya Vichar.

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पोते की जिद पर भड़की दादी, थमा दिया ‘मौत का तोहफा’, मेरठ में बेटे-पोते पर डाला ज्वलनशील पदार्थ, खुद भी दी जान

Meerut Crime News: पेंशन की मामूली रकम और पोते की मोबाइल की जिद ने एक हंसते-स्पोर्ट्सते परिवार की खुशियां पल भर में तबाही में बदल दीं. फलावदा क्षेत्र के दादूपुर गांव में शनिवार रात पारिवारिक कलह इस कदर हावी हुई कि 65 वर्षीय दादी सुमित्रा देवी ने खौफनाक कदम उठाते हुए अपने ही बेटे और 14 साल के मासूम पोते पर ज्वलनशील पदार्थ डाल दिया. वारदात को अंजाम देने के बाद वृद्धा ने खुद भी पेड़ से फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली. झुलसे हुए पिता-पुत्र जिंदगी और मौत के बीच झूल रहे हैं. मोबाइल दिलाने को लेकर भी हुई थी कहासुनी जानकारी के मुताबिक, सुमित्रा देवी को पेंशन मिलती थी और पेंशन की रकम को लेकर परिवार में आए दिन विवाद होता था. शनिवार रात भी पेंशन के पैसों और पोते को नया मोबाइल दिलाने को लेकर कहासुनी हुई. इसी दौरान सुमित्रा देवी ने कथित तौर पर बेटे परमवीर और पोते उदय पर ज्वलनशील पदार्थ डाल दिया. दोनों को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है. परमवीर सेना से रिटायर्ड था और शहर में परिवार के साथ रहता था. कुछ दिन पहले पेंशन को लेकर हुए विवाद के बाद वह गांव में अपनी मां के पास आया था. परमवीर के पिता ब्रजवीर का बीमारी के कारण इलाज चल रहा है. पुलिस ने शुरू की मामले की जांच घटना की सूचना मिलने के बाद फलावदा थाना पुलिस और सीओ मवाना पंकज लवानिया मौके पर पहुंचे. एफएसएल टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए. पुलिस ने परिवार के सदस्यों और आसपास के लोगों से भी पूछताछ की. थाना प्रभारी पूनम जादौन ने बताया कि पीआरवी के माध्यम से घटना की सूचना मिली थी. प्रारंभिक जांच में सुमित्रा देवी द्वारा बेटे और पोते पर ज्वलनशील पदार्थ डालने की बात सामने आई है. इसके बाद स्त्री की मौत हो गई. प्रथमदृष्टया मामला घरेलू विवाद से जुड़ा है. पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है. Must Read- वार्डबॉय बना ‘ICU स्पेशलिस्ट’, पोस्टर देख हर कोई हैरान, कानपुर के एहसास अस्पताल का अजीब मामला The post पोते की जिद पर भड़की दादी, थमा दिया ‘मौत का तोहफा’, मेरठ में बेटे-पोते पर डाला ज्वलनशील पदार्थ, खुद भी दी जान appeared first on Naya Vichar.

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